TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    पीएम मोदी

    AI IMPACT SUMMIT 2026 : भारत बना एआई नवाचार का वैश्विक केंद्र, प्रधानमंत्री मोदी ने इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट-2026 का किया उद्घाटन

    नेपाल एक बार फिर जनरेशन Z यानी युवाओं के नेतृत्व में

    जनआंदोलन के बाद ‘जनादेश’ की बारी: नेपाल की राजनीतिक संरचना की निर्णायक परीक्षा



    20 से ज्यादा देशों के टॉप लीडर्स होंगे शामिल

    AI समिट का तीसरा दिन Galgotias University के रोबोटिक डॉग पर उठे सवाल, स्टॉल को कराया गया खाली

    मोहन भागवत ने जनसंख्या और धर्मांतरण के मुद्दे उठाए

    मोहन भागवत का बयान- हिंदू 3 बच्चें पैदा करें, भारतीय मुस्लमानों की हो घर वापसी

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    पीएम मोदी

    AI IMPACT SUMMIT 2026 : भारत बना एआई नवाचार का वैश्विक केंद्र, प्रधानमंत्री मोदी ने इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट-2026 का किया उद्घाटन

    20 से ज्यादा देशों के टॉप लीडर्स होंगे शामिल

    AI समिट का तीसरा दिन Galgotias University के रोबोटिक डॉग पर उठे सवाल, स्टॉल को कराया गया खाली

    भारत अमेरिका डिल में जानें क्या है खास बात

    India US Trade Deal: अमेरिका के साथ खेती और डेयरी को लेकर क्या हुई डील? जानें भारत ने क्या लिया फैसला

    सिस्टम की लापरवाही से दिल्ली में एक और मौत

    जल बोर्ड की चूक बनी जानलेवा, जनकपुरी में गड्ढ़े में गिरकर बाइक सवार की मौत

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    तेजस Mk1-A: बन कर तैया

    तेजस Mk1-A: बन कर तैयार हैं तो फिर Air Force को सौंपे क्यों नहीं गए ? इंजन या HAL की लेट लतीफी- क्या है देरी की असली वजह ?

    भारत में बनाएं जाएंगे स्वदेशी विमान

    फ्रांस से 114 राफेल खरीदने की ₹3.25 लाख करोड़ डील को जल्द मिल सकती है DAC की मंज़ूरी

    अग्नि-3 एक तैयार और मैच्योर मिसाइल सिस्टम है

    अग्नि -3 का एक और परीक्षण: भारत एक Active Nuclear Missile को बार-बार Test क्यों कर रहा है?

    डिंगातारा सिंगापुर के साथ मिलकर करेगा उपग्रहों की सुरक्षा

    अंतरिक्ष मलबे से निपटने के लिए भारतीय स्टार्टअप डिंगातारा और सिंगापुर की साझेदारी

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    खामेनेई की सख्त चेतावनी

    खामेनेई की सख्त चेतावनी: अमेरिकी सुपरकैरीयर USS Gerald R. Ford को निशाना बनाने की बात, बढ़ा तनाव

    20 से ज्यादा देशों के टॉप लीडर्स होंगे शामिल

    एआई सम्मेलन: इमैनुएल मैक्रों, लुइज़ इनासियो लूला दा सिल्वा के अलावा भी 20 से ज्यादा देशों के टॉप लीडर्स होंगे शामिल, एआइ के भविष्य पर करेंगे मंथन

    भारत मंडपम में शुरू हुआ ग्लोबल एआई सम्मेलन

    भारत मंडपम में शुरू हुआ ग्लोबल एआई सम्मेलन, पीएम बोले– तकनीक में भारत बन रहा विश्व नेता

    भारत का ऊर्जा रणनीतिक बदलाव

    रूस पर निर्भरता घटाने की दिशा में भारत का कदम: वेनेजुएला से 20 लाख बैरल तेल की खरीद

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    ब्रह्मपुत्र नदी के नीचे बनेगी सबसे लंबी रेल सुरंग

    ब्रह्मपुत्र के नीचे बनेगी देश की पहली रेल-रोड सुरंग, असम और पूर्वोत्तर को मिलेगा तेज़ और सीधा संपर्क

    के एम करियाप्पा अनुशासन के प्रतीक

    फील्ड मार्शल के .एम. करियाप्पा : अनुशासन और देशभक्ति की मिसाल

    10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    इतिहास की गवाही: 10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    नेहरू अपने निजी अकाउंट में जमा कराना चाहते थे कुछ खजाना!

    नेताजी की आजाद हिंद फौज के खजाने का क्या हुआ? क्यों खजाने की लूट पर जांच से बचते रहे जवाहर लाल नेहरू ?

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    CroreBet India Review 2026: Sports Betting, Casino Games & Bonuses Explained

    CroreBet India Review 2026: Sports Betting, Casino Games & Bonuses Explained

    Top Bonus Rounds in Ice Fishing Game Review: What Indian Players Love Most

    Top Bonus Rounds in Ice Fishing Game Review: What Indian Players Love Most

    भारतीय यूट्यूबर्स की कमाई: करोड़पति बनने वाले टॉप 10 कंटेंट क्रिएटर्स

    भारतीय यूट्यूबर्स की कमाई: करोड़पति बनने वाले टॉप 10 कंटेंट क्रिएटर्स

    आतंक के खिलाफ बड़ा कदम: J&K में 5 सरकारी कर्मचारियों की सेवा समाप्त

    जम्मू कश्मीर में 5 सरकारी कर्मचारी सेवा से बर्खास्त , जानें क्यों मनोज सिन्हा ने लिया यह फैसला?

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    पीएम मोदी

    AI IMPACT SUMMIT 2026 : भारत बना एआई नवाचार का वैश्विक केंद्र, प्रधानमंत्री मोदी ने इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट-2026 का किया उद्घाटन

    नेपाल एक बार फिर जनरेशन Z यानी युवाओं के नेतृत्व में

    जनआंदोलन के बाद ‘जनादेश’ की बारी: नेपाल की राजनीतिक संरचना की निर्णायक परीक्षा



    20 से ज्यादा देशों के टॉप लीडर्स होंगे शामिल

    AI समिट का तीसरा दिन Galgotias University के रोबोटिक डॉग पर उठे सवाल, स्टॉल को कराया गया खाली

    मोहन भागवत ने जनसंख्या और धर्मांतरण के मुद्दे उठाए

    मोहन भागवत का बयान- हिंदू 3 बच्चें पैदा करें, भारतीय मुस्लमानों की हो घर वापसी

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    पीएम मोदी

    AI IMPACT SUMMIT 2026 : भारत बना एआई नवाचार का वैश्विक केंद्र, प्रधानमंत्री मोदी ने इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट-2026 का किया उद्घाटन

    20 से ज्यादा देशों के टॉप लीडर्स होंगे शामिल

    AI समिट का तीसरा दिन Galgotias University के रोबोटिक डॉग पर उठे सवाल, स्टॉल को कराया गया खाली

    भारत अमेरिका डिल में जानें क्या है खास बात

    India US Trade Deal: अमेरिका के साथ खेती और डेयरी को लेकर क्या हुई डील? जानें भारत ने क्या लिया फैसला

    सिस्टम की लापरवाही से दिल्ली में एक और मौत

    जल बोर्ड की चूक बनी जानलेवा, जनकपुरी में गड्ढ़े में गिरकर बाइक सवार की मौत

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    तेजस Mk1-A: बन कर तैया

    तेजस Mk1-A: बन कर तैयार हैं तो फिर Air Force को सौंपे क्यों नहीं गए ? इंजन या HAL की लेट लतीफी- क्या है देरी की असली वजह ?

    भारत में बनाएं जाएंगे स्वदेशी विमान

    फ्रांस से 114 राफेल खरीदने की ₹3.25 लाख करोड़ डील को जल्द मिल सकती है DAC की मंज़ूरी

    अग्नि-3 एक तैयार और मैच्योर मिसाइल सिस्टम है

    अग्नि -3 का एक और परीक्षण: भारत एक Active Nuclear Missile को बार-बार Test क्यों कर रहा है?

    डिंगातारा सिंगापुर के साथ मिलकर करेगा उपग्रहों की सुरक्षा

    अंतरिक्ष मलबे से निपटने के लिए भारतीय स्टार्टअप डिंगातारा और सिंगापुर की साझेदारी

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    खामेनेई की सख्त चेतावनी

    खामेनेई की सख्त चेतावनी: अमेरिकी सुपरकैरीयर USS Gerald R. Ford को निशाना बनाने की बात, बढ़ा तनाव

    20 से ज्यादा देशों के टॉप लीडर्स होंगे शामिल

    एआई सम्मेलन: इमैनुएल मैक्रों, लुइज़ इनासियो लूला दा सिल्वा के अलावा भी 20 से ज्यादा देशों के टॉप लीडर्स होंगे शामिल, एआइ के भविष्य पर करेंगे मंथन

    भारत मंडपम में शुरू हुआ ग्लोबल एआई सम्मेलन

    भारत मंडपम में शुरू हुआ ग्लोबल एआई सम्मेलन, पीएम बोले– तकनीक में भारत बन रहा विश्व नेता

    भारत का ऊर्जा रणनीतिक बदलाव

    रूस पर निर्भरता घटाने की दिशा में भारत का कदम: वेनेजुएला से 20 लाख बैरल तेल की खरीद

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    ब्रह्मपुत्र नदी के नीचे बनेगी सबसे लंबी रेल सुरंग

    ब्रह्मपुत्र के नीचे बनेगी देश की पहली रेल-रोड सुरंग, असम और पूर्वोत्तर को मिलेगा तेज़ और सीधा संपर्क

    के एम करियाप्पा अनुशासन के प्रतीक

    फील्ड मार्शल के .एम. करियाप्पा : अनुशासन और देशभक्ति की मिसाल

    10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    इतिहास की गवाही: 10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    नेहरू अपने निजी अकाउंट में जमा कराना चाहते थे कुछ खजाना!

    नेताजी की आजाद हिंद फौज के खजाने का क्या हुआ? क्यों खजाने की लूट पर जांच से बचते रहे जवाहर लाल नेहरू ?

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    CroreBet India Review 2026: Sports Betting, Casino Games & Bonuses Explained

    CroreBet India Review 2026: Sports Betting, Casino Games & Bonuses Explained

    Top Bonus Rounds in Ice Fishing Game Review: What Indian Players Love Most

    Top Bonus Rounds in Ice Fishing Game Review: What Indian Players Love Most

    भारतीय यूट्यूबर्स की कमाई: करोड़पति बनने वाले टॉप 10 कंटेंट क्रिएटर्स

    भारतीय यूट्यूबर्स की कमाई: करोड़पति बनने वाले टॉप 10 कंटेंट क्रिएटर्स

    आतंक के खिलाफ बड़ा कदम: J&K में 5 सरकारी कर्मचारियों की सेवा समाप्त

    जम्मू कश्मीर में 5 सरकारी कर्मचारी सेवा से बर्खास्त , जानें क्यों मनोज सिन्हा ने लिया यह फैसला?

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

Explainer : पाकिस्तान का आतंकी शासन और भारत का जवाब—पूर्वी बंगाल के दमन और बांग्लादेश के जन्म की कहानी

TFI Expert द्वारा TFI Expert
16 October 2025
in इतिहास, भारत, भू-राजनीति, रणनीति
बांग्लादेश के जन्म की कहानी

पाकिस्तानी सेना के ऑपरेशन सर्चलाइट में पूर्वी बंगाल के हजारों बांग्लाभाषियों को मौत के घाट उतार दिया गया था

Share on FacebookShare on X

1947 में ब्रिटिश भारत के विभाजन ने एक ऐसे देश को जन्म दिया, जिसके दो हिस्से थे, और दोनों हिस्सों के बीच हज़ार मील से भी ज्यादा की दूरी थी। पश्चिम पाकिस्तान (आज का पाकिस्तान) और पूर्वी बंगाल (बाद में पूर्वी पाकिस्तान, अब बांग्लादेश)। दोनों हिस्सों में भौगोलिक ही नहीं, ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और भाषाई विभिन्नता भी थी। इस असमानता को पाकिस्तान की पंजाब केंद्रित राजनीति ने एक ऐसे प्रेशर प्वाइंट तक पहुंचा दिया, जिससे होने वाले विस्फोट ने पाकिस्तान की ही नहीं, बल्कि पूरे दक्षिण एशिया की दिशा तय कर दी।

शुरुआत से ही पश्चिम पाकिस्तान के नेताओं ने मज़हब के आधार पर बने इस देश को एक ऐसे इस्लामी शासन और पहचान देने की कोशिश की, जिसमें मुस्लिम ब्रदरहुड और इस्लामी एकरूपता की आड़ में पश्चिमी पाकिस्तान ख़ासकर पंजाब की सैन्य और नौकरशाही का दबदबा था।
पूर्वी बंगाल का नाम बदलकर पूर्वी पाकिस्तान रखना और वन यूनिट नीति लागू करना सिर्फ़ प्रशासनिक फैसले नहीं थे, बल्कि एक सोची–समझी राजनीतिक और सांस्कृतिक दमन की रणनीति थी।
पाकिस्तान के इन दोनों हिस्सों में जो कुछ घट रहा था, उसमें भारत की अपनी चिंताएं थीं।  और इस क्षेत्र में भारत की भूमिका ह्यूमन क्राइसिस से शुरू होकर एक निर्णायक रणनीतिक हस्तक्षेप तक जा पहुँची — जिसने अंततः 1971 में बांग्लादेश की आज़ादी की राह बनाई।

संबंधितपोस्ट

जेल में बिगड़ी सेहत: इमरान खान की आंखों की रोशनी घटी, सुप्रीम कोर्ट ने लिया संज्ञान

बांग्लादेश में नई सरकार की तैयारी: तारिक रहमान को पीएम मोदी ने दी बधाई, कहां -मिलकर करेंगे काम

बांग्लादेश में जल्द चुनाव की मांग: क्या जल्दीबाज़ी बढ़ाएगी अस्थिरता?

और लोड करें

पाकिस्तान की ‘वन यूनिट’ नीति — ‘पूर्वी बंगाल’ की पहचान मिटाने की चाल

1955 में पाकिस्तान ने पूर्वी बंगाल का नाम बदलकर “पूर्वी पाकिस्तान” कर दिया।
इसका उद्देश्य था ‘बंगाल’ नाम से जुड़ी उसकी ऐतिहासिक और सांस्कृतिक पहचान को मिटा देना। इसी के साथ प्रधानमंत्री मोहम्मद अली बोगरा ने वन यूनिट योजना लागू कर दी। इसके तहत पश्चिम के चार प्रांतों को एक इकाई में मिला दिया गया ताकि पूर्वी बंगाल की आबादी के वर्चस्व को संतुलित करके दिखाया जा सके।
लेकिन इसका नतीजा क्या हुआ?
दरअसल इस बदलाव ने पाकिस्तान के अंदर पंजाबी वर्चस्व को संस्थागत रूप से स्थापित कर दिया। जनसंख्या ज़्यादा होने के बावजूद पूर्वी बंगाल को नौकरशाही, सेना और डेवलपमेंट के रूप में बहुत कम हिस्सा मिला।

आर्थिक रूप से भी बांग्लादेश का जमकर शोषण किया गया। ज़्यादातर बजट पश्चिमी पाकिस्तान को दिया जाता रहा, जबकि पूर्वी बंगाल की अर्थव्यवस्था लगातार कमजोर होती गई।

लगातार लागू होने वाले गवर्नर रूल, असेबंली का भंग होना और विपक्षी नेताओं की गिरफ्तारी ने जल्दी ही पाकिस्तान के ‘संघीय ढाँचे’ की असलियत उजागर कर दी।
1960
का दशक खत्म होते होते ये असमानता पूर्वी बंगाल में एक संगठित आंदोलन में बदल चुकी थी। पूर्वी बंगाल की स्वायत्तता के लिए चलाए जाने वाले इस आंदोलन का नेतृत्व शेख मुजीबुर्रहमान और उनकी पार्टी आवामी लीग कर रही थी।

बांग्लादेश में दमन और भारत का हस्तक्षेप

जब पाकिस्तान की भीतरी दरारें गहरी हो रही थीं, तब भारत ने न सिर्फ लाखों जरूरतमंदों को शरण दी, बल्कि दूसरी तरफ़ अहम रणनीतिक खिलाड़ी बनकर भी सामने आया।

मार्च 1971 में पाकिस्तान ने पूर्वी बंगाल में ऑपरेशन सर्चलाइट के नाम से एक खूनी दमन अभियान शुरू किया। इस दौरान हज़ारों निर्दोष बंगाली नागरिकों, छात्रों और बुद्धिजीवियों की हत्याएं की गईं।
पाकिस्तानी सेना के दमन से बचने के लिए क़रीब एक करोड़ शरणार्थी भारत के सीमावर्ती राज्यों — पश्चिम बंगाल, असम और त्रिपुरा में भागकर पहुँच गए।
भारत के लिए ये सिर्फ मानवीय नहीं, बल्कि सुरक्षा का संकट भी था।

शुरुआत में भारत ने राहत शिविर बनाए, अंतरराष्ट्रीय समुदाय का ध्यान आकर्षित किया और शरणार्थियों की मदद की।
लेकिन जल्दी ही यह स्पष्ट हो गया कि जब तक पूर्वी बंगाल में पाकिस्तान का सैन्य उपस्थिति रहेगी, तब तक यह संकट खत्म नहीं होगा।

भारत ने मुक्ति बाहिनी को प्रशिक्षण, हथियार और अन्य सहायता देनी शुरू कर दी।
भारतीय ख़ुफ़िया एजेंसियों ने ज़मीनी स्तर पर मुक्ति वाहिनी को सहयोग दिया, जबकि मीडिया के ज़रिए भी पाकिस्तान और उसकी क्रूरता को पूरी दुनिया के सामने उजागर किया गया।

पाकिस्तान का हवाई हमला और 71 के युद्ध की शुरुआत

इन्ही स्थितियों के बीच 3 दिसंबर 1971 को पाकिस्तान ने भारत के हवाई ठिकानों पर हमला कर दिया और इसी के साथ भारत–पाकिस्तान के बीच जंग की शुरुआत हो गई। प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी के नेतृत्व और जनरल सैम मानेकशॉ की अगुवाई में भारत ने महज़ 13 दिनों के अंदर पाकिस्तान के ख़िलाफ़ एक निर्णायक जीत हासिल की।
आख़िरकार 16 दिसंबर 1971 को पाकिस्तानी सेना ने ढाका में जनरल जे.एस अरोड़ा के सामने आत्मसमर्पण किया और बांग्लादेश का जन्म हुआ।
यह भारत की मानवीय भावना और रणनीतिक दूरदर्शिता दोनों का उदाहरण था।

पाकिस्तान का पतन — केंद्रीकरण की विफलता की कहानी

पूर्वी बंगाल की त्रासदी इस बात की चेतावनी है कि जब कोई राज्य केंद्रीकरण और दमन पर चलता है, तो उसका पतन तय है।
भाषा और संस्कृति के दमन ने बंगालियों में विद्रोह की भावना को जन्म दिया।
उर्दू थोपने, वन यूनिट नीति और राजनीतिक शोषण ने ‘इस्लामी एकता’ के नाम पर विभाजन को और गहरा कर दिया।
पाकिस्तान के नेताओं ने विविधता को स्वीकार करने के बजाय बल प्रयोग का रास्ता चुना — जिसकी क़ीमत उन्होने विभाजित पाकिस्तान के रूप में चुकाई ।

भारत की रणनीति और स्थायी प्रभाव

पूर्वी बंगाल के लिए भारत की भूमिका केवल ‘नैतिक समर्थन’ तक ही सीमित नहीं था, बल्कि रणनीतिक रूप से उठाया गया एक समझदारी भरा कदम भी था।
एक ओर पाकिस्तान की बर्बरता और शरणार्थी संकट से भारत चिंतित था, तो वहीं दूसरी ओर उसे यह अवसर भी दिखा कि इसके ज़रिए अपने दुश्मन को स्थायी रूप से बांटा और कमजोर किया जा सकता है।
बांग्लादेश के निर्माण के बाद भारत ने कम से कम अपना पूरब का मोर्चा सुरक्षित कर लिया।

हालांकि बड़ी और निर्णायक जीत के बावजूद भारत ने संयम दिखाया— युद्ध के बाद उसने अपनी सेनाएँ वापस बुला लीं और सत्ता बांग्लादेश की लोकतांत्रिक सरकार को सौंप दी।
भारत का यह आचरण उसे एक “मुक्तिदाता” के रूप में पहचान दिलाता है, न कि एक “कब्ज़ा करने वाली शक्ति” के रूप में।
इस जीत ने भारत की अंतरराष्ट्रीय साख बढ़ाई और यह साबित किया कि अगर नीयत अच्छी हो तो सैन्य कार्रवाई भी नैतिक उद्देश्य के साथ की जा सकती है।

पहचान, शक्ति और राजनीति की कहानी
पूर्वी बंगाल की आज़ादी का इतिहास– दक्षिण एशिया की पहचान, शक्ति और राजनीति के जटिल संबंधों को उजागर करता है।
पाकिस्तान ने जब  थोपी हुई ‘एकता‘ के नाम पर विविधता को कुचलने की कोशिश की, तो उसने अपने ही देश के भीतर विभाजन के बीज बो दिए। इसके विपरीत, भारत ने नैतिक दृढ़ता और रणनीतिक स्पष्टता से एक मानवीय संकट को अपने हित में ऐतिहासिक परिवर्तन में बदल दिया।

अरित्र बनर्जी रक्षा, विदेश नीति और एयरोस्पेस मामलों के पत्रकार हैं और ‘The Indian Navy @75: Reminiscing the Voyage’ के सह–लेखक हैं। उन्होंने अंतरराष्ट्रीय संबंधों और रणनीति में मास्टर डिग्री (O.P. जिंदल ग्लोबल यूनिवर्सिटी) और सामरिक संचार में प्रोफेशनल एजुकेशन (किंग्स कॉलेज, लंदन से) प्राप्त की है।)

Tags: इंदिरा गाँधीऑपरेशन सर्चलाइटपाकिस्तानपूर्वी पाकिस्तानपूर्वी बंगालफील्ड मार्शल सैम मानेकशॉबांग्लादेशमुक्ति वाहिनी
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

शक्ति ही शांति की गारंटी: अस्त्रहिंद 2025 से हिंद-प्रशांत क्षेत्र को भारत का संदेश

अगली पोस्ट

बिहार चुनाव में BJP के स्टार प्रचारक तय —मैदान में उतरेगी मनोज तिवारी, पवन सिंह और निरहुआ की भोजपुरी तिकड़ी, लेकिन मुख्यमंत्री नायब सैनी, भजन लाल शर्मा और पुष्कर सिंह धामी को क्यों नहीं मिली जगह?

संबंधित पोस्ट

नेपाल एक बार फिर जनरेशन Z यानी युवाओं के नेतृत्व में
भारत

जनआंदोलन के बाद ‘जनादेश’ की बारी: नेपाल की राजनीतिक संरचना की निर्णायक परीक्षा



18 February 2026

नेपाल एक बार फिर जनरेशन Z यानी युवाओं के नेतृत्व में हुए व्यापक प्रदर्शनों के पाँच महीने बाद निर्णायक मोड़ पर खड़ा है। पूरी दुनिया...

मोहन भागवत ने जनसंख्या और धर्मांतरण के मुद्दे उठाए
भारत

मोहन भागवत का बयान- हिंदू 3 बच्चें पैदा करें, भारतीय मुस्लमानों की हो घर वापसी

18 February 2026

राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ (RSS) प्रमुख मोहन भागवत ने मंगलवार को लखनऊ में एक बयान दिया है. भागवत ने भारतीय मुसलमानों की घर वापसी और...

भारत में पहला इंडिया AI फिल्म फेस्टिवल
चर्चित

भारत में पहला इंडिया AI फिल्म फेस्टिवल: 17 फरवरी को कुतुब मीनार में होगा आयोजन

17 February 2026

भारत में इंडिया AI इम्पैक्ट समिट 2026 16 फरवरी से शुरू  हुआ । इस समिट के दौरान 17 फरवरी को पहला इंडिया AI फिल्म फेस्टिवल...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

300 Million Euros for SCALP: Strategic Necessity or Costly Dependency on France300

300 Million Euros for SCALP: Strategic Necessity or Costly Dependency on France300

00:04:06

Tejas Mk1A: 19th aircraft coupled but Not Delivered: What Is Holding Back the IAF Induction?

00:07:21

Agni-3 Launch Decoded: Why Test an Active Nuclear Missile That’s Already Deployed?

00:05:05

India’s Swadesi ‘Meteor’: World’s Most Lethal BVR Missile | Gandiv| SFDR | DRDO

00:06:48

Between Rafale and AMCA; Where Does the Su-57 Fit | IAF| HAL | Wings India

00:06:10
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited