TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    Devender Mahto Ranchi student protest

    Jharkhand Student Protest: रांची में सड़कों पर छात्र, CBI जांच और JSSC CGL पर क्यों अटका पेंच?

    Gen Z voter and BJP

    क्या Gen Z बीजेपी के साथ है? धर्मेंद्र प्रधान के दावे का Election Data से समझिए सच

    बीजेपी हेडऑफिस में पार्टी के महामंत्री (संगठन) बी.एल.संतोष की अध्यक्षता में त्रिपुरा की बैठक

    मध्य प्रदेश, राजस्थान और त्रिपुरा की टॉप लीडरशिप के साथ बीजेपी आलाकमान की बैठकों का दौर, कामकाज की समीक्षा के साथ जवाबदेही तय करने पर जोर

    थाइलैंड से दिल्ली आ रही एअर इंडिया की फ्लाइट

    थाइलैंड से दिल्ली आ रही एअर इंडिया की फ्लाइट में भयानक टर्बुलेंस, कई यात्री घायल

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    GOBARdhan Scheme Gas Import Bill

    GOBARdhan Scheme: ₹23,731 करोड़ की योजना से कैसे घटेगा भारत का $5 Billion गैस Import Bill?

    Bihar Liquor Ban NCAER REPORT

    Bihar Liquor Ban: बिहार को फायदा हुआ या नुकसान? NCAER रिपोर्ट ने उठाए सवाल

    Indian Economy Under Modi Govt Since 2014

    12 साल, 22 सेक्टर और एक तस्वीर: क्या भारत का इंफ्रास्ट्रक्चर सचमुच बदल गया?

    भारत-जापान शिखर सम्मेलन

    भारत-जापान शिखर सम्मेलन: पीएम मोदी और जापानी पीएम सनाए ताकाइची ने आर्थिक सुरक्षा, तकनीक और रक्षा सहयोग को दी नई दिशा

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    Chinese CCTV RISK

    CCTV के अंदर छिपा चीन का ‘सिक्योरिटी रिस्क’: ब्रिटेन में खुलासा, भारत में कितनी बड़ी चुनौती?

    Territorial Army AI Cyber Security and Direct Entry

    टेरिटोरियल आर्मी में अब AI और साइबर एक्सपर्ट्स की सीधी एंट्री? रक्षा मंत्रालय की नई योजना से बदल जाएगा TA का रोल

    म्यांमार के राष्ट्रपति यू मिन आंग ह्लाइंग 30 जून से 3 जुलाई 2026 तक भारत दौर पर थे

    म्यांमार के रेयर अर्थ खनिज, भारत की रणनीति और चीन की चुनौती

    INS 'निपुण' भारतीय नौसेना का दूसरा स्वदेशी Diving Support Vessel (DSV)।

    INS निपुण: नेवी के बेड़े में शामिल होने वाला ये डाइविंग सपोर्ट वेसल इतना महत्वपूर्ण क्यों है ?

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    अमेरिका के नॉर्थ कैरोलिना में घर के अंदर अंधाधुंध फायरिंग

    अमेरिका के नॉर्थ कैरोलिना में घर के अंदर अंधाधुंध फायरिंग, कई लोगों की मौत; जांच में जुटी पुलिस

    क्या यूरोप पर 'आक्रमण' शुरू हो चुका है

    क्या यूरोप पर ‘आक्रमण’ शुरू हो चुका है? स्यूटा से उठ रहे वे सवाल जिन्हें अब यूरोप नज़रअंदाज़ नहीं कर सकता

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर,

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद

    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद, कर्नाटक सरकार बदलना चाहती है पुराना नियम

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद: महंत धर्मदास बोले- अयोग्य लोगों को जिम्मेदारी देने से हुई गड़बड़ी, देशवासियों से शांति बनाए रखने की अपील

    शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक

    ऑपरेशन सिंदूर: शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक, राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर हमेशा के लिए दर्ज

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य

    Mostbet Casino in the Czech Republic: What Players Actually Get

    ऑनलाइन वीडियो देखने की आदतें कैसे बदल रही हैं: स्ट्रीमिंग से ऑफलाइन एक्सेस तक

    ऑनलाइन वीडियो देखने की आदतें कैसे बदल रही हैं: स्ट्रीमिंग से ऑफलाइन एक्सेस तक

    बिना किसी ऐप के Instagram वीडियो और फोटो कैसे डाउनलोड करें

    बिना किसी ऐप के Instagram वीडियो और फोटो कैसे डाउनलोड करें

    गेमिंग और हमारे देश के नौजवानों का नया रिश्ता: मस्ती से लेकर कमाई तक का पूरा चक्कर

    गेमिंग और हमारे देश के नौजवानों का नया रिश्ता: मस्ती से लेकर कमाई तक का पूरा चक्कर

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    Devender Mahto Ranchi student protest

    Jharkhand Student Protest: रांची में सड़कों पर छात्र, CBI जांच और JSSC CGL पर क्यों अटका पेंच?

    Gen Z voter and BJP

    क्या Gen Z बीजेपी के साथ है? धर्मेंद्र प्रधान के दावे का Election Data से समझिए सच

    बीजेपी हेडऑफिस में पार्टी के महामंत्री (संगठन) बी.एल.संतोष की अध्यक्षता में त्रिपुरा की बैठक

    मध्य प्रदेश, राजस्थान और त्रिपुरा की टॉप लीडरशिप के साथ बीजेपी आलाकमान की बैठकों का दौर, कामकाज की समीक्षा के साथ जवाबदेही तय करने पर जोर

    थाइलैंड से दिल्ली आ रही एअर इंडिया की फ्लाइट

    थाइलैंड से दिल्ली आ रही एअर इंडिया की फ्लाइट में भयानक टर्बुलेंस, कई यात्री घायल

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    GOBARdhan Scheme Gas Import Bill

    GOBARdhan Scheme: ₹23,731 करोड़ की योजना से कैसे घटेगा भारत का $5 Billion गैस Import Bill?

    Bihar Liquor Ban NCAER REPORT

    Bihar Liquor Ban: बिहार को फायदा हुआ या नुकसान? NCAER रिपोर्ट ने उठाए सवाल

    Indian Economy Under Modi Govt Since 2014

    12 साल, 22 सेक्टर और एक तस्वीर: क्या भारत का इंफ्रास्ट्रक्चर सचमुच बदल गया?

    भारत-जापान शिखर सम्मेलन

    भारत-जापान शिखर सम्मेलन: पीएम मोदी और जापानी पीएम सनाए ताकाइची ने आर्थिक सुरक्षा, तकनीक और रक्षा सहयोग को दी नई दिशा

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    Chinese CCTV RISK

    CCTV के अंदर छिपा चीन का ‘सिक्योरिटी रिस्क’: ब्रिटेन में खुलासा, भारत में कितनी बड़ी चुनौती?

    Territorial Army AI Cyber Security and Direct Entry

    टेरिटोरियल आर्मी में अब AI और साइबर एक्सपर्ट्स की सीधी एंट्री? रक्षा मंत्रालय की नई योजना से बदल जाएगा TA का रोल

    म्यांमार के राष्ट्रपति यू मिन आंग ह्लाइंग 30 जून से 3 जुलाई 2026 तक भारत दौर पर थे

    म्यांमार के रेयर अर्थ खनिज, भारत की रणनीति और चीन की चुनौती

    INS 'निपुण' भारतीय नौसेना का दूसरा स्वदेशी Diving Support Vessel (DSV)।

    INS निपुण: नेवी के बेड़े में शामिल होने वाला ये डाइविंग सपोर्ट वेसल इतना महत्वपूर्ण क्यों है ?

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    अमेरिका के नॉर्थ कैरोलिना में घर के अंदर अंधाधुंध फायरिंग

    अमेरिका के नॉर्थ कैरोलिना में घर के अंदर अंधाधुंध फायरिंग, कई लोगों की मौत; जांच में जुटी पुलिस

    क्या यूरोप पर 'आक्रमण' शुरू हो चुका है

    क्या यूरोप पर ‘आक्रमण’ शुरू हो चुका है? स्यूटा से उठ रहे वे सवाल जिन्हें अब यूरोप नज़रअंदाज़ नहीं कर सकता

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर,

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद

    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद, कर्नाटक सरकार बदलना चाहती है पुराना नियम

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद: महंत धर्मदास बोले- अयोग्य लोगों को जिम्मेदारी देने से हुई गड़बड़ी, देशवासियों से शांति बनाए रखने की अपील

    शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक

    ऑपरेशन सिंदूर: शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक, राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर हमेशा के लिए दर्ज

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य

    Mostbet Casino in the Czech Republic: What Players Actually Get

    ऑनलाइन वीडियो देखने की आदतें कैसे बदल रही हैं: स्ट्रीमिंग से ऑफलाइन एक्सेस तक

    ऑनलाइन वीडियो देखने की आदतें कैसे बदल रही हैं: स्ट्रीमिंग से ऑफलाइन एक्सेस तक

    बिना किसी ऐप के Instagram वीडियो और फोटो कैसे डाउनलोड करें

    बिना किसी ऐप के Instagram वीडियो और फोटो कैसे डाउनलोड करें

    गेमिंग और हमारे देश के नौजवानों का नया रिश्ता: मस्ती से लेकर कमाई तक का पूरा चक्कर

    गेमिंग और हमारे देश के नौजवानों का नया रिश्ता: मस्ती से लेकर कमाई तक का पूरा चक्कर

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

गुरबक्श सिंह ढिल्लों: आज़ाद हिंद फौज के वो वीर जो अंग्रेज़ों के लिए लड़े और उनके खिलाफ भी

पिता के दोस्त के कहने पर अंग्रेज़ी सेना में भर्ती हुए ढिल्लों बाद में मोहन सिंह के नेतृत्व में आज़ाद हिंद फौज में शामिल हुए थे

Shiv Chaudhary द्वारा Shiv Chaudhary
18 March 2025
in इतिहास
गुरबक्श सिंह ढिल्लों: आज़ाद हिंद फौज के वो वीर जो अंग्रेज़ों के लिए लड़े और उनके खिलाफ भी
Share on FacebookShare on X

संबंधितपोस्ट

नेताजी की आजाद हिंद फौज के खजाने का क्या हुआ? क्यों खजाने की लूट पर जांच से बचते रहे जवाहर लाल नेहरू ?

प्रधानमंत्री मोदी ने नेताजी सुभाष चंद्र बोस को दी श्रद्धांजलि, 1943 में पोर्ट ब्लेयर में तिरंगा फहराने की घटना को किया याद

क्या नेताजी का निधन सचमुच 1945 विमान हादसे में हुआ था? मुथुरामलिंगा थेवर और गुमनामी बाबा ने खोला रहस्य

और लोड करें

नवंबर 1945 की बात है, देश में स्वतंत्रता की लड़ाई ज़ोरों पर थी। विमान दुर्घटना में नेताजी सुभाष चंद्र बोस के निधन की खबर फैल गई थी और लाल किला समेत अनेक जगहों पर आज़ादी हिंद फौज के सैनिकों के ट्रायल शुरू कर दिए गए थे। देश की आज़ादी का संकल्प लिए अंग्रेज़ी फौज से लड़ने वाले सैनिकों पर मुकदमा चलाया जा रहा था, इन सैनिकों पर अंग्रेजी राज़ के खिलाफ युद्ध छोड़ने के आरोप थे। एक और अदालती लड़ाई चल रही थी तो दूसरी ओर सड़कों पर ‘लाल किले से आई आवाज़-सहगल, ढिल्लन, शाहनवाज़‘ के नारे गूंज रहे थे। ये तीनों प्रेम कुमार सहगल, गुरबक्श सिंह ढिल्लों और शाहनवाज खान नेताजी की आज़ाद हिंद फौज के अधिकारी थे। आज़ादी के नायक ढिल्लों के किस्से देश को प्रेरणा देने वाले हैं। ढिल्लों की जयंती पर जानें उनकी प्रेरणा के किस्से…

आज़ाद हिंद फौज के वीर कर्नल गुरबक्श सिंह ढिल्लों का जन्म 18 मार्च 1914 को तत्कालीन लाहौर जिले के अलगो गांव में हुआ था। वर्तमान में यह अमृतसर ज़िले में स्थित है। उनकी प्रारंभिक शिक्षा लाहौर में हुई थी। कहते हैं कि वे बचपन में डॉक्टर बनना चाहते थे। उनके पिता सेना में थे तो वे कई जगहों पर रहे और उन्हें कई भाषाओं का ज्ञान हो गया था। उन्होंने कुछ दिनों तक पढ़ाया भी और फिर वे अपने पिता के दोस्त जे.एफ.एल टेलर के कहने पर वे सेना में भर्ती हो गए थे। IMA में उनका प्रशिक्षण चल रहा था और इसी दौरान दूसरा विश्व युद्ध छिड़ गया। IMA में उनका प्रशिक्षण समाप्त कर 1940 में सिकंदराबाद चले गए। बाद में जापान में उनकी तैनाती की गई। फरवरी 1942 में सिंगापुर जापानियों के हाथों में चला गया और ब्रिटिश सेना ने बिना शर्त आत्मसमर्पण कर दिया था।

कुछ समय बाद मोहन सिंह के नेतृत्व में ढिल्लों आज़ाद हिंद फौज में शामिल हुए और जब नेताजी ने 1943 में आज़ाद हिंद फौज का पुनर्गठन किया तो ये नेहरू ब्रिगेड के कमांडर बनाए गए। ढिल्लों ने बर्मा के मोर्चे पर कई लड़ाइयों में आज़ाद हिंद फौज का नेतृत्व किया था और ब्रिटिश सेना को शिकस्त दी थी। बर्मा के माउंट पोपा में इरावती नदी के किनारे इनके नेतृत्व में आज़ाद हिंद फौज ने अंग्रेज़ी सेना का जमकर मुकाबला किया था। यहां पर केवल 2000 सैनिकों के साथ ढिल्लों ने फील्ड मार्शल स्लिम के 15000 सैनिकों को रोके रखा था। नेताजी बोस ने खुद ढिल्लों के नेतृत्व की सराहना की थी।

इतिहासकार प्रोफेसर कपिल कुमार ने अपनी पुस्तक ‘नेताजी, आज़ाद हिंद सरकार और फौज भ्रांतियों में यथार्थ की ओर 1942-47’ में गुरबक्श सिंह ढिल्लों की दिलेरी का एक किस्सा साझा किया है। प्रोफेसर कपिल ने लिखा, “बर्मा में जनरल शाहनवाज ने आज़ाद हिंद फौज के सैनिकों के सामने तीन विकल्प रखे थे। पहला विकल्प था, खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर लो। लेकिन उन्होंने खुद ही कहा कि यह कायरता होगी और इसे खारिज कर दिया। दूसरा विकल्प था, दुश्मन की बन्दूकों पर हमला करो या तो उन्हें नष्ट करो या खुद नष्ट हो जाओ। तीसरा विकल्प था, अंग्रेजों की सेना के द्वारा पकड़ा जाना और भारत में कोर्ट मार्शल के बाद गोली से मारा जाना। उनका विश्वास था कि यह तीसरा विकल्प भारत के लोगों को आजाद हिन्द फौज की सच्चाई से परिचित कराएगा और भारत की धरती पर ही उनकी समाधि होगी।

प्रोफेसर कपिल लिखते हैं, “चयन का अधिकार सभी सैनिकों और अधिकारियों पर छोड़ा गया। इसके बाद कर्नल ढिल्लों बोले और आत्महत्या के विकल्प को सिरे से नकार दिया। शाहनवाज के अनुसार वह बोले, दूसरा यद्यपि एक मृत्यु का एक गौरवशाली तरीका है, किन्तु वह यहीं समाप्त हो जाएगा। उन्होंने कहा, यह तीसरा सर्वश्रेष्ठ विकल्प है, क्योंकि यदि हमें मरना ही है तो फिर गोली मरने का यह घिनौना कृत्य अंग्रेजों को ही करने दिया जाए, वह आगे बोले और यह, “हमारे सगे-संबंधियों और देशवासियों के मन-मष्तिष्क में अंग्रेजों के खिलाफ घृणा को जड़ीभूत करेगा जो एक दिन यह महसूस करेंगे कि उनका यह कर्तव्य है कि वह हमारी मौत का बदला लें”। इसलिए उन्होंने अन्तिम विकल्प को चुना और बहुमत ने उसका समर्थन किया।”

आज़ाद हिंद फौज की तरफ से लड़ते हुए इन्होंने ब्रिटिश सेना का बड़ा वीरता पूर्वक सामना किया परंतु वे ब्रिटिश सैनिकों द्वारा बंदी बना लिए गए और प्रेम कुमार सहगल और शाहनवाज खान के साथ दिल्ली भेज दिए गए। गुरबक्श सिंह ढिल्लों को गिरफ्तार करके अंग्रेज़ों ने सलीमगढ़ के किले में कैद कर दिया और वह लाल किले में चले मुकदमों में आरोपी प्रमुख अधिकारियों में से एक थे। इन्हें फांसी की सज़ा दी गई लेकिन बाद में देशभर में लोगों ने इनकी सज़ा के विरोध में गिरफ्तारियां देनी शुरू कर दीं और लोगों के दबाव में इन्हें छोड़ना पड़ा था। देश की आज़ादी के बाद जब नेहरू सरकार ने आज़ाद हिंद फौज के सैनिकों को सेना में लेने से इनकार कर दिया तो ढिल्लों परीक्षा देकर सेना में शामिल हुए।

1998 ई. में तत्कालीन राष्ट्रपति के. आर. नारायणन द्वारा गुरबक्श सिंह ढिल्लों को पद्म भूषण से सम्मानित किया गया था। जीवन के अंतिम दिनों में ढिल्लों ने शिवपुरी के हातौदी मैं अपना स्थाई निवास बना लिया था। आज़ाद हिंद फौज को लेकर उनकी पुस्तक ‘फ्रॉम माई बोन्स’ को एक महत्वपूर्ण दस्तावेज़ माना जाता है। 6 फरवरी 2006 को शिवपुरी में इनका देहान्त हो गया था।

स्रोत: गुरबक्श सिंह ढिल्लों, आज़ाद हिंद फौज, सुभाष चंद्र बोस, Gurbaksh Singh Dhillon, Azad Hind Fauj, Subhash Chandra Bose
Tags: Azad Hind FaujGurbaksh Singh DhillonSubhash Chandra Boseआजाद हिंद फौजगुरबक्श सिंह ढिल्लोंसुभाष चंद्र बोस
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

भारत की बेटी ‘सुनीता विलियम्स’ के नाम पीएम मोदी का पत्र, “भले ही आप हजारों मील दूर हैं, लेकिन…..

अगली पोस्ट

जॉर्ज सोरोस की फंडिंग पर ईडी का बड़ा प्रहार, बेंगलुरु में 8 ठिकानों पर ताबड़तोड़ छापेमारी!

संबंधित पोस्ट

दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों
इतिहास

दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

7 July 2026

कहते हैं संयोग और चमत्कार इस दुनिया में होते हैं। कुछ ऐसा ही मेरे साथ भी घटित हुआ। एक महत्त्वपूर्ण पुस्तक के अनुवाद कार्य में...

शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक
इतिहास

ऑपरेशन सिंदूर: शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक, राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर हमेशा के लिए दर्ज

26 June 2026

भारत के सशस्त्र बलों ने ऑपरेशन सिंदूर के दौरान शहीद हुए छह जवानों के नाम पहली बार आधिकारिक तौर पर सार्वजनिक किए हैं। इन सभी...

लेफ्टिनेंट शशांक तिवारी के माता-पिता
इतिहास

लेफ्टिनेंट शशांक तिवारी को मरणोपरांत कीर्ति चक्र से सम्मानित किया गया

9 June 2026

उत्तर प्रदेश के अयोध्या के रहने वाले भारतीय सेना के लेफ्टिनेंट शशांक तिवारी को मरणोपरांत कीर्ति चक्र से सम्मानित किया गया। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

India Eyes Sixth-Generation Fighters: Why FCAS Matters Beyond AMCA

India Eyes Sixth-Generation Fighters: Why FCAS Matters Beyond AMCA

00:05:03

Beyond S-400: Why India's Indigenous Kusha Missile Could Change Air Defence

00:03:42

Rigvedic Names in Denmark? Nick Collins on India’s Forgotten Links With Europe

00:32:39

INS NIPUN: MEET INDIA’S NEW DSV

00:03:05

POJK ERUPTS IN PROTEST

00:02:53
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited