इस चुनाव में बीजेपी की अपनी मजबूत तैयारी के साथ-साथ यह भी कोशिश रही है कि दिल्ली का चुनाव त्रिकोणीय हो...
TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    धार भोजशाला मामले में सुप्रीम कोर्ट का निर्देश

    भोजशाला विवाद पर सुप्रीम कोर्ट का निर्देश, बसंत पंचमी पूजा और जुमे की नमाज के लिए अलग-अलग समय

    भद्रवाह-चंबा मार्ग पर खन्नी टॉप के पास वाहन अनियंत्रित होकर खाई में गिरा

    जम्मू-कश्मीर: डोडा में सेना का वाहन खाई में गिरा, 10 जवानों की मौत, 7 घायल; बचाव अभियान जारी

    बीफ मामले में पति को फंसाने का आरोप, पुलिस ने किया मामला दर्ज

    पति से अलग होने के लिए साजिश :लखनऊ में गिरफ्तार हुई आमीना खातून और उसका प्रेमी

    राज्यपाल गहलोत के भाषण पूरा किए बिना चले जाने के बाद हंगामा हुआ

    कर्नाटक विधानसभा में राज्यपाल गहलोत के भाषण पूरा किए बिना चले जाने के बाद हंगामा हुआ

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    PMAY U 2.0 और आवास फायनेंसियर्स: आसान EMI के साथ अपना घर कैसे बनाए?

    PMAY U 2.0 और आवास फायनेंसियर्स: आसान EMI के साथ अपना घर कैसे बनाए?

    खनन क्षेत्र में बेहतरीन काम के लिए केंद्र सरकार ने धामी सरकार की तारीफ की

    खनन सुधारों में फिर नंबर वन बना उत्तराखंड, बेहतरीन काम के लिए धामी सरकार को केंद्र सरकार से मिली 100 करोड़ रुपये की प्रोत्साहन राशि

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    भद्रवाह-चंबा मार्ग पर खन्नी टॉप के पास वाहन अनियंत्रित होकर खाई में गिरा

    जम्मू-कश्मीर: डोडा में सेना का वाहन खाई में गिरा, 10 जवानों की मौत, 7 घायल; बचाव अभियान जारी

    गणतंत्र दिवस परेड में हाइपरसोनिक हथियार का प्रदर्शन

    गणतंत्र दिवस परेड में भारत का ‘हाइपरसोनिक’ संदेश! किसी के पास क्यों नहीं है DRDO के इस ‘नेवी किलर’ हथियार की काट ?

    सिमरन बाला 26 जनवरी को कर्तव्य पथ पर क्या खास करने वाली है

    पाकिस्तानी गोलाबारी के बीच पली-बढ़ीं, अब गणतंंत्र दिवस परेड में CRPF की पुरुष टुकड़ी का करेंगी नेतृत्व, जानिए कौन हैं जम्मू-कश्मीर का नाम रौशन करने वालीं सिमरन बाला?

    चाबहार बंदरगाह भारत के लिए रणनीतिक रूप से अत्यंत महत्वपूर्ण है

    अमेरिकी दबाव के बीच भारत चाबहार बंदरगाह पर अपनी रणनीतिक मौजूदगी बनाए रखने पर विचार कर रहा

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    कनाडा के बयान ने भारत की स्थिति को किया मजबूत

    आया ऊंट पहाड़ के नीचे: ट्रम्प की दादागीरी से त्रस्त कनाडा अब Order Based World को लेकर भारत के सुर में सुर क्यों मिला रहा है?

    ईरान की आंतरिक उथल-पुथल से आगे, अंतरराष्ट्रीय असर

    ईरान संकट: भारत के लिए स्थिरता ही सही रणनीति

    एक फोन कॉल और बढ़ती नाराज़गी—भारत को लेकर ट्रंप क्यों खफा

    विदेश मंत्रालय का स्पष्ट जवाब: 500% अमेरिकी टैरिफ के बावजूद भारत रूस से तेल खरीदना जारी रखेगा

    ईरान पर ट्रंप का गुस्सा, देश तबाह करने की बात

    ट्रंप की ईरान को खुली धमकी: कहा- पूरा देश तबाह कर देंगे

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    भारतीय संविधान और मौलिक अधिकार

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकार बाहर से नहीं आए, इनकी संकल्पना भारतीय ज्ञान परंपरा में सदियों से मौजूद है

    भारतीय संविधान

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकारों की संकल्पना हमारे लिए नई नहीं है, ये भारतीय ज्ञान परंपरा का अभिन्न हिस्सा है

    औरंगज़ेब ने जोरावर सिंह और फतेह सिंह को दीवार मे ज़िंदा चुनवाने का आदेश दिया था

    वीर बाल दिवस: क्रिसमस-नववर्ष का जश्न तो ठीक है लेकिन वीर साहिबजादों का बलिदान भी स्मरण रहे

    गुरु गोबिंद सिंह जी ने मुगल शासक औरंगज़ेब की अधीनता स्वीकार करने से इंकार कर दिया

    वीर बाल दिवस: उत्सवों के बीच साहिबज़ादों के अमर बलिदान को नमन

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    आतंक के खिलाफ बड़ा कदम: J&K में 5 सरकारी कर्मचारियों की सेवा समाप्त

    जम्मू कश्मीर में 5 सरकारी कर्मचारी सेवा से बर्खास्त , जानें क्यों मनोज सिन्हा ने लिया यह फैसला?

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    शोले फिल्म में पानी की टंकी पर चढ़े धर्मेंद्र

    बॉलीवुड का ही-मैन- जिसने रुलाया भी, हंसाया भी: धर्मेंद्र के सिने सफर की 10 नायाब फिल्में

    नीतीश कुमार

    जेडी(यू) के ख़िलाफ़ एंटी इन्कंबेसी क्यों नहीं होती? बिहार में क्यों X फैक्टर बने हुए हैं नीतीश कुमार?

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    धार भोजशाला मामले में सुप्रीम कोर्ट का निर्देश

    भोजशाला विवाद पर सुप्रीम कोर्ट का निर्देश, बसंत पंचमी पूजा और जुमे की नमाज के लिए अलग-अलग समय

    भद्रवाह-चंबा मार्ग पर खन्नी टॉप के पास वाहन अनियंत्रित होकर खाई में गिरा

    जम्मू-कश्मीर: डोडा में सेना का वाहन खाई में गिरा, 10 जवानों की मौत, 7 घायल; बचाव अभियान जारी

    बीफ मामले में पति को फंसाने का आरोप, पुलिस ने किया मामला दर्ज

    पति से अलग होने के लिए साजिश :लखनऊ में गिरफ्तार हुई आमीना खातून और उसका प्रेमी

    राज्यपाल गहलोत के भाषण पूरा किए बिना चले जाने के बाद हंगामा हुआ

    कर्नाटक विधानसभा में राज्यपाल गहलोत के भाषण पूरा किए बिना चले जाने के बाद हंगामा हुआ

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    PMAY U 2.0 और आवास फायनेंसियर्स: आसान EMI के साथ अपना घर कैसे बनाए?

    PMAY U 2.0 और आवास फायनेंसियर्स: आसान EMI के साथ अपना घर कैसे बनाए?

    खनन क्षेत्र में बेहतरीन काम के लिए केंद्र सरकार ने धामी सरकार की तारीफ की

    खनन सुधारों में फिर नंबर वन बना उत्तराखंड, बेहतरीन काम के लिए धामी सरकार को केंद्र सरकार से मिली 100 करोड़ रुपये की प्रोत्साहन राशि

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    भद्रवाह-चंबा मार्ग पर खन्नी टॉप के पास वाहन अनियंत्रित होकर खाई में गिरा

    जम्मू-कश्मीर: डोडा में सेना का वाहन खाई में गिरा, 10 जवानों की मौत, 7 घायल; बचाव अभियान जारी

    गणतंत्र दिवस परेड में हाइपरसोनिक हथियार का प्रदर्शन

    गणतंत्र दिवस परेड में भारत का ‘हाइपरसोनिक’ संदेश! किसी के पास क्यों नहीं है DRDO के इस ‘नेवी किलर’ हथियार की काट ?

    सिमरन बाला 26 जनवरी को कर्तव्य पथ पर क्या खास करने वाली है

    पाकिस्तानी गोलाबारी के बीच पली-बढ़ीं, अब गणतंंत्र दिवस परेड में CRPF की पुरुष टुकड़ी का करेंगी नेतृत्व, जानिए कौन हैं जम्मू-कश्मीर का नाम रौशन करने वालीं सिमरन बाला?

    चाबहार बंदरगाह भारत के लिए रणनीतिक रूप से अत्यंत महत्वपूर्ण है

    अमेरिकी दबाव के बीच भारत चाबहार बंदरगाह पर अपनी रणनीतिक मौजूदगी बनाए रखने पर विचार कर रहा

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    कनाडा के बयान ने भारत की स्थिति को किया मजबूत

    आया ऊंट पहाड़ के नीचे: ट्रम्प की दादागीरी से त्रस्त कनाडा अब Order Based World को लेकर भारत के सुर में सुर क्यों मिला रहा है?

    ईरान की आंतरिक उथल-पुथल से आगे, अंतरराष्ट्रीय असर

    ईरान संकट: भारत के लिए स्थिरता ही सही रणनीति

    एक फोन कॉल और बढ़ती नाराज़गी—भारत को लेकर ट्रंप क्यों खफा

    विदेश मंत्रालय का स्पष्ट जवाब: 500% अमेरिकी टैरिफ के बावजूद भारत रूस से तेल खरीदना जारी रखेगा

    ईरान पर ट्रंप का गुस्सा, देश तबाह करने की बात

    ट्रंप की ईरान को खुली धमकी: कहा- पूरा देश तबाह कर देंगे

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    भारतीय संविधान और मौलिक अधिकार

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकार बाहर से नहीं आए, इनकी संकल्पना भारतीय ज्ञान परंपरा में सदियों से मौजूद है

    भारतीय संविधान

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकारों की संकल्पना हमारे लिए नई नहीं है, ये भारतीय ज्ञान परंपरा का अभिन्न हिस्सा है

    औरंगज़ेब ने जोरावर सिंह और फतेह सिंह को दीवार मे ज़िंदा चुनवाने का आदेश दिया था

    वीर बाल दिवस: क्रिसमस-नववर्ष का जश्न तो ठीक है लेकिन वीर साहिबजादों का बलिदान भी स्मरण रहे

    गुरु गोबिंद सिंह जी ने मुगल शासक औरंगज़ेब की अधीनता स्वीकार करने से इंकार कर दिया

    वीर बाल दिवस: उत्सवों के बीच साहिबज़ादों के अमर बलिदान को नमन

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    आतंक के खिलाफ बड़ा कदम: J&K में 5 सरकारी कर्मचारियों की सेवा समाप्त

    जम्मू कश्मीर में 5 सरकारी कर्मचारी सेवा से बर्खास्त , जानें क्यों मनोज सिन्हा ने लिया यह फैसला?

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    शोले फिल्म में पानी की टंकी पर चढ़े धर्मेंद्र

    बॉलीवुड का ही-मैन- जिसने रुलाया भी, हंसाया भी: धर्मेंद्र के सिने सफर की 10 नायाब फिल्में

    नीतीश कुमार

    जेडी(यू) के ख़िलाफ़ एंटी इन्कंबेसी क्यों नहीं होती? बिहार में क्यों X फैक्टर बने हुए हैं नीतीश कुमार?

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

क्या दिल्ली जीत सकती है बीजेपी? 5% वोट कैसे तय करने वाले हैं दिल्ली का भविष्य?

इस चुनाव में बीजेपी की अपनी मजबूत तैयारी के साथ-साथ यह भी कोशिश रही है कि दिल्ली का चुनाव त्रिकोणीय हो

Sambhrant Mishra द्वारा Sambhrant Mishra
4 February 2025
in चर्चित, राजनीति
कुछ महीने पहले हुए आम चुनावों में बीजेपी को करीब 54.35 प्रतिशत वोट मिले थे

कुछ महीने पहले हुए आम चुनावों में बीजेपी को करीब 54.35 प्रतिशत वोट मिले थे

Share on FacebookShare on X

दिल्ली में विधानसभा चुनाव के लिए कल (5 फरवरी) वोटिंग होनी है। इस चुनाव में दिल्ली की सत्ता पर कब्जा करने की कोशिश कर रही बीजेपी और अरविंद केजरीवाल की आम आदमी पार्टी (आप) के बीच तगड़ा मुकाबला देखने को मिला है। पिछले लोकसभा चुनाव में दिल्ली में बीजेपी ने सातों सीटें जीती थीं और बीजेपी 25 साल बाद दिल्ली विधानसभा में वापसी की राह तलाश रही है। ऐसे में सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या बीजेपी अपने चुनावी प्रबंधन के दम पर दिल्ली विधानसभा में वापसी कर पाएगी या मुफ्त की रेवड़ी की राजनीति से केजरीवाल एक बार फिर मतदाताओं पर जादू चलाने में कामयाब हो पाएंगे?

मुफ्त की रेवड़ियां के भरोसे पार्टियां

दिल्ली विधानसभा चुनाव इस बार ‘मेरी रेवड़ी बनाम तेरी रेवड़ी’ के बीच सिमटता दिखाई दे रहा है। आम आदमी पार्टी के द्वारा दी जा रही मुफ्त योजनाओं, जैसे मुफ्त बिजली, पानी ने उसे दिल्ली की सत्ता में बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका अदा की है। दूसरी तरफ, बीजेपी ने इन योजनाओं को नए वादों के साथ जारी रखने का आश्वासन दिया है। साथ ही, कांग्रेस ने भी मुफ्त की रेवडियां बांटने का वादा करने में कोई कसर नहीं छोड़ी है। दिल्ली की महिलाओं को हर महीने पैसे देने से लेकर इन पार्टियों ने तमाम चीज़ों के वादे किए हैं। यहां तक कि बीजेपी के बड़े-बड़े नेता भी दिल्ली में चल रहीं मुफ्त की योजनाओं को जारी करने का आश्वासन दिया है।

संबंधितपोस्ट

नितिन नबीन के ताजपोशी में पीएम मोदी ने खुद को बताया कार्यकर्ता , बीजेपी ऑफिस में जश्न का माहौल

मुंबई में बीजेपी की जीत ….जानें क्यों उद्धव और राज ठाकरे हुए पीछे

पीएम मोदी ने टीएमसी पर साधा निशाना, कहा— जेन Z को बीजेपी के विकास मॉडल पर भरोसा**

और लोड करें

AAP-कांग्रेस की लड़ाई से दिल्ली जीतेगी BJP!

इस चुनाव में बीजेपी की अपनी मजबूत तैयारी के साथ-साथ यह भी कोशिश रही है कि दिल्ली का चुनाव त्रिकोणीय हो। चुनाव प्रचार की शुरुआत में धीमी चाल से चल रही कांग्रेस ने चुनाव प्रचार का अंत आते-आते अपनी ताकत झोंक दी थी। राहुल गांधी भी केजरीवाल पर सीधे-सीधे हमला करते नज़र आए। ऐसे शायद कम ही चुनाव हों जिनमें बीजेपी यह उम्मीद करे कि कांग्रेस पूरी ताकत से लड़े और उसे वोट मिलें। क्योंकि बीजेपी की सीधी कैलकुलेशन कहती है कि अगर कांग्रेस 2013 की तरह 20 प्रतिशत से ज्यादा वोट पाने में सफल रही तो फिर आम आदमी पार्टी को सत्ता से हटाया जा सकता है।

दिल्ली में बीजेपी का बढ़ता वोट प्रतिशत

दिल्ली में पिछले कुछ चुनावों में सीटों की संख्या के मामले में बेशक बीजेपी का प्रदर्शन बेहतर ना रहा हो लेकिन उसका वोट बैंक कमोबेश बढ़ा ही है। हालांकि, इस बीच कांग्रेस और बीएसपी जैसी पार्टियों का पूरा वोट आम आदमी पार्टी में शिफ्ट हो गया, इससे बीजेपी और ‘आप’ के बीच अंतर इतना बढ़ गया कि पिछले चुनाव में बीजेपी करीब चालीस प्रतिशत वोट लाने के बाद भी सिर्फ 8 सीट ही जीत सकी थी। 2013 में कांग्रेस को 24.6 प्रतिशत वोट और आठ सीट मिली थीं जबकि बीजेपी को 33 प्रतिशत वोट शेयर के साथ 32 सीटें मिली थीं। वहीं, आम आदमी पार्टी को 29.5 प्रतिशत वोट के साथ 28 सीटें मिली थीं। इन चुनावों में मायावती की बहुजन समाज पार्टी (बीएसपी) को भी करीब 5% वोट मिला था।

2015 के चुनाव में कांग्रेस और बसपा का वोट भी आम आदमी पार्टी में शिफ्ट हो गया और आप सीधा 20 प्रतिशत वोटों की छलाँग लगा कर 54.5 प्रतिशत के आंकड़े तक पहुँच गई। नतीजा ये रहा कि उसे 70 में 67 सीटें हासिल हुईं, हालांकि गौर करने लायक़ बात ये है कि बीजेपी का वोट बैंक तब भी 32.3 प्रतिशत ही रहा। इस चुनाव में कांग्रेस के वोटों में 14 प्रतिशत की कमी आई यानी कांग्रेस पार्टी 23 से 9.7 प्रतिशत तक पहुंच गई। ज़ाहिर है ये 14 प्रतिशत और बीएसपी के 5 प्रतिशत वोट भी आम आदमी पार्टी के खाते में ही जुड़े थे।

2020 के विधानसभा चुनाव में बीजेपी 1 या 2 नहीं बल्कि 6.21 प्रतिशत वोट बढ़ाने में कामयाब रही और इन चुनावों में पार्टी को करीब 38.5 प्रतिशत वोट मिले थे। हालांकि, इन चुनावों में भी बीजेपी को निराशा ही हाथ लगी और उसके खाते में सिर्फ 8 सीटें आईं। इसकी सबसे बड़ी वजह थी कि ‘आप’ ने कांग्रेस के वोट बैंक में सेंध लगा दी थी। कांग्रेस का वोट शेयर 9 प्रतिशत से और घटकर 4 प्रतिशत तक पहुंच गया था। इन चुनावों में कांग्रेस का वोट शेयर 5.44 प्रतिशत गिरा और ‘आप’ की चुनावी जीत पर ज़्यादा फर्क नहीं पड़ा था।

दिल्ली विधानसभा चुनाव और आंकड़ों का खेल

दिल्ली चुनाव में इस बार दो बार की एंटी एन्कंबेंसी और पार्टी नेताओं की भ्रष्टाचार वाली छवि के साथ ‘आप’ मैदान में उतरी है। चुनाव जीतने के लिए इसका कैलकुलेशन थोड़ा अलग है। मौजूदा परिस्थितियों में ‘आप’ के पास 53.57% वोट शेयर के साथ 62 सीटें हैं जबकि बीजेपी के पास 38.51% वोट शेयर हैं और 8 सीटें हैं। वहीं, कांग्रेस के पास 4.26 प्रतिशत वोट हैं लेकिन पार्टी की एक भी सीट नहीं है। दिल्ली में लोअर मिडिल और मिडिल क्लास का एक बड़ा वर्ग यह मानता है कि केजरीवाल की पूरी राजनीति फ्री बी यानी मुफ्त की रेवड़ियों के इर्द गिर्द ही रही और पीने के पानी, प्रदूषण, साफ़ सफ़ाई या दूसरे बुनियादी मुद्दों को लेकर कुछ ख़ास नहीं किया गया है।

पिछले दिनों केंद्रीय बजट में मिडिल क्लास को दी गई टैक्स में बंपर छूट का असर भी दिल्ली के चुनावों पर पड़ना तय है। बीजेपी की सबसे ज़्यादा उम्मीद मिडिल क्लास से हैं और बीजेपी को सबसे ज्यादा उम्मीद इसी क्लास से है। अगर बीजेपी यहां से 5% प्रतिशत वोट और बढ़ाने में कामयाब होती है तो उसके पास करीब 44 प्रतिशत वोट होंगे। इसके अलावा अगर बीजेपी मुफ्त बिजली-पानी, नक़द सम्मान राशि जैसी योजनाओं से महिलाओं के भी कुछ वोट खींच लाती है और ये आंकड़ा 45 प्रतिशत तक भी पहुंच सकता है। इन चुनावों में केजरीवाल को झुग्गी झोपड़ियों के वोटरों की तरफ से भी बड़ा झटका लग सकता है। ऐसे में अगर बीजेपी 5 से 6 प्रतिशत वोट ज्यादा लाती है और केजरीवाल के वोट इतने ही घट जाते हैं, तो बीजेपी के पास होंगे 44-45 प्रतिशत वोट और आम आदमी पार्टी के पास 46-47 प्रतिशत वोट लेकिन यहीं पर कांग्रेस का रोल आता है।

बीजेपी के चुनाव जीतने का फॉर्मूला क्या है?

कांग्रेस इस समय में मुस्लिम मतदाताओं के बीच सकारात्मक छवि के चलते अपने वोट बैंक में बढ़ोतरी करने की स्थिति में नज़र आ रही है। दिल्ली में करीब 13 फीसदी मुस्लिम मतदाता है और 22 सीटों पर मुस्लिम मतदाता प्रभावी हैं। इसमें भी 5 से 8 सीटें ऐसी हैं, जहां मुस्लिम मतदाता ही हार जीत का फैसला तय करते हैं। सीलमपुर, मुस्तफाबाद, मटिया महल, बल्लीमारान और ओखला जैसी सीटों से मुस्लिम उम्मीदवार ही चुनाव जीतते रहे हैं। और पिछले दो चुनावों में मुस्लिम मतदाता पूरी तरह से आम आदमी पार्टी के साथ रहे हैं और कांग्रेस की ज़्यादातर मुस्लिम बहुल सीटों में ज़मानत तक नहीं बची थी।

मुस्लिम वोटरों को लेकर सामान्य धारणा ये है कि वो बीजेपी को हराने के लिए वोटिंग करते हैं। दिल्ली में ‘आप’ की नज़रों में कांग्रेस न तीन में है न तेरह में, ऐसे में आम आदमी पार्टी का कैलकुलेशन यह है कि मुस्लिम वोटर मजबूरी में ‘आप’ को ही वोट करेंगे। शायद यही वजह रही है कि केजरीवाल इस बार मुस्लिम बहुल सीटों पर प्रचार के लिए भी नहीं पहुंचे है जिससे बीजेपी को ध्रुवीकरण का मौका ना मिले। ग्राउंड रिपोर्ट्स की मानें तो इस बार मुस्लिम वोटर्स ‘आप’ और कांग्रेस को लेकर असमंजस में हैं।साथ ही, ओखला और मटियामहल जैसी सीट पर असदुद्दीन ओवैसी की AIMIM भी मैदान में है। ऐसे में अगर यहां थोड़ा भी वोट बंटा, तो बीजेपी का चुनाव जीतना काफी आसान हो सकता है।

‘आप’ को टक्कर देने के लिए बीजेपी के पास मौजूद दो मजबूत विकल्पों में पहला तो ये कि कांग्रेस कम से कम 10 प्रतिशत वोट हासिल करे और दूसरा ये कि बीजेपी अपने दम पर 50 प्रतिशत से ज्यादा वोट लाए यानी क़रीब 10-11 प्रतिशत ज्यादा वैसे बीजेपी के लिए ये आंकड़ा असंभव तो बिल्कुल नहीं है। क्योंकि अगर लोकसभा चुनावों के आंकड़ों से इसकी तुलना करें तो पता चलता है कि कुछ महीने पहले हुए आम चुनावों में बीजेपी को करीब 54.35 प्रतिशत वोट मिले थे और ये वो लोग हैं जो बीजेपी के वोटर तो रहे ही हैं। बस विधानसभा और लोकसभा को लेकर उनकी प्राथमिकताएं बदलती रही हैं और अगर ऐसा हुआ तो बीजेपी के लिए दिल्ली फ़तह का सपना साकार हो सकता है।

स्रोत: दिल्ली, विधानसभा चुनाव, आप, बीजेपी, कांग्रेस, नरेंद्र मोदी, अरविंद केजरीवाल, राहुल गांधी, Delhi, Assembly Elections, AAP, BJP, Congress, Narendra Modi, Arvind Kejriwal, Rahul Gandhi
Tags: AAPArvind KejriwalAssembly ElectionsBJPCongressDelhiNarendra ModiRahul Gandhiअरविंद केजरीवालआपकांग्रेसदिल्लीनरेंद्र मोदीबीजेपीराहुल गाँधीविधानसभा चुनाव
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

‘खुदा पानी में नहीं है’… फिर मक्का का आब-ए-ज़मज़म क्या है फारूक अब्दुल्ला जी? महाकुंभ में आपको किसी ने नहीं बुलाया

अगली पोस्ट

दिल्ली CM आतिशी का PA ₹5 लाख कैश के साथ गिरफ्तार, केजरीवाल के खिलाफ भी दर्ज हुई FIR

संबंधित पोस्ट

धार भोजशाला मामले में सुप्रीम कोर्ट का निर्देश
भारत

भोजशाला विवाद पर सुप्रीम कोर्ट का निर्देश, बसंत पंचमी पूजा और जुमे की नमाज के लिए अलग-अलग समय

22 January 2026

भोजशाला को लेकर लंबे समय से चल रहे विवाद पर अब सुप्रीम कोर्ट का फैसला सामने आ गया है। अदालत ने बसंत पंचमी और जुमे...

भद्रवाह-चंबा मार्ग पर खन्नी टॉप के पास वाहन अनियंत्रित होकर खाई में गिरा
चर्चित

जम्मू-कश्मीर: डोडा में सेना का वाहन खाई में गिरा, 10 जवानों की मौत, 7 घायल; बचाव अभियान जारी

22 January 2026

जम्मू-कश्मीर के डोडा जिले में गुरुवार को एक बेहद दर्दनाक सड़क हादसा हुआ, जिसमें भारतीय सेना के 10 जवानों की मौत हो गई, जबकि 11...

बीफ मामले में पति को फंसाने का आरोप, पुलिस ने किया मामला दर्ज
चर्चित

पति से अलग होने के लिए साजिश :लखनऊ में गिरफ्तार हुई आमीना खातून और उसका प्रेमी

22 January 2026

उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ से एक चौंका देने वाली और दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है, जिसमें आमीना खातून नाम की एक...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

Republic Day Shock: India’s Hypersonic Warning to the World| DRDO | HGV | Indian Army

Republic Day Shock: India’s Hypersonic Warning to the World| DRDO | HGV | Indian Army

00:05:24

French Media Exposes Pakistan and China on the Rafale lost

00:04:36

An Quiet Dialogue Between Nature and the City|Ft. Shashi Tripathi | Art| Indian Navy

00:03:24

Ramjet-Powered Shell: A Potential Game Changer for Indian Artillery| IIT Madra

00:06:25

Trump makes false apache deal claims, runs down India US relations

00:05:44
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited