TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    संघ की सौ वर्ष की यात्रा: नागपुर से देशव्यापी विस्तार तक

    संघ की सौ वर्ष की यात्रा: नागपुर से देशव्यापी विस्तार तक

    राष्ट्र सेविका समिति की शाखा – व्यक्ति निर्माण का केंद्र

    राष्ट्र सेविका समिति की शाखा – व्यक्ति निर्माण का केंद्र

    घर: संस्कारों की पहली पाठशाला और राष्ट्र निर्माण का आधार

    घर: संस्कारों की पहली पाठशाला और राष्ट्र निर्माण का आधार

    ‘अराजकता’ को बढ़ावा देने की ढाल नहीं बन सकते ‘तिरंगा’ और अन्य ‘राष्ट्रीय प्रतीक’

    ‘अराजकता’ को बढ़ावा देने की ढाल नहीं बन सकते ‘तिरंगा’ और अन्य ‘राष्ट्रीय प्रतीक’

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    H-1B पर ट्रंप का नया वार: Microsoft से Infosys-TCS तक शिकंजा, भारतीयों के लिए अमेरिका में नौकरियां खत्म ?

    H-1B पर ट्रंप का नया वार: Microsoft से Infosys-TCS तक शिकंजा, भारतीयों के लिए अमेरिका में नौकरियां खत्म ?

    India GDP Growth: World Bank ने FY27 का अनुमान 7.1% किया,महंगा तेल और El Niño से ग्रोथ पर खतरा

    India GDP Growth: World Bank ने FY27 का अनुमान 7.1% किया,महंगा तेल और El Niño से ग्रोथ पर खतरा

    India-Switzerland Deal: अमेरिका से ट्रेड डील में गतिरोध के बीच 100 अरब डॉलर का निवेश, 10 लाख नौकरियों का प्लान

    India-Switzerland Deal: अमेरिका से ट्रेड डील में गतिरोध के बीच 100 अरब डॉलर का निवेश, 10 लाख नौकरियों का प्लान

    Make in India के 12 साल: अब भारत का अगला मैन्युफैक्चरिंग मिशन क्या है? सेमीकंडक्टर से ग्लोबल सप्लाई चेन तक नजर

    Make in India के 12 साल: अब भारत का अगला मैन्युफैक्चरिंग मिशन क्या है? सेमीकंडक्टर से ग्लोबल सप्लाई चेन तक नजर

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    महिला आरक्षण के लिए फिर संसद बुलाएगी सरकार? लोकसभा सीटें बढ़ाने और परिसीमन पर विशेष सत्र की तैयारी

    महिला आरक्षण के लिए फिर संसद बुलाएगी सरकार? लोकसभा सीटें बढ़ाने और परिसीमन पर विशेष सत्र की तैयारी

    स्टारशील्ड विवाद के बीच भारत का बड़ा दांव: GSAT-7C से कैसे मजबूत होगी वायुसेना की ताकत?

    स्टारशील्ड विवाद के बीच भारत का बड़ा दांव: GSAT-7C से कैसे मजबूत होगी वायुसेना की ताकत?

    1948 में ‘जल उषा’, 2026 में FSS-1: हिंदुस्तान शिपयार्ड लिमिटेड की 78 साल की समुद्री छलांग

    1948 में ‘जल उषा’, 2026 में FSS-1: हिंदुस्तान शिपयार्ड लिमिटेड की 78 साल की समुद्री छलांग

    16 साल बाद ट्रेनर तेजस की डिलीवरी! Mk1 से Mk1A तक क्यों उलझता रहा भारत का स्वदेशी फाइटर प्रोग्राम?

    16 साल बाद ट्रेनर तेजस की डिलीवरी! Mk1 से Mk1A तक क्यों उलझता रहा भारत का स्वदेशी फाइटर प्रोग्राम?

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    अमेरिका में मौत का लाइव तमाशा! कौन हैं निदाल हसन, जिन्हें फायरिंग स्क्वाड से दी जाएगी सजा?

    अमेरिका में मौत का लाइव तमाशा! कौन हैं निदाल हसन, जिन्हें फायरिंग स्क्वाड से दी जाएगी सजा?

    भारत का JD Vance को करारा जवाब! भारतीय पेशेवरों पर टिप्पणी को बताया ‘बेहद आपत्तिजनक’, H-1B पर भी साफ की तस्वीर

    भारत का JD Vance को करारा जवाब! भारतीय पेशेवरों पर टिप्पणी को बताया ‘बेहद आपत्तिजनक’, H-1B पर भी साफ की तस्वीर

    The Moon Is Ours’! ट्रंप के दावे के बीच बड़ा सवाल- क्या कोई देश चांद पर कब्जा कर सकता है

    The Moon Is Ours’! ट्रंप के दावे के बीच बड़ा सवाल- क्या कोई देश चांद पर कब्जा कर सकता है

    BRICS 2026 में PM Modi, Putin and Xi Jinping

    BRICS Explained: क्या अमेरिकी डॉलर से दूर जा रही है दुनिया ?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    घर: संस्कारों की पहली पाठशाला और राष्ट्र निर्माण का आधार

    घर: संस्कारों की पहली पाठशाला और राष्ट्र निर्माण का आधार

    एस्ट्रोटॉक vs अन्य ऐप्स: कौन सा है सबसे बेस्ट राशिफल प्लेटफॉर्म?

    एस्ट्रोटॉक vs अन्य ऐप्स: कौन सा है सबसे बेस्ट राशिफल प्लेटफॉर्म?

    नील विद्रोह

    “नील क्रांति का क्रेडिट भी महात्मा गांधी को मिला” जबकि आंदोलन की वास्तविकता कुछ और ही है

    जब नेहरू वाली गलती दोहराने वाले थे लालबहादुर शास्त्री….

    जब नेहरू वाली गलती दोहराने वाले थे लालबहादुर शास्त्री….

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    पीएम मोदी मिलें खिलाड़ियों से

    एशियन गेम्स 2026 के पदक विजेता खिलाड़ियों से मिले PM मोदी, 85 पदकों के साथ चौथे स्थान पर रहा भारत

    भारत में हेयर रिस्टोरेशन: जल्दबाज़ी वाले समाधानों से ज़्यादा ज़रूरी है सही योजना

    भारत में हेयर रिस्टोरेशन: जल्दबाज़ी वाले समाधानों से ज़्यादा ज़रूरी है सही योजना

    The Basketball Draw Will Rewrite Every Asian Games Forecast

    The Basketball Draw Will Rewrite Every Asian Games Forecast

    Why Sports Betting Exploded Among Cricket Fans in India

    Why Sports Betting Exploded Among Cricket Fans in India

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    संघ की सौ वर्ष की यात्रा: नागपुर से देशव्यापी विस्तार तक

    संघ की सौ वर्ष की यात्रा: नागपुर से देशव्यापी विस्तार तक

    राष्ट्र सेविका समिति की शाखा – व्यक्ति निर्माण का केंद्र

    राष्ट्र सेविका समिति की शाखा – व्यक्ति निर्माण का केंद्र

    घर: संस्कारों की पहली पाठशाला और राष्ट्र निर्माण का आधार

    घर: संस्कारों की पहली पाठशाला और राष्ट्र निर्माण का आधार

    ‘अराजकता’ को बढ़ावा देने की ढाल नहीं बन सकते ‘तिरंगा’ और अन्य ‘राष्ट्रीय प्रतीक’

    ‘अराजकता’ को बढ़ावा देने की ढाल नहीं बन सकते ‘तिरंगा’ और अन्य ‘राष्ट्रीय प्रतीक’

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    H-1B पर ट्रंप का नया वार: Microsoft से Infosys-TCS तक शिकंजा, भारतीयों के लिए अमेरिका में नौकरियां खत्म ?

    H-1B पर ट्रंप का नया वार: Microsoft से Infosys-TCS तक शिकंजा, भारतीयों के लिए अमेरिका में नौकरियां खत्म ?

    India GDP Growth: World Bank ने FY27 का अनुमान 7.1% किया,महंगा तेल और El Niño से ग्रोथ पर खतरा

    India GDP Growth: World Bank ने FY27 का अनुमान 7.1% किया,महंगा तेल और El Niño से ग्रोथ पर खतरा

    India-Switzerland Deal: अमेरिका से ट्रेड डील में गतिरोध के बीच 100 अरब डॉलर का निवेश, 10 लाख नौकरियों का प्लान

    India-Switzerland Deal: अमेरिका से ट्रेड डील में गतिरोध के बीच 100 अरब डॉलर का निवेश, 10 लाख नौकरियों का प्लान

    Make in India के 12 साल: अब भारत का अगला मैन्युफैक्चरिंग मिशन क्या है? सेमीकंडक्टर से ग्लोबल सप्लाई चेन तक नजर

    Make in India के 12 साल: अब भारत का अगला मैन्युफैक्चरिंग मिशन क्या है? सेमीकंडक्टर से ग्लोबल सप्लाई चेन तक नजर

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    महिला आरक्षण के लिए फिर संसद बुलाएगी सरकार? लोकसभा सीटें बढ़ाने और परिसीमन पर विशेष सत्र की तैयारी

    महिला आरक्षण के लिए फिर संसद बुलाएगी सरकार? लोकसभा सीटें बढ़ाने और परिसीमन पर विशेष सत्र की तैयारी

    स्टारशील्ड विवाद के बीच भारत का बड़ा दांव: GSAT-7C से कैसे मजबूत होगी वायुसेना की ताकत?

    स्टारशील्ड विवाद के बीच भारत का बड़ा दांव: GSAT-7C से कैसे मजबूत होगी वायुसेना की ताकत?

    1948 में ‘जल उषा’, 2026 में FSS-1: हिंदुस्तान शिपयार्ड लिमिटेड की 78 साल की समुद्री छलांग

    1948 में ‘जल उषा’, 2026 में FSS-1: हिंदुस्तान शिपयार्ड लिमिटेड की 78 साल की समुद्री छलांग

    16 साल बाद ट्रेनर तेजस की डिलीवरी! Mk1 से Mk1A तक क्यों उलझता रहा भारत का स्वदेशी फाइटर प्रोग्राम?

    16 साल बाद ट्रेनर तेजस की डिलीवरी! Mk1 से Mk1A तक क्यों उलझता रहा भारत का स्वदेशी फाइटर प्रोग्राम?

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    अमेरिका में मौत का लाइव तमाशा! कौन हैं निदाल हसन, जिन्हें फायरिंग स्क्वाड से दी जाएगी सजा?

    अमेरिका में मौत का लाइव तमाशा! कौन हैं निदाल हसन, जिन्हें फायरिंग स्क्वाड से दी जाएगी सजा?

    भारत का JD Vance को करारा जवाब! भारतीय पेशेवरों पर टिप्पणी को बताया ‘बेहद आपत्तिजनक’, H-1B पर भी साफ की तस्वीर

    भारत का JD Vance को करारा जवाब! भारतीय पेशेवरों पर टिप्पणी को बताया ‘बेहद आपत्तिजनक’, H-1B पर भी साफ की तस्वीर

    The Moon Is Ours’! ट्रंप के दावे के बीच बड़ा सवाल- क्या कोई देश चांद पर कब्जा कर सकता है

    The Moon Is Ours’! ट्रंप के दावे के बीच बड़ा सवाल- क्या कोई देश चांद पर कब्जा कर सकता है

    BRICS 2026 में PM Modi, Putin and Xi Jinping

    BRICS Explained: क्या अमेरिकी डॉलर से दूर जा रही है दुनिया ?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    घर: संस्कारों की पहली पाठशाला और राष्ट्र निर्माण का आधार

    घर: संस्कारों की पहली पाठशाला और राष्ट्र निर्माण का आधार

    एस्ट्रोटॉक vs अन्य ऐप्स: कौन सा है सबसे बेस्ट राशिफल प्लेटफॉर्म?

    एस्ट्रोटॉक vs अन्य ऐप्स: कौन सा है सबसे बेस्ट राशिफल प्लेटफॉर्म?

    नील विद्रोह

    “नील क्रांति का क्रेडिट भी महात्मा गांधी को मिला” जबकि आंदोलन की वास्तविकता कुछ और ही है

    जब नेहरू वाली गलती दोहराने वाले थे लालबहादुर शास्त्री….

    जब नेहरू वाली गलती दोहराने वाले थे लालबहादुर शास्त्री….

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    पीएम मोदी मिलें खिलाड़ियों से

    एशियन गेम्स 2026 के पदक विजेता खिलाड़ियों से मिले PM मोदी, 85 पदकों के साथ चौथे स्थान पर रहा भारत

    भारत में हेयर रिस्टोरेशन: जल्दबाज़ी वाले समाधानों से ज़्यादा ज़रूरी है सही योजना

    भारत में हेयर रिस्टोरेशन: जल्दबाज़ी वाले समाधानों से ज़्यादा ज़रूरी है सही योजना

    The Basketball Draw Will Rewrite Every Asian Games Forecast

    The Basketball Draw Will Rewrite Every Asian Games Forecast

    Why Sports Betting Exploded Among Cricket Fans in India

    Why Sports Betting Exploded Among Cricket Fans in India

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

जो भारत भूमि में पुनर्जन्म मांगे, ऐसे अशफाकुल्लाह अब कहाँ मिलेंगे?

"खुदा अगर मिल गया कहीं अपनी झोली फैला दूंगा, और जन्नत के बदले उससे पुनर्जन्म ही माँगूंगा”

Animesh Pandey द्वारा Animesh Pandey
22 October 2021
in इतिहास
अशफाकुल्लाह खान

Source- Google

Share on FacebookShare on X

“कभी वो दिन भी आएगा कि जब हम आज़ाद होंगे,

ये ज़मीन अपनी होगी, ये आसमाँ अपना होगा,

संबंधितपोस्ट

क्रान्ति की मशाल : काकोरी कांड के अमर नायक पंडित रामप्रसाद ‘बिस्मिल’

और लोड करें

शहीदों की चिताओं पर लगेंगे हर बरस मेले,

वतन पर मरने वालों का, बाकी यही निशा होगा!”

कुछ ऐसी ही पंक्तियों को अपने कंठ में समाते हुए दो मतवाले एक ही दिन, एक ही समय, दो अलग-अलग स्थानों पर अपनी मातृभूमि को अपना सर्वस्व अर्पण कर गए। दिनांक था 19 दिसंबर 1927 का, और स्थान थे गोरखपुर एवं अयोध्या धाम [तत्कालीन फैज़ाबाद]। इन जगहों पर इन दो क्रांतिकारियों ने देश को अपना सर्वस्व अर्पण किया और देश के लिए कुछ ऐसा कर गए जो स्वयं मोहनदास करमचंद गांधी जैसे नेता भी नहीं कर पाए। परंतु फैज़ाबाद में अपने प्राण अर्पण करने वाले क्रांतिकारी अपने आप में अनोखे थे और इस देश की विडंबना यही है कि उनके जैसे व्यक्तित्व अब विरले ही मिलते हैं। फैजाबाद में अपने प्राण अर्पण करने वाले उस वीर क्रांतिकारी अशफाकुल्लाह खान (अशफाक) की आज जयंती है, जिन्होंने भारतीय संस्कृति की रक्षा के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर कर दिया।

चौरी चौरा के बाद अशफाक ने बदल दिया रास्ता

साल 1900 में 22 अक्टूबर को शाहजहाँपुर के एक खैबर पठान शफीकुल्लाह खान और उनकी पत्नी मेहरुन्निसा के घर अशफाकुल्लाह खान का जन्म हुआ। ये वहीं शाहजहाँपुर है, जहां पर एक अन्य वीर क्रांतिकारी, राम प्रसाद श्रीवास्तव का भी जन्म हुआ, जो बाद में रामप्रसाद ‘बिस्मिल’ के नाम से विश्वविख्यात हुए थे।

प्रारंभ से ही अशफाक अन्य लोगों से अलग थे। वे राष्ट्रवादी विचारधारा की ओर झुकाव रखते थे और उन्होंने तो असहयोग आंदोलन में भी बढ़ चढ़ कर हिस्सा लिया था। लेकिन चौरी चौरा के विद्रोह के पश्चात जब मोहनदास गांधी ने असहयोग आंदोलन को रद्द कर दिया, तो अनेक युवाओं की भांति अशफाक का भी अहिंसा के मार्ग से मोहभंग हो गया।

और पढ़ें : प्यारे वामपंथियों! भगत सिंह एक सच्चे राष्ट्रवादी थे, उन्हें ‘वामपंथी’ कहकर खुद का मजाक मत बनाओ

यही वो समय था जब योगेश चंद्र चटर्जी, शचीन्द्रनाथ बख्शी और शचींद्रनाथ सान्याल जैसे राष्ट्रवादी नेताओं ने डायरेक्ट एक्शन का विकल्प चुना और क्रांति की राह चुनते हुए हिंदुस्तान रिपब्लिकन एसोसिएशन (HRA) की स्थापना की। अशफाकुल्लाह खान भी इसके संस्थापक सदस्यों में से एक थे। यहीं पर इनका परिचय रामप्रसाद बिस्मिल से हुआ। फिर साहित्य को लेकर दोनों का प्रेम, धर्मशास्त्र पर चर्चा और क्रांति के साझा उद्देश्य ने इन दोनों को ऐसा परम मित्र बना दिया, जैसे कि वे कुंभ के मेले के दो बिछड़े भाई थे।

प्रारंभ में HRA केवल पर्चे बांटने और राष्ट्रवाद के मुद्दे पर लोगों को जागृत करने तक सीमित था। हालांकि, कुछ समय बाद पैसे इकट्ठा करने के लिए जमींदारों को लूटने का मार्ग चुना गया लेकिन अशफाक और बिस्मिल को अपने ही देशवासियों को लूटना उचित नहीं लगा और उन्होंने इस मार्ग को त्याग दिया। इसी समय प्रादुर्भाव हुआ एक युवा क्रांतिकारी चंद्रशेखर तिवारी का, जिनके व्यक्तित्व से अशफाक और रामप्रसाद बिस्मिल दोनों ही प्रभावित हुए और यही बाद में चंद्रशेखर आज़ाद के नाम से विश्वविख्यात भी हुए।

इतिहास में दर्ज है काकोरी की घटना

सन् 1925 में इन क्रांतिकारियों के जीवन में एक महत्वपूर्ण मोड़ आया। रामप्रसाद बिस्मिल ने ध्यान दिया कि सहारनपुर से लखनऊ जाने वाली नंबर-8 डाउन ट्रेन में एक बक्से में भरकर पैसा जाता है, जिसकी सुरक्षा लगभग नगण्य है। ये पैसा कहने को अंग्रेज़ों का है लेकिन भारतीयों से ही लूटा गया है। यदि इसपर धावा बोलकर ये बक्सा प्राप्त किया जाए, तो एसोसिएशन की सभी समस्याएं दूर होंगी और HRA एक नई दिशा के साथ आगे बढ़ेगी।

अशफाकुल्लाह खान प्रारंभ में इस योजना के पक्ष में नहीं थे, लेकिन उनके विचार एकदम स्पष्ट थे– जो भी इस योजना में शामिल होगा, उसे सरकार के हर कार्रवाई के लिए तैयार रहना होगा और अभी सही समय नहीं है। लेकिन अन्य क्रांतिकारी इस योजना के ख्याल से ही इतने उत्साहित थे कि उन्होंने अशफाक के सलाह को नहीं माना। परंतु जब रामप्रसाद बिस्मिल इस योजना के लिए सहमत हुए तो अशफाक ने इस योजना में सम्मिलित होने के लिए अपनी प्रतिबद्धता जताई। वास्तविकता तो यह भी थी कि अशफाकुल्लाह खान वो अंतिम क्रांतिकारी थे, जिन्हें काकोरी विद्रोह में अंग्रेज़ों द्वारा हिरासत में लिया था।

आखिरकार 8 अगस्त 1925 को लखनऊ के निकट काकोरी में ट्रेन को रोककर रामप्रसाद बिस्मिल के नेतृत्व में 10 क्रांतिकारियों ने धावा बोला और उस बक्से को लूट लिया। बक्से में लगभग 7000 रुपये नकद थे, जो आज के आंकड़ों के अनुसार 6 से 7 लाख रुपये के आसपास होंगे। ये कारनामा तो सफल रहा लेकिन अपने अति उत्साह में एक युवा क्रांतिकारी मन्मथनाथ गुप्ता ने हवाई फायर कर दिया, जिसकी गोली ट्रेन से निकल रहे एक यात्री रहमत अली को लग गई। क्रांतिकारियों की इस एक गलती का फायदा ब्रिटिश सरकार किस प्रकार उठाने वाली थी, किसी को इस बात का आभास नहीं था, लेकिन इस विद्रोह से अंग्रेज़ शासन तिलमिला गया।

और पढ़े- पेशवा माधवराव भट्ट– भारतवर्ष का आधुनिक स्कंदगुप्त जिसने मराठा साम्राज्य को खंडित होने से बचाने का प्रयास किया

ताबड़तोड़ कार्रवाई के पश्चात 26 सितंबर 1925 को रामप्रसाद बिस्मिल हिरासत में ले लिए गए और फिर हिरासत का लंबा दौर प्रारंभ हुआ। इस विद्रोह से जुड़े केवल चार सक्रिय क्रांतिकारी तब पुलिस की गिरफ्त से बच निकलने में सफल रहे थे, जिनमें केशव चक्रवर्ती, चंद्रशेखर आज़ाद, मुरारीलाल शर्मा और अशफाकुल्लाह खान शामिल थे। काकोरी विद्रोह में अप्रत्यक्ष रुप से सक्रिय एक युवा क्रांतिकारी भी शामिल थे, जो तब प्रताप प्रेस सहित विभिन्न पत्रिकाओं के लिए लेख लिखने का काम करते थे। ये कोई और नहीं, वीर क्रांतिकारी सरदार भगत सिंह थे, जो तब हिंदुस्तान रिपब्लिकन एसोसिएशन से नए-नए जुड़े थे।

अशफाक को उनके अपने लोगों ने दिया धोखा

अशफाकुल्लाह ने कुछ दिन अपने पठान मित्र के यहां शरण लेने की सोची, लेकिन उन्हीं के समुदाय ने उनके साथ विश्वासघात करते हुए उन्हें पुलिस के हवाले कर दिया। फैज़ाबाद जेल में अशफाक को न केवल शारीरिक, अपितु मानसिक यातना भी दी गई। एक मुसलमान अफसर तसद्दुक हुसैन जेल में उन्हें निरंतर रामप्रसाद बिस्मिल के विरुद्ध भड़काता रहा, परंतु अशफाक को इन बातों से रत्ती भर भी फरक नहीं पड़ा। लेकिन भाग्य का खेल देखिए दोनों ही महान क्रांतिकारियों को अलग-अलग जगहों पर 19 दिसंबर 1927 को फांसी दे दी गई। दोनों दोस्त एक ही समय एक ही साथ इस संसार से विदा हुए।

कहने को अशफाक मुसलमान थे, लेकिन भारतीय संस्कृति से उन्हें अगाध प्रेम था और यह इतना ज्यादा था कि आज के कथित मुसलमान को भी अपने आप पर शर्म आ जाए। वे कहते थे, “जाऊंगा खाली हाथ मगर ये दर्द साथ ही जायेगा, जाने किस दिन हिन्दोस्तान आज़ाद वतन कहलायेगा? बिस्मिल हिन्दू हैं कहते हैं “फिर आऊंगा, फिर आऊंगा, फिर आकर के ऐ भारत मां तुझको आज़ाद कराऊंगा”। जी करता है मैं भी कह दूँ पर मजहब से बंध जाता हूँ, मैं मुसलमान हूं पुनर्जन्म की बात नहीं कर पाता हूं, हां खुदा अगर मिल गया कहीं अपनी झोली फैला दूंगा, और जन्नत के बदले उससे यक पुनर्जन्म ही माँगूंगा”।

काश! ऐसे और भी भारतीय होते।

और पढ़े- चीन के प्रति नेहरू की निस्स्वार्थ सेवा के लिए उन्हें चीन का सर्वोच्च सम्मान “The Medal of the Republic” मिलना चाहिए

Tags: अशफाकुल्लाह खानकाकोरी कांड
शेयर2ट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

दिवाली से पहले भारत ने तुर्की को FATF के Grey रंग में रंग दिया है

अगली पोस्ट

कट्टर निहंगों ने पुलिस स्टेशन पर हमला कर अपने साथियों को छुड़ाने की दी धमकी

संबंधित पोस्ट

नील विद्रोह
इतिहास

“नील क्रांति का क्रेडिट भी महात्मा गांधी को मिला” जबकि आंदोलन की वास्तविकता कुछ और ही है

2 October 2026

हमारे देश में अनेक आंदोलन हुए, जिनका दर्द आज भी भारतीयों की रगों में जिंदा है। कुछ आंदोलन ऐसे हैं, जो बिना तोप ताने और...

जब नेहरू वाली गलती दोहराने वाले थे लालबहादुर शास्त्री….
इतिहास

जब नेहरू वाली गलती दोहराने वाले थे लालबहादुर शास्त्री….

2 October 2026

वो कहते हैं “दुर्घटना से देर भली”। आज भारत की आक्रामकता से कोई भी अनभिज्ञ नहीं है। परंतु स्वतंत्रता के पश्चात प्रारम्भिक दो दशकों में...

22 मार्च को भगत सिंह ने अपने साथियों को पत्र लिखा था
इतिहास

‘मैं एक शर्त पर ज़िंदा रह सकता हूं…’: अपने आखिरी पत्र में भगत सिंह ने साथियों से क्या कहा?

28 September 2026

भारत के स्वतंत्रता संग्राम के नायकों की चर्चा भगत सिंह का नाम लिए बगैर हमेशा अधूरी ही मानी जाएगी। भगत सिंह का योगदान इतिहास के...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

Why Is India Investing in Underwater Weapons?

Why Is India Investing in Underwater Weapons?

00:02:10

How DRDO Is Making India's Military Communications More Secure

00:03:28

How Ice on Aircraft Wings Can Turn Deadly

00:03:19

Indian Army’s New Logistics Plan: Why Bharat Rice Matters

00:04:35

Why Tejas Mk2 Matters: India’s Fighter Bridge Between 4th Gen jets and AMCA

00:04:59
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited