TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    शोएब जमई का विवादित बयान

    शोएब जमई हिंदुस्तान में क्रिकेट ख़ुद में एक धर्म है, उसे हिंदू-मुसलमान में मत बांटो

    जेएनयू परिसर में फिर हुई हिंसक झड़प

    जेएनयू परिसर में फिर हुई हिंसक झड़प, छात्रों में असुरक्षा की भावना बढ़ी

    संघ का उद्देश्य राजनीति नहीं

    आरएसएस प्रमुख बोले: संघ का उद्देश्य राजनीति नहीं, बल्कि मजबूत समाज और देश का निर्माण

    ‘POJK संकल्प दिवस’: 22 फरवरी 1994 का संसदीय संकल्प और भारत का राष्ट्रीय दायित्व

    ‘POJK संकल्प दिवस’: 22 फरवरी 1994 का संसदीय संकल्प और भारत का राष्ट्रीय दायित्व

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    सनातन दृष्टि से ए.आई.

    भारतीय सनातन दृष्टि से ए.आई. समिट की सार्थकता

    भारत में एआई की नई शुरुआत

    भारत में एआई की नई शुरुआत: अपने मॉडल्स से आत्मनिर्भर बनने की दिशा में बड़ा कदम

    पीएम मोदी

    AI IMPACT SUMMIT 2026 : भारत बना एआई नवाचार का वैश्विक केंद्र, प्रधानमंत्री मोदी ने इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट-2026 का किया उद्घाटन

    20 से ज्यादा देशों के टॉप लीडर्स होंगे शामिल

    AI समिट का तीसरा दिन Galgotias University के रोबोटिक डॉग पर उठे सवाल, स्टॉल को कराया गया खाली

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    तेजस फिर हुआ हादसे का शिकार, सुरक्षा पर बढ़ी चिंता

    तेजस फिर हुआ हादसे का शिकार, सुरक्षा पर बढ़ी चिंता; पायलट सुरक्षित बाहर निकला

    Tejas mark -1

    वायु सेना का तीसरा तेजस लड़ाकू विमान हादसे का शिकार, पायलट सुरक्षित; हादसे की जांच जारी

    तेजस Mk1-A: बन कर तैया

    तेजस Mk1-A: बन कर तैयार हैं तो फिर Air Force को सौंपे क्यों नहीं गए ? इंजन या HAL की लेट लतीफी- क्या है देरी की असली वजह ?

    भारत में बनाएं जाएंगे स्वदेशी विमान

    फ्रांस से 114 राफेल खरीदने की ₹3.25 लाख करोड़ डील को जल्द मिल सकती है DAC की मंज़ूरी

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    मैक्सिकों में भारतीयों को अलर्ट रहने की सलाह

    मैक्सिको में ‘ एल मेंचो ‘की हत्या के बाद भारतीय नागरिकों को सर्तक रहने की सलाह

    ट्रंप का टैरिफ विवाद

    ट्रंप के 15% टैरिफ से वैश्विक व्यापार में हलचल; भारत-चीन को बढ़त, ब्रिटेन पर दबाव, यूरोप सख्त रुख में

    ट्रंप का टैरिफ विवाद

    ट्रंप का टैरिफ ड्रामा : कोर्ट के झटके के बाद नया आदेश 10% ग्लोबल टैरिफ का किया ऐलान

    गाजा पीस बोर्ड: क्या इस्लामी ‘उम्माह’ के साथ दग़ाबाज़ी कर रहा है पाकिस्तान ? पूर्व सैनिकों की ‘सेना प्रमुख’ और ‘सरकार’ को खुली धमकी


    गाजा पीस बोर्ड: क्या इस्लामी ‘उम्माह’ के साथ दग़ाबाज़ी कर रहा है पाकिस्तान ? पूर्व सैनिकों की ‘सेना प्रमुख’ और ‘सरकार’ को खुली धमकी


    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    ब्रह्मपुत्र नदी के नीचे बनेगी सबसे लंबी रेल सुरंग

    ब्रह्मपुत्र के नीचे बनेगी देश की पहली रेल-रोड सुरंग, असम और पूर्वोत्तर को मिलेगा तेज़ और सीधा संपर्क

    के एम करियाप्पा अनुशासन के प्रतीक

    फील्ड मार्शल के .एम. करियाप्पा : अनुशासन और देशभक्ति की मिसाल

    10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    इतिहास की गवाही: 10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    नेहरू अपने निजी अकाउंट में जमा कराना चाहते थे कुछ खजाना!

    नेताजी की आजाद हिंद फौज के खजाने का क्या हुआ? क्यों खजाने की लूट पर जांच से बचते रहे जवाहर लाल नेहरू ?

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    CroreBet India Review 2026: Sports Betting, Casino Games & Bonuses Explained

    CroreBet India Review 2026: Sports Betting, Casino Games & Bonuses Explained

    Top Bonus Rounds in Ice Fishing Game Review: What Indian Players Love Most

    Top Bonus Rounds in Ice Fishing Game Review: What Indian Players Love Most

    भारतीय यूट्यूबर्स की कमाई: करोड़पति बनने वाले टॉप 10 कंटेंट क्रिएटर्स

    भारतीय यूट्यूबर्स की कमाई: करोड़पति बनने वाले टॉप 10 कंटेंट क्रिएटर्स

    आतंक के खिलाफ बड़ा कदम: J&K में 5 सरकारी कर्मचारियों की सेवा समाप्त

    जम्मू कश्मीर में 5 सरकारी कर्मचारी सेवा से बर्खास्त , जानें क्यों मनोज सिन्हा ने लिया यह फैसला?

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    शोएब जमई का विवादित बयान

    शोएब जमई हिंदुस्तान में क्रिकेट ख़ुद में एक धर्म है, उसे हिंदू-मुसलमान में मत बांटो

    जेएनयू परिसर में फिर हुई हिंसक झड़प

    जेएनयू परिसर में फिर हुई हिंसक झड़प, छात्रों में असुरक्षा की भावना बढ़ी

    संघ का उद्देश्य राजनीति नहीं

    आरएसएस प्रमुख बोले: संघ का उद्देश्य राजनीति नहीं, बल्कि मजबूत समाज और देश का निर्माण

    ‘POJK संकल्प दिवस’: 22 फरवरी 1994 का संसदीय संकल्प और भारत का राष्ट्रीय दायित्व

    ‘POJK संकल्प दिवस’: 22 फरवरी 1994 का संसदीय संकल्प और भारत का राष्ट्रीय दायित्व

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    सनातन दृष्टि से ए.आई.

    भारतीय सनातन दृष्टि से ए.आई. समिट की सार्थकता

    भारत में एआई की नई शुरुआत

    भारत में एआई की नई शुरुआत: अपने मॉडल्स से आत्मनिर्भर बनने की दिशा में बड़ा कदम

    पीएम मोदी

    AI IMPACT SUMMIT 2026 : भारत बना एआई नवाचार का वैश्विक केंद्र, प्रधानमंत्री मोदी ने इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट-2026 का किया उद्घाटन

    20 से ज्यादा देशों के टॉप लीडर्स होंगे शामिल

    AI समिट का तीसरा दिन Galgotias University के रोबोटिक डॉग पर उठे सवाल, स्टॉल को कराया गया खाली

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    तेजस फिर हुआ हादसे का शिकार, सुरक्षा पर बढ़ी चिंता

    तेजस फिर हुआ हादसे का शिकार, सुरक्षा पर बढ़ी चिंता; पायलट सुरक्षित बाहर निकला

    Tejas mark -1

    वायु सेना का तीसरा तेजस लड़ाकू विमान हादसे का शिकार, पायलट सुरक्षित; हादसे की जांच जारी

    तेजस Mk1-A: बन कर तैया

    तेजस Mk1-A: बन कर तैयार हैं तो फिर Air Force को सौंपे क्यों नहीं गए ? इंजन या HAL की लेट लतीफी- क्या है देरी की असली वजह ?

    भारत में बनाएं जाएंगे स्वदेशी विमान

    फ्रांस से 114 राफेल खरीदने की ₹3.25 लाख करोड़ डील को जल्द मिल सकती है DAC की मंज़ूरी

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    मैक्सिकों में भारतीयों को अलर्ट रहने की सलाह

    मैक्सिको में ‘ एल मेंचो ‘की हत्या के बाद भारतीय नागरिकों को सर्तक रहने की सलाह

    ट्रंप का टैरिफ विवाद

    ट्रंप के 15% टैरिफ से वैश्विक व्यापार में हलचल; भारत-चीन को बढ़त, ब्रिटेन पर दबाव, यूरोप सख्त रुख में

    ट्रंप का टैरिफ विवाद

    ट्रंप का टैरिफ ड्रामा : कोर्ट के झटके के बाद नया आदेश 10% ग्लोबल टैरिफ का किया ऐलान

    गाजा पीस बोर्ड: क्या इस्लामी ‘उम्माह’ के साथ दग़ाबाज़ी कर रहा है पाकिस्तान ? पूर्व सैनिकों की ‘सेना प्रमुख’ और ‘सरकार’ को खुली धमकी


    गाजा पीस बोर्ड: क्या इस्लामी ‘उम्माह’ के साथ दग़ाबाज़ी कर रहा है पाकिस्तान ? पूर्व सैनिकों की ‘सेना प्रमुख’ और ‘सरकार’ को खुली धमकी


    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    ब्रह्मपुत्र नदी के नीचे बनेगी सबसे लंबी रेल सुरंग

    ब्रह्मपुत्र के नीचे बनेगी देश की पहली रेल-रोड सुरंग, असम और पूर्वोत्तर को मिलेगा तेज़ और सीधा संपर्क

    के एम करियाप्पा अनुशासन के प्रतीक

    फील्ड मार्शल के .एम. करियाप्पा : अनुशासन और देशभक्ति की मिसाल

    10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    इतिहास की गवाही: 10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    नेहरू अपने निजी अकाउंट में जमा कराना चाहते थे कुछ खजाना!

    नेताजी की आजाद हिंद फौज के खजाने का क्या हुआ? क्यों खजाने की लूट पर जांच से बचते रहे जवाहर लाल नेहरू ?

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    CroreBet India Review 2026: Sports Betting, Casino Games & Bonuses Explained

    CroreBet India Review 2026: Sports Betting, Casino Games & Bonuses Explained

    Top Bonus Rounds in Ice Fishing Game Review: What Indian Players Love Most

    Top Bonus Rounds in Ice Fishing Game Review: What Indian Players Love Most

    भारतीय यूट्यूबर्स की कमाई: करोड़पति बनने वाले टॉप 10 कंटेंट क्रिएटर्स

    भारतीय यूट्यूबर्स की कमाई: करोड़पति बनने वाले टॉप 10 कंटेंट क्रिएटर्स

    आतंक के खिलाफ बड़ा कदम: J&K में 5 सरकारी कर्मचारियों की सेवा समाप्त

    जम्मू कश्मीर में 5 सरकारी कर्मचारी सेवा से बर्खास्त , जानें क्यों मनोज सिन्हा ने लिया यह फैसला?

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

असम के मूल निवासियों का हक खोने नहीं देगी भाजपा, राज्य में फिर से लागू होगा NRC !

लिबरलों फिर से चिल्लाने के लिए तैयार हो जाओ!

Aniket Raj द्वारा Aniket Raj
28 March 2022
in चर्चित
असम NRC

Source- TFI

Share on FacebookShare on X

इतिहास साक्षी रहा है कि जब जब भारत के लोग भारत की भौगोलिक परिधि को पार कर दूसरे राष्ट्र में गए हैं, तब तब उन्होंने वहां की सभ्यता को और अधिक परिष्कृत और संपन्न किया है। आप अगर चाहे तो ब्रिटेन, अमेरिका, मालदीव और मॉरीशस में बसे हुए भारतवंशियों को देख सकते हैं। और यही रीति एक अन्य विशेष समुदाय और भारत में उनके घुसपैठ के संबंध में सटीक नहीं बैठती है। जब जब भारत के पाकिस्तान और बांग्लादेश से लगने वाली सीमाओं से घुसपैठ हुआ है, तब तब उन्होंने हमारी संस्कृति को परिष्कृत करने के बजाए उसके अस्तित्व पर गंभीर संकट उत्पन्न कर दिया है। इस प्रकार के संकट से सबसे ज्यादा परेशान भारत का पूर्वोत्तर राज्य असम रहा है। 1971 के युद्ध में बांग्लादेश पर अपना अनुचित कब्जा बनाए रखने के लिए पाकिस्तानी सेना ने ऑपरेशन सर्चलाइट शुरू किया था। इतिहास के इस सबसे क्रूरतम नरसंहार में लाखों बंगाली हिंदुओं और बांग्लादेशी मुसलमानों का कत्लेआम किया गया। वे अपनी जान बचाने के लिए अवैध रूप से भारत की सीमा में दाखिल हो गए। इस शरणार्थी संकट से पूर्वोत्तर के राज्यों विशेषकर असम की संस्कृति और सभ्यता पर खतरा उत्पन्न हो गया। इतने बड़े पैमाने पर बांग्लादेशियों की अवैध घुसपैठ से असम की जनसांख्यिकी में भारी परिवर्तन आया और वहां के मूल निवासियों की राजनीतिक शक्ति और अधिकार में भी गिरावट आई।

धीरे-धीरे रोजगार और बेहतर गुणवत्ता वाले जीवन के लिए इन अवैध बांग्लादेशी शरणार्थियों ने बांग्लादेश में रह गए अपने परिजनों का भी अवैध रूप से पलायन कराना शुरू कर दिया। भारत सरकार से सुविधा लेने के लिए इन लोगों ने आधार कार्ड, मतदाता पत्र और यहां तक कि पैन कार्ड जैसे पहचान पत्र बनवाकर मत देने का अधिकार प्राप्त कर लिया। कुछ समय बाद रोहिंग्या संकट भी उभर कर आने लगा। ऐसे में असम गण परिषद के राजनीतिक आंदोलन के बैनर तले बांग्लादेश से आए अवैध घुसपैठियों को असम से बाहर निकालने की मांग तेज होने लगी। सभी जानते थे कि इस कार्य में समय लगेगा। अतः तात्कालिक रूप से राहत के लिए इनका नाम मतदाता सूची से निकालने के लिए सरकार से गुहार लगाई गई। इंदिरा गांधी के कार्यकाल में चरम पर पहुंची यह समस्या राजीव गांधी के कार्यकाल तक बनी रही, यद्यपि उनके कार्यकाल में असम अकॉर्ड समझौता संपन्न हुआ। हालांकि, सर्वोच्च न्यायालय ने मामले की गंभीरता को देखते हुए सरकार को विशेष रूप से असम में NRC की प्रक्रिया को पूरा करने का निर्देश दिया।

संबंधितपोस्ट

Assam : पीएम की असम हाईवे पर ऐतिहासिक लैंडिंग- चीन के लिए संदेश,जानें सबकुछ

असम में हाथियों से टकराने के बाद सैरंग राजधानी एक्सप्रेस पटरी से उतरी, 8 हाथियों की मौत, सभी यात्री सुरक्षित

अष्टलक्ष्मी की उड़ान: प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में पूर्वोत्तर से उभरती विकास, संस्कृति और आत्मगौरव की नई कहानी

और लोड करें

और पढ़ें: ममता बनर्जी पश्चिम बंगाल में एनआरसी की बात पर इतना क्यों डरती हैं ?

दशकों से लंबित नागरिकता रजिस्टर के पूरी होने की संभावना भाजपा के शासनकाल में दिखने लगी। परंतु यह अवैध घुसपैठिए भारत के सामाजिक और राजकीय व्यवस्था में इतने घुल मिल चुके हैं कि कई अवैध घुसपैठियों के नाम मतदाता सूची में शामिल हो गए, जबकि कई भारतीय नागरिकों के नाम मतदाता सूची से बाहर हो गए। मामले की जटिलता और गंभीरता को देखते हुए सरकार ने NRC की प्रक्रिया को राष्ट्रव्यापी कार्य के रूप में करने की ठानी, ताकि कम से कम सरकारी योजनाओं परियोजनाओं का लाभ देने से पहले भारत सरकार को भी तो पता चल सके कि उनका नागरिक कौन है? परंतु, विपक्ष के प्रोपेगेंडा और राष्ट्रीय स्तर पर दिग्भ्रमित मुसलमानों के विरोध प्रदर्शन से यह प्रक्रिया ठंडे बस्ते में चली गई। विशेष रुप से असम के लिए तैयार की गई NRC रजिस्टर में भी कई त्रुटियां मिलने के कारण सरकार हलकान परेशान हो गई। परंतु अब असम में एक शेर का शासन है और उसका नाम है- हिमंता बिस्वा सरमा। हिमंता ने राज्य के लोगों को भरोसा दिलाया है कि उनकी सरकार चुन-चुन कर घुसपैठियों को बाहर निकाल लेगी और उन्हें असम के मूल निवासियों का हक खाने से रोकेगी।

NRC के पुन: सत्यापन के लिए SC का रूख करेगी असम सरकार

दरअसल, असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने बीते दिन रविवार को कहा कि राष्ट्रीय नागरिक रजिस्टर (NRC) एक बार फिर से आयोजित किया जाना चाहिए। इसी बीच हिमंता सरकार जल्दी निष्पक्ष NRC आयोजित कराने के लिए उच्चतम न्यायालय में गुहार लगाने जा रही है। मीडिया से बात करते हुए सरमा ने कहा, “हमने पहले भी कहा था कि राष्ट्रीय नागरिक रजिस्टर (NRC) की समीक्षा की जानी चाहिए और नए सिरे से किया जाना चाहिए। ऑल असम स्टूडेंट्स यूनियन (AASU) के साथ हमारी चर्चा चल रही है।”

NRC में कानूनी रूप से भारतीय नागरिकों के नाम शामिल हैं और इसे पहली बार वर्ष1951 में तैयार किया गया था। इसे वर्ष 2018 में पाकिस्तान और बांग्लादेश से आए अवैध अप्रवासियों को बाहर निकालने के लिए अपडेट किया गया था, लेकिन 40 लाख से अधिक लोगों के नागरिकता रजिस्टर से बाहर रह जाने के कारण इसकी आलोचना हुई थी। NRC के मसौदे में कुल 3.29 करोड़ आवेदनों में से 2.9 करोड़ लोगों के नाम शामिल थे। नागरिकों की अद्यतन सूची अगस्त 2019 में प्रकाशित हुई थी, जिसमें 3.3 करोड़ आवेदकों में से 19.06 लाख लोगों को बाहर रखा गया था।

आपको बता दें कि इससे पहले गुरुवार को असम के मंत्री अतुल बोरा ने कहा था कि राज्य सरकार ने NRC के पुन: सत्यापन की मांग को लेकर सुप्रीम कोर्ट जाने का फैसला किया है। ANI से बात करते हुए बोरा ने कहा था कि “यह निर्णय ऑल असम स्टूडेंट्स यूनियन (AASU) और अन्य स्वदेशी संगठनों के साथ हुई बैठक के दौरान लिया गया था। हम NRC की सूची को स्वीकार नहीं करेंगे जो अगस्त 2019 में प्रकाशित हुई थी। अब हमने पुन: सत्यापन की मांग करके सुप्रीम कोर्ट जाने का फैसला किया है।”

ध्यान देने वाली बात है कि असम समझौते को लागू करने को लेकर गुरुवार को असम सरकार और AASU नेतृत्व के बीच बैठक हुई। AASU के सलाहकार समुज्जल भट्टाचार्य ने कहा था कि NRC की अंतिम सूची में कई अवैध बांग्लादेशी लोगों के नाम शामिल थे। उन्होंने कहा, “हम चाहते हैं कि एनआरसी सूची का पुन: सत्यापन किया जाना चाहिए। हम पहले ही सुप्रीम कोर्ट के समक्ष एक याचिका दायर कर चुके हैं। हम केंद्र और राज्य दोनों से आग्रह करते हैं कि उन्हें भी सही NRC के लिए सुप्रीम कोर्ट का रुख करना चाहिए।”

सुप्रीम कोर्ट द्वारा निर्देशित की गई है NRC की प्रकिया

गौरतलब है कि भारतीय संविधान में अनुच्छेद-5 से लेकर अनुच्छेद-11 तक नागरिकता के विषय में प्रावधान किए गए हैं। इसमें साफ-साफ उल्लेख है कि संसद को नागरिकता प्राप्त करने के मानक, नियम और कानून तय करने का विशेषाधिकार प्राप्त है। इसमें यह भी कहा गया है कि सरकार का यह उत्तरदायित्व है कि वह सुनिश्चित करें कि कौन उसके नागरिक हैं और कौन नहीं, ताकि भारत सरकार की ओर से दी जाने वाली नागरिक सुविधा, अधिकार और कल्याण सिर्फ उन्हीं लोगों को प्राप्त हो जो इसके हकदार हैं।

आपकी जानकारी के लिए बता दें कि देश में पहला NRC भारत के प्रथम प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू 1951 में लेकर आए थे। असम के संदर्भ में उपजे एनआरसी की प्रक्रिया सुप्रीम कोर्ट द्वारा निर्देशित की गई है। अतः इसका पालन करना सरकार पर बाध्यकारी है, ऐसे में अगर इसकी त्रुटियों को दूर करने और निष्पक्षता के मानक स्थापित करने के लिए हिमंता सरकार ने जो आश्वासन दिया है, वह एक सराहनीय कदम है। उनका यह आश्वासन उनकी तत्परता, कर्तव्य परायणता और अपने लोगों के प्रति चिंता को रेखांकित करती है। ऐसे में जो लोग इसका विरोध करते हैं, सरकार को उन पर कड़ी से कड़ी कार्रवाई करते हुए एक मिशाल पेश करनी चाहिए, जिससे भविष्य में ऐसा संकट कभी न उपजे।

और पढ़ें: एनआरसी पर सियासत के क्या मायने हैं?

Tags: असमएनआरसीहिमंता बिस्वा सरमा
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

मध्यप्रदेश राष्ट्रीय शिक्षा नीति का धार्मिक रूप से पालन करने वाला पहला भारतीय राज्य बन गया है!

अगली पोस्ट

अल्पसंख्यकों की पहचान करने को लेकर SC में केंद्र का दिया बयान स्वागत योग्य है

संबंधित पोस्ट

गाजा पीस बोर्ड: क्या इस्लामी ‘उम्माह’ के साथ दग़ाबाज़ी कर रहा है पाकिस्तान ? पूर्व सैनिकों की ‘सेना प्रमुख’ और ‘सरकार’ को खुली धमकी

चर्चित

गाजा पीस बोर्ड: क्या इस्लामी ‘उम्माह’ के साथ दग़ाबाज़ी कर रहा है पाकिस्तान ? पूर्व सैनिकों की ‘सेना प्रमुख’ और ‘सरकार’ को खुली धमकी


20 February 2026

वॉशिंगटन डीसी में आयोजित ‘गाज़ा पीस बोर्ड’ की बैठक से जुड़ा एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेज़ी से वायरल है। वीडियो में पाकिस्तान के प्रधानमंत्री...

हाई-सिक्योरिटी जेल में ड्रोन
चर्चित

हाई-सिक्योरिटी जेल में ड्रोन के जरिए प्रतिबंधित सामान की सप्लाई, सुरक्षा व्यवस्था की बड़ी चूक उजागर

20 February 2026

पंजाब की कपूरथला जैल की यह घटना केवल चौंकाने वाली नहीं, बल्कि बेहद ख़तरनाक और अभूतपूर्व है। हाई-सिक्योरिटी जेल के भीतर ड्रोन के ज़रिए प्रतिबंधित...

कांदला घाट में टैंकर हादसे के बाद मुंबई–पुणे एक्सप्रेसवे पर बड़ी जाम से राहत
चर्चित

मुंबई–पुणे एक्सप्रेसवे पर टैंकर पलटने के 32 घंटे बाद ट्रैफिक बहाल

5 February 2026

मुंबई–पुणे एक्सप्रेसवे पर ट्रैफिक गुरुवार की सुबह फिर से बहाल हो गया, लगभग 32 घंटे बाद, जब खंडाला घाट के अदोशी टनल के पास एक...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

300 Million Euros for SCALP: Strategic Necessity or Costly Dependency on France300

300 Million Euros for SCALP: Strategic Necessity or Costly Dependency on France300

00:04:06

Tejas Mk1A: 19th aircraft coupled but Not Delivered: What Is Holding Back the IAF Induction?

00:07:21

Agni-3 Launch Decoded: Why Test an Active Nuclear Missile That’s Already Deployed?

00:05:05

India’s Swadesi ‘Meteor’: World’s Most Lethal BVR Missile | Gandiv| SFDR | DRDO

00:06:48

Between Rafale and AMCA; Where Does the Su-57 Fit | IAF| HAL | Wings India

00:06:10
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited