जस्टिन ट्रूडो की चीन यात्रा सफल नहीं रही थी। मीडिया में यह तक कहा जा रहा था कि ट्रूडो को चीन से खाली हाथ लौटना पड़ा है।
TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    वंदे मातरम को लेकर एक बार फिर विवाद

    वंदे मातरम को लेकर एक बार फिर विवाद : मुस्लिम संगठन ने वंदे मातरम को स्वीकार करने को हमला बताया

    फिल्म घूसखोर पंडित को लेकर बवाल

    सुप्रीम कोर्ट ने नेटफ्लिक्स को निर्देश दिया: ‘घूसखोर पंडित’ का नाम बदलें, फिल्म का टाइटल बदलने तक ‘रिलीज़ नहीं

    शेख हसीना का भारत में प्रवास और प्रत्यर्पण

    बांग्लादेश में बीएनपी की सत्ता वापसी: जानें क्या हुआ था साल 2024 में ?

    बांग्लादेश में नई सरकार की तैयारी

    बांग्लादेश में नई सरकार की तैयारी: तारिक रहमान को पीएम मोदी ने दी बधाई, कहां -मिलकर करेंगे काम

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    भारत अमेरिका डिल में जानें क्या है खास बात

    India US Trade Deal: अमेरिका के साथ खेती और डेयरी को लेकर क्या हुई डील? जानें भारत ने क्या लिया फैसला

    सिस्टम की लापरवाही से दिल्ली में एक और मौत

    जल बोर्ड की चूक बनी जानलेवा, जनकपुरी में गड्ढ़े में गिरकर बाइक सवार की मौत

    चिकन नेक भारत की एक पतली ज़मीन की पट्टी है

    चिकन नेक में अंडरग्राउंड रेल कनेक्टिविटी: हकीकत या सिर्फ योजना?

    अडानी ग्रुप इटली के लियोनार्दो के साथ स्वदेशी समानों से बनाएगा हेलिकॉप्टर

    भारत में हेलिकॉप्टर उत्पाद बढ़ेगा, अदानी ग्रुप ने लियोनार्दो के साथ की पहल ,स्वदेशी को दिया जाएगा बढ़ावा

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    तेजस Mk1-A: बन कर तैया

    तेजस Mk1-A: बन कर तैयार हैं तो फिर Air Force को सौंपे क्यों नहीं गए ? इंजन या HAL की लेट लतीफी- क्या है देरी की असली वजह ?

    भारत में बनाएं जाएंगे स्वदेशी विमान

    फ्रांस से 114 राफेल खरीदने की ₹3.25 लाख करोड़ डील को जल्द मिल सकती है DAC की मंज़ूरी

    अग्नि-3 एक तैयार और मैच्योर मिसाइल सिस्टम है

    अग्नि -3 का एक और परीक्षण: भारत एक Active Nuclear Missile को बार-बार Test क्यों कर रहा है?

    डिंगातारा सिंगापुर के साथ मिलकर करेगा उपग्रहों की सुरक्षा

    अंतरिक्ष मलबे से निपटने के लिए भारतीय स्टार्टअप डिंगातारा और सिंगापुर की साझेदारी

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    भारत का ऊर्जा रणनीतिक बदलाव

    रूस पर निर्भरता घटाने की दिशा में भारत का कदम: वेनेजुएला से 20 लाख बैरल तेल की खरीद

    रूसी मेडिकल कॉलेज हॉस्टल में चाकू से हमला

    रूसी मेडिकल कॉलेज हॉस्टल में चाकू से हमला, 4 भारतीय छात्र घायल

    भारत–EU सहयोग को नई गति

    समुद्री निगरानी को मजबूत करता भारत, यूरोपीय संघ को दी IFC-IOR तक पहुंच

    एलन मस्क को भारत से बड़ा झटका

    एलन मस्क को झटका : भारत ने स्टारलिंक के GEN-2 सैटेलाइट सिस्टम को किया खारिज

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    के एम करियाप्पा अनुशासन के प्रतीक

    फील्ड मार्शल के .एम. करियाप्पा : अनुशासन और देशभक्ति की मिसाल

    10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    इतिहास की गवाही: 10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    नेहरू अपने निजी अकाउंट में जमा कराना चाहते थे कुछ खजाना!

    नेताजी की आजाद हिंद फौज के खजाने का क्या हुआ? क्यों खजाने की लूट पर जांच से बचते रहे जवाहर लाल नेहरू ?

    भारतीय संविधान और मौलिक अधिकार

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकार बाहर से नहीं आए, इनकी संकल्पना भारतीय ज्ञान परंपरा में सदियों से मौजूद है

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    भारतीय यूट्यूबर्स की कमाई: करोड़पति बनने वाले टॉप 10 कंटेंट क्रिएटर्स

    भारतीय यूट्यूबर्स की कमाई: करोड़पति बनने वाले टॉप 10 कंटेंट क्रिएटर्स

    आतंक के खिलाफ बड़ा कदम: J&K में 5 सरकारी कर्मचारियों की सेवा समाप्त

    जम्मू कश्मीर में 5 सरकारी कर्मचारी सेवा से बर्खास्त , जानें क्यों मनोज सिन्हा ने लिया यह फैसला?

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    शोले फिल्म में पानी की टंकी पर चढ़े धर्मेंद्र

    बॉलीवुड का ही-मैन- जिसने रुलाया भी, हंसाया भी: धर्मेंद्र के सिने सफर की 10 नायाब फिल्में

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    वंदे मातरम को लेकर एक बार फिर विवाद

    वंदे मातरम को लेकर एक बार फिर विवाद : मुस्लिम संगठन ने वंदे मातरम को स्वीकार करने को हमला बताया

    फिल्म घूसखोर पंडित को लेकर बवाल

    सुप्रीम कोर्ट ने नेटफ्लिक्स को निर्देश दिया: ‘घूसखोर पंडित’ का नाम बदलें, फिल्म का टाइटल बदलने तक ‘रिलीज़ नहीं

    शेख हसीना का भारत में प्रवास और प्रत्यर्पण

    बांग्लादेश में बीएनपी की सत्ता वापसी: जानें क्या हुआ था साल 2024 में ?

    बांग्लादेश में नई सरकार की तैयारी

    बांग्लादेश में नई सरकार की तैयारी: तारिक रहमान को पीएम मोदी ने दी बधाई, कहां -मिलकर करेंगे काम

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    भारत अमेरिका डिल में जानें क्या है खास बात

    India US Trade Deal: अमेरिका के साथ खेती और डेयरी को लेकर क्या हुई डील? जानें भारत ने क्या लिया फैसला

    सिस्टम की लापरवाही से दिल्ली में एक और मौत

    जल बोर्ड की चूक बनी जानलेवा, जनकपुरी में गड्ढ़े में गिरकर बाइक सवार की मौत

    चिकन नेक भारत की एक पतली ज़मीन की पट्टी है

    चिकन नेक में अंडरग्राउंड रेल कनेक्टिविटी: हकीकत या सिर्फ योजना?

    अडानी ग्रुप इटली के लियोनार्दो के साथ स्वदेशी समानों से बनाएगा हेलिकॉप्टर

    भारत में हेलिकॉप्टर उत्पाद बढ़ेगा, अदानी ग्रुप ने लियोनार्दो के साथ की पहल ,स्वदेशी को दिया जाएगा बढ़ावा

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    तेजस Mk1-A: बन कर तैया

    तेजस Mk1-A: बन कर तैयार हैं तो फिर Air Force को सौंपे क्यों नहीं गए ? इंजन या HAL की लेट लतीफी- क्या है देरी की असली वजह ?

    भारत में बनाएं जाएंगे स्वदेशी विमान

    फ्रांस से 114 राफेल खरीदने की ₹3.25 लाख करोड़ डील को जल्द मिल सकती है DAC की मंज़ूरी

    अग्नि-3 एक तैयार और मैच्योर मिसाइल सिस्टम है

    अग्नि -3 का एक और परीक्षण: भारत एक Active Nuclear Missile को बार-बार Test क्यों कर रहा है?

    डिंगातारा सिंगापुर के साथ मिलकर करेगा उपग्रहों की सुरक्षा

    अंतरिक्ष मलबे से निपटने के लिए भारतीय स्टार्टअप डिंगातारा और सिंगापुर की साझेदारी

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    भारत का ऊर्जा रणनीतिक बदलाव

    रूस पर निर्भरता घटाने की दिशा में भारत का कदम: वेनेजुएला से 20 लाख बैरल तेल की खरीद

    रूसी मेडिकल कॉलेज हॉस्टल में चाकू से हमला

    रूसी मेडिकल कॉलेज हॉस्टल में चाकू से हमला, 4 भारतीय छात्र घायल

    भारत–EU सहयोग को नई गति

    समुद्री निगरानी को मजबूत करता भारत, यूरोपीय संघ को दी IFC-IOR तक पहुंच

    एलन मस्क को भारत से बड़ा झटका

    एलन मस्क को झटका : भारत ने स्टारलिंक के GEN-2 सैटेलाइट सिस्टम को किया खारिज

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    के एम करियाप्पा अनुशासन के प्रतीक

    फील्ड मार्शल के .एम. करियाप्पा : अनुशासन और देशभक्ति की मिसाल

    10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    इतिहास की गवाही: 10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    नेहरू अपने निजी अकाउंट में जमा कराना चाहते थे कुछ खजाना!

    नेताजी की आजाद हिंद फौज के खजाने का क्या हुआ? क्यों खजाने की लूट पर जांच से बचते रहे जवाहर लाल नेहरू ?

    भारतीय संविधान और मौलिक अधिकार

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकार बाहर से नहीं आए, इनकी संकल्पना भारतीय ज्ञान परंपरा में सदियों से मौजूद है

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    भारतीय यूट्यूबर्स की कमाई: करोड़पति बनने वाले टॉप 10 कंटेंट क्रिएटर्स

    भारतीय यूट्यूबर्स की कमाई: करोड़पति बनने वाले टॉप 10 कंटेंट क्रिएटर्स

    आतंक के खिलाफ बड़ा कदम: J&K में 5 सरकारी कर्मचारियों की सेवा समाप्त

    जम्मू कश्मीर में 5 सरकारी कर्मचारी सेवा से बर्खास्त , जानें क्यों मनोज सिन्हा ने लिया यह फैसला?

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    शोले फिल्म में पानी की टंकी पर चढ़े धर्मेंद्र

    बॉलीवुड का ही-मैन- जिसने रुलाया भी, हंसाया भी: धर्मेंद्र के सिने सफर की 10 नायाब फिल्में

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

खालिस्तानियों को बनाया बाप फिर चीन की गोद में बैठा कनाडा, चुनाव जीतने के लिए क्या-क्या करेंगे ट्रूडो?

2015 तक सब ठीक था, फिर ट्रूडो प्रधानमंत्री बने और...

Akash Sharma Nayan द्वारा Akash Sharma Nayan
28 October 2024
in चर्चित, भू-राजनीति, विश्व, साउथ एशिया
जस्टिन ट्रूडो, शी जिनपिंग, नरेंद्र मोदी

चुनाव जीतने के लिए चीन की गोद में बैठा कनाडा

Share on FacebookShare on X

खालिस्तानी आतंकियों को लेकर भारत और कनाडा के बीच संबंध खराब हो चुके हैं। अब इन संबंधों को लेकर न केवल दोनों देशों बल्कि अन्य देशों में भी चर्चा हो रही है। इस चर्चा का कारण यह है कि भारत और कनाडा के बीच लंबे समय तक अच्छे संबंध रहे हैं। लेकिन बीते कुछ दिनों में कनाडा की तरफ से ऐसी हरकतें की गई हैं कि अब दोनों देशों के बीच संबंध कब सुधरेंगे यह कह पाना बेहद मुश्किल है।

दोनों देशों के संबंधों पर नजर डालें तो कनाडा के पूर्व प्रधानमंत्री स्टीफेन हार्पर भारत के साथ रिश्ते अच्छे रखकर आगे बढ़ना चाहते थे। स्टीफेन हार्पर और पीएम मोदी के बीच भी अच्छे संबंध रहे हैं। यही कारण है कि दोनों देश आपसी व्यापार को बढ़ाने के लिए भी आगे आए थे। व्यापार बढ़ाने के लिए भारत-कनाडा के बीच फ्री ट्रेड एग्रीमेंट (FTA) पर भी बात की जा रही थी। साथ ही, भारत ने कनाडा के साथ न्यूक्लियर डील फिक्स की थी। इस डील के तहत कनाडा से भारत को यूरेनियम मिलना था। यह पूरी कहानी साल 2014 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के भारत की सत्ता संभालने और स्टीफेन हार्पर के कनाडा के प्रधानमंत्री पद में रहने तक की है। लेकिन इसके बाद साल 2015 में कनाडा में आम चुनाव हुए। इस चुनाव में स्टीफेन हार्पर की हार हुई। इससे सत्ता में आई लिबरल पार्टी और प्रधानमंत्री बने जस्टिन ट्रूडो।

संबंधितपोस्ट

1913 में दलाई लामा की घोषणा: तिब्बत की स्वतंत्रता और चीन के दावे की चुनौती

रूस पर निर्भरता घटाने की दिशा में भारत का कदम: वेनेजुएला से 20 लाख बैरल तेल की खरीद

बांग्लादेश चुनाव 2026: दुनिया की नजरें, भारत के लिए क्या है महत्व?”

और लोड करें

The most significant leader of India since Independence, my friend @narendramodi is shaping every conversation on geopolitics & the global economy. For India to realize its potential, it needs the courageous & visionary leadership of Prime Minister Modi. Proud to stand with him. https://t.co/2fTOKX4uAS

— Stephen Harper (@stephenharper) January 8, 2019

कैसे खराब हुए संबंध

चूंकि भारत और कनाडा के बीच यानी मोदी और हार्पर के आपसी संबंध अच्छे थे। दोनों के रिश्ते इतने शानदार थे कि साल 2019 में कनाडा दौरे पर गए पीएम मोदी ने कनाडा के पूर्व प्रधानमंत्री स्टीफेन हार्पर से भी मुलाकात की थी। इसलिए शायद ही किसी ने सोचा होगा कि ट्रूडो के आने के बाद चीजें बदल सकती हैं। लेकिन ट्रूडो ने शुरुआत में ही रंग दिखाना शुरू कर दिया था। दरअसल, संबंध सुधारने या अच्छे रखने के लिए एक देश के नेता दूसरे देश की यात्रा करते हैं। उदाहरण के लिए देखें तो नेपाल, बांग्लादेश, म्यांमार, पाकिस्तान, श्रीलंका समेत अन्य देशों के नेता सत्ता संभालने के बाद भारत या चीन की यात्रा करते हैं। इससे पता चलता है कि उस देश के लिए अन्य देश कितना अधिक महत्वपूर्ण है या किस देश के साथ संबंध रखना चाहते हैं।

एक ओर जहां स्टीफेन हार्पर कनाडा के प्रधानमंत्री बनने के एक साल बाद भारत आए थे। वहीं जस्टिन ट्रूडो ने सत्ता संभालने के बाद साल 2017 में चीन की यात्रा की थी और फिर साल 2018 में वह भारत आए थे। गौरतलब है कि जस्टिन ट्रूडो की चीन यात्रा सफल नहीं रही थी। मीडिया में यह तक कहा जा रहा था कि ट्रूडो को चीन से खाली हाथ लौटना पड़ा है।

मजबूरी में भारत आए ‘खालिस्तान प्रेमी’

चूंकि जस्टिन ट्रूडो को चीन से कुछ खास हासिल नहीं हुआ था और उन्हें एशिया में एक मजबूत साझेदार की आवश्यकता थी। ऐसे में यह कहना गलत नहीं होगा कि ट्रूडो मजबूरन भारत आए थे। इस दौरे में भी जस्टिन ट्रूडो ने अपना खालिस्तान प्रेम दिखाते हुए खालिस्तानी आतंकी जसपाल अटवाल को डिनर के लिए बुलाया था। हालांकि बाद में भारत में हुए विरोध और सरकार के हस्तक्षेप के बाद ट्रूडो को यह डिनर रद्द करना पड़ा था।

हालांकि जस्टिन ट्रूडो की इस यात्रा में भारत और कनाडा के बीच आतंकवाद को लेकर एक दस्तावेज साझा किया गया था। इस दस्तावेज में, इस्लामिक आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा, जैश-ए-मोहम्मद व खालिस्तानी आतंकी संगठन बब्बर खालसा इंटरनेशनल के खिलाफ मिलकर काम करने की बात कही गई थी। यही नहीं, मार्च 2019 में कनाडा ने एक रिपोर्ट जारी कर यह भी कहा था कि खालिस्तान को लेकर सामने आ रहे खतरे पर पहली बार बात हुई। मोदी और ट्रूडो के बीच हुई द्विपक्षीय वार्ता और फिर कनाडा द्वारा जारी रिपोर्ट के बाद ऐसा माना जा रहा था कि शायद कनाडा खालिस्तानी आतंकवाद को लेकर अपनी छवि बदलना चाहता है। साथ ही भारत के साथ पुराने संबंधों को भी आगे लेकर जाना चाहता है। लेकिन ऐसा नहीं हुआ।

एक ओर जहां FTA यानी फ्री ट्रेड एग्रीमेंट को ही देखें तो जस्टिन ट्रूडो सरकार आज तक इसको लेकर कोई फैसला नहीं कर पाई थी। वहीं, साल 2023 में ट्रूडो ने खालिस्तानी आतंकी हरदीप सिंह निज्जर की हत्या को लेकर भी भारत पर आरोप मढ़ दिए थे। यही नहीं, अब अक्टूबर 2024 में कनाडा ने भारत के मुख्य राजनयिक को पर्सन ऑफ इन्टरेस्ट लेवल करार दिया है। हालांकि भारत के पलटवार के बाद ट्रूडो सरकार को मुंह की खानी पड़ी है।

दरअसल, कनाडा ने निज्जर की हत्या में भारत के खिलाफ सबूत होने की बात कही थी। इस पर कनाडा की फ़ॉरेन इंटरफेरेंस कमीशन ने जस्टिन ट्रूडो को पूछताछ के लिए बुलाया था। जहां ट्रूडो भारत के खिलाफ सबूत होने की बात से सीधे तौर पर मुकर गए थे। ये वही ट्रूडो हैं, जो पब्लिक रैली से लेकर मीटिंग्स तक में लगातार भारत के खिलाफ सबूत होने की बात कह रहे थे। लेकिन जब सबूत पेश करने की बारी आई तो ट्रूडो के पास सच बोलने के अलावा कोई चारा नहीं बचा था। ट्रूडो का यह बयान सामने आते ही यह साफ हो गया था कि वह सिर्फ राजनीतिक फायदे और कनाडा में पल रहे खालिस्तानियों के वोट बैंक के लिए भारत के खिलाफ साजिश रच रहे थे।

चीन के ‘कांड’ से जस्टिन ट्रूडो ने जीता चुनाव

गौरतलब है कि कनाडा की फ़ॉरेन इंटरफेरेंस कमीशन ने एक रिपोर्ट जारी कर साल 2019 और 2021 के चुनावों में विदेशी ताकतों के हाथ होने की बात कही थी। इसमें चीन, रूस, ईरान, भारत और पाकिस्तान का नाम शामिल था। हालांकि इसमें सबसे बड़ा रोल या ‘मुख्य अपराधी’ चीन को बताया गया है। दिलचस्प बात यह है कि साल 2019 और 2021 दोनों ही चुनाव में जस्टिन ट्रूडो के नेतृत्व वाली लिबरल पार्टी ने जीत दर्ज की थी। लेकिन हैरान करने वाली बात यह है कि चुनाव को प्रभावित करने के मामले में चीन का सबसे अधिक हाथ होने की बात सामने आई है। साथ ही, ट्रूडो की पार्टी के सांसद हान डोंग जोकि चीनी मूल के कनाडाई नागरिक हैं, उनका भी नाम सामने आया था और उन्हें इस्तीफा भी देना पड़ा था। लेकिन इसके बाद भी जस्टिन ट्रूडो और उनकी पार्टी के नेता चीन के खिलाफ बोलने की जगह भारत को दोषी ठहरा रहे हैं।

अब यहां दो चीजें एकदम स्पष्ट हो जाती हैं। पहली यह कि भारत के खिलाफ सबूत नहीं थे, लेकिन फिर भी जस्टिन ट्रूडो सरेआम भारत पर आरोप लगा रहे थे। दूसरा यह कि चीन के खिलाफ सबूत होने की बात आ चुकी है। ट्रूडो के सांसद को इस्तीफा भी देना पड़ा है, लेकिन फिर भी ट्रूडो और उनकी लिबरल पार्टी के नेता भारत को दोषी ठहरा रहे हैं।

अब इन सब चीजों को जोड़ कर देखा जाए तो यह स्पष्ट हो जाता है कि जस्टिन ट्रूडो का खालिस्तानियों को समर्थन, भारत विरोधी बयान और चीन के खिलाफ न बोलने के पीछे रणनीतिक नहीं बल्कि राजनीतिक कारण हैं। सीधे शब्दों में कहें तो जस्टिन ट्रूडो पूरी प्लानिंग के साथ अक्टूबर 2025 में होने वाले चुनाव की तैयारी में लगे हुए हैं। दरअसल, जस्टिन ट्रूडो को अपना राजनीतक भविष्य खतरे में नजर आ रहा है। अव्वल तो यह कि ट्रूडो की पार्टी के सांसद ही उनका विरोध करते हुए इस्तीफे की मांग कर रहे हैं। वहीं, सांसद शॉन केसी (Shawn Casey) ने तो यह तक कह दिया है कि अब वोटर्स भी ट्रूडो का इस्तीफा चाह रहे हैं।

यही नहीं, जून 2024 में सामने आए सर्वे में कंजर्वेटिव पार्टी, ट्रूडो की लिबरल पार्टी से 20 पॉइंट आगे चल रही है। वहीं कनाडा की 59% आबादी यह नहीं चाहती कि ट्रूडो प्रधानमंत्री रहें। यही नहीं, ट्रूडो की पार्टी को हाल ही में फेडरल की उस सीट पर हार का सामना करना पड़ा था, जिस पर उनकी पार्टी का 30 साल से कब्जा था। इसका मतलब यह है कि ट्रूडो की सरकार में वापसी बेहद मुश्किल लग रही है। इसका अंदाज ट्रूडो को भी हो गया है, इसलिए वह साम-दाम-दंड-भेद लगाकर किसी भी तरह से प्रधानमंत्री बने रहना व 2025 के चुनाव में जीत दर्ज करना चाहते हैं। इसके लिए उन्होंने सबसे पहले खालिस्तानी आतंकियों के वोट बैंक को पोलराइज्ड कराने में जुटे हुए हैं।

आंकड़ों को देखें तो, सिख वोटर कनाडा के टोटल वोट बैंक का 2% के आसपास है। लेकिन कनाडा के कुछ इलाकों मे सिख वोटर ही निर्णायक साबित हो सकते हैं। मसलन, ओंटारियो, टोरंटो और वैंकूवर में सिख वोटर्स की संख्या अन्य वोटर्स की तुलना में अधिक हैं और यह चुनाव को सीधे तौर पर प्रभावित करने में सक्षम हैं। इसे ऐसे भी समझा जा सकता है कि 1993 में कनाडा में महज 1 सिख सांसद था। लेकिन अब 18 सिख सांसद हैं। इसका सीधा मतलब यह है कि सिख वोटर्स का कनाडा की संसद में सीधा हस्तक्षेप है। ऐसे में वह भारत के खिलाफ बयानबाजी कर खालिस्तानियों के वोटबैंक को साधने में जुटे हुए हैं।

वहीं, चाइना के साथ जस्टिन ट्रूडो के संबंधों को देखें तो समझ आता है कि चीन ट्रूडो को सपोर्ट कर रहा है। इसका बड़ा कारण यह है कि चीनी कम्युनिस्ट पार्टी और कनाडा की कंजर्वेटिव पार्टी के बीच संबंध अच्छे नहीं रहे हैं। इतिहास में नजर दौड़ाएं तो चीनी कम्युनिस्ट पार्टी कनाडा की कंजर्वेटिव पार्टी को चीन विरोधी होने के साथ ही ‘जहर बताती रही है। इसलिए शी जिनपिंग चाहते हैं कि ट्रूडो वापस सरकार में आएं। वहीं, ट्रूडो को भी चीन से कोई समस्या नहीं है। पहली बात तो यह कि ट्रूडो को लगता है कि चीन कभी भी भारत विरोधी खालिस्तान के खिलाफ बात नहीं करेगा और दूसरा यह कि आने वाले चुनाव में एक बार फिर चीन वोटर्स को इंफ्लुएंस कर चुनाव उनके पक्ष में कर सकता है। जो कि चुनाव हार रहे ट्रूडो के लिए रामबाण साबित हो सकता है।

क्या फिर सुधर सकते हैं भारत-कनाडा संबंध

भारत-कनाडा के संबंध खराब करने में सिर्फ और सिर्फ कनाडाई प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो का हाथ है। उन्होंने भारत के साथ भविष्य के रिश्तों या आपसी समझौतों को ताक में रखकर एकतरफा आरोप जड़े थे। अब यदि वह सामने आकर माफी भी मांगते हैं तब भी शायद दोनों देशों के बीच खराब हुए संबंधों में सुधार न हो पाए। हालांकि 2025 के चुनाव के बाद यदि जस्टिन ट्रूडो की सरकार में वापसी नहीं होती या फिर लिबरल पार्टी के चुनाव जीतने के बाद सरकार का चेहरा कोई और होता है तब शायद संबंध सुधर सकते हैं। इसके अलावा यदि कंजर्वेटिव पार्टी सत्ता में आती है तो ऐसा माना जा सकता है कि वह पूर्व प्रधानमंत्री स्टीफेन हार्पर की विरासत को आगे बढ़ाते भारत से संबंध सुधारने की पहल कर सकता है। यहां यह बताना अहम हो जाता है कि 2015 से पहले यानी जस्टिन ट्रूडो के प्रधानमंत्री बनने तक भारत और कनाडा के संबंध बहुत ही अच्छे मोड़ पर थे।

स्रोत: Canada, कनाडा, जस्टिन ट्रूडो, Justin Trudeau, xi jinping, शी जिनपिंग, खालिस्तान, Khalistan, Canada India, Canada China India, Canada Election, कनाडा चीन
Tags: CanadaChinaIndiaJustin TrudeauKhalistanxi jinpingकनाडाखालिस्तानचीनजस्टिन ट्रूडोनरेंद्र मोदीभारतशी जिनपिंग
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

‘सनातन धर्म ही राष्ट्रवाद है’: आधुनिक नैमिषारण्य बना ‘द जयपुर डायलॉग्स’, विचारों के मंथन से निकला ‘अमृत’

अगली पोस्ट

लक्ष्मी निवास पैलेस: बड़ौदा रियासत की शान ओ शौक़त का प्रतीक महल, जिसके वास्तुकार ने कर ली थी आत्महत्या

संबंधित पोस्ट

फिल्म घूसखोर पंडित को लेकर बवाल
चर्चित

सुप्रीम कोर्ट ने नेटफ्लिक्स को निर्देश दिया: ‘घूसखोर पंडित’ का नाम बदलें, फिल्म का टाइटल बदलने तक ‘रिलीज़ नहीं

13 February 2026

सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को नेटफ्लिक्स और फिल्ममेकर नीरज पांडे को निर्देश दिया कि उनकी आने वाली फिल्म घूसखोर पंडित का नाम बदलें और नया...

अलीगढ़ की सास ने किया चौंकाने वाला काम
चर्चित

‘दामाद’ के साथ भागने वाली महिला अब ‘जीजा’ के साथ भागी, लेकिन प्रश्न ये है कि किसने-किसके साथ विश्वासघात किया है ?

12 February 2026

अलीगढ़ की वह  महिला जो अपनी बेटी की शादी से पहले खुद दामाद के साथ भाग गई, जिस घर में शहनाई बजनी थी, वहां अचानक...

कानपुर एचडीएफसी विवाद
चर्चित

कानपुर एचडीएफसी विवाद: ‘मैं ठाकुर हूं’ वीडियो पर सफाई, कर्मचारी ने निष्पक्ष जांच की उठाई मांग

11 February 2026

कानपुर में एचडीएफसी बैंक की एक कर्मचारी का 45 सेकंड का वीडियो, जिसमें वह तीखी बहस के दौरान “मैं ठाकुर हूं” कहते हुए दिखाई दे...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

300 Million Euros for SCALP: Strategic Necessity or Costly Dependency on France300

300 Million Euros for SCALP: Strategic Necessity or Costly Dependency on France300

00:04:06

Tejas Mk1A: 19th aircraft coupled but Not Delivered: What Is Holding Back the IAF Induction?

00:07:21

Agni-3 Launch Decoded: Why Test an Active Nuclear Missile That’s Already Deployed?

00:05:05

India’s Swadesi ‘Meteor’: World’s Most Lethal BVR Missile | Gandiv| SFDR | DRDO

00:06:48

Between Rafale and AMCA; Where Does the Su-57 Fit | IAF| HAL | Wings India

00:06:10
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited