TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    बंगाल में ‘बारूद’ वाली चुनावी जंग: भांगर में 100 जिंदा बम मिलने के बाद EC का महा-एक्शन, 24 घंटे का अल्टीमेटम और NIA की एंट्री

    बंगाल में ‘बारूद’ वाली चुनावी जंग: भांगर में 100 जिंदा बम मिलने के बाद EC का महा-एक्शन, 24 घंटे का अल्टीमेटम और NIA की एंट्री

    ममता बनर्जी की ‘जातिसूचक’ टिप्पणी पर गरमाई सियासत: NCSC ने थमाया नोटिस, 3 दिन का अल्टीमेटम, बंगाल में छिड़ा नया विवाद

    ममता बनर्जी की ‘जातिसूचक’ टिप्पणी पर गरमाई सियासत: NCSC ने थमाया नोटिस, 3 दिन का अल्टीमेटम, बंगाल में छिड़ा नया विवाद

    ‘घायल’ राघव का ‘घातक’ पलटवार: 22 दिनों में कैसे ढह गया AAP का राज्यसभा किला? समझें बगावत की पूरी इनसाइड स्टोरी

    ‘घायल’ राघव का ‘घातक’ पलटवार: 22 दिनों में कैसे ढह गया AAP का राज्यसभा किला? समझें बगावत की पूरी इनसाइड स्टोरी

    दिल्ली की राजनीति में महाविस्फोट: राघव चड्ढा का ‘AAP’ से इस्तीफा; 2/3 सांसदों के साथ BJP में विलय का ऐलान-  बोले ‘मैं गलत पार्टी में सही आदमी था’

    दिल्ली की राजनीति में महाविस्फोट: राघव चड्ढा का ‘AAP’ से इस्तीफा; 2/3 सांसदों के साथ BJP में विलय का ऐलान- बोले ‘मैं गलत पार्टी में सही आदमी था’

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    IMF रैंकिंग का भ्रम और भारतीय अर्थव्यवस्था की हकीकत: छठी रैंक महज एक सांख्यिकीय ‘ग्लिच’, तीसरे स्थान की ओर भारत की रफ्तार बरकरार

    IMF रैंकिंग का भ्रम और भारतीय अर्थव्यवस्था की हकीकत: छठी रैंक महज एक सांख्यिकीय ‘ग्लिच’, तीसरे स्थान की ओर भारत की रफ्तार बरकरार

    साउथ एशिया का ‘एनर्जी गार्जियन’ बना भारत: संकट के दौर में पड़ोसियों को दी नई जीवनरेखा

    साउथ एशिया का ‘एनर्जी गार्जियन’ बना भारत: संकट के दौर में पड़ोसियों को दी नई जीवनरेखा

    किस्मत भारत पर मेहरबान: वैश्विक गैस कीमतों में गिरावट से बदला खेल, LPG संकट से उबरने की नई रणनीति

    किस्मत भारत पर मेहरबान: वैश्विक गैस कीमतों में गिरावट से बदला खेल, LPG संकट से उबरने की नई रणनीति

    नौ साल, 516 अधिकारी: मॉरीशस में भारतीय नौसेना की समुद्री कूटनीति की पूरी कहानी

    नौ साल, 516 अधिकारी: मॉरीशस में भारतीय नौसेना की समुद्री कूटनीति की पूरी कहानी

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    नौ साल, 516 अधिकारी: मॉरीशस में भारतीय नौसेना की समुद्री कूटनीति की पूरी कहानी

    नौ साल, 516 अधिकारी: मॉरीशस में भारतीय नौसेना की समुद्री कूटनीति की पूरी कहानी

    बंगाल की खाड़ी में गूंजेगी भारत की ताक़त, पाकिस्तान में ख़लबली : GNSS जैमिंग एक्सरसाइज से बदलेगा युद्ध का भविष्य

    बंगाल की खाड़ी में गूंजेगी भारत की ताक़त, पाकिस्तान में ख़लबली : GNSS जैमिंग एक्सरसाइज से बदलेगा युद्ध का भविष्य

    Donald Trump Iran ceasefire

    हॉर्मुज टोल टैक्स: अपनी जान छुड़ाने के लिए ट्रम्प पूरी दुनिया को फिरौती, महंगाई के नए दलदल में बेरहमी से झोंक चुके हैं

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    भारत के मोस्ट वांटेड आतंकवादी पर पाकिस्तान में बड़ा हमला: लश्कर आतंकी अमीर हमजा को मारी गई गोली

    भारत के मोस्ट वांटेड आतंकवादी पर पाकिस्तान में बड़ा हमला: लश्कर आतंकी अमीर हमजा को मारी गई गोली

    Donald Trump Iran ceasefire

    हॉर्मुज टोल टैक्स: अपनी जान छुड़ाने के लिए ट्रम्प पूरी दुनिया को फिरौती, महंगाई के नए दलदल में बेरहमी से झोंक चुके हैं

    ट्रंप का बड़ा फैसला: अटॉर्नी जनरल पाम बोंडी को हटाया, अब ‘हिट लिस्ट’ में कौन?

    ट्रंप का बड़ा फैसला: अटॉर्नी जनरल पाम बोंडी को हटाया, अब ‘हिट लिस्ट’ में कौन?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    नेहरू की ‘इतिहास दृष्टि’ पर असहज सवाल: डॉ. राकेश कुमार आर्य की ‘डिस्कवरी ऑफ इंडिया की डिस्कवरी’

    नेहरू की ‘इतिहास दृष्टि’ पर असहज सवाल: डॉ. राकेश कुमार आर्य की ‘डिस्कवरी ऑफ इंडिया की डिस्कवरी’

    आस्था के साथ ‘जहरीला’ खिलवाड़: वैष्णो देवी के खजाने में मिला नकली चांदी का अंबार, 550 करोड़ की उम्मीद और 30 करोड़ की कड़वी सच्चाई

    आस्था के साथ ‘जहरीला’ खिलवाड़: वैष्णो देवी के खजाने में मिला नकली चांदी का अंबार, 550 करोड़ की उम्मीद और 30 करोड़ की कड़वी सच्चाई

    बाबासाहब डॉ भीमराव आंबेडकर, इस्लाम, मुस्लिम

    ‘भारत पर इस्लामी आक्रमण होगा, तो किस तरफ होंगे सेना के मुस्लिम’? अंबेडकर को था संदेह, लिखा – इस्लाम के लिए हमारा देश दारुल हर्ब

    पहचान और राष्ट्रीय चेतना की वैचारिक यात्रा: ‘इंडिया से भारत एक प्रवास

    पहचान और राष्ट्रीय चेतना की वैचारिक यात्रा: ‘इंडिया से भारत एक प्रवास

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    आईपीएल 2026: चेन्नई सुपर किंग्स की दमदार वापसी, कोलकाता नाइट राइडर्स को जीत का इंतजार जारी

    आईपीएल 2026: चेन्नई सुपर किंग्स की दमदार वापसी, कोलकाता नाइट राइडर्स को जीत का इंतजार जारी

    अंतरिक्ष का ‘बरमूडा ट्रायंगल’: 480 किमी ऊपर सैटेलाइट्स को निगल रहा रहस्यमयी ज़ोन, वैज्ञानिक भी सतर्क

    अंतरिक्ष का ‘बरमूडा ट्रायंगल’: 480 किमी ऊपर सैटेलाइट्स को निगल रहा रहस्यमयी ज़ोन, वैज्ञानिक भी सतर्क

    लेह में स्पेस जैसा माहौल: गगनयान मिशन के लिए ISRO का ‘मिशन मित्रा’ टेस्ट

    लेह में स्पेस जैसा माहौल: गगनयान मिशन के लिए ISRO का ‘मिशन मित्रा’ टेस्ट

    IPL 2026: पंजाब ने चेन्नई को हराकर प्वाइंट्स टेबल में मारी छलांग, नंबर-1 पर कब्जा

    IPL 2026: पंजाब ने चेन्नई को हराकर प्वाइंट्स टेबल में मारी छलांग, नंबर-1 पर कब्जा

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    बंगाल में ‘बारूद’ वाली चुनावी जंग: भांगर में 100 जिंदा बम मिलने के बाद EC का महा-एक्शन, 24 घंटे का अल्टीमेटम और NIA की एंट्री

    बंगाल में ‘बारूद’ वाली चुनावी जंग: भांगर में 100 जिंदा बम मिलने के बाद EC का महा-एक्शन, 24 घंटे का अल्टीमेटम और NIA की एंट्री

    ममता बनर्जी की ‘जातिसूचक’ टिप्पणी पर गरमाई सियासत: NCSC ने थमाया नोटिस, 3 दिन का अल्टीमेटम, बंगाल में छिड़ा नया विवाद

    ममता बनर्जी की ‘जातिसूचक’ टिप्पणी पर गरमाई सियासत: NCSC ने थमाया नोटिस, 3 दिन का अल्टीमेटम, बंगाल में छिड़ा नया विवाद

    ‘घायल’ राघव का ‘घातक’ पलटवार: 22 दिनों में कैसे ढह गया AAP का राज्यसभा किला? समझें बगावत की पूरी इनसाइड स्टोरी

    ‘घायल’ राघव का ‘घातक’ पलटवार: 22 दिनों में कैसे ढह गया AAP का राज्यसभा किला? समझें बगावत की पूरी इनसाइड स्टोरी

    दिल्ली की राजनीति में महाविस्फोट: राघव चड्ढा का ‘AAP’ से इस्तीफा; 2/3 सांसदों के साथ BJP में विलय का ऐलान-  बोले ‘मैं गलत पार्टी में सही आदमी था’

    दिल्ली की राजनीति में महाविस्फोट: राघव चड्ढा का ‘AAP’ से इस्तीफा; 2/3 सांसदों के साथ BJP में विलय का ऐलान- बोले ‘मैं गलत पार्टी में सही आदमी था’

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    IMF रैंकिंग का भ्रम और भारतीय अर्थव्यवस्था की हकीकत: छठी रैंक महज एक सांख्यिकीय ‘ग्लिच’, तीसरे स्थान की ओर भारत की रफ्तार बरकरार

    IMF रैंकिंग का भ्रम और भारतीय अर्थव्यवस्था की हकीकत: छठी रैंक महज एक सांख्यिकीय ‘ग्लिच’, तीसरे स्थान की ओर भारत की रफ्तार बरकरार

    साउथ एशिया का ‘एनर्जी गार्जियन’ बना भारत: संकट के दौर में पड़ोसियों को दी नई जीवनरेखा

    साउथ एशिया का ‘एनर्जी गार्जियन’ बना भारत: संकट के दौर में पड़ोसियों को दी नई जीवनरेखा

    किस्मत भारत पर मेहरबान: वैश्विक गैस कीमतों में गिरावट से बदला खेल, LPG संकट से उबरने की नई रणनीति

    किस्मत भारत पर मेहरबान: वैश्विक गैस कीमतों में गिरावट से बदला खेल, LPG संकट से उबरने की नई रणनीति

    नौ साल, 516 अधिकारी: मॉरीशस में भारतीय नौसेना की समुद्री कूटनीति की पूरी कहानी

    नौ साल, 516 अधिकारी: मॉरीशस में भारतीय नौसेना की समुद्री कूटनीति की पूरी कहानी

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    नौ साल, 516 अधिकारी: मॉरीशस में भारतीय नौसेना की समुद्री कूटनीति की पूरी कहानी

    नौ साल, 516 अधिकारी: मॉरीशस में भारतीय नौसेना की समुद्री कूटनीति की पूरी कहानी

    बंगाल की खाड़ी में गूंजेगी भारत की ताक़त, पाकिस्तान में ख़लबली : GNSS जैमिंग एक्सरसाइज से बदलेगा युद्ध का भविष्य

    बंगाल की खाड़ी में गूंजेगी भारत की ताक़त, पाकिस्तान में ख़लबली : GNSS जैमिंग एक्सरसाइज से बदलेगा युद्ध का भविष्य

    Donald Trump Iran ceasefire

    हॉर्मुज टोल टैक्स: अपनी जान छुड़ाने के लिए ट्रम्प पूरी दुनिया को फिरौती, महंगाई के नए दलदल में बेरहमी से झोंक चुके हैं

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    भारत के मोस्ट वांटेड आतंकवादी पर पाकिस्तान में बड़ा हमला: लश्कर आतंकी अमीर हमजा को मारी गई गोली

    भारत के मोस्ट वांटेड आतंकवादी पर पाकिस्तान में बड़ा हमला: लश्कर आतंकी अमीर हमजा को मारी गई गोली

    Donald Trump Iran ceasefire

    हॉर्मुज टोल टैक्स: अपनी जान छुड़ाने के लिए ट्रम्प पूरी दुनिया को फिरौती, महंगाई के नए दलदल में बेरहमी से झोंक चुके हैं

    ट्रंप का बड़ा फैसला: अटॉर्नी जनरल पाम बोंडी को हटाया, अब ‘हिट लिस्ट’ में कौन?

    ट्रंप का बड़ा फैसला: अटॉर्नी जनरल पाम बोंडी को हटाया, अब ‘हिट लिस्ट’ में कौन?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    नेहरू की ‘इतिहास दृष्टि’ पर असहज सवाल: डॉ. राकेश कुमार आर्य की ‘डिस्कवरी ऑफ इंडिया की डिस्कवरी’

    नेहरू की ‘इतिहास दृष्टि’ पर असहज सवाल: डॉ. राकेश कुमार आर्य की ‘डिस्कवरी ऑफ इंडिया की डिस्कवरी’

    आस्था के साथ ‘जहरीला’ खिलवाड़: वैष्णो देवी के खजाने में मिला नकली चांदी का अंबार, 550 करोड़ की उम्मीद और 30 करोड़ की कड़वी सच्चाई

    आस्था के साथ ‘जहरीला’ खिलवाड़: वैष्णो देवी के खजाने में मिला नकली चांदी का अंबार, 550 करोड़ की उम्मीद और 30 करोड़ की कड़वी सच्चाई

    बाबासाहब डॉ भीमराव आंबेडकर, इस्लाम, मुस्लिम

    ‘भारत पर इस्लामी आक्रमण होगा, तो किस तरफ होंगे सेना के मुस्लिम’? अंबेडकर को था संदेह, लिखा – इस्लाम के लिए हमारा देश दारुल हर्ब

    पहचान और राष्ट्रीय चेतना की वैचारिक यात्रा: ‘इंडिया से भारत एक प्रवास

    पहचान और राष्ट्रीय चेतना की वैचारिक यात्रा: ‘इंडिया से भारत एक प्रवास

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    आईपीएल 2026: चेन्नई सुपर किंग्स की दमदार वापसी, कोलकाता नाइट राइडर्स को जीत का इंतजार जारी

    आईपीएल 2026: चेन्नई सुपर किंग्स की दमदार वापसी, कोलकाता नाइट राइडर्स को जीत का इंतजार जारी

    अंतरिक्ष का ‘बरमूडा ट्रायंगल’: 480 किमी ऊपर सैटेलाइट्स को निगल रहा रहस्यमयी ज़ोन, वैज्ञानिक भी सतर्क

    अंतरिक्ष का ‘बरमूडा ट्रायंगल’: 480 किमी ऊपर सैटेलाइट्स को निगल रहा रहस्यमयी ज़ोन, वैज्ञानिक भी सतर्क

    लेह में स्पेस जैसा माहौल: गगनयान मिशन के लिए ISRO का ‘मिशन मित्रा’ टेस्ट

    लेह में स्पेस जैसा माहौल: गगनयान मिशन के लिए ISRO का ‘मिशन मित्रा’ टेस्ट

    IPL 2026: पंजाब ने चेन्नई को हराकर प्वाइंट्स टेबल में मारी छलांग, नंबर-1 पर कब्जा

    IPL 2026: पंजाब ने चेन्नई को हराकर प्वाइंट्स टेबल में मारी छलांग, नंबर-1 पर कब्जा

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

जब हिमाचल के कटोच राजपूतों ने मुहम्मद बिन तुगलक को तबीयत से धोया था

इनका जिक्र इतिहास के पन्नों में कहीं दूर-दूर तक नहीं है !

Animesh Pandey द्वारा Animesh Pandey
1 June 2022
in इतिहास
Tuglak

Source- TFIPOST.in

Share on FacebookShare on X

आप सभी ने एक कहावत तो सुनी ही होगी कि अक्सर लोग कहते हैं, जो जीतता है, इतिहास वही बनाता है। ये सत्य है, और इसे सत्य सिद्ध करने में वामपंथियों ने अपने प्रयासों में कोई कमी नहीं रखी। ब्रेवहार्ट जैसे विश्वप्रसिद्ध फिल्म में तो एक संवाद भी हैं, “इतिहास वे लिखते हैं, जो नायकों को लटका देते हैं”। परंतु इतिहास केवल पुस्तकों तक ही सीमित नहीं है, और कभी-कभी कुछ ऐसी भी घटनाएँ होती हैं, जिन्हे सुनकर प्रथम प्रतिक्रिया यही होगी, “हैं, ऐसा भी हुआ था?”

ऐसी ही एक कथा है हिमालय के एक क्षेत्र कांगड़ा की, जो वर्तमान भारत के हिमाचल प्रदेश का हिस्सा है। यहाँ निवास था कटोच राजपूतों का, जो माँ भवानी के उज्ज्वल स्वरूप, ज्वाला माई के अनन्य उपासक थे। परंतु जब इनकी माटी पर कुछ दुष्टों की कुदृष्टि पड़ी, तो इन्होंने आत्मरक्षा में शस्त्र उठा लिए, और फिर एक ऐसा युद्ध हुआ, जिसने इतिहास, और भूगोल, दोनों ही पलट दिया, पर जिसका उल्लेख आज भी भारत के आधुनिक इतिहास में कहीं भी दूर-दूर तक नहीं है।

संबंधितपोस्ट

मुहम्मद बिन तुगलक – वह राहुल गांधी जिसे शासन का स्वाद मिला

हम्मीर सिंह सिसोदिया: वह राजपूत योद्धा जिसने समूचे राजपुताना के गौरव को पुनर्स्थापित किया

और लोड करें

और पढ़ें: गणेश जी नहीं छोड़ेंगे कुतुब कॉम्प्लेक्स और वहां का इतिहास धरती फाड़ कर निकलेगा

मुसलमानों के खोखले दावे

जहां पर वो दावे करते हैं कि उन्होंने 800 वर्षों तक भारत पर राज किया था, और कोई उन्हे चुनौती तक नहीं दे पाया था। अकबरुद्दीन ओवैसी से लेकर मौलाना महमूद मदनी तक हर नेता अपने कथित इस्लामिक राज को अपना सीना ठोंकने से कतई नहीं पीछे हटते, विशेषकर दिल्ली सल्तनत के बारे में तो बिल्कुल भी नहीं। परंतु इसी सल्तनत में एक ऐसे संग्राम की नींव भी पड़ी थी, जो इस बात को परिलक्षित करती है कि भारतीयता का अर्थ क्या है। वामपंथी आपको बड़े चाव से बताएंगे कि दिल्ली सल्तनत ने कैसे-कैसे भवन दिल्ली को दिए, वामपंथी आपको बताएंगे कि कैसे सूफी संस्कृति से भारत की गंगा जामुनी तहज़ीब को बढ़ावा मिला, परंतु दिल्ली सल्तनत के स्याह पहलू से यह कभी आपको परिचित नहीं कराएंगे। यह कभी आपको परिचित नहीं कराएंगे कि कैसे मोहम्मद ग़ोरी से लेकर घियासुद्दीन बलबन तक, अलाउद्दीन खिलजी से लेकर गाजी मलिक तक, भारत के कोने-कोने में, अनंत प्रकार के अत्याचार ढाए गए।

परंतु हर वस्तु की अति होती है, और इसी अति की प्रतिमूर्ति थे फक्र मलिक जूना खान, जिन्हे इतिहास मुहम्मद बिन तुग़लक के नाम से बेहतर जानता है। कुछ के लिए वह उलुग़ खान था, तो कुछ के लिए वह फख्र मलिक। इनके पिता तुर्क थे, तो माँ तुर्क हरम से निकली एक हिन्दू दासी, जिन्हे लोग मखदूमा ए जहां भी कहते थे। राजामुंदरी के एक अभिलेख में मुहम्मद तुग़लक़ (जौना या जूना ख़ाँ) को दुनिया का ख़ान कहा गया है। मध्यकालीन सभी सुल्तानों में मुहम्मद तुग़लक़ सर्वाधिक शिक्षित, विद्वान एवं योग्य व्यक्ति था। इसीलिए अपनी सनक भरी योजनाओं, क्रूर-कृत्यों एवं दूसरे के सुख-दुख के प्रति उपेक्षा का भाव रखने के कारण इसे ‘स्वप्नशील’, ‘पागल’ एवं ‘रक्त-पिपासु’ कहा गया है। बरनी, सरहिन्दी, निज़ामुद्दीन, बदायूंनी एवं फ़रिश्ता जैसे इतिहासकारों ने सुल्तान को अधर्मी घोषित किया गया है।

और पढ़ें: अयोध्या में रामायण विश्वविद्यालय मार्क्सवादी इतिहासकारों के लिए एक कड़ा तमाचा है

मुहम्मद बिन तुगलक कौन था ?

मुहम्मद बिन तुगलक इतना क्रूर था कि अपनी सनक में उसने समस्त कन्नौज के नरसंहार का आदेश दे दिया। जी हाँ, जहां मुहम्मद गोरी, अलाउद्दीन खिलजी जैसे क्रूर शासक भी एक बार को अपने कदम पीछे खींच ले, मुहम्मद बिन तुगलक उनसे मीलों आगे बढ़कर क्रूरता और बर्बरता दिखाने का प्रयास करता, और प्रारंभ में वह सफल भी हुआ। कन्नौज का सम्पूर्ण विध्वंस करवाकर उसने फिर दिल्ली से अपनी राजधानी देवगिरि [दौलताबाद] स्थानांतरित करने का निर्णय लिया। तो इसमें समस्या क्या थी? समस्या ये थी कि केवल राजधानी और अफसर ही नहीं, सभी लोगों को तलवार की नोक पर तुगलक स्थानांतरित करना चाहते थे, और उसने वास्तव में ऐसा किया, जिसके कारण असंख्य निर्दोषों को अपने प्राण गँवाने पड़े। कल्पना कीजिए कि राहुल गांधी को असीमित शक्तियां मिली हो, वह सत्ता में दुर्भाग्यवश है, और उसे चुनौती देने वाला कोई नहीं है। तुगलक यही राहुल गांधी थे।

ये कटोच राजपूत कहाँ से आए?

ये कथा है 1333 की, जब ओट्टोमन साम्राज्य का प्रभुत्व और दिल्ली सल्तनत, दोनों ही अपने शिखर पर थे। मुहम्मद बिन तुग़लक ने अपना अलग नगर ही बसा रखा तक, जिसका नाम भी रखा था– जहाँपनाह। इनका स्वप्न था– जो मुहम्मद गोरी और अलाउद्दीन खिलजी न कर सके, वे स्वयं करेंगे– सिकंदर को पीछे छोड़कर दिग्विजयी बनना, जिसके लिए वह चीन पर विजय प्राप्त करने निकल पड़े। मुहम्मद बिन तुगलक के लिए मँगोल सरदर्द से कम नहीं थे, और उन्हे नियंत्रित करने का एक विकल्प था– चीन पर आधिपत्य प्राप्त करना। परंतु इसके लिए उन्होंने हिमालय का कठिन मार्ग चुना, और इसके पीछे इसका तर्क पढ़िए– क्योंकि हिमालय के पर्वत जितने ऊंचे हैं, इसलिए उन्हे पार करना तनिक भी कठिन न होगा। अब इस बात पर भी इन मूर्खों का उपहास न उड़ाया जाए तो किस बात पर उड़ाया जाए? इसीलिए कहा जाता है, कुछ भी पालें, पर भ्रम नहीं।

बदायूनी और फरिश्ता जैसे इतिहासकारों ने इस बात की पुष्टि करते हुए कहा, इसी भ्रम में रमे मुहम्मद बिन तुगलक ने एक लाख से अधिक की विशाल सेना हिमालय की ओर भेज दी, क्योंकि चीन की विजय बस ‘हिमालय को फांदकर पार करने’ की देर ही तो थी। यही अति आत्मविश्वास मुहम्मद बिन तुगलक को बहुत भारी पड़ने वाला था, क्योंकि उन्हे तनिक भी आभास नहीं था कि उनका सामना किस्से होगा। इस अभियान का समाचार कांगड़ा में स्थित कटोच राजपूतों को भी पहुंचा, जो नगरकोट प्रांत में निवास करते थे। इनके राजा थे पृथ्वी चंद द्वितीय, जिनके पास दो विकल्प थे– या तो सुल्तान तुगलक के लिए मार्ग प्रशस्त करें, या फिर अंतिम श्वास तक लड़ें। परंतु कटोच राजपूतों की योजना तो कुछ और ही थी।

और पढ़ें: नंद वंश का इतिहास, राजा और महत्वपूर्ण तथ्य

वामपंथी आज भी महानायकों का नाम लेने से कतराते है

आधुनिक इतिहास के परिप्रेक्ष्य में अमेरिका के सेनाध्यक्ष रहे जनरल पैटन ने सत्य कहा है, “युद्ध का उद्देश्य ये नहीं कि एक सैनिक वीरगति को प्राप्त हो, अपितु आपके समक्ष जो शत्रु है, उसे धाराशायी करना अति आवश्यक है”। इस पद्वति को शायद कांगड़ा के कटोच राजपूतों प्रारंभ से जानते थे, और इसीलिए उन्होंने अपने भूगोल का उचित प्रयोग करने का निर्णय किया। संयोग भी खूब था, तुगलक की सेना ने उसी समय धावा बोला, जब वर्षा ऋतु ने अपना प्रचंड रूप धारण करना प्रारंभ किया था। ऐसे में कटोच राजपूतों के लिए कार्य आवश्यकता से अधिक सरल हो गया। जब तुगलक की सेना ने धावा बोला, तो चारों ओर से घेरते हुए कटोच राजपूतों ने उन्हे कहीं का नहीं छोड़ते हुए पटक पटक के धोया। एक ओर तो कांगड़ा के दुर्ग के मार्ग इतने तंग थे कि दो लोग एक साथ भी नहीं जा सकते थे। उसके अतिरिक्त प्रकृति के प्रकोप ने तुगलक की सेना के लिए मानो कोढ़ में खाज का काम कर दिया। लाखों की सेना लेकर जो तुगलक के लड़ाके चीन पर विजयी होने निकले थे, वह मात्र कुछ सौ दो सौ सैनिक लेकर किसी तरह दिल्ली आने में सफल हो पाए थे।

इसी पराजय से नींव पड़ी तुर्की सल्तनत के अभेद्य दुर्ग में संदेह की। कहीं न कहीं तो भारत के निवासियों में ये संदेश अवश्य गया होगा, कि यदि पर्वत में बसे चंद कटोच राजपूत ये कर सकते हैं, तो हम क्यों नहीं। इस पराजय से एक ऐसे संग्राम के बीज बोए गए, जिसने न केवल तुर्की सल्तनत के पतन की नींव रखी, अपितु भारत के कुछ महानायकों को स्थापित रखी, जिनका नाम लेने से आज भी वामपंथी कतराते हैं। पर उनके बारे में फिर कभी।

और पढ़ें: मुगल नहीं चालुक्य, पल्लव और राष्ट्रकूट वंश हमारे इतिहास की किताबों में अधिक ध्यान देने योग्य हैं

 

Tags: आधुनिक इतिहासमुहम्मद गोरीमुहम्मद बिन तुगलक
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

प्रशांत किशोर ने अंतत: वही स्वीकार कर लिया जो हम पहले से कह रहे थे

अगली पोस्ट

PUBG हो या Tiktok, भारत के बिना इनका दाना पानी बंद हो जाएगा

संबंधित पोस्ट

नेहरू की ‘इतिहास दृष्टि’ पर असहज सवाल: डॉ. राकेश कुमार आर्य की ‘डिस्कवरी ऑफ इंडिया की डिस्कवरी’
इतिहास

नेहरू की ‘इतिहास दृष्टि’ पर असहज सवाल: डॉ. राकेश कुमार आर्य की ‘डिस्कवरी ऑफ इंडिया की डिस्कवरी’

23 April 2026

‘इतिहास’ केवल बीते समय की घटनाओं का क्रम नहीं होता, बल्कि किसी राष्ट्र की चेतना, उसकी स्मृतियों और उसकी पहचान का आधार भी होता है।...

बाबासाहब डॉ भीमराव आंबेडकर, इस्लाम, मुस्लिम
इतिहास

‘भारत पर इस्लामी आक्रमण होगा, तो किस तरफ होंगे सेना के मुस्लिम’? अंबेडकर को था संदेह, लिखा – इस्लाम के लिए हमारा देश दारुल हर्ब

14 April 2026

बाबासाहेब डॉ भीमराव अंबेडकर इस्लामिक कट्टरवाद के खिलाफ बेहद मुखर थे। वे मानते थे कि हिंदू और मुस्लिम ना ही स्वभाव में एक हैं, ना...

पहचान और राष्ट्रीय चेतना की वैचारिक यात्रा: ‘इंडिया से भारत एक प्रवास
इतिहास

पहचान और राष्ट्रीय चेतना की वैचारिक यात्रा: ‘इंडिया से भारत एक प्रवास

7 April 2026

‘भारत’ दुनिया की सबसे पुरानी सभ्यता, संस्कृति और चेतना का जीवंत प्रतीक है। इसकी भूमि पर हर संघर्ष, हर सपना और हर परंपरा हमें हमारी...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

From Runways to Warships: India’s Firefighting Warrior Built for Bases & Battles| IAF | VayuShakti

From Runways to Warships: India’s Firefighting Warrior Built for Bases & Battles| IAF | VayuShakti

00:05:40

Ethanol, EVs and Solar- How India’s Energy Game Is Changing | Modi on LPG & Crude Oil | war| Hormuz

00:05:21

Truth of IRIS Dena: 8 Days That Changed Narrative | War zone Reality, Not an Indian Navy Exercise

00:08:02

300 Million Euros for SCALP: Strategic Necessity or Costly Dependency on France300

00:04:06

Tejas Mk1A: 19th aircraft coupled but Not Delivered: What Is Holding Back the IAF Induction?

00:07:21
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited