TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    पुलिस स्मृति दिवस पर PM मोदी ने पुलिसकर्मियों को किया याद

    पुलिस स्मृति दिवस पर PM मोदी ने पुलिसकर्मियों को किया याद, अमित शाह ने बाइक रैली को दिखाई हरी झंडी

    कॉकरोच के पुतले

    दिल्ली में दशहरे पर रावण के साथ जलेगा कॉकरोच का पुतला, कॉकरोच के पुतले को लेकर चर्चा जारी

    विजयादशमी: “संगठन में शक्ति” का प्रतीक

    विजयादशमी: “संगठन में शक्ति” का प्रतीक

    संघ की सौ वर्ष की यात्रा: नागपुर से देशव्यापी विस्तार तक

    संघ की सौ वर्ष की यात्रा: नागपुर से देशव्यापी विस्तार तक

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    What MCA Data Reveals About India’s Growing LLP and OPC Ecosystem

    What MCA Data Reveals About India’s Growing LLP and OPC Ecosystem

    H-1B पर ट्रंप का नया वार: Microsoft से Infosys-TCS तक शिकंजा, भारतीयों के लिए अमेरिका में नौकरियां खत्म ?

    H-1B पर ट्रंप का नया वार: Microsoft से Infosys-TCS तक शिकंजा, भारतीयों के लिए अमेरिका में नौकरियां खत्म ?

    India GDP Growth: World Bank ने FY27 का अनुमान 7.1% किया,महंगा तेल और El Niño से ग्रोथ पर खतरा

    India GDP Growth: World Bank ने FY27 का अनुमान 7.1% किया,महंगा तेल और El Niño से ग्रोथ पर खतरा

    India-Switzerland Deal: अमेरिका से ट्रेड डील में गतिरोध के बीच 100 अरब डॉलर का निवेश, 10 लाख नौकरियों का प्लान

    India-Switzerland Deal: अमेरिका से ट्रेड डील में गतिरोध के बीच 100 अरब डॉलर का निवेश, 10 लाख नौकरियों का प्लान

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    महिला आरक्षण के लिए फिर संसद बुलाएगी सरकार? लोकसभा सीटें बढ़ाने और परिसीमन पर विशेष सत्र की तैयारी

    महिला आरक्षण के लिए फिर संसद बुलाएगी सरकार? लोकसभा सीटें बढ़ाने और परिसीमन पर विशेष सत्र की तैयारी

    स्टारशील्ड विवाद के बीच भारत का बड़ा दांव: GSAT-7C से कैसे मजबूत होगी वायुसेना की ताकत?

    स्टारशील्ड विवाद के बीच भारत का बड़ा दांव: GSAT-7C से कैसे मजबूत होगी वायुसेना की ताकत?

    1948 में ‘जल उषा’, 2026 में FSS-1: हिंदुस्तान शिपयार्ड लिमिटेड की 78 साल की समुद्री छलांग

    1948 में ‘जल उषा’, 2026 में FSS-1: हिंदुस्तान शिपयार्ड लिमिटेड की 78 साल की समुद्री छलांग

    16 साल बाद ट्रेनर तेजस की डिलीवरी! Mk1 से Mk1A तक क्यों उलझता रहा भारत का स्वदेशी फाइटर प्रोग्राम?

    16 साल बाद ट्रेनर तेजस की डिलीवरी! Mk1 से Mk1A तक क्यों उलझता रहा भारत का स्वदेशी फाइटर प्रोग्राम?

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    अमेरिका में मौत का लाइव तमाशा! कौन हैं निदाल हसन, जिन्हें फायरिंग स्क्वाड से दी जाएगी सजा?

    अमेरिका में मौत का लाइव तमाशा! कौन हैं निदाल हसन, जिन्हें फायरिंग स्क्वाड से दी जाएगी सजा?

    भारत का JD Vance को करारा जवाब! भारतीय पेशेवरों पर टिप्पणी को बताया ‘बेहद आपत्तिजनक’, H-1B पर भी साफ की तस्वीर

    भारत का JD Vance को करारा जवाब! भारतीय पेशेवरों पर टिप्पणी को बताया ‘बेहद आपत्तिजनक’, H-1B पर भी साफ की तस्वीर

    The Moon Is Ours’! ट्रंप के दावे के बीच बड़ा सवाल- क्या कोई देश चांद पर कब्जा कर सकता है

    The Moon Is Ours’! ट्रंप के दावे के बीच बड़ा सवाल- क्या कोई देश चांद पर कब्जा कर सकता है

    BRICS 2026 में PM Modi, Putin and Xi Jinping

    BRICS Explained: क्या अमेरिकी डॉलर से दूर जा रही है दुनिया ?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    विजयादशमी: “संगठन में शक्ति” का प्रतीक

    विजयादशमी: “संगठन में शक्ति” का प्रतीक

    घर: संस्कारों की पहली पाठशाला और राष्ट्र निर्माण का आधार

    घर: संस्कारों की पहली पाठशाला और राष्ट्र निर्माण का आधार

    एस्ट्रोटॉक vs अन्य ऐप्स: कौन सा है सबसे बेस्ट राशिफल प्लेटफॉर्म?

    एस्ट्रोटॉक vs अन्य ऐप्स: कौन सा है सबसे बेस्ट राशिफल प्लेटफॉर्म?

    नील विद्रोह

    “नील क्रांति का क्रेडिट भी महात्मा गांधी को मिला” जबकि आंदोलन की वास्तविकता कुछ और ही है

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    पीएम मोदी मिलें खिलाड़ियों से

    एशियन गेम्स 2026 के पदक विजेता खिलाड़ियों से मिले PM मोदी, 85 पदकों के साथ चौथे स्थान पर रहा भारत

    भारत में हेयर रिस्टोरेशन: जल्दबाज़ी वाले समाधानों से ज़्यादा ज़रूरी है सही योजना

    भारत में हेयर रिस्टोरेशन: जल्दबाज़ी वाले समाधानों से ज़्यादा ज़रूरी है सही योजना

    The Basketball Draw Will Rewrite Every Asian Games Forecast

    The Basketball Draw Will Rewrite Every Asian Games Forecast

    Why Sports Betting Exploded Among Cricket Fans in India

    Why Sports Betting Exploded Among Cricket Fans in India

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    पुलिस स्मृति दिवस पर PM मोदी ने पुलिसकर्मियों को किया याद

    पुलिस स्मृति दिवस पर PM मोदी ने पुलिसकर्मियों को किया याद, अमित शाह ने बाइक रैली को दिखाई हरी झंडी

    कॉकरोच के पुतले

    दिल्ली में दशहरे पर रावण के साथ जलेगा कॉकरोच का पुतला, कॉकरोच के पुतले को लेकर चर्चा जारी

    विजयादशमी: “संगठन में शक्ति” का प्रतीक

    विजयादशमी: “संगठन में शक्ति” का प्रतीक

    संघ की सौ वर्ष की यात्रा: नागपुर से देशव्यापी विस्तार तक

    संघ की सौ वर्ष की यात्रा: नागपुर से देशव्यापी विस्तार तक

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    What MCA Data Reveals About India’s Growing LLP and OPC Ecosystem

    What MCA Data Reveals About India’s Growing LLP and OPC Ecosystem

    H-1B पर ट्रंप का नया वार: Microsoft से Infosys-TCS तक शिकंजा, भारतीयों के लिए अमेरिका में नौकरियां खत्म ?

    H-1B पर ट्रंप का नया वार: Microsoft से Infosys-TCS तक शिकंजा, भारतीयों के लिए अमेरिका में नौकरियां खत्म ?

    India GDP Growth: World Bank ने FY27 का अनुमान 7.1% किया,महंगा तेल और El Niño से ग्रोथ पर खतरा

    India GDP Growth: World Bank ने FY27 का अनुमान 7.1% किया,महंगा तेल और El Niño से ग्रोथ पर खतरा

    India-Switzerland Deal: अमेरिका से ट्रेड डील में गतिरोध के बीच 100 अरब डॉलर का निवेश, 10 लाख नौकरियों का प्लान

    India-Switzerland Deal: अमेरिका से ट्रेड डील में गतिरोध के बीच 100 अरब डॉलर का निवेश, 10 लाख नौकरियों का प्लान

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    महिला आरक्षण के लिए फिर संसद बुलाएगी सरकार? लोकसभा सीटें बढ़ाने और परिसीमन पर विशेष सत्र की तैयारी

    महिला आरक्षण के लिए फिर संसद बुलाएगी सरकार? लोकसभा सीटें बढ़ाने और परिसीमन पर विशेष सत्र की तैयारी

    स्टारशील्ड विवाद के बीच भारत का बड़ा दांव: GSAT-7C से कैसे मजबूत होगी वायुसेना की ताकत?

    स्टारशील्ड विवाद के बीच भारत का बड़ा दांव: GSAT-7C से कैसे मजबूत होगी वायुसेना की ताकत?

    1948 में ‘जल उषा’, 2026 में FSS-1: हिंदुस्तान शिपयार्ड लिमिटेड की 78 साल की समुद्री छलांग

    1948 में ‘जल उषा’, 2026 में FSS-1: हिंदुस्तान शिपयार्ड लिमिटेड की 78 साल की समुद्री छलांग

    16 साल बाद ट्रेनर तेजस की डिलीवरी! Mk1 से Mk1A तक क्यों उलझता रहा भारत का स्वदेशी फाइटर प्रोग्राम?

    16 साल बाद ट्रेनर तेजस की डिलीवरी! Mk1 से Mk1A तक क्यों उलझता रहा भारत का स्वदेशी फाइटर प्रोग्राम?

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    अमेरिका में मौत का लाइव तमाशा! कौन हैं निदाल हसन, जिन्हें फायरिंग स्क्वाड से दी जाएगी सजा?

    अमेरिका में मौत का लाइव तमाशा! कौन हैं निदाल हसन, जिन्हें फायरिंग स्क्वाड से दी जाएगी सजा?

    भारत का JD Vance को करारा जवाब! भारतीय पेशेवरों पर टिप्पणी को बताया ‘बेहद आपत्तिजनक’, H-1B पर भी साफ की तस्वीर

    भारत का JD Vance को करारा जवाब! भारतीय पेशेवरों पर टिप्पणी को बताया ‘बेहद आपत्तिजनक’, H-1B पर भी साफ की तस्वीर

    The Moon Is Ours’! ट्रंप के दावे के बीच बड़ा सवाल- क्या कोई देश चांद पर कब्जा कर सकता है

    The Moon Is Ours’! ट्रंप के दावे के बीच बड़ा सवाल- क्या कोई देश चांद पर कब्जा कर सकता है

    BRICS 2026 में PM Modi, Putin and Xi Jinping

    BRICS Explained: क्या अमेरिकी डॉलर से दूर जा रही है दुनिया ?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    विजयादशमी: “संगठन में शक्ति” का प्रतीक

    विजयादशमी: “संगठन में शक्ति” का प्रतीक

    घर: संस्कारों की पहली पाठशाला और राष्ट्र निर्माण का आधार

    घर: संस्कारों की पहली पाठशाला और राष्ट्र निर्माण का आधार

    एस्ट्रोटॉक vs अन्य ऐप्स: कौन सा है सबसे बेस्ट राशिफल प्लेटफॉर्म?

    एस्ट्रोटॉक vs अन्य ऐप्स: कौन सा है सबसे बेस्ट राशिफल प्लेटफॉर्म?

    नील विद्रोह

    “नील क्रांति का क्रेडिट भी महात्मा गांधी को मिला” जबकि आंदोलन की वास्तविकता कुछ और ही है

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    पीएम मोदी मिलें खिलाड़ियों से

    एशियन गेम्स 2026 के पदक विजेता खिलाड़ियों से मिले PM मोदी, 85 पदकों के साथ चौथे स्थान पर रहा भारत

    भारत में हेयर रिस्टोरेशन: जल्दबाज़ी वाले समाधानों से ज़्यादा ज़रूरी है सही योजना

    भारत में हेयर रिस्टोरेशन: जल्दबाज़ी वाले समाधानों से ज़्यादा ज़रूरी है सही योजना

    The Basketball Draw Will Rewrite Every Asian Games Forecast

    The Basketball Draw Will Rewrite Every Asian Games Forecast

    Why Sports Betting Exploded Among Cricket Fans in India

    Why Sports Betting Exploded Among Cricket Fans in India

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

Naimisharanya : नैमिषारण्य का सम्पूर्ण इतिहास, मंदिर, कथाएं और महत्व

TFI Desk द्वारा TFI Desk
4 October 2019
in धार्मिक कथा, संस्कृति
नैमिषारण्य
Share on FacebookShare on X

नैमिषारण्य (Naimisharanya) सनातन धर्म का एक प्रसिद्ध तीर्थ स्थान है। यह उत्तर प्रदेश में लखनऊ से लगभग 80 किमी दूर सीतापुर जिले में गोमती नदी के तट पर स्थित है। विष्णु पुराण के अनुसार यह बड़ा पवित्र स्थान है। नैमिषारण्य मार्कण्डेय पुराण में अनेक बार इसका उल्लेख 88,000 ऋषियों की तपःस्थली के रूप में आया है। यह वहीं स्थान हैं जहां 88 हजार ऋषियों को वेदव्यास के शिष्य सूत ने महाभारत तथा पुराणों की कथाएँ सुनाई थीं। यह भी मान्यता है कि जब ब्रम्हाजी धरती पर मानव जीवन की सृष्टि करना चाहते थे, तब उन्होंने यह उत्तरदायित्व इस धरती की प्रथम युगल जोड़ी – मनु व सतरूपा को दिया। तदनंतर मनु व सतरूपा ने नैमिषारण्य में ही 23 हजार वर्षों तक साधना की थी।

Naimisharanya नैमिषारण्य का प्रायः प्राचीनतम उल्लेख वाल्मीकि रामायण के युद्ध-काण्ड की पुष्पिका में प्राप्त होता है। पुष्पिका में उल्लेख है कि लव और कुश ने गोमती नदी के किनारे राम के अश्वमेध यज्ञ में सात दिनों में वाल्मीकि रचित काव्य का गायन किया। श्नेमिश् शब्द का अर्थ सुदर्शन चक्र ;भगवान विष्णु के सुदर्शन चक्र के बाहरी सतह है। कहा जाता है कि जिस स्थान पर सुदर्शन चक्र गिरा था उसे ही नैमिषारण्य कहा जाने लगा जिसके चारों तरफ़ जंगल थे। कहा यह भी जाता है कि जिस स्थान पर चक्र पृथ्वी से टकरायाए वहां पानी का झरना निकल आया।

संबंधितपोस्ट

कोई सामग्री उपलब्ध नहीं है
और लोड करें

आदि शंकराचार्य ने सम्पूर्ण भारतवर्ष भ्रमण के समय नैमिषारण्य की भी यात्रा की थी। संत कवी सूरदास ने भी यहाँ निवास किया था। यही नहीं तामिल के वैष्णव संतों के ग्रंथों में भी नैमिषारण्य का उल्लेख मिलता है। ऋषि शौनक के प्रतिनिधित्व में संतों की धर्म सभा में महाभारत भी यहीं सुनायी गयी थी। नैमिषारण्य मंदिर में भगवान विष्णु की स्वयंभू आकृति है। यह कई क्षेत्रों में कई भक्तों को आकर्षित करता है। नैमिषारण्य का एक मुख्य आकर्षण मंदिर का तालाब है। जब आप कल्याणी या मंदिर के तालाब को देखेंगे तो यह आमतौर पर एक वर्ग के आकार का दिखेगा। दिलचस्प बात यह है कि नैमिषारण्य में चंद्र कुंड (कल्याणी) आकार में गोल है।

चंद्र कुंड नैमिषारण्य
PC : Naimisharanya

नैमिषारण्य इस मायने में अद्वितीय है कि भुवनेश्वर के अलावा यह एकमात्र स्थान है, दावा करते हैं कि सभी तीर्थ स्थानों में सबसे पहला और सबसे पवित्र होने के नाते अगर कोई यहां 12 साल तक तपस्या करता है तो सीधे ब्रह्मलोक जाते हैं। यात्रा पर जाने वाले नैमिषारण्य सभी महत्वपूर्ण स्थानों पर जाने के समान है।

नैमिषारण्य की महिमा को उल्लेखित करता यह श्लोक

प्रथमं नैमिषं पुण्यं, चक्रतीर्थं च पुष्करम्।
अन्येषां चैव तीर्थानां संख्या नास्ति महीतले।।

 

नैमिषारण्य मंदिर का समय
मंदिर का समय है- सुबह 5 बजे से रात 9 बजे तक। मंदिर
दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे के बीच बंद रहता है।

यह भी पढ़े : गुरु के सम्मान में लिखे गए संस्कृत श्लोक

नैमिषारण्य का पूरा इतिहास

देवताओं ने इस स्थान को धर्म की स्थापना के लिए चुना था लेकिन वृतासुर, एक दानव, बाधा साबित हुआ, जिस पर उन्होंने ऋषि दधीचि से अनुरोध किया कि वे अपनी हड्डियों को दान करें जो राक्षस को नष्ट करने के लिए एक हथियार बनाया जा सकता था। भागवत पुराण में इस स्थान का उल्लेख है और इसे नैमिषे-अनिमिषा-क्षेत्र या भगवान विष्णु का निवास जिसे अनिमिषा के नाम से भी जाना जाता है।

भगवान विष्णु ने दुर्जय और उसके राक्षसों के गिरोह इस स्थान पर एक सेकंड में विभाजित हो गया। उन्होंने गयासुर को भी नष्ट कर दिया और उनके शरीर को काट दिया तीन भागों में गिराया जो बिहार के गया में एक भाग के साथ , दूसरा नैमिषारण्य में और तीसरा बद्रीनाथ में जाकर गिरा।

निमिषा शब्द का अर्थ एक सेकंड का एक भाग भी होता है। यह है माना जाता है कि ब्रह्म मनो माया चक्र यहीं गिरा था जिसकी वजह से इस जगह का नाम उसका नाम नैमिषारण्य पड़ा।

नेमी चरक की बाहरी सतह है (पहिया)। नैमिषारण्य वन में परिक्रमा पथ है 16 किमी का जिसमें भारत के सभी पवित्र स्थान शामिल हैं एक विश्वास के अनुसार। नैमिषारण्य काफी पुराना है किंवदंती और संतों द्वारा इस स्थान को काफी महत्व दिया गया। ऐसा माना जाता है कि सतरूपा और स्वयंभू मनु ने भगवान नारायण की यही तपस्या की थी और आशीर्वाद स्वरूप बेटा माँगा।

भगवान राम ने यहां अश्वमेध यज्ञ किया। पांडव और भगवान भगवान कृष्ण के भाई बलराम ने इस स्थान का दौरा किया था। माना जाता है कि तुलसीदास ने रामचरित्र की रचना भी यही की थी।

PC : Naimisharanya

ऐतिहासिक पौराणिक दंतकथाएं

भारत में हर दूसरे प्राचीन मंदिर की तरह यहां भी इस पवित्र स्थलों से जुड़ी कई किंवदंतियाँ, उनमें से कुछ हैं:

01. ऐसा माना जाता है कि ऋषि नारद, 3 लोकों में सर्वश्रेष्ठ तीर्थ (जल निकाय) की तलाश कर रहे थे । उन्होंने तीर्थयात्रा करते हुए कैलाश पर्वत भगवान शिव का घर; सहित जो भगवान और अंत में भगवान विष्णु के धाम होते हुए निमिषा वन में नैमिषारण्य जल निकाय पर पहुँचे। इसे सबसे पवित्र और शुद्ध पूजा स्थलों में से एक बनाता है, विशेष रूप से इस विश्वास के कारण कि पीठासीन देवता माना जाता था सभी दिव्य देवताओं द्वारा पूजा की जाती है।

02. एक और किवदंती उस समय की है जब देवों के राजा इंद्र – वृत्रा नाम के एक असुर ने इंद्र को देवलोक से निकाल दिया था। एक वरदान के कारण असुर अमर हो गया था। असुर का वध करने हेतु इंद्र दधीचि ऋषि की हड्डियाँ मांगने के लिए दधीचि ऋषि के पास गए ताकि वृत्रा को मारने के लिए एक हथियार तैयार किया जा सके । दधीचि ने तुरंत अपनी हड्डियों के दान की स्वीकृती दे दी और अपनी अंतिम इच्छा का उल्लेख किया की वे मरने से पहले सभी पवित्र नदियों के दर्शन करना चाहते है । उसकी इच्छा पूरी करने के लिए और असुर का वध करने समय बर्बाद ने हो इसलिए इंद्र ने जल देवता को को निर्देशित करते हुए कहा नैमिषारण्य में पवित्र नदियाँ आकर अपना स्थान ले और भारत की समस्त पवित्र नदियों के स्नान को इस नदी के स्नान के समान महत्व दिया गया।

03. एक अन्य किंवदंती में इस तथ्य का उल्लेख है कि एक बार जब ऋषि तपस्या करने का निश्चय कर रहे थे, तब भगवान ब्रह्मा दरभा घास से एक अंगूठी निकाली और ऋषियों को सलाह दी उस स्थान पर तपस्या करें जहां अंगूठी गिरे। नैमिषारण्य में अंगूठी गिर गई, और यही पर ऋषियों ने तपस्या की और भगवान विष्णु उनकी प्रार्थना से प्रसन्न होकर प्रकट हुए थे।

और पढ़े : कबीर दास जी की रचनाएं, सम्पूर्ण लिस्ट हिंदी में यहाँ पढ़े

नैमिषारण्य का धार्मिक महत्व

वैसे नैमिषारण्य कोई हाल ही में विकसित तीर्थ नहीं है यह पौराणिक काल से हमेशा धार्मिक धार्मिक तीर्थ रहा है । यह प्राचीन तीर्थ स्थल में है हमेशा से ऋषियों, विद्वानों और अन्य भक्तों के लिए प्रमुख आकर्षण का केंद्र रहा है। इस स्थान का उल्लेख में ऋग्वेद भी पाया गया है , ऋग्वेद में उल्लेख होने के साथ महाभारत में भी इसका उल्लेख में से एक महान तीर्थ के रूप में किया गया है और यह अति प्रतिष्ठित तीर्थ स्थान है। वाल्मीकि की रामायण में और बाद में प्राचीन संस्कृत कवि कालिदास द्वारा लिखा गया महाकाव्य रघुवंशम जो द्वारा लिखा गया था उसमे भी नैमिषारण्य का उल्लेख मिला । यह आध्यात्मिक केंद्र तो है ही साथ ही एक ध्यान केंद्र भी है। लोग नैमिषारण्य नदी के पवित्र जल में स्नान करने के लिए भी दूर दूर से आते है।

और पढ़े : हिमाचल प्रदेश की छोटी काशी (Choti Kashi), के भव्य मंदिर और पर्यटन स्थल

लोकेशन

नैमिषारण्य मंदिर सीतापुर जंक्शन और खैराबाद के बीच स्थित है। सीतापुर से मात्र 32 कि.मी. और संडीला रेलवे स्टेशन से 42 कि.मी पर स्थित है। लखनऊ से मंदिर उत्तर क और 45 मील की दूरी पर स्थित है। नैमिषारण्य नदी के तट पर विराजमान है गोमती जो भारत की सबसे पवित्र नदियों में से एक है। इस पवित्र मंदिर के परिसर के अंदर पवित्र कुआं जिसे चक्र कुंड नाम दिया गया है, चक्र कुंडा भगवान विष्णु से संबंधित एक अंगूठी है और उस कुंड के पानी में पवित्र डुबकी लगाने के लिए कई लोग यहाँ आते है।

नैमिषारण्य के आसपास के प्रमुख आकर्षण

यहाँ घूमने के लिए कुछ पवित्र स्थान हैं :

व्यास गद्दी – माना जाता है की यही से वेद व्यास ने पुराणों की रचना की और अपने ज्ञान को जैमिनी, अंगीरा, शुक देव, वैशम्पायम और सुथ में बांटते हुए वेदों को चार भागों में विभाजित किया था।

श्री ललिता देवी मंदिर नैमिषारण्य
PC : Naimisharanya

श्री ललिता देवी मंदिर – जब शिव जी की पत्नी माँ सती ने आत्मदाह कर लिया था जिसके बाद शिव ने माँ सती के शरीर को उठा लिया। रास्ते में, उसका शरीर 108 भागों में विभाजित हो गया जिन जगह पर शरीर के भाग गिरे उनमे से हृदय इस स्थान पर नैमिषारण्य में गिरा,और यह स्थान ललिता देवी मंदिर के रूप में, भारत में शक्तिपीठों में से एक माना जाता है।

दशाश्वमेध घाट:- भगवान राम ने अश्वमेध यज्ञ इस स्थान से ही प्रारंभ किया था और यहाँ पर एक प्राचीन मंदिर स्थित है जिसमें भगवान राम, लक्ष्मण और सीता की मूर्तियाँ स्थापित है।

स्वयंभू मनु और सतरूपा :- यह वह स्थान है जहाँ स्वयंभू मनु और सतरूपा ने २३००० वर्षों तक भगवान नारायण को उनके पुत्र के रूप में जन्म लेने का वरदान प्राप्त करने के लिए तपस्या की ।

Naimisharanya dadhichi temple
PC : Naimisharany

और पढ़े : तुलसीदास जी द्वारा रचित विनय पत्रिका के बारें में सम्पूर्ण तथ्य

दधीची कुंड:- असुर का वध करने हेतु इंद्र दधीचि ऋषि की हड्डियाँ मांगने के लिए दधीचि ऋषि के पास गए ताकि वृत्रा को मारने के लिए एक हथियार तैयार किया जा सके । दधीचि ने तुरंत अपनी हड्डियों के दान की स्वीकृती दे दी और अपनी अंतिम इच्छा का उल्लेख किया की वे मरने से पहले सभी पवित्र नदियों के दर्शन करना चाहते है । उसकी इच्छा पूरी करने के लिए और असुर का वध करने समय बर्बाद ने हो इसलिए इंद्र ने जल देवता को को निर्देशित करते हुए कहा नैमिषारण्य में पवित्र नदियाँ आकर अपना स्थान ले और भारत की समस्त पवित्र नदियों के स्नान को इस नदी के स्नान के समान महत्व दिया गया

सुथ गद्दी:- वेद व्यास के शिष्य सुथ मुनि ने इस स्थान पर 88000 ऋषियों के साथ प्रवचन किया।

हनुमान गद्दी और पांडव किला:- यह स्थान है जहां हनुमान ने अहिरावण का वध कर राम और लक्ष्मण को मुक्त किया और दक्षिण की यात्रा की। पांडवों ने उस स्थान पर तपस्या की थी पांडव किला के नाम से जाना जाता है।

बालाजी मंदिर – जैसा कि नाम से पता चलता है कि यह मंदिर भगवान वेंकटेश्वर को समर्पित है और आंध्र प्रदेश से कई श्रद्धालु यहाँ पर दर्शन करने के लिए आते है। मंदिर अपने परिसर के भीतर उन तीर्थयात्रियों के लिए आवास की सुविधा प्रदान करता है जो वहां रात रुकना चाहते हैं।

नैमिषारण्य कैसे पहुँचे:

सड़क मार्ग से – लखनऊ के नेटवर्क से अच्छी तरह जुड़ा हुआ है दिल्ली जैसे सभी प्रमुख शहरों से जाने वाली सड़कें, मुंबई, आगरा, कानपुर और इलाहाबाद। नियमित बस सुविधाएं उपलब्ध कराई जाती हैं जो नैमिषारण्य आसानी से पहुँचती हैं। लखनऊ से आपको यहां तक जाने वाली कैब किराए पर लेकर भी आ सकते है।

ट्रेन से – बलरामपुर से सीतापुर के लिए नियमित ट्रेनें चलती हैं और कानपुर से नैमिषारण्य। लखनऊ से सीतापुर तक यात्री ट्रेनों में यात्रा करते हुए और फिर बाद में नैमिषारण्य तक बस ले सकते है।

और पढ़े : बुटाटी धाम कैसे पहुंचे, मंदिर कब खुलेगा और चमत्कार – यहां पढ़िए

Tags: NaimisharanyaNaimisharanya hindiNaimisharanya temple
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

अथ श्री हुवावे कथा: चीन की सबसे बड़ी कंपनी की डूबी लुटिया

अगली पोस्ट

JNU से भारत विरोधी तत्वों को निकाल फेंकने के लिए एक सख्त लेकिन सटीक उपाय

संबंधित पोस्ट

विजयादशमी: “संगठन में शक्ति” का प्रतीक
मत

विजयादशमी: “संगठन में शक्ति” का प्रतीक

20 October 2026

विजयादशमी केवल एक त्यौहार नहीं, यह हमारी राष्ट्रीय चेतना का जीवंत प्रतीक है। यह दिन हमें याद दिलाता है कि जब-जब आसुरी शक्तियाँ बढ़ती हैं,...

Pandit Deendayal Upadhyaya Integral Humanism Antyodaya Jana Sangh
इतिहास

पश्चिमी मॉडल से अलग भारत का रास्ता: क्या था दीनदयाल उपाध्याय का ‘एकात्म मानववाद’?

25 September 2026

प्रभावशाली व्यक्तित्व प्रखर चिंतक, एकात्म मानववाद एवं अंत्योदय दर्शन के प्रणेता दीनदयाल उपाध्याय उनकी वैचारिक दृष्टि आचार व्यवहार से कार्यकर्ता  बहुत कुछ सीखते थे ।...

भारत के अलावा किन-किन देशों में होती है गणेश जी की पूजा और क्या है मान्यताएं?
धार्मिक कथा

भारत के अलावा किन-किन देशों में होती है गणेश जी की पूजा और क्या है मान्यताएं?

25 September 2026

10 दिनों की धूमधाम के बाद बप्पा के विसर्जन के साथ ही गणेश उत्सव समाप्त हो गया। गणपति महोत्सव हिंदू धर्म का बहुत ही खास...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

INS Samarthak: The Indigenous Warship Built to Do More Than One Job VO:

INS Samarthak: The Indigenous Warship Built to Do More Than One Job VO:

00:03:01

Why Is India Investing in Underwater Weapons?

00:02:10

How DRDO Is Making India's Military Communications More Secure

00:03:28

How Ice on Aircraft Wings Can Turn Deadly

00:03:19

Indian Army’s New Logistics Plan: Why Bharat Rice Matters

00:04:35
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited