TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    Devender Mahto Ranchi student protest

    Jharkhand Student Protest: रांची में सड़कों पर छात्र, CBI जांच और JSSC CGL पर क्यों अटका पेंच?

    Gen Z voter and BJP

    क्या Gen Z बीजेपी के साथ है? धर्मेंद्र प्रधान के दावे का Election Data से समझिए सच

    बीजेपी हेडऑफिस में पार्टी के महामंत्री (संगठन) बी.एल.संतोष की अध्यक्षता में त्रिपुरा की बैठक

    मध्य प्रदेश, राजस्थान और त्रिपुरा की टॉप लीडरशिप के साथ बीजेपी आलाकमान की बैठकों का दौर, कामकाज की समीक्षा के साथ जवाबदेही तय करने पर जोर

    थाइलैंड से दिल्ली आ रही एअर इंडिया की फ्लाइट

    थाइलैंड से दिल्ली आ रही एअर इंडिया की फ्लाइट में भयानक टर्बुलेंस, कई यात्री घायल

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    GOBARdhan Scheme Gas Import Bill

    GOBARdhan Scheme: ₹23,731 करोड़ की योजना से कैसे घटेगा भारत का $5 Billion गैस Import Bill?

    Bihar Liquor Ban NCAER REPORT

    Bihar Liquor Ban: बिहार को फायदा हुआ या नुकसान? NCAER रिपोर्ट ने उठाए सवाल

    Indian Economy Under Modi Govt Since 2014

    12 साल, 22 सेक्टर और एक तस्वीर: क्या भारत का इंफ्रास्ट्रक्चर सचमुच बदल गया?

    भारत-जापान शिखर सम्मेलन

    भारत-जापान शिखर सम्मेलन: पीएम मोदी और जापानी पीएम सनाए ताकाइची ने आर्थिक सुरक्षा, तकनीक और रक्षा सहयोग को दी नई दिशा

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    Chinese CCTV RISK

    CCTV के अंदर छिपा चीन का ‘सिक्योरिटी रिस्क’: ब्रिटेन में खुलासा, भारत में कितनी बड़ी चुनौती?

    Territorial Army AI Cyber Security and Direct Entry

    टेरिटोरियल आर्मी में अब AI और साइबर एक्सपर्ट्स की सीधी एंट्री? रक्षा मंत्रालय की नई योजना से बदल जाएगा TA का रोल

    म्यांमार के राष्ट्रपति यू मिन आंग ह्लाइंग 30 जून से 3 जुलाई 2026 तक भारत दौर पर थे

    म्यांमार के रेयर अर्थ खनिज, भारत की रणनीति और चीन की चुनौती

    INS 'निपुण' भारतीय नौसेना का दूसरा स्वदेशी Diving Support Vessel (DSV)।

    INS निपुण: नेवी के बेड़े में शामिल होने वाला ये डाइविंग सपोर्ट वेसल इतना महत्वपूर्ण क्यों है ?

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    अमेरिका के नॉर्थ कैरोलिना में घर के अंदर अंधाधुंध फायरिंग

    अमेरिका के नॉर्थ कैरोलिना में घर के अंदर अंधाधुंध फायरिंग, कई लोगों की मौत; जांच में जुटी पुलिस

    क्या यूरोप पर 'आक्रमण' शुरू हो चुका है

    क्या यूरोप पर ‘आक्रमण’ शुरू हो चुका है? स्यूटा से उठ रहे वे सवाल जिन्हें अब यूरोप नज़रअंदाज़ नहीं कर सकता

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर,

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद

    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद, कर्नाटक सरकार बदलना चाहती है पुराना नियम

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद: महंत धर्मदास बोले- अयोग्य लोगों को जिम्मेदारी देने से हुई गड़बड़ी, देशवासियों से शांति बनाए रखने की अपील

    शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक

    ऑपरेशन सिंदूर: शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक, राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर हमेशा के लिए दर्ज

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य

    Mostbet Casino in the Czech Republic: What Players Actually Get

    ऑनलाइन वीडियो देखने की आदतें कैसे बदल रही हैं: स्ट्रीमिंग से ऑफलाइन एक्सेस तक

    ऑनलाइन वीडियो देखने की आदतें कैसे बदल रही हैं: स्ट्रीमिंग से ऑफलाइन एक्सेस तक

    बिना किसी ऐप के Instagram वीडियो और फोटो कैसे डाउनलोड करें

    बिना किसी ऐप के Instagram वीडियो और फोटो कैसे डाउनलोड करें

    गेमिंग और हमारे देश के नौजवानों का नया रिश्ता: मस्ती से लेकर कमाई तक का पूरा चक्कर

    गेमिंग और हमारे देश के नौजवानों का नया रिश्ता: मस्ती से लेकर कमाई तक का पूरा चक्कर

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    Devender Mahto Ranchi student protest

    Jharkhand Student Protest: रांची में सड़कों पर छात्र, CBI जांच और JSSC CGL पर क्यों अटका पेंच?

    Gen Z voter and BJP

    क्या Gen Z बीजेपी के साथ है? धर्मेंद्र प्रधान के दावे का Election Data से समझिए सच

    बीजेपी हेडऑफिस में पार्टी के महामंत्री (संगठन) बी.एल.संतोष की अध्यक्षता में त्रिपुरा की बैठक

    मध्य प्रदेश, राजस्थान और त्रिपुरा की टॉप लीडरशिप के साथ बीजेपी आलाकमान की बैठकों का दौर, कामकाज की समीक्षा के साथ जवाबदेही तय करने पर जोर

    थाइलैंड से दिल्ली आ रही एअर इंडिया की फ्लाइट

    थाइलैंड से दिल्ली आ रही एअर इंडिया की फ्लाइट में भयानक टर्बुलेंस, कई यात्री घायल

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    GOBARdhan Scheme Gas Import Bill

    GOBARdhan Scheme: ₹23,731 करोड़ की योजना से कैसे घटेगा भारत का $5 Billion गैस Import Bill?

    Bihar Liquor Ban NCAER REPORT

    Bihar Liquor Ban: बिहार को फायदा हुआ या नुकसान? NCAER रिपोर्ट ने उठाए सवाल

    Indian Economy Under Modi Govt Since 2014

    12 साल, 22 सेक्टर और एक तस्वीर: क्या भारत का इंफ्रास्ट्रक्चर सचमुच बदल गया?

    भारत-जापान शिखर सम्मेलन

    भारत-जापान शिखर सम्मेलन: पीएम मोदी और जापानी पीएम सनाए ताकाइची ने आर्थिक सुरक्षा, तकनीक और रक्षा सहयोग को दी नई दिशा

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    Chinese CCTV RISK

    CCTV के अंदर छिपा चीन का ‘सिक्योरिटी रिस्क’: ब्रिटेन में खुलासा, भारत में कितनी बड़ी चुनौती?

    Territorial Army AI Cyber Security and Direct Entry

    टेरिटोरियल आर्मी में अब AI और साइबर एक्सपर्ट्स की सीधी एंट्री? रक्षा मंत्रालय की नई योजना से बदल जाएगा TA का रोल

    म्यांमार के राष्ट्रपति यू मिन आंग ह्लाइंग 30 जून से 3 जुलाई 2026 तक भारत दौर पर थे

    म्यांमार के रेयर अर्थ खनिज, भारत की रणनीति और चीन की चुनौती

    INS 'निपुण' भारतीय नौसेना का दूसरा स्वदेशी Diving Support Vessel (DSV)।

    INS निपुण: नेवी के बेड़े में शामिल होने वाला ये डाइविंग सपोर्ट वेसल इतना महत्वपूर्ण क्यों है ?

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    अमेरिका के नॉर्थ कैरोलिना में घर के अंदर अंधाधुंध फायरिंग

    अमेरिका के नॉर्थ कैरोलिना में घर के अंदर अंधाधुंध फायरिंग, कई लोगों की मौत; जांच में जुटी पुलिस

    क्या यूरोप पर 'आक्रमण' शुरू हो चुका है

    क्या यूरोप पर ‘आक्रमण’ शुरू हो चुका है? स्यूटा से उठ रहे वे सवाल जिन्हें अब यूरोप नज़रअंदाज़ नहीं कर सकता

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर,

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद

    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद, कर्नाटक सरकार बदलना चाहती है पुराना नियम

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद: महंत धर्मदास बोले- अयोग्य लोगों को जिम्मेदारी देने से हुई गड़बड़ी, देशवासियों से शांति बनाए रखने की अपील

    शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक

    ऑपरेशन सिंदूर: शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक, राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर हमेशा के लिए दर्ज

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य

    Mostbet Casino in the Czech Republic: What Players Actually Get

    ऑनलाइन वीडियो देखने की आदतें कैसे बदल रही हैं: स्ट्रीमिंग से ऑफलाइन एक्सेस तक

    ऑनलाइन वीडियो देखने की आदतें कैसे बदल रही हैं: स्ट्रीमिंग से ऑफलाइन एक्सेस तक

    बिना किसी ऐप के Instagram वीडियो और फोटो कैसे डाउनलोड करें

    बिना किसी ऐप के Instagram वीडियो और फोटो कैसे डाउनलोड करें

    गेमिंग और हमारे देश के नौजवानों का नया रिश्ता: मस्ती से लेकर कमाई तक का पूरा चक्कर

    गेमिंग और हमारे देश के नौजवानों का नया रिश्ता: मस्ती से लेकर कमाई तक का पूरा चक्कर

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

रेल अपहरण कांड: बलूचों का कब्जा खत्म हुआ या नहीं, अभी भी संदेह

Awadhesh Kumar द्वारा Awadhesh Kumar
15 March 2025
in विश्व, साउथ एशिया
पाकिस्तान ट्रेन हाईजैक बलूच लिबरेशन आर्मी

क्या है पाकिस्तान ट्रेन हाईजैक का सच?

Share on FacebookShare on X

पूरी दुनिया यह देखकर हतप्रभ है कि पाकिस्तान की ट्रेन को बलूच लिबरेशनआर्मी ने हाइजैक कर लिया और अभी भी उसका दावा है कि अपहरण कांड समाप्त नहीं हुआ। हमने हवाई अपहरण करने, बसों के अपहरण करने, गाड़ी सहित किसी को अपहरण करने की बातें सुनी थीं। लेकिन इतिहास में शायद ही कभी ऐसा हुआ हो कि किसी देश की पूरी की पूरी रेल अपहृत हो गई हो। जिस रेल का अपहरण हुआ है, उसमें पाकिस्तान सेना और वहां की पुलिस के लोग थे।

पाकिस्तान का अधिकृत बयान यह है कि वह अपहरण समाप्त हो चुका है। उन्होंने मरने वालों की भी एक संख्या दे दी है और बताया है कि वहाँ से सारे लोग छुड़ा लिए गए हैं और ट्रेन BLA के कब्जे से मुक्त हो चुकी है। लेकिन अब बलोच लिबरेशन आर्मी ने कहा है कि पाकिस्तान झूठ बोल रहा है। हमारी लड़ाई अब भी जारी है और हमने कई बंधकों को ट्रेन से निकाल कर दूसरी जगह शिफ्ट कर दिया है।

संबंधितपोस्ट

सऊदी-पाक-तुर्की का ‘सुपर ब्लॉक’: तीनों में से किसी एक पर हमला तो तीनों मिलकर लड़ेंगे जंग; क्या है भारत का प्लान ?

दिल्ली पुलिस का बड़ा एक्शन, पाकिस्तान से चल रहे 480 फर्जी सोशल मीडिया अकाउंट ब्लॉक

मोहन भागवत बोले- विभाजन के बाद भारत आए लोग ‘शरणार्थी’ नहीं, बल्कि संघर्ष के योद्धा थे

और लोड करें

BLA ने पाकिस्तान को चुनौती दे दी है कि अगर आप कह रहे हैं कि आपने ऑपरेशन पूरा कर लिया है और सारे लोगों को छुड़ा लिया गया है तो जिस जगह अपहरण हुआ है। वहाँ विदेशी पत्रकारों को आने की अनुमति दें ताकि वो वहाँ से समाचार पता कर सकें। अभी तक पाकिस्तान ने इसका कोई उत्तर दिया नहीं है तो अब इसमें सच क्या हो सकता है?

पाकिस्तान की सेना का कहना है कि BLA झूठा प्रचार कर रही है तो वहीं BLA ने कहा कि सभी 214 बंधकों को मार डाला है और उन्हें वे दूसरी जगह ले गए हैं।

हालांकि, पाकिस्तान की सेना कह रही है कि उसने सभी नागरिक और सैनिकों को बचा लिया है। अब इसमें सच क्या है वो कोई नहीं जानता है। पाकिस्तान की सेना के लोग, पाकिस्तान की मीडिया, पाकिस्तान की सरकार, वहाँ की अनेक राजनीतिक पार्टियां ये बता रही है कि बलूच लिबरेशन वाले कायर हैं। इन्होंने महिलाओं, बच्चों को हथियार बनाकर हम पर दबाव बढ़ाने की कोशिश की है। यह बच्चों, महिलाओं को भी नहीं छोड़ रहे हैं। इसके उत्तर में बलोच लिबरेशन आर्मी ने कहा है। जितने भी परिवार थे पहले ही हमने उनको छोड़ दिया है, बच्चों को, महिलाओं को पहले ही कहा कि आप निकल कर चले जाएं और यह सच भी है।

वहाँ से आए लोगों ने बताया कि ट्रेन के रूट पर धमाके हुए और उसके बाद हम लोग डर गए थे। डरने के बाद हम ट्रेन में सीट के नीचे छिपे थे और फिर वो (BLA) आए। लोगों के मुताबिक, BLA वालों ने कहा कि इसमें जितने भी परिवार वाले लोग हैं, वो सब आराम से बाहर निकलें और चले जाएं। हम लोगों के साथ कोई बदतमीजी भी नहीं की गई और हम लोग वहाँ से निकलकर आ गए।

हालांकि, सब भयभीत थे, डर रहे थे। जो कुछ लोग बता रहे हैं और पाकिस्तान की सरकार, पाकिस्तान की सेना और वहाँ की मीडिया बता रही है उन दोनों में जमीन-आसमान का अंतर है। लोग बता रहे हैं कि हमारे साथ कुछ नहीं हुआ। स्पष्ट है कि बलोच लिबरेशन आर्मी, पाकिस्तानी सरकार और पाकिस्तानी सेना और गैर बलोची पुलिस से संघर्ष कर रही है और उनका संघर्ष स्वतंत्रता का है।

जैसे ही पाकिस्तान में चीन-पाकिस्तान आर्थिक गलियारा (CPEC) बनाने की घोषणा हुई और उसका नक्शा सामने आया। तब से बलूचिस्तान के लोगों ने विरोध करना शुरू कर दिया। उसमें बलूच लिबरेशन आर्मी जैसे हथियार बंद लोग भी शामिल हैं। इन लोगों ने चीन को भी चेतावनी दी है। ग्वादर बंदरगाह, जो चीन का एक प्रमुख प्रोजेक्ट है, पाकिस्तान को लगता है कि ये बंदरगाह हो बनने से हमारे यहाँ से समुद्र मार्ग से सामग्रियों का यातायात या व्यापार ज्यादा हो जाएगा।

एक बड़ा इन्फ्रास्ट्रक्चर होगा। बलूच लोग कह रहे हैं कि यह हमारी स्वायत्तता में, हमारी संस्कृति में हस्तक्षेप है। यहाँ से हमारे जो संसाधन हैं, खनिज पदार्थ हैं, उनको चीन खोद कर ले जाएगा। आप जानते हैं कि बलूचिस्तान खनिज के मामले में पाकिस्तान का सबसे महत्वपूर्ण प्रांत है, जहाँ अनेक प्रकार के खनिज पदार्थ मिलते हैं। यहाँ तक की सोना की खदान के बारे में भी पता चलता है। पता चलता है कि वहाँ कुछ सोने की भी खदान थी, तांबा है, तेल है अनेक प्राकृतिक चीज़ें हैं। वह इलाका ईरान से भी लगता है। वो पाकिस्तान के दक्षिण का यह भाग है, उसमें तेल भी है तो वहाँ के खनिज पदार्थों पर सबकी नज़र रही है।

बलूचिस्तान का अंग्रेजों से संघर्ष भी अलग प्रकार का रहा था। जब स्वतंत्रता मिलने लगी तो वहाँ के लोगों ने अलग बलूचिस्तान देश की बात की। और इसकी लड़ाई लड़ने के लिए बलूचों ने मोहम्मद अली जिन्ना को अपना वकील बनाया। जिन्ना ने कोर्ट में लड़ाई लड़ी कि बलूच को अलग देश मिलना चाहिए और वो कभी हमारा भाग नहीं रहा। जब तय हो गया कि बलूचिस्तान अलग देश बनेगा तो मुस्लिम लीग के साथ उसका समझौता हुआ।

जिस समय भारत आजाद हुआ था तो कलात में बलूचिस्तान का अपना झंडा था और इस्लामाबाद ने अपना झंडा बनाया था। इस्लामाबाद में बलूचिस्तान के दूतावास भी थे लेकिन मोहम्मद अली जिन्ना ने बाद में बलूचिस्तान को कब्जा कर पाकिस्तान का भाग बना लिया। बलूचों में इसके विरुद्ध विद्रोह शुरू से ही रहा है। वो मानते ही नहीं कि हम पाकिस्तानी हैं और उनके साथ दोयम दर्जे का वहाँ भेदभाव भी होता रहा है।

अपने यहाँ उन्होंने आर्मी का कोई बड़ा केंद्र नहीं बनने दिया, सैनिक अड्डे नहीं बनने दिए। वो परवेज मुशर्रफ़ का काल था। जब स्ट्रेटेजिकली उनको यह ज़रूरी लगा था, उनके समय वहाँ सैनिक अड्डे बने, उसका भी विरोध होना शुरू हुआ। मुशर्रफ़ तक के जान पर हमले हुए थे। पहले भारतीय आकाशवाणी से बलूच रेडियो, बलूच भाषा में चलता था, बीच में वो बंद हो गया था।

पाकिस्तान का आरोप रहा कि बलोचिस्तान के मूवमेंट को भारत हवा दे रहा है भारत का कभी प्रत्यक्ष उससे कोई लेना देना नहीं रहा रहा है। ये अलग बात है कि बलूचिस्तान के लोग हमेशा भारत से मदद मांगते रहे हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मेल पर, उनके सोशल मीडिया हैंडल पर, डाक से हजारों पत्र आते रहते हैं कि भारत को हमारा साथ देना चाहिए। हम पाकिस्तान के कब्जे से मुक्ति चाहते हैं।

प्रधानमंत्री मोदी ने 2016 में लाल किले से बोलते हुए इसकी चर्चा भी की थी कि बलोच के लोगों ने और हमको अपना माना है। ऐसा उन्होंने भाषण भी दिया था लेकिन भारत कभी हस्तक्षेप नहीं करता है। लेकिन पाकिस्तान के अंदर भय यह है कि जो कश्मीर उनके कब्जे में है उसमें गिलगित-बाल्टिस्तान है और बाल्टिस्तान में ज्यादा बलूच लोग हैं। पाकिस्तान को डर है कि अगर एक बार हुआ तो फिर ये भी हाथ से चला जाएगा।

पाकिस्तान जबरन उसको बनाए रखना चाहता है। चीन की भी दृष्टि थी कि वहाँ से खनिज पदार्थ और कच्चा माल ले लेंगे। बलूचो के अंदर राष्ट्रवाद का भाव लंबे समय से है। उसी ट्रेन का अपहरण करना जिसमें सैनिक हैं, जिसमें पुलिस है, इतने अस्त्र-शस्त्र हैं, उसका अपहरण करने की कल्पना तक नहीं की जा सकती है। लेकिन जो उन्होंने किया है उसे पता चलता है कि आज उनके पास ताकत है।

हालांकि, भारत कभी भी इस प्रकार की आतंकी गतिविधि के साथ खड़ा नहीं हो सकता है। भारत कभी भी ऐसी घटनाओं का समर्थन नहीं करेगा क्योंकि आतंकवाद में कोई किन्तु-परन्तु नहीं होता है। लेकिन पाकिस्तान जो आतंकवाद का जनक ही नहीं है बल्कि वो शायद अकेला देश था जो एक समय व्यापार की तरह पाकिस्तान से सीमा पार आतंकवाद का निर्यात भी करता था। दुनिया में एक समय जितनी बड़ी आतंकवादी घटनाएं होती थी, उसमें पाकिस्तान की भूमिका कहीं ना कहीं होती थी।

यह घटना निश्चित रूप से आज की परिभाषा में आतंकवाद की घटना है लेकिन अगर बलूचों पर पाकिस्तान का जबरन कब्जा है तो पाकिस्तान को सोचना पड़ेगा कि आप वाकई बलूच अलग है और पाकिस्तान के भाग नहीं रहे हैं। इतिहास बताता है कि नहीं रहा है, उसका अलग झंडा था, इस्लामाबाद में उसका दूतावास था और जबरन उस पर कब्जा किया गया है। कोई भी हथियार बंद संगठन किसी देश की सेना से नहीं लड़ सकता है।

आज नहीं तो कल जो कुछ वो कह रहे है उसकी सच्चाई सामने आएगी। ट्रेन भी छूटेगी और लोग भी छूटेंगे लेकिन इससे पता चलता है कि यह लड़ाई कितनी आगे बढ़ चुकी है। पाकिस्तान इस समय जिस अवस्था में है, उसमें उसका अब बलूचियों की भावनाओं को लगातार कुचलना आगे चलकर कठिन होगा। रेल अपहरण की घटना विश्व के इतिहास में भी ऐसे अध्याय के रूप में दर्ज होगी जो शायद किसी की कल्पना में नहीं रही होगी कि इस तरह का अपहरण भी हो सकता है। पाकिस्तान इस समय स्वयं जिस दुर्दशा का शिकार है, आर्थिक वित्तीय मोर्चे पर खस्ताहाली है, राजनीतिक लड़ाई दुश्मनी की लड़ाई में परिणित हो चुकी है। उसमें अगर एक ट्रेन छूट जाएगी तो दूसरी का अपहरण हो सकता है, तीसरी का अपहरण हो सकता है। इसलिए इसका अंत कहाँ होगा, यह कहना कठिन है?

Tags: Baloch Liberation ArmyPakistanपाकिस्तानबलूच लिबरेशन आर्मी
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

‘तुम मत आओ, मैं सब संभाल लूंगा’: 26/11 मुंबई हमले के हीरो मेजर संदीप उन्नीकृष्णन के आखिरी ऑपरेशन की पूरी दास्तां

अगली पोस्ट

मनुस्मृति पार्ट-2: जन्म आधारित जाति और वर्ण व्यवस्था पर तीखा प्रहार करने वाले ग्रंथ में क्या बताया गया है?

संबंधित पोस्ट

अमेरिका के नॉर्थ कैरोलिना में घर के अंदर अंधाधुंध फायरिंग
AMERIKA

अमेरिका के नॉर्थ कैरोलिना में घर के अंदर अंधाधुंध फायरिंग, कई लोगों की मौत; जांच में जुटी पुलिस

6 August 2026

अमेरिका के नॉर्थ कैरोलिना राज्य के कैसवेल काउंटी में बुधवार सुबह एक घर में हुई गोलीबारी से इलाके में सनसनी फैल गई। घटना में कई...

क्या यूरोप पर 'आक्रमण' शुरू हो चुका है
चर्चित

क्या यूरोप पर ‘आक्रमण’ शुरू हो चुका है? स्यूटा से उठ रहे वे सवाल जिन्हें अब यूरोप नज़रअंदाज़ नहीं कर सकता

31 July 2026

ज़रा कल्पना कीजिए...आप एक सुबह उठते हैं और देखते हैं कि हजारों लोग आपके शहर में प्रवेश कर चुके हैं। सड़कों पर भारी भीड़ है,...

डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर,
AMERIKA

डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

27 June 2026

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप जल्द भारत का दौरा करेंगे। अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने इसकी पुष्टि की है। रुबियो ने एक इंटरव्यू में...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

India Eyes Sixth-Generation Fighters: Why FCAS Matters Beyond AMCA

India Eyes Sixth-Generation Fighters: Why FCAS Matters Beyond AMCA

00:05:03

Beyond S-400: Why India's Indigenous Kusha Missile Could Change Air Defence

00:03:42

Rigvedic Names in Denmark? Nick Collins on India’s Forgotten Links With Europe

00:32:39

INS NIPUN: MEET INDIA’S NEW DSV

00:03:05

POJK ERUPTS IN PROTEST

00:02:53
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited