TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    कनाडा के बयान ने भारत की स्थिति को किया मजबूत

    आया ऊंट पहाड़ के नीचे: ट्रम्प की दादागीरी से त्रस्त कनाडा अब Order Based World को लेकर भारत के सुर में सुर क्यों मिला रहा है?

    ईरान की आंतरिक उथल-पुथल से आगे, अंतरराष्ट्रीय असर

    ईरान संकट: भारत के लिए स्थिरता ही सही रणनीति

    युवराज की मौत: लापरवाही, लाचारी और जवाबदेही का सवाल

    नोएडा में सिस्टम की लापरवाही से 27 वर्षीय सॉफ्टवेयर इंजीनियर की मौत

    युवराज की मौत: लापरवाही, लाचारी और जवाबदेही का सवाल

    नितिन नबीन के ताजपोशी में पीएम मोदी ने खुद को बताया कार्यकर्ता , बीजेपी ऑफिस में जश्न का माहौल

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    PMAY U 2.0 और आवास फायनेंसियर्स: आसान EMI के साथ अपना घर कैसे बनाए?

    PMAY U 2.0 और आवास फायनेंसियर्स: आसान EMI के साथ अपना घर कैसे बनाए?

    खनन क्षेत्र में बेहतरीन काम के लिए केंद्र सरकार ने धामी सरकार की तारीफ की

    खनन सुधारों में फिर नंबर वन बना उत्तराखंड, बेहतरीन काम के लिए धामी सरकार को केंद्र सरकार से मिली 100 करोड़ रुपये की प्रोत्साहन राशि

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    सिमरन बाला 26 जनवरी को कर्तव्य पथ पर क्या खास करने वाली है

    पाकिस्तानी गोलाबारी के बीच पली-बढ़ीं, अब गणतंंत्र दिवस परेड में CRPF की पुरुष टुकड़ी का करेंगी नेतृत्व, जानिए कौन हैं जम्मू-कश्मीर का नाम रौशन करने वालीं सिमरन बाला?

    चाबहार बंदरगाह भारत के लिए रणनीतिक रूप से अत्यंत महत्वपूर्ण है

    अमेरिकी दबाव के बीच भारत चाबहार बंदरगाह पर अपनी रणनीतिक मौजूदगी बनाए रखने पर विचार कर रहा

    भारतीय नौसेना पानी और ज़मीन दोनों से उड़ान भर सकने वाले उभयचर विमानों को शामिल करने की योजना पर काम कर रही है।

    भारतीय नौसेना का नया प्लान, पानी पर नए रनवे बनाने की तैयारी

    भारत के लिए राफेल की डील होनी बड़ी सफलता है।

    भारत–फ्रांस के बीच 114 राफेल लड़ाकू विमानों पर बड़ी सहमति, नागपुर में बनेगी असेंबली लाइन

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    कनाडा के बयान ने भारत की स्थिति को किया मजबूत

    आया ऊंट पहाड़ के नीचे: ट्रम्प की दादागीरी से त्रस्त कनाडा अब Order Based World को लेकर भारत के सुर में सुर क्यों मिला रहा है?

    ईरान की आंतरिक उथल-पुथल से आगे, अंतरराष्ट्रीय असर

    ईरान संकट: भारत के लिए स्थिरता ही सही रणनीति

    एक फोन कॉल और बढ़ती नाराज़गी—भारत को लेकर ट्रंप क्यों खफा

    विदेश मंत्रालय का स्पष्ट जवाब: 500% अमेरिकी टैरिफ के बावजूद भारत रूस से तेल खरीदना जारी रखेगा

    ईरान पर ट्रंप का गुस्सा, देश तबाह करने की बात

    ट्रंप की ईरान को खुली धमकी: कहा- पूरा देश तबाह कर देंगे

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    भारतीय संविधान और मौलिक अधिकार

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकार बाहर से नहीं आए, इनकी संकल्पना भारतीय ज्ञान परंपरा में सदियों से मौजूद है

    भारतीय संविधान

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकारों की संकल्पना हमारे लिए नई नहीं है, ये भारतीय ज्ञान परंपरा का अभिन्न हिस्सा है

    औरंगज़ेब ने जोरावर सिंह और फतेह सिंह को दीवार मे ज़िंदा चुनवाने का आदेश दिया था

    वीर बाल दिवस: क्रिसमस-नववर्ष का जश्न तो ठीक है लेकिन वीर साहिबजादों का बलिदान भी स्मरण रहे

    गुरु गोबिंद सिंह जी ने मुगल शासक औरंगज़ेब की अधीनता स्वीकार करने से इंकार कर दिया

    वीर बाल दिवस: उत्सवों के बीच साहिबज़ादों के अमर बलिदान को नमन

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    आतंक के खिलाफ बड़ा कदम: J&K में 5 सरकारी कर्मचारियों की सेवा समाप्त

    जम्मू कश्मीर में 5 सरकारी कर्मचारी सेवा से बर्खास्त , जानें क्यों मनोज सिन्हा ने लिया यह फैसला?

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    शोले फिल्म में पानी की टंकी पर चढ़े धर्मेंद्र

    बॉलीवुड का ही-मैन- जिसने रुलाया भी, हंसाया भी: धर्मेंद्र के सिने सफर की 10 नायाब फिल्में

    नीतीश कुमार

    जेडी(यू) के ख़िलाफ़ एंटी इन्कंबेसी क्यों नहीं होती? बिहार में क्यों X फैक्टर बने हुए हैं नीतीश कुमार?

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    कनाडा के बयान ने भारत की स्थिति को किया मजबूत

    आया ऊंट पहाड़ के नीचे: ट्रम्प की दादागीरी से त्रस्त कनाडा अब Order Based World को लेकर भारत के सुर में सुर क्यों मिला रहा है?

    ईरान की आंतरिक उथल-पुथल से आगे, अंतरराष्ट्रीय असर

    ईरान संकट: भारत के लिए स्थिरता ही सही रणनीति

    युवराज की मौत: लापरवाही, लाचारी और जवाबदेही का सवाल

    नोएडा में सिस्टम की लापरवाही से 27 वर्षीय सॉफ्टवेयर इंजीनियर की मौत

    युवराज की मौत: लापरवाही, लाचारी और जवाबदेही का सवाल

    नितिन नबीन के ताजपोशी में पीएम मोदी ने खुद को बताया कार्यकर्ता , बीजेपी ऑफिस में जश्न का माहौल

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    PMAY U 2.0 और आवास फायनेंसियर्स: आसान EMI के साथ अपना घर कैसे बनाए?

    PMAY U 2.0 और आवास फायनेंसियर्स: आसान EMI के साथ अपना घर कैसे बनाए?

    खनन क्षेत्र में बेहतरीन काम के लिए केंद्र सरकार ने धामी सरकार की तारीफ की

    खनन सुधारों में फिर नंबर वन बना उत्तराखंड, बेहतरीन काम के लिए धामी सरकार को केंद्र सरकार से मिली 100 करोड़ रुपये की प्रोत्साहन राशि

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    सिमरन बाला 26 जनवरी को कर्तव्य पथ पर क्या खास करने वाली है

    पाकिस्तानी गोलाबारी के बीच पली-बढ़ीं, अब गणतंंत्र दिवस परेड में CRPF की पुरुष टुकड़ी का करेंगी नेतृत्व, जानिए कौन हैं जम्मू-कश्मीर का नाम रौशन करने वालीं सिमरन बाला?

    चाबहार बंदरगाह भारत के लिए रणनीतिक रूप से अत्यंत महत्वपूर्ण है

    अमेरिकी दबाव के बीच भारत चाबहार बंदरगाह पर अपनी रणनीतिक मौजूदगी बनाए रखने पर विचार कर रहा

    भारतीय नौसेना पानी और ज़मीन दोनों से उड़ान भर सकने वाले उभयचर विमानों को शामिल करने की योजना पर काम कर रही है।

    भारतीय नौसेना का नया प्लान, पानी पर नए रनवे बनाने की तैयारी

    भारत के लिए राफेल की डील होनी बड़ी सफलता है।

    भारत–फ्रांस के बीच 114 राफेल लड़ाकू विमानों पर बड़ी सहमति, नागपुर में बनेगी असेंबली लाइन

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    कनाडा के बयान ने भारत की स्थिति को किया मजबूत

    आया ऊंट पहाड़ के नीचे: ट्रम्प की दादागीरी से त्रस्त कनाडा अब Order Based World को लेकर भारत के सुर में सुर क्यों मिला रहा है?

    ईरान की आंतरिक उथल-पुथल से आगे, अंतरराष्ट्रीय असर

    ईरान संकट: भारत के लिए स्थिरता ही सही रणनीति

    एक फोन कॉल और बढ़ती नाराज़गी—भारत को लेकर ट्रंप क्यों खफा

    विदेश मंत्रालय का स्पष्ट जवाब: 500% अमेरिकी टैरिफ के बावजूद भारत रूस से तेल खरीदना जारी रखेगा

    ईरान पर ट्रंप का गुस्सा, देश तबाह करने की बात

    ट्रंप की ईरान को खुली धमकी: कहा- पूरा देश तबाह कर देंगे

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    भारतीय संविधान और मौलिक अधिकार

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकार बाहर से नहीं आए, इनकी संकल्पना भारतीय ज्ञान परंपरा में सदियों से मौजूद है

    भारतीय संविधान

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकारों की संकल्पना हमारे लिए नई नहीं है, ये भारतीय ज्ञान परंपरा का अभिन्न हिस्सा है

    औरंगज़ेब ने जोरावर सिंह और फतेह सिंह को दीवार मे ज़िंदा चुनवाने का आदेश दिया था

    वीर बाल दिवस: क्रिसमस-नववर्ष का जश्न तो ठीक है लेकिन वीर साहिबजादों का बलिदान भी स्मरण रहे

    गुरु गोबिंद सिंह जी ने मुगल शासक औरंगज़ेब की अधीनता स्वीकार करने से इंकार कर दिया

    वीर बाल दिवस: उत्सवों के बीच साहिबज़ादों के अमर बलिदान को नमन

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    आतंक के खिलाफ बड़ा कदम: J&K में 5 सरकारी कर्मचारियों की सेवा समाप्त

    जम्मू कश्मीर में 5 सरकारी कर्मचारी सेवा से बर्खास्त , जानें क्यों मनोज सिन्हा ने लिया यह फैसला?

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    शोले फिल्म में पानी की टंकी पर चढ़े धर्मेंद्र

    बॉलीवुड का ही-मैन- जिसने रुलाया भी, हंसाया भी: धर्मेंद्र के सिने सफर की 10 नायाब फिल्में

    नीतीश कुमार

    जेडी(यू) के ख़िलाफ़ एंटी इन्कंबेसी क्यों नहीं होती? बिहार में क्यों X फैक्टर बने हुए हैं नीतीश कुमार?

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

शिंजो आबे के पूर्व सलाहकार की घोषणा, भारत के कंधों पर ही टिका है QUAD

कांग्रेसियों के अलावा पूरे विश्व को है भारत की शक्ति का आभास!

Shikhar Srivastava द्वारा Shikhar Srivastava
1 June 2022
in चर्चित
तोमोहिको तानिगुचि भारत

Source- Google

Share on FacebookShare on X

भारत QUAD की केंद्रीय शक्ति है। यह हम नहीं, QUAD के विचार के जनक शिंजो आबे के मुख्य सलाहकार का कहना है। जापान के पूर्व प्रधानमंत्री शिंजो आबे के मंत्रिमंडल में मुख्य सलाहकार रहे तोमोहिको तानिगुचि ने यह बात कही है। तोमोहिको तानिगुचि जापान में Graduate School of SDM, Keio University में प्राध्यापक भी हैं और विदेश नीति के विशेषज्ञ हैं। एक साक्षात्कार में तोमोहिको तानिगुचि ने कहा, “भारत के बिना नरेंद्र मोदी के बिना, QUAD नहीं उड़ सकता था।” भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की प्रशंसा करते हुए उन्होंने कहा, “भारत के सक्रिय रूप में अमेरिका के नेतृत्व वाले शिविर में शामिल होने के बारे में, दिल्ली के अभिजात्य वर्ग के सदस्यों में एक हद तक हिचकिचाहट थी। गुटनिरपेक्षता की विरासत को पार करने के लिए नरेंद्र मोदी के साहस और स्पष्टता की आवश्यकता थी।”

अभिजात्य वर्ग से उनका अभिप्राय नेहरू-गांधी परिवार के शासन के अंतर्गत निर्मित हुए भारत के डीप स्टेट से है। उन्होंने यह तथ्य रेखांकित किया कि किस प्रकार भारत का बुद्धिजीवी वर्ग, विदेश मामलों को निर्धारित करने वाले बड़े अधिकारी, मीडिया, अकादमिक जगत आदि सभी पूर्व प्रधानमंत्री नेहरू की गुटनिरपेक्ष नीति से चिपके हुए थे। ऐसे डीप स्टेट के बीच प्रधानमंत्री मोदी ने अपनी अलग रेखा खींची, जो आज विश्व पटल पर उनकी कहानी बयां कर रही है। तोमोहिको तानिगुचि ने प्रधानमंत्री मोदी की प्रशंसा करते हुए कहा कि उनके (पीएम मोदी के) विचारों में इंडो पैसेफिक को लेकर कोई दुविधा और संशय नहीं है। उन्होंने कहा, “जब इंडो-पैसिफिक थिएटर की बात आती है, तो वह अच्छी तरह से जानते हैं कि तत्काल चुनौती रूस-यूक्रेन युद्ध के बारे में हो सकती है, लेकिन दीर्घकालिक चुनौती इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में बनी रहेगी।”

संबंधितपोस्ट

SHANTI बिल: नरेन्द्र मोदी सरकार की परमाणु ऊर्जा नीति, विकसित भारत की भविष्य दृष्टि

संघ के 100 वर्ष: डॉ. हेडगेवार को भारत रत्न से सम्मानित कर शताब्दी समारोह को ख़ास बनाएगी मोदी सरकार ?

भारत सरकार का ‘भारती’ इनिशिएटिव: कृषि निर्यात को नई ऊँचाइयों तक ले जाने का रोडमैप

और लोड करें

तोमोहिको तानिगुचि ने भारत की इस क्षेत्र में भूमिका की आवश्यकता पर टिप्पणी करते हुए कहा कि “शिंजो आबे द्वारा एशिया-प्रशांत से इंडो-पैसिफिक तक भौगोलिक क्षितिज का विस्तार करने का मुख्य कारण यह था कि वह भारत को इसमें शामिल करना चाहते थे। उन्हें पता था कि हिंद महासागर 21 वीं सदी के लिए औद्योगिक राजमार्ग होगा और इस तथ्य को देखते हुए कि अगर दुनिया में कोई देश है जो हिंद महासागर क्षेत्र में शांति, सुरक्षा और समृद्धि के लिए बहुत अधिक जिम्मेदार महसूस करता है, तो वह भारत है।” तोमोहिको तानिगुचि ने कहा कि यूक्रेन के मुद्दे पर भी भारत को QUAD से अलग नहीं किया जा सकता, भले ही भारत यूक्रेन के मुद्दे पर रूस के विरुद्ध अन्य QUAD सदस्यों के समान मुखर नहीं हुआ। उन्होंने कहा ऐसा करना QUAD को कमजोर करना होगा।

और पढ़ें: इस तरह भारत पेपर ड्रैगन को हर मोड़ पर मात दे रहा है

भारत के बिना संभव नहीं हिंद-प्रशांत क्षेत्र की कोई भी रणनीति 

ध्यान देने वाली बात है कि तोमोहिको तानिगुचि जो बात कह रहे हैं वह सत्य को उद्घाटित करने वाली है। हिन्द महासागर क्षेत्र से जल के माध्यम से होने वाले विश्व व्यापार का 80% व्यापार संभव होता है। यह महासागर तीन महाद्वीपों को जोड़ता है और साथ ही यह दक्षिण एशिया, द० पूर्वी और पूर्वी एशिया के साथ ही पूर्वी अफ्रीका और ऑस्ट्रेलिया तथा यूरोप के बीच होने वाले समस्त व्यापार का केंद्र है। इस महासागर में सबसे बड़ी नौसैनिक और आर्थिक शक्ति भारत ही है। ऐसे में बिना भारत को सम्मिलित किए हिन्द महासागर को सुरक्षित और संवृद्ध करने की कोई योजना अथवा इस क्षेत्र में होने वाले व्यापार की स्थिरता के लिए बनी कोई योजना, कोई संगठन, सफल हो ही नहीं सकता।

महत्वपूर्ण तथ्य यह है कि QUAD के विचार को जन्म देने वाले शिंजो आबे ने यह बात समझ ली थी और इस कारण वर्ष 2007 में QUAD की बात उठाई थी। किन्तु कुछ ही समय में ऑस्ट्रेलिया ने इस समूह से स्वयं को अलग कर लिया और उसके बाद भारत ने चीन और रूस के साथ ब्रिक्स समूह के कार्य को सक्रियता के साथ बढ़ाना शुरू कर दिया, जिससे QUAD ठंडे बस्ते में चला गया था। ब्रिक्स में भारत की सक्रिय भागीदारी संभवत: दूरदर्शिता पूर्ण निर्णय नहीं था। वर्ष 2017 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत ने पुनः सक्रियता दिखाई और इसी दौरान अमेरिका में ट्रम्प तथा ऑस्ट्रेलिया में स्कॉट मॉरिसन सत्ता में आ चुके थे। तत्कालीन जापानी प्रधानमंत्री आबे ने पुनः अपनी कार्ययोजना लागू की। भारत की ओर से अमेरिका, जापान और ऑस्ट्रेलिया के साथ एक के बाद एक सामरिक दृष्टि से महत्वपूर्ण समझौता करके स्पष्ट कर दिया गया कि अब भारत पीछे नहीं हटेगा। फिर क्या था, भारत की सक्रियता ने QUAD में जान फूंक दी।

“चीन के प्रत्येक प्रश्न का उत्तर है भारत”

जापान के पूर्व प्रधानमंत्री के मुख्य सलाहकार तोमोहिको तानिगुचि अकेले ऐसे व्यक्ति नहीं हैं, जिन्होंने भारत की केंद्रीय और सबसे महत्वपूर्ण भूमिका की बात स्वीकार की है। ऑस्ट्रेलिया के पूर्व प्रधानमंत्री टोनी एब्बॉट ने भी कहा था कि “चीन के प्रत्येक प्रश्न का उत्तर है भारत।” वहीं, अमेरिका ने तो अपने आधिकारिक बयान में यह स्पष्ट किया है कि अमेरिका चाहता है कि भारत हिन्द-प्रशांत क्षेत्र में ‛नेट सेक्युरिटी प्रोवाइडर’ अर्थात् सुरक्षा प्रदान करने वाला देश बने। अमेरिका की यह नीति इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि अब तक अमेरिका ने अपने सभी सहयोगियों को उनकी सुरक्षा मजबूत करने के लिए सहायता की है और भारत एकमात्र ऐसी शक्ति है, जिसके सन्दर्भ में अमेरिका स्वीकार करता है कि वह अपनी सुरक्षा करने में सक्षम है। इसलिए उसे अब अपनी भूमिका का विस्तार करते हुए, इस क्षेत्र के अन्य देशों को उसी प्रकार सुरक्षा देनी चाहिए, जैसे अमेरिका लम्बे समय तक अपने सहयोगियों को देता रहा है। भारत सदैव से सक्षम था, आवश्यकता थी साहसपूर्ण निर्णय लेने वाले नेतृत्व की, जो वर्ष 2014 के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के रूप में इस देश को मिल गया है।

और पढ़ें: ‘चीन पर प्रत्येक सवाल का जवाब भारत है’ ऑस्ट्रेलिया और सहयोगी देशों का चीन पर भारत को समर्थन

Tags: क्वाडतोमोहिको तानिगुचिमोदी सरकार
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

भ्रष्टाचार में कांग्रेस के बाद दूसरे स्थान पर है केजरीवाल की आम आदमी पार्टी!

अगली पोस्ट

अखिलेश यादव, सीएम योगी के मजे लेना चाहते थे, देने पड़ गए

संबंधित पोस्ट

ICC का बांग्लादेश को अल्टीमेटम: भारत में खेलो या वर्ल्ड कप से बाहर निकलो
क्रिकेट

ICC का बांग्लादेश को अल्टीमेटम: भारत में खेलो या वर्ल्ड कप से बाहर निकलो

21 January 2026

तेवर दिखा रहे बांग्लादेश को एक बार फिर BCCI ने उसकी हैसियत दिखा दी है, लेकिन इस बार ICC के ज़रिए। दरअसल ICC ने बांग्लादेश...

पीएम मोदी ने सीधा निशाना साधा है।
चर्चित

पीएम मोदी ने टीएमसी पर साधा निशाना, कहा— जेन Z को बीजेपी के विकास मॉडल पर भरोसा**

17 January 2026

पीेएम मोदी ने शनिवार को एक सभा  को संबोधित करते हुए कहा कि देश की युवा पीढ़ी का भरोसा तेजी से बीजेपी के विकास मॉडल...

समीर दास की हत्या से उजागर हुई बांग्लादेश में अल्पसंख्यकों की मुश्किलें
चर्चित

समीर दास की हत्या: बांग्लादेश में भीड़ की हिंसा और अल्पसंख्यक असुरक्षा

13 January 2026

बांग्लादेश में 28 साल के हिंदू ऑटो चालक समीर दास की निर्मम हत्या ने फिर से यह सवाल उठाया है कि देश में धार्मिक अल्पसंख्यकों,...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

French Media Exposes Pakistan and China on the Rafale lost

French Media Exposes Pakistan and China on the Rafale lost

00:04:36

An Quiet Dialogue Between Nature and the City|Ft. Shashi Tripathi | Art| Indian Navy

00:03:24

Ramjet-Powered Shell: A Potential Game Changer for Indian Artillery| IIT Madra

00:06:25

Trump makes false apache deal claims, runs down India US relations

00:05:44

Captured Turkish YIHA drone Showed by the Indian Army |Defence News| Operation Sindoor

00:00:58
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited