TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    पुतिन ने जताया भारत पर भरोसा

    पुतिन ने जताया भारत पर भरोसा, मोदी पर पश्चिमी दबाव को किया खारिज; भारत की स्वतंत्र विदेश नीति का किया समर्थन

    राजीव गांधी

    जब राजीव गांधी ने दूरदर्शन को दिए थे तियानआनमेन स्क्वायर नरसंहार की कवरेज न करने के निर्देश

    Cockroach Janta Party

    Cockroach Janta Party ने दिल्ली प्रदर्शन से पहले तीन प्रवक्ताओं का किया ऐलान, नेताओं की पृष्ठभूमि पर छिड़ी बहस

    रुद्रम-2 मिसाइल

    रुद्रम-2 मिसाइल के सफल परीक्षण से भारत की रक्षा ताकत बढ़ी, दुश्मन के रडार सिस्टम को 300 किमी दूर से कर सकती है तबाह

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि ने मोदी सरकार के तहत भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था को दी मजबूती, सेवा क्षेत्र और निवेश बने व्यापक विकास के प्रमुख आधार

    भारत की अर्थव्यवस्था

    भारत की अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती, GDP ग्रोथ 7.7% पहुंची; अगले साल धीमी पड़ सकती है रफ्तार

    UPI का अंतरराष्ट्रीय विस्तार भी तेजी से बढ़ रहा

    UPI ने मई में 29.9 लाख करोड़ रुपये के लेनदेन के साथ बनाया नया रिकॉर्ड, भारत में डिजिटल भुगतान व्यवस्था हुई और मजबूत

    $40 अरब का ऐतिहासिक निवेश, सेमीकंडक्टर और एआई: पीएम मोदी की 5 देशों की यात्रा से भारत को क्या हासिल हुआ?

    $40 अरब का ऐतिहासिक निवेश, सेमीकंडक्टर और एआई: पीएम मोदी की 5 देशों की यात्रा से भारत को क्या हासिल हुआ?

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    एनडीए के कई पूर्व छात्र देश के बड़े सैन्य

    एनडीए की 150वीं पासिंग आउट परेड आज, 77 साल के इतिहास का खास पल

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    कैंसर’ बताने पर घिरीं ईयू प्रमुख कैलस

    चीन को ‘कैंसर’ बताने पर घिरीं ईयू प्रमुख कैलस, बयान बना वैश्विक कूटनीतिक विवाद

    ‘अगर मैं गया तो मारा जाऊंगा’, क्या ईरान के डर से बेटे की शादी में नहीं जा रहे ट्रंप, किस बात का खौफ?

    ‘अगर मैं गया तो मारा जाऊंगा’, क्या ईरान के डर से बेटे की शादी में नहीं जा रहे ट्रंप, किस बात का खौफ?

    एक फोन कॉल और बढ़ती नाराज़गी—भारत को लेकर ट्रंप क्यों खफा

    अमेरिकी प्रतिबंधों के बावजूद रूस से तेल आयात जारी रखेगा भारत, ऊर्जा सुरक्षा पर सरकार का सख्त रुख

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    गोवा राज्य स्थापना दिवस

    गोवा राज्य स्थापना दिवस 2025: जानिए इतिहास, महत्व और इस दिन से जुड़ी खास बातें

    1950 में जेल से रिहा किए जाने के बाद सावरकर (चित्र: savarkar.org)

    अंग्रेज़ों की ही नहीं, नेहरू सरकार की कैद में भी महीनों रहे थे सावरकर

    हर चौथे छात्र ने मांगी अपनी आंसर शीट, CBSE के डिजिटल चेकिंग सिस्टम से उठा भरोसा?

    हर चौथे छात्र ने मांगी अपनी आंसर शीट, CBSE के डिजिटल चेकिंग सिस्टम से उठा भरोसा?

    मिथिलांचल के लिए ऐतिहासिक दिन: अटल सरकार में मिली थी संवैधानिक पहचान, अब मोदी सरकार में CBSE पाठ्यक्रम में शामिल हुई मैथिली!

    मिथिलांचल के लिए ऐतिहासिक दिन: अटल सरकार में मिली थी संवैधानिक पहचान, अब मोदी सरकार में CBSE पाठ्यक्रम में शामिल हुई मैथिली!

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज शिप

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज पर नोरोवायरस का हमला: 3116 यात्रियों वाले क्रूज शिप पर 115 लोग बीमार

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    पुतिन ने जताया भारत पर भरोसा

    पुतिन ने जताया भारत पर भरोसा, मोदी पर पश्चिमी दबाव को किया खारिज; भारत की स्वतंत्र विदेश नीति का किया समर्थन

    राजीव गांधी

    जब राजीव गांधी ने दूरदर्शन को दिए थे तियानआनमेन स्क्वायर नरसंहार की कवरेज न करने के निर्देश

    Cockroach Janta Party

    Cockroach Janta Party ने दिल्ली प्रदर्शन से पहले तीन प्रवक्ताओं का किया ऐलान, नेताओं की पृष्ठभूमि पर छिड़ी बहस

    रुद्रम-2 मिसाइल

    रुद्रम-2 मिसाइल के सफल परीक्षण से भारत की रक्षा ताकत बढ़ी, दुश्मन के रडार सिस्टम को 300 किमी दूर से कर सकती है तबाह

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि ने मोदी सरकार के तहत भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था को दी मजबूती, सेवा क्षेत्र और निवेश बने व्यापक विकास के प्रमुख आधार

    भारत की अर्थव्यवस्था

    भारत की अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती, GDP ग्रोथ 7.7% पहुंची; अगले साल धीमी पड़ सकती है रफ्तार

    UPI का अंतरराष्ट्रीय विस्तार भी तेजी से बढ़ रहा

    UPI ने मई में 29.9 लाख करोड़ रुपये के लेनदेन के साथ बनाया नया रिकॉर्ड, भारत में डिजिटल भुगतान व्यवस्था हुई और मजबूत

    $40 अरब का ऐतिहासिक निवेश, सेमीकंडक्टर और एआई: पीएम मोदी की 5 देशों की यात्रा से भारत को क्या हासिल हुआ?

    $40 अरब का ऐतिहासिक निवेश, सेमीकंडक्टर और एआई: पीएम मोदी की 5 देशों की यात्रा से भारत को क्या हासिल हुआ?

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    एनडीए के कई पूर्व छात्र देश के बड़े सैन्य

    एनडीए की 150वीं पासिंग आउट परेड आज, 77 साल के इतिहास का खास पल

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    कैंसर’ बताने पर घिरीं ईयू प्रमुख कैलस

    चीन को ‘कैंसर’ बताने पर घिरीं ईयू प्रमुख कैलस, बयान बना वैश्विक कूटनीतिक विवाद

    ‘अगर मैं गया तो मारा जाऊंगा’, क्या ईरान के डर से बेटे की शादी में नहीं जा रहे ट्रंप, किस बात का खौफ?

    ‘अगर मैं गया तो मारा जाऊंगा’, क्या ईरान के डर से बेटे की शादी में नहीं जा रहे ट्रंप, किस बात का खौफ?

    एक फोन कॉल और बढ़ती नाराज़गी—भारत को लेकर ट्रंप क्यों खफा

    अमेरिकी प्रतिबंधों के बावजूद रूस से तेल आयात जारी रखेगा भारत, ऊर्जा सुरक्षा पर सरकार का सख्त रुख

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    गोवा राज्य स्थापना दिवस

    गोवा राज्य स्थापना दिवस 2025: जानिए इतिहास, महत्व और इस दिन से जुड़ी खास बातें

    1950 में जेल से रिहा किए जाने के बाद सावरकर (चित्र: savarkar.org)

    अंग्रेज़ों की ही नहीं, नेहरू सरकार की कैद में भी महीनों रहे थे सावरकर

    हर चौथे छात्र ने मांगी अपनी आंसर शीट, CBSE के डिजिटल चेकिंग सिस्टम से उठा भरोसा?

    हर चौथे छात्र ने मांगी अपनी आंसर शीट, CBSE के डिजिटल चेकिंग सिस्टम से उठा भरोसा?

    मिथिलांचल के लिए ऐतिहासिक दिन: अटल सरकार में मिली थी संवैधानिक पहचान, अब मोदी सरकार में CBSE पाठ्यक्रम में शामिल हुई मैथिली!

    मिथिलांचल के लिए ऐतिहासिक दिन: अटल सरकार में मिली थी संवैधानिक पहचान, अब मोदी सरकार में CBSE पाठ्यक्रम में शामिल हुई मैथिली!

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज शिप

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज पर नोरोवायरस का हमला: 3116 यात्रियों वाले क्रूज शिप पर 115 लोग बीमार

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

हल्दी से तांबे के बर्तन तक: कैसे कोरोना से उबरने के लिए भारत की सभ्यता को पश्चिमी देश अपना रहे हैं

सुनो लिबरलों, नींद से जागो और इसे पढ़ो!

Abhinav Kumar द्वारा Abhinav Kumar
19 March 2020
in ज्ञान
भारतीय सभ्यता
Share on FacebookShare on X

आज विश्व के सामने कोरोनावायरस की एक बड़ी समस्या आ खड़ी हुई है जिससे पूरा विश्व परेशान है। इस लेख के लिखे जाने तक 8000 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है और 202,241 केस दर्ज किए जा चुके हैं। जैसे-जैसे यह महामारी बढ़ती जा रही है वैसे-वैसे विश्व भारतीय सभ्यता को अपनाता जा रहा है। नमस्ते हो या खाने में हल्दी का उपयोग हो, सभी देश अब भारतीय वेदों में व्याप्त जीवन पद्धति को अपना रहे हैं।

कोरोना वायरस के बारे में डाक्टरों का यह कहना है कि यह वायरस मनुष्य के रोग प्रतिरोधक क्षमता पर हमला करता है और जिस व्यक्ति की रोग प्रतिरोधक क्षमता कम होती है उसे यह अपने पशोपेश में ले लेता है। लेकिन भारत की सभ्यता देखें तो यहा के खान-पान से लेकर रहन-सहन तक सभी में रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाने वाले तत्व मौजूद है और इस महामारी के फैलने के बाद अब विश्व उन्हीं प्रक्रियाओं और खान-पान को अपनाने लगा है। चाहे वो नमस्ते करने का प्रचलन हो या फिर खाने में हल्दी जैसे गुणकारी वनस्पति का प्रयोग हो या फिर दाह संस्कार ही क्यों न हो। पश्चिम के देश तो अब ताम्रपत्र या तांबा के बर्तनों को इस्तेमाल करने पर ज़ोर दे रहे हैं जिसे कॉपर भी कहा जाता है। भारतवर्ष की जीवन पद्धति ही संस्कृति है और संस्कृति ही है सनातन सभ्यता।

संबंधितपोस्ट

कोई सामग्री उपलब्ध नहीं है
और लोड करें

COVID-19 या कोरोनावायरस जब किसी व्यक्ति को संक्रमित करता है तो उसे निमोनिया हो जाता है। जो भी व्यक्ति इस वायरस के कांटेक्ट में आया है उन्हें गंभीर खांसी, बुखार और सांस लेने में कठिनाई हो रही है। एंटीबायोटिक्स इस वायरस पर बेअसर साबित हो रही हैं। वहीं एंटीवायरल दवाएं ज्यादातर लोगों पर बेअसर है। यह कमजोर रोग प्रतिरोधक क्षमता वाले व्यक्ति पर अधिक प्रभावित कर रहा है। यही कारण है कि इटली में हुई मौतों में अधिकतर वृद्ध थे और उनकी औसत उम्र 80 वर्ष थी। इसका अर्थ यह है कि अगर व्यक्ति की रोग प्रतिरोधक क्षमता उत्तम हो तो वह इस वायरस से लड़ने में सक्षम है।

भारत की खान-पान में वर्षों से ऐसे वनस्पती का उपयोग होता आया है जिसमें रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाने में जबरदस्त फायदा पहुंचता है। इन्हीं वनस्पतियों में से एक है हल्दी जिसकी मांग कोरोना के बढ़ने से यूरोप में भयंकर रूप से बढ़ी है। इकोनॉमिक्स टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार अपने औषधीय गुणों के लिए मशहूर हल्दी की यूरोप और वेस्ट एशिया में 300 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है। इंग्लैंड और जर्मनी में यह बढ़ोतरी सबसे अधिक देखि गयी है। इस रिपोर्ट के अनुसार पहले जहां एक दिन में 300 किलो कच्चा हल्दी निर्यात किया जाता था तो वहीं अब यह आंकड़ा 3 टन प्रतिदिन हो चुका है।

भारतीय सभ्यता के मूल सिद्धांत विज्ञान और चिकित्सा पर आधारित हैं। आयुर्वेद की भूमि आज दुनिया के लिए इस महामारी से बचे रहने की एकमात्र उम्मीद है, और इस बात के पर्याप्त प्रमाण हैं कि दुनिया भर के लोग भारत की जीवन पद्धति को अपना रहे हैं। इसे एक उन्नत प्रतिरक्षा प्रणाली के लिए हल्दी जैसे घरेलू उपचार से यूके और जर्मनी जैसे देशों में बढ़ रही मांग से समझा जा सकता है।

शल्य चिकित्सा की शुरुआत हमारे देश में ही लगभग 2600 साल पहले महर्षि सुश्रुत ने की थी। आचार्य सुश्रुत को शल्य चिकित्सा का जनक कहा जाता है। आयुर्वेद में उपचार के लिए सर्जरी की मदद ली जाती है। उन्होंने भी हल्दी के अनेक गुणों की व्याख्या की थी। घाव भरने से लेकर प्रतिरक्षा क्षमता बढ़ाने के लिए के प्रयोग के बारे बताया गया है। हल्दी व्यंजनों के स्वाद में तो इजाफा करती ही है साथ ही इसमें अनेक औषधीय गुण भी होते हैं। त्वचा, पेट और शरीर की कई बीमारियों में हल्दी का प्रयोग किया जाता है। शारीरिक क्षति जैसे, चोट, मोच, अंदरूनी घाव को ठीक करने, सर्दी जुकाम व खांसी आदि बीमारियों को ठीक करने आदि के अतिरिक्तर सौंदर्य प्रसाधन, धार्मिक व सामाजिक मांगलिक कार्यक्रमों में हल्दी का प्रयोग किया जाता है।

हल्दी के अलावा एक बात और सामने आ रही है कि वैज्ञानिक तांबे और पीतल पर रिसर्च कर रहे हैं कि इन दोनों ही धातु पर वायरस अधिक देर तक नहीं टिकते हैं। तांबा और पीतल भारतीय सभ्यता का एक अनिवार्य हिस्सा रहा है।

‘द फास्ट कंपनी’ के एक लेख में यह पूछा गया है कि दुनिया में सबसे आम सतह सामग्री के रूप में तांबे का व्यापक रूप से उपयोग क्यों नहीं किया जाता है।

वर्ष 2015 में mbio में प्रकाशित एक रिसर्च में यह बात सामने आई थी कि फेफड़े की बीमारी फैलाने वाले वायरस तांबे पर अधिक देर तक जिंदा नहीं रह पाते।  वहीं अभी एक रिसर्च में यह भी सामने आती है कि कोरोना वायरस भी तांबे पर 4 घंटे ही रह पाते हैं। यह परीक्षण हैमिल्टन, मोंटाना में स्वास्थ्य के रॉकी माउंटेन लैब के राष्ट्रीय संस्थानों में किए गए थे। इसमें एनआईएच, प्रिंसटन विश्वविद्यालय और कैलिफोर्निया विश्वविद्यालय, लॉस एंजिल्स के विशेषज्ञों शामिल थे। हालांकि, अभी इसे peer review के लिए दिया गया है। कोरोनोवायरस सामान्य सतहों पर लंबे समय तक जीवित रह सकते हैं, यह तांबे पर ऐसा नहीं कर सकता है।

भारत में बर्तनों के रूप में इस्तेमाल होने वाली एकमात्र सामग्री पीतल और तांबे के बर्तन थे। पीतल के बर्तनों से पानी पीने की प्रथा, निश्चित रूप से सभी भारतीयों के लिए अंतर्निहित है।

‘ताम्बा’ और पीतल से बने बर्तन भारतीय सभ्यता में सहस्राब्दियों से उपयोग किए जाते रहे हैं। तांबा एक शक्तिशाली रोगाणुरोधी सामग्री है। मनुष्य के स्वास्थ्य को महत्वपूर्ण समझते हुए आयुर्वेद ने तांबे के बर्तन में ही पानी पीने की सलाह दी है। आयुर्वेद का मानना है कि पानी में विभिन्न प्रकार के कीटाणु होते हैं जो तांबे से बने हुए बर्तन में पानी को डालने से मर जाते हैं। युगों से तांबे से बने बर्तनों का प्रयोग बेहद पवित्र रूप से किया जाता रहा है। यदि आपने कभी ध्यान दिया हो तो किसी भी पूजा अथवा हवन या फिर किसी भी भगवान की आराधना में जिन बर्तनों का हम प्रयोग करते हैं वह तांबे के ही बने होते हैं।

चीन में जब ये वायरस महामारी के रूप में परिवर्तित हुआ तब चीनी राष्ट्रीय स्वास्थ्य आयोग ने तुरंत इस बीमारी से मरने वालों का cremation या दाह संस्कार (शव को खुले स्थान में अग्नि की उपस्थिती में अन्त्येष्टि) करने का निर्देश दे दिया और burial या शव को दफनाने की प्रक्रिया पर रोक लगा दी थी जिससे यह वायरस और न फैले। जिस प्रक्रिया को चीन आज इस विपदा के आने पर अपना रहा है, उसे सनातन धर्म शताब्दियों से नहीं बल्कि हजारों वर्षों से करता आया है। विश्व के सबसे पुराने ग्रंथ ऋगवेद में भी दाह संस्कार के बारे में वर्णन है। ऋगवेद की कई ऋचाएँ हैं, जो बताते हैं कि भगवान अग्नि (भगवान की अग्नि) शव को शुद्ध करेंगे। यही नहीं महाभारत में अन्त्येष्टि कर्म का कई बार वर्णन आता है। गरुण पुराण में अंतिम संस्कार के बारे में विस्तार से बताया गया है।

अंत में, नमस्ते को दुनिया भर में लगभग सभी देशों द्वारा अपनाया जा रहा है। यह भारत में जन्मी एक प्रथा है।

भारतीय सभ्यता का हमेशा से मज़ाक उड़ाया जाता रहा है, दुनिया के लिए अब इस सभ्यता को सबसे वैज्ञानिक और लाभकारी जीवन पद्धति के रूप में स्वीकार किया जा रहा है, जो वास्तव में इस धार्मिक भूमि पर निहित वर्षों-पुरानी प्रथाओं का एक सत्यापन ही है। हम केवल यह आशा कर सकते हैं कि भारतीय तकनीकों का उपयोग करके, दुनिया कोरोनोवायरस के विनाशकारी प्रभावों को रोक सके।

Tags: हल्दी
शेयर16835ट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

“ऐसे तो 2,50,000 लोग मर जाएंगे” Herd immunity के चक्कर में UK में कोरोना बड़ी तबाही लाने वाला है

अगली पोस्ट

“चीनी वायरस बोलना Racist है” बोलने वाली लिबरल रिपोर्टर की ट्रंप ने LIVE बखिया उधेड़ दी

संबंधित पोस्ट

गोवा राज्य स्थापना दिवस
इतिहास

गोवा राज्य स्थापना दिवस 2025: जानिए इतिहास, महत्व और इस दिन से जुड़ी खास बातें

30 May 2026

गोवा क्षेत्रफल के हिसाब से भारत का सबसे छोटा राज्य है। भारत के पश्चिमी तट पर स्थित गोवा करीब 450 वर्षों तक पुर्तगाल के शासन...

1950 में जेल से रिहा किए जाने के बाद सावरकर (चित्र: savarkar.org)
इतिहास

अंग्रेज़ों की ही नहीं, नेहरू सरकार की कैद में भी महीनों रहे थे सावरकर

28 May 2026

जब विनायक दामोदर सावरकर यानी वीर सावरकर को ब्रिटिश सरकार ने अंडमान की सेलुलर जेल में कैद किया, तब उन्होंने कल्पना भी नहीं की होगी...

हर चौथे छात्र ने मांगी अपनी आंसर शीट, CBSE के डिजिटल चेकिंग सिस्टम से उठा भरोसा?
चर्चित

हर चौथे छात्र ने मांगी अपनी आंसर शीट, CBSE के डिजिटल चेकिंग सिस्टम से उठा भरोसा?

27 May 2026

केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) की 12वीं बोर्ड परीक्षा का रिजल्ट आने के बाद इस बार जो अभूतपूर्व माहौल बना है, उसने बोर्ड की पूरी...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

AIRCRAFT CARRIERS: INDIA’S MOST POWERFUL TOOL OF MARITIME POWER PROJECTION | INS Vikrant |

AIRCRAFT CARRIERS: INDIA’S MOST POWERFUL TOOL OF MARITIME POWER PROJECTION | INS Vikrant |

00:03:22

Rudram 2 Success: Made in India Missile Ready To Crush Enemy Radars| DRDO’s Big Breakthrough

00:03:46

From Runways to Warships: India’s Firefighting Warrior Built for Bases & Battles| IAF | VayuShakti

00:05:40

Ethanol, EVs and Solar- How India’s Energy Game Is Changing | Modi on LPG & Crude Oil | war| Hormuz

00:05:21

Truth of IRIS Dena: 8 Days That Changed Narrative | War zone Reality, Not an Indian Navy Exercise

00:08:02
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited