TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    पीएम मोदी बोले– विध्वंस नहीं, यह भारत की आत्मा का पुनर्जागरण

    सोमनाथ 1000 वर्ष: मोदी ने कहा– आस्था को नष्ट नहीं किया जा सकता

    बांग्लादेश में खोकोन चंद्र दास की निर्मम हत्या

    असहिष्णुता की हिंसा: बांग्लादेश में खोकोन चंद्र दास की निर्मम हत्या

    भारत के मौलिक अधिकारों की जड़ें

    मौलिक अधिकार: पश्चिमी नहीं, भारतीय ज्ञान परंपरा की देन

    राजनीतिक संकट और हिंसा के बीच बांग्लादेश की सड़कें तनावपूर्ण

    1971 कोई विकल्प नहीं: राष्ट्र की स्थापना की स्मृति और इतिहास के कमजोर पड़ने का खतरा

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    खनन क्षेत्र में बेहतरीन काम के लिए केंद्र सरकार ने धामी सरकार की तारीफ की

    खनन सुधारों में फिर नंबर वन बना उत्तराखंड, बेहतरीन काम के लिए धामी सरकार को केंद्र सरकार से मिली 100 करोड़ रुपये की प्रोत्साहन राशि

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    हमसे दुश्मनी महंगी पड़ेगी: भारत की सतर्कता और बांग्लादेश की गलती, जानें बांग्लादेश की अर्थव्यवस्था पर कैसे पड़ रही चोट

    हमसे दुश्मनी महंगी पड़ेगी: भारत की सतर्कता और बांग्लादेश की गलती, जानें बांग्लादेश की अर्थव्यवस्था पर कैसे पड़ रही चोट

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    डॉ. जयतीर्थ आर. जोशी को ब्रह्मोस एयरोस्पेस का महानिदेशक नियुक्त किया था

    ब्रह्मोस एयरोस्पेस के DG & CEO की नियुक्ति रद्द,  ट्रिब्यूनल ने DRDO की चयन प्रक्रिया को बताया मनमाना

    16 दिसंबर को पाकिस्तान के पूर्वी मोर्चे के कमांडर जनरल ए के नियाजी ने 93,000 सैनिकों के साथ सरेंडर किया था

    ढाका सरेंडर: जब पाकिस्तान ने अपने लोगों की अनदेखी की और अपने देश का आधा हिस्सा गंवा दिया

    संसद हमले की बरसी: आपको कॉन्स्टेबल कमलेश कुमारी याद हैं? 

    संसद हमले की बरसी: आपको कॉन्स्टेबल कमलेश कुमारी याद हैं? 

    शिप बेस्ड ISBM लॉन्च के पाकिस्तान के दावे में कितना दम है

    पाकिस्तान जिस SMASH मिसाइल को बता रहा है ‘विक्रांत किलर’, उसकी सच्चाई क्या है ?

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    ब्रिटिश सांसद बॉब ब्लैकमैन जयपुर में सभा को संबोधित करते हुए, अनुच्छेद 370 के निरस्तीकरण और जम्मू-कश्मीर पर भारत के रुख का समर्थन दोहराते हुए

    ब्रिटिश सांसद बॉब ब्लैकमैन बोले- 1992 से ही अनुच्छेद 370 हटाने की मांग की

    सरकार-विरोधी प्रदर्शनों का नया दौर

    ईरान में सरकार-विरोधी प्रदर्शन: सुलेमानी की प्रतिमा जलाने के बाद गुस्सा

    पाकिस्तान का इतिहास अपने कथित सिद्धांतों से समझौता करने का रहा है

    इस्लामी भाईचारे से बड़ा पैसा: यूएई के खिलाफ कार्रवाई को तैयार पाकिस्तानी सेना?

    ग्रेगोरियन नववर्ष

    ग्रेगोरियन नववर्ष: कब और कैसे हुई इसकी शुरुआत

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    भारतीय संविधान और मौलिक अधिकार

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकार बाहर से नहीं आए, इनकी संकल्पना भारतीय ज्ञान परंपरा में सदियों से मौजूद है

    भारतीय संविधान

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकारों की संकल्पना हमारे लिए नई नहीं है, ये भारतीय ज्ञान परंपरा का अभिन्न हिस्सा है

    औरंगज़ेब ने जोरावर सिंह और फतेह सिंह को दीवार मे ज़िंदा चुनवाने का आदेश दिया था

    वीर बाल दिवस: क्रिसमस-नववर्ष का जश्न तो ठीक है लेकिन वीर साहिबजादों का बलिदान भी स्मरण रहे

    गुरु गोबिंद सिंह जी ने मुगल शासक औरंगज़ेब की अधीनता स्वीकार करने से इंकार कर दिया

    वीर बाल दिवस: उत्सवों के बीच साहिबज़ादों के अमर बलिदान को नमन

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    शोले फिल्म में पानी की टंकी पर चढ़े धर्मेंद्र

    बॉलीवुड का ही-मैन- जिसने रुलाया भी, हंसाया भी: धर्मेंद्र के सिने सफर की 10 नायाब फिल्में

    नीतीश कुमार

    जेडी(यू) के ख़िलाफ़ एंटी इन्कंबेसी क्यों नहीं होती? बिहार में क्यों X फैक्टर बने हुए हैं नीतीश कुमार?

    क्यों PariPesa भारत रोमांचक एविएटर क्रैश गेम्स का अनुभव लेने के लिए सबसे बेहतरीन जगह है

    क्यों PariPesa भारत रोमांचक एविएटर क्रैश गेम्स का अनुभव लेने के लिए सबसे बेहतरीन जगह है

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    पीएम मोदी बोले– विध्वंस नहीं, यह भारत की आत्मा का पुनर्जागरण

    सोमनाथ 1000 वर्ष: मोदी ने कहा– आस्था को नष्ट नहीं किया जा सकता

    बांग्लादेश में खोकोन चंद्र दास की निर्मम हत्या

    असहिष्णुता की हिंसा: बांग्लादेश में खोकोन चंद्र दास की निर्मम हत्या

    भारत के मौलिक अधिकारों की जड़ें

    मौलिक अधिकार: पश्चिमी नहीं, भारतीय ज्ञान परंपरा की देन

    राजनीतिक संकट और हिंसा के बीच बांग्लादेश की सड़कें तनावपूर्ण

    1971 कोई विकल्प नहीं: राष्ट्र की स्थापना की स्मृति और इतिहास के कमजोर पड़ने का खतरा

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    खनन क्षेत्र में बेहतरीन काम के लिए केंद्र सरकार ने धामी सरकार की तारीफ की

    खनन सुधारों में फिर नंबर वन बना उत्तराखंड, बेहतरीन काम के लिए धामी सरकार को केंद्र सरकार से मिली 100 करोड़ रुपये की प्रोत्साहन राशि

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    हमसे दुश्मनी महंगी पड़ेगी: भारत की सतर्कता और बांग्लादेश की गलती, जानें बांग्लादेश की अर्थव्यवस्था पर कैसे पड़ रही चोट

    हमसे दुश्मनी महंगी पड़ेगी: भारत की सतर्कता और बांग्लादेश की गलती, जानें बांग्लादेश की अर्थव्यवस्था पर कैसे पड़ रही चोट

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    डॉ. जयतीर्थ आर. जोशी को ब्रह्मोस एयरोस्पेस का महानिदेशक नियुक्त किया था

    ब्रह्मोस एयरोस्पेस के DG & CEO की नियुक्ति रद्द,  ट्रिब्यूनल ने DRDO की चयन प्रक्रिया को बताया मनमाना

    16 दिसंबर को पाकिस्तान के पूर्वी मोर्चे के कमांडर जनरल ए के नियाजी ने 93,000 सैनिकों के साथ सरेंडर किया था

    ढाका सरेंडर: जब पाकिस्तान ने अपने लोगों की अनदेखी की और अपने देश का आधा हिस्सा गंवा दिया

    संसद हमले की बरसी: आपको कॉन्स्टेबल कमलेश कुमारी याद हैं? 

    संसद हमले की बरसी: आपको कॉन्स्टेबल कमलेश कुमारी याद हैं? 

    शिप बेस्ड ISBM लॉन्च के पाकिस्तान के दावे में कितना दम है

    पाकिस्तान जिस SMASH मिसाइल को बता रहा है ‘विक्रांत किलर’, उसकी सच्चाई क्या है ?

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    ब्रिटिश सांसद बॉब ब्लैकमैन जयपुर में सभा को संबोधित करते हुए, अनुच्छेद 370 के निरस्तीकरण और जम्मू-कश्मीर पर भारत के रुख का समर्थन दोहराते हुए

    ब्रिटिश सांसद बॉब ब्लैकमैन बोले- 1992 से ही अनुच्छेद 370 हटाने की मांग की

    सरकार-विरोधी प्रदर्शनों का नया दौर

    ईरान में सरकार-विरोधी प्रदर्शन: सुलेमानी की प्रतिमा जलाने के बाद गुस्सा

    पाकिस्तान का इतिहास अपने कथित सिद्धांतों से समझौता करने का रहा है

    इस्लामी भाईचारे से बड़ा पैसा: यूएई के खिलाफ कार्रवाई को तैयार पाकिस्तानी सेना?

    ग्रेगोरियन नववर्ष

    ग्रेगोरियन नववर्ष: कब और कैसे हुई इसकी शुरुआत

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    भारतीय संविधान और मौलिक अधिकार

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकार बाहर से नहीं आए, इनकी संकल्पना भारतीय ज्ञान परंपरा में सदियों से मौजूद है

    भारतीय संविधान

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकारों की संकल्पना हमारे लिए नई नहीं है, ये भारतीय ज्ञान परंपरा का अभिन्न हिस्सा है

    औरंगज़ेब ने जोरावर सिंह और फतेह सिंह को दीवार मे ज़िंदा चुनवाने का आदेश दिया था

    वीर बाल दिवस: क्रिसमस-नववर्ष का जश्न तो ठीक है लेकिन वीर साहिबजादों का बलिदान भी स्मरण रहे

    गुरु गोबिंद सिंह जी ने मुगल शासक औरंगज़ेब की अधीनता स्वीकार करने से इंकार कर दिया

    वीर बाल दिवस: उत्सवों के बीच साहिबज़ादों के अमर बलिदान को नमन

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    शोले फिल्म में पानी की टंकी पर चढ़े धर्मेंद्र

    बॉलीवुड का ही-मैन- जिसने रुलाया भी, हंसाया भी: धर्मेंद्र के सिने सफर की 10 नायाब फिल्में

    नीतीश कुमार

    जेडी(यू) के ख़िलाफ़ एंटी इन्कंबेसी क्यों नहीं होती? बिहार में क्यों X फैक्टर बने हुए हैं नीतीश कुमार?

    क्यों PariPesa भारत रोमांचक एविएटर क्रैश गेम्स का अनुभव लेने के लिए सबसे बेहतरीन जगह है

    क्यों PariPesa भारत रोमांचक एविएटर क्रैश गेम्स का अनुभव लेने के लिए सबसे बेहतरीन जगह है

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

आम आदमी पार्टी पंजाब को पुराने दौर में लेकर जा रही है? अभी भी नहीं सुधरे तो…

एक शख्स ने पंजाब पुलिस को घुटनों पर ला दिया! शर्म है!

Yogesh Sharma द्वारा Yogesh Sharma
25 February 2023
in मत
Amritpal Singh

Source: India Today

Share on FacebookShare on X

Amritpal Singh case: पंजाब में दोबारा से अराजकता आती दिख रही है। पंजाब दोबारा से पुराने दौर में जाता दिख रहा है। हजारों की भीड़ हाथों में तलवारे लेकर, बंदूकें लेकर, धारदार हथियार लेकर पुलिस स्टेशन के ऊपर हमला कर देती है और अपने उद्देश्य में सफल होती है।

इस लेख में पढ़िए पंजाब कैसे पुराने दौर में वापस लौटता दिख रहा है।

संबंधितपोस्ट

Amritpal arrest: कैसे हिरासत में आया अमृतपाल?

और लोड करें

पंजाब में अराजकता

पंजाब के अजनाला में खालिस्तानी अमृतपाल सिंह (Amritpal Singh) के समर्थकों ने थाने के ऊपर कब्जा करके पुलिसवालों को दौड़ा दिया।

पंजाब में अराजकता ने अपना राज कायम कर लिया है।

अमर देशभक्तों की धरती में ऐसे दृश्य देख कर भारत की एकता और अखंडता के लिए प्रतिबद्ध हर भारतीय का दिल दुखेगा।

आम आदमी पार्टी की सरकार इस उपद्रव के लिए जिम्मेदार है। पंजाब में लॉ एंड आर्डर अब एक खिलौना बन गया है।#Punjab pic.twitter.com/Fz02R48rQG

— Gajendra Singh Shekhawat (मोदी का परिवार) (@gssjodhpur) February 23, 2023

खालिस्तानी अमृतपाल सिंह (Amritpal Singh) के समर्थकों ने पंजाब पुलिस के बैरिकेड तोड़कर पुलिस स्टेशन पर हमला बोला और इसके बाद शुरू हुआ अराजकता का वो दौर जिसकी तस्वीरें देखकर प्रतीत होता मानो पंजाब में कानून नाम की कोई चीज़ है ही नहीं- सबसे पहले जान लेते हैं कि खालिस्तानी समर्थकों की ये भीड़ उग्र कैसे हुई?

पंजाब के अजनाला पुलिस स्टेशन में 16 फरवरी की रात अमृतपाल, लवप्रीत सिंह तूफान और उसके समर्थकों पर चमकौर साहिब के रहने वाले वरिंदर सिंह को किडनैप कर मारपीट करने का मामला दर्ज किया गया। कार्रवाई करते हुए पुलिस ने गुरदासपुर से लवप्रीत सिंह को गिरफ्तार कर लिया गया।

और पढ़ें: खालिस्तान और आपातकाल के विरुद्ध खुशवंत सिंह के अभियान की ये है अनकही कहानी

उसके बाद लवप्रीत सिंह की रिहाई के लिए समर्थकों के साथ अमृतपाल सिंह (Amritpal Singh) गुरुग्रंथ साहिब सुशोभित पालकी साहिब के साथ अजनाला पहुंच गया। बड़ी संख्या में अमृतपाल सिंह के करीबी अजनाला पुलिस स्टेशन के बाहर प्रदर्शन करने लगे। इन लोगों की मांग थी कि लवप्रीत सिंह तूफान को तुरंत छोड़ा जाए। इस दौरान हजारों की भीड़ हाथों में तलवार और बंदूकों के साथ नारेबाजी कर रही थी।

पुलिस ने उन्हें रोकने का प्रयास किया तो समर्थकों ने तलवारें लेकर हमला कर दिया। सभी समर्थक लवप्रीत तूफान की रिहाई की मांग करने लगे और 16 फरवरी को दर्ज FIR वापस देने का दबाव बनाया गया। इसके बाद भगवंत मान की पुलिस खालिस्तानी समर्थकों के सामने झुक गई और लवप्रीत तूफान को कोर्ट में एप्लीकेशन देकर छोड़ दिया।

कौन है अमृतपाल सिंह

अब आपके मस्तिष्क में प्रश्न उठ रहे होंगे कि आखिरकार यह अमृतपाल सिंह (Amritpal Singh) है कौन? जिसने कुछ ही घंटो में एक राज्य की पुलिस को घुटनों पर ला दिया? कौन है अमृतपाल सिंह जिसके सामने पंजाब पुलिस कुछ भी करने की स्थिति में नहीं थी- कौन है अमृतपाल सिंह जो खुलेआम कानून की धज्जियां उड़ाता है लेकिन उसके विरुद्ध कोई कार्रवाई नहीं होती। अमृतपालक सिंह वो व्यक्ति है जिसका विवादों से पुराना नाता रहा है।

अमृतपाल का जन्म 1993 में अमृतसर जिले की बाबा बकाला तहसील के जल्लूपुर खेड़ा गांव में हुआ था। रिपोर्ट्स के मुताबिक अमृतपाल सिंह (Amritpal Singh) 2012 में काम के लिए दुबई गया था। जहां से वो हाल ही में भारत वापस लौटा है। पंजाब में उसके काफी बड़ी संख्या में समर्थक है। अमृतपाल सिंह खालिस्तान की मांग करता है और इसके लिए ही लोगों को भड़काता है।

और पढ़ें: “कश्मीर पर कट्टर सोच और खालिस्तानी बड़ा खतरा”, ब्रिटेन की रिपोर्ट और क्या बताती है?

अमृतपाल सिंह (Amritpal Singh) जरनैल सिंह भिंडरावाले को अपना आदर्श मानता है और भिंडरावाले की तरह ही पोशाक पहनता है। भिंडरावाले को अपना आदर्श बताने वाले अमृतपाल सिंह का कहना है कि मैं भिंडरावाले के पैरों की धूल भी नहीं हूं। मेरा काम उनके दिखाए गए रास्ते पर चलना है और मैं वहीं कर रहा हूं। दरअसल अमृतपाल सिंह बिल्कुल भिंडरावाले की तरह हाव-भाव भी बनाता है। अमृतपाल के कट्टर भाषणों के चलते एक विशेष वर्ग के बीच वो लोकप्रिय है।

इससे पहले भी अमृतपाल सिंह (Amritpal Singh) पर अपहरण, चोरी समेत कई आरोपों में मामले दर्ज किए गए हैं। हाल ही में खालिस्तानी मूवमेंट को लेकर गृह मंत्री अमित शाह ने कहा था कि पंजाब में खालिस्तान समर्थकों पर हमारी नजर है।

इस पर जब अमृतपाल सिंह (Amritpal Singh) से प्रश्न किया गया तो उसने कहा था कि पंजाब का हर बच्चा खालिस्तान की बात करता है। जिसे जो करना है कर ले। हमें इंदिरा गांधी तक न हटा सकी और न ही मोदी या अमित शाह हटा सकता है।

भिंडरावाले की कहानी

जिस भिंडरावाले को अमृतपाल (Amritpal Singh) अपना आदर्श मानता है उसे पंजाब में उग्रवाद को चरम पर पंहुचाने का श्रेय जाता है और उसका नाम इतिहास में एक आतंकी के रुप में दर्ज है। 1980 के दशक में पंजाब में आतंक और अराजकता ने खालिस्तान के नाम पर अपने पैर फैलाए थे, इस आतंक और अराजकता का नेतृत्व कोई और नहीं बल्कि भिंडरावाले ही कर रहा था।

जिस कारण पूरे पंजाब में आंतकवादी गतिविधियां चरम पर थीं। ऑपरेशन ब्लू स्टार भिंडरावाले को ख़त्म करने के लिए ही हुआ था। 1984 में तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने आपरेशन ब्लू स्टार की मंजूरी दी थी।

उस वक्त जनरैल सिंह भिंडरावाले अपने हथियारबंद गिरोह के साथ अमृतसर के स्वर्ण मंदिर में छिपा हुआ था। उसे काबू करने के लिए भारतीय सेना ने 3 से 6 जून 1984 तक ऑपरेशन ब्लू स्टार चलाया। स्वर्ण मंदिर से भिंडरावाले और उसके साथियों का सफाया करने में सेना को भारी मशक्कत करनी पड़ी थी।

और पढ़ें: “पंजाब को लॉन्चपैड बनाकर दिल्ली तक सक्रिय हो गए खालिस्तानी स्लीपर सेल”, 26 जनवरी को बड़ा हमला करने का था षड्यंत्र

जरनैल सिंह भिंडरावाले की मौत के साथ ऑपरेशन ब्लू स्टार का अंत हुआ। ‘ऑपरेशन ब्लू स्टार’ भारत के इतिहास में एक ऐसी घटना थी जिसे इंदिरा गांधी की मौत का मूल कारण माना जाता है। ये वो समय था जब खालिस्तान की मांग उग्र रूप ले चुकी थी और पंजाब हिंसा की आग में जल रहा था।

अब एक बार फिर पंजाब में 80 के दशक जैसे हालातों के उत्पन्न होने का खतरा मंडरा रहा है, आम आदमी पार्टी राज्य में कानून व्यवस्था स्थापित करने में असमर्थ नजर आ रही है। आम आदमी पार्टी का खालिस्तनियों की ओर झुकाव होने की बातें कही जाती रही हैं।

आम आदमी पार्टी के पूर्व नेता एवं संस्थापक सदस्य कुमार विश्वास ने अपने पुराने अनुभवों और क्षणों को साझा करते हुए पंजाब विधानसभा चुनाव के दौरान अरविन्द केजरीवाल को खालिस्तान चाहने वालों का साथी बताया था।

खालिस्तानियों के लिए सॉफ्ट कॉर्नर

पूर्व आप नेता कुमार विश्वास ने अरविंद केजरीवाल पर आरोप लगाया था कि उन्होंने एक बार मुझसे कहा था कि वे पंजाब के सीएम या खालिस्तान के पीएम बनने का ख्वाब देख रहे हैं। यही नहीं, कुमार ने यह भी बताया कि पंजाब के पिछले चुनाव 2017 में केजरीवाल अपने घर में खालिस्तानी नेताओं के साथ बैठक करते दिखते थे, जिसपर कुमार ने आपत्ति जताई थी पर केजरीवाल अपने मद में चूर थे।

इतना ही नही कुमार विश्वास ने केजरीवाल को सीधी चेतावनी भी दी थी कि वो एक बार कह दें कि मैं खालिस्तान के विरुद्ध हूं। वो एक बार कह दें कि मैं खालिस्तानियों को नहीं पनपने दूंगा- लेकिन केजरीवाल खालिस्तान के विरुद्ध मौन साध लेते हैं।

आज खालिस्तान के समर्थकों को राज्य सरकार का कोई भय नही है। पंजाब में अपराध चरम पर है- दिन दहाड़े लोगों की हत्या कर देने के मामले सामने आ रहे हैं। पिछले नवंबर में ही पंजाब के अमृतसर में हिंदू नेता सुधीर सूरी की सरेआम गोली मारकर हत्या कर देने का मामला सामने आया था।

और पढ़ें: कनाडा, ब्रिटेन के बाद अब ऑस्ट्रेलिया में खालिस्तानियों के निशाने पर हिंदू मंदिर

हिंदू नेता सुधीर सूरी को अमृतसर में गोपाल मंदिर के बाहर 5 गोलियां मारी गईं थीं। सुधीर सूरी पर AK-47 से बड़ा हमला हुआ था। इस मामले में जो सबसे ज्यादा चौंकाने वाली बात थी वो यह कि सुधीर सूरी की हत्या पुलिस प्रोटेक्शन में हुई। इस पूरी घटना की जिम्मेदारी कनाड़ा में बैठे खालिस्तानी आतंकी लखबीर लंडा ने ली थी।

आतंकी लखबीर लंडा पाकिस्तान में बैठे आतंकी हरमिंदर सिंह उर्फ रिंदा के साथ पंजाब में आतंकी नेटवर्क चला रहा है। लखबीर लंडा ने सोशल मीडिया पर पोस्ट डालकर हत्या की जिम्मेदारी लेते हुए कहा था कि सूरी की हत्या हमारे भाईयों ने की है।

आतंकी ने आगे धमकाते हुए यह भी कहा था कि जो सिख कौम या किसी अन्य धर्म के बारे में बुरा बोलते हैं, वे सभी तैयार रहें। सबकी बारी आएगी। सिक्योरिटी लेकर यह न समझें कि वह बच जाएंगे। यह तो अभी शुरुआत है, हक लेना अभी बाकी है।

पंजाब में दिन दहाड़े खालिस्तानियों के द्वारा हत्या कर देना, थाने पर कब्जा कर लेना ये कुछ ऐसी घटनाएं हैं जो पंजाब के हालातों को बताती हैं। बताती हैं कि भगवंत मान सरकार अपराधियों पर नकेल कसने में असमर्थ है। ऐसे में यदि हालात नहीं सुधरे तो भविष्य में पंजाब उसी पुराने दौर में दोबारा लौट जाए तो आश्चर्य नहीं करना चाहिए।

TFI का समर्थन करें:

सांस्कृतिक राष्ट्रवाद की ‘राइट’ विचारधारा को मजबूती देने के लिए TFI-STORE.COM से बेहतरीन गुणवत्ता के वस्त्र क्रय कर हमारा समर्थन करें।

Tags: Amritpal singh violencePunjab Khalistan ViolencePunjab Violenceपंजाब हिंसा
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

Infosys के संस्थापक एनआर नारायणमूर्ति को दिल्ली से बहुत समस्या है

अगली पोस्ट

बॉलीवुड में रीमेक तो सभी बनाते हैं, चलते हैं केवल अजय देवगन

संबंधित पोस्ट

बांग्लादेश
चर्चित

हिंदू दीपू दास की इस्लामी भीड़ के हाथों बर्बर हत्या उस्मान हादी हत्याकांड का ‘साइड इफेक्ट’ नहीं है, ये मजहबी कट्टरता को आत्मसात कर चुके बांग्लादेश का नया सच है

20 December 2025

बांग्लादेश इस समय गहरी अस्थिरता से गुज़र रहा है। दुर्भाग्य से ये अस्थिरता सिर्फ राजनैतिक नहीं है, ये नैतिक और सामाजिक भी है। अलग भाषाई...

ऑपरेशन सिंदूर 2:0
मत

दिल्ली धमाका और PoK के नेता का कबूलनामा: क्या भारत के लिए ‘ऑपरेशन सिंदूर 2.0’ का समय आ गया है?

21 November 2025

पाकिस्तान एक आतंकी मुल्क है और इसमें शायद ही किसी को कोई संशय हो, ख़ुद पाकिस्तान के मित्र भी न सिर्फ इसे अच्छी तरह जानते...

शशि थरूर पीएम की तारीफ कर अपनी ही पार्टी के अंदर निशाने पर आ गए हैं
चर्चित

कांग्रेस का नया नियम यही है कि चाहे कुछ भी हो जाए पीएम मोदी/बीजेपी का हर क़ीमत पर विरोध ही करना है?

21 November 2025

कांग्रेस के नेता देश ही नहीं विदेशों में भी जाकर लोकतंत्र बचाने की दुहाई देते रहते हैं। लेकिन जब बारी आंतरिक लोकतंत्र की आती है...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

Captured Turkish YIHA drone Showed by the Indian Army |Defence News| Operation Sindoor

Captured Turkish YIHA drone Showed by the Indian Army |Defence News| Operation Sindoor

00:00:58

A War Won From Above: The Air Campaign That Changed South Asia Forever

00:07:37

‘Mad Dog’ The EX CIA Who Took Down Pakistan’s A.Q. Khan Nuclear Mafia Reveals Shocking Details

00:06:59

Dhurandar: When a Film’s Reality Shakes the Left’s Comfortable Myths

00:06:56

Tejas Under Fire — The Truth Behind the Crash, the Propaganda, and the Facts

00:07:45
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited