TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    वंदे मातरम को लेकर एक बार फिर विवाद

    वंदे मातरम को लेकर एक बार फिर विवाद : मुस्लिम संगठन ने वंदे मातरम को स्वीकार करने को हमला बताया

    फिल्म घूसखोर पंडित को लेकर बवाल

    सुप्रीम कोर्ट ने नेटफ्लिक्स को निर्देश दिया: ‘घूसखोर पंडित’ का नाम बदलें, फिल्म का टाइटल बदलने तक ‘रिलीज़ नहीं

    शेख हसीना का भारत में प्रवास और प्रत्यर्पण

    बांग्लादेश में बीएनपी की सत्ता वापसी: जानें क्या हुआ था साल 2024 में ?

    बांग्लादेश में नई सरकार की तैयारी

    बांग्लादेश में नई सरकार की तैयारी: तारिक रहमान को पीएम मोदी ने दी बधाई, कहां -मिलकर करेंगे काम

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    भारत अमेरिका डिल में जानें क्या है खास बात

    India US Trade Deal: अमेरिका के साथ खेती और डेयरी को लेकर क्या हुई डील? जानें भारत ने क्या लिया फैसला

    सिस्टम की लापरवाही से दिल्ली में एक और मौत

    जल बोर्ड की चूक बनी जानलेवा, जनकपुरी में गड्ढ़े में गिरकर बाइक सवार की मौत

    चिकन नेक भारत की एक पतली ज़मीन की पट्टी है

    चिकन नेक में अंडरग्राउंड रेल कनेक्टिविटी: हकीकत या सिर्फ योजना?

    अडानी ग्रुप इटली के लियोनार्दो के साथ स्वदेशी समानों से बनाएगा हेलिकॉप्टर

    भारत में हेलिकॉप्टर उत्पाद बढ़ेगा, अदानी ग्रुप ने लियोनार्दो के साथ की पहल ,स्वदेशी को दिया जाएगा बढ़ावा

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    तेजस Mk1-A: बन कर तैया

    तेजस Mk1-A: बन कर तैयार हैं तो फिर Air Force को सौंपे क्यों नहीं गए ? इंजन या HAL की लेट लतीफी- क्या है देरी की असली वजह ?

    भारत में बनाएं जाएंगे स्वदेशी विमान

    फ्रांस से 114 राफेल खरीदने की ₹3.25 लाख करोड़ डील को जल्द मिल सकती है DAC की मंज़ूरी

    अग्नि-3 एक तैयार और मैच्योर मिसाइल सिस्टम है

    अग्नि -3 का एक और परीक्षण: भारत एक Active Nuclear Missile को बार-बार Test क्यों कर रहा है?

    डिंगातारा सिंगापुर के साथ मिलकर करेगा उपग्रहों की सुरक्षा

    अंतरिक्ष मलबे से निपटने के लिए भारतीय स्टार्टअप डिंगातारा और सिंगापुर की साझेदारी

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    भारत का ऊर्जा रणनीतिक बदलाव

    रूस पर निर्भरता घटाने की दिशा में भारत का कदम: वेनेजुएला से 20 लाख बैरल तेल की खरीद

    रूसी मेडिकल कॉलेज हॉस्टल में चाकू से हमला

    रूसी मेडिकल कॉलेज हॉस्टल में चाकू से हमला, 4 भारतीय छात्र घायल

    भारत–EU सहयोग को नई गति

    समुद्री निगरानी को मजबूत करता भारत, यूरोपीय संघ को दी IFC-IOR तक पहुंच

    एलन मस्क को भारत से बड़ा झटका

    एलन मस्क को झटका : भारत ने स्टारलिंक के GEN-2 सैटेलाइट सिस्टम को किया खारिज

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    के एम करियाप्पा अनुशासन के प्रतीक

    फील्ड मार्शल के .एम. करियाप्पा : अनुशासन और देशभक्ति की मिसाल

    10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    इतिहास की गवाही: 10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    नेहरू अपने निजी अकाउंट में जमा कराना चाहते थे कुछ खजाना!

    नेताजी की आजाद हिंद फौज के खजाने का क्या हुआ? क्यों खजाने की लूट पर जांच से बचते रहे जवाहर लाल नेहरू ?

    भारतीय संविधान और मौलिक अधिकार

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकार बाहर से नहीं आए, इनकी संकल्पना भारतीय ज्ञान परंपरा में सदियों से मौजूद है

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    भारतीय यूट्यूबर्स की कमाई: करोड़पति बनने वाले टॉप 10 कंटेंट क्रिएटर्स

    भारतीय यूट्यूबर्स की कमाई: करोड़पति बनने वाले टॉप 10 कंटेंट क्रिएटर्स

    आतंक के खिलाफ बड़ा कदम: J&K में 5 सरकारी कर्मचारियों की सेवा समाप्त

    जम्मू कश्मीर में 5 सरकारी कर्मचारी सेवा से बर्खास्त , जानें क्यों मनोज सिन्हा ने लिया यह फैसला?

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    शोले फिल्म में पानी की टंकी पर चढ़े धर्मेंद्र

    बॉलीवुड का ही-मैन- जिसने रुलाया भी, हंसाया भी: धर्मेंद्र के सिने सफर की 10 नायाब फिल्में

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    वंदे मातरम को लेकर एक बार फिर विवाद

    वंदे मातरम को लेकर एक बार फिर विवाद : मुस्लिम संगठन ने वंदे मातरम को स्वीकार करने को हमला बताया

    फिल्म घूसखोर पंडित को लेकर बवाल

    सुप्रीम कोर्ट ने नेटफ्लिक्स को निर्देश दिया: ‘घूसखोर पंडित’ का नाम बदलें, फिल्म का टाइटल बदलने तक ‘रिलीज़ नहीं

    शेख हसीना का भारत में प्रवास और प्रत्यर्पण

    बांग्लादेश में बीएनपी की सत्ता वापसी: जानें क्या हुआ था साल 2024 में ?

    बांग्लादेश में नई सरकार की तैयारी

    बांग्लादेश में नई सरकार की तैयारी: तारिक रहमान को पीएम मोदी ने दी बधाई, कहां -मिलकर करेंगे काम

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    भारत अमेरिका डिल में जानें क्या है खास बात

    India US Trade Deal: अमेरिका के साथ खेती और डेयरी को लेकर क्या हुई डील? जानें भारत ने क्या लिया फैसला

    सिस्टम की लापरवाही से दिल्ली में एक और मौत

    जल बोर्ड की चूक बनी जानलेवा, जनकपुरी में गड्ढ़े में गिरकर बाइक सवार की मौत

    चिकन नेक भारत की एक पतली ज़मीन की पट्टी है

    चिकन नेक में अंडरग्राउंड रेल कनेक्टिविटी: हकीकत या सिर्फ योजना?

    अडानी ग्रुप इटली के लियोनार्दो के साथ स्वदेशी समानों से बनाएगा हेलिकॉप्टर

    भारत में हेलिकॉप्टर उत्पाद बढ़ेगा, अदानी ग्रुप ने लियोनार्दो के साथ की पहल ,स्वदेशी को दिया जाएगा बढ़ावा

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    तेजस Mk1-A: बन कर तैया

    तेजस Mk1-A: बन कर तैयार हैं तो फिर Air Force को सौंपे क्यों नहीं गए ? इंजन या HAL की लेट लतीफी- क्या है देरी की असली वजह ?

    भारत में बनाएं जाएंगे स्वदेशी विमान

    फ्रांस से 114 राफेल खरीदने की ₹3.25 लाख करोड़ डील को जल्द मिल सकती है DAC की मंज़ूरी

    अग्नि-3 एक तैयार और मैच्योर मिसाइल सिस्टम है

    अग्नि -3 का एक और परीक्षण: भारत एक Active Nuclear Missile को बार-बार Test क्यों कर रहा है?

    डिंगातारा सिंगापुर के साथ मिलकर करेगा उपग्रहों की सुरक्षा

    अंतरिक्ष मलबे से निपटने के लिए भारतीय स्टार्टअप डिंगातारा और सिंगापुर की साझेदारी

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    भारत का ऊर्जा रणनीतिक बदलाव

    रूस पर निर्भरता घटाने की दिशा में भारत का कदम: वेनेजुएला से 20 लाख बैरल तेल की खरीद

    रूसी मेडिकल कॉलेज हॉस्टल में चाकू से हमला

    रूसी मेडिकल कॉलेज हॉस्टल में चाकू से हमला, 4 भारतीय छात्र घायल

    भारत–EU सहयोग को नई गति

    समुद्री निगरानी को मजबूत करता भारत, यूरोपीय संघ को दी IFC-IOR तक पहुंच

    एलन मस्क को भारत से बड़ा झटका

    एलन मस्क को झटका : भारत ने स्टारलिंक के GEN-2 सैटेलाइट सिस्टम को किया खारिज

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    के एम करियाप्पा अनुशासन के प्रतीक

    फील्ड मार्शल के .एम. करियाप्पा : अनुशासन और देशभक्ति की मिसाल

    10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    इतिहास की गवाही: 10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    नेहरू अपने निजी अकाउंट में जमा कराना चाहते थे कुछ खजाना!

    नेताजी की आजाद हिंद फौज के खजाने का क्या हुआ? क्यों खजाने की लूट पर जांच से बचते रहे जवाहर लाल नेहरू ?

    भारतीय संविधान और मौलिक अधिकार

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकार बाहर से नहीं आए, इनकी संकल्पना भारतीय ज्ञान परंपरा में सदियों से मौजूद है

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    भारतीय यूट्यूबर्स की कमाई: करोड़पति बनने वाले टॉप 10 कंटेंट क्रिएटर्स

    भारतीय यूट्यूबर्स की कमाई: करोड़पति बनने वाले टॉप 10 कंटेंट क्रिएटर्स

    आतंक के खिलाफ बड़ा कदम: J&K में 5 सरकारी कर्मचारियों की सेवा समाप्त

    जम्मू कश्मीर में 5 सरकारी कर्मचारी सेवा से बर्खास्त , जानें क्यों मनोज सिन्हा ने लिया यह फैसला?

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    शोले फिल्म में पानी की टंकी पर चढ़े धर्मेंद्र

    बॉलीवुड का ही-मैन- जिसने रुलाया भी, हंसाया भी: धर्मेंद्र के सिने सफर की 10 नायाब फिल्में

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

ऋषिकेश मुखर्जी: फिल्मकार जो सरल लेकिन ऐसी फिल्में बनाता था जिन्हें पीढ़ियां याद रखें

इनकी कोई बराबरी नहीं!

Animesh Pandey द्वारा Animesh Pandey
30 September 2022
in चलचित्र
hrishikesh mukherjee
Share on FacebookShare on X

‘गोलमाल है भई सब गोलमाल है, सीधे रास्ते की एक टेढ़ी चाल है, गोलमाल है भई सब गोलमाल है!”

कुछ स्मरण हुआ? एक युग ऐसा भी था जब लोगों को सिनेमाघरों में आकर्षित करने के लिए न चमचमाती गाड़ी चाहिए होती थी, न अभद्र भाषा और न ही किसी प्रकार की विलासिता। सरल जीवन, हंसते खेलते लोग और आम दिनचर्या से काम चल जाता।

संबंधितपोस्ट

बॉलीवुड का ही-मैन- जिसने रुलाया भी, हंसाया भी: धर्मेंद्र के सिने सफर की 10 नायाब फिल्में

यूँ ही नहीं भाजपा ने चुना रामलीला मैदान – ‘सिंहासन खाली करो’ से लेकर ‘मैं हूँ आम आदमी’ और ‘आप-दा हटाओ’ तक, इस ऐतिहासिक मैदान ने लिखी है सत्ता के उत्थान-पतन की कहानी!

‘गायिकी से भी हो सकती है देशसेवा’: जब पशोपेश में फँसीं लता मंगेशकर को वीर सावरकर ने दिखाई राह

और लोड करें

आज मिलते हैं कहीं ऐसे लोग?

परंतु एक समय ऐसा भी था, जब ऐसे फिल्मकार भी थे और इनकी फिल्मों को देखने के लिए जनता लालायित भी रहती थी। इनकी फिल्मों को देखने के लिए परिवार का हर सदस्य ऐसे सिनेमा हॉल से चिपकता था जैसे बचपन में बालक कार्टून देखते समय टीवी से चिपकता है। इस व्यक्ति का नाम है ऋषिकेश मुखर्जी, जिन्होंने सिनेमा को पारिवारिक रूप दिया।

ऋषिकेश मुखर्जी का जन्म 30 सितंबर 1922 को कोलकाता मेंं हुआ था और उनकी मृत्यु 27 अगस्त 2006 को मुंबई में हुई थी। उन्होंने विज्ञान विषय से पढ़ाई की थी और कलकत्ता विश्वविद्यालय से उन्होंने अपनी स्नातक स्तर की पढ़ाई रसायन शास्त्र में पूरी की थी और कुछ समय तक अध्यापक के रूप में भी काम किया था।

ऋषिकेश के फिल्मों में सबसे विशेष बात है उनका सामाजिक संदर्भ। आज जो प्रसिद्धि TVF को ‘डाउन टू अर्थ’ यानी जमीन से जुड़ी तमाम सीरीज़ दिखाकर प्राप्त है ये बहुत ही पूर्व ऋषिकेश मुखर्जी अपनी फिल्मों से प्रारंभ कर चुके थे।

और पढ़े: परवीन, जिया, रिया और सुशांत: महेश भट्ट का स्याह जीवन

उनकी फ़िल्मों में हिंदुस्तान नज़र आता था

ऋषिकेश मुखर्जी को याद करते हुए जानी-मानी गायिका लता मंगेशकर कहती थीं- “मैं उन्हें एक निर्देशक और अपने बड़े भाई के रूप में याद करती हूं। उनसे मेरे काफ़ी अच्छे संबंध थे। उनकी पहली फ़िल्म से मैंने उनके साथ काम किया था।” लता मानती थीं- “गुरुदत्त, शांताराम और बिमल दा के बाद ऋषिकेश दा ही थे जिनकी फ़िल्मों में हिंदुस्तान नज़र आता था। उनकी फ़िल्मों में गांवों और शहरों में रहने वाला असली हिंदुस्तान नज़र आता था।”

ऋषिकेश दा के साथ बीते वक्त को याद करते हुए लता मंगेशकर बताती थीं- “कई राज्यों में सफ़ेद साड़ी किसी के गुज़र जाने पर पहनी जाती है। मैं हमेशा से सफ़ेद साड़ी पसंद करती रही हूं। मुझे याद है कि वो मुझे इसके लिए हमेशा टोकते थे। उन्होंने मुझसे कहा था कि मेरे पास किनारेदार साड़ी पहनकर ही आना और इसलिए मैं उनके पास वैसी ही साड़ी पहनकर जाती थी।”

इन्होंने संपादक के रूप में अपना कार्य प्रारंभ किया और कई सुपरहिट, ब्लॉकबस्टर फिल्मों में अपना योगदान दिया। दो बीघा जमीन, देवदास, मधुमती, गंगा जमुना, इनके ही कुशल सम्पादन की देन थी। परंतु इन्होंने शीघ्र ही सोचा क्यों न लंबा हाथ मारा जाए? सो निकल पड़े निर्देशन के क्षेत्र में।

और पढ़े: रणवीर सिंह – उम्दा एक्टर से नौटंकी बनने तक की कहानी

निर्देशन के क्षेत्र में आजमाया हाथ 

ऋषिकेश मुखर्जी ने प्रारंभ किया मुसाफिर नामक फिल्म से जो 1957 में प्रदर्शित हुई। यह बहुत बड़ी सफलता नहीं थी, परंतु उनकी दूसरी फिल्म अनाड़ी ने बॉलीवुड की दशा और दिशा दोनों ही बदल दी। इस फिल्म ने राज कपूर के स्टार स्टेटस में चार चांद लगाए, बॉलीवुड को अद्वितीय ऊंचाई दी और आम तौर पर धीर गंभीर गाने के लिए चर्चित मुकेश से सकारात्मक गाने भी गवाये।

फिर तो ऋषिकेश दा ने पीछे मुड़कर नहीं देखा। 1961 में प्रदर्शित अनुराधा ने न केवल राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार प्राप्त किया अपितु उसके बाद उनके हल्के फुल्के मनोरंजक फिल्मों की लाइन लग गई। उन्हें तो मानों लक्ष्मी जी का वरदान प्राप्त था, जिस वस्तु या फिल्म को छूते वो सोना बन जाती। जब राजेश खन्ना सफलता की सीढ़ी चढ़ने लगे तो ऋषिकेश मुखर्जी ने भी इस अवसर का लाभ उठाया और उन्हें उनकी दो सबसे अभूतपूर्व फिल्में प्रदान की- ‘आनंद’ और ‘बावर्ची’ और वैसे भी जैसे आनंद बाबू कहे हैं, ‘बाबू मोशाय, ज़िंदगी बड़ी होनी चाहिए, लंबी नहीं!’

निर्देशन क्षेत्र में आने से पहले मुखर्जी प्रिंसिपल भी रह चुके थे। इसलिए क्या बोलना है, कैसे बोलना है और क्या नहीं कहना है? ये बातें भली-भांति जानते थे। कई बार वो धर्मेंद्र, अमिताभ बच्चन, राजेश खन्ना जैसे स्टार्स को किसी स्कूली बच्चे की तरह समझाते तो कभी सुना भी देते थे।

और पढ़े: पहले द कश्मीर फाइल्स, फिर RRR और अब RSS पर फिल्म, बदल रही है भारतीय सिनेमा की स्थिति!

देरी से आने पर शूटिंग कर दी कैंसिल

उदाहरण के लिए एक स्टार उनकी फिल्म के सेट पर 9 बजे की शिफ्ट होने के बावजूद करीब 12:30 बजे पहुंचा। चूंकि ऋषि दा को सेट पर लेट आने वाले लोग पसंद नहीं थे इसलिए जब वो स्टार आया तो वे उस समय तो कुछ नहीं बोले। जब स्टार ने मेकअप करवा लिया और शॉट देने के लिए तैयार हो गया तब अचानक ऋषि दा ने कहा कि आज शूटिंग नहीं होगी।

उनका मूड कब बदल जाए यह कोई नहीं जानता था। उनसे जुड़ा एक और किस्सा यह है कि एक बार अमोल पालेकर उनके साथ शूटिंग कर रहे थे। उन्होंने कोई शॉट दिया जो काफी अच्छा था पर अमोल को लगा कि वे इसे दोबारा और बेहतर कर सकते हैं। मुखर्जी के मना करने पर भी जब अमोल अड़े रहे तो मुखर्जी ने दोबारा शॉट तो लिया, लेकिन फाइनल फिल्म में उन्होंने पहले वाला शॉट ही रखा।

आपको पता है कि ‘आनंद’ फिल्म के लिए राजेश खन्ना प्रथम विकल्प नहीं थे? किशोर कुमार की लोकप्रियता को देखते हुए ऋषिकेश मुखर्जी उन्हें ही लेना चाहते थे, परंतु उन्हें अंत समय पर रिजेक्ट कर दिया। कारण थे स्वयं किशोर कुमार।

वो कैसे? फिल्म आनंद में ऋषिकेश दा पहले किशोर कुमार को कास्ट करने वाले थे पर उन्हीं दिनों किशोर कुमार का एक बंगाली प्रोड्यूसर से विवाद हो गया और उन्होंने गार्ड को निर्देश दिए कि कोई बंगाली मुझसे मिलने आए तो उसे भगा देना। एक दिन ऋषिकेश दा उनके घर पहुंचे लेकिन गार्ड ने उन्हें जाने नहीं दिया। इसके बाद ऋषिकेश मुखर्जी ने किशोर कुमार के साथ फिल्म बनाने का इरादा ही छोड़ दिया।

और पढ़े: राम गोपाल वर्मा की राह पर चल पड़े हैं अनुराग कश्यप, बस तनिक और डूबने की देर है

ऋषिकेश दा ने 8 फिल्मफेयर अवॉर्ड भी अपने नाम किए हैं। उन्होंने 5 बार प्रेसिडेंट सिल्वर मेडल जीता जो अनाड़ी, अनुपमा, आशीर्वाद, सत्यकाम और आनंद जैसी फिल्मों के लिए मिला। 1999 में वे दादा साहब फाल्के अवॉर्ड से सम्मानित हुए। 2001 में मुखर्जी साहब को पद्म विभूषण अवॉर्ड से नवाजा गया। इसी वर्ष उन्हें लाइफटाइम अचीवमेंट एनटीआर नेशनल अवॉर्ड भी दिया गया। 2006 में उन्होंने इस लोक को सदा के लिए अलविदा कह दिया था। आज भारत विशेषकर सिनेमा उद्योग उनकी साफ सुथरी फिल्मों को बहुत याद करता है।

TFI का समर्थन करें:

सांस्कृतिक राष्ट्रवाद की ‘राइट’ विचारधारा को मजबूती देने के लिए TFI-STORE.COM से बेहतरीन गुणवत्ता के वस्त्र क्रय कर हमारा समर्थन करें.

Tags: Filmmaker Hrishikesh MukherjeeHrishikesh Mukherjee Directed MoviesHrishikesh Mukherjee Directorऋषिकेश मुखर्जीलता मंगेशकर
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

स्मार्टफोन में NavIC अनिवार्य, अमेरिकी GPS को भारत का गुडबाय

अगली पोस्ट

कांग्रेस में अध्यक्ष पद के चुनाव को लेकर ‘जूतम-पैजार’ मचा है

संबंधित पोस्ट

आतंक के खिलाफ बड़ा कदम: J&K में 5 सरकारी कर्मचारियों की सेवा समाप्त
चर्चित

जम्मू कश्मीर में 5 सरकारी कर्मचारी सेवा से बर्खास्त , जानें क्यों मनोज सिन्हा ने लिया यह फैसला?

15 January 2026

जम्मू कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने मंगलवार को लश्कर-ए-तैयाब जैसे संगठन से संबंधित जुड़े 5 सरकारी  कर्मचारी को सेवा से बर्खास्त कर दिया है।...

शोले फिल्म में पानी की टंकी पर चढ़े धर्मेंद्र
चर्चित

बॉलीवुड का ही-मैन- जिसने रुलाया भी, हंसाया भी: धर्मेंद्र के सिने सफर की 10 नायाब फिल्में

24 November 2025

सोमवार की शुरुआत सिने जगत के लिए एक दुखद ख़बर के साथ हुई। बॉलीवुड का ही-मैन, धर्मेंद्र 89 साल की उम्र में मुंबई में इस...

स्मृति ईरानी की टीवी पर शानदार वापसी, रुपाली गांगुली और हिना खान को पछाड़ बनीं हाईएस्ट पेड टीवी स्टार
चलचित्र

स्मृति ईरानी की टीवी पर शानदार वापसी, रुपाली गांगुली और हिना खान को पछाड़ बनीं हाईएस्ट पेड टीवी स्टार

9 August 2025

स्मृति ईरानी एक बार फिर छोटे पर्दे पर नजर आ रही हैं, और इस बार चर्चा सिर्फ नॉस्टैल्जिया तक सीमित नहीं है। ‘क्योंकि सास भी...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

300 Million Euros for SCALP: Strategic Necessity or Costly Dependency on France300

300 Million Euros for SCALP: Strategic Necessity or Costly Dependency on France300

00:04:06

Tejas Mk1A: 19th aircraft coupled but Not Delivered: What Is Holding Back the IAF Induction?

00:07:21

Agni-3 Launch Decoded: Why Test an Active Nuclear Missile That’s Already Deployed?

00:05:05

India’s Swadesi ‘Meteor’: World’s Most Lethal BVR Missile | Gandiv| SFDR | DRDO

00:06:48

Between Rafale and AMCA; Where Does the Su-57 Fit | IAF| HAL | Wings India

00:06:10
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited