TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    बिहार के बाजीगरों के जरिये पश्चिम बंगाल फतह का ताना-बाना बुन रही भाजपा

    बिहार के बाजीगरों के जरिये पश्चिम बंगाल फतह का ताना-बाना बुन रही भाजपा

    ऑपरेशन सिंदूर 2:0

    दिल्ली धमाका और PoK के नेता का कबूलनामा: क्या भारत के लिए ‘ऑपरेशन सिंदूर 2.0’ का समय आ गया है?

    शशि थरूर पीएम की तारीफ कर अपनी ही पार्टी के अंदर निशाने पर आ गए हैं

    कांग्रेस का नया नियम यही है कि चाहे कुछ भी हो जाए पीएम मोदी/बीजेपी का हर क़ीमत पर विरोध ही करना है?

    सुप्रीम कोर्ट ने साफ़ किया है कि राष्ट्रपति या गवर्नर को किसी भी तय न्यायिक समयसीमा के भीतर बिलों पर मंजूरी देने के लिए बाध्य नहीं किया जा सकता।

    विधेयकों को मंजूरी देने के लिए समयसीमा से बाध्य नहीं हैं राष्ट्रपति और राज्यपाल , प्रेसिडेंट मुर्मू के सवालों पर सुप्रीम कोर्ट ने क्या जवाब दिया, और ये क्यों महत्वपूर्ण हैं?

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    खनन क्षेत्र में बेहतरीन काम के लिए केंद्र सरकार ने धामी सरकार की तारीफ की

    खनन सुधारों में फिर नंबर वन बना उत्तराखंड, बेहतरीन काम के लिए धामी सरकार को केंद्र सरकार से मिली 100 करोड़ रुपये की प्रोत्साहन राशि

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    हमसे दुश्मनी महंगी पड़ेगी: भारत की सतर्कता और बांग्लादेश की गलती, जानें बांग्लादेश की अर्थव्यवस्था पर कैसे पड़ रही चोट

    हमसे दुश्मनी महंगी पड़ेगी: भारत की सतर्कता और बांग्लादेश की गलती, जानें बांग्लादेश की अर्थव्यवस्था पर कैसे पड़ रही चोट

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    शिप बेस्ड ISBM लॉन्च के पाकिस्तान के दावे में कितना दम है

    पाकिस्तान जिस SMASH मिसाइल को बता रहा है ‘विक्रांत किलर’, उसकी सच्चाई क्या है ?

    ऑपरेशन सिंदूर 2:0

    दिल्ली धमाका और PoK के नेता का कबूलनामा: क्या भारत के लिए ‘ऑपरेशन सिंदूर 2.0’ का समय आ गया है?

    जैवलिन मिसाइल

    अमेरिका ने भारत को बताया “मेजर डिफेंस पार्टनर”, जैवलिन मिसाइल समेत बड़े डिफेंस पैकेज को दी मंजूरी, पटरी पर लौट रहे हैं रिश्ते ?

    बांग्लादेश और भारत के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकारों की मुलाकात

    ‘हसीना’ संकट के बीच NSA अजित डोभाल की बांग्लादेश के NSA से मुलाकात के मायने क्या हैं?

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    दिल्ली ब्लास्ट के बाद पाकिस्तान में हड़कंप: असीम मुनीर की सेना हाई अलर्ट पर, एयर डिफेंस सक्रिय, भारत की ताकत और रणनीति ने आतंकियों और पड़ोसी को किया सतर्क

    दिल्ली ब्लास्ट के बाद पाकिस्तान में हड़कंप: असीम मुनीर की सेना हाई अलर्ट पर, एयर डिफेंस सक्रिय, भारत की ताकत और रणनीति ने आतंकियों और पड़ोसी को किया सतर्क

    राजनाथ सिंह ने दिखाया आईना, यूनुस को लगी मिर्ची: बांग्लादेश की नई दिशा, भारत की नई नीति

    राजनाथ सिंह ने दिखाया आईना, यूनुस को लगी मिर्ची: बांग्लादेश की नई दिशा, भारत की नई नीति

    आईएनएस सह्याद्री गुआम में: भारत की नौसेना का बहुपक्षीय सामरिक प्रदर्शन, एंटी-सबमरीन युद्ध क्षमता और एशिया-प्रशांत में नेतृत्व

    आईएनएस सह्याद्री गुआम में: भारत की नौसेना का बहुपक्षीय सामरिक प्रदर्शन, एंटी-सबमरीन युद्ध क्षमता और एशिया-प्रशांत में नेतृत्व

    ढाका में पाकिस्तानी सक्रियता: यूनुस सरकार, नौसेना प्रमुख की यात्रा और भारत की पूर्वोत्तर सुरक्षा पर खतरे की समीक्षा

    ढाका में पाकिस्तानी सक्रियता: यूनुस सरकार, नौसेना प्रमुख की यात्रा और भारत की पूर्वोत्तर सुरक्षा पर खतरे की समीक्षा

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    बी.एन राउ का संविधान निर्माण में बड़ा योगदान है

    क्या बेनेगल नरसिंह राउ थे संविधान के असली निर्माता ? इतिहास ने उनके योगदान को क्यों भुला दिया ?

    26 नवंबर भारतीय संविधान दिवस

    संविधान दिवस: भारतीय चिंतन परंपरा की दृष्टि से संविधान 

    Fate’s Play: Cultural Games That Echo Ancient Tales of Luck

    Fate’s Play: Cultural Games That Echo Ancient Tales of Luck

    श्री गुरु तेग बहादुर जी का 350वां शहीदी दिवस: हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सैनी ने निभाई ‘पालकी सेवा’ की रीति

    श्री गुरु तेग बहादुर जी का 350वां शहीदी दिवस: हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सैनी ने निभाई ‘पालकी सेवा’ की रीति

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    शोले फिल्म में पानी की टंकी पर चढ़े धर्मेंद्र

    बॉलीवुड का ही-मैन- जिसने रुलाया भी, हंसाया भी: धर्मेंद्र के सिने सफर की 10 नायाब फिल्में

    नीतीश कुमार

    जेडी(यू) के ख़िलाफ़ एंटी इन्कंबेसी क्यों नहीं होती? बिहार में क्यों X फैक्टर बने हुए हैं नीतीश कुमार?

    क्यों PariPesa भारत रोमांचक एविएटर क्रैश गेम्स का अनुभव लेने के लिए सबसे बेहतरीन जगह है

    क्यों PariPesa भारत रोमांचक एविएटर क्रैश गेम्स का अनुभव लेने के लिए सबसे बेहतरीन जगह है

    भारत की वैज्ञानिक विजय: ‘नैफिथ्रोमाइसिन’, कैंसर और डायबिटीज के मरीजों के उम्मीदों को मिली नई रोशनी, जानें क्यों महत्वपूर्ण है ये दवा

    आत्मनिर्भर भारत की वैज्ञानिक विजय: ‘नैफिथ्रोमाइसिन’, कैंसर और डायबिटीज के मरीजों के उम्मीदों को मिली नई रोशनी, जानें क्यों महत्वपूर्ण है ये दवा

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    बिहार के बाजीगरों के जरिये पश्चिम बंगाल फतह का ताना-बाना बुन रही भाजपा

    बिहार के बाजीगरों के जरिये पश्चिम बंगाल फतह का ताना-बाना बुन रही भाजपा

    ऑपरेशन सिंदूर 2:0

    दिल्ली धमाका और PoK के नेता का कबूलनामा: क्या भारत के लिए ‘ऑपरेशन सिंदूर 2.0’ का समय आ गया है?

    शशि थरूर पीएम की तारीफ कर अपनी ही पार्टी के अंदर निशाने पर आ गए हैं

    कांग्रेस का नया नियम यही है कि चाहे कुछ भी हो जाए पीएम मोदी/बीजेपी का हर क़ीमत पर विरोध ही करना है?

    सुप्रीम कोर्ट ने साफ़ किया है कि राष्ट्रपति या गवर्नर को किसी भी तय न्यायिक समयसीमा के भीतर बिलों पर मंजूरी देने के लिए बाध्य नहीं किया जा सकता।

    विधेयकों को मंजूरी देने के लिए समयसीमा से बाध्य नहीं हैं राष्ट्रपति और राज्यपाल , प्रेसिडेंट मुर्मू के सवालों पर सुप्रीम कोर्ट ने क्या जवाब दिया, और ये क्यों महत्वपूर्ण हैं?

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    खनन क्षेत्र में बेहतरीन काम के लिए केंद्र सरकार ने धामी सरकार की तारीफ की

    खनन सुधारों में फिर नंबर वन बना उत्तराखंड, बेहतरीन काम के लिए धामी सरकार को केंद्र सरकार से मिली 100 करोड़ रुपये की प्रोत्साहन राशि

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    हमसे दुश्मनी महंगी पड़ेगी: भारत की सतर्कता और बांग्लादेश की गलती, जानें बांग्लादेश की अर्थव्यवस्था पर कैसे पड़ रही चोट

    हमसे दुश्मनी महंगी पड़ेगी: भारत की सतर्कता और बांग्लादेश की गलती, जानें बांग्लादेश की अर्थव्यवस्था पर कैसे पड़ रही चोट

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    शिप बेस्ड ISBM लॉन्च के पाकिस्तान के दावे में कितना दम है

    पाकिस्तान जिस SMASH मिसाइल को बता रहा है ‘विक्रांत किलर’, उसकी सच्चाई क्या है ?

    ऑपरेशन सिंदूर 2:0

    दिल्ली धमाका और PoK के नेता का कबूलनामा: क्या भारत के लिए ‘ऑपरेशन सिंदूर 2.0’ का समय आ गया है?

    जैवलिन मिसाइल

    अमेरिका ने भारत को बताया “मेजर डिफेंस पार्टनर”, जैवलिन मिसाइल समेत बड़े डिफेंस पैकेज को दी मंजूरी, पटरी पर लौट रहे हैं रिश्ते ?

    बांग्लादेश और भारत के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकारों की मुलाकात

    ‘हसीना’ संकट के बीच NSA अजित डोभाल की बांग्लादेश के NSA से मुलाकात के मायने क्या हैं?

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    दिल्ली ब्लास्ट के बाद पाकिस्तान में हड़कंप: असीम मुनीर की सेना हाई अलर्ट पर, एयर डिफेंस सक्रिय, भारत की ताकत और रणनीति ने आतंकियों और पड़ोसी को किया सतर्क

    दिल्ली ब्लास्ट के बाद पाकिस्तान में हड़कंप: असीम मुनीर की सेना हाई अलर्ट पर, एयर डिफेंस सक्रिय, भारत की ताकत और रणनीति ने आतंकियों और पड़ोसी को किया सतर्क

    राजनाथ सिंह ने दिखाया आईना, यूनुस को लगी मिर्ची: बांग्लादेश की नई दिशा, भारत की नई नीति

    राजनाथ सिंह ने दिखाया आईना, यूनुस को लगी मिर्ची: बांग्लादेश की नई दिशा, भारत की नई नीति

    आईएनएस सह्याद्री गुआम में: भारत की नौसेना का बहुपक्षीय सामरिक प्रदर्शन, एंटी-सबमरीन युद्ध क्षमता और एशिया-प्रशांत में नेतृत्व

    आईएनएस सह्याद्री गुआम में: भारत की नौसेना का बहुपक्षीय सामरिक प्रदर्शन, एंटी-सबमरीन युद्ध क्षमता और एशिया-प्रशांत में नेतृत्व

    ढाका में पाकिस्तानी सक्रियता: यूनुस सरकार, नौसेना प्रमुख की यात्रा और भारत की पूर्वोत्तर सुरक्षा पर खतरे की समीक्षा

    ढाका में पाकिस्तानी सक्रियता: यूनुस सरकार, नौसेना प्रमुख की यात्रा और भारत की पूर्वोत्तर सुरक्षा पर खतरे की समीक्षा

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    बी.एन राउ का संविधान निर्माण में बड़ा योगदान है

    क्या बेनेगल नरसिंह राउ थे संविधान के असली निर्माता ? इतिहास ने उनके योगदान को क्यों भुला दिया ?

    26 नवंबर भारतीय संविधान दिवस

    संविधान दिवस: भारतीय चिंतन परंपरा की दृष्टि से संविधान 

    Fate’s Play: Cultural Games That Echo Ancient Tales of Luck

    Fate’s Play: Cultural Games That Echo Ancient Tales of Luck

    श्री गुरु तेग बहादुर जी का 350वां शहीदी दिवस: हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सैनी ने निभाई ‘पालकी सेवा’ की रीति

    श्री गुरु तेग बहादुर जी का 350वां शहीदी दिवस: हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सैनी ने निभाई ‘पालकी सेवा’ की रीति

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    शोले फिल्म में पानी की टंकी पर चढ़े धर्मेंद्र

    बॉलीवुड का ही-मैन- जिसने रुलाया भी, हंसाया भी: धर्मेंद्र के सिने सफर की 10 नायाब फिल्में

    नीतीश कुमार

    जेडी(यू) के ख़िलाफ़ एंटी इन्कंबेसी क्यों नहीं होती? बिहार में क्यों X फैक्टर बने हुए हैं नीतीश कुमार?

    क्यों PariPesa भारत रोमांचक एविएटर क्रैश गेम्स का अनुभव लेने के लिए सबसे बेहतरीन जगह है

    क्यों PariPesa भारत रोमांचक एविएटर क्रैश गेम्स का अनुभव लेने के लिए सबसे बेहतरीन जगह है

    भारत की वैज्ञानिक विजय: ‘नैफिथ्रोमाइसिन’, कैंसर और डायबिटीज के मरीजों के उम्मीदों को मिली नई रोशनी, जानें क्यों महत्वपूर्ण है ये दवा

    आत्मनिर्भर भारत की वैज्ञानिक विजय: ‘नैफिथ्रोमाइसिन’, कैंसर और डायबिटीज के मरीजों के उम्मीदों को मिली नई रोशनी, जानें क्यों महत्वपूर्ण है ये दवा

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

भारत के उस जासूस की कहानी जिससे प्रेरित था जेम्स बॉड का किरदार

भगत राम तलवार कुछ भी थे, परंतु स्वतंत्रता सेनानी नहीं !

Animesh Pandey द्वारा Animesh Pandey
21 February 2023
in इतिहास
Bhagat Ram Talwar is anything but the freedom fighter

Source: TFI MEDIA

Share on FacebookShare on X

Bhagat Ram Talwar Biography: यदि आपको गुप्तचर और उनकी कार्यशैली में रुचि है, तो आपने जेम्स बॉन्ड पर अवश्य ध्यान दिया होगा। ब्रिटिश इंटेलिजेंस सेवा के लिए कार्यरत इस गुप्तचर को इयान फ्लेमिंग ने रचा था। जिनके भ्राता, पीटर फ्लेमिंग स्वयं ब्रिटिश इंटेलिजेंस में कार्यरत थे। परंतु क्या आपको पता है कि जेम्स बॉन्ड की प्रेरणाओं में से एक भारतीय भी था, जिसको स्वयं पीटर फ्लेमिंग प्रशिक्षित कर रहे थे? इस व्यक्ति ने एक नहीं, अपितु चार देशों को अपनी सेवाएँ दी और अपने काम में इतना दक्ष था कि इसने एक बड़े नेता को उल्लू तक बना दिया था।

इस लेख में भगत राम तलवार (Bhagat Ram Talwar) के बारे में पढ़िए, जिन्होंने अपनी विचारधारा के लिए अपनी मातृभूमि से भी विश्वासघात किया।

संबंधितपोस्ट

भारत का सबसे बड़ा जासूस, जो पाकिस्तानी आर्मी में बना मेजर…कहानी 8 साल तक Pak की आंख में धूल झोंकने वाले ‘ब्लैक टाइगर’ की

और लोड करें

नेता जी की मदद की

यदि आपने नेताजी सुभाष चंद्र बोस के कारनामों का तनिक भी अध्ययन किया है, तो आप ये भी जानते होंगे कि उन्होंने कैसे बड़ी ही चतुराई से ब्रिटिश प्रशासन को चकमा देते हुए कलकत्ता से काबुल तक का सफर तय किया। परंतु काबुल से यूरोप तक का सफर तय करने में उन्हे काफी अड़चनों का सामना करना पड़ा, जिसमें उनकी सहायता भगत राम तलवार (Bhagat Ram Talwar) नामक व्यक्ति ने की, जो कथित तौर पर कीर्ति किसान पार्टी का सदस्य था और जिसके भाई हरीकिशन तलवार को पंजाब के राज्यपाल पर प्राणघातक हमला करने हेतु फांसी दी गई थी।

बताइए, कितना देशभक्त व्यक्ति है, जिसने अपना सर्वस्व अपने देश पर अर्पण कर दिया- लेकिन रुकिए, ये तो वह कथा है, जो कम्युनिस्टों ने काफी वर्षों से सुनाई थी और श्याम बेनेगल द्वारा निर्देशित “बोस – द फोर्गॉटेन हीरो” में प्रचारित भी किया गया।

और पढ़ें: 3 अभियुक्त, 1 उद्देश्य: किसने चंद्रशेखर आजाद के साथ विश्वासघात किया?

परंतु किसी अन्य को छोड़िए, स्वयं नेताजी तक को नहीं पता था कि जो व्यक्ति रहमत खान के नाम से उन्हे अफ़गानिस्तान में रहने का प्रबंध कराएगा, वही उनके उद्देश्य को ऐसा धूमिल करेगा, जिसका उल्लेख भी बड़ी कठिनाइयों से मिलता है।

इस कथा का आरंभ होता है द्वितीय विश्वयुद्ध से, जहां Allies एवं Axis गुट के देशों ने एक-दूसरे की जासूसी के लिए कई जासूस बनाए थे। दरअसल, उनका मकसद एक-दूसरे की खुफिया जानकारी हासिल करना था। एक ऐसा ही जासूस ब्रिटेन ने बनाया था। उस जासूस का खुफिया नाम ‘सिल्वर’ था। ये इतना तेज तर्रार था कि द्वितीय विश्वयुद्ध के दौरान इसने हिटलर तक को मूर्ख बना दिया था। भगत राम तलवार (Bhagat Ram Talwar) यही गुप्तचर था।

उस वक्त युद्ध ब्रिटिश राज और कॉमनवेल्थ के देशों और नाजी और उनके इटली साझेदार के बीच चल रहा था। इस दौरान रूस और अमेरिका इस युद्ध से दूर थे। ब्रिटिश मिलिटरी इंटेलिजेंस के लिए काम करने वाले पीटर फ्लेमिंग नामक शख्स ने ‘सिल्वर’ की नियुक्ति की थी।

किताब में पत्रकार मिहिर बोस ने किया खुलासा

दरअसल, सिल्वर का असली नाम भगत राम तलवार (Bhagat Ram Talwar) था। गौरतलब है कि पीटर फ्लेमिंग के भाई इयान फ्लेमिंग ने ही दूसरे विश्वयुद्ध के दौरान जासूसों की कहानी को देखते हुए मशहूर किरदार ‘जेम्स बॉन्ड’ की रचना की थी। बाद में ही इसे 007 के नाम से जाना गया।

मशहूर लेखक और पत्रकार मिहिर बोस ने अपनी किताब ‘Silver: The Spy Who Fooled the Nazis’ ने रहमत खान उर्फ भगत राम तलवार (Bhagat Ram Talwar) के बारे में खुलासा किया था। बोस ने लिखा है कि युद्ध के दौरान कई जासूस दोहरी भूमिका में थे और अलग-अलग देशों के लिए काम कर रहे थे। लेकिन भगत राम ऐसे जासूस थे जो दावा कर सकते थे कि उन्होंने 5 देशों के लिए काम किया था।

और पढ़ें: जब इंदिरा गांधी ने चौधरी चरण सिंह के पीठ में छुरा घोंपा था

तो प्रश्न ये उठता है कि Bhagat Ram Talwar ने सुभाष चंद्र बोस की सहायता क्यों और किसलिए की थी? कई लोग कहते हैं कि वे कट्टर देशभक्त थे, परंतु भगत के मन की बात तो वही जानें। फरवरी 22, 1941 की बात है।

एक क्लीन शेव शख्स काबुल में इटली दूतावास तक पहुंचता और वहां दरवाजा पर खड़े गार्ड से कहता है वह एक खानसामा है और उसे राजदूत के लिए काम करने को भेजा गया है। वेशभूषा से वह शख्स एकदम अफगान लग रहा था तो गार्डों को कोई शक भी नहीं हुआ।

उसे अंदर जाने दिया गया। राजदूत उसे देखकर खुश तो नहीं हुआ लेकिन उससे पूछा कि उसे किसने भेजा है? उस शख्स ने बताया कि उसे अफगान में एक जर्मन कंपनी सिमंस के हेड हेर थॉमस ने भेजा है। इसपर राजदूत ने पूछा किसलिए?

तब Bhagat Ram Talwar ने कहा कि मुझे नहीं पता, मुझे बस आपको देखने के लिए भेजा गया है। इस जवाब के बाद इटली के राजदूत समझ गए कि ये कोई आम अफगान नहीं है। इसके बाद राजदूत ने वहां बैठे लोगों को जाने के लिए कहा और कहा कि मेरा नाम पीटर क्योरिनी है और मैं इटली का राजदूत हूं। जब शख्स ने राजदूत को बताया कि उसका नाम “रहमत खान” है वह न तो कोई रसोइया है न अफगान है।

बल्कि वह एक भारतीय है और वह सुभाष चंद्र बोस को काबुल लाना चाह रहे हैं। वह इसके लिए इटली की मदद चाह रहे थे। इसके बाद बोस “रहमत खान” की मदद से भारत से भागकर काबुल पहुंच गए। करीब एक महीने काबुल की सड़कों की खाक छानने के बाद इटली के राजदूत की मदद से अफगानिस्तान से निकलकर जर्मनी पहुंच गए। खैर ये तो बात हुई बोस के जर्मनी पहुंचने की लेकिन उस जासूस का क्या हुआ जिसने हिटलर तक को बेवकूफ बना दिया। इसे आगे जानिए।

दरअसल, क्योरिनी से मीटिंग के बाद Bhagat Ram Talwar बहुत मशहूर हो गए थे और दूसरे विश्वयुद्ध के दौरान सबसे महंगे जासूसों में शुमार हो गए थे। 1945 तक उन्होंने इटली, जर्मनी, रूस, जापान और ब्रिटेन के लिए जासूसी की थी। लेकिन असल में वह कम्युनिस्ट पार्टी के प्रति वफादार थे। कुछ महीने तक इटली के लिए काम करने के बाद भगत को जर्मनी भेजा गया था। नाजियों ने उन्हें जासूसी की ट्रेनिंग देकर फिर से काबुल भेज दिया था।

कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ़ इंडिया की मदद की

1941 से 1945 के बीच सिल्वर ने पैदल ही 12 बार काबुल की यात्राएं कीं। जर्मन ने उन्हें काबुल में एक किराए का फ्लैट दिला दिया था। उन्हें ख़ूब पैसे भी दिए गए, जिसका इस्तेमाल भगत ने पैसे की तंगी से जूझ रही कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया की मदद के लिए किया।

और पढ़ें: “चीन की जासूसी की, पिस्तौल लेकर चलते थे, 15 वर्ष हिमालय में घूमते रहे”, स्वामी प्रणवानंद की कहानी

लेकिन दिल से कम्युनिस्ट सिल्वर यानी भगत की इच्छा नाजियों और इटली की मदद की कतई नहीं थी। इसी का लाभ पीटर फ्लेमिंग ने उठाया, और भगत राम तलवार (Bhagat Ram Talwar) लग गए नेताजी के पीठ में “छुरा घोंपने”!

उन्होंने हिटलर और इटली को झूठी जानकारियां देनी शुरू कर दी। उस दौरान इस तरह की जानकारी को चेक करने का कोई तरीका नहीं होता था। इस दौरान सिल्वर एक बार फिर अपने पुराने बॉस फ्लेमिंग से मिलते हैं। उन्हें एक अफगान के मौत की शायद झूठी कहानी सुनाते हैं, जिसपर फ्लेमिंग विश्वास भी कर लेते हैं।

इस यात्रा के दौरान सिल्वर ने अपने जर्मन रहनुमाओं को इस बात के लिए राजी कर लिया कि वह काबुल में रह रहे जापानी अताशे इनोयू से उन्हें मिलवाएं। जापानी अताशे ने भी क्यूरोनी की तरह ही भगत के झूठ को सच मान लिया। इस दौरान जापान भारत पर आक्रमण की योजना बना रहा था। इस दौरान फ्लेमिंग ने सिल्वर को डबल एजेंट बनने के लिए राजी कर लिया था। अब कल्पना कीजिए, यदि हरीकिशन की भांति भगत ने इसी कला का उपयोग देशसेवा में किया होता, तो?

द्वितीय विश्वयुद्ध की समाप्ति के बाद सिल्वर गायब हो गए। इसके बाद जासूसी के दौरान मिले करोड़ों रुपये लेकर वो भारत पहुंच गए। इतना ही नहीं, स्वतंत्र भारत में भी उनकी अच्छी आवभगत हुई। सिल्वर उर्फ भगत का 75 साल की उम्र में 1983 में निधन हो गया।

TFI का समर्थन करें:

सांस्कृतिक राष्ट्रवाद की ‘राइट’ विचारधारा को मजबूती देने के लिए TFI-STORE.COM से बेहतरीन गुणवत्ता के वस्त्र क्रय कर हमारा समर्थन करें।

Tags: Bhagat Ram TalwarJames Bondजासूस भगत राम तलवारभगत राम तलवारभारत के जासूस
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

हिंडनबर्ग की रिपोर्ट के बाद जॉर्ज सोरोस का सक्रिय होना संयोग नहीं है

अगली पोस्ट

राज्याभिषेक में ब्रिटेन की महारानी कैमिला के ताज में नहीं होगा कोहिनूर, कारण जान लीजिए

संबंधित पोस्ट

बी.एन राउ का संविधान निर्माण में बड़ा योगदान है
इतिहास

क्या बेनेगल नरसिंह राउ थे संविधान के असली निर्माता ? इतिहास ने उनके योगदान को क्यों भुला दिया ?

26 November 2025

इतिहास की एक बड़ी विशेषता ये है कि वो नायकों और खलनायकों को परिभाषित करने का जिम्मा आने वाली पीढ़ियों पर छोड़ देता है, और...

26 नवंबर भारतीय संविधान दिवस
इतिहास

संविधान दिवस: भारतीय चिंतन परंपरा की दृष्टि से संविधान 

26 November 2025

भारत में संविधान दिवस  प्रतिवर्ष  26 नवंबर को मनाया जाता है। यह मात्र एक स्मृति-दिवस नहीं, बल्कि उस ऐतिहासिक क्षण का उत्सव है जब 1949...

श्री गुरु तेग बहादुर जी का 350वां शहीदी दिवस: हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सैनी ने निभाई ‘पालकी सेवा’ की रीति
Uncategorized

श्री गुरु तेग बहादुर जी का 350वां शहीदी दिवस: हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सैनी ने निभाई ‘पालकी सेवा’ की रीति

25 November 2025

कुरुक्षेत्र की पवित्र भूमि मंगलवार को एक अद्वितीय आध्यात्मिक भाव से भर उठी, जब श्री गुरु तेग बहादुर जी के 350वें शहीदी दिवस पर राज्य...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

‘Mad Dog’ The EX CIA Who Took Down Pakistan’s A.Q. Khan Nuclear Mafia Reveals Shocking Details

‘Mad Dog’ The EX CIA Who Took Down Pakistan’s A.Q. Khan Nuclear Mafia Reveals Shocking Details

00:06:59

Dhurandar: When a Film’s Reality Shakes the Left’s Comfortable Myths

00:06:56

Tejas Under Fire — The Truth Behind the Crash, the Propaganda, and the Facts

00:07:45

Why Rahul Gandhi’s US Outreach Directs to a Web of Shadow Controversial Islamist Networks?

00:08:04

How Javelin Missiles Will Enhance India’s Anti-Tank Dominance?

00:06:47
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2025 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2025 TFI Media Private Limited