TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    फ्रांस से 114 राफेल खरीदने की ₹3.25 लाख करोड़ डील को जल्द मिल सकती है DAC की मंज़ूरी

    आखिर क्यों IAF का एक औपचारिक दस्तावेज पाकिस्तान के पूरे प्रोपेगेंडा पर भारी पड़ गया ?

    संभल जिले में पुलिस के डॉग स्क्वॉड की सदस्य मैरी ने एक ब्लाइंड रेप केस सुलझाने में अहम भूमिका निभाई

    संभल में डॉग मैरी ने सुलझाया ब्लाइंड रेप केस, गमछा सूंघकर आरोपी के घर तक पहुंची

    श्यामा प्रसाद मुखर्जी के ऐतिहासिक भाषणों की प्रासंगिकता,

    बलिदान दिवस विशेष: डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के ऐतिहासिक भाषणों की प्रासंगिकता

    पीएम मोदी ने कहा भारत सबकी पसंद

    पीएम मोदी : भारत अब केवल दुनिया का हिस्सा नहीं, बल्कि दुनिया की पहली पसंद बन रहा है

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि ने मोदी सरकार के तहत भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था को दी मजबूती, सेवा क्षेत्र और निवेश बने व्यापक विकास के प्रमुख आधार

    भारत की अर्थव्यवस्था

    भारत की अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती, GDP ग्रोथ 7.7% पहुंची; अगले साल धीमी पड़ सकती है रफ्तार

    UPI का अंतरराष्ट्रीय विस्तार भी तेजी से बढ़ रहा

    UPI ने मई में 29.9 लाख करोड़ रुपये के लेनदेन के साथ बनाया नया रिकॉर्ड, भारत में डिजिटल भुगतान व्यवस्था हुई और मजबूत

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    एनडीए के कई पूर्व छात्र देश के बड़े सैन्य

    एनडीए की 150वीं पासिंग आउट परेड आज, 77 साल के इतिहास का खास पल

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    रूसी तेल का आयात

    रूसी तेल का आयात पहले से ज्यादा कर रहा है भारत, 41 देशों से हो रही ऊर्जा खरीद: हरदीप सिंह पुरी

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    कैंसर’ बताने पर घिरीं ईयू प्रमुख कैलस

    चीन को ‘कैंसर’ बताने पर घिरीं ईयू प्रमुख कैलस, बयान बना वैश्विक कूटनीतिक विवाद

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    महाभारत से जुड़े प्रमुख दृश्य

    महाभारत: श्रीकृष्ण ने पांडवों के लिए मांगे थे ये 5 गांव, आज इन नामों से जाने जाते हैं शहर

    अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा मामले की जांच

    अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा मामले की जांच SIT के हाथों में, 200 करोड़ रुपये से अधिक की कथित गड़बड़ी की आशंका

    लेफ्टिनेंट शशांक तिवारी के माता-पिता

    लेफ्टिनेंट शशांक तिवारी को मरणोपरांत कीर्ति चक्र से सम्मानित किया गया

    अयोध्या राम मंदिर के चंदे को लेकर विवाद

    राम मंदिर के चंदे को लेकर विवाद, अखिलेश यादव के आरोपों पर ट्रस्ट ने दिया जवाब

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज शिप

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज पर नोरोवायरस का हमला: 3116 यात्रियों वाले क्रूज शिप पर 115 लोग बीमार

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    फ्रांस से 114 राफेल खरीदने की ₹3.25 लाख करोड़ डील को जल्द मिल सकती है DAC की मंज़ूरी

    आखिर क्यों IAF का एक औपचारिक दस्तावेज पाकिस्तान के पूरे प्रोपेगेंडा पर भारी पड़ गया ?

    संभल जिले में पुलिस के डॉग स्क्वॉड की सदस्य मैरी ने एक ब्लाइंड रेप केस सुलझाने में अहम भूमिका निभाई

    संभल में डॉग मैरी ने सुलझाया ब्लाइंड रेप केस, गमछा सूंघकर आरोपी के घर तक पहुंची

    श्यामा प्रसाद मुखर्जी के ऐतिहासिक भाषणों की प्रासंगिकता,

    बलिदान दिवस विशेष: डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के ऐतिहासिक भाषणों की प्रासंगिकता

    पीएम मोदी ने कहा भारत सबकी पसंद

    पीएम मोदी : भारत अब केवल दुनिया का हिस्सा नहीं, बल्कि दुनिया की पहली पसंद बन रहा है

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि ने मोदी सरकार के तहत भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था को दी मजबूती, सेवा क्षेत्र और निवेश बने व्यापक विकास के प्रमुख आधार

    भारत की अर्थव्यवस्था

    भारत की अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती, GDP ग्रोथ 7.7% पहुंची; अगले साल धीमी पड़ सकती है रफ्तार

    UPI का अंतरराष्ट्रीय विस्तार भी तेजी से बढ़ रहा

    UPI ने मई में 29.9 लाख करोड़ रुपये के लेनदेन के साथ बनाया नया रिकॉर्ड, भारत में डिजिटल भुगतान व्यवस्था हुई और मजबूत

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    एनडीए के कई पूर्व छात्र देश के बड़े सैन्य

    एनडीए की 150वीं पासिंग आउट परेड आज, 77 साल के इतिहास का खास पल

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    रूसी तेल का आयात

    रूसी तेल का आयात पहले से ज्यादा कर रहा है भारत, 41 देशों से हो रही ऊर्जा खरीद: हरदीप सिंह पुरी

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    कैंसर’ बताने पर घिरीं ईयू प्रमुख कैलस

    चीन को ‘कैंसर’ बताने पर घिरीं ईयू प्रमुख कैलस, बयान बना वैश्विक कूटनीतिक विवाद

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    महाभारत से जुड़े प्रमुख दृश्य

    महाभारत: श्रीकृष्ण ने पांडवों के लिए मांगे थे ये 5 गांव, आज इन नामों से जाने जाते हैं शहर

    अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा मामले की जांच

    अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा मामले की जांच SIT के हाथों में, 200 करोड़ रुपये से अधिक की कथित गड़बड़ी की आशंका

    लेफ्टिनेंट शशांक तिवारी के माता-पिता

    लेफ्टिनेंट शशांक तिवारी को मरणोपरांत कीर्ति चक्र से सम्मानित किया गया

    अयोध्या राम मंदिर के चंदे को लेकर विवाद

    राम मंदिर के चंदे को लेकर विवाद, अखिलेश यादव के आरोपों पर ट्रस्ट ने दिया जवाब

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज शिप

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज पर नोरोवायरस का हमला: 3116 यात्रियों वाले क्रूज शिप पर 115 लोग बीमार

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

दुश्मन की जमीन पर जिंदा रहने की जंग: अमेरिकी फाइटर पायलट के ‘सर्वाइवल सिस्टम’ की पूरी कहानी

आधुनिक युद्ध के मैदान में सबसे खतरनाक क्षण वह होता है, जब आसमान में उड़ता एक लड़ाकू विमान अचानक नियंत्रण खो देता है और पायलट को दुश्मन के इलाके में इजेक्ट होना पड़ता है

Ayush Aman Rai द्वारा Ayush Aman Rai
4 April 2026
in चर्चित, भू-राजनीति
दुश्मन की जमीन पर जिंदा रहने की जंग: अमेरिकी फाइटर पायलट के ‘सर्वाइवल सिस्टम’ की पूरी कहानी

जानिए US Air Force के सर्वाइवल सिस्टम, और रेस्क्यू रणनीति की पूरी कहानी Image (Aaj Tak)

Share on FacebookShare on X

आधुनिक युद्ध के मैदान में सबसे खतरनाक क्षण वह होता है, जब आसमान में उड़ता एक लड़ाकू विमान अचानक नियंत्रण खो देता है और पायलट को दुश्मन के इलाके में इजेक्ट होना पड़ता है। हाल ही में दक्षिणी ईरान में अमेरिकी फाइटर जेट के क्रैश होने और उसमें सवार पायलटों की तलाश ने इस विषय को फिर से चर्चा में ला दिया है। ऐसे हालात में पायलट सिर्फ अपनी बहादुरी के भरोसे नहीं, बल्कि एक बेहद उन्नत और योजनाबद्ध “सर्वाइवल सिस्टम” के सहारे जिंदा रहता है। यह सिस्टम तकनीक, प्रशिक्षण और रणनीति का ऐसा मिश्रण है, जो किसी भी पायलट को सबसे मुश्किल परिस्थितियों में भी जिंदा रहने और सुरक्षित लौटने की उम्मीद देता है।

युद्ध का सबसे कठिन पल: जब आसमान से जमीन पर गिरना पड़ता है

किसी भी फाइटर पायलट के लिए सबसे कठिन समय तब शुरू होता है, जब उसे अपने विमान से इजेक्ट होना पड़ता है। यह निर्णय कुछ ही सेकंड में लेना होता है, क्योंकि जरा सी देरी जानलेवा साबित हो सकती है। इजेक्शन के बाद पायलट पैराशूट के जरिए जमीन पर उतरता है, लेकिन असली चुनौती तब शुरू होती है। अगर वह अपने देश की सीमा में है, तो बचाव आसान हो सकता है, लेकिन दुश्मन के इलाके में उतरना एक अलग ही युद्ध की शुरुआत है।

संबंधितपोस्ट

कोई सामग्री उपलब्ध नहीं है
और लोड करें

दुश्मन की जमीन पर उतरते ही पायलट को तीन बड़े खतरों का सामना करना पड़ता है—दुश्मन सैनिकों द्वारा पकड़े जाने का खतरा, प्राकृतिक परिस्थितियों से जूझने की चुनौती, और अपनी लोकेशन छिपाते हुए बचाव दल से संपर्क बनाए रखना। यही वह स्थिति है, जिसके लिए वर्षों तक विशेष प्रशिक्षण दिया जाता है।

SERE ट्रेनिंग: जिंदा रहने की कला

अमेरिकी वायुसेना अपने पायलटों को “SERE” यानी Survival, Evasion, Resistance, and Escape की विशेष ट्रेनिंग देती है। इस प्रशिक्षण का मकसद केवल उपकरणों का इस्तेमाल सिखाना नहीं, बल्कि मानसिक रूप से भी पायलट को इतना मजबूत बनाना होता है कि वह किसी भी परिस्थिति में सही निर्णय ले सके।

इस ट्रेनिंग में पायलट को सिखाया जाता है कि कैसे दुश्मन से बचते हुए छिपकर आगे बढ़ना है, कैसे सीमित संसाधनों में भोजन और पानी का इंतजाम करना है, और अगर पकड़े जाएं तो मानसिक रूप से खुद को कैसे मजबूत रखना है। यह प्रशिक्षण पायलट को आत्मनिर्भर बनाता है, ताकि वह हर परिस्थिति में खुद को बचा सके।

सर्वाइवल किट: जमीन पर उतरते ही जीवन रेखा

जब पायलट इजेक्ट करता है, तो उसके साथ जो सबसे महत्वपूर्ण चीज आती है, वह है सर्वाइवल किट। यह किट इजेक्शन सीट के नीचे लगी होती है और पैराशूट के साथ जमीन तक पहुंचती है। जैसे ही पायलट जमीन पर उतरता है, यह किट उसकी जीवन रेखा बन जाती है।

इस किट में सबसे पहले ध्यान कम्युनिकेशन और नेविगेशन पर दिया जाता है। इसमें एक सर्वाइवल रेडियो होता है, जिससे पायलट अपने बचाव दल से संपर्क कर सकता है। इसके साथ ही कंपास, सिग्नल मिरर और आधुनिक GPS बीकन भी होते हैं, जो पायलट को अपनी लोकेशन समझने और बताने में मदद करते हैं।

संकेत देने के आधुनिक तरीके

दुश्मन के इलाके में छिपकर रहना जितना जरूरी है, उतना ही जरूरी सही समय पर अपनी लोकेशन बताना भी है। इसके लिए सर्वाइवल किट में कई तरह के सिग्नलिंग उपकरण होते हैं। फ्लेयर्स, स्मोक बम, स्ट्रोब लाइट और ग्लो स्टिक्स जैसे साधन पायलट को बचाव दल तक अपनी मौजूदगी का संकेत देने में मदद करते हैं।

घने जंगलों, पहाड़ी इलाकों या रात के अंधेरे में ये उपकरण बेहद महत्वपूर्ण हो जाते हैं। कई बार ये छोटे-छोटे संकेत ही जीवन और मौत के बीच का फर्क तय करते हैं।

भोजन और पानी: सीमित संसाधनों में जीवन

दुश्मन के इलाके में जिंदा रहने की सबसे बड़ी चुनौती भोजन और पानी की होती है। इसी को ध्यान में रखते हुए सर्वाइवल किट में हाई एनर्जी फूड पैक और पानी के पैकेट दिए जाते हैं। इसके अलावा पानी को शुद्ध करने की गोलियां भी होती हैं, ताकि पायलट किसी भी स्रोत से पानी लेकर उसे पीने लायक बना सके।

यह किट आमतौर पर तीन से सात दिनों तक जीवित रहने के लिए डिजाइन की जाती है, लेकिन असल परिस्थितियों में पायलट को इससे भी अधिक समय तक काम चलाना पड़ सकता है।

चोट लगने पर तुरंत इलाज

इजेक्शन के दौरान चोट लगना आम बात है। इसलिए सर्वाइवल किट में फर्स्ट-एड की पूरी व्यवस्था होती है। इसमें बैंडेज, दवाइयां और टॉर्निकेट जैसे उपकरण होते हैं, जो खून बहने को रोकने में मदद करते हैं।

टॉर्निकेट विशेष रूप से जीवन रक्षक उपकरण होता है, क्योंकि यह गंभीर चोट की स्थिति में खून के बहाव को तुरंत रोक सकता है। इससे पायलट तब तक सुरक्षित रहता है, जब तक उसे मेडिकल सहायता नहीं मिल जाती।

मौसम से लड़ने की तैयारी

दुश्मन के इलाके में मौसम भी एक बड़ा दुश्मन बन सकता है। चाहे ठंड हो, गर्मी हो या बारिश, हर स्थिति के लिए सर्वाइवल किट में व्यवस्था होती है। थर्मल ब्लैंकेट शरीर की गर्मी बनाए रखने में मदद करता है, जबकि पोंचो बारिश और हवा से बचाव करता है।

इसके अलावा आग जलाने के साधन भी होते हैं, जिससे पायलट गर्मी प्राप्त कर सकता है और जरूरत पड़ने पर भोजन भी पका सकता है।

समुद्र में गिरने की स्थिति

अगर पायलट समुद्र में गिरता है, तो परिस्थितियां पूरी तरह बदल जाती हैं। ऐसे में किट में इंफ्लेटेबल लाइफ राफ्ट होती है, जो उसे पानी में तैरते रहने में मदद करती है। इसके साथ “सी डाई” नाम का एक खास रसायन भी होता है, जो पानी में फैलकर ऊपर से देखने पर साफ दिखाई देता है और बचाव टीम को लोकेशन पहचानने में मदद करता है।

आत्मरक्षा के साधन

हालांकि पायलट का मुख्य उद्देश्य दुश्मन से बचना होता है, लेकिन आत्मरक्षा के लिए भी उसे तैयार रखा जाता है। किट में पिस्टल या कॉम्पैक्ट राइफल दी जाती है, जिसे जरूरत पड़ने पर इस्तेमाल किया जा सकता है। हालांकि इसका उपयोग अंतिम विकल्प के रूप में ही किया जाता है, क्योंकि प्राथमिक रणनीति छिपकर बच निकलने की होती है।

मॉड्यूलर और लचीला सिस्टम

समय के साथ अमेरिकी वायुसेना ने इस सिस्टम को और अधिक उन्नत और लचीला बनाया है। अब मॉड्यूलर किट्स का इस्तेमाल किया जाता है, जिन्हें मिशन और इलाके के अनुसार बदला जा सकता है। रेगिस्तान, बर्फीले इलाके या समुद्र—हर जगह के लिए अलग-अलग उपकरण शामिल किए जाते हैं।

असली ताकत: तकनीक नहीं, मानसिक मजबूती

हालांकि सर्वाइवल किट और तकनीक बेहद महत्वपूर्ण हैं, लेकिन असली ताकत पायलट की मानसिक मजबूती होती है। SERE ट्रेनिंग उसे हर परिस्थिति में शांत रहने और सही निर्णय लेने की क्षमता देती है।

दुश्मन के इलाके में गिरा पायलट अकेला जरूर होता है, लेकिन वह असहाय नहीं होता। उसके पास उपकरण, प्रशिक्षण और रणनीति का ऐसा संगम होता है, जो उसे सबसे कठिन परिस्थितियों में भी जिंदा रहने की ताकत देता है।

आधुनिक युद्ध की सच्चाई

यह पूरी व्यवस्था आधुनिक युद्ध की उस सच्चाई को उजागर करती है, जहां जीत केवल हथियारों से नहीं, बल्कि तैयारी, रणनीति और धैर्य से तय होती है। आज जब दुनिया की नजर ईरान में गिरे अमेरिकी पायलट पर है, तो यह सवाल भी उतना ही महत्वपूर्ण है कि वह कब तक इस सिस्टम के सहारे खुद को सुरक्षित रख पाता है।

Tags: combat survival techniquesF-15 crash Iranfighter pilot survival kitpilot escape and evasionpilot rescue missionSERE trainingUS Air Force survival systemwar survival strategies
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

जम्मू-कश्मीर से दिल्ली तक भूकंप के झटके, 5.9 तीव्रता से दहशत में आए लोग

अगली पोस्ट

लेह में स्पेस जैसा माहौल: गगनयान मिशन के लिए ISRO का ‘मिशन मित्रा’ टेस्ट

संबंधित पोस्ट

केतन अग्रवाल मर्डर केस में एक नया और चौंकाने वाला खुलासा सामने आया है
क्राइम

केतन अग्रवाल मर्डर केस: पिता का दावा- हत्या से चार दिन पहले भी सिया ने की थी जान लेने की कोशिश

24 June 2026

पुणे के चर्चित केतन अग्रवाल मर्डर केस में एक नया और चौंकाने वाला खुलासा सामने आया है। यह दावा खुद केतन के पिता विशाल अग्रवाल...

गिलगित-बाल्टिस्तान
चर्चित

गिलगित-बाल्टिस्तान: विकास, अधिकार और राजनीतिक भागीदारी के बीच संतुलन की तलाश

24 June 2026

गिलगित-बाल्टिस्तान को लेकर चर्चा लंबे समय से भू-राजनीति, सीमा विवादों और रणनीतिक महत्व के नजरिए से होती रही है। वर्षों तक इस क्षेत्र को मुख्य...

केतन अग्रवाल मौत मामला
क्राइम

केतन अग्रवाल मौत मामला: परिवार ने लगाया मंगेतर सिया पर साजिश का आरोप, पुलिस जांच में जुटी

24 June 2026

महाराष्ट्र के पुणे जिले में स्थित लोहगढ़ किले पर 26 वर्षीय केतन की मौत का मामला लगातार चर्चा में बना हुआ है। इस मामले में...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

Pakistan’s Investment Rescue Plan or Another Economic Promise? Munir | Sharif

Pakistan’s Investment Rescue Plan or Another Economic Promise? Munir | Sharif

00:03:41

Gilgit Baltistan's Youth Rising: The Fight for Dignity, Rights and Self Governance

00:03:08

Doklam’s Legacy: How the 2017 Standoff Reshaped Himalayan Security and Border Tensions। Indo china

00:03:11

Inside the Doklam Face-Off: How India Backed Bhutan and Held the Line During the 73 Day Standoff

00:03:11

Why the 2017 Doklam Standoff Became a Major Strategic Wake Up Call For India | Chicken Neck

00:03:11
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited