TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    पीएम मोदी बोले– विध्वंस नहीं, यह भारत की आत्मा का पुनर्जागरण

    सोमनाथ 1000 वर्ष: मोदी ने कहा– आस्था को नष्ट नहीं किया जा सकता

    बांग्लादेश में खोकोन चंद्र दास की निर्मम हत्या

    असहिष्णुता की हिंसा: बांग्लादेश में खोकोन चंद्र दास की निर्मम हत्या

    भारत के मौलिक अधिकारों की जड़ें

    मौलिक अधिकार: पश्चिमी नहीं, भारतीय ज्ञान परंपरा की देन

    राजनीतिक संकट और हिंसा के बीच बांग्लादेश की सड़कें तनावपूर्ण

    1971 कोई विकल्प नहीं: राष्ट्र की स्थापना की स्मृति और इतिहास के कमजोर पड़ने का खतरा

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    खनन क्षेत्र में बेहतरीन काम के लिए केंद्र सरकार ने धामी सरकार की तारीफ की

    खनन सुधारों में फिर नंबर वन बना उत्तराखंड, बेहतरीन काम के लिए धामी सरकार को केंद्र सरकार से मिली 100 करोड़ रुपये की प्रोत्साहन राशि

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    हमसे दुश्मनी महंगी पड़ेगी: भारत की सतर्कता और बांग्लादेश की गलती, जानें बांग्लादेश की अर्थव्यवस्था पर कैसे पड़ रही चोट

    हमसे दुश्मनी महंगी पड़ेगी: भारत की सतर्कता और बांग्लादेश की गलती, जानें बांग्लादेश की अर्थव्यवस्था पर कैसे पड़ रही चोट

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    डॉ. जयतीर्थ आर. जोशी को ब्रह्मोस एयरोस्पेस का महानिदेशक नियुक्त किया था

    ब्रह्मोस एयरोस्पेस के DG & CEO की नियुक्ति रद्द,  ट्रिब्यूनल ने DRDO की चयन प्रक्रिया को बताया मनमाना

    16 दिसंबर को पाकिस्तान के पूर्वी मोर्चे के कमांडर जनरल ए के नियाजी ने 93,000 सैनिकों के साथ सरेंडर किया था

    ढाका सरेंडर: जब पाकिस्तान ने अपने लोगों की अनदेखी की और अपने देश का आधा हिस्सा गंवा दिया

    संसद हमले की बरसी: आपको कॉन्स्टेबल कमलेश कुमारी याद हैं? 

    संसद हमले की बरसी: आपको कॉन्स्टेबल कमलेश कुमारी याद हैं? 

    शिप बेस्ड ISBM लॉन्च के पाकिस्तान के दावे में कितना दम है

    पाकिस्तान जिस SMASH मिसाइल को बता रहा है ‘विक्रांत किलर’, उसकी सच्चाई क्या है ?

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    कट्टर इस्लामी आतंकवाद के खिलाफ एकजुट होने की अपील

    क्या ईरान के साथ भी अमेरिका वही कर सकता है, जो उसने वेनेजुएला और मादुरो के साथ किया है ?

    ब्रिटिश सांसद बॉब ब्लैकमैन जयपुर में सभा को संबोधित करते हुए, अनुच्छेद 370 के निरस्तीकरण और जम्मू-कश्मीर पर भारत के रुख का समर्थन दोहराते हुए

    ब्रिटिश सांसद बॉब ब्लैकमैन बोले- 1992 से ही अनुच्छेद 370 हटाने की मांग की

    सरकार-विरोधी प्रदर्शनों का नया दौर

    ईरान में सरकार-विरोधी प्रदर्शन: सुलेमानी की प्रतिमा जलाने के बाद गुस्सा

    पाकिस्तान का इतिहास अपने कथित सिद्धांतों से समझौता करने का रहा है

    इस्लामी भाईचारे से बड़ा पैसा: यूएई के खिलाफ कार्रवाई को तैयार पाकिस्तानी सेना?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    भारतीय संविधान और मौलिक अधिकार

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकार बाहर से नहीं आए, इनकी संकल्पना भारतीय ज्ञान परंपरा में सदियों से मौजूद है

    भारतीय संविधान

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकारों की संकल्पना हमारे लिए नई नहीं है, ये भारतीय ज्ञान परंपरा का अभिन्न हिस्सा है

    औरंगज़ेब ने जोरावर सिंह और फतेह सिंह को दीवार मे ज़िंदा चुनवाने का आदेश दिया था

    वीर बाल दिवस: क्रिसमस-नववर्ष का जश्न तो ठीक है लेकिन वीर साहिबजादों का बलिदान भी स्मरण रहे

    गुरु गोबिंद सिंह जी ने मुगल शासक औरंगज़ेब की अधीनता स्वीकार करने से इंकार कर दिया

    वीर बाल दिवस: उत्सवों के बीच साहिबज़ादों के अमर बलिदान को नमन

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    शोले फिल्म में पानी की टंकी पर चढ़े धर्मेंद्र

    बॉलीवुड का ही-मैन- जिसने रुलाया भी, हंसाया भी: धर्मेंद्र के सिने सफर की 10 नायाब फिल्में

    नीतीश कुमार

    जेडी(यू) के ख़िलाफ़ एंटी इन्कंबेसी क्यों नहीं होती? बिहार में क्यों X फैक्टर बने हुए हैं नीतीश कुमार?

    क्यों PariPesa भारत रोमांचक एविएटर क्रैश गेम्स का अनुभव लेने के लिए सबसे बेहतरीन जगह है

    क्यों PariPesa भारत रोमांचक एविएटर क्रैश गेम्स का अनुभव लेने के लिए सबसे बेहतरीन जगह है

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    पीएम मोदी बोले– विध्वंस नहीं, यह भारत की आत्मा का पुनर्जागरण

    सोमनाथ 1000 वर्ष: मोदी ने कहा– आस्था को नष्ट नहीं किया जा सकता

    बांग्लादेश में खोकोन चंद्र दास की निर्मम हत्या

    असहिष्णुता की हिंसा: बांग्लादेश में खोकोन चंद्र दास की निर्मम हत्या

    भारत के मौलिक अधिकारों की जड़ें

    मौलिक अधिकार: पश्चिमी नहीं, भारतीय ज्ञान परंपरा की देन

    राजनीतिक संकट और हिंसा के बीच बांग्लादेश की सड़कें तनावपूर्ण

    1971 कोई विकल्प नहीं: राष्ट्र की स्थापना की स्मृति और इतिहास के कमजोर पड़ने का खतरा

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    खनन क्षेत्र में बेहतरीन काम के लिए केंद्र सरकार ने धामी सरकार की तारीफ की

    खनन सुधारों में फिर नंबर वन बना उत्तराखंड, बेहतरीन काम के लिए धामी सरकार को केंद्र सरकार से मिली 100 करोड़ रुपये की प्रोत्साहन राशि

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    हमसे दुश्मनी महंगी पड़ेगी: भारत की सतर्कता और बांग्लादेश की गलती, जानें बांग्लादेश की अर्थव्यवस्था पर कैसे पड़ रही चोट

    हमसे दुश्मनी महंगी पड़ेगी: भारत की सतर्कता और बांग्लादेश की गलती, जानें बांग्लादेश की अर्थव्यवस्था पर कैसे पड़ रही चोट

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    डॉ. जयतीर्थ आर. जोशी को ब्रह्मोस एयरोस्पेस का महानिदेशक नियुक्त किया था

    ब्रह्मोस एयरोस्पेस के DG & CEO की नियुक्ति रद्द,  ट्रिब्यूनल ने DRDO की चयन प्रक्रिया को बताया मनमाना

    16 दिसंबर को पाकिस्तान के पूर्वी मोर्चे के कमांडर जनरल ए के नियाजी ने 93,000 सैनिकों के साथ सरेंडर किया था

    ढाका सरेंडर: जब पाकिस्तान ने अपने लोगों की अनदेखी की और अपने देश का आधा हिस्सा गंवा दिया

    संसद हमले की बरसी: आपको कॉन्स्टेबल कमलेश कुमारी याद हैं? 

    संसद हमले की बरसी: आपको कॉन्स्टेबल कमलेश कुमारी याद हैं? 

    शिप बेस्ड ISBM लॉन्च के पाकिस्तान के दावे में कितना दम है

    पाकिस्तान जिस SMASH मिसाइल को बता रहा है ‘विक्रांत किलर’, उसकी सच्चाई क्या है ?

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    कट्टर इस्लामी आतंकवाद के खिलाफ एकजुट होने की अपील

    क्या ईरान के साथ भी अमेरिका वही कर सकता है, जो उसने वेनेजुएला और मादुरो के साथ किया है ?

    ब्रिटिश सांसद बॉब ब्लैकमैन जयपुर में सभा को संबोधित करते हुए, अनुच्छेद 370 के निरस्तीकरण और जम्मू-कश्मीर पर भारत के रुख का समर्थन दोहराते हुए

    ब्रिटिश सांसद बॉब ब्लैकमैन बोले- 1992 से ही अनुच्छेद 370 हटाने की मांग की

    सरकार-विरोधी प्रदर्शनों का नया दौर

    ईरान में सरकार-विरोधी प्रदर्शन: सुलेमानी की प्रतिमा जलाने के बाद गुस्सा

    पाकिस्तान का इतिहास अपने कथित सिद्धांतों से समझौता करने का रहा है

    इस्लामी भाईचारे से बड़ा पैसा: यूएई के खिलाफ कार्रवाई को तैयार पाकिस्तानी सेना?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    भारतीय संविधान और मौलिक अधिकार

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकार बाहर से नहीं आए, इनकी संकल्पना भारतीय ज्ञान परंपरा में सदियों से मौजूद है

    भारतीय संविधान

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकारों की संकल्पना हमारे लिए नई नहीं है, ये भारतीय ज्ञान परंपरा का अभिन्न हिस्सा है

    औरंगज़ेब ने जोरावर सिंह और फतेह सिंह को दीवार मे ज़िंदा चुनवाने का आदेश दिया था

    वीर बाल दिवस: क्रिसमस-नववर्ष का जश्न तो ठीक है लेकिन वीर साहिबजादों का बलिदान भी स्मरण रहे

    गुरु गोबिंद सिंह जी ने मुगल शासक औरंगज़ेब की अधीनता स्वीकार करने से इंकार कर दिया

    वीर बाल दिवस: उत्सवों के बीच साहिबज़ादों के अमर बलिदान को नमन

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    शोले फिल्म में पानी की टंकी पर चढ़े धर्मेंद्र

    बॉलीवुड का ही-मैन- जिसने रुलाया भी, हंसाया भी: धर्मेंद्र के सिने सफर की 10 नायाब फिल्में

    नीतीश कुमार

    जेडी(यू) के ख़िलाफ़ एंटी इन्कंबेसी क्यों नहीं होती? बिहार में क्यों X फैक्टर बने हुए हैं नीतीश कुमार?

    क्यों PariPesa भारत रोमांचक एविएटर क्रैश गेम्स का अनुभव लेने के लिए सबसे बेहतरीन जगह है

    क्यों PariPesa भारत रोमांचक एविएटर क्रैश गेम्स का अनुभव लेने के लिए सबसे बेहतरीन जगह है

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

सचिन के कारण भारतीयों ने क्रिकेट देखना शुरू किया और कोहली के कारण छोड़ दिया

सचिन सबका ‘बाप’ है!

Krishna Bajpai द्वारा Krishna Bajpai
8 November 2021
in खेल
सचिन तेंदुलकर क्रिकेट
Share on FacebookShare on X

1983 विश्व कप जीत के बाद भारतीय क्रिकेट टीम के तत्कालीन सेनापति कपिल देव ने जब लॉर्ड्स के मैदान में विश्व कप की ट्रॉफी अपने हाथ में उठाई थी, तो उस वक्त मुंबई के एक बच्चे ने विश्व कप उठाने की शपथ ली थी, नाम सचिन ‘रमेश’ तेंदुलकर। उनका सपना पूरा हुआ 28 वर्ष बाद 2011 में। उस 28 वर्ष के दौरान अनेकों संघर्ष, दुख-दर्द, शारीरिक-मानसिक चोटों की एक लंबी कतार लगी। इसके विपरीत उसी 2011 विश्व कप विजेता टीम में एक अंडर19 विश्व कप विजेता टीम के कप्तान विराट कोहली भी थे। अब आप सोच रहे होंगे, कि दोनों की बात एक साथ क्यों कर रहे हैं? तो इसलिए क्योंकि एक सचिन तेंदुलकर थे, जिन्होंने भारत में क्रिकेट को नया आयाम दिया था। वहीं, अब विराट कोहली के कारण भारत में क्रिकेट की लोकप्रियता शून्यता की ओर जा रही है।

टी-20 विश्व कप से बाहर भारत

वर्ष 2000 के बाद ये माना जाता था, कि भारत में क्रिकेट टीम मजबूत है, और विश्व कप में उसकी लोकप्रियता आसमान छूती थी। इसके विपरीत आज की स्थिति ये है कि भारतीय टीम का प्रदर्शन इतने निचले स्तर पर चला गया है कि देश‌ में क्रिकेट की लोकप्रियता खत्म होने लगी है। उम्मीद थी, कि टी-20 विश्व कप में यदि भारत का प्रदर्शन अच्छा रहता, तो कुछ सामान्य होता किन्तु विश्व कप के लीग मैचों में ही प्रतियोगिता से बाहर होना, भारत के लिए शर्मनाक रहा है।

संबंधितपोस्ट

मोहसिन नकवी का घमंड टूटा, भारत के आगे झुके पाकिस्तान के एसीसी अध्यक्ष

‘कोहली का वीडियो…RCB की ज़िद’: बेंगलुरु भगदड़ मामले में कर्नाटक सरकार ने टीम को ठहराया ज़िम्मेदार

RCB के जश्न में हुई भगदड़ में 11 लोगों की मौत का ज़िम्मेदार कौन?

और लोड करें

भारत की स्थिति इतनी बुरी थी कि उसे अफगानिस्तान बनाम न्यूजीलैंड में अफगानिस्तान की असंभावी जीत की उम्मीद रखनी थी। इधर अफगानिस्तान हारा, उधर भारत का विश्व कप से बाहर होना तय हो गया। इस  शर्मनाक प्रदर्शन के लिए यदि कोई सर्वाधिक जिम्मेदार है, तो मात्र कप्तान विराट कोहली, जिनकी हरकतों के कारण भारतीय टीम का भविष्य अंधकारमय दिख रहा है। ऐसे में अब वो लोग भी आक्रोशित हैं, जो कभी विराट कोहली को क्रिकेट के भगवान सचिन तेंदुलकर का उत्तराधिकारी मानते थे।

और पढ़ें- कभी थे ‘किंग कोहली’ अब एक ही महीने में हुए सिर्फ कोहली

क्रिकेट मतलब सचिन तेंदुलकर

1991 के दशक में जब भारत में आर्थिक स्थिति नाज़ुक थी, तो दूसरी ओर देश में एक क्रिकेट का सितारा उभरा था, सचिन तेंदुलकर! अपने बल्ले से दिग्गज गेंदबाजों के छक्के छुड़ाने वाले सचिन का आफ द फील्ड व्यक्तित्व इतना शालीन था कि उन्हें एक परफेक्ट इंसान माना जाता है। भारत में क्रिकेट की लोकप्रियता का कारण बने तेंदुलकर ने जो विज्ञापन किए वो भले ही कॉमर्शियल थे, लेकिन उनके कारण ही भारत में उदारीकरण के बाद अर्थव्यवस्था ने रफ्तार पकड़ी थी।  1996, 1999, 2003 2007, 2011 विश्व की कोई भी श्रंखला हो, भारत का कोई सितारा सर्वाधिक चमका, तो सचिन तेंदुलकर ही थे।

सचिन तेंदुलकर ने अपने दो दशक के क्रिकेट करियर में रिकॉर्ड्स की बौछार कर दी थी, जिनमें से अधिकतर को तोड पाना किसी के लिए भी नंगे पैर पहाड़ चढ़ने के समान है।  एक ऐसा क्रिकेटर जो न जाने कितनी बार 90-99. के बीच अंपायर की गलतियों से आउट करार दिया गया, न जाने कितने बार बदनीयती से गेंदबाजों द्वारा किए गए वार सहता रहा, लेकिन किसी को पलट कर न जवाब दिया, और न ही कभी अपने रिकॉर्ड्स का घमंड किया। यही कारण है कि आज भी उन्हें क्रिकेट का भगवान कहा जाता है। एक शख्स जिसके पिता का आकस्मिक देहांत हुआ हो, और वो अंतिम संस्कार कर के आया हो, तो अमूमन उससे किसी कार्य की उम्मीद नहीं की जाती, लेकिन सचिन अलग थे, जो कि पिता का अंतिम संस्कार करने लंदन से भारत आए, और पुन: अगले दिन विश्व कप के ही मैच में उन्होंने शतक ठोंक दिया। उनका ये रवैया उनकी कर्तव्यपरायणता को दर्शाता है।

कोहली का अजीबो-गरीब रवैया

जिस विश्वकप ट्रॉफी को पाने के लिए सचिन ने 28 वर्ष मेहनत की, विराट को वो सचिन के सामने ही मिल गया। ऐसे में सचिन के सामने कोई सपना ही नहीं है। भले ही तकनीक के लहजे से वो अच्छे खिलाड़ी हो सकते हैं, किन्तु उनका हालिया रवैया इसकी गवाही नहीं देता है। वहीं विराट की नेतृत्वक्षमता के कारण भारतीय क्रिकेट टीम अपने सबसे खराब दौर में पहुंच गई है। विरट का ऑनफील्ड रवैया ही बताता है कि कैसे वो एक घमंडी और अतिआत्मविश्वास से ओत प्रोत रहने वाले खिलाड़ी हैं, जो कि विरोधी टीम के सामने जरूरत से अधिक आक्रामकता दिखाते हैं, तो दूसरी अपनी टीम के खिलाड़ियों तक से अच्छे संबंध नहीं रखते हैं। यही कारण हैं कि भारतीय क्रिकेट बर्बाद की कगार पर है।

और पढ़ें- नॉकआउट मुक़ाबलों में सचिन विराट और धोनी के आकंड़ों से साफ़ पता चलता है, कौन है असली विजेता

ये कहा जाता है कि जैसा सेनापति होगा, वैसी ही सेना होगी, नतीजा ये भारतीय टीम में विराट जैसे व्यक्तित्व वाले खिलाड़ियों की ही भरमार है। विराट को Woke बनने का शौक है। वो दिवाली पर पटाखे न चलाने के कैंपेन में वामपंथियों का साथ देने में आगे रहते हैं। विज्ञापनों के जरिए पैसा कमाने और अभिनय करने में वो दिन-प्रतिदिन सक्रिय हो रहे हैं, लेकिन अपना मूल काम क्रिकेट खेलना भूल चुके हैं।
भारत जो कभी पाकिस्तान से विश्व कप में नहीं हारा था, वो इस टी-20 विश्व कप में हार गया। यही कारण है कि देश में अब क्रिकेट के पीछे लोगों का पागलपन खत्म हो चुका है। भारतीय क्रिकेट प्रेमियों को अब इस बात की उम्मीद ही नहीं है कि भारत किसी मैच में अच्छा प्रदर्शन करेगा।

सचिन तेंदुलकर जहां टीम को साथ लेकर चलते थे, तो वहीं मुश्किल घड़ी में टीम के अकेले संकटमोचक भी साबित होते थे, जोकि भारत को लगभग सभी मैचों में जीत दिलाने का प्रयास करते थे। शायद यही कारण है कि सचिन तेंदुलकर को देखने के लिए लोग 5 दिन का टेस्ट मैच भी दिलचस्पी के साथ देखते थे, जिससे भारत का क्रिकेट स्वर्णिम इतिहास तक पहुंचा था किंतु आप भारतीय टीम जिस विराट कोहली के अंतर्गत खेल रही है, असल में वो अब टीम में रहने तक के लायक नहीं है क्योंकि विश्व कप में हार के बाद भारतीयों का मोह विराट कोहली या किसी भी क्रिकेट खिलाड़ी से भंग हो चुका है।

Tags: क्रिकेटविराट कोहलीसचिन तेंदुलकर
शेयर71ट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

यूपी एटीएस के हत्थे चढ़ा धर्मांतरण रैकेट के मुख्य आरोपी मौलाना उमर गौतम का बेटा

अगली पोस्ट

8/11/1947: जूनागढ़ के परिग्रहण की कहानी, जानें कैसे पटेल और मेनन ने इसे अंजाम दिया था

संबंधित पोस्ट

The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction
खेल

The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

20 December 2025

Players prefer real-time interaction because visible gameplay and human presence create higher trust, stronger engagement and clearer outcomes. Live dealer games in Asia gain traction...

क्यों PariPesa भारत रोमांचक एविएटर क्रैश गेम्स का अनुभव लेने के लिए सबसे बेहतरीन जगह है
खेल

क्यों PariPesa भारत रोमांचक एविएटर क्रैश गेम्स का अनुभव लेने के लिए सबसे बेहतरीन जगह है

26 October 2025

Paripesa aviator एक रोमांचक क्रैश गेम है जहाँ खिलाड़ी दांव लगाते हैं और एक विमान को उड़ान भरते हुए देखते हैं, और जैसे-जैसे वह ऊपर...

PariPesa के सर्वश्रेष्ठ भारतीय ऑनलाइन गेम्स
खेल

PariPesa के सर्वश्रेष्ठ भारतीय ऑनलाइन गेम्स

2 October 2025

क्या एक ही प्लेटफॉर्म स्पोर्ट्स बेटिंग और कैसिनो गेमिंग का आनंद दे सकता है ? हाँ, PariPesa भारतीय खिलाड़ियों के लिए ऐसा अनुभव लेकर आया...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

Captured Turkish YIHA drone Showed by the Indian Army |Defence News| Operation Sindoor

Captured Turkish YIHA drone Showed by the Indian Army |Defence News| Operation Sindoor

00:00:58

A War Won From Above: The Air Campaign That Changed South Asia Forever

00:07:37

‘Mad Dog’ The EX CIA Who Took Down Pakistan’s A.Q. Khan Nuclear Mafia Reveals Shocking Details

00:06:59

Dhurandar: When a Film’s Reality Shakes the Left’s Comfortable Myths

00:06:56

Tejas Under Fire — The Truth Behind the Crash, the Propaganda, and the Facts

00:07:45
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited