TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    विनेश फोगाट को एशियन गेम्स ट्रायल में

    सुप्रीम कोर्ट ऑफ इंडिया ने विनेश फोगाट को एशियन गेम्स ट्रायल में हिस्सा लेने की अनुमति दी

    कोकरोच जनता पार्टी पर सरकार सख्त

    कोकरोच जनता पार्टी के एक्स अकाउंट को तुरंत बहाल करने से दिल्ली हाई कोर्ट ने किया इंकार

    सिद्धारमैया देंगे इस्तीफा

    सिद्धारमैया देंगे इस्तीफा? कर्नाटक की राजनीति में बढ़ी हलचल, मंत्रियों के साथ बैठक में लिया बड़ा फैसला

    बीजेपी में बदलाव

    बीजेपी ने दिल्ली, हरियाणा, पंजाब और त्रिपुरा में बदले प्रदेश अध्यक्ष, जानें क्या होने वाला है नया

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    $40 अरब का ऐतिहासिक निवेश, सेमीकंडक्टर और एआई: पीएम मोदी की 5 देशों की यात्रा से भारत को क्या हासिल हुआ?

    $40 अरब का ऐतिहासिक निवेश, सेमीकंडक्टर और एआई: पीएम मोदी की 5 देशों की यात्रा से भारत को क्या हासिल हुआ?

    रुपये की गिरावट रोकने को आरबीआई देगा ‘कड़वी दवाई’: रिकॉर्ड निचले स्तर पर पहुंचा रुपया, बढ़ सकती हैं ब्याज दरें

    रुपये की गिरावट रोकने को आरबीआई देगा ‘कड़वी दवाई’: रिकॉर्ड निचले स्तर पर पहुंचा रुपया, बढ़ सकती हैं ब्याज दरें

    सोने-चांदी के भाव धड़ाम: क्या वाकई फूट गया चांदी का बुलबुला? रिकॉर्ड स्तर से ₹1.92 लाख तक टूटी कीमतें

    सोने-चांदी के भाव धड़ाम: क्या वाकई फूट गया चांदी का बुलबुला? रिकॉर्ड स्तर से ₹1.92 लाख तक टूटी कीमतें

    संजीव सान्याल

    संजीव सान्याल: क्या बंगाल को मिलने वाला है अपना ‘टेक्नोक्रेट’ वित्त मंत्री?

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    एनडीए के कई पूर्व छात्र देश के बड़े सैन्य

    एनडीए की 150वीं पासिंग आउट परेड आज, 77 साल के इतिहास का खास पल

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    कैंसर’ बताने पर घिरीं ईयू प्रमुख कैलस

    चीन को ‘कैंसर’ बताने पर घिरीं ईयू प्रमुख कैलस, बयान बना वैश्विक कूटनीतिक विवाद

    ‘अगर मैं गया तो मारा जाऊंगा’, क्या ईरान के डर से बेटे की शादी में नहीं जा रहे ट्रंप, किस बात का खौफ?

    ‘अगर मैं गया तो मारा जाऊंगा’, क्या ईरान के डर से बेटे की शादी में नहीं जा रहे ट्रंप, किस बात का खौफ?

    एक फोन कॉल और बढ़ती नाराज़गी—भारत को लेकर ट्रंप क्यों खफा

    अमेरिकी प्रतिबंधों के बावजूद रूस से तेल आयात जारी रखेगा भारत, ऊर्जा सुरक्षा पर सरकार का सख्त रुख

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    गोवा राज्य स्थापना दिवस

    गोवा राज्य स्थापना दिवस 2025: जानिए इतिहास, महत्व और इस दिन से जुड़ी खास बातें

    1950 में जेल से रिहा किए जाने के बाद सावरकर (चित्र: savarkar.org)

    अंग्रेज़ों की ही नहीं, नेहरू सरकार की कैद में भी महीनों रहे थे सावरकर

    हर चौथे छात्र ने मांगी अपनी आंसर शीट, CBSE के डिजिटल चेकिंग सिस्टम से उठा भरोसा?

    हर चौथे छात्र ने मांगी अपनी आंसर शीट, CBSE के डिजिटल चेकिंग सिस्टम से उठा भरोसा?

    मिथिलांचल के लिए ऐतिहासिक दिन: अटल सरकार में मिली थी संवैधानिक पहचान, अब मोदी सरकार में CBSE पाठ्यक्रम में शामिल हुई मैथिली!

    मिथिलांचल के लिए ऐतिहासिक दिन: अटल सरकार में मिली थी संवैधानिक पहचान, अब मोदी सरकार में CBSE पाठ्यक्रम में शामिल हुई मैथिली!

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    Break into QA Jobs Faster with Automation Testing Course from StarAgile

    Break into QA Jobs Faster with Automation Testing Course from StarAgile

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    विनेश फोगाट को एशियन गेम्स ट्रायल में

    सुप्रीम कोर्ट ऑफ इंडिया ने विनेश फोगाट को एशियन गेम्स ट्रायल में हिस्सा लेने की अनुमति दी

    कोकरोच जनता पार्टी पर सरकार सख्त

    कोकरोच जनता पार्टी के एक्स अकाउंट को तुरंत बहाल करने से दिल्ली हाई कोर्ट ने किया इंकार

    सिद्धारमैया देंगे इस्तीफा

    सिद्धारमैया देंगे इस्तीफा? कर्नाटक की राजनीति में बढ़ी हलचल, मंत्रियों के साथ बैठक में लिया बड़ा फैसला

    बीजेपी में बदलाव

    बीजेपी ने दिल्ली, हरियाणा, पंजाब और त्रिपुरा में बदले प्रदेश अध्यक्ष, जानें क्या होने वाला है नया

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    $40 अरब का ऐतिहासिक निवेश, सेमीकंडक्टर और एआई: पीएम मोदी की 5 देशों की यात्रा से भारत को क्या हासिल हुआ?

    $40 अरब का ऐतिहासिक निवेश, सेमीकंडक्टर और एआई: पीएम मोदी की 5 देशों की यात्रा से भारत को क्या हासिल हुआ?

    रुपये की गिरावट रोकने को आरबीआई देगा ‘कड़वी दवाई’: रिकॉर्ड निचले स्तर पर पहुंचा रुपया, बढ़ सकती हैं ब्याज दरें

    रुपये की गिरावट रोकने को आरबीआई देगा ‘कड़वी दवाई’: रिकॉर्ड निचले स्तर पर पहुंचा रुपया, बढ़ सकती हैं ब्याज दरें

    सोने-चांदी के भाव धड़ाम: क्या वाकई फूट गया चांदी का बुलबुला? रिकॉर्ड स्तर से ₹1.92 लाख तक टूटी कीमतें

    सोने-चांदी के भाव धड़ाम: क्या वाकई फूट गया चांदी का बुलबुला? रिकॉर्ड स्तर से ₹1.92 लाख तक टूटी कीमतें

    संजीव सान्याल

    संजीव सान्याल: क्या बंगाल को मिलने वाला है अपना ‘टेक्नोक्रेट’ वित्त मंत्री?

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    एनडीए के कई पूर्व छात्र देश के बड़े सैन्य

    एनडीए की 150वीं पासिंग आउट परेड आज, 77 साल के इतिहास का खास पल

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    कैंसर’ बताने पर घिरीं ईयू प्रमुख कैलस

    चीन को ‘कैंसर’ बताने पर घिरीं ईयू प्रमुख कैलस, बयान बना वैश्विक कूटनीतिक विवाद

    ‘अगर मैं गया तो मारा जाऊंगा’, क्या ईरान के डर से बेटे की शादी में नहीं जा रहे ट्रंप, किस बात का खौफ?

    ‘अगर मैं गया तो मारा जाऊंगा’, क्या ईरान के डर से बेटे की शादी में नहीं जा रहे ट्रंप, किस बात का खौफ?

    एक फोन कॉल और बढ़ती नाराज़गी—भारत को लेकर ट्रंप क्यों खफा

    अमेरिकी प्रतिबंधों के बावजूद रूस से तेल आयात जारी रखेगा भारत, ऊर्जा सुरक्षा पर सरकार का सख्त रुख

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    गोवा राज्य स्थापना दिवस

    गोवा राज्य स्थापना दिवस 2025: जानिए इतिहास, महत्व और इस दिन से जुड़ी खास बातें

    1950 में जेल से रिहा किए जाने के बाद सावरकर (चित्र: savarkar.org)

    अंग्रेज़ों की ही नहीं, नेहरू सरकार की कैद में भी महीनों रहे थे सावरकर

    हर चौथे छात्र ने मांगी अपनी आंसर शीट, CBSE के डिजिटल चेकिंग सिस्टम से उठा भरोसा?

    हर चौथे छात्र ने मांगी अपनी आंसर शीट, CBSE के डिजिटल चेकिंग सिस्टम से उठा भरोसा?

    मिथिलांचल के लिए ऐतिहासिक दिन: अटल सरकार में मिली थी संवैधानिक पहचान, अब मोदी सरकार में CBSE पाठ्यक्रम में शामिल हुई मैथिली!

    मिथिलांचल के लिए ऐतिहासिक दिन: अटल सरकार में मिली थी संवैधानिक पहचान, अब मोदी सरकार में CBSE पाठ्यक्रम में शामिल हुई मैथिली!

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    Break into QA Jobs Faster with Automation Testing Course from StarAgile

    Break into QA Jobs Faster with Automation Testing Course from StarAgile

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

मिलिये जोशी परिवार से: ऐसे महान अवसरवादी धरती पर कभी पहले अवतरित नहीं हुए

मौकापरस्ती का पर्याय बना जोशी परिवार!

Utkarsh Upadhyay द्वारा Utkarsh Upadhyay
6 March 2022
in राजनीति, समीक्षा
Bahuguna Joshi family

Source- Google

Share on FacebookShare on X

मौकापरास्त, बरसाती मेंढक, आया राम-गया राम, दलबदलू…..ऐसे अनेकों नाम हैं जिनकी संज्ञा भारतीय राजनीति में आम तौर पर उन लोगों को दी जाती है जो एक दल से दूसरे दल की परिक्रमा मात्र इसलिए करते हैं, क्योंकि उनका अंतिम लक्ष्य सत्ता प्राप्ति होता है, न कि जनता की सेवा। ऐसा ही हाल उन भारतीय राजनेताओं का है, जिनका राजनीति में आने का रास्ता उनके मां-बाप की विरासत बन गया था। इनका क्षणभंगुर इतना ही योगदान था कि इनके बाप-दादा भारतीय राजनीति के चर्चित नाम थे। ऐसे ही एक परिवार से निकले मयंक जोशी, जिन्होंने अब पूर्णतः समाजवादी पार्टी ज्वाइन कर ली है पर अभी भी उनकी माताश्री और मामा श्री भाजपा में डटे हुए हैं।

कांग्रेस पार्टी के शुरूआती नेताओं में से एक और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री हेमवती नंदन बहुगुणा की राजनीतिक विरासत से दो नेता उत्पन्न हुए- विजय बहुगुणा और रीता बहुगुणा जोशी। रिश्ते में दोनों भाई-बहन का संबंध साझा करते हैं पर राजनीतिक रूप से दोनों ने अपने वर्चस्व के लिए सभी तरह के राजनीतिक दांव पेंच खेले हैं। ऐसे में राजनीतिक महत्वकांक्षा होनी लाज़मी है। कांग्रेस कार्यकाल में सत्ता सुख भोगने के उपरांत स्वयं रीता और विजय बहुगुणा अपनी राजनीतिक विदाई को सामने देखते ही दल-बदल वाली श्रेणी में आ गए। मई 2016 में जहां विजय बहुगणा ने कांग्रेस को छोड़ा तो वहीं उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2017 से पूर्व रीता बहुगुणा जोशी ने अक्टूबर 2016 में कांग्रेस छोड़ भाजपा का दामन थाम लिया।

संबंधितपोस्ट

शुभेंदु अधिकारी की पहली कैबिनेट से भाजपा ने बंगाल में सामाजिक और राजनीतिक विस्तार का दिया बड़ा संदेश

योगी मंत्रिमंडल विस्तार में पश्चिम यूपी के दो नए चेहरे शामिल होने की संभावना, गुर्जर समाज को मिल सकता है बड़ा प्रतिनिधित्व

बिहार मंत्रिमंडल विस्तार में निशांत कुमार की एंट्री, भाजपा ने दिखाया एनडीए का नया राजनीतिक समीकरण

और लोड करें

और पढ़ें: चुनावी मौसम आते ही बाहर आये राजनीतिक मेंढक, कभी इधर-कभी उधर

मौकापरस्ती का पर्याय बना जोशी परिवार

रीता बहुगुणा जोशी को विधानसभा चुनाव लड़ाने के बाद उनकी जीत के बाद उन्हें योगी केबिनेट में मंत्री बनाया गया, उसके बाद शीघ्र ही लोकसभा चुनाव 2019 में  पार्टी ने उनपर विश्वास व्यक्त करते हुए लोकसभा चुनाव लड़ाने का निर्णय किया। यह सब उन्हें तब मिला, जब रीता बहुगुणा जोशी की राजनीतिक पृष्ठभूमि 24 वर्ष तक कांग्रेस के साथ थी। इसके बावजूद भाजपा ने उन्हें अपने नेताओं से बढ़कर तरजीह दी। अब जब 2022 यूपी विधानसभा चुनावों की बारी आई तो उनकी आरज़ू फिर से बढ़ गई।

इतना सब मिल जाने के बाद भी रीता बहुगुणा जोशी को संतोष था या नहीं वो उनके मन के ऊपर निर्भर करता है, पर अब लालसा अपने बेटे को स्थापित करने की थी। इस बात पर वो कई बार बोलती भी दिखी कि यदि भाजपा इस बार उनके बेटे मयंक जोशी को टिकट दे देती है, तो वो आगामी 2024 का चुनाव नहीं लड़ेंगी। अगर भाजपा इतनी आसानी से किसी इच्छा को सरलता से पूर्ण कर देती, तो शायद वो कांग्रेस जैसे दल को कभी पछाड़ ही नहीं पाती, जिससे रीता बहुगुणा जोशी छिटक कर भाजपा में आयी थी। नतीजा वहीं रहा, पार्टी ने उनके बयानों को कोई तरजीह नहीं दी।

अपनी ही पार्टी को गुमराह करना, दूसरे दल के नेताओं के साथ जाकर अपनी ही पार्टी को चुनौती देना इन सभी तरह के मामलों में रीता बहुगुणा जोशी के बेटे का नाम उछला। भाजपा से टिकट का कोई स्त्रोत बनता न दिखने के बाद बीते कुछ दिनों पहले रीता बहुगुणा जोशी के बेटे मयंक जोशी ने अखिलेश यादव से मुलाकात की थी, जिसे शिष्टाचार भेंट बताया गया था। सत्ता का सुख और कुर्सी की लालसा में मयंक जोशी जैसे नौसिखिया नेता बहुत बड़ी भूल कर बैठते हैं। इस शिष्टाचार भेंट ने उसी भूल पर मुहर लगाया और अब वह सपाई हो चुके हैं।

और पढ़ें: अब्बास अंसारी ने किया समाजवादी पार्टी के नापाक एजेंडे का खुलासा

ध्यान देने वाली बात है कि कांग्रेस में रहते हुए सत्ता की मलाई जमकर खाने के बाद जब यह जोशी परिवार भाजपा में शामिल हुआ, जनता का ये कहना था कि अपने लाभ और अपना उल्लू सीधा करने के लिए रीता बहुगुणा और विजय बहुगुणा जोशी कुछ भी कर सकते हैं। बता दें, विजय बहुगुणा भले ही आज किसी राजनीतिक दायित्व पर नहीं हैं परन्तु उनके बेटे सौरभ बहुगुणा वर्तमान में उत्तराखंड की सितारगंज सीट से भाजपा विधायक हैं। यूं तो विजय बहुगुणा ने भी अपने बेटे को स्थापित करने के लिए अपने राजनीतिक करियर पर पूर्णविराम लगाया था, पर रीता बहुगुणा जोशी और उनके बेटे मयंक जोशी ने अपने सुर अलग ही दिशा में मोड़ लिए, जिसका झटका अब जल्द ही रीता बहुगुणा जोशी को लगने वाला है।

गजब की महत्वाकांक्षा है भैया!

सत्ता प्राप्ति की भूख में रीता बहुगुणा जैसी नेता अपने राजनीतिक ग्राफ को बढ़ाने के लिए पीछे का रास्ता अपनाती हैं! अब उनके बेटे सपाई हो गए हैं तो इसपर उन्होंने अभी तक कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है। जबकि वो स्वयं अभी अपने पुराने कांग्रेस परिवार के साथी राज्यसभा सांसद प्रदीप टम्टा के साथ त्रिपुरा में राजभाषा समिति के निमित्त वहीं पर हैं। उनके बेटे के सपा में शामिल होने के बाद उसपर कोई प्रतिक्रिया न देना और कांग्रेस सांसद के साथ परिवार सहित घूमना कई सवालों को चिन्हित करता है कि कैसे रीता बहुगुणा जोशी चारों ओर पैर पसारने की जुगत में हैं।

यह अवसरवाद नहीं तो और क्या है? वर्ष 2016 में पार्टी में आए जुम्मा-जुम्मा चार दिन हुए थे और भाजपा ने विधायक-सांसद सब बना दिया, परंतु यह भूख इतनी है कि रीता बहुगुणा जैसे नेताओं का पेट कभी भी नहीं भरेगा। मयंक जोशी समाजवादी पार्टी में न जाने किस हवा के साथ गए हैं क्योंकि सपा का हाल इस चुनाव में बड़ा डांवाडोल है। ऐसे में अब स्वयं रीता बहुगुणा जोशी को भाजपा की प्राथमिक सदस्य्ता से इस्तीफा दे ही देना चाहिए, क्योंकि अब उनका हाल स्वामी प्रसाद मौर्या पार्ट- -2 वाला हो चुका है! यूं तो विजय बहुगुणा हों या रीता बहुगुणा जोशी, दोनों को ही भाजपा ने विलुप्त हो चुकी उनकी राजनीतिक छवि को पुनर्जीवित करने का अवसर दिया, लेकिन रीता बहुगुणा और उनके बेटे मयंक बहुगुणा जोशी इसे हज़म करने में असफल रहें। अब यह तो स्पष्ट हो गया है कि जोशी परिवार सत्ता के लोभ में आकर कभी भी कुछ भी कर सकता है। उदाहरण सबके सामने है, इतना सब मिलने के बाद भी उनकी महत्वाकांक्षाएं खत्म होने का नाम नहीं ले रही है, इसलिए यह जोशी परिवार मौकापरस्ती का पर्याय बन चुका है!

और पढ़ें: संघमित्रा जैसे परिवारवादी नेताओं को क्यों झेल रही है भाजपा, निकाल बाहर क्यों नहीं करती?

Tags: जोशी परिवारभाजपारीता बहुगुणा जोशी
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

चीन के GDP growth rate का घमंड मोदी सरकार ने चकनाचूर कर दिया

अगली पोस्ट

अखिलेश के मन में ओवैसी ने ऐसा रंग डाला, डर ने उसकी, अखिलेश को…हरा कर डाला

संबंधित पोस्ट

विनेश फोगाट को एशियन गेम्स ट्रायल में
चर्चित

सुप्रीम कोर्ट ऑफ इंडिया ने विनेश फोगाट को एशियन गेम्स ट्रायल में हिस्सा लेने की अनुमति दी

29 May 2026

सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को पहलवान विनेश फोगाट को 30 मई को होने वाले एशियन गेम्स चयन ट्रायल में हिस्सा लेने की अनुमति दे दी।...

कोकरोच जनता पार्टी पर सरकार सख्त
चर्चित

कोकरोच जनता पार्टी के एक्स अकाउंट को तुरंत बहाल करने से दिल्ली हाई कोर्ट ने किया इंकार

29 May 2026

दिल्ली हाई कोर्ट  कोकरोच जनता पार्टी ने  के X अकाउंट को तुरंत बहाल करने से इनकार कर दिया है। इससे पार्टी और उसके नेता Abhijeet...

सिद्धारमैया देंगे इस्तीफा
चर्चित

सिद्धारमैया देंगे इस्तीफा? कर्नाटक की राजनीति में बढ़ी हलचल, मंत्रियों के साथ बैठक में लिया बड़ा फैसला

28 May 2026

करीब पांच दशक लंबे राजनीतिक करियर पर विराम लगाते हुए सिद्धारमैया ने कथित तौर पर अपने मंत्रिमंडल सहयोगियों को मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देने के...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

From Runways to Warships: India’s Firefighting Warrior Built for Bases & Battles| IAF | VayuShakti

From Runways to Warships: India’s Firefighting Warrior Built for Bases & Battles| IAF | VayuShakti

00:05:40

Ethanol, EVs and Solar- How India’s Energy Game Is Changing | Modi on LPG & Crude Oil | war| Hormuz

00:05:21

Truth of IRIS Dena: 8 Days That Changed Narrative | War zone Reality, Not an Indian Navy Exercise

00:08:02

300 Million Euros for SCALP: Strategic Necessity or Costly Dependency on France300

00:04:06

Tejas Mk1A: 19th aircraft coupled but Not Delivered: What Is Holding Back the IAF Induction?

00:07:21
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited