TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    TCS केस में अदालत की अहम टिप्पणी

    TCS धर्म परिवर्तन केस: गर्भवती निदा खान को जमानत, कोर्ट ने दिया मानवीय आधार का हवाला

    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट

    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट: हाई टाइड और तेज हवाओं की चेतावनी, 17 उड़ानें रद्द

    डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती

    डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती: पश्चिम बंगाल में स्कूलों और विश्वविद्यालयों के पाठ्यक्रम में पढ़ाया जाएगा उनका जीवन और विचार

    यूपी केबिनेट के अहम फैसले

    यूपी कैबिनेट के बड़े फैसले: शाहजहांपुर के जलालाबाद का नाम बदला, स्टार्टअप नीति को मंजूरी, पशुओं का होगा बीमा

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    भारत-जापान शिखर सम्मेलन

    भारत-जापान शिखर सम्मेलन: पीएम मोदी और जापानी पीएम सनाए ताकाइची ने आर्थिक सुरक्षा, तकनीक और रक्षा सहयोग को दी नई दिशा

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि ने मोदी सरकार के तहत भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था को दी मजबूती, सेवा क्षेत्र और निवेश बने व्यापक विकास के प्रमुख आधार

    भारत की अर्थव्यवस्था

    भारत की अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती, GDP ग्रोथ 7.7% पहुंची; अगले साल धीमी पड़ सकती है रफ्तार

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव

    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव: पहले इंटीग्रेटेड बैटल ग्रुप्स से बदलेगी युद्ध की रणनीति

    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर,

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    रूसी तेल का आयात

    रूसी तेल का आयात पहले से ज्यादा कर रहा है भारत, 41 देशों से हो रही ऊर्जा खरीद: हरदीप सिंह पुरी

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद

    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद, कर्नाटक सरकार बदलना चाहती है पुराना नियम

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद: महंत धर्मदास बोले- अयोग्य लोगों को जिम्मेदारी देने से हुई गड़बड़ी, देशवासियों से शांति बनाए रखने की अपील

    शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक

    ऑपरेशन सिंदूर: शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक, राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर हमेशा के लिए दर्ज

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    TCS केस में अदालत की अहम टिप्पणी

    TCS धर्म परिवर्तन केस: गर्भवती निदा खान को जमानत, कोर्ट ने दिया मानवीय आधार का हवाला

    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट

    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट: हाई टाइड और तेज हवाओं की चेतावनी, 17 उड़ानें रद्द

    डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती

    डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती: पश्चिम बंगाल में स्कूलों और विश्वविद्यालयों के पाठ्यक्रम में पढ़ाया जाएगा उनका जीवन और विचार

    यूपी केबिनेट के अहम फैसले

    यूपी कैबिनेट के बड़े फैसले: शाहजहांपुर के जलालाबाद का नाम बदला, स्टार्टअप नीति को मंजूरी, पशुओं का होगा बीमा

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    भारत-जापान शिखर सम्मेलन

    भारत-जापान शिखर सम्मेलन: पीएम मोदी और जापानी पीएम सनाए ताकाइची ने आर्थिक सुरक्षा, तकनीक और रक्षा सहयोग को दी नई दिशा

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि ने मोदी सरकार के तहत भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था को दी मजबूती, सेवा क्षेत्र और निवेश बने व्यापक विकास के प्रमुख आधार

    भारत की अर्थव्यवस्था

    भारत की अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती, GDP ग्रोथ 7.7% पहुंची; अगले साल धीमी पड़ सकती है रफ्तार

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव

    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव: पहले इंटीग्रेटेड बैटल ग्रुप्स से बदलेगी युद्ध की रणनीति

    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर,

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    रूसी तेल का आयात

    रूसी तेल का आयात पहले से ज्यादा कर रहा है भारत, 41 देशों से हो रही ऊर्जा खरीद: हरदीप सिंह पुरी

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद

    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद, कर्नाटक सरकार बदलना चाहती है पुराना नियम

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद: महंत धर्मदास बोले- अयोग्य लोगों को जिम्मेदारी देने से हुई गड़बड़ी, देशवासियों से शांति बनाए रखने की अपील

    शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक

    ऑपरेशन सिंदूर: शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक, राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर हमेशा के लिए दर्ज

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

काबुल में अब तालिबान शासन है, सुरक्षा की दृष्टि से भारत के लिए इसके क्या मायने हैं ?

तालिबान भारत का कुछ नहीं कर पाएगा।

Shikhar Srivastava द्वारा Shikhar Srivastava
17 August 2021
in समीक्षा, साउथ एशिया
भारत अफगानिस्तान तालिबान
Share on FacebookShare on X

अब जबकि अफगानिस्तान में तालिबानी शासन की स्थापना हो चुकी है। अफगानिस्तान में हर तरफ तालिबान के लड़ाके अपने-अपने हथियार लेकर घूम रहे हैं। महिलाओं पर हजार तरह के अत्याचार किए जा रहे हैं। अफगानिस्तान ने तालिबान के सामने पूरी तरह से सरेंडर कर दिया है। तालिबान के विरोध में कोई खड़ा नहीं दिखता। अमेरिका, अफगानिस्तान में खुद को बचाने के प्रयासों में जुटा है, ऐसे में भारत के सामने पहला प्रश्न यह है तालिबान के सत्ता में काबिज होने से भारत को क्या-क्या नुकसान हो सकते हैं?

पिछली बार जब तालिबान अफगानिस्तान की सत्ता में आया था तो भारत के कश्मीर में आतंकवाद को बढ़ावा मिला था। हालांकि तब से अब तक 40 वर्ष से अधिक बीत चुके हैं और वैश्विक समीकरण तथा भारत की स्थिति अब पहले जैसी नहीं रही है। ऐसे में तालिबान से भारत को कितना वास्तविक खतरा है और क्या भारत इस खतरे से निपटने के लिए तैयार है ?

संबंधितपोस्ट

मॉनसून ने पूरे देश को किया कवर, दिल्ली-एनसीआर में झमाझम बारिश से जनजीवन प्रभावित

मोहन भागवत बोले- विभाजन के बाद भारत आए लोग ‘शरणार्थी’ नहीं, बल्कि संघर्ष के योद्धा थे

आखिर क्यों IAF का एक औपचारिक दस्तावेज पाकिस्तान के पूरे प्रोपेगेंडा पर भारी पड़ गया ?

और लोड करें

भारत के पड़ोस में दो शत्रु चीन और पाकिस्तान भारतीय सेना के लिए चुनौती हैं। चीन और पाकिस्तान से संयुक्त रूप से सैन्य संघर्ष में भी भारत को विशेष समस्याओं का सामना नहीं करना होगा यह एक जगजाहिर बात है। ऐसे में यदि पाकिस्तान की ओर से तालिबानी आतंकवादी भारत में घुसपैठ की योजना भी बनाते हैं तो भी उनका प्रवेश बहुत कठिन है।

और पढ़ें: अफ़गान सरकार को भला बुरा कहने से लेकर तालिबान को संत बताना – ISI समय से पहले ईद मना रहा है

1990 में जिस समय पाकिस्तान ने कश्मीर में आतंकवाद को बढ़ावा दिया था उस समय केंद्र में मजबूत दृढ़ इच्छाशक्ति वाली कोई सरकार मौजूद नहीं थी। भारत के लिए यह सबसे बुरा दौर था क्योंकि केंद्र में किसी एक शक्ति को पूर्ण बहुमत नहीं मिल पा रहा था और थर्ड फ्रंट जैसी सरकार देश पर शासन चला रही थी। भारत ने शीत युद्ध के दौरान सोवियत रूस का साथ दिया था और यूएसएसआर के पतन के साथ ही भारत एक ऐसे दोराहे पर खड़ा था जहां उसका सबसे बड़ा सहयोगी सोवियत रूस स्वयं को संभालने की स्थिति में नहीं था जबकि पाकिस्तान और अमेरिका के संबंध बहुत अच्छे थे।

उस समय अफगानिस्तान में सोवियत संघ को हराने और तालिबान को मजबूत करने के लिए अमेरिका ने पाकिस्तान को बड़ी मात्रा में आर्थिक सहायता दी। इस समय तक अमेरिका पाकिस्तान के सहयोग से सोवियत रूस के विघटन के बाद सेंट्रल एशिया में अपना प्रभाव बढ़ाना चाहता था। अमेरिका से मिल रही आर्थिक मदद का इस्तेमाल पाकिस्तान ने भारत में आतंकवाद को बढ़ावा देने के लिए किया। एक ओर तो भारत 1990 के दौर में वैश्विक रूप से अलग-थलग पड़ चुका था, दूसरा भारत की आर्थिक शक्ति सुदृढ़ नहीं थी।

अब हालात बदल चुके हैं। इस समय भारत के पास आधुनिक हथियारों से संपन्न सेना के साथ ही एक मजबूत अर्थव्यवस्था है। यदि तालिबान भारत के खिलाफ किसी प्रकार की आतंकी कार्यवाही करने का प्रयास करेगा तो भारत अफगानिस्तान की भूमि पर उतरकर तालिबान को उसकी हद तक ले जाने का सामर्थ्य रखता है।

पाकिस्तान के रास्ते भारत में घुसपैठ करने की इच्छा रखने वाले आतंकवादियों को भारत के राफेल विमान सीमा के इस पार से निशाना बना सकते हैं। बालाकोट एयर-स्ट्राइक इसका उदाहरण है कि भारत सीमा पार जाकर भी आतंकी कैम्प और लांचपैड को तबाह कर सकता है। साथ ही बिना अमेरिकी सहयोग के पाकिस्तान के लिए भी भारत को तालिबान के जरिये किसी भी तरह का सिरदर्द देना लगभग नामुमकिन है। FTAF की लटकती तलवार के बीच पाकिस्तान ऐसा करेगा तो उसका परिणाम भी गंभीर होगा।

और पढ़ें: ये केवल अमेरिका है जिसने काबुल को नर्क बना दिया

अमेरिका ने अफगानिस्तान की भूमि को छोड़ा ही इसलिए है क्योंकि अमेरिका अपने संसाधनों का इस्तेमाल चीन के विरुद्ध दक्षिण चीन सागर तथा हिंद महासागर में करना चाहता है। ऐसे में वैश्विक समीकरण आज भारत के पक्ष में हैं। वैसे भी भारत को तालिबान जैसे खतरे से निपटने के लिए किसी अन्य देश की सहायता की आवश्यकता नहीं है लेकिन यह अच्छा ही है कि अमेरिका को आज भारत की पाकिस्तान से कहीं अधिक आवश्यकता है। यदि तालिबान की ओर से भारत को किसी प्रकार का खतरा महसूस होगा तो भारत अमेरिका की सहायता से पाकिस्तान पर आर्थिक प्रतिबंध लगवा सकता है।
वहीं चीन की बात करें तो चीन भी तालिबान के साथ अपनी नजदीकी नहीं बढ़ाना चाहेगा। तालिबान एक असंगठित आतंकी समूह है, जो जिहाद की मानसिकता से ग्रस्त है। तालिबान का आत्मविश्वास इस समय सातवें आसमान पर है क्योंकि उन्होंने अमेरिका और सोवियत संघ दोनों को हराया है। यह अलग बात है कि तालिबान की जीत में बहुत से कारकों ने अपना योगदान दिया है, लेकिन तालिबान का मानना है कि यह सब संभव इसलिए हुआ क्योंकि उन्होंने इस्लामिक विचार को फैलाने के लिए जिहाद किया है।

अल्लाह की शक्ति उनके साथ है। ऐसे में यह जिहाद कल को चीन में फंसे उइगर मुसलमानों के लिए शुरू नहीं होगा इसकी कोई गारंटी नहीं ली जा सकती। वैसे भी भौगोलिक दृष्टि से भारत के बजाय चीन पर हमला अधिक आसान है। अतः चीन के लिए भी तालिबान सिरदर्द बन सकता है। अतः चीन कभी नहीं चाहेगा कि तालिबान की जिहादी सोच अफगानिस्तान के सीमाओं के बाहर निकले।

और पढ़ें: काबुल एयरपोर्ट: एयरपोर्ट नहीं नर्क दिख रहा है

ऐसे में कहा जा सकता है कि भारत को तालिबान की जीत से केवल इतना नुकसान हुआ है कि अफगानिस्तान में भारत समर्थित सरकार का अंत हो गया है। जब तक अफगानिस्तान में लोकतांत्रिक सरकार थी तब तक पाकिस्तान को अफगानिस्तान के फ्रंट से भी सैन्य चुनौती मिलती रहती थी। संभवतः तालिबान के आने से पाकिस्तान कि अफगान सीमा पर शांति स्थापित हो जाए। हालांकि इस बात को पूरी दृढ़ता के साथ नहीं कहा जा सकता है क्योंकि अफगानिस्तान और पाकिस्तान के बीच भी एक सीमा विवाद है।

अब जबकि तालिबान सत्ता में काबिज है, उसके लड़ाके इस मामले को तूल नहीं देंगे इसकी कोई गारंटी नहीं है। जिस दिन भी पाकिस्तान ने तालिबान के विरुद्ध जाने का विचार किया, जिहादियों का हमला पाकिस्तान पर भी शुरू हो सकता है। पूर्व में ऐसा हुआ भी है, जब पाकिस्तान ने अमेरिका के दबाव में तालिबान पर हमले किए थे तो पाकिस्तान में आतंकवाद चरम पर पहुंच गया था।

तालिबान कब किसे नुकसान पहुंचाएगा इसका अंदाजा नहीं लगाया जा सकता। उससे केवल वही देश सुरक्षित हैं जो अपनी सुरक्षा स्वयं करने में सक्षम हैं। रही बात भारतीय सेना की तो उसकी शक्ति के बारे में दुनिया जानती है और तालिबान भी।

 

Tags: अफ़ग़ानिस्तानचीनतालिबाननरेंद्र मोदीपाकिस्तानभारत
शेयर1ट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

अफ़गान सरकार को भला बुरा कहने से लेकर तालिबान को संत बताना – ISI समय से पहले ईद मना रहा है

अगली पोस्ट

अफगानी नागरिकों को बिना सोचे समझे भारतीय नागरिकता देना आत्मघाती कदम होगा

संबंधित पोस्ट

CJP पर बड़ा खुलासा: क्या केजरीवाल की पार्टी चला रही है कॉकरोच जनता पार्टी? पूर्व IAS ने खोला मोर्चा!
चर्चित

CJP पर बड़ा खुलासा: क्या केजरीवाल की पार्टी चला रही है कॉकरोच जनता पार्टी? पूर्व IAS ने खोला मोर्चा!

22 May 2026

पिछले कुछ दिनों से भारतीय सोशल मीडिया स्पेस, खासकर इंस्टाग्राम पर 'कॉकरोच जनता पार्टी' (CJP) नामक एक डिजिटल अभियान ने तहलका मचा रखा है। मीम्स,...

गवर्नर ने मांगा समर्थन का सबूत: क्या तमिलनाडु में विजय के साथ हो रहा है अन्याय?
चर्चित

गवर्नर ने मांगा समर्थन का सबूत: क्या तमिलनाडु में विजय के साथ हो रहा है अन्याय?

7 May 2026

तमिलनाडु की राजनीति आज एक ऐसे चौराहे पर खड़ी है जहाँ लोकतंत्र की परिभाषा और राज्यपाल के अधिकारों के बीच सीधी जंग छिड़ गई है।...

Modi in BJP Head Office
चर्चित

आखिर कैसे आए ये चुनाव परिणाम ?

6 May 2026

पांच राज्यों के चुनाव परिणामों पर कोई एक सुसंबद्ध टिप्पणी संपूर्ण स्थितियों का विश्लेषण नहीं कर सकता। सारे राज्यों के राजनीतिक समीकरण और स्थानीय मुद्दे...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

A Decade After 709 Crackdown: Remembering China's Human Rights Lawyers

A Decade After 709 Crackdown: Remembering China's Human Rights Lawyers

00:04:16

China's War on Human Rights Lawyers: The Legacy of the 709 Crackdown

00:03:57

IRAN EYES RED SEA GAMBIT

00:02:34

US- IRAN CONFLICT INTENSIFIES

00:03:05

Mass Detentions and Enforced Disappearances: The Aftermath of July 5

00:03:20
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited