TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    फर्जी नाम से दोस्ती

    बटला हाउस में मुस्लिम युवक के धोखे के बाद हिंदू युवती ने झेला गैंगरेप, प्रताड़ना और धर्म परिवर्तन का दबाव

    अभिषेक बनर्जी के ‘श्मशान’ वाले बयान पर सियासी बवाल,

    अभिषेक बनर्जी के ‘श्मशान’ वाले बयान पर सियासी बवाल, BJP ने बताया धमकी भरी राजनीति

    गंगा नदी को लेकर सरकार का अहम फैसला

    अलकनंदा-भागीरथी पर नई पनबिजली परियोजनाओं पर रोक, केंद्र ने सुप्रीम कोर्ट में दिया हलफनामा

    ताइवान में इंडियन को किया जा रहा परेशान

    ताइवान में भारतीय मजदूरों के विरोध वाला पोस्टर विवादों में, नस्लीय भेदभाव के आरोप तेज

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    $40 अरब का ऐतिहासिक निवेश, सेमीकंडक्टर और एआई: पीएम मोदी की 5 देशों की यात्रा से भारत को क्या हासिल हुआ?

    $40 अरब का ऐतिहासिक निवेश, सेमीकंडक्टर और एआई: पीएम मोदी की 5 देशों की यात्रा से भारत को क्या हासिल हुआ?

    रुपये की गिरावट रोकने को आरबीआई देगा ‘कड़वी दवाई’: रिकॉर्ड निचले स्तर पर पहुंचा रुपया, बढ़ सकती हैं ब्याज दरें

    रुपये की गिरावट रोकने को आरबीआई देगा ‘कड़वी दवाई’: रिकॉर्ड निचले स्तर पर पहुंचा रुपया, बढ़ सकती हैं ब्याज दरें

    सोने-चांदी के भाव धड़ाम: क्या वाकई फूट गया चांदी का बुलबुला? रिकॉर्ड स्तर से ₹1.92 लाख तक टूटी कीमतें

    सोने-चांदी के भाव धड़ाम: क्या वाकई फूट गया चांदी का बुलबुला? रिकॉर्ड स्तर से ₹1.92 लाख तक टूटी कीमतें

    संजीव सान्याल

    संजीव सान्याल: क्या बंगाल को मिलने वाला है अपना ‘टेक्नोक्रेट’ वित्त मंत्री?

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    पाकिस्तान से लाइव हैंडल हो रहा था पहलगाम नरसंहार: NIA चार्जशीट में डिजिटल ट्रेल, लाइव कोऑर्डिनेशन और लोकल नेटवर्क का भंडाफोड़

    पाकिस्तान से लाइव हैंडल हो रहा था पहलगाम नरसंहार: NIA चार्जशीट में डिजिटल ट्रेल, लाइव कोऑर्डिनेशन और लोकल नेटवर्क का भंडाफोड़

    ऑपरेशन सिंदूर ने पाकिस्तान को सीजफायर के लिए कैसे मजबूर किया

    ऑपरेशन सिंदूर ने पाकिस्तान को युद्धविराम के लिए कैसे मजबूर किया ?

    भारत का सैन्य पुनर्गठन: सुब्रमण्यम होंगे नए CDS और स्वामीनाथन बनेंगे नौसेना प्रमुख, रक्षा क्षेत्र में एक रणनीतिक बदलाव

    भारत का सैन्य पुनर्गठन: सुब्रमण्यम होंगे नए CDS और स्वामीनाथन बनेंगे नौसेना प्रमुख, रक्षा क्षेत्र में एक रणनीतिक बदलाव

    डार्क ईगल का उदय: क्या 15 मिलियन डॉलर की हाइपरसोनिक मिसाइल ईरान के साथ जारी गतिरोध को खत्म कर पाएगी?

    डार्क ईगल का उदय: क्या 15 मिलियन डॉलर की हाइपरसोनिक मिसाइल ईरान के साथ जारी गतिरोध को खत्म कर पाएगी?

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    एक फोन कॉल और बढ़ती नाराज़गी—भारत को लेकर ट्रंप क्यों खफा

    अमेरिकी प्रतिबंधों के बावजूद रूस से तेल आयात जारी रखेगा भारत, ऊर्जा सुरक्षा पर सरकार का सख्त रुख

    सैन डिएगो मस्जिद में अंधाधुंध गोलीबारी

    सैन डिएगो मस्जिद में अंधाधुंध गोलीबारी, हमले के बाद दोनों हमलावरों ने की आत्महत्या

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    भारत के मोस्ट वांटेड आतंकवादी पर पाकिस्तान में बड़ा हमला: लश्कर आतंकी अमीर हमजा को मारी गई गोली

    भारत के मोस्ट वांटेड आतंकवादी पर पाकिस्तान में बड़ा हमला: लश्कर आतंकी अमीर हमजा को मारी गई गोली

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    Keral Muslim Leauge

    मुस्लिम लीग, केरलम् और बहुत कुछ…

    भोजशाला

    भोजशाला: इतिहास, आस्था और साक्ष्यों के बीच उभरता सत्य

    कोर्ट ने भोजशाला को 'वाग्देवी मंदिर' माना है और हिंदू पक्ष को वहां पूजा-अर्चना का पूरा अधिकार देने की बात कही।

    भोजशाला: इतिहास, संघर्ष और “विजेता भाव” की अनकही कहानी

    भोजशाला पर हिंदुओं की बड़ी जीत

    धार की भोजशाला को इंदौर हाईकोर्ट ने माना वाग्देवी मंदिर माना, मुस्लिमों के नमाज़ के अधिकार का दावा ख़ारिज

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज शिप

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज पर नोरोवायरस का हमला: 3116 यात्रियों वाले क्रूज शिप पर 115 लोग बीमार

    यशस्वी जायसवाल और शेफाली वर्मा की बढ़ी मुश्किलें: NADA ने थमाया नोटिस, डोपिंग नियमों के उल्लंघन का खतरा!

    यशस्वी जायसवाल और शेफाली वर्मा की बढ़ी मुश्किलें: NADA ने थमाया नोटिस, डोपिंग नियमों के उल्लंघन का खतरा!

    आईपीएल 2026: चेन्नई सुपर किंग्स की दमदार वापसी, कोलकाता नाइट राइडर्स को जीत का इंतजार जारी

    आईपीएल 2026: चेन्नई सुपर किंग्स की दमदार वापसी, कोलकाता नाइट राइडर्स को जीत का इंतजार जारी

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    फर्जी नाम से दोस्ती

    बटला हाउस में मुस्लिम युवक के धोखे के बाद हिंदू युवती ने झेला गैंगरेप, प्रताड़ना और धर्म परिवर्तन का दबाव

    अभिषेक बनर्जी के ‘श्मशान’ वाले बयान पर सियासी बवाल,

    अभिषेक बनर्जी के ‘श्मशान’ वाले बयान पर सियासी बवाल, BJP ने बताया धमकी भरी राजनीति

    गंगा नदी को लेकर सरकार का अहम फैसला

    अलकनंदा-भागीरथी पर नई पनबिजली परियोजनाओं पर रोक, केंद्र ने सुप्रीम कोर्ट में दिया हलफनामा

    ताइवान में इंडियन को किया जा रहा परेशान

    ताइवान में भारतीय मजदूरों के विरोध वाला पोस्टर विवादों में, नस्लीय भेदभाव के आरोप तेज

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    $40 अरब का ऐतिहासिक निवेश, सेमीकंडक्टर और एआई: पीएम मोदी की 5 देशों की यात्रा से भारत को क्या हासिल हुआ?

    $40 अरब का ऐतिहासिक निवेश, सेमीकंडक्टर और एआई: पीएम मोदी की 5 देशों की यात्रा से भारत को क्या हासिल हुआ?

    रुपये की गिरावट रोकने को आरबीआई देगा ‘कड़वी दवाई’: रिकॉर्ड निचले स्तर पर पहुंचा रुपया, बढ़ सकती हैं ब्याज दरें

    रुपये की गिरावट रोकने को आरबीआई देगा ‘कड़वी दवाई’: रिकॉर्ड निचले स्तर पर पहुंचा रुपया, बढ़ सकती हैं ब्याज दरें

    सोने-चांदी के भाव धड़ाम: क्या वाकई फूट गया चांदी का बुलबुला? रिकॉर्ड स्तर से ₹1.92 लाख तक टूटी कीमतें

    सोने-चांदी के भाव धड़ाम: क्या वाकई फूट गया चांदी का बुलबुला? रिकॉर्ड स्तर से ₹1.92 लाख तक टूटी कीमतें

    संजीव सान्याल

    संजीव सान्याल: क्या बंगाल को मिलने वाला है अपना ‘टेक्नोक्रेट’ वित्त मंत्री?

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    पाकिस्तान से लाइव हैंडल हो रहा था पहलगाम नरसंहार: NIA चार्जशीट में डिजिटल ट्रेल, लाइव कोऑर्डिनेशन और लोकल नेटवर्क का भंडाफोड़

    पाकिस्तान से लाइव हैंडल हो रहा था पहलगाम नरसंहार: NIA चार्जशीट में डिजिटल ट्रेल, लाइव कोऑर्डिनेशन और लोकल नेटवर्क का भंडाफोड़

    ऑपरेशन सिंदूर ने पाकिस्तान को सीजफायर के लिए कैसे मजबूर किया

    ऑपरेशन सिंदूर ने पाकिस्तान को युद्धविराम के लिए कैसे मजबूर किया ?

    भारत का सैन्य पुनर्गठन: सुब्रमण्यम होंगे नए CDS और स्वामीनाथन बनेंगे नौसेना प्रमुख, रक्षा क्षेत्र में एक रणनीतिक बदलाव

    भारत का सैन्य पुनर्गठन: सुब्रमण्यम होंगे नए CDS और स्वामीनाथन बनेंगे नौसेना प्रमुख, रक्षा क्षेत्र में एक रणनीतिक बदलाव

    डार्क ईगल का उदय: क्या 15 मिलियन डॉलर की हाइपरसोनिक मिसाइल ईरान के साथ जारी गतिरोध को खत्म कर पाएगी?

    डार्क ईगल का उदय: क्या 15 मिलियन डॉलर की हाइपरसोनिक मिसाइल ईरान के साथ जारी गतिरोध को खत्म कर पाएगी?

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    एक फोन कॉल और बढ़ती नाराज़गी—भारत को लेकर ट्रंप क्यों खफा

    अमेरिकी प्रतिबंधों के बावजूद रूस से तेल आयात जारी रखेगा भारत, ऊर्जा सुरक्षा पर सरकार का सख्त रुख

    सैन डिएगो मस्जिद में अंधाधुंध गोलीबारी

    सैन डिएगो मस्जिद में अंधाधुंध गोलीबारी, हमले के बाद दोनों हमलावरों ने की आत्महत्या

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    भारत के मोस्ट वांटेड आतंकवादी पर पाकिस्तान में बड़ा हमला: लश्कर आतंकी अमीर हमजा को मारी गई गोली

    भारत के मोस्ट वांटेड आतंकवादी पर पाकिस्तान में बड़ा हमला: लश्कर आतंकी अमीर हमजा को मारी गई गोली

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    Keral Muslim Leauge

    मुस्लिम लीग, केरलम् और बहुत कुछ…

    भोजशाला

    भोजशाला: इतिहास, आस्था और साक्ष्यों के बीच उभरता सत्य

    कोर्ट ने भोजशाला को 'वाग्देवी मंदिर' माना है और हिंदू पक्ष को वहां पूजा-अर्चना का पूरा अधिकार देने की बात कही।

    भोजशाला: इतिहास, संघर्ष और “विजेता भाव” की अनकही कहानी

    भोजशाला पर हिंदुओं की बड़ी जीत

    धार की भोजशाला को इंदौर हाईकोर्ट ने माना वाग्देवी मंदिर माना, मुस्लिमों के नमाज़ के अधिकार का दावा ख़ारिज

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज शिप

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज पर नोरोवायरस का हमला: 3116 यात्रियों वाले क्रूज शिप पर 115 लोग बीमार

    यशस्वी जायसवाल और शेफाली वर्मा की बढ़ी मुश्किलें: NADA ने थमाया नोटिस, डोपिंग नियमों के उल्लंघन का खतरा!

    यशस्वी जायसवाल और शेफाली वर्मा की बढ़ी मुश्किलें: NADA ने थमाया नोटिस, डोपिंग नियमों के उल्लंघन का खतरा!

    आईपीएल 2026: चेन्नई सुपर किंग्स की दमदार वापसी, कोलकाता नाइट राइडर्स को जीत का इंतजार जारी

    आईपीएल 2026: चेन्नई सुपर किंग्स की दमदार वापसी, कोलकाता नाइट राइडर्स को जीत का इंतजार जारी

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

योगी राज में मदरसे आखिरी सांस ले रहे हैं

योगी सरकार तो अवैध मदरसों के खिलाफ लगातार सख्ती दिखाते हुए कदम उठा ही रही है। इसके बाद अब केंद्र सरकार ने भी मदरसों को लेकर बड़ा फैसला लेते हुए कक्षा आठवीं तक के छात्रों की छात्रवृत्ति पर रोक लगा दी है।

Vaishali Shukla द्वारा Vaishali Shukla
30 November 2022
in चर्चित, मत
Madarsa Scholarship Madrasas are breathing their last in Yogi’s UP

Source- TFI

Share on FacebookShare on X

Madarsa Scholarship: क्या योगी सरकार के राज में मदरसे अपने आखिरी दिन गिन रहे हैं? क्या मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मदरसों को नष्ट करने का निश्चय कर लिया हैं? यह कुछ ऐसे प्रश्न हैं, जो योगी सरकार के मदरसों को लेकर सख्त कार्रवाई को लेकर उठते ही रहते हैं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ अपने दूसरे कार्यकाल के दौरान अवैध मदरसों को लेकर सख्ती दिखाते हुए कई कदम उठा रही है। इसके बाद अब केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार ने भी मदरसों (Madarsa Scholarship) को लेकर बड़ा फैसला लिया है।

और पढ़े: आधुनिक समस्याओं के लिए आवश्यक है ‘योगी समाधान’, अब होगा वक्फ संपत्तियों का पूरा हिसाब

संबंधितपोस्ट

किरेन रिजिजू ने एलन मस्क की पोस्ट शेयर कर राहुल गांधी को दिया करारा जवाब

बरेली हिंसा मामले में बड़ी कार्रवाई, दो आरोपियों को एनकाउंटर के बाद किया गिरफ्तार

उत्तर प्रदेश में विकास बनाम झूठ: योगी सरकार में विपक्ष के साजिशों की निकली हवा

और लोड करें

मदरसों में स्कॉलरशिप पर लगी रोक

दरअसल, केंद्र सरकार ने मदरसों में कक्षा एक से लेकर आठवीं तक के छात्रों को मिलने वाली छात्रवृत्ति बंद करने का निर्णय लिया है। केंद्र सरकार के अनुसार, निशुल्क और अनिवार्य बाल शिक्षा अधिकार अधिनियम के अंतर्गत एक से लेकर आठवीं कक्षा तक की पढ़ाई पूरी तरह से मुफ्त कर दी गई है, इसलिए मदरसों में छात्रवृत्ति (Madarsa Scholarship) देने का कोई भी औचित्य नहीं है। अब प्री-मैट्रिक स्कॉलरशिप (Madarsa Scholarship) केवल कक्षा नौवीं और दसवीं के विद्यार्थियों को ही मिलेगी।

आपको बता दें कि अब तक कक्षा एक से पांचवीं तक पढ़ने वाले छात्रों को 1 हजार रुपये जबकि कक्षा छठीं से आठवीं के छात्रों को विभिन्न पाठ्यक्रमों के आधार पर छात्रवृत्ति दी जाती थी। पिछले साल करीब 5 लाख बच्चों ने इस स्कॉलरशिप का लाभ उठाया था, जिसमें 16,558 मदरसे सम्मिलित थे। मदरसों में कक्षा पहली से आठवीं तक के छात्रों को बेसिक शिक्षा परिषद के विद्यालयों की तरह ही दोपहर का भोजन, यूनिफार्म, किताबें मुफ्त में उपलब्ध करायी जाती है।

और पढ़े: मुस्लिम कट्टरपंथियों के लिए योगी आदित्यनाथ ने ‘रामबाण’ निकाला है

मदरसों का सर्वे

देखा जाये तो मदरसों की अवैध और आतंकी गतिविधियों तक में शामिल होने की खबरें सामने आती ही रहती हैं, जिस कारण ही योगी सरकार इनको लेकर सख्ती दिखाती है। इसके लिए योगी सरकार के द्वारा कई चरणों में काम किया जा रहा है। उत्तर प्रदेश सरकार ने अभी हाल ही में राज्य के गैर मान्यता प्राप्त मदरसों में मूलभूत सुविधाओं की स्थिति जांचने के लिए उनका सर्वे कराने का निर्णय भी लिया था।

दरअसल, देश के सबसे बड़े राज्य उत्तर प्रदेश में जहां एक ओर सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त मदरसे पहले से ही चल रहे हैं। उसी के विपरीत गैर मान्यता प्राप्त मदरसों की भी संख्या भी तेज़ी से बढ़ गई थी। इन गैर मान्यता प्राप्त मदरसों की आड़ में यहां अनेकों अवैध काम भी होते थे और इसकी शिकायतें और सूचनाएं सरकार को मिल रही थीं। जिसके बाद ही सरकार की ओर से मदरसों का सर्वे कराने का बड़ा कदम उठाया गया था।

इस सर्वे में कई बड़ी बातें निकलकर सामने आयी हैं, जिस पर गौर करना बेहद ही आवश्यक है। जानकारी के अनुसार सर्वे के दौरान उत्तर प्रदेश के 75 जिलों में 8496 मदरसे गैर मान्यता प्राप्त मिले हैं। सर्वे के साथ ही मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इन मदरसों के आय का स्रोत पता लगाने के भी निर्देश दिए थे, जिसमें यह बात निकलकर सामने आई है कि मदरसों को जकात के माध्यम से धन प्राप्त होता है। जकात का मतलब मुस्लिमों द्वारा दिया गया दान है। जांच के दौरान पता चला कि कोलकाता, दिल्ली, चेन्नई, मुंबई,  हैदराबाद के साथ-साथ सऊदी अरब और नेपाल में बसे हुए मुस्लिम भी इन मदरसों को दान देते हैं। ये जानकारी अल्पसंख्यक मामलों के मंत्री धर्मपाल सिंह के द्वारा मिली थी।

मंत्री धर्मपाल सिंह ने इस विषय पर विभागीय अफसरों के साथ एक ख़ास बैठक भी की थी, जहां ये पता चला कि नेपाल की सीमा से लगे हुए सिद्धार्थनगर में 500, बलरामपुर में 400, लखीमपुर खीरी में 200, महराजगंज में 60 के साथ-साथ बहराइच और श्रावस्ती में 400 से अधिक मदरसे बिना मान्यता के ही चलाये जा रहे हैं। खबरों की मानें तो इन मदरसों में से अधिकतर ऐसे हैं, जो पिछले दो दशक में तैयार हुए है जिस कारण से इनकी जांच की जा रही है। केवल इतना ही नहीं सर्वे में यह तथ्य भी निकलकर सामने आया कि देवबंद का मशहूर 156  साल पुराना दारुल उलूम मदरसा भी गैर मान्यता प्राप्त है।

योगी सरकार लगातार अवैध मदरसों के विरुद्ध सख्त रवैया अपनाती आयी हैं। कुछ महीनों पूर्व ही योगी सरकार ने फैसला लिया था कि उत्तर प्रदेश में नए मदरसों को अब कोई अनुदान नहीं दिया जाएगा। वहीं इससे पहले वर्ष 2017 में भी योगी सरकार ने राज्य के 46 मदरसों को प्राप्त होने वाली अनुदान राशि पर रोक लगा दी थी। यह रोक डीआईओएस की रिपोर्ट के बाद लगाई गयी थी, क्योंकि इन मदरसों के खिलाफ मानकों के हिसाब से काम न करने की शिकायत की गयी थी।

और पढ़े: अवैध मदरसे और मजार- देवभूमि को नष्ट करने वाले तत्वों को मात देने के लिए तैयार हैं सीएम धामी

असम में भी मदरसों के खिलाफ कार्रवाई

वैसे देखा जाये तो केवल उत्तर प्रदेश में ही नहीं बल्कि भाजपा शासित कई राज्यों में अवैध मदरसों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जा रही है, जिसमें एक राज्य असम भी शामिल है। असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा भी योगी मॉडल को फॉलो करते हुए अवैध मदरसों के विरुद्ध कदम उठा रहे हैं। असम सरकार लगातार अवैध रूप से चल रहे मदरसों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए लगाम कसने में जुटी है। बीते महीनों असम में सरकारी बुलडोजर चलने की कई खबरें सामने आयी थीं। असम सरकार के द्वारा वर्ष 2020 में मदरसों को अनुदान देना बंद हो चुका था। इस निर्णय के बाद से राज्य में अब तक करीब 800 मदरसे बंद हो गए थे।

कई मदरसों में शिक्षा की आड़ में विदेशी फंडिंग के माध्यम से किस तरह देश विरोधी गतिविधियों को अंजाम दिया जाता है, यह किसी से छिपा नहीं है। कई मदरसों का अतीत दागदार रहा है। कई आतंकियों के पकड़े जाने के बाद उनका मदरसा कनेक्शन भी सामने आ चुका है। यही कारण है कि अवैध मदरसों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग लगातार उठती रहती है। इसलिए योगी सरकार के साथ केंद्र सरकार भी मदरसों को लेकर सख्त है, जिससे ऐसा लग रहा है कि कम से कम उत्तर प्रदेश में तो मदरसे आखिरी सांसे ले रहे हैं।

TFI का समर्थन करें:

सांस्कृतिक राष्ट्रवाद की ‘राइट’ विचारधारा को मजबूती देने के लिए TFI-STORE.COM से बेहतरीन गुणवत्ता के वस्त्र क्रय कर हमारा समर्थन करें। 

Tags: CM Yogi AdityanathMadrasasMadrasas Survey in Uttar Pradeshमदरसों का सर्वेयोगी सरकार
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

Khakee: The Bihar Chapter Review – नीरज पांडे ने मजेदार वेब सीरीज़ बनाई है

अगली पोस्ट

अमेरिका के टुकड़ों पर पलकर पाकिस्तान आज नाच रहा है, कल मातम मनाएगा

संबंधित पोस्ट

फर्जी नाम से दोस्ती
चर्चित

बटला हाउस में मुस्लिम युवक के धोखे के बाद हिंदू युवती ने झेला गैंगरेप, प्रताड़ना और धर्म परिवर्तन का दबाव

21 May 2026

दिल्ली में 23 वर्षीय एक दलित हिंदू युवती ने पुलिस को दिए बयान में कई सालों तक चले कथित यौन शोषण, धमकी और मानसिक प्रताड़ना...

गंगा नदी को लेकर सरकार का अहम फैसला
चर्चित

अलकनंदा-भागीरथी पर नई पनबिजली परियोजनाओं पर रोक, केंद्र ने सुप्रीम कोर्ट में दिया हलफनामा

21 May 2026

पर्यावरण और धार्मिक महत्व को देखते हुए अब अलकनंदा और भागीरथी नदियों पर कोई नई पनबिजली परियोजना शुरू नहीं की जाएगी। केंद्र सरकार ने सुप्रीम...

ताइवान में इंडियन को किया जा रहा परेशान
चर्चित

ताइवान में भारतीय मजदूरों के विरोध वाला पोस्टर विवादों में, नस्लीय भेदभाव के आरोप तेज

20 May 2026

ताइवान के काऊशुंग शहर में लगे एक चुनावी होर्डिंग को लेकर राजनीतिक और सामाजिक विवाद खड़ा हो गया है। स्वतंत्र सिटी काउंसिल उम्मीदवार Lee Hung-yi...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

From Runways to Warships: India’s Firefighting Warrior Built for Bases & Battles| IAF | VayuShakti

From Runways to Warships: India’s Firefighting Warrior Built for Bases & Battles| IAF | VayuShakti

00:05:40

Ethanol, EVs and Solar- How India’s Energy Game Is Changing | Modi on LPG & Crude Oil | war| Hormuz

00:05:21

Truth of IRIS Dena: 8 Days That Changed Narrative | War zone Reality, Not an Indian Navy Exercise

00:08:02

300 Million Euros for SCALP: Strategic Necessity or Costly Dependency on France300

00:04:06

Tejas Mk1A: 19th aircraft coupled but Not Delivered: What Is Holding Back the IAF Induction?

00:07:21
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited