TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    ‘विभाजन की विभीषिका स्मृति दिवस’ : भारत में कई ‘मिनी पाकिस्तान’ पैदा हो चुके हैं ?

    ‘विभाजन की विभीषिका स्मृति दिवस’ : भारत में कई ‘मिनी पाकिस्तान’ पैदा हो चुके हैं ?

    Devender Mahto Ranchi student protest

    Jharkhand Student Protest: रांची में सड़कों पर छात्र, CBI जांच और JSSC CGL पर क्यों अटका पेंच?

    Gen Z voter and BJP

    क्या Gen Z बीजेपी के साथ है? धर्मेंद्र प्रधान के दावे का Election Data से समझिए सच

    बीजेपी हेडऑफिस में पार्टी के महामंत्री (संगठन) बी.एल.संतोष की अध्यक्षता में त्रिपुरा की बैठक

    मध्य प्रदेश, राजस्थान और त्रिपुरा की टॉप लीडरशिप के साथ बीजेपी आलाकमान की बैठकों का दौर, कामकाज की समीक्षा के साथ जवाबदेही तय करने पर जोर

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    Lalithaa Jewellery Mart IPO: A Look at India’s Gold and Jewellery Retail Boom

    Lalithaa Jewellery Mart IPO: A Look at India’s Gold and Jewellery Retail Boom

    1947 to 2026 Independence Day Nehru to Modi

    Independence Day 2026: सुई बनाने से स्पेस तक, 80 साल में कितना बदला भारत?

    GOBARdhan Scheme Gas Import Bill

    GOBARdhan Scheme: ₹23,731 करोड़ की योजना से कैसे घटेगा भारत का $5 Billion गैस Import Bill?

    Bihar Liquor Ban NCAER REPORT

    Bihar Liquor Ban: बिहार को फायदा हुआ या नुकसान? NCAER रिपोर्ट ने उठाए सवाल

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    Chinese CCTV RISK

    CCTV के अंदर छिपा चीन का ‘सिक्योरिटी रिस्क’: ब्रिटेन में खुलासा, भारत में कितनी बड़ी चुनौती?

    Territorial Army AI Cyber Security and Direct Entry

    टेरिटोरियल आर्मी में अब AI और साइबर एक्सपर्ट्स की सीधी एंट्री? रक्षा मंत्रालय की नई योजना से बदल जाएगा TA का रोल

    म्यांमार के राष्ट्रपति यू मिन आंग ह्लाइंग 30 जून से 3 जुलाई 2026 तक भारत दौर पर थे

    म्यांमार के रेयर अर्थ खनिज, भारत की रणनीति और चीन की चुनौती

    INS 'निपुण' भारतीय नौसेना का दूसरा स्वदेशी Diving Support Vessel (DSV)।

    INS निपुण: नेवी के बेड़े में शामिल होने वाला ये डाइविंग सपोर्ट वेसल इतना महत्वपूर्ण क्यों है ?

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    अमेरिका के नॉर्थ कैरोलिना में घर के अंदर अंधाधुंध फायरिंग

    अमेरिका के नॉर्थ कैरोलिना में घर के अंदर अंधाधुंध फायरिंग, कई लोगों की मौत; जांच में जुटी पुलिस

    क्या यूरोप पर 'आक्रमण' शुरू हो चुका है

    क्या यूरोप पर ‘आक्रमण’ शुरू हो चुका है? स्यूटा से उठ रहे वे सवाल जिन्हें अब यूरोप नज़रअंदाज़ नहीं कर सकता

    अमेरिका का बड़ा दावा

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    भारत पाकिस्तान का विभाजन

    15 अगस्त के बाद…80 वर्ष पहले भारत विभाजित होकर स्वतंत्र तो हो गया.. परन्तु अब आगे क्या..?

    80 वां स्वतंत्रता दिवस: दक्षिण भारत के गुमनाम स्वतंत्रता सेनानियों को सलाम

    80 वां स्वतंत्रता दिवस: दक्षिण भारत के गुमनाम स्वतंत्रता सेनानियों को सलाम

    Jawaharlal Nehru

    नेहरू की वो 3 गलतियां जिन्होंने विभाजन की विभीषिका को जन्म दिया

    ‘विभाजन की विभीषिका स्मृति दिवस’ : भारत में कई ‘मिनी पाकिस्तान’ पैदा हो चुके हैं ?

    ‘विभाजन की विभीषिका स्मृति दिवस’ : भारत में कई ‘मिनी पाकिस्तान’ पैदा हो चुके हैं ?

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य

    Mostbet Casino in the Czech Republic: What Players Actually Get

    ऑनलाइन वीडियो देखने की आदतें कैसे बदल रही हैं: स्ट्रीमिंग से ऑफलाइन एक्सेस तक

    ऑनलाइन वीडियो देखने की आदतें कैसे बदल रही हैं: स्ट्रीमिंग से ऑफलाइन एक्सेस तक

    बिना किसी ऐप के Instagram वीडियो और फोटो कैसे डाउनलोड करें

    बिना किसी ऐप के Instagram वीडियो और फोटो कैसे डाउनलोड करें

    गेमिंग और हमारे देश के नौजवानों का नया रिश्ता: मस्ती से लेकर कमाई तक का पूरा चक्कर

    गेमिंग और हमारे देश के नौजवानों का नया रिश्ता: मस्ती से लेकर कमाई तक का पूरा चक्कर

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    ‘विभाजन की विभीषिका स्मृति दिवस’ : भारत में कई ‘मिनी पाकिस्तान’ पैदा हो चुके हैं ?

    ‘विभाजन की विभीषिका स्मृति दिवस’ : भारत में कई ‘मिनी पाकिस्तान’ पैदा हो चुके हैं ?

    Devender Mahto Ranchi student protest

    Jharkhand Student Protest: रांची में सड़कों पर छात्र, CBI जांच और JSSC CGL पर क्यों अटका पेंच?

    Gen Z voter and BJP

    क्या Gen Z बीजेपी के साथ है? धर्मेंद्र प्रधान के दावे का Election Data से समझिए सच

    बीजेपी हेडऑफिस में पार्टी के महामंत्री (संगठन) बी.एल.संतोष की अध्यक्षता में त्रिपुरा की बैठक

    मध्य प्रदेश, राजस्थान और त्रिपुरा की टॉप लीडरशिप के साथ बीजेपी आलाकमान की बैठकों का दौर, कामकाज की समीक्षा के साथ जवाबदेही तय करने पर जोर

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    Lalithaa Jewellery Mart IPO: A Look at India’s Gold and Jewellery Retail Boom

    Lalithaa Jewellery Mart IPO: A Look at India’s Gold and Jewellery Retail Boom

    1947 to 2026 Independence Day Nehru to Modi

    Independence Day 2026: सुई बनाने से स्पेस तक, 80 साल में कितना बदला भारत?

    GOBARdhan Scheme Gas Import Bill

    GOBARdhan Scheme: ₹23,731 करोड़ की योजना से कैसे घटेगा भारत का $5 Billion गैस Import Bill?

    Bihar Liquor Ban NCAER REPORT

    Bihar Liquor Ban: बिहार को फायदा हुआ या नुकसान? NCAER रिपोर्ट ने उठाए सवाल

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    Chinese CCTV RISK

    CCTV के अंदर छिपा चीन का ‘सिक्योरिटी रिस्क’: ब्रिटेन में खुलासा, भारत में कितनी बड़ी चुनौती?

    Territorial Army AI Cyber Security and Direct Entry

    टेरिटोरियल आर्मी में अब AI और साइबर एक्सपर्ट्स की सीधी एंट्री? रक्षा मंत्रालय की नई योजना से बदल जाएगा TA का रोल

    म्यांमार के राष्ट्रपति यू मिन आंग ह्लाइंग 30 जून से 3 जुलाई 2026 तक भारत दौर पर थे

    म्यांमार के रेयर अर्थ खनिज, भारत की रणनीति और चीन की चुनौती

    INS 'निपुण' भारतीय नौसेना का दूसरा स्वदेशी Diving Support Vessel (DSV)।

    INS निपुण: नेवी के बेड़े में शामिल होने वाला ये डाइविंग सपोर्ट वेसल इतना महत्वपूर्ण क्यों है ?

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    अमेरिका के नॉर्थ कैरोलिना में घर के अंदर अंधाधुंध फायरिंग

    अमेरिका के नॉर्थ कैरोलिना में घर के अंदर अंधाधुंध फायरिंग, कई लोगों की मौत; जांच में जुटी पुलिस

    क्या यूरोप पर 'आक्रमण' शुरू हो चुका है

    क्या यूरोप पर ‘आक्रमण’ शुरू हो चुका है? स्यूटा से उठ रहे वे सवाल जिन्हें अब यूरोप नज़रअंदाज़ नहीं कर सकता

    अमेरिका का बड़ा दावा

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    भारत पाकिस्तान का विभाजन

    15 अगस्त के बाद…80 वर्ष पहले भारत विभाजित होकर स्वतंत्र तो हो गया.. परन्तु अब आगे क्या..?

    80 वां स्वतंत्रता दिवस: दक्षिण भारत के गुमनाम स्वतंत्रता सेनानियों को सलाम

    80 वां स्वतंत्रता दिवस: दक्षिण भारत के गुमनाम स्वतंत्रता सेनानियों को सलाम

    Jawaharlal Nehru

    नेहरू की वो 3 गलतियां जिन्होंने विभाजन की विभीषिका को जन्म दिया

    ‘विभाजन की विभीषिका स्मृति दिवस’ : भारत में कई ‘मिनी पाकिस्तान’ पैदा हो चुके हैं ?

    ‘विभाजन की विभीषिका स्मृति दिवस’ : भारत में कई ‘मिनी पाकिस्तान’ पैदा हो चुके हैं ?

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य

    Mostbet Casino in the Czech Republic: What Players Actually Get

    ऑनलाइन वीडियो देखने की आदतें कैसे बदल रही हैं: स्ट्रीमिंग से ऑफलाइन एक्सेस तक

    ऑनलाइन वीडियो देखने की आदतें कैसे बदल रही हैं: स्ट्रीमिंग से ऑफलाइन एक्सेस तक

    बिना किसी ऐप के Instagram वीडियो और फोटो कैसे डाउनलोड करें

    बिना किसी ऐप के Instagram वीडियो और फोटो कैसे डाउनलोड करें

    गेमिंग और हमारे देश के नौजवानों का नया रिश्ता: मस्ती से लेकर कमाई तक का पूरा चक्कर

    गेमिंग और हमारे देश के नौजवानों का नया रिश्ता: मस्ती से लेकर कमाई तक का पूरा चक्कर

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

कैला देवी मंदिर करौली का इतिहास, कहानी और महत्व

TFI Desk द्वारा TFI Desk
8 December 2019
in धार्मिक कथा
कैला देवी मंदिर करौली

PC : Kaila Devi Temple

Share on FacebookShare on X

माँ कैला देवी की कहानी

राजस्थान के करौली में कैला देवी का मंदिर विश्वभर में बहुत प्रसिद्द मंदिर है। मां दुर्गा के अनेक अवतार हैं। उन्हीं में से एक रूप है – कैला देवी। उत्तर भारत में कैला देवी के मंदिर को प्रसिद्ध दुर्गा मंदिरों में से एक माना जाता है। लोग यहां मनोकामनाओं के साथ आते तो हैं लेकिन वापस खाली हाथ नहीं जाते हैं। वे करौली के प्रसिद्ध व प्राचीन शक्तिपीठ में विराजमान हैं।

हर साल कैला देवी के मेले में लाखों श्रद्धालु मां के दरबार में शीश झुकाते हैं। राजस्थान के अलावा अन्य राज्यों से भी यहां श्रद्धालु आते हैं और मां को नमन करते हैं। मान्यताओं के अनुसार माता देवकी के दुष्‍ट भाई कंस को जब से यह पता लगा था कि बहन की संतान ही उसकी मौत का कारण बनेगी तब से वह एक के बाद एक देवकी की संतान को मारता जा रहा था। इसी प्रकार से जब देवकी की आठवीं संतान के रूप में भगवान कृष्‍ण का जन्‍म हुआ तो उसी वक्‍त गोकुल में यशोदा और नंद के घर में बेटी का जन्‍म हुआ।

संबंधितपोस्ट

पड़ोसी देशों में घटते हिंदू: ‘बर्दाश्त’ वाले बयान से पाकिस्तान-बांग्लादेश में 70 साल में कितना बदला आंकड़ा? समझें पूरी कहानी

15 अगस्त के बाद…80 वर्ष पहले भारत विभाजित होकर स्वतंत्र तो हो गया.. परन्तु अब आगे क्या..?

Vimal Elaichi Ad: शाहरुख खान, अजय देवगन और टाइगर श्रॉफ को FDA का नोटिस, आगे क्या होगा?

और लोड करें

इसके बाद वसुदेव कृष्‍ण को गोकुल जाकर छोड़ आए और नंदरायजी की बेटी को अपने साथ मथुरा ले आए। कंस को जब पता लगा कि देवकी की आठवीं संतान हो चुकी है तो वह उसे मारने पहुंचा। कंस ने उसे मारने के लिए जैसे ही शिला पर पटका वह देवी के रूप में प्रकट होकर आकाश में चली गईं। यह देवी योगमाया थीं। उस देवी ने कंस को बताया कि तुम्हारा अंत करने वाला जन्म से चुका है। देवी भागवत पुराण के अनुसार इसके बाद देवी विंध्य पर्वत पर विंध्यवासिनी देवी के रूप में निवास करने लगीं। एक अन्य मत है कि कंस से छूटकर देवी राजस्‍थान में कैला देवी के रूप में विराजमान हुईं।

एक अन्य कथा के अनुसार, पहले इस इलाके में घने जंगल थे। उनमें एक भयानक राक्षस रहता था। उसका नाम नरकासुर था। उसने भयंकर आतंक मचाया। भक्तों की करुण पुकार पर मां प्रकट हुईं। उन्होंने अपनी शक्ति से नरकासुर का वध कर दिया। माता की वह शक्ति आज प्रतिमा में विराजमान है।

और पढ़े : हिमाचल प्रदेश की छोटी काशी (Choti Kashi), के भव्य मंदिर और पर्यटन स्थल

कैला देवी या करौली मैय्या

कैला देवी शक्ति, महायोगिनी माया के अवतार के रूप में प्रतिष्ठित हैं, जिन्होंने नंद-यशोदा की संतान के रूप में जन्म लिया था। भगवान कृष्ण के पिता, वासुदेव को भगवान विष्णु ने यशोदा मैय्या के साथ कृष्ण को छोड़ने और अपनी नवजात बेटी को वापस अपने साथ उस कोठरी में ले जाने के लिए कहा था जहां उन्हें कंस ने कैद किया था। जब कंस ने बच्चे को मारने की कोशिश की, तो उसने अपना दिव्य रूप धारण कर लिया और उसे बताया कि शिशु भगवान कृष्ण पहले से ही सुरक्षित और स्वस्थ थे। उन्हें अब कैला देवी या करौली मैय्या के रूप में पूजा जाता है।

कैला देवी जी का विस्तृत वर्णन स्कंद पुराण में 65वें अध्याय में दिया गया है, जिसमें देवी जी घोषणा करती हैं कि कलयुग में उनका नाम कैला होगा और उनके भक्त उन्हें कैलेश्वरी के रूप में पूजेंगे।

करौली जिले के कैलादेवी गांव में स्थित है। देवी कैला देवी जी को समर्पित है और दुनिया भर में कई लोग उन्हें मौलिक ऊर्जा के अवतार के रूप में पूजते हैं। कैला देवी मंदिर अपने इतिहास और भक्तों के कारण राजस्थान में प्रसिद्ध मंदिरों में से एक है, जो मंदिर में दर्शन करने और श्री कैला देवी जी की पूजा करने के लिए बड़ी संख्या में आते हैं। यह अपनी आकर्षक कहानी के लिए भी प्रसिद्ध है जो भगवान कृष्ण के अवतार से जुड़ी हुई है। स्कंद पुराण के अनुसार कैला देवी उसी देवी महायोगिनी महामाया का एक रूप है, जिन्होंने नंद और यशोदा के घर में जन्म लिया और उनकी जगह भगवान कृष्ण को ले लिया और जब कंस ने उन्हें मारने की कोशिश की, तो उन्होंने उन्हें अपना देवी रूप दिखाया और कहा कि जिसे आप मारना चाहते हैं पहले ही जन्म ले चुका है। उस देवी को अब कैला देवी के रूप में पूजा जाता है।

कैला देवी का हिंदू समुदाय में महत्वपूर्ण स्थान है। मंदिर के मुख्य स्थान पर श्री कैला देवी और चामुंडा देवी की मूर्ति एक साथ विराजमान है। बड़ी वाली श्री कैला देवी की है और उनकी प्रतिमा थोड़ी मुड़ी हुई है। चामुंडा देवी की मूर्ति महाराजा गोपाल सिंह द्वारा स्थापित की गई थी जिसे वे गंगरौं किले से लाए थे। मंदिर का निर्माण पत्थरों से किया गया है और इसमें एक बड़ा आंगन है और मंदिर की दीवारों पर अन्य देवताओं के चित्र उकेरे गए हैं। मंदिर परिसर के अंदर, भगवान शिव, भगवान गणेश, और भार जी, और हनुमान जी के मंदिर हैं, जिन्हें लंगुरिया के रूप में पूजा जाता है, और भैरव जी, हनुमान जी और कैला देवी जी से संबंधित कई लोक गीत हैं। एक कुंड है जिसे अर्जुन पाल जी ने बनवाया था और यह कम उम्र में इस क्षेत्र में पानी के सबसे बड़े मानव निर्मित स्रोतों में से एक था।

मंदिर की भव्यता और यहां का सुखद वातावरण इसे राजस्थान के सबसे प्रसिद्ध मंदिरों में से एक बनाता है। मंदिर के इतिहास से जुड़ी कई कहानियां हैं और स्थानीय लोगों के अनुसार मंदिर की दिव्यता की कई कहानियां सुनने को मिलती हैं। कैला देवी मंदिर के प्रमुख लोकप्रिय आकर्षणों में से एक, जो इसे राजस्थान में एक प्रसिद्ध मंदिर बनाता है, कैला देवी मंदिर का वार्षिक उत्सव मेला है जो हर साल चैत्र महीने के दौरान होता है।

और पढ़े :  सोमनाथ मंदिर: नेहरू ने किया था अनदेखा, पटेल ने किया जीर्णोद्धार और अब PM मोदी कर रहे हैं इसका पुनर्विकास  

कैला देवी मंदिर का इतिहास

मंदिर के बारे में ऐसा कोई इतिहास नहीं है। मंदिर कैला देवी गांव के बरकत नगर में है। मंदिर में तीन मूर्तियाँ हैं- एक कैला देवी की है, दूसरी भोमिया जी की है और तीसरी भेरू जी महाराज की है। कैला देवी मंदिर हर साल भाद्रपद के महीने में एक यात्रा भी आयोजित करता है। कैला देवी ट्रस्ट द्वारा दिन-प्रतिदिन की धार्मिक और धर्मार्थ गतिविधियों को नियंत्रित किया जाता है।

कैला देवी मंदिर कैसे पहुंचे?

यह गांव गंगापुर के प्रमुख रेलवे स्टेशन से अच्छी तरह जुड़ा हुआ है जो देश के अन्य शहरों से जुड़ा हुआ है। मंदिर तक पहुंचने के लिए बसें भी उपलब्ध हैं।

आसपास के आकर्षण

कोई भी मंदिर में और उसके आस-पास विभिन्न काम कर सकता है जिसमें शामिल हैं:

रणथंभौर अभयारण्य की यात्रा। नक्कश की देवी- गोमती धाम की यात्रा श्री महावीरजी मंदिर की यात्रा मेहंदीपुर बालाजी मंदिर की यात्रा बरबासिन मंदिर कैला देवी का वार्षिक मेलाकैला देवी की यात्रा और अन्य
इन चीजों के अलावा और भी कई चीजें हैं जो मंदिर के अंदर देखी जा सकती हैं।

खुलने/बंद होने का समय और दिन

मंदिर सप्ताह में सभी दिन सुबह 08:00 बजे से शाम 09:00 बजे तक खुला रहता है।

प्रवेश शुल्क

मंदिर में प्रवेश करने के लिए कोई प्रवेश शुल्क नहीं देना पड़ता है।

यात्रा करने का सबसे अच्छा समय

मंदिर जाने का सबसे अच्छा समय सर्दियों के मौसम के दौरान होता है क्योंकि मौसम दर्शनीय स्थलों की यात्रा के लिए उपयुक्त रहेगा। इसके अलावा, मेले और त्योहार के दौरान मंदिर का दौरा सबसे अच्छा होगा और यात्रा के दौरान भी जो क्रमशः चैत्र और भाद्रपद के महीने में होती है।

और पढ़े : गोमती चक्र क्या है और कैसे इसके चमत्कारी उपाय बादल सकते हैं आपका जीवन

शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

रेप और आतंकी मामलों का सांप्रदायिकरण न करने की बात करने वाले लिबरल्स #HangBrahminRapists ट्रेंड करवा रहे हैं

अगली पोस्ट

आर्थिक मंदी की नींव डालने वाले रघुराम राजन आज सरकार को ही इसके लिए कोस रहे हैं

संबंधित पोस्ट

हनुमान जयंती 2026: जानिए पवनपुत्र हनुमान के जन्म की पौराणिक कथा
चर्चित

हनुमान जयंती 2026: जानिए पवनपुत्र हनुमान के जन्म की पौराणिक कथा

2 April 2026

चैत्र मास की पूर्णिमा का दिन हिंदू धर्म में अत्यंत पवित्र माना जाता है। इसी दिन भगवान हनुमान का जन्मोत्सव बड़े श्रद्धा और उत्साह के...

राम नवमी: दक्षिण एशिया का प्रमुख त्योहार, जानें रामायण के विश्वव्यापी प्रसार की कहानी
इतिहास

राम नवमी: दक्षिण एशिया का प्रमुख त्योहार, जानें रामायण के विश्वव्यापी प्रसार की कहानी

26 March 2026

राम नवमी हिंदू पंचांग के सबसे पवित्र त्योहारों में से एक है, जिसे पूरे भारत में भक्ति और भव्यता के साथ मनाया जाता है। लेकिन,...

राम नवमी पर राम अवतार का पौराणिक संदर्भ
चर्चित

कालचक्र के पृष्ठों पर रामावतार की पृष्ठभूमि:  चमत्कार से रावण का अंत नहीं, बल्कि संगठित सज्जन शक्ति में देवत्व, प्रत्यक्ष संघर्ष के संचार की अनुपम कथा

26 March 2026

काकालचक्र की गति तेज है, वह घूम रहा है। घूमते - घूमते पीछे जा रहा है- बहुत पीछे। इतिहास के पृष्ठ फड़फड़ाते हुए हमें ले...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

India’s Fighter Force Needs More Than Jets | Here’s Why 150 Trainers Matter ? IAF | HAWK | HAL

India’s Fighter Force Needs More Than Jets | Here’s Why 150 Trainers Matter ? IAF | HAWK | HAL

00:04:44

RAW Chief’s Dhaka Visit: Is India Rebuilding Security Ties With Bangladesh? Reset or Routine?

00:03:30

Kargil From the Sky: Inside IAF’s Operation Safed Sagar

00:05:36

India Eyes Sixth-Generation Fighters: Why FCAS Matters Beyond AMCA

00:05:03

Beyond S-400: Why India's Indigenous Kusha Missile Could Change Air Defence

00:03:42
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited