TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    पाकिस्तान की राजनीति में सैन्य प्रभाव का बदला हुआ

    PTI के खिलाफ रणनीति: पाकिस्तान में राजनीतिक नियंत्रण का बदला हुआ चेहरा

    अजय सिंघल बने हरियाणा के नए डीजीपी

    नए साल की पूर्व संध्या पर अजय सिंघल बने हरियाणा के नए डीजीपी

    चीनी पक्ष अमेरिका के नक्शे कदम पर चल रहा है

    नई दिल्ली ने खारिज किया चीन का दावा, बताया ‘बिज़ार’ और राजनीति से प्रेरित

    खालिदा जिया के निधन से शोक में बांग्लादेश

    बांग्लादेश की राजनीति में युग का अंत: खालिदा जिया के निधन पर शेख हसीना ने जताया दुख

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    खनन क्षेत्र में बेहतरीन काम के लिए केंद्र सरकार ने धामी सरकार की तारीफ की

    खनन सुधारों में फिर नंबर वन बना उत्तराखंड, बेहतरीन काम के लिए धामी सरकार को केंद्र सरकार से मिली 100 करोड़ रुपये की प्रोत्साहन राशि

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    हमसे दुश्मनी महंगी पड़ेगी: भारत की सतर्कता और बांग्लादेश की गलती, जानें बांग्लादेश की अर्थव्यवस्था पर कैसे पड़ रही चोट

    हमसे दुश्मनी महंगी पड़ेगी: भारत की सतर्कता और बांग्लादेश की गलती, जानें बांग्लादेश की अर्थव्यवस्था पर कैसे पड़ रही चोट

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    डॉ. जयतीर्थ आर. जोशी को ब्रह्मोस एयरोस्पेस का महानिदेशक नियुक्त किया था

    ब्रह्मोस एयरोस्पेस के DG & CEO की नियुक्ति रद्द,  ट्रिब्यूनल ने DRDO की चयन प्रक्रिया को बताया मनमाना

    16 दिसंबर को पाकिस्तान के पूर्वी मोर्चे के कमांडर जनरल ए के नियाजी ने 93,000 सैनिकों के साथ सरेंडर किया था

    ढाका सरेंडर: जब पाकिस्तान ने अपने लोगों की अनदेखी की और अपने देश का आधा हिस्सा गंवा दिया

    संसद हमले की बरसी: आपको कॉन्स्टेबल कमलेश कुमारी याद हैं? 

    संसद हमले की बरसी: आपको कॉन्स्टेबल कमलेश कुमारी याद हैं? 

    शिप बेस्ड ISBM लॉन्च के पाकिस्तान के दावे में कितना दम है

    पाकिस्तान जिस SMASH मिसाइल को बता रहा है ‘विक्रांत किलर’, उसकी सच्चाई क्या है ?

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    ग्रेगोरियन नववर्ष

    ग्रेगोरियन नववर्ष: कब और कैसे हुई इसकी शुरुआत

    उमर ख़ालिद मामले में अमेरिकी दखल

    उमर ख़ालिद की ज़मानत को लेकर अमेरिकी सांसदों का दबाव, भारत के राजदूत को लिखा पत्र

    युद्ध समाप्ति की चुनौती: ज़ेलेंसकी का मुश्किल मोड़

    ज़ेलेंसकी और युद्ध का जटिल खेल: समाप्ति से अधिक खतरनाक बन गया संघर्ष

    बांग्लादेश में अमेरिकी जीएमओ मक्का का आगमन, क्षेत्रीय खाद्य संप्रभुता पर खतरा

    अमेरिकी जीएमओ मक्का पर पश्चिम का दबदबा, ठेकेदारों ने किया अधिग्रहण

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    भारतीय संविधान

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकारों की संकल्पना हमारे लिए नई नहीं है, ये भारतीय ज्ञान परंपरा का अभिन्न हिस्सा है

    औरंगज़ेब ने जोरावर सिंह और फतेह सिंह को दीवार मे ज़िंदा चुनवाने का आदेश दिया था

    वीर बाल दिवस: क्रिसमस-नववर्ष का जश्न तो ठीक है लेकिन वीर साहिबजादों का बलिदान भी स्मरण रहे

    गुरु गोबिंद सिंह जी ने मुगल शासक औरंगज़ेब की अधीनता स्वीकार करने से इंकार कर दिया

    वीर बाल दिवस: उत्सवों के बीच साहिबज़ादों के अमर बलिदान को नमन

    23 दिसम्बर  बलिदान-दिवस: परावर्तन के अग्रदूत — स्वामी श्रद्धानन्द

    23 दिसम्बर बलिदान-दिवस: परावर्तन के अग्रदूत — स्वामी श्रद्धानन्द

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    शोले फिल्म में पानी की टंकी पर चढ़े धर्मेंद्र

    बॉलीवुड का ही-मैन- जिसने रुलाया भी, हंसाया भी: धर्मेंद्र के सिने सफर की 10 नायाब फिल्में

    नीतीश कुमार

    जेडी(यू) के ख़िलाफ़ एंटी इन्कंबेसी क्यों नहीं होती? बिहार में क्यों X फैक्टर बने हुए हैं नीतीश कुमार?

    क्यों PariPesa भारत रोमांचक एविएटर क्रैश गेम्स का अनुभव लेने के लिए सबसे बेहतरीन जगह है

    क्यों PariPesa भारत रोमांचक एविएटर क्रैश गेम्स का अनुभव लेने के लिए सबसे बेहतरीन जगह है

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    पाकिस्तान की राजनीति में सैन्य प्रभाव का बदला हुआ

    PTI के खिलाफ रणनीति: पाकिस्तान में राजनीतिक नियंत्रण का बदला हुआ चेहरा

    अजय सिंघल बने हरियाणा के नए डीजीपी

    नए साल की पूर्व संध्या पर अजय सिंघल बने हरियाणा के नए डीजीपी

    चीनी पक्ष अमेरिका के नक्शे कदम पर चल रहा है

    नई दिल्ली ने खारिज किया चीन का दावा, बताया ‘बिज़ार’ और राजनीति से प्रेरित

    खालिदा जिया के निधन से शोक में बांग्लादेश

    बांग्लादेश की राजनीति में युग का अंत: खालिदा जिया के निधन पर शेख हसीना ने जताया दुख

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    खनन क्षेत्र में बेहतरीन काम के लिए केंद्र सरकार ने धामी सरकार की तारीफ की

    खनन सुधारों में फिर नंबर वन बना उत्तराखंड, बेहतरीन काम के लिए धामी सरकार को केंद्र सरकार से मिली 100 करोड़ रुपये की प्रोत्साहन राशि

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    हमसे दुश्मनी महंगी पड़ेगी: भारत की सतर्कता और बांग्लादेश की गलती, जानें बांग्लादेश की अर्थव्यवस्था पर कैसे पड़ रही चोट

    हमसे दुश्मनी महंगी पड़ेगी: भारत की सतर्कता और बांग्लादेश की गलती, जानें बांग्लादेश की अर्थव्यवस्था पर कैसे पड़ रही चोट

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    डॉ. जयतीर्थ आर. जोशी को ब्रह्मोस एयरोस्पेस का महानिदेशक नियुक्त किया था

    ब्रह्मोस एयरोस्पेस के DG & CEO की नियुक्ति रद्द,  ट्रिब्यूनल ने DRDO की चयन प्रक्रिया को बताया मनमाना

    16 दिसंबर को पाकिस्तान के पूर्वी मोर्चे के कमांडर जनरल ए के नियाजी ने 93,000 सैनिकों के साथ सरेंडर किया था

    ढाका सरेंडर: जब पाकिस्तान ने अपने लोगों की अनदेखी की और अपने देश का आधा हिस्सा गंवा दिया

    संसद हमले की बरसी: आपको कॉन्स्टेबल कमलेश कुमारी याद हैं? 

    संसद हमले की बरसी: आपको कॉन्स्टेबल कमलेश कुमारी याद हैं? 

    शिप बेस्ड ISBM लॉन्च के पाकिस्तान के दावे में कितना दम है

    पाकिस्तान जिस SMASH मिसाइल को बता रहा है ‘विक्रांत किलर’, उसकी सच्चाई क्या है ?

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    ग्रेगोरियन नववर्ष

    ग्रेगोरियन नववर्ष: कब और कैसे हुई इसकी शुरुआत

    उमर ख़ालिद मामले में अमेरिकी दखल

    उमर ख़ालिद की ज़मानत को लेकर अमेरिकी सांसदों का दबाव, भारत के राजदूत को लिखा पत्र

    युद्ध समाप्ति की चुनौती: ज़ेलेंसकी का मुश्किल मोड़

    ज़ेलेंसकी और युद्ध का जटिल खेल: समाप्ति से अधिक खतरनाक बन गया संघर्ष

    बांग्लादेश में अमेरिकी जीएमओ मक्का का आगमन, क्षेत्रीय खाद्य संप्रभुता पर खतरा

    अमेरिकी जीएमओ मक्का पर पश्चिम का दबदबा, ठेकेदारों ने किया अधिग्रहण

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    भारतीय संविधान

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकारों की संकल्पना हमारे लिए नई नहीं है, ये भारतीय ज्ञान परंपरा का अभिन्न हिस्सा है

    औरंगज़ेब ने जोरावर सिंह और फतेह सिंह को दीवार मे ज़िंदा चुनवाने का आदेश दिया था

    वीर बाल दिवस: क्रिसमस-नववर्ष का जश्न तो ठीक है लेकिन वीर साहिबजादों का बलिदान भी स्मरण रहे

    गुरु गोबिंद सिंह जी ने मुगल शासक औरंगज़ेब की अधीनता स्वीकार करने से इंकार कर दिया

    वीर बाल दिवस: उत्सवों के बीच साहिबज़ादों के अमर बलिदान को नमन

    23 दिसम्बर  बलिदान-दिवस: परावर्तन के अग्रदूत — स्वामी श्रद्धानन्द

    23 दिसम्बर बलिदान-दिवस: परावर्तन के अग्रदूत — स्वामी श्रद्धानन्द

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    शोले फिल्म में पानी की टंकी पर चढ़े धर्मेंद्र

    बॉलीवुड का ही-मैन- जिसने रुलाया भी, हंसाया भी: धर्मेंद्र के सिने सफर की 10 नायाब फिल्में

    नीतीश कुमार

    जेडी(यू) के ख़िलाफ़ एंटी इन्कंबेसी क्यों नहीं होती? बिहार में क्यों X फैक्टर बने हुए हैं नीतीश कुमार?

    क्यों PariPesa भारत रोमांचक एविएटर क्रैश गेम्स का अनुभव लेने के लिए सबसे बेहतरीन जगह है

    क्यों PariPesa भारत रोमांचक एविएटर क्रैश गेम्स का अनुभव लेने के लिए सबसे बेहतरीन जगह है

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

महाराष्ट्र और हरियाणा के किसानों को अनदेखा करना BJP को महंगा पड़ा है, नतीजे तो यही बता रहे हैं

Abhinav Kumar द्वारा Abhinav Kumar
25 October 2019
in मत
कृषि
Share on FacebookShare on X

हरियाणा और महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव के नतीजों की घोषणा कल शाम को गई। अब सरकार बनाने की कवायद चल रही है। बीजेपी दोनों ही राज्यों में सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरने के बावजूद मायूस दिख रही है, वहीं कांग्रेस महाराष्ट्र में चौथे और हरियाणा में दूसरे स्थान पर रहने के बावजूद भी खुश है। दोनों ही राज्यों में सरकार रहने के बावजूद भी वोट प्रतिशत में काफी गिरावट देखी जा सकती है।

कांग्रेस, NCP, जेजेपी जैसी पार्टियों का उदय इस बात की पुष्टी करते हैं कि बीजेपी कहीं न कहीं आम जनता के बीच विरोधी लहर का सामना कर रही है। इस विरोधी लहर में सबसे ऊपर इन दोनों राज्यों में किसानों की हालात और कृषि क्षेत्रों की वृद्धि दर में गिरावट है।

संबंधितपोस्ट

हरियाणा में खेल विभाग के सचिव-निदेशक का तबादला: लापरवाही को लेकर नायब सरकार का बड़ा एक्शन

श्री गुरु तेग बहादुर जी का 350वां शहीदी दिवस: हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सैनी ने निभाई ‘पालकी सेवा’ की रीति

जनता की ज़मीन, सत्ता की जागीर नहीं: मानेसर लैंड डील में भूपेंद्र हुड्डा को झटका, न्याय ने कांग्रेस के ‘विकास मॉडल’ की खोल दी पोल

और लोड करें

यह दोनों ही राज्य कृषि में अग्रणी हैं। कृषि क्षेत्र में एक तरफ हरियाणा 17 प्रतिशत का योगदान देता है तो वहीं महाराष्ट्र देश की कुल कृषि क्षेत्र में 12 प्रतिशत का योगदान देता है। अगर हम एक-एक कर इन दोनों राज्यों में किसानों की हालात देखें तो यह स्पष्ट तौर पर दिखता है कि इन राज्यों में किसानों ने अपने स्तर पर भाजपा का विरोध ही किया था।

महाराष्ट्र की बात करें तो इस वर्ष तक लगभग 610 किसानों ने सूखे की वजह से आत्महत्या की थी। वहीं वर्ष 2015 से 2018 के बीच यह संख्या 12000 तक पहुंच चुकी है। इतनी बड़ी संख्या में किसानों की आत्महत्या का कारण कम पैदावार, सिंचाई के लिए पानी की कमी, फसलों के लिए बाजार की कीमतों में कमी और ओलावृष्टि को माना जा सकता है। महाराष्ट्र सरकार ने इस वर्ष के अपने बजट में वादा किया था कि सिंचाई पर 12,000 करोड़ रुपये और सूक्ष्म सिंचाई के लिए 350 करोड़ रुपये खर्च करेगी, लेकिन यह किसी भी प्रकार से प्रभावी नहीं दिख रहा है।

इस वर्ष महाराष्ट्र की जनता सबसे भयंकर सूखे का सामना कर रही है। लोग पीने के पानी के लिए भी तरस रहे हैं। इसके साथ ही विलंबित मानसून ने बुवाई को प्रभावित किया है और इससे पैदावार की भी चिंता सता रही है।

भाजपा ने अपने 2014 के घोषणापत्र में दोहरे अंकों की कृषि वृद्धि का वादा किया था, लेकिन 2017-18 में कृषि क्षेत्र की वृद्धि दर 3.1 प्रतिशत से घटकर 2018-19 में 0.4 प्रतिशत रह गई थी।

वहीं अगर हरियाणा की बात करें तो उत्तर हरियाणा के किसानों ने खट्टर सरकार के खिलाफ भी विरोध की भावना व्यक्त की है। वे पिछले पांच वर्षों में कृषि लागत में वृद्धि और कम रिटर्न की कमी की शिकायत की थी। खट्टर सरकार इन्ही मुद्दों पर उदासीनता दिखाई थी जिसके कारण आज यह परिणाम देखने को मिल रहे हैं।

हालांकि हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने भी प्रदेश के करीब 10 लाख किसानों को विधानसभा चुनाव से पहले बड़ा तोहफा दिया था। उन्होंने सहकारी बैंकों के कर्जदार किसानों के लिए एकमुश्त समाधान योजना का ऐलान किया था। इसके तहत कर्ज के ब्याज और जुर्माने की करीब 4,750 करोड़ की राशि माफ की जाएगी। किसानों को 30 नवंबर तक सहकारी बैंकों से लिए गए कर्ज की मूल राशि जमा करानी होगी। प्राथमिक कृषि और सहकारी समितियों से लगभग 13 लाख किसानों ने कर्ज लिया हुआ है। जिनमें से 8.25 लाख किसानों के खाते एनपीए घोषित हो चुके हैं। लेकिन यह कदम किसानों को जीतने में कामयाब नहीं हो सका।

बता दें कि राष्ट्रीय किसान संगठन ने किसानों की मांगों को पूरा करने के लिए 1 से 10 जून तक देश के अलग-अलग हिस्सों में हड़ताल किया था।

We have decided to observe a Bharat Bandh on June 10 till 2 pm. Would like to request all the businessmen of cities to close their shops till 2 pm & pay tribute to farmers who have lost their lives in previous years: Shiv Kumar Sharma, President, Rashtriya Kisan Mazdoor Mahasangh pic.twitter.com/oRtTRCVXkU

— ANI (@ANI) June 1, 2018

किसानों से जुड़े लगभग 200 से अधिक संगठनों ने मिलकर इस आंदोलन को अपना समर्थन दिया था। इस दौरान किसानों की कई मांगे थी जैसे-

  1. किसानों का पूरा कर्ज माफ किया जाए।
  2. सभी फसलों पर लागत के आधार पर डेढ़ गुना लाभकारी मूल्य यानी (MSP) दिया जाए।
  3. छोटे किसानों की आय सुनिश्चित की जाए।
  4. फल, सब्जी, दूध के दाम भी लागत के आधार पर डेढ़ गुना समर्थन मूल्य पर तय किए जाएं।

इससे यह स्पष्ट होता है कि इन दोनों ही राज्यों में सूखे की समस्या है, जिससे किसान परेशान हैं। दोनों राज्यों में 2014 में संपन्न हुए विधानसभा चुनावों से पहले भी चुनावी घोषणापत्र में किसानों के लिए कई वादे किए गए थे। लेकिन न तो किसानों की हालात सुधरी, न ही बेरोजगारी दूर हुई। हरियाणा में बेरोजगारी का दर 15 प्रतिशत पहुंच गया है तो वहीं महाराष्ट्र में बेरोजगारी दर 4.5 प्रतिशत के करीब है। हरियाणा में किसानों के लिए शुरू की गई भावांतर भरपाई योजना राज्य में सफल नहीं हो पायी है। इसके साथ ही राज्य में न्यूनतम समर्थन मूल्य के आधार पर अनाजों की खरीद भी नहीं हुई है। वहीं अगर हरियाणा में किसानों की आत्महत्या की बात करें तो राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (NCRB) के मुताबिक लगभग 250 किसानों ने आत्महत्या की है, जो कि वर्ष 2015 से 54 प्रतिशत की वृद्धि दिखाता है।

इन दोनों ही कारणों से आम जनता में भाजपा के प्रति एक विरोध की लहर देखी जा सकती है। भले ही भाजपा इन दोनों ही राज्यों में दोबारा सरकार बना ले लेकिन हरियाणा में कांग्रेस का और महाराष्ट्र में एनसीपी का फिर से उदय होना इस बात का संकेत देता है कि भाजपा ने कहीं न कहीं किसानों को निराश किया है और इसका खामियाजा उन्हें इन दोनों ही चुनावों में देखने को मिला है।

Tags: किसानकृषिमहाराष्ट्रहरियाणा
शेयर8ट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

बिहार उपचुनाव में नीतीश कुमार फेल, आखिर हारे हुए राजनेता के साथ कब तक रहेगी भाजपा?

अगली पोस्ट

पंजाब के बाद, हरियाणा से स्पष्ट है, जब गांधी परिवार ने बनाई दूरी तब कांग्रेस ने किया अच्छा प्रदर्शन

संबंधित पोस्ट

बांग्लादेश
चर्चित

हिंदू दीपू दास की इस्लामी भीड़ के हाथों बर्बर हत्या उस्मान हादी हत्याकांड का ‘साइड इफेक्ट’ नहीं है, ये मजहबी कट्टरता को आत्मसात कर चुके बांग्लादेश का नया सच है

20 December 2025

बांग्लादेश इस समय गहरी अस्थिरता से गुज़र रहा है। दुर्भाग्य से ये अस्थिरता सिर्फ राजनैतिक नहीं है, ये नैतिक और सामाजिक भी है। अलग भाषाई...

ऑपरेशन सिंदूर 2:0
मत

दिल्ली धमाका और PoK के नेता का कबूलनामा: क्या भारत के लिए ‘ऑपरेशन सिंदूर 2.0’ का समय आ गया है?

21 November 2025

पाकिस्तान एक आतंकी मुल्क है और इसमें शायद ही किसी को कोई संशय हो, ख़ुद पाकिस्तान के मित्र भी न सिर्फ इसे अच्छी तरह जानते...

शशि थरूर पीएम की तारीफ कर अपनी ही पार्टी के अंदर निशाने पर आ गए हैं
चर्चित

कांग्रेस का नया नियम यही है कि चाहे कुछ भी हो जाए पीएम मोदी/बीजेपी का हर क़ीमत पर विरोध ही करना है?

21 November 2025

कांग्रेस के नेता देश ही नहीं विदेशों में भी जाकर लोकतंत्र बचाने की दुहाई देते रहते हैं। लेकिन जब बारी आंतरिक लोकतंत्र की आती है...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

Captured Turkish YIHA drone Showed by the Indian Army |Defence News| Operation Sindoor

Captured Turkish YIHA drone Showed by the Indian Army |Defence News| Operation Sindoor

00:00:58

A War Won From Above: The Air Campaign That Changed South Asia Forever

00:07:37

‘Mad Dog’ The EX CIA Who Took Down Pakistan’s A.Q. Khan Nuclear Mafia Reveals Shocking Details

00:06:59

Dhurandar: When a Film’s Reality Shakes the Left’s Comfortable Myths

00:06:56

Tejas Under Fire — The Truth Behind the Crash, the Propaganda, and the Facts

00:07:45
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited