दुनिया की सबसे बड़ी टेक कंपनियों में से एक गूगल (Google) अब छात्रों की परीक्षा-तैयारी में मदद के लिए आगे आ रही है। गूगल ने अपने AI टूल Gemini में एक नया फीचर जोड़ा है, जिसके ज़रिए छात्र घर बैठे मुफ़्त में प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर सकेंगे। खास बात यह है कि अब AI न सिर्फ सामान्य परीक्षाओं, बल्कि IIT और NEET जैसी बड़ी परीक्षाओं की तैयारी में भी मदद करेगा। आइए जानते हैं इस नए फीचर के बारे में विस्तार से और यह कैसे काम करेगा।
जानिए क्या है यह नया फीचर?
गूगल के CEO सुंदर पिचाई ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर जानकारी दी है कि अब Gemini AI के माध्यम से छात्र SAT परीक्षा (अमेरिका में कॉलेज एडमिशन के लिए होने वाली परीक्षा) के लिए फुल-लेंथ प्रैक्टिस टेस्ट दे सकेंगे। सबसे खास बात यह है कि ये सवाल किसी साधारण AI ने नहीं बनाए हैं, बल्कि इन्हें मशहूर एजुकेशन कंपनी ‘The Princeton Review’ के साथ मिलकर तैयार किया गया है। यानी छात्रों को बिल्कुल वही सवाल मिलेंगे, जैसे असली परीक्षा में आते हैं।
कैसे काम करेगा यह डिजिटल ‘प्राइवेट ट्यूटर’?
अक्सर AI से पढ़ाई करते समय जवाबों की सटीकता को लेकर संदेह रहता है, लेकिन Gemini का यह नया फीचर इस चिंता को दूर करता है।
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यह छात्रों को पूरा फुल-लेंथ प्रैक्टिस टेस्ट देगा।
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टेस्ट खत्म होते ही तुरंत रिजल्ट दिखाएगा।
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अगर कोई सवाल गलत होता है, तो AI स्टेप-बाय-स्टेप समझाएगा कि गलती कहां हुई।
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अगर छात्र ने अंदाज़े से सही जवाब दिया है, तब भी यह पूरा लॉजिक समझाएगा, ताकि अगली बार वह आत्मविश्वास के साथ सवाल हल कर सके।
IIT और NEET के छात्रों के लिए क्या है खास?
फिलहाल यह सुविधा SAT परीक्षा के लिए शुरू की गई है, लेकिन सुंदर पिचाई ने संकेत दिए हैं कि आने वाले समय में इसमें और भी बड़ी Competitive Exams को जोड़ा जाएगा।
जानकारों का मानना है कि भारत में छात्रों की भारी संख्या को देखते हुए गूगल जल्द ही IIT-JEE और NEET जैसी परीक्षाओं को भी इसमें शामिल कर सकता है। अगर ऐसा होता है, तो लाखों छात्रों को महंगी कोचिंग से राहत मिलेगी और उन्हें एक फ्री डिजिटल ट्यूटर उपलब्ध होगा।
टीचर्स के लिए भी खुशखबरी
गूगल सिर्फ छात्रों के लिए ही नहीं, बल्कि टीचर्स के लिए भी एक नया टूल ला रहा है। गूगल खान एकेडमी के साथ मिलकर एक ‘रीडिंग कोच’ तैयार कर रहा है, जो 5वीं से 12वीं कक्षा के छात्रों की पढ़ाई में मदद करेगा। इससे शिक्षकों को यह समझने में आसानी होगी कि किस छात्र को किस विषय में परेशानी आ रही है।
कौन कर सकता है इस्तेमाल?
फिलहाल यह सेवा 18 साल से ऊपर के उन यूजर्स के लिए उपलब्ध होगी, जिनके पास Gemini AI Pro का सब्सक्रिप्शन है।
