TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    SFDR तकनीक इन दोनों समस्याओं का समाधान करती है

    SFDR टेस्ट: भारत की ‘स्वदेशी मीटियोर’ कैसे बदलने वाली है BVR कॉम्बैट का पूरा समीकरण

    बंगाल सीएम ममता बेनर्जी खुद करेंगी करेगी कोर्ट में सवाल

    सुप्रीम कोर्ट पहुंची बंगाल सीएम ममता बनर्जी, खुद लड़ सकती हैं अपना केस

    दिल्ली में लापता महिलाओं की बढ़ती संख्या

    2026 की शुरुआत में दिल्ली में लापता मामलों में तेज़ उछाल, महिलाओं की संख्या सबसे अधिक

    बुद्ध ग्रां प्री की वापसी की संभावनाएं

    भारत में फ़ॉर्मूला 1 की वापसी की उम्मीदें तेज़, बुद्ध सर्किट पर फिर दौड़ सकती हैं रेस कारें

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    अडानी ग्रुप इटली के लियोनार्दो के साथ स्वदेशी समानों से बनाएगा हेलिकॉप्टर

    भारत में हेलिकॉप्टर उत्पाद बढ़ेगा, अदानी ग्रुप ने लियोनार्दो के साथ की पहल ,स्वदेशी को दिया जाएगा बढ़ावा

    युवाओॆ का बजट

    युवा चेतना को लेकर क्या कहता है 2026–27 का यूनियन बजट ?

    भारत-यूरोपीय संघ समझौता वैश्विक व्यापार के लिए बड़ा अवसर

    पीएम मोदी-ट्रम्प के बीच बातचीत के बाद भारत पर अमेरिकी टैरिफ घट कर हुआ 18%

    वित्त मंत्री ने देश का रक्षा बजट ₹6.81 लाख करोड़ से बढ़ाकर ₹7.85 लाख करोड़ कर दिया है

    रक्षा और इंफ्रास्ट्रक्चर पर बड़ा फोकस: बजट 2026–27 की रणनीति

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    डिंगातारा सिंगापुर के साथ मिलकर करेगा उपग्रहों की सुरक्षा

    अंतरिक्ष मलबे से निपटने के लिए भारतीय स्टार्टअप डिंगातारा और सिंगापुर की साझेदारी

    भारत-जर्मनी की मेगा सबमरीन डील

    भारत-जर्मनी की मेगा सबमरीन डील जल्द! समुद्र में बढ़ेगी भारत की ताकत

    MSME और ड्रोन उद्योग पर राहुल गांधी के बयान, BJP ने किया खंडन

    मेक इन इंडिया पर राहुल गांधी की आलोचना, भाजपा का पलटवार

    ravikota

    एलसीए मैन’ रवि कोटा संभालेंगे एयरोनॉटिक्स लिमिटेड की जिम्मेदारी, उत्पादन और सुधार पर रहेगा फोक्स

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    भारत–EU सहयोग को नई गति

    समुद्री निगरानी को मजबूत करता भारत, यूरोपीय संघ को दी IFC-IOR तक पहुंच

    एलन मस्क को भारत से बड़ा झटका

    एलन मस्क को झटका : भारत ने स्टारलिंक के GEN-2 सैटेलाइट सिस्टम को किया खारिज

    तिब्बत में चीनी नियंत्रण के दावों की समीक्षा

    तिब्बत का इतिहास और चीन का दावा: “प्राचीन शासन” मिथक पर सवाल

    भारत तीसरा एशियाई देश बना

    भारत तीसरा एशियाई देश बना जिसने यूरोपीय संघ के साथ सुरक्षा और रक्षा साझेदारी पक्की की

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    के एम करियाप्पा अनुशासन के प्रतीक

    फील्ड मार्शल के .एम. करियाप्पा : अनुशासन और देशभक्ति की मिसाल

    10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    इतिहास की गवाही: 10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    नेहरू अपने निजी अकाउंट में जमा कराना चाहते थे कुछ खजाना!

    नेताजी की आजाद हिंद फौज के खजाने का क्या हुआ? क्यों खजाने की लूट पर जांच से बचते रहे जवाहर लाल नेहरू ?

    भारतीय संविधान और मौलिक अधिकार

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकार बाहर से नहीं आए, इनकी संकल्पना भारतीय ज्ञान परंपरा में सदियों से मौजूद है

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    आतंक के खिलाफ बड़ा कदम: J&K में 5 सरकारी कर्मचारियों की सेवा समाप्त

    जम्मू कश्मीर में 5 सरकारी कर्मचारी सेवा से बर्खास्त , जानें क्यों मनोज सिन्हा ने लिया यह फैसला?

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    शोले फिल्म में पानी की टंकी पर चढ़े धर्मेंद्र

    बॉलीवुड का ही-मैन- जिसने रुलाया भी, हंसाया भी: धर्मेंद्र के सिने सफर की 10 नायाब फिल्में

    नीतीश कुमार

    जेडी(यू) के ख़िलाफ़ एंटी इन्कंबेसी क्यों नहीं होती? बिहार में क्यों X फैक्टर बने हुए हैं नीतीश कुमार?

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    SFDR तकनीक इन दोनों समस्याओं का समाधान करती है

    SFDR टेस्ट: भारत की ‘स्वदेशी मीटियोर’ कैसे बदलने वाली है BVR कॉम्बैट का पूरा समीकरण

    बंगाल सीएम ममता बेनर्जी खुद करेंगी करेगी कोर्ट में सवाल

    सुप्रीम कोर्ट पहुंची बंगाल सीएम ममता बनर्जी, खुद लड़ सकती हैं अपना केस

    दिल्ली में लापता महिलाओं की बढ़ती संख्या

    2026 की शुरुआत में दिल्ली में लापता मामलों में तेज़ उछाल, महिलाओं की संख्या सबसे अधिक

    बुद्ध ग्रां प्री की वापसी की संभावनाएं

    भारत में फ़ॉर्मूला 1 की वापसी की उम्मीदें तेज़, बुद्ध सर्किट पर फिर दौड़ सकती हैं रेस कारें

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    अडानी ग्रुप इटली के लियोनार्दो के साथ स्वदेशी समानों से बनाएगा हेलिकॉप्टर

    भारत में हेलिकॉप्टर उत्पाद बढ़ेगा, अदानी ग्रुप ने लियोनार्दो के साथ की पहल ,स्वदेशी को दिया जाएगा बढ़ावा

    युवाओॆ का बजट

    युवा चेतना को लेकर क्या कहता है 2026–27 का यूनियन बजट ?

    भारत-यूरोपीय संघ समझौता वैश्विक व्यापार के लिए बड़ा अवसर

    पीएम मोदी-ट्रम्प के बीच बातचीत के बाद भारत पर अमेरिकी टैरिफ घट कर हुआ 18%

    वित्त मंत्री ने देश का रक्षा बजट ₹6.81 लाख करोड़ से बढ़ाकर ₹7.85 लाख करोड़ कर दिया है

    रक्षा और इंफ्रास्ट्रक्चर पर बड़ा फोकस: बजट 2026–27 की रणनीति

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    डिंगातारा सिंगापुर के साथ मिलकर करेगा उपग्रहों की सुरक्षा

    अंतरिक्ष मलबे से निपटने के लिए भारतीय स्टार्टअप डिंगातारा और सिंगापुर की साझेदारी

    भारत-जर्मनी की मेगा सबमरीन डील

    भारत-जर्मनी की मेगा सबमरीन डील जल्द! समुद्र में बढ़ेगी भारत की ताकत

    MSME और ड्रोन उद्योग पर राहुल गांधी के बयान, BJP ने किया खंडन

    मेक इन इंडिया पर राहुल गांधी की आलोचना, भाजपा का पलटवार

    ravikota

    एलसीए मैन’ रवि कोटा संभालेंगे एयरोनॉटिक्स लिमिटेड की जिम्मेदारी, उत्पादन और सुधार पर रहेगा फोक्स

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    भारत–EU सहयोग को नई गति

    समुद्री निगरानी को मजबूत करता भारत, यूरोपीय संघ को दी IFC-IOR तक पहुंच

    एलन मस्क को भारत से बड़ा झटका

    एलन मस्क को झटका : भारत ने स्टारलिंक के GEN-2 सैटेलाइट सिस्टम को किया खारिज

    तिब्बत में चीनी नियंत्रण के दावों की समीक्षा

    तिब्बत का इतिहास और चीन का दावा: “प्राचीन शासन” मिथक पर सवाल

    भारत तीसरा एशियाई देश बना

    भारत तीसरा एशियाई देश बना जिसने यूरोपीय संघ के साथ सुरक्षा और रक्षा साझेदारी पक्की की

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    के एम करियाप्पा अनुशासन के प्रतीक

    फील्ड मार्शल के .एम. करियाप्पा : अनुशासन और देशभक्ति की मिसाल

    10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    इतिहास की गवाही: 10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    नेहरू अपने निजी अकाउंट में जमा कराना चाहते थे कुछ खजाना!

    नेताजी की आजाद हिंद फौज के खजाने का क्या हुआ? क्यों खजाने की लूट पर जांच से बचते रहे जवाहर लाल नेहरू ?

    भारतीय संविधान और मौलिक अधिकार

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकार बाहर से नहीं आए, इनकी संकल्पना भारतीय ज्ञान परंपरा में सदियों से मौजूद है

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    आतंक के खिलाफ बड़ा कदम: J&K में 5 सरकारी कर्मचारियों की सेवा समाप्त

    जम्मू कश्मीर में 5 सरकारी कर्मचारी सेवा से बर्खास्त , जानें क्यों मनोज सिन्हा ने लिया यह फैसला?

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    शोले फिल्म में पानी की टंकी पर चढ़े धर्मेंद्र

    बॉलीवुड का ही-मैन- जिसने रुलाया भी, हंसाया भी: धर्मेंद्र के सिने सफर की 10 नायाब फिल्में

    नीतीश कुमार

    जेडी(यू) के ख़िलाफ़ एंटी इन्कंबेसी क्यों नहीं होती? बिहार में क्यों X फैक्टर बने हुए हैं नीतीश कुमार?

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

उर्दू बनाम हिन्दी: वो युद्ध जिसे उर्दू कभी नहीं जीत सकती

हिंदी में जो मधुरता है, वो उर्दू में नहीं!

Animesh Pandey द्वारा Animesh Pandey
21 October 2021
in चर्चित
उर्दू हिन्दी
Share on FacebookShare on X

इन दिनों उर्दू और हिन्दी के बीच में घमासान युद्ध छिड़ा हुआ है, और कारण है फैब इंडिया। नहीं समझे? फैबइंडिया के वर्तमान ‘जश्न-ए-रिवाज़’ कलेक्शन के जरिए दीपावली, और उससे भी बढ़कर भारतीय संस्कृति के उर्दूकरण को बढ़ावा दिया जा रहा था, जिसके चलते इसका भारी विरोध हुआ और फैबइंडिया को इससे संबंधित विज्ञापन हटाने पर विवश होना पड़ा।

लेकिन इससे कई उर्दू प्रेमियों को विशेष जलन होने लगी है। वे सनातनियों, विशेषकर हिन्दीभाषियों को नीचा दिखाने के लिए तरह-तरह के ट्वीट करने लगे। इसमें सबसे अग्रणी रहा इश्क उर्दू नाम का एक ट्विटर अकाउंट, जिसने हिन्दीभाषियों पर तंज कसते हुए ट्वीट किए, “क्योंकि हिन्दू दक्षिणपंथ उर्दू को तनिक भी स्वीकार नहीं कर सकता और फैबइंडिया जैसे ब्रांड को उर्दू का उपयोग करने के लिए बॉयकॉट कर रहा है, इसलिए हमने बिना उर्दू के भारत की कल्पना की है” –

संबंधितपोस्ट

‘हिम्मत है तो माहिम दरगाह जाकर उर्दू बोलने वालों को पीटें’: निशिकांत दुबे की ठाकरे परिवार को चुनौती

तुम्हें पीएम मोदी की हिंदी नहीं उनकी सफलता खल रही है क्योंकि तुम्हारी सोच गुलाम है

60 साल पुराने हिंसक आंदोलन को फिर हवा देने की कोशिश कर रही डीएमके! जानें क्या है थ्री लैंग्वेज फॉर्मूला जिसके खिलाफ युद्ध की चेतावनी दे रहे स्टालिन

और लोड करें

Since Hindu Right wing can’t stand Urdu words and are boycotting brands like @FabindiaNews for using #Urdu, let’s imagine India without Urdu.

Thread… https://t.co/c2z7xURG4m pic.twitter.com/zKH2vStnPN

— Ishq Urdu عشق اردو (@Ishq_Urdu) October 19, 2021

इस थ्रेड के अंतर्गत कई फिल्मों और प्रसिद्ध बॉलीवुड फिल्मों के संवाद का हिन्दी में रूपांतरण किया गया है, जैसे सौदागर फिल्म का नाम हो गया व्यापारी और शहंशाह का बन गया सम्राट। इसके पीछे इश्क उर्दू का उद्देश्य स्पष्ट था – हिंदीभाषियों को उनके आक्रोश के लिए लज्जित करना और उन्हें सबके समक्ष हीन रूप में प्रस्तुत करना। परंतु एक व्यक्ति के ट्वीट ने तो मानो इन्ही के प्रोपगैंडा पर भयंकर पानी फेर दिया। तरणका कुराडू ने बड़े ही भोलेपन से मानो ट्वीट करते हुए कहा,

“एक तेलुगुभाषी होने के नाते मुझे हिन्दी गीत और उनके शीर्षक बड़े क्लिष्ट लगे हैं। मुझे बहुत बाद में आभास हुआ कि वे अधिकतम उर्दू में लिखे जाते हैं, हिन्दी में नहीं। जो हिन्दी के संस्करण आपने लिखे हैं, वो सुनने में भी मधुर हैं, और हमारे जैसे गैर-हिन्दीभाषियों के लिए भी समझने में सरल हैं” –

As a Telugu speaker, I’ve always found it impossible to follow hindi songs and movie titles. It sounded alien to me. Only recently I realised that’s so coz it is Urdu not Hindi. The hindi versions you posted sound pleasant and are easy for us non-hindi peeps to understand.

— A-B-Squared (@FromTarnaka) October 20, 2021

तरणका अपने विश्लेषण में शत-प्रतिशत सत्य बोल रहे हैं, क्योंकि हिन्दी और उर्दू में उतना ही अंतर है जितना आकाश और पाताल में। इसका सबसे प्रमुख कारण है – अस्तित्व। एक भाषा का अपना मूल अस्तित्व होना चाहिए, उसकी स्पष्ट व्यवस्था, नियमावली, शब्दकोश, पांडुलिपि इत्यादि। हिन्दी में हमें ये सभी तत्व प्राप्त हैं, चाहे वो व्यवस्था हो, नियमावली, शब्दकोश अथवा पांडुलिपि। हिन्दी एक प्रकार से देवभाषा संस्कृत का सरल उच्चारण ही है, जिसे अगर ध्यान से पढ़ा जाए, तो कई क्षेत्रीय भाषाएँ, जैसे तेलुगु, मलयालम, मराठी इत्यादि को समझने, उनका पाठ करने और उनका अनुसरण करने में भी सरलता प्राप्त होगी।

इसकी तुलना में उर्दू का न अपना कोई अस्तित्व है, न कोई नियमावली, न कोई स्पष्ट पांडुलिपि और न ही कोई शब्दकोश। वैसे चोरी के मामले में अंग्रेजी भी उर्दू से भिन्न नहीं है, लेकिन उसने फिर भी अपने एक लिए विशिष्ट प्रणाली स्थापित की है, अपने व्याकरण की अलग पद्वति स्थापित की, परंतु उर्दू तो ये भी करने में असफल रही। ‘उर्दू’ का मूल अर्थ जानते हैं क्या है? ‘छावनी की भाषा’, यानि वो भाषा, जो अधिकतम उस समय के [तुर्की आक्रांता] सैनिक बोलते थे। अरबी, फारसी, खड़ी बोली और हिन्दुस्तानी की अधपकी खिचड़ी का परिणाम है उर्दू। इसे भाषा बोलना ही भाषा शब्द का घोर अपमान होगा, क्योंकि भाषा की सबसे मूल आवश्यकता है मौलिकता यानि originality, जो उर्दू में दूर-दूर तक नहीं है।

उर्दू की वास्तविकता क्या है, यह ‘हैपी भाग जाएगी’ के एक संवाद से बेहतर कोई नहीं समझा सकता। या तो भूलवश या जानबूझकर, परंतु एक दृश्य ऐसा आता है, जहां फिल्म का अभिनेता शराब के नशे में धुत होकर बताता है कि उर्दू कितनी द्विअर्थी बोली है, जो दिखाती कुछ और है, और वास्तव में होती कुछ और है। फिल्म में संवाद था “पाजी, ये उर्दू न बड़ी डेडली लैंग्वेज है, कोई आम सी चीज़ होनी है, उर्दू में लगदी है किन्नी बड़ी तोप है। पहले मुझे लगता था, कोई खास चीज़ होती है, वो तशरीफ़। जब पता चला तो हँसते-हँसते…. l” निस्संदेह, फिल्म में पाकिस्तानियों का जबरदस्त महिमामंडन हुआ, परंतु उस एक क्षण के लिए अनजाने में सही, परंतु सत्य सामने आ ही गया।

लेकिन जैसे अंग्रेज़ीभाषी अपनी संस्कृति दुसरे लोगों पर थोपने का प्रयास करते रहे हैं, वैसे ही उर्दूभाषी भी अपनी संस्कृति और अपनी बोली लोगों पर बलपूर्वक थोपते आए हैं। ये आज से नहीं, मुगल काल से चल रहा है, जब सर्वप्रथम उर्दू को सर्वाधिक बढ़ावा दिया गया था। हैदराबाद के निज़ाम शाही से लेकर स्वतंत्र भारत का स्वाधीनता संग्राम केवल राजनीतिक ही नहीं, अपितु सांस्कृतिक भी था। हैदराबाद एक ऐसा क्षेत्र था, जहां पर कन्नड़, मराठी, तेलुगु एवं हिन्दीभाषी लोगों का बहुमत अधिक था। यदि प्रत्यक्ष रूप से नहीं तो अप्रत्यक्ष रूप से सब हिन्दी से किसी न किसी प्रकार अवश्य जुड़े थे, लेकिन निज़ाम शाही उन पर जबरदस्ती उर्दू थोपती थी, जिनका उनकी संस्कृति से दूर-दूर तक कोई नाता नहीं था। आज ‘Stop Hindi Imposition’ के नारे लगाने वाले वामपंथियों को इन घटनाओं के उल्लेख मात्र पर ही सांप सूंघ जाता है।

और पढ़ें : कैसे सरदार पटेल के नेतृत्व में ऑपरेशन पोलो ने भारत को सम्पूर्ण इस्लामीकरण से बचाया

उर्दू की इसी औपनिवेशिक मानसिकता को रेखांकित करते हुए अपने ट्वीट्स के जरिए TFI के संस्थापक अतुल मिश्रा ने बताया कि आखिर क्यों एक लंबी लड़ाई में उर्दू हिन्दी से विजयी कभी नहीं सिद्ध हो सकती। ट्वीट में पूछा गया कि, “भर दे झोली मेरी में से ‘भर दे मेरी’ हटा दें तो बचेगा क्या? झोली भी एक देशज शब्द जिसके अवधी मूल है।”

इसी भांति प्रेम और वासना के उदाहरण के माध्यम से हिन्दी और उर्दू के बीच का अंतर स्पष्ट करते हुए अतुल मिश्रा ने एक अन्य ट्वीट में कहा, “सत्य कहें तो उर्दू हिन्दी से कहीं अधिक वासना से ओतप्रोत हैं। प्रेम तो क्या, प्रणय को भी देवतुल्य बनाने की क्षमता है हिन्दी भाषा में। विश्वास नहीं होता तो स्वयं पढिए –

मैं तुम्हारी जिस्म की गर्मी में जलना चाहता हूँ

मैं तुम्हारे देह की उष्मा में दग्ध होना चाहता हूँ

अब बताइए, वासना किसमें अधिक है?” –

To be fair to Urdu, it sounds more lustful than Hindi. Hindi makes love and even lovemaking sound pious (because that was the idea)

मैं तुम्हारी जिस्म की गर्मी में जलना चाहता हूँ

मैं तुम्हारे देह की उष्मा में दग्ध होना चाहता हूँ

Urdu is the clear winner in the lust department.

— Atul Kumar Mishra (@TheAtulMishra) October 20, 2021

किसी ने सही ही कहा है, कभी भी वो युद्ध प्रारंभ न करें, जिसमें आप विजयी न हो सकें। उर्दूभाषियों ने हिन्दी के गज समान अस्तित्व को अपनी कुंठा से चुनौती देने का दुस्साहस अवश्य किया है, परंतु यदि हिन्दी रूपी गज ने अपना वास्तविक रौद्र रूप दिखाया, तो उर्दूभाषियों को सर छुपाने की भी जगह नहीं मिलेगी।

Tags: उर्दूहिंदी
शेयर177ट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

वैक्सीनेशन में सौ करोड़ का आंकड़ा पार होते ही वामपंथियों को लगी मिर्ची, किया विधवा विलाप

अगली पोस्ट

कट्टरपंथ इस्लाम एक अर्थव्यवस्था को क्या से क्या बना देता है, तुर्की इस बात का उदाहरण है

संबंधित पोस्ट

मणिपुर विधानसभा
चर्चित

मणिपुर को आज मिल सकता है नया मुख्यमंत्री, संभावित सरकार गठन को लेकर बीजेपी मुख्यालय में विधायक दल की बैठक

3 February 2026

लंबे वक्त से राजनीतिक अस्थिरता से जूझ रहे मणिपुर को आज नया मुख्यमंत्री मिल सकता है। संभावित सरकार गठन को लेकर भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी)...

केरल के कम्युनिस्ट नेता वी.एस अच्युतानंदन को पद्म विभूषण देगी मोदी सरकार; धर्मेंद्र, शिबू सोरेन, अलका याज्ञनिक, रोहित शर्मा, पीयूष पांडे को भी पद्म सम्मान
चर्चित

केरल के कम्युनिस्ट नेता वी.एस अच्युतानंदन को पद्म विभूषण देगी मोदी सरकार; धर्मेंद्र, शिबू सोरेन, अलका याज्ञनिक, रोहित शर्मा, पीयूष पांडे को भी पद्म सम्मान

25 January 2026

गणतंत्र दिवस 2026 के मौके पर केंद्र सरकार ने देश के सर्वोच्च नागरिक सम्मानों में से एक पद्म पुरस्कारों का ऐलान कर दिया है। इस...

तानाशाही मॉडल अब केवल चीन की सीमाओं तक सीमित नहीं रहा है
चर्चित

डिजिटल तानाशाही का मॉडल: चीन और खामोश होती दुनिया

23 January 2026

किसी मनुष्य का आग में जल जाना ऐसा दृश्य है जिसकी आँच इतनी भयावह और तीव्र होती है कि वह सरकार की सबसे सख्त सेंसरशिप...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

India’s Swadesi ‘Meteor’: Word’s Most Lethal BVR Missile | Gandiv| SFDR | DRDO

India’s Swadesi ‘Meteor’: Word’s Most Lethal BVR Missile | Gandiv| SFDR | DRDO

00:06:48

Between Rafale and AMCA; Where Does the Su-57 Fit | IAF| HAL | Wings India

00:06:10

Pakistan’s Rafale Narrative Ends at Kartavya Path| Sindoor Formation Exposes the BS022 Claim | IAF

00:09:35

If US Says NO, F-35 Can’t Fly: The Hidden Cost of Imports | Make In India

00:06:15

Republic Day Shock: India’s Hypersonic Warning to the World| DRDO | HGV | Indian Army

00:05:24
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited