TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट

    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट: हाई टाइड और तेज हवाओं की चेतावनी, 17 उड़ानें रद्द

    डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती

    डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती: पश्चिम बंगाल में स्कूलों और विश्वविद्यालयों के पाठ्यक्रम में पढ़ाया जाएगा उनका जीवन और विचार

    यूपी केबिनेट के अहम फैसले

    यूपी कैबिनेट के बड़े फैसले: शाहजहांपुर के जलालाबाद का नाम बदला, स्टार्टअप नीति को मंजूरी, पशुओं का होगा बीमा

    पीएम मोदी ने याद किया डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी का योगदान

    पीएम मोदी ने याद किया डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी का योगदान, बोले- राष्ट्र की एकता के लिए उनका संघर्ष प्रेरणादायक

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    भारत-जापान शिखर सम्मेलन

    भारत-जापान शिखर सम्मेलन: पीएम मोदी और जापानी पीएम सनाए ताकाइची ने आर्थिक सुरक्षा, तकनीक और रक्षा सहयोग को दी नई दिशा

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि ने मोदी सरकार के तहत भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था को दी मजबूती, सेवा क्षेत्र और निवेश बने व्यापक विकास के प्रमुख आधार

    भारत की अर्थव्यवस्था

    भारत की अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती, GDP ग्रोथ 7.7% पहुंची; अगले साल धीमी पड़ सकती है रफ्तार

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव

    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव: पहले इंटीग्रेटेड बैटल ग्रुप्स से बदलेगी युद्ध की रणनीति

    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर,

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    रूसी तेल का आयात

    रूसी तेल का आयात पहले से ज्यादा कर रहा है भारत, 41 देशों से हो रही ऊर्जा खरीद: हरदीप सिंह पुरी

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद: महंत धर्मदास बोले- अयोग्य लोगों को जिम्मेदारी देने से हुई गड़बड़ी, देशवासियों से शांति बनाए रखने की अपील

    शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक

    ऑपरेशन सिंदूर: शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक, राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर हमेशा के लिए दर्ज

    महाभारत से जुड़े प्रमुख दृश्य

    महाभारत: श्रीकृष्ण ने पांडवों के लिए मांगे थे ये 5 गांव, आज इन नामों से जाने जाते हैं शहर

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट

    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट: हाई टाइड और तेज हवाओं की चेतावनी, 17 उड़ानें रद्द

    डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती

    डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती: पश्चिम बंगाल में स्कूलों और विश्वविद्यालयों के पाठ्यक्रम में पढ़ाया जाएगा उनका जीवन और विचार

    यूपी केबिनेट के अहम फैसले

    यूपी कैबिनेट के बड़े फैसले: शाहजहांपुर के जलालाबाद का नाम बदला, स्टार्टअप नीति को मंजूरी, पशुओं का होगा बीमा

    पीएम मोदी ने याद किया डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी का योगदान

    पीएम मोदी ने याद किया डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी का योगदान, बोले- राष्ट्र की एकता के लिए उनका संघर्ष प्रेरणादायक

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    भारत-जापान शिखर सम्मेलन

    भारत-जापान शिखर सम्मेलन: पीएम मोदी और जापानी पीएम सनाए ताकाइची ने आर्थिक सुरक्षा, तकनीक और रक्षा सहयोग को दी नई दिशा

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि ने मोदी सरकार के तहत भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था को दी मजबूती, सेवा क्षेत्र और निवेश बने व्यापक विकास के प्रमुख आधार

    भारत की अर्थव्यवस्था

    भारत की अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती, GDP ग्रोथ 7.7% पहुंची; अगले साल धीमी पड़ सकती है रफ्तार

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव

    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव: पहले इंटीग्रेटेड बैटल ग्रुप्स से बदलेगी युद्ध की रणनीति

    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर,

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    रूसी तेल का आयात

    रूसी तेल का आयात पहले से ज्यादा कर रहा है भारत, 41 देशों से हो रही ऊर्जा खरीद: हरदीप सिंह पुरी

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद: महंत धर्मदास बोले- अयोग्य लोगों को जिम्मेदारी देने से हुई गड़बड़ी, देशवासियों से शांति बनाए रखने की अपील

    शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक

    ऑपरेशन सिंदूर: शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक, राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर हमेशा के लिए दर्ज

    महाभारत से जुड़े प्रमुख दृश्य

    महाभारत: श्रीकृष्ण ने पांडवों के लिए मांगे थे ये 5 गांव, आज इन नामों से जाने जाते हैं शहर

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

Navy Day: जब पाकिस्तान ने डाली थी द्वारका पर बुरी नज़र, तो बदले में मिली थी कराची की तबाही

भारत के जांबाजों ने पाकिस्तान को याद दिला दिया था छठी का दूध!

Abhinav Kumar द्वारा Abhinav Kumar
4 December 2021
in ज्ञान
ऑपरेशन ट्राइडेंट

Source- Google

Share on FacebookShare on X

हर साल भारत ‘ऑपरेशन ट्राइडेंट’ को याद कर 4 दिसंबर को नौसेना दिवस के रूप में मनाता है। आज ही के दिन 1971 के भारत-पाकिस्तान युद्ध के दौरान आक्रमण को आरंभ करते हुए भारतीय नौसेना ने कराची बंदरगाह में पाकिस्तानी जहाजों को भारी नुकसान पहुंचाया था। देखा जाए तो यह 7 और 8 सितंबर 1965 को भारतीय तटीय शहर द्वारका पर पाकिस्तानी नौसेना द्वारा एक नौसैनिक हमला “ऑपरेशन द्वारका” का प्रतिशोध था, जिसका प्रतिउत्तर उस दौरान भारतीय सेना नहीं दे पायी थी।

दरअसल, साल 1971 का भारत-पाकिस्तान युद्ध 3 दिसंबर को शुरू हुआ था, जब पाकिस्तान वायु सेना ने पश्चिमी भारत में हवाई अड्डों और रडार स्टेशनों पर हमले किए। जिसके बाद भारत ने 4 दिसंबर की तड़के औपचारिक रूप से युद्ध की घोषणा करके जवाब दिया और कराची को तबाह कर दिया। नौसेना द्वारा दिखाई गयी इसी अदम्य वीरता और साहस के कारण यह दिन भारत  के इतिहास में स्वर्णिम अक्षरों में अंकित हो गया।

संबंधितपोस्ट

भारतीय नौसेना में बढ़ेगी हिंदुस्तान शिपयार्ड की भूमिका, अब सिर्फ जहाज बनाने वाली कंपनी नहीं बल्कि रणनीतिक साझेदार बनेगी HSL

पश्चिम एशिया वैश्विक कूटनीति की सबसे कठिन परीक्षा है, प्रधानमंत्री मोदी और भारत इस परीक्षा के लिए कितने तैयार हैं?

फ्रांस से 114 राफेल खरीदने की ₹3.25 लाख करोड़ डील को जल्द मिल सकती है DAC की मंज़ूरी

और लोड करें

और पढ़े: ऑपरेशन कैक्टस: जब भारतीय सेना ने की थी मालदीव की रक्षा

पाकिस्तान को नहीं दिया था संभलने का मौका

4 दिसंबर को ऑपरेशन ट्राइडेंट के तहत भारतीय नौसेना ने करांची बंदरगाह को तहस-नहस कर दिया था और 4 जहाजों का डुबो दिया था, जिसमें उसका प्रमुख जहाज पीएनएस खैबर भी शामिल था। ऑपरेशन ट्राइडेंट मिशन की सफलता के पीछे सोवियत Osa मिसाइल नौकाएं थी, जो 4 SS-N-2 (P-15) स्टाइक्स मिसाइलों से सुसज्जित थी। 4 दिसंबर को भारतीय नौसेना ने कराची बंदरगाह पर आक्रमण कर पाकिस्तानी नौसेना के कई युद्धपोत डुबो दिए और पाकिस्तानी नौसेना की कमर तोड़ दी। उन्हें भारत के खिलाफ कोई एक्शन लेने का मौका तो छोड़िए, उन्हें संभलने तक का मौका नहीं मिला।

INS किल्टन, कच्छल, निपट, निर्घाट और वीर ने PNS खैबर को डुबो दिया था, जिसमें 222 पाकिस्तानी सैनिक मारे गए। यही नहीं, भारतीय हमले के दौरान एक व्यापारी जहाज एमवी वीनस चैलेंजर के साथ PNS मुहाफिज भी डूबा और उसके साथ 33 पाकिस्तानी नाविक भी डूब गए थे। भारतीय नौसेना ने कराची स्ट्राइक ग्रुप का गठन किया था, जिसमें INS निपट, INS निर्घाट और INS वीर समेत तीन विद्युत-श्रेणी की मिसाइल नौकाएं शामिल थी। ये खतरनाक INS, सोवियत निर्मित SS-N-2B Styx सतह से सतह पर मार करने वाली मिसाइलों से लैस थे, जिनकी सीमा 40 समुद्री मील (74 किमी, 46 मील) है।

ऑपरेशन ट्राइडेंट
Source- Google

INS किल्टन, INS कच्छल और एक फ्लीट टैंकर एवं INS पोशक को मिला कर दो Arnala-Class के पनडुब्बी रोध दल बनाए गए थे। यह दल 25वीं मिसाइल बोट स्क्वाड्रन के कमांडिंग ऑफिसर कमांडर बबरू भान यादव की कमान में था। भारतीय नौसेना के सैनिकों ने हैरतअंगेज कारनामा दिखाते हुए कराची बंदरगाह के पास पहुंच कर आक्रमण किया और कराची बंदरगाह को नेस्तनाबूत कर दिया। भारतीय सेना को पता था कि पाकिस्तानी विमानों में रात में बमबारी करने की क्षमता नहीं थी, इसलिए यह योजना बनाई गई थी कि हमला शाम और सुबह के बीच होगा।

ऑपरेशन ट्राइडेंट में वायुसेना ने भी निभाई थी महत्वपूर्ण भूमिका

यह स्ट्राइक ग्रुप कराची के तट से 250 समुद्री मील (460 किमी यानी 290 मील) दक्षिण में पहुंच कर दिन के दौरान पाकिस्तान वायु सेना की निगरानी सीमा के बाहर अपनी स्थिति को बनाए रखा। रात 10.30 बजे पाकिस्तान मानक समय के अनुसार, भारतीय स्ट्राइक ग्रुप कराची की ओर बढ़ा और बंदरगाह से लगभग 180 NMI (330 किमी, 210 मील) तक पहुंच गया। जिसके बाद पाकिस्तानी युद्धपोत की पहचान कर हमले किए गए। हमला करने के बाद सुबह होने से पहले तेजी से बेड़े को 150 किमी. वापस आ जाने को कहा गया, ताकि बेड़ा पाकिस्तान की पहुंच से दूर हो जाए। इस आक्रमण के बाद भारतीय नौसेना ने पश्चिमी मोर्चे पर पाकिस्तान के खिलाफ 1971 के युद्ध में अपना वर्चस्व कायम कर लिया था। यह अपनी तरह की पहली घटना थी, जिसने एक ही हफ्ते में किसी नौसेना ने अपने दुश्मन की नौसेना को पूरी तरह से तहस-नहस कर दिया था।

trident
Source- Google

और पढ़े: कैसे सरदार पटेल के नेतृत्व में ऑपरेशन पोलो ने भारत को सम्पूर्ण इस्लामीकरण से बचाया

भारतीय वायु सेना ने ऑपरेशन ट्राइडेंट के दौरान भी एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाई, जब कराची के केमारी तेल टैंकों को उसी दिन एक स्वतंत्र ऑपरेशन में भारतीय वायुसेना द्वारा उड़ा दिया गया था। हालांकि, पाकिस्तान अब भी इसकी पुष्टि नहीं करता है। कराची तेल डिपो में लगी आग की लपटों को 60 किलोमीटर की दूरी से भी देखा जा सकता था। रिपोर्ट्स के अनुसार ऑपरेशन खत्म होते ही भारतीय नौसैनिक अधिकारी विजय जेरथ ने संदेश भेजा, ‘फॉर पीजन्स हैप्पी इन द नेस्ट। रीज्वाइनिंग।’ इस पर उनको जवाब मिला, ‘एफ 15 से विनाश के लिए: इससे अच्छी दिवाली हमने आज तक नहीं देखी।’ कहा जाता है कि कराची के तेल डिपो में लगी आग को सात दिनों और सात रातों तक नहीं बुझाया जा सका।

#OnThisDay 50 years ago#OpTrident was conducted in which the missile boats of #KillersSquadron carried out an audacious attack off Karachi, #Nirghat #Nipat #Veer fired missiles to sink PN ships Khyber & Muhafiz.#04Dec is celebrated as #NavyDay to commemorate this victory.(3/n) pic.twitter.com/BKG26Fabov

— PRO Defence Mumbai (@DefPROMumbai) December 4, 2021

जब पाकिस्तान ने किया था द्वारका पर हमला

बता दें कि उससे पहले पाकिस्तान ने सन् 1965 के युद्ध में भारतीय सेना को मात देने के लिए कई तरीके अपनाए थे। युद्ध में पाकिस्तान कश्मीर और पंजाब में बुरी तरह मात खा रहा था। ऐसे में पाकिस्तान की नौ सेना युद्ध में हिस्सा नहीं ले पा रही थी, तो पाकिस्तान के सैन्य जनरलों ने सोचा कि नेवी को काम में लगाकर भारत का ध्यान उत्तरी मोर्चे से हटाया जा सकता है। जिसके बाद धूर्त पाकिस्तान ने ऑपरेशन द्वारका की प्लानिंग की। सात वॉरशिप्स का बेड़ा पाकिस्तान ने इस अटैक के लिए तैयार किया, पीएनएस बाबर, पीनएस खैबर, पीएनएस बद्र, पीएनएस जहांगीर, पीएनएस आलमगीर, पीएनएस शाहजहां और पीएनएस टीपू सुल्तान।

Operation trident
Source- Google

जबकि द्वारका में भारत का एक ही वॉरशिप तैनात था आईएनएस तलवार, जो उस वक्त पास ही के एक पोर्ट ओखा में रिपेयरिंग का काम करवा रहा था, जो अगले दिन हालात का जायजा लेने आ पाया था। पाकिस्तान का टारगेट था द्वारका में लगा राडार और लाइट हाउस। 7 सितम्बर को रात 11 बजकर 55 मिनट पर वॉरशिप्स से मिसाइलें और बम दागे जाने लगे। बीस मिनट तक यानी रात को 12 बजकर 15 मिनट तक ये जारी रहे। ज्यादातर मिसाइलें या बम मंदिर और रेलवे स्टेशन के बीच की तीन किलोमीटर की समुद्री रेत पर गिरे और बहुत से फटे ही नहीं।

पाकिस्तान के इस हमले में केवल रेलवे गेस्ट हाउस, एक सीमेंट फैक्ट्री और कुछ इमारतों को नुकसान पहुंचा। न राडार का वो लोग कुछ बिगाड़ पाए और न लाइट हाउस का, लेकिन पाकिस्तानी रेडियो ने प्रसारण भी कर दिया कि द्वारका शहर को बुरी तरह बर्बाद कर दिया गया है। जबकि हकीकत कुछ और ही था। तब भारत इस हमले का जवाब नहीं दे पाया था। सन् 1971 में पाकिस्तान को उसकी औकात दिखाते हुए भारतीय सेना ने द्वारका पर हुए हमले का बदला लिया और कराची बन्दरगाह को नेस्तनाबूत कर विश्व को एक संदेश भी दे दिया कि भारतीय नौसेना को कम आंकना किसी भी देश के लिए घातक साबित हो सकता है।

और पढ़ें: बप्पा रावल: वो योद्धा जिसने तीन शताब्दियों तक विदेशी आक्रान्ताओं को भारत की भूमि से दूर रखा

Tags: ऑपरेशन ट्राइडेंटभारतीय नौसेना
शेयर59ट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

पाकिस्तान में ‘ईशनिंदा’ से गुस्साई भीड़ ने की हैवानियत की सभी हदें पार

अगली पोस्ट

Ya Devi Sarva Bhuteshu meaning and significance in Hindi

संबंधित पोस्ट

दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों
इतिहास

दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

7 July 2026

कहते हैं संयोग और चमत्कार इस दुनिया में होते हैं। कुछ ऐसा ही मेरे साथ भी घटित हुआ। एक महत्त्वपूर्ण पुस्तक के अनुवाद कार्य में...

राम मंदिर चढ़ावा विवाद
चर्चित

राम मंदिर चढ़ावा विवाद: महंत धर्मदास बोले- अयोग्य लोगों को जिम्मेदारी देने से हुई गड़बड़ी, देशवासियों से शांति बनाए रखने की अपील

30 June 2026

अयोध्या स्थित राम मंदिर में चढ़ावे में कथित गड़बड़ी का मामला सामने आने के बाद साधु-संत समाज की भी प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। श्रीराम...

शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक
इतिहास

ऑपरेशन सिंदूर: शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक, राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर हमेशा के लिए दर्ज

26 June 2026

भारत के सशस्त्र बलों ने ऑपरेशन सिंदूर के दौरान शहीद हुए छह जवानों के नाम पहली बार आधिकारिक तौर पर सार्वजनिक किए हैं। इन सभी...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

WHY GEOGRAPHY MAKES INDIA ESSENTIAL TO NEPAL'S ECONOMY | Fuel, Food and Trade | China | Indo-Nepal

WHY GEOGRAPHY MAKES INDIA ESSENTIAL TO NEPAL'S ECONOMY | Fuel, Food and Trade | China | Indo-Nepal

00:03:48

Open Borders, Open Lives: India-Nepal's Social and Economic Bond

00:04:03

THE DRONE GENERAL'S LEGACY: HOW GEN DWIVEDI TRANSFORMED THE INDIAN ARMY | UAV

00:04:51

Nepal's Natural Ally: Why India, Not China ? Indo-Nepal

00:04:05

Pakistan’s Investment Rescue Plan or Another Economic Promise? Munir | Sharif

00:03:41
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited