TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    पाकिस्तान के JF-17 ऑर्डर्स की परतें खुलीं

    पाकिस्तान के JF-17 ‘ऑर्डर्स’: दावे ज़्यादा, हकीकत कम

    सीएम योगी ने जताई बच्चों के भविष्य की चिंता, स्मार्टफोन मां बाप बच्चों को न दें।

    सीएम योगी ने बच्चों के भविष्य की जताई चिंता कहा- स्माटफोन है खतरनाक

    भारत के लिए राफेल की डील होनी बड़ी सफलता है।

    भारत–फ्रांस के बीच 114 राफेल लड़ाकू विमानों पर बड़ी सहमति, नागपुर में बनेगी असेंबली लाइन

    आतंक के खिलाफ बड़ा कदम: J&K में 5 सरकारी कर्मचारियों की सेवा समाप्त

    जम्मू कश्मीर में 5 सरकारी कर्मचारी सेवा से बर्खास्त , जानें क्यों मनोज सिन्हा ने लिया यह फैसला?

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    PMAY U 2.0 और आवास फायनेंसियर्स: आसान EMI के साथ अपना घर कैसे बनाए?

    PMAY U 2.0 और आवास फायनेंसियर्स: आसान EMI के साथ अपना घर कैसे बनाए?

    खनन क्षेत्र में बेहतरीन काम के लिए केंद्र सरकार ने धामी सरकार की तारीफ की

    खनन सुधारों में फिर नंबर वन बना उत्तराखंड, बेहतरीन काम के लिए धामी सरकार को केंद्र सरकार से मिली 100 करोड़ रुपये की प्रोत्साहन राशि

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    भारत के लिए राफेल की डील होनी बड़ी सफलता है।

    भारत–फ्रांस के बीच 114 राफेल लड़ाकू विमानों पर बड़ी सहमति, नागपुर में बनेगी असेंबली लाइन

    आतंक के खिलाफ बड़ा कदम: J&K में 5 सरकारी कर्मचारियों की सेवा समाप्त

    जम्मू कश्मीर में 5 सरकारी कर्मचारी सेवा से बर्खास्त , जानें क्यों मनोज सिन्हा ने लिया यह फैसला?

    आईआईटी मद्रास ने रैमजेट तकनीक से चलने वाले 155 मिमी के तोप के गोले विकसित किए हैं

    रैमजेट पावर्ड शेल ? तोप का ये गोला क्यों साबित होने वाला है गेमचेंजर ?

    वेनेजुएला के मामले में भारत की नपी-तुली प्रतिक्रिया रही है

    वेनेजुएला-अमेरिका संघर्ष पर भारत का संतुलित रुख क्या दर्शाता है ?

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    अमेरिकी राष्ट्रपति ने इस विवादित कदम को बेझिझक अपनाया

    माचाडो ने ट्रंप को ‘वापस जीतने’ के लिए नोबेल शांति पुरस्कार दिया , अमेरिकी राष्ट्रपति ने बेझिझक अपनाया

    ईरान से कारोबार करने वाले देशों पर अमेरिका का 25% टैरिफ

    ईरान से कारोबार करने वाले देशों पर अमेरिका का 25% टैरिफ , भारत पर क्या पड़ेगा असर?

    चीन में 10 जनवरी 2026 को छठा पुलिस दिवस

    10 जनवरी छठा चीनी पुलिस दिवस: विदेशों तक फैल रहा चीन का दमन, तिब्बत के बाद ताइवान पर नया निशाना

    ईरान के ऐतिहासिक ध्वज का पुनरुत्थान: संस्कृति, बदलाव और राष्ट्रीय गर्व का प्रतीक

    ईरान का ऐतिहासिक ध्वज: संस्कृति, बदलाव और गर्व का प्रतीक

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    भारतीय संविधान और मौलिक अधिकार

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकार बाहर से नहीं आए, इनकी संकल्पना भारतीय ज्ञान परंपरा में सदियों से मौजूद है

    भारतीय संविधान

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकारों की संकल्पना हमारे लिए नई नहीं है, ये भारतीय ज्ञान परंपरा का अभिन्न हिस्सा है

    औरंगज़ेब ने जोरावर सिंह और फतेह सिंह को दीवार मे ज़िंदा चुनवाने का आदेश दिया था

    वीर बाल दिवस: क्रिसमस-नववर्ष का जश्न तो ठीक है लेकिन वीर साहिबजादों का बलिदान भी स्मरण रहे

    गुरु गोबिंद सिंह जी ने मुगल शासक औरंगज़ेब की अधीनता स्वीकार करने से इंकार कर दिया

    वीर बाल दिवस: उत्सवों के बीच साहिबज़ादों के अमर बलिदान को नमन

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    आतंक के खिलाफ बड़ा कदम: J&K में 5 सरकारी कर्मचारियों की सेवा समाप्त

    जम्मू कश्मीर में 5 सरकारी कर्मचारी सेवा से बर्खास्त , जानें क्यों मनोज सिन्हा ने लिया यह फैसला?

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    शोले फिल्म में पानी की टंकी पर चढ़े धर्मेंद्र

    बॉलीवुड का ही-मैन- जिसने रुलाया भी, हंसाया भी: धर्मेंद्र के सिने सफर की 10 नायाब फिल्में

    नीतीश कुमार

    जेडी(यू) के ख़िलाफ़ एंटी इन्कंबेसी क्यों नहीं होती? बिहार में क्यों X फैक्टर बने हुए हैं नीतीश कुमार?

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    पाकिस्तान के JF-17 ऑर्डर्स की परतें खुलीं

    पाकिस्तान के JF-17 ‘ऑर्डर्स’: दावे ज़्यादा, हकीकत कम

    सीएम योगी ने जताई बच्चों के भविष्य की चिंता, स्मार्टफोन मां बाप बच्चों को न दें।

    सीएम योगी ने बच्चों के भविष्य की जताई चिंता कहा- स्माटफोन है खतरनाक

    भारत के लिए राफेल की डील होनी बड़ी सफलता है।

    भारत–फ्रांस के बीच 114 राफेल लड़ाकू विमानों पर बड़ी सहमति, नागपुर में बनेगी असेंबली लाइन

    आतंक के खिलाफ बड़ा कदम: J&K में 5 सरकारी कर्मचारियों की सेवा समाप्त

    जम्मू कश्मीर में 5 सरकारी कर्मचारी सेवा से बर्खास्त , जानें क्यों मनोज सिन्हा ने लिया यह फैसला?

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    PMAY U 2.0 और आवास फायनेंसियर्स: आसान EMI के साथ अपना घर कैसे बनाए?

    PMAY U 2.0 और आवास फायनेंसियर्स: आसान EMI के साथ अपना घर कैसे बनाए?

    खनन क्षेत्र में बेहतरीन काम के लिए केंद्र सरकार ने धामी सरकार की तारीफ की

    खनन सुधारों में फिर नंबर वन बना उत्तराखंड, बेहतरीन काम के लिए धामी सरकार को केंद्र सरकार से मिली 100 करोड़ रुपये की प्रोत्साहन राशि

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    भारत के लिए राफेल की डील होनी बड़ी सफलता है।

    भारत–फ्रांस के बीच 114 राफेल लड़ाकू विमानों पर बड़ी सहमति, नागपुर में बनेगी असेंबली लाइन

    आतंक के खिलाफ बड़ा कदम: J&K में 5 सरकारी कर्मचारियों की सेवा समाप्त

    जम्मू कश्मीर में 5 सरकारी कर्मचारी सेवा से बर्खास्त , जानें क्यों मनोज सिन्हा ने लिया यह फैसला?

    आईआईटी मद्रास ने रैमजेट तकनीक से चलने वाले 155 मिमी के तोप के गोले विकसित किए हैं

    रैमजेट पावर्ड शेल ? तोप का ये गोला क्यों साबित होने वाला है गेमचेंजर ?

    वेनेजुएला के मामले में भारत की नपी-तुली प्रतिक्रिया रही है

    वेनेजुएला-अमेरिका संघर्ष पर भारत का संतुलित रुख क्या दर्शाता है ?

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    अमेरिकी राष्ट्रपति ने इस विवादित कदम को बेझिझक अपनाया

    माचाडो ने ट्रंप को ‘वापस जीतने’ के लिए नोबेल शांति पुरस्कार दिया , अमेरिकी राष्ट्रपति ने बेझिझक अपनाया

    ईरान से कारोबार करने वाले देशों पर अमेरिका का 25% टैरिफ

    ईरान से कारोबार करने वाले देशों पर अमेरिका का 25% टैरिफ , भारत पर क्या पड़ेगा असर?

    चीन में 10 जनवरी 2026 को छठा पुलिस दिवस

    10 जनवरी छठा चीनी पुलिस दिवस: विदेशों तक फैल रहा चीन का दमन, तिब्बत के बाद ताइवान पर नया निशाना

    ईरान के ऐतिहासिक ध्वज का पुनरुत्थान: संस्कृति, बदलाव और राष्ट्रीय गर्व का प्रतीक

    ईरान का ऐतिहासिक ध्वज: संस्कृति, बदलाव और गर्व का प्रतीक

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    भारतीय संविधान और मौलिक अधिकार

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकार बाहर से नहीं आए, इनकी संकल्पना भारतीय ज्ञान परंपरा में सदियों से मौजूद है

    भारतीय संविधान

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकारों की संकल्पना हमारे लिए नई नहीं है, ये भारतीय ज्ञान परंपरा का अभिन्न हिस्सा है

    औरंगज़ेब ने जोरावर सिंह और फतेह सिंह को दीवार मे ज़िंदा चुनवाने का आदेश दिया था

    वीर बाल दिवस: क्रिसमस-नववर्ष का जश्न तो ठीक है लेकिन वीर साहिबजादों का बलिदान भी स्मरण रहे

    गुरु गोबिंद सिंह जी ने मुगल शासक औरंगज़ेब की अधीनता स्वीकार करने से इंकार कर दिया

    वीर बाल दिवस: उत्सवों के बीच साहिबज़ादों के अमर बलिदान को नमन

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    आतंक के खिलाफ बड़ा कदम: J&K में 5 सरकारी कर्मचारियों की सेवा समाप्त

    जम्मू कश्मीर में 5 सरकारी कर्मचारी सेवा से बर्खास्त , जानें क्यों मनोज सिन्हा ने लिया यह फैसला?

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    शोले फिल्म में पानी की टंकी पर चढ़े धर्मेंद्र

    बॉलीवुड का ही-मैन- जिसने रुलाया भी, हंसाया भी: धर्मेंद्र के सिने सफर की 10 नायाब फिल्में

    नीतीश कुमार

    जेडी(यू) के ख़िलाफ़ एंटी इन्कंबेसी क्यों नहीं होती? बिहार में क्यों X फैक्टर बने हुए हैं नीतीश कुमार?

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

चित्रकूट से चित्तौड़ बने नगर में बप्पा रावल ने कैसे भरी शक्ति, जानिए इसके पीछे का इतिहास

चित्रकूट दुर्ग लगभग अरबियों का दास बन चुका था। इसी बीच उदय हुआ कालभोजादित्य यानी बप्पा रावल का जिन्होंने मानमोरी का संहार कर चित्रकूट का उद्धार किया।

Animesh Pandey द्वारा Animesh Pandey
11 November 2022
in प्रीमियम
बप्पा रावल

source google

Share on FacebookShare on X

हर नगर की स्थापना के पीछे की एक कथा होती है और भारत में कथाओं का ऐसा अनंत भंडार है जिसका कोई हिसाब नहीं है। हर नगर का अपना भव्य इतिहास है और ऐसा ही एक नगर है चित्रकूट। नहीं-नहीं, हम रामायण के चित्रकूट की बात नहीं कर रहे हैं अपितु मेवाड़ के भव्य चित्रकूट की बात कर रहे हैं जिसे आज हम चित्तौड़ के नाम से जानते हैं। टीएफआई प्रीमियम में आपका स्वागत है। आज के इस लेख में हम जानेंगे कि चित्रकूट, चित्तौड़ कैसे बना और इस नगर से जुड़ी रोमांचक कथा क्या है। यहीं से शुरू होती है बप्पा रावल की कहानी।

और पढ़ें- तुंबरू, हाहा, हूहू: भारतीय संगीत और नृत्य जैसी अद्भुत कलाओं की उत्पत्ति देवी सरस्वती और गंधर्वों से कैसे हुई, जानिए।

संबंधितपोस्ट

भारत की वो चट्टान, जिससे टकरा कर चूर-चूर हुआ अरब आक्रमण का ज्वार-भाटा: इस्लामी आक्रांताओं को ईरान तक खदेड़ने वाले बप्पा रावल

भारत के अवेन्जर्स– जिन्होंने अरबी आक्रान्ताओं को 313 वर्ष भारतवर्ष में घुसने तक नहीं दिया

बप्पा रावल: वो योद्धा जिसने तीन शताब्दियों तक विदेशी आक्रान्ताओं को भारत की भूमि से दूर रखा

और लोड करें

चित्तौड़ की उत्पत्ति

चित्तौड़ की उत्पत्ति की अनेक दंतकथाएं हैं परंतु एक कथा महाभारत से उत्पन्न होती है। चित्तौड़ भारत के लिए उतना ही महत्वपूर्ण है जितना सोमनाथ मंदिर, ऐसे में उसकी उत्पत्ति की कथा का भी अपना ही महत्व है। भांति-भांति के लोग आए, शासन हुआ, आक्रमण भी किए गए परंतु चित्तौड़ की भव्यता कभी धूमिल नहीं पायी। आज जो गौरव सोमनाथ मंदिर का है, एक समय में वही मेवाड़ के चित्रकूट यानी चित्तौड़ का हुआ करता था।

कहते हैं कि पवनपुत्र, महाबली भीम ने अमरत्व के रहस्यों को समझने हेतु इस स्थान का दौरा किया और एक पंडित को अपना गुरु बनाया। चूंकि अधीरता भीम के व्यक्तित्व का एक अभिन्न अंग था इसलिए समस्त प्रक्रिया को पूरी करने से पहले अधीर होकर वे अपना लक्ष्य नहीं पा सके और प्रचण्ड गुस्से में आकर उन्होंने अपना पांव जोर से जमीन पर मारा, जिससे वहां पानी का स्रोत फूट पड़ा। इस जलकुंड को भीम-ताल कहा जाता है।

यह स्थान मौर्य अथवा` मोरी वंश के अधीन आ गया जिसने मेड़पात यानी मेवाड़ राज की स्थापना की। परंतु प्रश्न अब भी व्याप्त है– चित्रकूट चित्तौड़ बना तो बना कैसे? अब इसका उत्तर तो अरबी भाईजान ही बेहतर दे पाएंगे।

Chittorgarh Fort
source google

समय था 712 ईस्वी, जब भारत पर अरबी आक्रान्ताओं का आक्रमण हुआ और तब चित्रकूट के दुर्ग पर मोरी शासकों का राज था। परंतु उनका न शासन पर कोई ध्यान था और न तो धर्म पर। इसी कारणवश अरब आक्रांता को इतना बल मिला कि वे मध्य भारत तक आक्रमण करने को तैयार हो चुके थे, इस तरह से चित्रकूट दुर्ग एवं मेड़पात लगभग अरबियों का दास बन चुका था। इसी बीच उदय हुआ कालभोजादित्य का, जैसे मथुरा में कंस के अत्याचारों से मुक्त कराने हेतु उदय हुआ श्रीकृष्ण का। इतिहास इसी वीर योद्धा को गुहिल सम्राट बप्पा रावल के नाम से बेहतर जानता है।

bappa rawal, बप्पा रावल
source google

अब आज भी कई लोग अनभिज्ञ है कि बप्पा रावल का वास्तविक नाम क्या था? कई इतिहासकारों का मानना था कि कालभोज ही बप्पा रावल थे, लेकिन इतिहासकार आरवी सोमानी का मानना है कि बप्पा रावल का वास्तविक नाम एक रहस्य ही है। परन्तु इस बात में कोई संदेह नहीं कि वे गुहिल वंश के जनक थे और उन्होंने ही 8वीं शताब्दी में मेवाड़ की स्थापना की थी। अब कुम्भलगढ़, डूंगरपुर इत्यादि के शिलालेखों में ये भी स्पष्ट रूप से अंकित हैं कि बप्पा रावल ने चित्रकूट नामक नगर की स्थापना की, जो आगे चल चित्तौड़ के नाम से प्रसिद्ध हुआ। परंतु इतना तो स्पष्ट है कि चित्रकूट हो या चित्तौड़, इस नगर को उसकी वास्तविक पहचान बप्पा रावल ने ही दी।

और पढ़ें- बिठूर– भारत का एक छुपा हुआ सांस्कृतिक रत्न जिसे और समीप से जानने की आवश्यकता है

बप्पा रावल के बारे में

गुहिल वंश के संस्थापक बप्पा रावल के बारे में महाराणा कुंभा के समय में रचित एकलिंग महात्म्य में विस्तार से विवरण दिया है। कहते हैं कि ब्राह्मण कुल में जन्मे कालभोजादित्य के पिता एक वीर योद्धा थे जिनकी हत्या कर दी गई थी। ऐसे में जब बप्पा रावल 3 वर्ष के थे तब वे और उनकी माता जी असहाय महसूस करने लगी थीं। भील समुदाय ने उन दोनों की सहायता कर उन्हें सुरक्षित रखा। बप्पा रावल का बचपन भील जनजाति के बीच रहकर बीता और भील समुदाय ने अरबों के विरुद्ध युद्ध में बप्पा रावल का सहयोग किया। कालभोजादित्य को बप्पा रावल की उपाधि भील सरदारों ने दी थी।

यदि बप्पा रावल का राज्यकाल 30 साल का रखा जाए तो वह सन् 723 के लगभग सिंहासन पर बैठे होगे। बप्पा ने सर्वप्रथम हरित ऋषि की कृपा से मानमोरी का संहार कर चित्रकूट का उद्धार किया। इतिहासकार जेम्स टॉड को यहीं राजा मानका वि. सं. ७७० (सन् ७१३ ई.) का एक शिलालेख मिला था जो सिद्ध करता है कि बप्पा और मानमोरी के समय में विशेष अंतर नहीं है।

इतना ही नहीं, जब अवन्ति के सम्राट नागभट प्रथम ने अरबों के विरुद्ध क्रांति की ज्योत जलाई, तो उनका साथ देने के लिए अनेक योद्धा आए, जिनमें सर्वाधिक योगदान दिया कारकोट सम्राट ललितादित्य मुक्तपीड़ एवं मेवाड़ राजा बप्पा रावल ने। नागभट प्रथम ने अरबों को पश्चिमी राजस्थान और मालवे से मार भगाया।

lalitaditya muktapida
source google

बप्पा ने यही कार्य मेवाड़ और उसके आसपास के प्रदेश के लिए किया। मौर्य (मोरी) शायद इसी अरब आक्रमण से जर्जर हो गए हों। बप्पा रावल ने वह कार्य किया जो मोरी करने में असमर्थ थे और साथ ही चित्तौड़ पर भी अधिकार कर लिया। बप्पा रावल की रणनीति स्पष्ट थी – विजय ही प्रगति का पथ है, या जैसे द ताशकंद फाइल्स के एक संवाद में परिलक्षित होता है, “हारे हुए लोग देश की तकदीर नहीं बदलते!”,

और पढ़ें- बनासकांठा एयरबेस रणनीतिक तौर पर भारत का ‘ब्रह्मास्त्र’ साबित होगा

मुक्तपीड़ और बप्पा रावल के बीच संधि

कहते हैं कि ललितादित्य मुक्तपीड़ और बप्पा रावल के बीच जो संधि और मित्रता हुई थी, उसके कारण अरबों को ऐसी हानि हुई, जिसके कारण 3 शताब्दियों तक कोई भारतवर्ष की ओर आंख उठाकर नहीं देख सका। इन्हीं बप्पा रावल के वंशजों ने चित्रकूट का ऐसा उद्धार किया कि वह शनै शनै चित्तौड़ के भव्य दुर्ग में परिवर्तित हो गया। यह लगभग 14वीं शताब्दी तक अजेय रहा, यानी स्वयं कुतुबउद्दीन ऐबाक जैसे दुर्दांत आक्रांता भी इस स्थान का कुछ नहीं बिगाड़ सके। परंतु अलाउद्दीन खिलजी के आते -आते चित्तौड़ के दुर्ग पर विपदा के बादल मंडराने लगे, और रावल रत्न सिंह के पराजय एवं मृत्यु के साथ ही चित्तौड़ पर संकट आ पड़ा।

परंतु जब अत्याचार की सीमा पार होने लगती है, तो धर्म भी अपने अनोखे मार्ग चुनता है। चित्तौड़ के उन्हीं अवशेष से उत्पन्न हुए थे एक योद्धा अजय सिंह जो सिसोद ग्राम से आते थे। इन्हें ज्ञात हुआ कि इनके वंश का एक बालक अभी भी जीवित है, ऐसे में वे तुरंत उसे ढूंढने निकल पड़े। उस बालक को मिलने में कई वर्ष लगे, परंतु उसके मिलते ही अजय सिंह को मानो लगा कि उनका संकल्प पूर्ण होने में अब देर नहीं। ये कोई और नहीं, हम्मीर सिंह सिसोदिया थे जो बाद में चलकर मेवाड़ के प्रथम महाराणा बने और जिन्होंने चित्तौड़ की महिमा और गरिमा को पुनर्स्थापित करने हेतु अपना सर्वस्व अर्पण कर दिया।

Hammir Singh, बप्पा रावल
source google

ऐसे में यह कहना गलत नहीं होगा कि आज चित्तौड़ की जो भव्यता, जो शौर्य है, उसका एकमात्र कारण है बप्पा रावल, जिनके शौर्य और उनके योगदान के कारण आज भी ये दुर्ग अपने भीतर अनेक कथाओं के साथ विद्यमान है। कौन कहता है भारत में ताज महल के अतिरिक्त कुछ भी देखने योग्य नहीं? तनिक दृष्टि को तेज कीजिए, एक भव्य संसार आपके स्वागत को प्रतीक्षारत है।

TFI का समर्थन करें:

सांस्कृतिक राष्ट्रवाद की ‘राइट’ विचारधारा को मजबूती देने के लिए TFI-STORE.COM से बेहतरीन गुणवत्ता के वस्त्र क्रय कर हमारा समर्थन करें।

Tags: बप्पा रावलललितादित्य मुक्तपीड़सम्राट नागभट प्रथम
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

गुजरात, हिमाचल में भाजपा की जीत के लिए पूरी ताकत लगा रही है कांग्रेस

अगली पोस्ट

किंग खान नहीं ‘कॉपी-पेस्ट खान’ कहिए, अभिनय के प्रीतम और अनु मलिक हैं शाहरुख खान

संबंधित पोस्ट

भारत का अंतरिक्ष धमाका 2026: ISRO के गगनयान मिशन से टूटेगा अमेरिका का घमंड, पाकिस्तान और चीन रहेंगे स्तब्ध
चर्चित

भारत का अंतरिक्ष धमाका 2026: ISRO के गगनयान मिशन से टूटेगा अमेरिका का घमंड, पाकिस्तान और चीन रहेंगे स्तब्ध

3 November 2025

भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन, ISRO, ने एक बार फिर साबित कर दिया कि विज्ञान और तकनीक में भारत किसी से पीछे नहीं है। मार्च 2026...

क्या नेताजी सचमुच 1945 में मारे गए थे? मुथुरामलिंगा थेवर और गुमनामी बाबा ने खोला रहस्य
इतिहास

क्या नेताजी का निधन सचमुच 1945 विमान हादसे में हुआ था? मुथुरामलिंगा थेवर और गुमनामी बाबा ने खोला रहस्य

31 October 2025

रहस्य जो आज भी जीवित है जब इतिहास की किताबों में लिखा गया कि नेताजी सुभाष चंद्र बोस 1945 में विमान हादसे में मरे, तो...

कांग्रेस की संघ से डर नीति पर अदालत की चोट: जनता के अधिकार कुचलने की कोशिश पर कर्नाटक हाईकोर्ट ने लगाया ब्रेक
चर्चित

कांग्रेस की संघ से डर नीति पर अदालत की चोट: जनता के अधिकार कुचलने की कोशिश पर कर्नाटक हाईकोर्ट ने लगाया ब्रेक

29 October 2025

कर्नाटक की सिद्धारमैया सरकार के लिए यह क्षण किसी राजनीतिक झटके से कम नहीं है। राज्य की धारवाड़ बेंच ने सरकार के उस विवादास्पद सरकारी...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

An Quiet Dialogue Between Nature and the City|Ft. Shashi Tripathi | Art| Indian Navy

An Quiet Dialogue Between Nature and the City|Ft. Shashi Tripathi | Art| Indian Navy

00:03:24

Ramjet-Powered Shell: A Potential Game Changer for Indian Artillery| IIT Madra

00:06:25

Trump makes false apache deal claims, runs down India US relations

00:05:44

Captured Turkish YIHA drone Showed by the Indian Army |Defence News| Operation Sindoor

00:00:58

A War Won From Above: The Air Campaign That Changed South Asia Forever

00:07:37
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited