TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    नीतीश कुमार ने विधान परिषद से दिया इस्तीफा, राज्यसभा सीट के साथ बड़े राजनीतिक बदलाव के संकेत

    नीतीश कुमार ने विधान परिषद से दिया इस्तीफा, राज्यसभा सीट के साथ बड़े राजनीतिक बदलाव के संकेत

    सरकार ने लॉकडाउन की अफवाहों को किया खारिज, वैश्विक आपूर्ति संकट के दावों को बताया बेबुनियाद

    सरकार ने लॉकडाउन की अफवाहों को किया खारिज, वैश्विक आपूर्ति संकट के दावों को बताया बेबुनियाद

    भारत ‘दलाल राष्ट्र’ नहीं है : पाकिस्तान मध्यस्थता पर सर्वदलीय बैठक में एस. जयशंकर का बयान

    भारत ‘दलाल राष्ट्र’ नहीं है : पाकिस्तान मध्यस्थता पर सर्वदलीय बैठक में एस. जयशंकर का बयान

    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    पश्चिम एशिया वैश्विक कूटनीति की सबसे कठिन परीक्षा है, प्रधानमंत्री मोदी और भारत इस परीक्षा के लिए कितने तैयार हैं?

    पश्चिम एशिया वैश्विक कूटनीति की सबसे कठिन परीक्षा है, प्रधानमंत्री मोदी और भारत इस परीक्षा के लिए कितने तैयार हैं?

    वैश्विक संकट के बीच ईंधन कर में कटौती: तेल की कीमतों में उछाल के बीच केंद्र ने उपभोक्ताओं को राहत देने की दिशा में कदम बढ़ाया

    वैश्विक संकट के बीच ईंधन कर में कटौती: तेल की कीमतों में उछाल के बीच केंद्र ने उपभोक्ताओं को राहत देने की दिशा में कदम बढ़ाया

    WTO बैठक में भारत की मजबूत पैरवी : न्यायसंगत और विकास-केंद्रित वैश्विक व्यापार ढांचे पर जोर

    WTO बैठक में भारत की मजबूत पैरवी : न्यायसंगत और विकास-केंद्रित वैश्विक व्यापार ढांचे पर जोर

    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    अप्रैल से बड़ा फैसला: TP-Link, Hikvision समेत चीनी CCTV कैमरों पर सख्ती की तैयारी

    अप्रैल से बड़ा फैसला: TP-Link, Hikvision समेत चीनी CCTV कैमरों पर सख्ती की तैयारी

    “ईरान-अमेरिका तनाव के बीच भारत अलर्ट, दो ‘ब्रह्मास्त्र’ तैनात, मिसाइल और ड्रोन के लिए बनेंगे काल”

    “ईरान-अमेरिका तनाव के बीच भारत अलर्ट, दो ‘ब्रह्मास्त्र’ तैनात, मिसाइल और ड्रोन के लिए बनेंगे काल”

    बिपिन रावत

    ‘इंटीग्रेटेड थिएटर कमांड’: जनरल बिपिन रावत का सेना को लेकर देखा गया स्वप्न फ़िलहाल अधूरा ज़रूर है, लेकिन उसने सैन्य सुधार की एक मज़बूत नींव रख दी है

    Indian navy in hormuz and trump

    होर्मुज़ संकट: इधर ट्रम्प चीन से मदद मांग रहे हैं, उधर इंडियन नेवी ‘शिवालिक’ और ‘नंदा’ को साथ लेकर भारत लौट रही है

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    पश्चिम एशिया वैश्विक कूटनीति की सबसे कठिन परीक्षा है, प्रधानमंत्री मोदी और भारत इस परीक्षा के लिए कितने तैयार हैं?

    पश्चिम एशिया वैश्विक कूटनीति की सबसे कठिन परीक्षा है, प्रधानमंत्री मोदी और भारत इस परीक्षा के लिए कितने तैयार हैं?

    एक गलती और अमेरिकी फिटनेस ऐप ने फ्रांसीसी विमानवाहक पोत की लोकेशन उजागर कर दी।

    एक गलती और अमेरिकी फिटनेस ऐप ने फ्रांसीसी विमानवाहक पोत की लोकेशन उजागर कर दी।

    इजरायल का ‘धुरंधर-2’ अंदाज़ : ईरान-लेबनान के बाद सीरिया में तेज़ हमले

    इजरायल का ‘धुरंधर-2’ अंदाज़ : ईरान-लेबनान के बाद सीरिया में तेज़ हमले

    ईरान संकट के बीच ट्रंप का बड़ा कदम: क्यों हटाई 100 साल पुरानी जोन्स एक्ट की पाबंदी?

    ईरान संकट के बीच ट्रंप का बड़ा कदम: क्यों हटाई 100 साल पुरानी जोन्स एक्ट की पाबंदी?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    राम नवमी: दक्षिण एशिया का प्रमुख त्योहार, जानें रामायण के विश्वव्यापी प्रसार की कहानी

    राम नवमी: दक्षिण एशिया का प्रमुख त्योहार, जानें रामायण के विश्वव्यापी प्रसार की कहानी

    राम नवमी पर राम अवतार का पौराणिक संदर्भ

    कालचक्र के पृष्ठों पर रामावतार की पृष्ठभूमि:  चमत्कार से रावण का अंत नहीं, बल्कि संगठित सज्जन शक्ति में देवत्व, प्रत्यक्ष संघर्ष के संचार की अनुपम कथा

    इंक़लाब भगत सिंह

    क्रांति की अपनी एक अलग परिभाषा थी भगत सिंह की

    Shahidi Diwas

    भगत सिंह के जीवन के अंतिम 12 घंटों की वो कहानी, जो रोंगटे खड़े कर देती है

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    Crazy Time Game tricks: What Really Works and What Doesn’t

    Crazy Time Game tricks: What Really Works and What Doesn’t

    Exploring Mostbet in Nepal – Making the Most of Bonuses and Taking Your Betting to the Next Level

    Exploring Mostbet in Nepal – Making the Most of Bonuses and Taking Your Betting to the Next Level

    सुनील गावस्कर का सनग्रुप से तीखा सवाल

    सुनील गावस्कर का काव्या मारन की टीम से सीधा तीखा सवाल…कहां भारतीयों के खून का पैसा बर्बाद न करें

    पाकिस्तान के जिस प्लेयर ने उड़ाया था भारतीय सेना का मज़ाक, उसे ख़रीद विवादों में घिरी सनराइजर्स की मालकिन काव्या मारन

    पाकिस्तान के जिस प्लेयर ने उड़ाया था भारतीय सेना का मज़ाक, उसे ख़रीद विवादों में घिरी सनराइजर्स की मालकिन काव्या मारन

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    नीतीश कुमार ने विधान परिषद से दिया इस्तीफा, राज्यसभा सीट के साथ बड़े राजनीतिक बदलाव के संकेत

    नीतीश कुमार ने विधान परिषद से दिया इस्तीफा, राज्यसभा सीट के साथ बड़े राजनीतिक बदलाव के संकेत

    सरकार ने लॉकडाउन की अफवाहों को किया खारिज, वैश्विक आपूर्ति संकट के दावों को बताया बेबुनियाद

    सरकार ने लॉकडाउन की अफवाहों को किया खारिज, वैश्विक आपूर्ति संकट के दावों को बताया बेबुनियाद

    भारत ‘दलाल राष्ट्र’ नहीं है : पाकिस्तान मध्यस्थता पर सर्वदलीय बैठक में एस. जयशंकर का बयान

    भारत ‘दलाल राष्ट्र’ नहीं है : पाकिस्तान मध्यस्थता पर सर्वदलीय बैठक में एस. जयशंकर का बयान

    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    पश्चिम एशिया वैश्विक कूटनीति की सबसे कठिन परीक्षा है, प्रधानमंत्री मोदी और भारत इस परीक्षा के लिए कितने तैयार हैं?

    पश्चिम एशिया वैश्विक कूटनीति की सबसे कठिन परीक्षा है, प्रधानमंत्री मोदी और भारत इस परीक्षा के लिए कितने तैयार हैं?

    वैश्विक संकट के बीच ईंधन कर में कटौती: तेल की कीमतों में उछाल के बीच केंद्र ने उपभोक्ताओं को राहत देने की दिशा में कदम बढ़ाया

    वैश्विक संकट के बीच ईंधन कर में कटौती: तेल की कीमतों में उछाल के बीच केंद्र ने उपभोक्ताओं को राहत देने की दिशा में कदम बढ़ाया

    WTO बैठक में भारत की मजबूत पैरवी : न्यायसंगत और विकास-केंद्रित वैश्विक व्यापार ढांचे पर जोर

    WTO बैठक में भारत की मजबूत पैरवी : न्यायसंगत और विकास-केंद्रित वैश्विक व्यापार ढांचे पर जोर

    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    अप्रैल से बड़ा फैसला: TP-Link, Hikvision समेत चीनी CCTV कैमरों पर सख्ती की तैयारी

    अप्रैल से बड़ा फैसला: TP-Link, Hikvision समेत चीनी CCTV कैमरों पर सख्ती की तैयारी

    “ईरान-अमेरिका तनाव के बीच भारत अलर्ट, दो ‘ब्रह्मास्त्र’ तैनात, मिसाइल और ड्रोन के लिए बनेंगे काल”

    “ईरान-अमेरिका तनाव के बीच भारत अलर्ट, दो ‘ब्रह्मास्त्र’ तैनात, मिसाइल और ड्रोन के लिए बनेंगे काल”

    बिपिन रावत

    ‘इंटीग्रेटेड थिएटर कमांड’: जनरल बिपिन रावत का सेना को लेकर देखा गया स्वप्न फ़िलहाल अधूरा ज़रूर है, लेकिन उसने सैन्य सुधार की एक मज़बूत नींव रख दी है

    Indian navy in hormuz and trump

    होर्मुज़ संकट: इधर ट्रम्प चीन से मदद मांग रहे हैं, उधर इंडियन नेवी ‘शिवालिक’ और ‘नंदा’ को साथ लेकर भारत लौट रही है

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    पश्चिम एशिया वैश्विक कूटनीति की सबसे कठिन परीक्षा है, प्रधानमंत्री मोदी और भारत इस परीक्षा के लिए कितने तैयार हैं?

    पश्चिम एशिया वैश्विक कूटनीति की सबसे कठिन परीक्षा है, प्रधानमंत्री मोदी और भारत इस परीक्षा के लिए कितने तैयार हैं?

    एक गलती और अमेरिकी फिटनेस ऐप ने फ्रांसीसी विमानवाहक पोत की लोकेशन उजागर कर दी।

    एक गलती और अमेरिकी फिटनेस ऐप ने फ्रांसीसी विमानवाहक पोत की लोकेशन उजागर कर दी।

    इजरायल का ‘धुरंधर-2’ अंदाज़ : ईरान-लेबनान के बाद सीरिया में तेज़ हमले

    इजरायल का ‘धुरंधर-2’ अंदाज़ : ईरान-लेबनान के बाद सीरिया में तेज़ हमले

    ईरान संकट के बीच ट्रंप का बड़ा कदम: क्यों हटाई 100 साल पुरानी जोन्स एक्ट की पाबंदी?

    ईरान संकट के बीच ट्रंप का बड़ा कदम: क्यों हटाई 100 साल पुरानी जोन्स एक्ट की पाबंदी?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    राम नवमी: दक्षिण एशिया का प्रमुख त्योहार, जानें रामायण के विश्वव्यापी प्रसार की कहानी

    राम नवमी: दक्षिण एशिया का प्रमुख त्योहार, जानें रामायण के विश्वव्यापी प्रसार की कहानी

    राम नवमी पर राम अवतार का पौराणिक संदर्भ

    कालचक्र के पृष्ठों पर रामावतार की पृष्ठभूमि:  चमत्कार से रावण का अंत नहीं, बल्कि संगठित सज्जन शक्ति में देवत्व, प्रत्यक्ष संघर्ष के संचार की अनुपम कथा

    इंक़लाब भगत सिंह

    क्रांति की अपनी एक अलग परिभाषा थी भगत सिंह की

    Shahidi Diwas

    भगत सिंह के जीवन के अंतिम 12 घंटों की वो कहानी, जो रोंगटे खड़े कर देती है

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    Crazy Time Game tricks: What Really Works and What Doesn’t

    Crazy Time Game tricks: What Really Works and What Doesn’t

    Exploring Mostbet in Nepal – Making the Most of Bonuses and Taking Your Betting to the Next Level

    Exploring Mostbet in Nepal – Making the Most of Bonuses and Taking Your Betting to the Next Level

    सुनील गावस्कर का सनग्रुप से तीखा सवाल

    सुनील गावस्कर का काव्या मारन की टीम से सीधा तीखा सवाल…कहां भारतीयों के खून का पैसा बर्बाद न करें

    पाकिस्तान के जिस प्लेयर ने उड़ाया था भारतीय सेना का मज़ाक, उसे ख़रीद विवादों में घिरी सनराइजर्स की मालकिन काव्या मारन

    पाकिस्तान के जिस प्लेयर ने उड़ाया था भारतीय सेना का मज़ाक, उसे ख़रीद विवादों में घिरी सनराइजर्स की मालकिन काव्या मारन

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

चुनावी राज्यों में जाने से डरते हैं राहुल गांधी? ‘भारत जोड़ो यात्रा’, एक पिकनिक यात्रा है?

चुनावी राज्यों में राहुल गांधी को नहीं जाने दे रही कांग्रेस, वास्तविक कारण ये है!

TFI Desk द्वारा TFI Desk
28 September 2022
in मत, राजनीति
rahul gandhi
Share on FacebookShare on X

विडंबना तो देखिए जिसके स्वयं के घर में फूट पड़ी हो, वो दूसरों को जोड़ने की बातें कर रहा हैं। जी हां, हम यहां बात कांग्रेस की कर रहे हैं। आज कांग्रेस की हालत कैसी है उससे हर कोई अच्छे से परिचित है। दिग्गज नेताओं का साथ लगातार कांग्रेस से छूटता चला जा रहा है। अब गिने-चुने नेता ही पार्टी में बचे रहे गए हैं। इन सबके बावजूद कांग्रेस के युवराज राहुल गांधी अपनी पार्टी को संभालने की जगह “भारत जोड़ो यात्रा” निकाल रहे हैं। परंतु क्या वास्तव में यह भारत जोड़ने की यात्रा है या फिर इसकी आड़ लेकर राहुल गांधी जिम्मेदारियों से भाग रहे हैं?

7 सितंबर 2022 को कन्याकुमारी से शुरू हुई राहुल गांधी की भारत जोड़ो यात्रा को 20 दिन पूरे हो चुके हैं। अगर इस यात्रा का मूल कारण देखा जाए तो कांग्रेस का कहना है कि यह BJP-RSS की विचारधारा के खिलाफ है। वहीं इस यात्रा के जरिए राहुल गांधी कांग्रेस के झगड़ों को सुलझाने और देश की सत्ता में फिर से वापसी के सपने देख रहे हैं। 2024 लोकसभा चुनाव के पहले कांग्रेस पार्टी को एकजुट कर कार्यकर्ताओं में नयी ऊर्जा भरने के लिए राहुल गांधी ने ‘भारत जोड़ो यात्रा’ शुरू की है। कन्याकुमारी से शुरू हुई यह यात्रा 150 दिनों तक चलेगी और यह कश्मीर जाकर समाप्त होगी, जो कि देश के 12 राज्यों से होते हुए 3570 किलोमीटर की दूरी तय करने वाली है।

संबंधितपोस्ट

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने राहुल गांधी की दोहरी नागरिकता शिकायत पर केंद्र से मांगा ब्योरा, सुनवाई 19 मार्च को

केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने ट्रेड डील विवाद पर राहुल गांधी को दिया करारा जवाब..राहुल किसानों को कर रहें गुमराह

संसद में हंगामा: किरण रिजिजू का आरोप—कांग्रेस सांसदों ने स्पीकर से की अभद्रता, पीएम को दी धमकी

और लोड करें

और पढ़े: राहुल गांधी की भारत जोड़ो यात्रा के कारण डीके शिवकुमार छोड़ देंगे कांग्रेस?

चुनावी राज्यों से दूर क्यों ‘भारत जोड़ो यात्रा’?

हालांकि अगर हम भारत जोड़ो यात्रा का रूटमैप देखें तो राहुल गांधी की इस यात्रा से देश के कई बड़े और अहम राज्य गायब दिखाई देंगे। वो गुजरात और हिमाचल प्रदेश जहां चुनाव अब काफी नजदीक आ गए हैं, वो तो भारत जोड़ो यात्रा का हिस्सा ही नहीं है। क्या इसका अर्थ यही निकलता दिख रहा है कि कांग्रेस यह पहले ही स्वीकार कर चुकी है कि यहां उसका कुछ होने वाला नहीं और राहुल गांधी ने अपनी हार मान ली है, जिस कारण ही वो अपनी इस यात्रा के जरिए इन राज्यों में नहीं जा रहे।

इसके अतिरिक्त यूपी जैसे महत्वपूर्ण राज्य में भी केवल रस्मअदायगी ही की जा रही है। वहीं राहुल का फोकस तो तमिलनाडु और केरल जैसे राज्यों पर अधिक नजर आ रहा है। भारत जोड़ो यात्रा जब से शुरू हुई, तब से लेकर अब तक केरल में ही है। वो केरल जहां भाजपा की सरकार तक नहीं है। वहीं तमिलनाडु की करें तो कांग्रेस की गठबंधन सहयोगी डीएमके की सरकार है। फिर भी कांग्रेस इन राज्यों में अधिक ध्यान देकर न जानें क्या ही कर रही है। ऐसे में प्रश्न तो यहां यही खड़ा होता है कि क्या वास्तव में कांग्रेस की यात्रा भाजपा-RSS के खिलाफ ही है?

और पढ़े: ‘कांग्रेस छोड़ो’ और ‘विपक्ष तोड़ो’ यात्रा में बदल गई है कांग्रेस की भारत जोड़ो यात्रा

“भारत जोड़ो” यात्रा में कई राज्यों को गूल करने के लिए कांग्रेस सवालों के घेरे में है। हालांकि इस पर राहुल गांधी की तरफ से प्रतिक्रिया भी दी गई। एर्नाकुलम में कांग्रेस सांसद ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर यात्रा और भविष्य की राजनीति पर कई सारी बातें कहीं। इस दौरान उनसे यह सवाल पूछा गया कि यूपी में भारत जोड़ो यात्रा इतनी कम समय के लिए क्यों? जिस पर राहुल  गांधी ने जवाब देते हुए कहा- “यह यात्रा भारत देश के एक सिरे से शुरू होकर दूसरे सिरे तक के लिए है,  इसलिए हम कई राज्यों में यात्रा नहीं कर रहे है। हम बिहार, पश्चिम बंगाल, गुजरात में यात्रा के लिए नहीं जा रहे है।”

राहुल गांधी के इन बयानों पर राजनीतिक पंडितों ऐसा मान रहे हैं कि कांग्रेस यूपी में अपना कोई भी राजनीतिक भविष्य नहीं देख रही है। साल 1989 के बाद से कांग्रेस का प्रदेश में बहुत ही बुरा हाल रहा है। कांग्रेस यूपी की सत्ता से कई दशकों से दूर है। पार्टी के सभी कोर वोट बैंकों के हिस्से हो चुके हैं। मुस्लिम वोटर जहां सपा और बसपा की झोली में जा गिरे है, वहीं ओबीसी वोट बैंक सपा के साथ है। तो बाकी बचे अधिकांश भाजपा के समर्थन में हैं।कांग्रेस नेता चुनाव में हमेशा ही भगवान के भरोसे जीत पाते हैं। यहां तक कि 2019 लोकसभा चुनावों में राहुल गांधी ही अमेठी से हार गए थे।

भारत को जोड़ने के लिए निकले राहुल गांधी एक प्रकार से 232 सीटों को सीधे-सीधे छोड़ रहे हैं, जिसमें उत्तर प्रदेश की 80 लोकसभा सीटें सबसे अधिक है।  इसके साथ ही बिहार में 40, पश्चिम बंगाल की 42, गुजरात की 26, झारखंड की 14, उत्तराखंड की 5 और नॉर्थ ईस्ट की 25 लोकसभा सीटों है, जिनपर शायद राहुल द्वारा ध्यान नहीं जा रहा है। ऐसे में कांग्रेस की 2024 लोकसभा चुनाव की तैयारियों पर एक बड़ा प्रश्न उठता है।

भारत जोड़ो यात्रा के बीच टूट रही कांग्रेस

राहुल गांधी की भारत जोड़ो यात्रा 150 दिनों तक चलने वाली है। अभी केवल इनमें से 20 ही दिन हुए है और इस बीच ही राजस्थान से लेकर महाराष्ट्र तक कांग्रेस में फूट की खबरें आने लगी है। राजस्थान में तो सियासी बवंडर आकर खड़ा हो गया है। ईधर अशोक गहलोत कांग्रेस के अध्यक्ष बनने ही निकलने जा रहे थे पर वो अपनी जगह सचिन पायलट को मुख्यमंत्री की कुर्सी सौंपने के लिए तो कतई तैयार नहीं थे, जिस कारण ही राजस्थान में बड़ा सियासी बवाल खड़ा हो गया। इस बीच महाराष्ट्र कांग्रेस के दिग्गज नेता अशोक चव्हाण के उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के बीच मुलाकात ने महाराष्ट्र कांग्रेस हलचल मचा दी।

और पढ़े: ‘भारत जोड़ो यात्रा’ नहीं बल्कि ‘हिंदू अपमान यात्रा’ पर निकले हैं राहुल गांधी

राहुल की यात्रा शुरू होने के पहले ही कांग्रेस गुलाम नबी आजाद ने पार्टी पर बम फोड़ा दिया था। उन्होंने सोनिया गांधी को चिट्ठी लिखकर ये सलाह दी थी कि राहुल गांधी को भारत जोड़ो यात्रा से पहले कांग्रेस जोड़ो यात्रा शुरू करने की आवश्यकता है। इसके अलावा इस यात्रा के दौरान ही गोवा के 11 विधायकों में से 8 विधायक पार्टी छोड़कर बीजेपी में चले गये हैं। इन सब घटनाओं को देखकर तो ऐसा जब तक राहुल गांधी की यह यात्रा समाप्त होगी, तब तक ना जाने कहां-कहां कांग्रेस टूटकर बिखर चुकी होगी।

जिम्मेदारियों से भाग रहे राहुल गांधी?

एक तरफ जहां कांग्रेस इस समय अपना अध्यक्ष ढूंढने की जुगत में लगी है, तो ऐसे समय में ही राहुल गांधी भारत जोड़ो यात्रा निकाल रहे हैं। समझ में आता है कि पार्टी का बेड़ागर्क करने के बाद अब राहुल अध्यक्ष पद की जिम्मेदारी नहीं संभालना चाहते। परंतु क्या ऐसे समय में वो पार्टी के लिए रणनीति भी नहीं बना सकते? ऐेसे में क्या भारत जोड़ो यात्रा कांग्रेस अध्यक्ष के चुनाव से राहुल गांधी के दूर रहने के लिए एक सुविधाजनक आयोजन है?

TFI का समर्थन करें:

सांस्कृतिक राष्ट्रवाद की ‘राइट’ विचारधारा को मजबूती देने के लिए TFI-STORE.COM से बेहतरीन गुणवत्ता के वस्त्र क्रय कर हमारा समर्थन करें.

Tags: Rahul Gandhiकांग्रेसभारत जोड़ो यात्राराहुल गाँधी
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

How to make Corn flour in Hindi with Uses and Harm

अगली पोस्ट

2012 के बाद से कांग्रेस हाईकमान की कोई नहीं सुनता, सीएम, मिनी पीएम बनकर बैठे हैं

संबंधित पोस्ट

नीतीश कुमार ने विधान परिषद से दिया इस्तीफा, राज्यसभा सीट के साथ बड़े राजनीतिक बदलाव के संकेत
चर्चित

नीतीश कुमार ने विधान परिषद से दिया इस्तीफा, राज्यसभा सीट के साथ बड़े राजनीतिक बदलाव के संकेत

30 March 2026

बिहार की राजनीति में एक बड़े बदलाव के तहत, नीतीश कुमार ने सोमवार को विधान परिषद से इस्तीफा दे दिया, ठीक कुछ ही दिनों बाद...

सरकार ने लॉकडाउन की अफवाहों को किया खारिज, वैश्विक आपूर्ति संकट के दावों को बताया बेबुनियाद
चर्चित

सरकार ने लॉकडाउन की अफवाहों को किया खारिज, वैश्विक आपूर्ति संकट के दावों को बताया बेबुनियाद

27 March 2026

केंद्र सरकार ने देश में फैल रही लॉकडाउन की अफवाहों का पूरी तरह से खंडन किया है, जिसमें केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पूरी ने स्पष्ट...

भारत ‘दलाल राष्ट्र’ नहीं है : पाकिस्तान मध्यस्थता पर सर्वदलीय बैठक में एस. जयशंकर का बयान
चर्चित

भारत ‘दलाल राष्ट्र’ नहीं है : पाकिस्तान मध्यस्थता पर सर्वदलीय बैठक में एस. जयशंकर का बयान

26 March 2026

मिडिल ईस्ट में चल रहे जंग के वजह से गैस और तेल की समस्या बनी हुई हैं, जिसको लेकर सरकार ने मध्यस्थत पश्चिम एशिया में...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

Ethanol, EVs and Solar- How India’s Energy Game Is Changing | Modi on LPG & Crude Oil | war| Hormuz

Ethanol, EVs and Solar- How India’s Energy Game Is Changing | Modi on LPG & Crude Oil | war| Hormuz

00:05:21

Truth of IRIS Dena: 8 Days That Changed Narrative | War zone Reality, Not an Indian Navy Exercise

00:08:02

300 Million Euros for SCALP: Strategic Necessity or Costly Dependency on France300

00:04:06

Tejas Mk1A: 19th aircraft coupled but Not Delivered: What Is Holding Back the IAF Induction?

00:07:21

Agni-3 Launch Decoded: Why Test an Active Nuclear Missile That’s Already Deployed?

00:05:05
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited