दिल्ली पुलिस पहुंची ट्विटर ऑफिस, इस एक्शन ने वामपंथियों को पूरी तरह से हिला डाला है

ट्विटर की बजी 'बेंड' तो लिबरल आ गए बचाव करने

दिल्ली पुलिस ट्विटर ऑफिस रेड

हमारे देश के लिबरल ब्रिगेड भी अजीब प्रकार के प्राणी है, पहले वो कहते है केंद्र सरकार फेक न्यूज और फेक नैरेटिव फैलाने वालों के ऊपर कोई कार्रवाई नहीं करती है और जब कार्रवाई होती है तब हाय -तौबा मचाने लगते हैं। वामपंथी लिबरालो का यह रूप एक बार फिर से सामने आया जब कल शाम तकरीबन 8 बजे दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने ट्विटर के ऑफिस में रेड डाली थी। बता दें कि दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल की टीमों ने जांच के सिलसिले में सोमवार शाम दिल्ली और गुड़गांव में ट्विटर इंडिया के कार्यालयों पर छापा मारा। रेड के बारे में दिल्ली पुलिस के अधिकारियों ने कहा कि कथित ‘COVID टूलकिट’ मामले में ये छापेमारी की गईं हैं।

आपको बता दें कि कल दोपहर यानी सोमवार को मीडिया में खबर आई कि दिल्ली पुलिस ने 21 मई को ही ट्विटर इंडिया को नोटिस भेजा था और 22 मई को कांग्रेस टूलकिट से जुड़े सारे दस्तावेज पुलिस स्टेशन में लाने के लिए बोला था, लेकिन नोटिस दिए जाने के बाद भी ट्विटर इंडिया ने पुलिस की कार्रवाई में कोई मदद नहीं की, जिसके बाद सोमवार की शाम दिल्ली पुलिस ने ट्विटर इंडिया के ऑफिस पर रेड मारा।

और पढ़ें-अब तो साफ़ सबूत हाथ में हैं- US से ऑर्डर लेकर Twitter भारत के घरेलू मामलों में टांग अड़ा रहा है

अगर हम घटनाक्रम पर ध्यान दें तो इसमें दिल्ली पुलिस कानूनी कार्रवाई से ज्यादा कुछ नहीं कर रही है। यह बात भारत के विपक्षी दल और लिबरल मीडिया को हजम नहीं हुई और अपनी स्वाभाविक रूप, भेड़िया के भांति झुंड बनाकर दिल्ली पुलिस, अमित शाह और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को कोसना शुरू कर दिया।

अगर कांग्रेस टूलकिट एक्सपोज होता है तो कांग्रेस और राहुल गांधी की बची-कुची साख भी टूट जाएगी। इसलिए ट्विटर का बचाव करने के लिए राहुल गांधी कूद पड़े और ट्वीट किया ” सत्य डरता नहीं।”

कांग्रेस टूलकिट एक्सपोज होने से कांग्रेस पार्टी के साथ उनके चाटुकार और चमचों के ऊपर भी खतरा हो सकता है। इसलिए एनडीटीवी की पूर्व पत्रकार सागरिका घोष ने भी ट्विटर के पक्ष में ट्वीट किया कि, “इस महामारी के बीच क्या दिल्ली पुलिस की यह प्राथमिकता है। यह सिस्टम में गड़बड़ी का एक और प्रमाण।”

इतना ही नहीं कांग्रेस नेता रणदीप सिंह सुरजेवाला ने तो 2 मीनट की वीडियो भी बना डाली और वीडियो साझा करते हुए ट्वीट किया कि, “जान लें @Twitter के दिल्ली-गुरुग्राम दफ्तर पर रेड डालने वाली डरपोक भाजपा सरकार “रेड राज” से फर्जी टूलकिट का सच नहीं छिपा सकती”

जब कांग्रेस की लंका में आग लगेगी तो कम्युनिस्ट पार्टी को भी जरूर गर्मी महसूस होगी और ऐसे में सीताराम येचुरी से ज्यादा देर नहीं रहा गया, जिसके बाद उन्होंने ट्वीट किया कि, “इस समय की प्राथमिकता स्वास्थ्य देखभाल, दवाएं और टीके उपलब्ध कराने पर ध्यान केंद्रित करना है।

केंद्रीय गृह मंत्री ने इसके बजाय एक सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर दिल्ली पुलिस को पक्षपातपूर्ण राजनीतिक उद्देश्यों के लिए डराने-धमकाने को उतारा है।

अमानवीय।

शर्मनाक।

औरपढ़ें-  कांग्रेस टूलकिट पर AltNews का हास्यास्पद “फ़ैक्ट-चेक” भयानक तरीके से एक्स्पोज़ हो गया

कांग्रेस पार्टी और वामपंथी लिबरलो के इस बौखलाहट को देखकर यकीन हो गया है कि दाल में कुछ काला है अथवा दिल्ली पुलिस की जांच सही दिशा में जा रही है। इसके साथ ही ट्विटर को भी सबक सिखाना का भी समय आ चुका है ताकि भारत के आंतरिक मामले में कभी भी दखल देने की जुर्रत ना करें।

Exit mobile version