TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    देहरादून में CM धामी ने देखी ‘द केरला स्टोरी 2’, UCC और धर्मांतरण कानून पर दिया बड़ा बयान

    देहरादून में CM धामी ने देखी ‘द केरला स्टोरी 2’, UCC और धर्मांतरण कानून पर दिया बड़ा बयान

    उदयनिधि स्टालिन ने द्रविड़ विचारधारा को ईसाई और इस्लाम धर्म के समान बताया

    उदयनिधि स्टालिन ने द्रविड़ विचारधारा को ईसाई और इस्लाम धर्म के समान बताया

    काबुल अस्पताल पर पाकिस्तानी हमला

    काबुल अस्पताल पर पाकिस्तानी हमला: रमज़ान में मुसलमानों की हत्या पाकिस्तान के लिए नई बात नहीं

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    The Silent Rise of India’s Comparison Economy

    The Silent Rise of India’s Comparison Economy

    देहरादून में हाई-स्टेक्स MSME समिट का आयोजन, उत्तराखंड ने औद्योगिक गति को बढ़ाने पर दिया जोर

    देहरादून में हाई-स्टेक्स MSME समिट का आयोजन, उत्तराखंड ने औद्योगिक गति को बढ़ाने पर दिया जोर

    एलपीजी गैस संकट हुआ खत्म

    एलपीजी की कीमतों में ₹60 की बढ़ोतरी, रसोई गैस महंगी होने से घरों पर पड़ेगा असर

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    “ईरान-अमेरिका तनाव के बीच भारत अलर्ट, दो ‘ब्रह्मास्त्र’ तैनात, मिसाइल और ड्रोन के लिए बनेंगे काल”

    “ईरान-अमेरिका तनाव के बीच भारत अलर्ट, दो ‘ब्रह्मास्त्र’ तैनात, मिसाइल और ड्रोन के लिए बनेंगे काल”

    बिपिन रावत

    ‘इंटीग्रेटेड थिएटर कमांड’: जनरल बिपिन रावत का सेना को लेकर देखा गया स्वप्न फ़िलहाल अधूरा ज़रूर है, लेकिन उसने सैन्य सुधार की एक मज़बूत नींव रख दी है

    Indian navy in hormuz and trump

    होर्मुज़ संकट: इधर ट्रम्प चीन से मदद मांग रहे हैं, उधर इंडियन नेवी ‘शिवालिक’ और ‘नंदा’ को साथ लेकर भारत लौट रही है

    भारत की रक्षा में महिलाओं की मजबूत भूमिका

    नारी शक्ति: भारत की रक्षा में महिलाओं की मजबूत भूमिका, सशस्त्र बलों में भी बढ़ी भागीदारी

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    एक गलती और अमेरिकी फिटनेस ऐप ने फ्रांसीसी विमानवाहक पोत की लोकेशन उजागर कर दी।

    एक गलती और अमेरिकी फिटनेस ऐप ने फ्रांसीसी विमानवाहक पोत की लोकेशन उजागर कर दी।

    इजरायल का ‘धुरंधर-2’ अंदाज़ : ईरान-लेबनान के बाद सीरिया में तेज़ हमले

    इजरायल का ‘धुरंधर-2’ अंदाज़ : ईरान-लेबनान के बाद सीरिया में तेज़ हमले

    ईरान संकट के बीच ट्रंप का बड़ा कदम: क्यों हटाई 100 साल पुरानी जोन्स एक्ट की पाबंदी?

    ईरान संकट के बीच ट्रंप का बड़ा कदम: क्यों हटाई 100 साल पुरानी जोन्स एक्ट की पाबंदी?

    चीन ने ताइवान के खिलाफ एंटी-सेसेशन कानून पारित कर अलगाववाद रोकने की दी चेतावनी

    14 मार्च 2005 को चीन ने ताइवान के खिलाफ एंटी-सेसेशन कानून पारित कर अलगाववाद रोकने की दी चेतावनी

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    इंक़लाब भगत सिंह

    क्रांति की अपनी एक अलग परिभाषा थी भगत सिंह की

    Shahidi Diwas

    भगत सिंह के जीवन के अंतिम 12 घंटों की वो कहानी, जो रोंगटे खड़े कर देती है

    22 मार्च को भगत सिंह ने अपने साथियों को पत्र लिखा था

    ‘मैं एक शर्त पर ज़िंदा रह सकता हूं…’: अपने आखिरी पत्र में भगत सिंह ने साथियों से क्या कहा?

    21 मार्च: हिटलर को मारने की नाकाम आत्मघाती साज़िश, सिर्फ 2 मिनट का अंतर और पाँच करोड़ लोगों की जिन्दगियों का खात्मा

    21 मार्च: हिटलर को मारने की नाकाम आत्मघाती साज़िश, सिर्फ 2 मिनट का अंतर और पाँच करोड़ लोगों की जिन्दगियों का खात्मा

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    Crazy Time Game tricks: What Really Works and What Doesn’t

    Crazy Time Game tricks: What Really Works and What Doesn’t

    Exploring Mostbet in Nepal – Making the Most of Bonuses and Taking Your Betting to the Next Level

    Exploring Mostbet in Nepal – Making the Most of Bonuses and Taking Your Betting to the Next Level

    सुनील गावस्कर का सनग्रुप से तीखा सवाल

    सुनील गावस्कर का काव्या मारन की टीम से सीधा तीखा सवाल…कहां भारतीयों के खून का पैसा बर्बाद न करें

    पाकिस्तान के जिस प्लेयर ने उड़ाया था भारतीय सेना का मज़ाक, उसे ख़रीद विवादों में घिरी सनराइजर्स की मालकिन काव्या मारन

    पाकिस्तान के जिस प्लेयर ने उड़ाया था भारतीय सेना का मज़ाक, उसे ख़रीद विवादों में घिरी सनराइजर्स की मालकिन काव्या मारन

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    देहरादून में CM धामी ने देखी ‘द केरला स्टोरी 2’, UCC और धर्मांतरण कानून पर दिया बड़ा बयान

    देहरादून में CM धामी ने देखी ‘द केरला स्टोरी 2’, UCC और धर्मांतरण कानून पर दिया बड़ा बयान

    उदयनिधि स्टालिन ने द्रविड़ विचारधारा को ईसाई और इस्लाम धर्म के समान बताया

    उदयनिधि स्टालिन ने द्रविड़ विचारधारा को ईसाई और इस्लाम धर्म के समान बताया

    काबुल अस्पताल पर पाकिस्तानी हमला

    काबुल अस्पताल पर पाकिस्तानी हमला: रमज़ान में मुसलमानों की हत्या पाकिस्तान के लिए नई बात नहीं

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    The Silent Rise of India’s Comparison Economy

    The Silent Rise of India’s Comparison Economy

    देहरादून में हाई-स्टेक्स MSME समिट का आयोजन, उत्तराखंड ने औद्योगिक गति को बढ़ाने पर दिया जोर

    देहरादून में हाई-स्टेक्स MSME समिट का आयोजन, उत्तराखंड ने औद्योगिक गति को बढ़ाने पर दिया जोर

    एलपीजी गैस संकट हुआ खत्म

    एलपीजी की कीमतों में ₹60 की बढ़ोतरी, रसोई गैस महंगी होने से घरों पर पड़ेगा असर

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    “ईरान-अमेरिका तनाव के बीच भारत अलर्ट, दो ‘ब्रह्मास्त्र’ तैनात, मिसाइल और ड्रोन के लिए बनेंगे काल”

    “ईरान-अमेरिका तनाव के बीच भारत अलर्ट, दो ‘ब्रह्मास्त्र’ तैनात, मिसाइल और ड्रोन के लिए बनेंगे काल”

    बिपिन रावत

    ‘इंटीग्रेटेड थिएटर कमांड’: जनरल बिपिन रावत का सेना को लेकर देखा गया स्वप्न फ़िलहाल अधूरा ज़रूर है, लेकिन उसने सैन्य सुधार की एक मज़बूत नींव रख दी है

    Indian navy in hormuz and trump

    होर्मुज़ संकट: इधर ट्रम्प चीन से मदद मांग रहे हैं, उधर इंडियन नेवी ‘शिवालिक’ और ‘नंदा’ को साथ लेकर भारत लौट रही है

    भारत की रक्षा में महिलाओं की मजबूत भूमिका

    नारी शक्ति: भारत की रक्षा में महिलाओं की मजबूत भूमिका, सशस्त्र बलों में भी बढ़ी भागीदारी

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    एक गलती और अमेरिकी फिटनेस ऐप ने फ्रांसीसी विमानवाहक पोत की लोकेशन उजागर कर दी।

    एक गलती और अमेरिकी फिटनेस ऐप ने फ्रांसीसी विमानवाहक पोत की लोकेशन उजागर कर दी।

    इजरायल का ‘धुरंधर-2’ अंदाज़ : ईरान-लेबनान के बाद सीरिया में तेज़ हमले

    इजरायल का ‘धुरंधर-2’ अंदाज़ : ईरान-लेबनान के बाद सीरिया में तेज़ हमले

    ईरान संकट के बीच ट्रंप का बड़ा कदम: क्यों हटाई 100 साल पुरानी जोन्स एक्ट की पाबंदी?

    ईरान संकट के बीच ट्रंप का बड़ा कदम: क्यों हटाई 100 साल पुरानी जोन्स एक्ट की पाबंदी?

    चीन ने ताइवान के खिलाफ एंटी-सेसेशन कानून पारित कर अलगाववाद रोकने की दी चेतावनी

    14 मार्च 2005 को चीन ने ताइवान के खिलाफ एंटी-सेसेशन कानून पारित कर अलगाववाद रोकने की दी चेतावनी

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    इंक़लाब भगत सिंह

    क्रांति की अपनी एक अलग परिभाषा थी भगत सिंह की

    Shahidi Diwas

    भगत सिंह के जीवन के अंतिम 12 घंटों की वो कहानी, जो रोंगटे खड़े कर देती है

    22 मार्च को भगत सिंह ने अपने साथियों को पत्र लिखा था

    ‘मैं एक शर्त पर ज़िंदा रह सकता हूं…’: अपने आखिरी पत्र में भगत सिंह ने साथियों से क्या कहा?

    21 मार्च: हिटलर को मारने की नाकाम आत्मघाती साज़िश, सिर्फ 2 मिनट का अंतर और पाँच करोड़ लोगों की जिन्दगियों का खात्मा

    21 मार्च: हिटलर को मारने की नाकाम आत्मघाती साज़िश, सिर्फ 2 मिनट का अंतर और पाँच करोड़ लोगों की जिन्दगियों का खात्मा

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    Crazy Time Game tricks: What Really Works and What Doesn’t

    Crazy Time Game tricks: What Really Works and What Doesn’t

    Exploring Mostbet in Nepal – Making the Most of Bonuses and Taking Your Betting to the Next Level

    Exploring Mostbet in Nepal – Making the Most of Bonuses and Taking Your Betting to the Next Level

    सुनील गावस्कर का सनग्रुप से तीखा सवाल

    सुनील गावस्कर का काव्या मारन की टीम से सीधा तीखा सवाल…कहां भारतीयों के खून का पैसा बर्बाद न करें

    पाकिस्तान के जिस प्लेयर ने उड़ाया था भारतीय सेना का मज़ाक, उसे ख़रीद विवादों में घिरी सनराइजर्स की मालकिन काव्या मारन

    पाकिस्तान के जिस प्लेयर ने उड़ाया था भारतीय सेना का मज़ाक, उसे ख़रीद विवादों में घिरी सनराइजर्स की मालकिन काव्या मारन

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

याद है वो वीर कन्या,जिसने एक हिन्दू ‘बलात्कारी’ स्वामी के गुप्तांग काटे थे?सच तो कुछ और ही निकला

Marmik Shah द्वारा Marmik Shah
27 June 2017
in मत
स्वामी गुप्तांग कट

Image Courtesy: AsianetNewsTable

Share on FacebookShare on X

याद है वो घटना, जिसे मई 2017 में बड़े बड़े मीडिया संगठनों ने बड़े चाव से प्रकाशित किया था, जिसमें एक ‘बलात्कारी स्वामी’ के गुप्तांग को एक साहसी महिला ने काट दिया था? अब उसमें एक नया मोड आया है, जिससे पूरी कहानी ही पलट गयी है।

जिस घटना का हिन्दू विरोधी मीडिया ने राई का पहाड़ बना दिया, बिना किसी तथ्य को सुनिश्चित किए ही लोगों को परोस दिया गया। शीर्षक तो और भड़काऊ थे:-

संबंधितपोस्ट

कोई सामग्री उपलब्ध नहीं है
और लोड करें

“केरल की कानून की विद्यार्थी ने काटे एक स्वामी के गुप्तांग ” – NDTV

“बलात्कार से थकी केरल की महिला ने लगभग काट दिया एक स्वामी का गुप्तांग’ – The Indian Express

“चौव्वन वर्षीय बलात्कारी साधू के गुप्तांग काटे एक कन्या ने” – Business-standard.com

ऊपर सिर्फ इन वाहियाद अर्धसत्यों की एक झलकी है, जिसे स्थापित मीडिया गृहों ने फैलाया, और हम द क्विंट, स्क्रोल.इन जैसे नमूनों के गोबर समान लेखों को छू भी नहीं रहे हैं।

ये लेख 20 मई 2017 को सामने आए, और इनहोने आते ही सोशल मीडिया में आँधी मचा दी। इन संगठनों द्वारा फैलाये गए कृत्रिम विचारधारा ने इस बात को सुनिश्चित किया की लोग सिर्फ दो मुद्दों पर बहस करें:-

  1. एक युवा लड़की ने एक आदमी के गुप्तांग काट दिये, जिसने कथित रूप से उसका बलात्कार किया – यह विचारधारा अति नारीवादी सेनाओं को काफी सूट करती।
  2. एक वीर लड़की ने एक ‘स्वामी’ के गुप्तांग काट दिये, जिसने उसका बलात्कार करने की कोशिश की थी – यह विचार वामपंथी, साम्यवाद समर्थक, एवं भारतीय नास्तिकों के लिए उपयुक्त था।

इससे ज़्यादा अपमानजनक बात क्या हो सकती है की खुद केरल के मुख्यमंत्री इस मुद्दे पर मीडिया से मुखातिब भी हुये, और इसपर वाहवाही लूटने की कोशिश भी की। कम्यूनिज़्म के डूबते जहाज के कप्तान पिनाराई विजयन से जब इस मुद्दे पर पूछा गया, तो वो खिलखिलाकर बोले, ‘और क्या एक्शन चाहिए?’ ये बयान न सिर्फ लड़की के लिए अपमानजनक था [जो तब पीड़ित थी], बल्कि उस स्वामी के लिए भी , जिसे बिना उचित जांच पड़ताल के एक राज्य के मुख्यमंत्री ने दोषी और बलात्कारी करार दे दिया। ऐसे वीरता की प्रशंसा करना, बिना तथ्यों को सामने रखे, ही ऐसी समस्याओं को जन्म देता है।

निस्संदेह, यही आसाराम के केस की तरह यदि लड़की के साथ वाकई में उस कथित स्वामी ने दुष्कर्म किया था, तो वो इस सज़ा का हकदार था। पर इसी उद्देश्य से अगर भारतीय मीडिया पर दृष्टि डाले, तो उनका मुख्य लक्ष्य है : ‘एजेंडा ऊंचा रहे हमारा’ , अर्थात इनकी कभी न खत्म होने वाली अनगिनत झूठ प्रचार प्रसारित करने की भूख, जिनका मुख्य उद्देश्य है आबादी के बहुमत की आस्था का अपमान करना। इस बार भी एक ऐसे ही आपराधिक घटना को सांप्रदायिक रंग देने का प्रयास किया गया है, जिसका परिणाम साफ है : इस घटना की परतें खोली जानी अभी बाकी है।

पहले इस कहानी में यह था की वीर लड़की ने उस स्वामी के गुप्तांग काट दिये, जिसने उसका कई साल तक बलात्कार किया। पर नए मोड़ में उसी ‘वीर’ लड़की ने कहा की उससे ये बयान ज़बरदस्ती दिलवाए गए हैं। हैं? मतलब उस स्वामी के साथ जो कुछ भी हुआ, वो महज एक जहरीले एजेंडा को हवा देने के लिए था?

स्वामी के डिफेंस में लड़ रहे अधिवक्ता को लिखे एक पत्र में लड़की ने कुबूल किया, ‘मेरे खिलाफ स्वामीजी ने कोई यौन शोषण नहीं किया है। न उस वक़्त, जब मैं नाबालिग थी, और न ही उस वक़्त, जब मैं 18 की हो गयी थी। स्वामी जी पर लगाए गए आरोप झूठ है, और पुलिस के लोगों द्वारा डाले गए है।“ इसी चिट्ठी में लड़की ने ये भी कहा है की इसी स्वामी ने इन्हे कानून की पढ़ाई करने को प्रेरित भी किया था?

लड़की ने ये भी कहा है की ये सारा खेल अय्यपादास नाम के एक आदमी ने रचा था, जिनहोने उसे इस स्वामी के खिलाफ खड़ा कर दिया था, यह बरगलाते हुये की गंगेशनन्द तीर्थपदा उर्फ हरी स्वामी [यानि की उक्त स्वामी जी] उसके माँ बाप से पैसे लूट रहा था, वो भी उसके पिता से उसके वेतन प्रमाण पत्र लेकर, और फिर ये भी बताया की यह अय्यपादास ही थे जिनहोने स्वामी जी के गुप्तांग काटने के लिए उसे चॉपर पकड़ाया था।

अब ये तो साफ नहीं है की वो लड़की तब झूठ बोल रही थी की अब, पर ये साफ है इन तथ्यों से की यह अब खोलकर बंद करने वाला केस बिलकुल नहीं है। इस केस की दोबारा से जांच होनी चाहिए और दोनों पक्षों को बराबरी से अपनी बात रखने का मौका देना चाहिए [अगर वाकई में दूसरा पक्ष बना है तो]

इस चिट्ठी के सामने लाने के बावजूद स्वामी जी को जमानत देने से मना कर दिया है। अभियोगी वकीलों ने हालांकि लड़की की ब्रेन मैपिंग और पोलीग्राफ टेस्ट की रजामंदी ज़रूर दी है, पर नोटिस के बाद अभी भी उसके रजामंदी की कोर्ट प्रतीक्षा कर रहा है।

अगर स्वामी निर्दोष साबित होते है, तो हिन्दू संतों को जानबूझकर बेइज़्ज़त करने के इस नापाक इरादे को धूमिल करना अवश्यंभावी है। इसी से इन मीडिया वालों की रोज़ी रोटी चलती है, अधपके झूठ को सच में मिलाकर लोगों को परोसके यह अपने आप को 21वीं सदी के भारत के तारणहार समझते हैं। वक़्त आ गया है की इनके इस एजेंडा से हम सभी परिचित हो, और इस एजेंडा का जड़ से सर्वनाश करें।

ध्यान रखिए: यह लेख सिर्फ और सिर्फ दिये गए तथ्यों और स्त्रोत के लिंक के आधार पर लिखा गया है। न हम यहाँ लड़की की बेइज्जती कर रहे हैं, और न ही हम स्वामी की रक्षा कर रहे है। सिर्फ वामपंथी मीडिया के झूठ का पर्दाफाश कर, इनके हिन्दू धर्म और हिंदुओं के खिलाफ विषैली सोच को सामने लाना और सच दिखाना हमारा लेख लिखने का एकमात्र मक़सद है।

अगर ये ईमानदारी से लेख लिखते, ‘तो स्वामी के गुप्तांग कट गए’ और ‘बलात्कारी स्वामी’ जैसी उपमाएँ देकर ये तथ्यों से मुंह न मोड़ते।

10 जनपथ और लुटयेंस दिल्ली में बैठे अपने आकाओं को खुश करने के लिए ये पत्रकार किस हद तक जा रहे हैं, और हमारी संप्रभुता के लिए ये किस प्रकार का खतरा बन रहे हैं, ये इन्हे अभी नहीं, पर बाद में अवश्य पता चलेगा, जब इनके कर्मों का लेखा जोखा लेकर जनता इन्ही से इनके पापों का हिसाब मांगेगी।

Tags: हिन्दू स्वामी
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

इन्दु सरकार के खिलाफ काँग्रेस का आधिकारिक बयान आया है, जो काँग्रेस के अस्तित्व की तरह ही एक चुटकुला है

अगली पोस्ट

इज़राइल के पीएम का पीएम मोदी के नाम सन्देश पढ़ कर आप गर्व से भर जायेंगे

संबंधित पोस्ट

‘POJK संकल्प दिवस’: 22 फरवरी 1994 का संसदीय संकल्प और भारत का राष्ट्रीय दायित्व
भारत

‘POJK संकल्प दिवस’: 22 फरवरी 1994 का संसदीय संकल्प और भारत का राष्ट्रीय दायित्व

22 February 2026

भारत के राष्ट्रीय जीवन में कुछ तिथियाँ केवल कैलेंडर की सामान्य तिथियाँ नहीं है, बल्कि वे राष्ट्र की चेतना, उसके संकल्प और उसके ऐतिहासिक दायित्व...

बांग्लादेश
चर्चित

हिंदू दीपू दास की इस्लामी भीड़ के हाथों बर्बर हत्या उस्मान हादी हत्याकांड का ‘साइड इफेक्ट’ नहीं है, ये मजहबी कट्टरता को आत्मसात कर चुके बांग्लादेश का नया सच है

20 December 2025

बांग्लादेश इस समय गहरी अस्थिरता से गुज़र रहा है। दुर्भाग्य से ये अस्थिरता सिर्फ राजनैतिक नहीं है, ये नैतिक और सामाजिक भी है। अलग भाषाई...

ऑपरेशन सिंदूर 2:0
मत

दिल्ली धमाका और PoK के नेता का कबूलनामा: क्या भारत के लिए ‘ऑपरेशन सिंदूर 2.0’ का समय आ गया है?

21 November 2025

पाकिस्तान एक आतंकी मुल्क है और इसमें शायद ही किसी को कोई संशय हो, ख़ुद पाकिस्तान के मित्र भी न सिर्फ इसे अच्छी तरह जानते...

और लोड करें

टिप्पणियाँ 3

  1. Krunal says:
    9 years पहले

    Asaram Bapu ke khilaf jab kuchh court me prove nahi hua hai to kis basis pe aap ye Zuth faila sakte ho ki ladki se sath Sahi me durvyavahar hua hai? Hindu Virodhi media aur is website me farak hi kaha raha ? Ya Lekhak ki Asaram bapu se koi personal ya aur koi dushmani hai? Sharam aati hai aise Hinduo pe jo media k bato ko sach manke apne santo ki ninda khud karte hai. Inse to dusre dharma wale lakh Guna achche hai

    Reply
  2. Krunal says:
    9 years पहले

    Jis media ne aise kai cases me Hinduo aur Hindu santo ke khilaf zutha zahar ugla hai us media k baat man kar Asaram Bapu jaise bujurga sant ka apman kis samazdar Hindu ko Shobha deta hai ? Pata karo Asaram Bapu ne Hinduo k liye aur Dharma Parivartan k khilaf kya kya kiya hai. Uska 1 % bhi khud kar pao to aise sant k bare me Bolne ki Himmat karna.

    Reply
  3. इति says:
    9 years पहले

    “अगर स्वामी निर्दोष साबित होते है, तो हिन्दू संतों को जानबूझकर बेइज़्ज़त करने के इस नापाक इरादे को धूमिल करना अवश्यंभावी है।”
    आपकी उपर्युक्त पंक्ति से स्पष्ट हो रहा है कि आपका लेख सिर्फ कट्टर हिंदुत्ववादी सोच से प्रेरित है… आप सत्य जानने के इच्छुक नहीं हैं… और इस बात को आँख बंद करके मानना चाहते हैं कि वो लड़की ही दोषी है। इस लेख में इस बात पर विचार ही नहीं किया गया कि आखिर पीड़िता क्यों केवल अभियुक्त के वकील को ही पत्र लिखेगी न कि किसी अधिकारी या जज को?
    एक औरत होना इस दुनिया में इतना आसान नहीं है लेखक महोदय। सबसे ज्यादा खराब बात इस लेख में यह है कि बलात्कार जैसा विषय होने पर भी लेखक ने लड़की के प्रति मानवीय दृष्टिकोण नहीं रखा, ” वो पहले झूठ बोल रही थी या अब” पढ़ काफी बुरा लगा।
    यह तो हुआ इस विषय का एक पक्ष, दूसरा पक्ष ये है कि एक हिंदू महिला होते हुए मैं बहुत से मंदिरों में गई हूँ इसलिए साधुओं की सच्चाई और अच्छाई पता है(कई मन्दिरों के अंधेरे में हुए काले कारनामे सिर्फ़ महिलाओं के बीच में ही रह जाते हैं, इसी डर से कि लोग झूठा समझेंगे)…. सब साधू एक से नहीं होते हालांकि। अच्छाई और बुराई हर जगह सम्भव है, हमें चाहिए कि हम अपने धर्म को, जो कि पहले से ही इतना अच्छा है, उसे एक आदर्श धर्म बनाएं ताकि दुनिया भर के लोग हमसे जुड़ना चाहें… और इसके लिए हमें सबसे पहले हमारे धर्म को बदनामी देने वाले इन साधुओं से बहुत आगे बढ़ाना होगा। और ऐसे मसलों पर दोनों पक्षों को ध्यान में रखना जरूरी है।

    Reply

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

Ethanol, EVs and Solar- How India’s Energy Game Is Changing | Modi on LPG & Crude Oil | war| Hormuz

Ethanol, EVs and Solar- How India’s Energy Game Is Changing | Modi on LPG & Crude Oil | war| Hormuz

00:05:21

Truth of IRIS Dena: 8 Days That Changed Narrative | War zone Reality, Not an Indian Navy Exercise

00:08:02

300 Million Euros for SCALP: Strategic Necessity or Costly Dependency on France300

00:04:06

Tejas Mk1A: 19th aircraft coupled but Not Delivered: What Is Holding Back the IAF Induction?

00:07:21

Agni-3 Launch Decoded: Why Test an Active Nuclear Missile That’s Already Deployed?

00:05:05
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited