TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    Defence System: भारत का मल्टी लेयर्ड बैलिस्टिक डिफेंस सिस्टम पास

    Defence System: भारत का मल्टी लेयर्ड बैलिस्टिक डिफेंस सिस्टम सफल, 5000 किमी रेंज की मिसाइलों को मार गिराने में सक्षम

    ममता बनर्जी के चुनावी भाषण पर एक और एफआईआर

    ममता बनर्जी के चुनावी भाषण पर एक और एफआईआर, कानूनी जांच हुई तेज

    नोएडा में 110 इलेक्ट्रिक बसों की शुरुआत

    नोएडा में 110 इलेक्ट्रिक बसों की शुरुआत: ग्रेटर नोएडा तक सफर हुआ सस्ता, आसान और पर्यावरण के अनुकूल

    मोदी ने अनुच्छेद 370 हटाने, उत्तर-पूर्व के विकास और ऑपरेशन सिंदूर जैसे कदमों को सरकार के निर्णायक फैसलों के उदाहरण बताया।

    मोदी ने रिकॉर्ड कार्यकाल के दिन ‘हिंदू ग्रोथ रेट’ टिप्पणी को लेकर कांग्रेस पर साधा निशाना

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि ने मोदी सरकार के तहत भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था को दी मजबूती, सेवा क्षेत्र और निवेश बने व्यापक विकास के प्रमुख आधार

    भारत की अर्थव्यवस्था

    भारत की अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती, GDP ग्रोथ 7.7% पहुंची; अगले साल धीमी पड़ सकती है रफ्तार

    UPI का अंतरराष्ट्रीय विस्तार भी तेजी से बढ़ रहा

    UPI ने मई में 29.9 लाख करोड़ रुपये के लेनदेन के साथ बनाया नया रिकॉर्ड, भारत में डिजिटल भुगतान व्यवस्था हुई और मजबूत

    $40 अरब का ऐतिहासिक निवेश, सेमीकंडक्टर और एआई: पीएम मोदी की 5 देशों की यात्रा से भारत को क्या हासिल हुआ?

    $40 अरब का ऐतिहासिक निवेश, सेमीकंडक्टर और एआई: पीएम मोदी की 5 देशों की यात्रा से भारत को क्या हासिल हुआ?

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    एनडीए के कई पूर्व छात्र देश के बड़े सैन्य

    एनडीए की 150वीं पासिंग आउट परेड आज, 77 साल के इतिहास का खास पल

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    रूसी तेल का आयात

    रूसी तेल का आयात पहले से ज्यादा कर रहा है भारत, 41 देशों से हो रही ऊर्जा खरीद: हरदीप सिंह पुरी

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    कैंसर’ बताने पर घिरीं ईयू प्रमुख कैलस

    चीन को ‘कैंसर’ बताने पर घिरीं ईयू प्रमुख कैलस, बयान बना वैश्विक कूटनीतिक विवाद

    ‘अगर मैं गया तो मारा जाऊंगा’, क्या ईरान के डर से बेटे की शादी में नहीं जा रहे ट्रंप, किस बात का खौफ?

    ‘अगर मैं गया तो मारा जाऊंगा’, क्या ईरान के डर से बेटे की शादी में नहीं जा रहे ट्रंप, किस बात का खौफ?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    लेफ्टिनेंट शशांक तिवारी के माता-पिता

    लेफ्टिनेंट शशांक तिवारी को मरणोपरांत कीर्ति चक्र से सम्मानित किया गया

    राम मंदिर के चंदे को लेकर विवाद

    राम मंदिर के चंदे को लेकर विवाद, अखिलेश यादव के आरोपों पर ट्रस्ट ने दिया जवाब

    गोवा राज्य स्थापना दिवस

    गोवा राज्य स्थापना दिवस 2025: जानिए इतिहास, महत्व और इस दिन से जुड़ी खास बातें

    1950 में जेल से रिहा किए जाने के बाद सावरकर (चित्र: savarkar.org)

    अंग्रेज़ों की ही नहीं, नेहरू सरकार की कैद में भी महीनों रहे थे सावरकर

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज शिप

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज पर नोरोवायरस का हमला: 3116 यात्रियों वाले क्रूज शिप पर 115 लोग बीमार

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    Defence System: भारत का मल्टी लेयर्ड बैलिस्टिक डिफेंस सिस्टम पास

    Defence System: भारत का मल्टी लेयर्ड बैलिस्टिक डिफेंस सिस्टम सफल, 5000 किमी रेंज की मिसाइलों को मार गिराने में सक्षम

    ममता बनर्जी के चुनावी भाषण पर एक और एफआईआर

    ममता बनर्जी के चुनावी भाषण पर एक और एफआईआर, कानूनी जांच हुई तेज

    नोएडा में 110 इलेक्ट्रिक बसों की शुरुआत

    नोएडा में 110 इलेक्ट्रिक बसों की शुरुआत: ग्रेटर नोएडा तक सफर हुआ सस्ता, आसान और पर्यावरण के अनुकूल

    मोदी ने अनुच्छेद 370 हटाने, उत्तर-पूर्व के विकास और ऑपरेशन सिंदूर जैसे कदमों को सरकार के निर्णायक फैसलों के उदाहरण बताया।

    मोदी ने रिकॉर्ड कार्यकाल के दिन ‘हिंदू ग्रोथ रेट’ टिप्पणी को लेकर कांग्रेस पर साधा निशाना

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि ने मोदी सरकार के तहत भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था को दी मजबूती, सेवा क्षेत्र और निवेश बने व्यापक विकास के प्रमुख आधार

    भारत की अर्थव्यवस्था

    भारत की अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती, GDP ग्रोथ 7.7% पहुंची; अगले साल धीमी पड़ सकती है रफ्तार

    UPI का अंतरराष्ट्रीय विस्तार भी तेजी से बढ़ रहा

    UPI ने मई में 29.9 लाख करोड़ रुपये के लेनदेन के साथ बनाया नया रिकॉर्ड, भारत में डिजिटल भुगतान व्यवस्था हुई और मजबूत

    $40 अरब का ऐतिहासिक निवेश, सेमीकंडक्टर और एआई: पीएम मोदी की 5 देशों की यात्रा से भारत को क्या हासिल हुआ?

    $40 अरब का ऐतिहासिक निवेश, सेमीकंडक्टर और एआई: पीएम मोदी की 5 देशों की यात्रा से भारत को क्या हासिल हुआ?

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    एनडीए के कई पूर्व छात्र देश के बड़े सैन्य

    एनडीए की 150वीं पासिंग आउट परेड आज, 77 साल के इतिहास का खास पल

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    रूसी तेल का आयात

    रूसी तेल का आयात पहले से ज्यादा कर रहा है भारत, 41 देशों से हो रही ऊर्जा खरीद: हरदीप सिंह पुरी

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    कैंसर’ बताने पर घिरीं ईयू प्रमुख कैलस

    चीन को ‘कैंसर’ बताने पर घिरीं ईयू प्रमुख कैलस, बयान बना वैश्विक कूटनीतिक विवाद

    ‘अगर मैं गया तो मारा जाऊंगा’, क्या ईरान के डर से बेटे की शादी में नहीं जा रहे ट्रंप, किस बात का खौफ?

    ‘अगर मैं गया तो मारा जाऊंगा’, क्या ईरान के डर से बेटे की शादी में नहीं जा रहे ट्रंप, किस बात का खौफ?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    लेफ्टिनेंट शशांक तिवारी के माता-पिता

    लेफ्टिनेंट शशांक तिवारी को मरणोपरांत कीर्ति चक्र से सम्मानित किया गया

    राम मंदिर के चंदे को लेकर विवाद

    राम मंदिर के चंदे को लेकर विवाद, अखिलेश यादव के आरोपों पर ट्रस्ट ने दिया जवाब

    गोवा राज्य स्थापना दिवस

    गोवा राज्य स्थापना दिवस 2025: जानिए इतिहास, महत्व और इस दिन से जुड़ी खास बातें

    1950 में जेल से रिहा किए जाने के बाद सावरकर (चित्र: savarkar.org)

    अंग्रेज़ों की ही नहीं, नेहरू सरकार की कैद में भी महीनों रहे थे सावरकर

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज शिप

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज पर नोरोवायरस का हमला: 3116 यात्रियों वाले क्रूज शिप पर 115 लोग बीमार

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

पद का मोह नहीं छोड़ पा रहीं सोनिया, पार्टी का नाश करके ही मानेगा गांधी परिवार

कांग्रेस को स्वयं डूबोने में जुटा है गांधी परिवार

Utkarsh Upadhyay द्वारा Utkarsh Upadhyay
16 March 2022
in Uncategorized
पद का मोह नहीं छोड़ पा रहीं सोनिया, पार्टी का नाश करके ही मानेगा गांधी परिवार
Share on FacebookShare on X

चुनाव राजनीतिक दल और उसके नेताओं के लिए परीक्षा होते हैं, जिनके परिणाम जनता के समक्ष उनकी स्वीकार्यता को प्रदर्शित करते हैं। वर्ष 2014 के बाद से ही कांग्रेस की स्थिति बहुत दयनीय हो चुकी है। चुनाव जीतने से ज़्यादा उनको सीटों का डबल डिजिट आंकड़ा पार करना भी उनके लिए सबसे बड़ी चुनौती बन जाता है। ऐसे में आलाकमान सभी राज्य इकाई के प्रमुखों की जवाबदेही सुनिश्चित करता है, उसी की एक झलक बीते मंगलवार को दिखी जहां हाल ही में पांच राज्यों में हुए विधानसभा चुनावों में कांग्रेस को मिली करारी हार के बाद पार्टी की अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गांधी ने सभी प्रदेश अध्यक्षों से इस्तीफा मांग लिया। पर शायद सोनिया गांधी के नज़रिए में कांग्रेस की हार के ज़िम्मेदार सभी कांग्रेसी हैं पर गांधी परिवार में से एक की भी जवाबदेही नहीं है क्योंकि पार्टी उनकी और उनके बाप-दादाओं की जो ठहरी।

गांधी परिवार पर हार की गाज कभी नहीं गिरती

कांग्रेस आलाकमान के एक फैसले से यह सिद्ध होता है कि बड़े से बड़ा जमीनी नेता भी उसके लिए हार का ज़िम्मेदार है पर गांधी परिवार में से एक व्यक्ति की भी गलती नहीं है।

संबंधितपोस्ट

S. Jaishankar के मजाकिया कमेंट पर फिनलैंड की विदेश मंत्री का रिएक्शन वायरल, बोले- ‘आपको ये नहीं कहना था

गुरुग्राम कॉमेडी शो पर बढ़ा विवाद: AIMSA की कड़ी फटकार, FIR दर्ज और NCW ने लिया संज्ञान

दिल्ली कोर्ट : संकट की घड़ी ने बदल दिया तलाक का फैसला, पति की जिम्मेदारी ने बचा लिया रिश्ता

और लोड करें

Congress President, Smt. Sonia Gandhi has asked the PCC Presidents of Uttar Pradesh, Uttarakhand, Punjab, Goa & Manipur to put in their resignations in order to facilitate reorganisation of PCC’s.

— Randeep Singh Surjewala (@rssurjewala) March 15, 2022

राजनीति संभावनाओं का खेल है, पांच राज्यों के विधानसभा चुनावों में उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, पंजाब, मणिपुर और गोवा में करारी हार के बाद कांग्रेस आलाकमान ने इस हार का ठीकरा सभी चुनावी प्रदेशों के प्रदेश अध्यक्षों पर फोड़ा है। उत्तर प्रदेश के अजय कुमार लल्लू, उत्तराखंड के गणेश गोदियाल, पंजाब के नवजोत सिंह सिद्धू, मणिपुर के नामिरकपम लोकेन सिंह और गोवा के गिरीश चोडनकर इन सभी से कांग्रेस पार्टी की अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गांधी ने उनका इस्तीफा मांग तत्काल अपने पद को छोड़ने का निर्देश दिया। एक-एक कर सबके इस्तीफे आने भी लगे और सार्वजानिक भी हुए। ऐसे में मूलभूत प्रश्न है कि कांग्रेस में हार का ठीकरा सभी कांग्रेसियों पर फूटता है पर 2014 से अनगिनत हारों का सेहरा पहने हुए गांधी परिवार पर इसकी गाज कभी नहीं गिरती।

प्रदेश में हुये विधानसभा चुनावों में पार्टी की हार की नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए आज मैंने अपना इस्तीफा सौंप दिया है। मैं परिणाम के दिन ही इस्तीफा देना चाहता था पर हाईकमान के आदेश की प्रतिक्षा पर रुका था। pic.twitter.com/X5cOucrWB7

— Ganesh Godiyal (@UKGaneshGodiyal) March 15, 2022

और पढ़ें- गांधी परिवार ने शुरू की कांग्रेस के भीतर आखिरी डॉग फाइट!

सोनिया गांधी के अध्यक्ष पद से हटने के बाद राहुल गांधी को अध्यक्ष पद से नवाजा गया। पार्टी को चलाने में अक्षम और लगातार हार पे हार दर्ज़ करने के बाद जुलाई 2017 से जुलाई 2019 तक अध्यक्ष पद पर बने रहने के बाद उन्होंने इस्तीफा दे दिया और पुनः कमान सोनिया गांधी को दे दी गई, इस बार ‘अंतरिम अध्यक्ष’ टैग से सोनिया गांधी ने कमान अपने हाथ में ली। उसी वर्ष प्रियंका गांधी वाड्रा ने कांग्रेस पार्टी में विधिवत पार्टी की राष्ट्रीय महासचिव बनकर एंट्री ली और साथ ही उत्तर प्रदेश की की कमान प्रभारी के तौर पर संभाली।

हर ओर से बुरी तरह हार रही कांग्रेस

इस बार का उत्तर प्रदेश चुनाव भी कांग्रेस पार्टी ने परोक्ष रूप से प्रियंका के चेहरे पर ही लड़ा था। लड़की हूं लड़ सकती हूं के नारे को बुलंद कर अघोषित सीएम प्रत्याशी बन प्रियंका गांधी ने राज्य भर में कुल मिलाकर 300 से अधिक सीटों पर चुनाव प्रचार किया। योगी से अधिक रैलियां करने के बावजूद कांग्रेस राज्य में 403 सीटों में से मात्र 3 सीटों पर विजयी हो पाई। ऐसी दुर्दशा कि राज्य के चुनावी परिणामों में सबसे अधिक कांग्रेस के 387 उम्मीदवारों की जमानत जब्त हुई है।

I take responsibility of the defeat of Congress in the Assembly Election 2022 in Manipur. I do hereby resign from the Presidentship of MPCC. pic.twitter.com/s5c0hUZgvv

— N Loken Singh (@NLokenSingh) March 16, 2022

यही हाल पंजाब में हुआ जहां एक राज्य में बची सरकार को भी पुनः नहीं जीत दिला पाई। 77 सीटों के साथ सरकार पर काबिज कांग्रेस खिसककर 18 सीटों पर आ गई। गोवा में 17 सीटों के साथ सबसे बड़ी पार्टी बनी कांग्रेस इस बार वहां भी खिसककर 11 सीटों पर आ पहुंची। मणिपुर में भी हाल एक ही रहा जहां पहले 28 सीटें थीं अब वो खिसककर 5 सीट ही रह गई हैं। एक उत्तराखंड ही है जहां कांग्रेस की सीटों में इजाफा हुआ है, पहले 11 सीटें जीतने के बाद इस बार के नतीजों में उसने 19 सीटों पर जीत हासिल की थी।

और पढें- कश्मीर फाइल्स पर छाती पीटने वाले कांग्रेसी ‘Delhi Files’ के बाद तो अपना माथा ही फोड़ लेंगे

हाल ही में संपन्न पांच राज्य विधानसभा चुनावों में पार्टी के खराब प्रदर्शन के बाद, कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, पंजाब, गोवा और मणिपुर के प्रदेश कांग्रेस कमेटी (पीसीसी) के अध्यक्षों से इस्तीफा देने के लिए कहा है ताकि पुनर्गठन की प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जा सके। कांग्रेस चार भाजपा शासित राज्यों को हथियाने में विफल रही और आम आदमी पार्टी (आप) से पंजाब हार गई।

ऐसे में राज्य के प्रमुख संगठनात्मक व्यक्तियों से इस्तीफा मांगना यदि उनकी नैतिक ज़िम्मेदारी है तो यह प्रक्रिया राष्ट्रीय नेतृत्व तक पहुंचते-पहुंचते दम क्यों तो देती है? यह कांग्रेस और सोनिया गांधी के लिए शर्मिंदगी का सबब है जहां रायबरेली से पूर्व कांग्रेसी विधायक अदिति सिंह ने भाजपा में शामिल होने के बाद भी सोनिया गांधी के संसदीय क्षेत्र में जीत दर्ज़ की है। पर न तो इसकी नैतिक ज़िम्मेदारी सोनिया गांधी लेंगी और न ही चुनाव में प्रमुख चेहरा बनकर प्रचार करने वाली प्रियंका गांधी वाड्रा अपनी ज़िम्मेदारी का एहसास करेंगी।

Chodankar was at the helm of affairs of the Congress during the recent elections held for the 40-member Goa Assembly.https://t.co/6DtruNDfkX

— Economic Times (@EconomicTimes) March 15, 2022

पार्टी में दो ही युवा हैं एक राहुल और एक प्रियंका!

वो तो अजय कुमार लल्लू की किस्मत थी जो वो जीत नहीं पाए वरना वो कांग्रेस के उन नेताओं में आते हैं जिनका किला ध्वस्त करना बेहद जटिल होता है। एक राजनेता और जनता के प्रतिनिधि के तौर पर लल्लू का कद निस्संदेह बड़ा है, बस कांग्रेस में होने के कारण लल्लू इस बार हार गए वरना दो बार के लगातार विधायक होने के रिकॉर्ड को अपने नाम करना कोई सरल बात नहीं थी।

और पढ़ें- कांग्रेस को न केवल ‘गांधी परिवार’ बल्कि ‘नेहरूवादी राजनीति’ से भी स्वंय को अलग करना होगा

ऐसे में कांग्रेस अपने सभी जेष्ठ और श्रेष्ठ पदाधिकारियों को संगठनात्मक ढांचे से अलग कर रही है जो कि बेवकूफी से कम नहीं है। यदि परिवर्तन ही करना था तो राष्ट्रीय स्तर से इसकी शुरुआत करनी थी, जहां असंतुष्ट G-23 नेताओं से राय लेकर अगले अध्यक्ष का चयन करते। पर वो भी होने से रहा क्योंकि गांधी परिवार के आंखों में पूरी कांग्रेस के भीतर 2 ही युवा चेहरे हैं एक राहुल गांधी, दूसरी प्रियंका गांधी वाड्रा। इनके अतिरिक्त न ही कांग्रेस की कमान संभालने में कोई सक्षम है और न ही कांग्रेस में गांधी परिवार के अतिरिक्त कोई और अधिक सक्षम बन सकता है।

विधानसभा चुनाव में कांग्रेस पार्टी के हार की नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए उप्र कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष पद से इस्तीफा दे रहा हूं।

मेरे जैसे सामान्य कार्यकर्ता पर भरोसा जताने के लिए शीर्ष नेतृत्व का आभार।

कार्यकर्ता के तौर पर आम आदमी के अधिकारों की लड़ाई लड़ता रहूंगा। pic.twitter.com/hRDjaI4iKH

— Ajay Kumar Lallu (@AjayLalluINC) March 15, 2022

सौ बात की एक बात यह है कि,2019 के लोकसभा चुनावों में पार्टी को लगातार दूसरी हार का सामना करने के बाद राहुल गांधी ने कांग्रेस अध्यक्ष के पद से इस्तीफा दे दिया था। सोनिया गांधी, जिन्होंने अंतरिम अध्यक्ष के रूप में फिर से कांग्रेस की बागडोर संभाली थी, ने भी अगस्त 2020 में नेताओं के एक वर्ग द्वारा कड़ी आलोचना के बाद पद छोड़ने की पेशकश की थी, जिसे जी -23 कहा जाता है, लेकिन CWC जैसी चापलूस कमिटी के चंद नेताओं ने उन्हें जारी रखने का आग्रह किया था। जिसके बाद अब तक वो  पार्टी की बागडोर संभाल रही हैं।

इतनी शिकस्त के बाद भी नहीं खुल रहीं आंखें

इतनी शिकस्त मिलने के बाद भी कांग्रेस आलाकमान की आंख नहीं खुल रही हैं,आज भी सोनिया गांधी और प्रियंका गांधी वाड्रा अपने पद पर बनी हुई हैं क्योंकि उनसे सवाल और उनकी जवाबदेही तय करने की भला किसकी बिसात है। यही कांग्रेस के समूल नाश और पतन की गाथा लिखना शुरू कर चुका है।

शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

बालासाहेब ठाकरे का ‘सामना’, अब आधिकारिक तौर पर नेशनल हेराल्ड 2.0 हो गया है

अगली पोस्ट

गैंगरेप के आरोपी को हिमंता के पुलिस ने एनकाउंटर में ठोक दिया!

संबंधित पोस्ट

सऊदी अरब द्वारा इस दृष्टिकोण का समर्थन करना यह दर्शाता
Uncategorized

सऊदी अरब और तुर्किये ने ‘ऑटोमन कॉरिडोर’ को फिर से शुरू करने के लिए किया समझौता, क्या इससे इज़राइल और IMEC होंगे किनारे?

12 June 2026

तुर्किये (Türkiye) और सऊदी अरब ने दो ऐतिहासिक समझौता ज्ञापनों (MoU) पर हस्ताक्षर किए हैं, जो मध्य पूर्व के भू-राजनीतिक और आर्थिक नक्शे को बदल...

टीएमसी का कांग्रेस में विलय होगा या नहीं
Uncategorized

टीएमसी का कांग्रेस में विलय होगा या नहीं? घंटेभर की बैठक के बाद सामने आया बड़ा फैसला

11 June 2026

तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) और कांग्रेस के संभावित विलय को लेकर पिछले कुछ दिनों से राजनीतिक गलियारों में अटकलें तेज थीं। इन चर्चाओं को उस समय...

मोदी सरकार के 12 वर्ष
Uncategorized

मोदी सरकार के 12 वर्ष: भारत की रक्षा और कूटनीतिक रणनीति का नया अध्याय

10 June 2026

पिछले 12 वर्षों में भारत की राष्ट्रीय सुरक्षा और विदेश नीति की संरचना में बड़ा बदलाव देखने को मिला है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

MISSILE IN TANKER! How Indian Navy Pulled Off A Mission Impossible At Sea | Hormuz | Gulf of Oman

MISSILE IN TANKER! How Indian Navy Pulled Off A Mission Impossible At Sea | Hormuz | Gulf of Oman

00:03:38

12 YEARS OF MODI GOVERNMENT: INDIA'S DEFENCE & DIPLOMATIC RESET | PM Modi | Armed Forces

00:04:43

AIRCRAFT CARRIERS: INDIA’S MOST POWERFUL TOOL OF MARITIME POWER PROJECTION | INS Vikrant |

00:03:22

Rudram 2 Success: Made in India Missile Ready To Crush Enemy Radars| DRDO’s Big Breakthrough

00:03:46

From Runways to Warships: India’s Firefighting Warrior Built for Bases & Battles| IAF | VayuShakti

00:05:40
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited