TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    TCS केस में अदालत की अहम टिप्पणी

    TCS धर्म परिवर्तन केस: गर्भवती निदा खान को जमानत, कोर्ट ने दिया मानवीय आधार का हवाला

    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट

    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट: हाई टाइड और तेज हवाओं की चेतावनी, 17 उड़ानें रद्द

    डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती

    डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती: पश्चिम बंगाल में स्कूलों और विश्वविद्यालयों के पाठ्यक्रम में पढ़ाया जाएगा उनका जीवन और विचार

    यूपी केबिनेट के अहम फैसले

    यूपी कैबिनेट के बड़े फैसले: शाहजहांपुर के जलालाबाद का नाम बदला, स्टार्टअप नीति को मंजूरी, पशुओं का होगा बीमा

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    भारत-जापान शिखर सम्मेलन

    भारत-जापान शिखर सम्मेलन: पीएम मोदी और जापानी पीएम सनाए ताकाइची ने आर्थिक सुरक्षा, तकनीक और रक्षा सहयोग को दी नई दिशा

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि ने मोदी सरकार के तहत भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था को दी मजबूती, सेवा क्षेत्र और निवेश बने व्यापक विकास के प्रमुख आधार

    भारत की अर्थव्यवस्था

    भारत की अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती, GDP ग्रोथ 7.7% पहुंची; अगले साल धीमी पड़ सकती है रफ्तार

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव

    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव: पहले इंटीग्रेटेड बैटल ग्रुप्स से बदलेगी युद्ध की रणनीति

    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर,

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    रूसी तेल का आयात

    रूसी तेल का आयात पहले से ज्यादा कर रहा है भारत, 41 देशों से हो रही ऊर्जा खरीद: हरदीप सिंह पुरी

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद

    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद, कर्नाटक सरकार बदलना चाहती है पुराना नियम

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद: महंत धर्मदास बोले- अयोग्य लोगों को जिम्मेदारी देने से हुई गड़बड़ी, देशवासियों से शांति बनाए रखने की अपील

    शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक

    ऑपरेशन सिंदूर: शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक, राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर हमेशा के लिए दर्ज

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    TCS केस में अदालत की अहम टिप्पणी

    TCS धर्म परिवर्तन केस: गर्भवती निदा खान को जमानत, कोर्ट ने दिया मानवीय आधार का हवाला

    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट

    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट: हाई टाइड और तेज हवाओं की चेतावनी, 17 उड़ानें रद्द

    डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती

    डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती: पश्चिम बंगाल में स्कूलों और विश्वविद्यालयों के पाठ्यक्रम में पढ़ाया जाएगा उनका जीवन और विचार

    यूपी केबिनेट के अहम फैसले

    यूपी कैबिनेट के बड़े फैसले: शाहजहांपुर के जलालाबाद का नाम बदला, स्टार्टअप नीति को मंजूरी, पशुओं का होगा बीमा

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    भारत-जापान शिखर सम्मेलन

    भारत-जापान शिखर सम्मेलन: पीएम मोदी और जापानी पीएम सनाए ताकाइची ने आर्थिक सुरक्षा, तकनीक और रक्षा सहयोग को दी नई दिशा

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि ने मोदी सरकार के तहत भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था को दी मजबूती, सेवा क्षेत्र और निवेश बने व्यापक विकास के प्रमुख आधार

    भारत की अर्थव्यवस्था

    भारत की अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती, GDP ग्रोथ 7.7% पहुंची; अगले साल धीमी पड़ सकती है रफ्तार

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव

    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव: पहले इंटीग्रेटेड बैटल ग्रुप्स से बदलेगी युद्ध की रणनीति

    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर,

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    रूसी तेल का आयात

    रूसी तेल का आयात पहले से ज्यादा कर रहा है भारत, 41 देशों से हो रही ऊर्जा खरीद: हरदीप सिंह पुरी

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद

    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद, कर्नाटक सरकार बदलना चाहती है पुराना नियम

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद: महंत धर्मदास बोले- अयोग्य लोगों को जिम्मेदारी देने से हुई गड़बड़ी, देशवासियों से शांति बनाए रखने की अपील

    शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक

    ऑपरेशन सिंदूर: शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक, राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर हमेशा के लिए दर्ज

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

‘उच्च जाति के विशेषाधिकार’ वाले बयान के लिए जस्टिस डी वाई चंद्रचूड़ की आलोचना हुई

कथनी और करनी में अंतर होता है!

Aniket Raj द्वारा Aniket Raj
8 December 2021
in चर्चित
न्यायमूर्ति चंद्रचूड़
Share on FacebookShare on X

भारत एक संघीय देश होने के साथ-साथ एक लोकतान्त्रिक देश भी है। संघीय व्यवस्था का अर्थ है शक्ति और सत्ता का विकेन्द्रीकरण। यही विकेन्द्रीकरण निरंकुशता और एकाधिकार को रोकता है। हमारे पुरखों ने इस लोकतान्त्रिक शक्ति को तीन स्तरों पर विकेंद्रीकृत किया- प्रथम, विधायिका अर्थात संसद और जनप्रतिनिधि, द्वितीय कार्यपालिका अर्थात पुलिस-प्रशासन और तृतीय न्यायपालिका अर्थात देश की विधि व्यवस्था। राष्ट्र के सुगम संचालन हेतु कार्यपालिका को विधायिका के अधीन किया गया।

ज़रा सोचिए अगर ये जन प्रतिनिधि पुलिस प्रशासन के अलावा न्यायपालिका पर भी अपना अधिकार स्थापित कर लेते तो इनके अत्याचारों के खिलाफ न्याय के लिए आमजन कहां जाते? इसलिए हमारे पुरखों ने न्यायपालिका की स्वतन्त्रता और सर्वोच्चता सुनश्चित की। पर, अब यही न्यायपालिका इस संवैधानिक सर्वोच्चता की आड़ में यदा-कदा अनर्गल प्रलाप करती है और असहमत होने वाले लोगों को अवमानना के कानूनी पाश में बांध दंडित करती है।

संबंधितपोस्ट

‘ख़ुद उमर खालिद के वकील ने 7 बार आगे बढ़वाई सुनवाई’: पूर्व CJI चंद्रचूड़ ने बरखा दत्त के प्रोपेगंडा की उड़ाई धज्जियां, खोली कपिल सिब्बल की पोल

क्या गवर्नरों पर भी चल सकता है मुकदमा, सुप्रीम कोर्ट करेगी समीक्षा।

‘आलोचना की एक सीमा होती है’, जज साहब कहिन

और लोड करें

और पढ़ें : हिंदी को उसकी महत्ता वापस दिलाने का, इलाहाबाद उच्च न्यायालय का फैसला अद्भुत है

जातीय विशेषाधिकार वाले बयान में घिरे न्यायमूर्ति चंद्रचूड़

इस अनर्गल प्रलाप का एक उदाहरण देखिये। उच्चतम न्यायालय के न्यायाधीश न्यायमूर्ति डी वाई चंद्रचूड़ ने मंगलवार को कहा कि “योग्यता की संकीर्ण अवधारणा” उच्च जाति के व्यक्तियों को उनके “स्पष्ट” जाति विशेषाधिकार को छिपाने की अनुमति देती है।” यहां शब्दों की जटितला आपके समझ को प्रभावित कर सकती है, अतः इस कथन का सरलीकरण आवश्यक हो जाता है। माननीय न्यायाधीश का कहना है कि “उच्च जाति के लोगों ने अपने जाति के आधार पर योग्यता और विशेषाधिकार प्राप्त किया है और आज के युग में जाति आधारित योग्यता और विशेषाधिकार जैसे आरक्षण को खत्म करने की उनकी मांग “योग्यता की संकीर्ण अवधारणा” को प्रदर्शित करती है।” न्यायमूर्ति चंद्रचूड़ ने दिल्ली स्थित Indian Institute of Dalit Studies और Rosa Luxemburg Foundation द्वारा आयोजित 13वें बीआर अंबेडकर मेमोरियल लेक्चर को संबोधित करते हुए यह बयान दिया।

जस्टिस डी वाई चंद्रचूड़ के संबोधन की तीन अहम बातें

न्यायविद माइकल जे सैंडल की पुस्तक ‘The Tyranny of Merit: What’s Become of the Common Good’ का जिक्र करते हुए न्यायमूर्ति चंद्रचूड़ ने कहा कि “उच्च वर्ग के व्यक्ति अपनी सफलता को अपनी योग्यता के माध्यम से अर्जित बताते हैं जबकि यह “जातीय विशेषाधिकार” का परिणाम हैं। अतः आज के समय में जो जातीय विशेषाधिकार निम्न वर्ग को मिले हुए हैं, वो नितांत आवश्यक हैं। उच्च वर्ग जाति बंधन से मुक्त हो सकता है लेकिन निम्न वर्ग को जातीय विशेषाधिकारों से वंचित करना उनके साथ छलावा होगा।”

न्यायमूर्ति चंद्रचूड़ ने आगे कहा, “जाति के आधार पर भेद  दलितों और उच्च जातियों के बीच की खाई को दर्शाता है, जहां दलित समुदाय के सदस्यों को अपमानित किया जाता है और उनके अधिकारों से वंचित किया जाता है।” उन्होंने यह भी कहा कि इस अपमान के लिए दो लोग जिम्मेदार है संस्था और समाज। कुल मिलाकर अगर उनके सम्बोधन को सारगर्भित और सारांशित किया जाए तो तीन बातें निकलकर सामने आती है। वो तीन बाते हैं : 1.) उच्च वर्ग की सफलता उनके जाति के कारण है,  2.) निम्न वर्ग के स्थिति उच्च वर्ग के शोषण के कारण है, 3.) निम्न वर्ग के जातीय विशेषाधिकार बने रहने चाहिए।

और पढ़ें:- सेना को दोष न दें, नागालैंड की वर्तमान अवस्था के लिए राजनीति जिम्मेदार है

विधि न्याय का साधन है और न्याय सर्वोच्च विधि। न्यायाधीश का कथन इसी सर्वोच्च विधि का सृजन करता है, अतः उसमे संतुलन नितांत अनिवार्य है। माननीय न्यायमूर्ति का ये कथन कहीं न कहीं न्याय के समानता के उद्घोष पर प्रतिघात करता है और असमानता को वैधानिकता प्रदान करता है। कालांतर में हुए जातीय भेदभाव ने निम्न वर्ग को किंचित कुछ अधिकारों से वंचित रखा हो परंतु भेद की इस खाई को पाटने के बजाए उनके ‘जातीय विशेषाधिकार’ को मूलभूत अधिकार में परवर्तित कर देना कहीं से न्यायोचित नहीं है।

ऐसे कथनों से बचने की है जरुरत

आपकों बता दें कि स्वयं न्यायमूर्ति डी वाई चंद्रचूड़ उच्चतम न्यायालय के भूतपूर्व न्यायाधीश वाईवी चंद्रचूड़ के सुपुत्र हैं। हालांकि, इसके अलावा एक मुद्दा यह भी है कि न्यायाधीशों की नियुक्ति प्रक्रिया हेतु Collegium System पारदर्शी क्यों नहीं है? वहीं, 4 करोड़ लंबित मामले का उत्तरदायित्व कौन लेगा? ऐसे में, प्रश्न यह भी है कि न्याय प्रणाली की शिथिल गति और उनको मिलनेवाले विशेषाधिकार को उनकी योग्यता से जोड़ा जाए या विशेषाधिकार से। कम से कम जनप्रतिनिधियों को तो हम चुनते हैं पर न्यायाधीश अपनी वैधानिकता तो संवैधानिक मूल्यों से प्राप्त करते हैं। अतः ऐसे कथनों से बचना चाहिए और न्यायालय की भूमिका को अधिक पारदर्शी बनाने की कोशिश करनी चाहिए।

Tags: जस्टिस चंद्रचूड़सर्वोच्च न्यायालय
शेयर21ट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

Gajendra Moksh Stotra Sanskrit with meaning in hindi

अगली पोस्ट

जनता के सहयोग से बनी भारत की प्रथम फिल्म ‘मंथन’ की अद्भुत कथा

संबंधित पोस्ट

ins ship
चर्चित

भारतीय नौसेना में शामिल हुआ स्वदेशी युद्धपोत INS मालवन, समुद्री सुरक्षा होगी और मजबूत

22 July 2026

भारतीय नौसेना की ताकत बढ़ाने के लिए एक और स्वदेशी युद्धपोत आईएनएस मालवन (INS Malvan) को आधिकारिक तौर पर नौसेना में शामिल कर लिया गया...

शिक्षा व्यवस्था को लेकर आंदोलन तेज,
चर्चित

दिल्ली से शिक्षा व्यवस्था को लेकर तेज हुआ आंदोलन, अब कई राज्यों तक पहुंचा, संगठन सड़क पर उतरें

22 July 2026

देश में शिक्षा व्यवस्था और कथित परीक्षा घोटालों को लेकर शुरू हुआ आंदोलन अब देश के कई राज्यों और शहरों तक पहुंच चुका है। इसकी...

ममता बनर्जी का साफ संदेश
चर्चित

ममता बनर्जी का साफ संदेश, दल बदलने वाले नेताओं की TMC में वापसी नहीं होगी

22 July 2026

पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री और तृणमूल कांग्रेस (TMC) प्रमुख ममता बनर्जी ने पार्टी छोड़कर जाने वाले नेताओं को लेकर बड़ा बयान दिया है। कोलकाता में...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

A Decade After 709 Crackdown: Remembering China's Human Rights Lawyers

A Decade After 709 Crackdown: Remembering China's Human Rights Lawyers

00:04:16

China's War on Human Rights Lawyers: The Legacy of the 709 Crackdown

00:03:57

IRAN EYES RED SEA GAMBIT

00:02:34

US- IRAN CONFLICT INTENSIFIES

00:03:05

Mass Detentions and Enforced Disappearances: The Aftermath of July 5

00:03:20
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited