TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    देहरादून में CM धामी ने देखी ‘द केरला स्टोरी 2’, UCC और धर्मांतरण कानून पर दिया बड़ा बयान

    देहरादून में CM धामी ने देखी ‘द केरला स्टोरी 2’, UCC और धर्मांतरण कानून पर दिया बड़ा बयान

    उदयनिधि स्टालिन ने द्रविड़ विचारधारा को ईसाई और इस्लाम धर्म के समान बताया

    उदयनिधि स्टालिन ने द्रविड़ विचारधारा को ईसाई और इस्लाम धर्म के समान बताया

    काबुल अस्पताल पर पाकिस्तानी हमला

    काबुल अस्पताल पर पाकिस्तानी हमला: रमज़ान में मुसलमानों की हत्या पाकिस्तान के लिए नई बात नहीं

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    The Silent Rise of India’s Comparison Economy

    The Silent Rise of India’s Comparison Economy

    देहरादून में हाई-स्टेक्स MSME समिट का आयोजन, उत्तराखंड ने औद्योगिक गति को बढ़ाने पर दिया जोर

    देहरादून में हाई-स्टेक्स MSME समिट का आयोजन, उत्तराखंड ने औद्योगिक गति को बढ़ाने पर दिया जोर

    एलपीजी गैस संकट हुआ खत्म

    एलपीजी की कीमतों में ₹60 की बढ़ोतरी, रसोई गैस महंगी होने से घरों पर पड़ेगा असर

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    बिपिन रावत

    ‘इंटीग्रेटेड थिएटर कमांड’: जनरल बिपिन रावत का सेना को लेकर देखा गया स्वप्न फ़िलहाल अधूरा ज़रूर है, लेकिन उसने सैन्य सुधार की एक मज़बूत नींव रख दी है

    Indian navy in hormuz and trump

    होर्मुज़ संकट: इधर ट्रम्प चीन से मदद मांग रहे हैं, उधर इंडियन नेवी ‘शिवालिक’ और ‘नंदा’ को साथ लेकर भारत लौट रही है

    भारत की रक्षा में महिलाओं की मजबूत भूमिका

    नारी शक्ति: भारत की रक्षा में महिलाओं की मजबूत भूमिका, सशस्त्र बलों में भी बढ़ी भागीदारी

    सुखोई-30 विमान दुर्घटना

    सुखोई-30 विमान हादसा: स्क्वाड्रन लीडर अनुज और फ्लाइट लेफ्टिनेंट पुरवेश दुरागकर शहीद

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    एक गलती और अमेरिकी फिटनेस ऐप ने फ्रांसीसी विमानवाहक पोत की लोकेशन उजागर कर दी।

    एक गलती और अमेरिकी फिटनेस ऐप ने फ्रांसीसी विमानवाहक पोत की लोकेशन उजागर कर दी।

    इजरायल का ‘धुरंधर-2’ अंदाज़ : ईरान-लेबनान के बाद सीरिया में तेज़ हमले

    इजरायल का ‘धुरंधर-2’ अंदाज़ : ईरान-लेबनान के बाद सीरिया में तेज़ हमले

    ईरान संकट के बीच ट्रंप का बड़ा कदम: क्यों हटाई 100 साल पुरानी जोन्स एक्ट की पाबंदी?

    ईरान संकट के बीच ट्रंप का बड़ा कदम: क्यों हटाई 100 साल पुरानी जोन्स एक्ट की पाबंदी?

    चीन ने ताइवान के खिलाफ एंटी-सेसेशन कानून पारित कर अलगाववाद रोकने की दी चेतावनी

    14 मार्च 2005 को चीन ने ताइवान के खिलाफ एंटी-सेसेशन कानून पारित कर अलगाववाद रोकने की दी चेतावनी

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    21 मार्च: हिटलर को मारने की नाकाम आत्मघाती साज़िश, सिर्फ 2 मिनट का अंतर और पाँच करोड़ लोगों की जिन्दगियों का खात्मा

    21 मार्च: हिटलर को मारने की नाकाम आत्मघाती साज़िश, सिर्फ 2 मिनट का अंतर और पाँच करोड़ लोगों की जिन्दगियों का खात्मा

    दुनिया भर में मुसलमान ईद मना रहे हैं, लेकिन पाकिस्तान में मुस्लिमों के एक वर्ग पर ईद मनाने पर प्रतिबंध क्यों है? अहमदिया मुस्लिम क्यों नहीं मना सकते ईद ?

 


    दुनिया भर में मुसलमान ईद मना रहे हैं, लेकिन पाकिस्तान में मुस्लिमों के एक वर्ग पर ईद मनाने पर प्रतिबंध क्यों है? अहमदिया मुस्लिम क्यों नहीं मना सकते ईद ?

 


    वह भेष बदलकर अंधेरे में निकले, और फिर कभी वापस नहीं आए: दलाई लामा का तिब्बत से पलायन

    वह भेष बदलकर अंधेरे में निकले, और फिर कभी वापस नहीं आए: दलाई लामा का तिब्बत से पलायन

    हिंदू नववर्ष, हिंदू नव वर्ष का विज्ञान, चैत्र नववर्ष

    अंग्रेजी नववर्ष से कितना अलग है हिंदू नववर्ष? जानें इसके पीछे का विज्ञान।

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    Crazy Time Game tricks: What Really Works and What Doesn’t

    Crazy Time Game tricks: What Really Works and What Doesn’t

    Exploring Mostbet in Nepal – Making the Most of Bonuses and Taking Your Betting to the Next Level

    Exploring Mostbet in Nepal – Making the Most of Bonuses and Taking Your Betting to the Next Level

    सुनील गावस्कर का सनग्रुप से तीखा सवाल

    सुनील गावस्कर का काव्या मारन की टीम से सीधा तीखा सवाल…कहां भारतीयों के खून का पैसा बर्बाद न करें

    पाकिस्तान के जिस प्लेयर ने उड़ाया था भारतीय सेना का मज़ाक, उसे ख़रीद विवादों में घिरी सनराइजर्स की मालकिन काव्या मारन

    पाकिस्तान के जिस प्लेयर ने उड़ाया था भारतीय सेना का मज़ाक, उसे ख़रीद विवादों में घिरी सनराइजर्स की मालकिन काव्या मारन

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    देहरादून में CM धामी ने देखी ‘द केरला स्टोरी 2’, UCC और धर्मांतरण कानून पर दिया बड़ा बयान

    देहरादून में CM धामी ने देखी ‘द केरला स्टोरी 2’, UCC और धर्मांतरण कानून पर दिया बड़ा बयान

    उदयनिधि स्टालिन ने द्रविड़ विचारधारा को ईसाई और इस्लाम धर्म के समान बताया

    उदयनिधि स्टालिन ने द्रविड़ विचारधारा को ईसाई और इस्लाम धर्म के समान बताया

    काबुल अस्पताल पर पाकिस्तानी हमला

    काबुल अस्पताल पर पाकिस्तानी हमला: रमज़ान में मुसलमानों की हत्या पाकिस्तान के लिए नई बात नहीं

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    The Silent Rise of India’s Comparison Economy

    The Silent Rise of India’s Comparison Economy

    देहरादून में हाई-स्टेक्स MSME समिट का आयोजन, उत्तराखंड ने औद्योगिक गति को बढ़ाने पर दिया जोर

    देहरादून में हाई-स्टेक्स MSME समिट का आयोजन, उत्तराखंड ने औद्योगिक गति को बढ़ाने पर दिया जोर

    एलपीजी गैस संकट हुआ खत्म

    एलपीजी की कीमतों में ₹60 की बढ़ोतरी, रसोई गैस महंगी होने से घरों पर पड़ेगा असर

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    बिपिन रावत

    ‘इंटीग्रेटेड थिएटर कमांड’: जनरल बिपिन रावत का सेना को लेकर देखा गया स्वप्न फ़िलहाल अधूरा ज़रूर है, लेकिन उसने सैन्य सुधार की एक मज़बूत नींव रख दी है

    Indian navy in hormuz and trump

    होर्मुज़ संकट: इधर ट्रम्प चीन से मदद मांग रहे हैं, उधर इंडियन नेवी ‘शिवालिक’ और ‘नंदा’ को साथ लेकर भारत लौट रही है

    भारत की रक्षा में महिलाओं की मजबूत भूमिका

    नारी शक्ति: भारत की रक्षा में महिलाओं की मजबूत भूमिका, सशस्त्र बलों में भी बढ़ी भागीदारी

    सुखोई-30 विमान दुर्घटना

    सुखोई-30 विमान हादसा: स्क्वाड्रन लीडर अनुज और फ्लाइट लेफ्टिनेंट पुरवेश दुरागकर शहीद

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    एक गलती और अमेरिकी फिटनेस ऐप ने फ्रांसीसी विमानवाहक पोत की लोकेशन उजागर कर दी।

    एक गलती और अमेरिकी फिटनेस ऐप ने फ्रांसीसी विमानवाहक पोत की लोकेशन उजागर कर दी।

    इजरायल का ‘धुरंधर-2’ अंदाज़ : ईरान-लेबनान के बाद सीरिया में तेज़ हमले

    इजरायल का ‘धुरंधर-2’ अंदाज़ : ईरान-लेबनान के बाद सीरिया में तेज़ हमले

    ईरान संकट के बीच ट्रंप का बड़ा कदम: क्यों हटाई 100 साल पुरानी जोन्स एक्ट की पाबंदी?

    ईरान संकट के बीच ट्रंप का बड़ा कदम: क्यों हटाई 100 साल पुरानी जोन्स एक्ट की पाबंदी?

    चीन ने ताइवान के खिलाफ एंटी-सेसेशन कानून पारित कर अलगाववाद रोकने की दी चेतावनी

    14 मार्च 2005 को चीन ने ताइवान के खिलाफ एंटी-सेसेशन कानून पारित कर अलगाववाद रोकने की दी चेतावनी

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    21 मार्च: हिटलर को मारने की नाकाम आत्मघाती साज़िश, सिर्फ 2 मिनट का अंतर और पाँच करोड़ लोगों की जिन्दगियों का खात्मा

    21 मार्च: हिटलर को मारने की नाकाम आत्मघाती साज़िश, सिर्फ 2 मिनट का अंतर और पाँच करोड़ लोगों की जिन्दगियों का खात्मा

    दुनिया भर में मुसलमान ईद मना रहे हैं, लेकिन पाकिस्तान में मुस्लिमों के एक वर्ग पर ईद मनाने पर प्रतिबंध क्यों है? अहमदिया मुस्लिम क्यों नहीं मना सकते ईद ?

 


    दुनिया भर में मुसलमान ईद मना रहे हैं, लेकिन पाकिस्तान में मुस्लिमों के एक वर्ग पर ईद मनाने पर प्रतिबंध क्यों है? अहमदिया मुस्लिम क्यों नहीं मना सकते ईद ?

 


    वह भेष बदलकर अंधेरे में निकले, और फिर कभी वापस नहीं आए: दलाई लामा का तिब्बत से पलायन

    वह भेष बदलकर अंधेरे में निकले, और फिर कभी वापस नहीं आए: दलाई लामा का तिब्बत से पलायन

    हिंदू नववर्ष, हिंदू नव वर्ष का विज्ञान, चैत्र नववर्ष

    अंग्रेजी नववर्ष से कितना अलग है हिंदू नववर्ष? जानें इसके पीछे का विज्ञान।

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    Crazy Time Game tricks: What Really Works and What Doesn’t

    Crazy Time Game tricks: What Really Works and What Doesn’t

    Exploring Mostbet in Nepal – Making the Most of Bonuses and Taking Your Betting to the Next Level

    Exploring Mostbet in Nepal – Making the Most of Bonuses and Taking Your Betting to the Next Level

    सुनील गावस्कर का सनग्रुप से तीखा सवाल

    सुनील गावस्कर का काव्या मारन की टीम से सीधा तीखा सवाल…कहां भारतीयों के खून का पैसा बर्बाद न करें

    पाकिस्तान के जिस प्लेयर ने उड़ाया था भारतीय सेना का मज़ाक, उसे ख़रीद विवादों में घिरी सनराइजर्स की मालकिन काव्या मारन

    पाकिस्तान के जिस प्लेयर ने उड़ाया था भारतीय सेना का मज़ाक, उसे ख़रीद विवादों में घिरी सनराइजर्स की मालकिन काव्या मारन

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

अब समय है कि भारतीय संविधान का ‘भारतीयकरण’ हो और यह सिर्फ भाजपा ही कर सकती है

सरकार को इस पर विचार करना चाहिए!

Aniket Raj द्वारा Aniket Raj
8 February 2022
in मत
संविधान का भारतीयकरण

Source- Google

Share on FacebookShare on X

भारतीय संविधान देश का सबसे स्वीकार्य और साथ ही सबसे पेचीदा दस्तावेज है! इसे स्वीकार करने वाले भी इसे किसी न किसी रूप में बदलने की मांग करते हैं। उन मांगों में से एक भारतीय संविधान का भारतीयकरण है। दरअसल, ब्रिटिश और पाश्चात्य शिक्षा से परिष्कृत हमारे संविधान सभा के पुरोधाओं ने इसमें विदेशी सिद्धांत अनवरत रूप से भर दिये। बाबा साहब जैसे विशिष्ट लोगों के होने के कारण कालांतर में संविधान ने एक तरीके से धार्मिक ग्रंथ का दर्जा प्राप्त कर लिया।

अतः देश के कुछ लोग संविधान के सिद्धांतों को छूने को राष्ट्रविरोधी मानते हैं। वहीं, कुछ लोग इसके पुनर्लेखन की मांग करते हैं, तो कुछ लोग इसकी यथावत स्थिति बरकरार रखने के पक्ष में हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा हाल ही में समानता की प्रतिमा का अनावरण और तेलंगाना के सीएम केसीआर की संविधान पुनर्लेखन की मांग इसके द्वंद की अभिव्यक्ति है। परंतु, इस द्वंद को रोकने का एक उपाय भी है। वो है हमारी वृहद और विराट संस्कृति, इतिहास और परंपरा, जो समग्र विश्व के सिद्धांतो को स्वयं में समाहित कर लेती है। ऐसे में क्यों न हम संविधान का भारतीयकरण कर दें, अर्थात् इसके सिद्धांतों को अपनी सांस्कृतिक पहचान दें?

संबंधितपोस्ट

संसद में हंगामा: किरण रिजिजू का आरोप—कांग्रेस सांसदों ने स्पीकर से की अभद्रता, पीएम को दी धमकी

युवा चेतना को लेकर क्या कहता है 2026–27 का यूनियन बजट ?

पीएम मोदी ने टीएमसी पर साधा निशाना, कहा— जेन Z को बीजेपी के विकास मॉडल पर भरोसा**

और लोड करें

और पढ़ें: Place of Worship Act, 1991 को अब निरस्त करने की जरूरत है, मोदी सरकार को अब पहल करनी चाहिए

प्रधानमंत्री ने किया ‘समानता’ की प्रतिमा का अनावरण

हाल ही में, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हैदराबाद के चिन्ना जीयर स्वामी के आश्रम मुचिंतल में श्री रामानुजाचार्य की 216 फीट ऊंची प्रतिमा का अनावरण किया। इस अवसर पर बोलते हुएप्रधानमंत्री ने श्री रामानुजाचार्य द्वारा प्रचारित समानता की अवधारणा को रेखांकित किया। यह बताते हुए कि श्री रामानुजाचार्य ने सभी के उत्थान की दिशा में कैसे काम किया, पीएम मोदी ने कहा, “रामानुजाचार्य की विशिष्टाद्वैत अवधारणा का उद्देश्य अंधविश्वास को दूर करना था। उन्होंने उपदेश दिया कि भक्ति, जाति और समुदाय के आधार पर लोगों में भेदभाव नहीं करती है।”

पीएम मोदी ने इस बात पर जोर दिया कि भारतीय संविधान में निहित समानता की अवधारणा श्री रामानुजाचार्य से प्रेरणा लेती है। इसके अतिरिक्त, उन्होंने इस तथ्य का भी उल्लेख किया कि संविधान के प्रारुप समिति के अध्यक्ष भीमराव अंबेडकर भी उनके लिए प्रशंसा से भरे थे। ध्यान देने वाली बात है भारतीय संविधान में समानता की अवधारणा यूरोप से ली गई है। माना जाता है कि कई अन्य विशेषताएं उस समय प्रचलित अन्य संविधानों की एक ड्यूप्लिकेट हैं। हालांकि, गहराई से इन अवधारणाओं की समीक्षा करने पर इनमें से अधिकांश का स्रोत भारत में ही मिल सकता है।

और पढ़ें: भगोड़ा कानून के बाद आर्थिक अपराधियों को पकड़ने हेतु मोदी सरकार की एक और नीति का हुआ खुलासा

धर्मनिरपेक्षता

भारत को पहली बार वर्ष 1976 में तत्कालीन इंदिरा गांधी सरकार द्वारा एक धर्मनिरपेक्ष राष्ट्र घोषित किया गया था। बाद में, सुप्रीम कोर्ट ने पुष्टि की कि जब से देश एक गणतंत्र बना है, तब से भारत धर्मनिरपेक्ष ही था। इंदिरा गांधी ने बस इसकी औपचारिक पुष्टि की। अपने पाश्चात्य अर्थ में यह शब्द चर्च और राज्य को विभाजित करने के लिए बनाया गया था। लेकिन लोगों को लगता है कि यही फॉर्मूला भारत पर कॉपी-पेस्ट किया गया है, पर ऐसा नहीं है।

हालांकि, एक विश्लेषण से पता चलता है कि धर्म और राज्य के बीच सकारात्मक जुड़ाव भारतीय सभ्यता की एक महत्वपूर्ण विशेषता रही है। भारत में राजाओं और रानियों का हमेशा अपना जीवन था। वे भगवान के एक विशेष रूप की पूजा करते थे। लेकिन, भारतीय इतिहास में कहीं भी आपको ऐसा कोई सम्राट नहीं मिलेगा, जो अपनी प्रजा पर अपनी जीवन शैली थोपता हो। वो अलग बात है कि पश्चिमी लोगों और इस्लामी साम्राज्यों ने इसे कभी नहीं समझा।

समानता

भारतीय संविधान की प्रस्तावना में समानता को स्वतंत्रता, समानता और बंधुत्व की फ्रांसीसी अवधारणा की प्रत्यक्ष व्युत्पत्ति कहा गया है। इसी तरह, कानून के समक्ष समानता ब्रिटिश संविधान से उधार ली गई है। संविधान में समानता का सिद्धांत इसलिए डाला गया, क्योंकि अंग्रेजों द्वारा उनके भारत आने के समय असमानता की एक आभा पैदा की गई थी। जब यूरोपीय भारतीय तट पर उतरे, तो उन्होंने विभिन्न सौहार्दपूर्ण रूप से विद्यमान-मजदूर वर्गों को एक उच्च और निम्न जाति में विभाजित किया, जो बाद में आर्थिक असमानता और अलगाव का कारण बना। उन्होंने जो व्यवस्था बनाई थी, उसे ठीक करने के लिए संविधान में समानता की अवधारणा को शामिल किया गया था। अखंड भारतीय संस्कृति में, इन अवधारणाओं के प्रमाण पहले से मौजूद थे और इसे लागू करने के लिए किसी अधिकार के शब्द की आवश्यकता नहीं होती थी।

और पढ़ें: भारतीय संविधान में अभी भी उपनिवेशवाद की गंध है

समाजवाद

जिस देश का इतिहास रामराज्य का दावा करता है, उसे विशेष रूप से ब्रिटिश प्रणाली और अन्य देशो से अपने संवैधानिक सिद्धांत लेने की आवश्यकता नहीं है, जिसे लोकप्रिय रूप से समाजवाद कहा जाता है। इंदिरा गांधी सरकार द्वारा लाए गए 42वें संविधान संशोधन अधिनियम के माध्यम से यह शब्द भारतीय संविधान की प्रस्तावना में औपचारिक रुप से डाला गया था। ध्यान देने वाली बात है कि भारत में पहले से ही परोपकार का एक महान इतिहास रहा है। ऋग्वेद का एक विशिष्ट भाग दान के लिए समर्पित है। राजा नियमित रूप से ऐसा करते थे। विनोबा भावे के भूदान आंदोलन को हजारों वर्षों से लोगों में निहित उसी सिद्धांत की अभिव्यक्ति कहा जा सकता है। हमारे संस्थापक दस्तावेजों के दर्शन का निर्माण करने वाले कई अन्य सिद्धांत हमारे संविधान निर्माताओं के मन में एक स्पष्ट औपनिवेशिक पूर्वाग्रह का संकेत हैं!

केसीआर की मांग बन सकती है गेम चेंजर

हाल ही में तेलंगाना के सीएम के चंद्रशेखर राव (KCR) ने राजनीतिक हलकों में हंगामा खड़ा कर दिया, जब उन्होंने भारतीय संविधान के पुन: प्रारूपण की बात कही। लोग उनसे इतने नाराज हैं कि अब उनकी मांग को लेकर उनके खिलाफ मामला तक दर्ज कर लिया गया है। हालांकि, केसीआर की मांग भारतीय संविधान का भारतीयकरण की पुष्टि कर सकती है! जैसा कि आपने देखा है कि पीएम मोदी के सत्ता में आने के बाद, कानूनी दिग्गजों सहित विभिन्न विशेषज्ञों ने लगातार भारतीय कानूनी व्यवस्था के लिए आवाज उठाई है। ऐसा इसलिए है, क्योंकि वे जानते हैं कि एक राष्ट्रवादी पार्टी ही उनकी बात सुनेगी।

सिर्फ भाजपा ही कर सकती है यह काम

गौरतलब है कि यही बात संविधान के लिए भी है। जब कांग्रेस ने अंग्रेजों से सत्ता अपने हाथ में ली, तो उनके द्वारा बनाई गई अधिकांश प्रणालियां उन्हें विरासत में मिली और इससे उन्हें फायदा हुआ। फिर 70 और 80 के दशक में समाजवादी लहर की सवारी करके सत्ता हासिल करने वाले नेता आए! भारतीय संविधान में धर्मनिरपेक्षता और समाजवाद जैसे लागू शब्दावली के माध्यम से उन्हें लगातार लाभ हुआ। लेकिन ध्यान देने वाली बात है कि भारत में सक्रिय राजनीतिक दलों में से केवल भाजपा की नींव ही सनातनी सभ्यता के मूल्यों पर टिकी हुई है। ऐसे में यह कहना गलत नहीं है कि केवल भाजपा ही हमारे संविधान का भारतीयकरण करने के लिए नैतिक और राजनीतिक साहस जुटा सकती है और सरकार को इस पर विचार करने की भी आवश्यकता है!

और पढ़ें: भारतीय संविधान की प्रस्तावना से “समाजवादी” और “धर्मनिरपेक्ष” को हटाने का यह सही समय है

Tags: भाजपाभारतीय संविधानमोदी सरकार
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

‘हलाल’ चिकन सप्लायर KFC ने Hyundai से पहले भी किया था ‘फ्री-कश्मीर’ का ड्रामा

अगली पोस्ट

PM मोदी ने विपक्ष पर किए 10 बड़े प्रहार, विरोधियों को किया धराशायी!

संबंधित पोस्ट

‘POJK संकल्प दिवस’: 22 फरवरी 1994 का संसदीय संकल्प और भारत का राष्ट्रीय दायित्व
भारत

‘POJK संकल्प दिवस’: 22 फरवरी 1994 का संसदीय संकल्प और भारत का राष्ट्रीय दायित्व

22 February 2026

भारत के राष्ट्रीय जीवन में कुछ तिथियाँ केवल कैलेंडर की सामान्य तिथियाँ नहीं है, बल्कि वे राष्ट्र की चेतना, उसके संकल्प और उसके ऐतिहासिक दायित्व...

बांग्लादेश
चर्चित

हिंदू दीपू दास की इस्लामी भीड़ के हाथों बर्बर हत्या उस्मान हादी हत्याकांड का ‘साइड इफेक्ट’ नहीं है, ये मजहबी कट्टरता को आत्मसात कर चुके बांग्लादेश का नया सच है

20 December 2025

बांग्लादेश इस समय गहरी अस्थिरता से गुज़र रहा है। दुर्भाग्य से ये अस्थिरता सिर्फ राजनैतिक नहीं है, ये नैतिक और सामाजिक भी है। अलग भाषाई...

ऑपरेशन सिंदूर 2:0
मत

दिल्ली धमाका और PoK के नेता का कबूलनामा: क्या भारत के लिए ‘ऑपरेशन सिंदूर 2.0’ का समय आ गया है?

21 November 2025

पाकिस्तान एक आतंकी मुल्क है और इसमें शायद ही किसी को कोई संशय हो, ख़ुद पाकिस्तान के मित्र भी न सिर्फ इसे अच्छी तरह जानते...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

Truth of IRIS Dena: 8 Days That Changed Narrative | War zone Reality, Not an Indian Navy Exercise

Truth of IRIS Dena: 8 Days That Changed Narrative | War zone Reality, Not an Indian Navy Exercise

00:08:02

300 Million Euros for SCALP: Strategic Necessity or Costly Dependency on France300

00:04:06

Tejas Mk1A: 19th aircraft coupled but Not Delivered: What Is Holding Back the IAF Induction?

00:07:21

Agni-3 Launch Decoded: Why Test an Active Nuclear Missile That’s Already Deployed?

00:05:05

India’s Swadesi ‘Meteor’: World’s Most Lethal BVR Missile | Gandiv| SFDR | DRDO

00:06:48
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited