TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    ‘जाति’ कार्ड खेलने में माहिर हो चुके राहुल गांधी

    DU एंट्रेंस में कांग्रेस का ‘जाति’ कार्ड और बिहार में ‘राजपूत’ लड़की की गैंगरेप के बाद हत्या: क्या राहुल सारण में मृतका के घर जा कर इंसाफ़ मांगेंगे?

    पीएम किसान योजना

    पीएम किसान योजना: आज जारी होगी 22वीं किस्त, किसानों के खाते में ₹18,640 करोड़ ट्रांसफर

    सीएम योगी का ईधन पर बयान

    सीएम योगी का बयान- यूपी में नहीं है ईधन की कमी अफवाहों पर ना दें ध्यान

    नूंह में एटीएम लुटेरे को छुड़ाने की कोशिश

    नूंह में एटीएम लुटेरे को छुड़ाने की कोशिश, भीड़ और पुलिस में हिंसक झड़प

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    एलपीजी की कीमतों में ₹60 की बढ़ोतरी

    एलपीजी की कीमतों में ₹60 की बढ़ोतरी, रसोई गैस महंगी होने से घरों पर पड़ेगा असर

    Visakhapatnam Port Authority को मिलेंगे नए 60 टन बीपी टग

    Visakhapatnam Port Authority को मिलेंगे नए 60 टन बीपी टग, बंदरगाह संचालन होगा और सुरक्षित व तेज

    सनातन दृष्टि से ए.आई.

    भारतीय सनातन दृष्टि से ए.आई. समिट की सार्थकता

    भारत में एआई की नई शुरुआत

    भारत में एआई की नई शुरुआत: अपने मॉडल्स से आत्मनिर्भर बनने की दिशा में बड़ा कदम

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    भारत की रक्षा में महिलाओं की मजबूत भूमिका

    नारी शक्ति: भारत की रक्षा में महिलाओं की मजबूत भूमिका, सशस्त्र बलों में भी बढ़ी भागीदारी

    सुखोई-30 विमान दुर्घटना

    सुखोई-30 विमान हादसा: स्क्वाड्रन लीडर अनुज और फ्लाइट लेफ्टिनेंट पुरवेश दुरागकर शहीद

    रूस से 5 और S-400 खरीदने को वायु सेना को मिली हरी झंडी

    रूस से 5 और S-400 खरीदने को वायु सेना को मिली हरी झंडी

    Tejas mark -1

    वायु सेना का तीसरा तेजस लड़ाकू विमान हादसे का शिकार, पायलट सुरक्षित; हादसे की जांच जारी

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    भारत को मिली अहम ऊर्जा राहत,

    ईरान ने होरमुज़ जलडमरूमध्य से LPG और तेल टैंकरों को दी अनुमति, भारत को मिली अहम ऊर्जा राहत

    रूसी तेल पर अमेरिका की नीति पर ईरान का हमला

    रूसी तेल पर अमेरिका की नीति पर ईरान का हमला: प्रतिबंधों और छूट में दिखा दोहरा रवैया

    ईरान और अमेरिका के लड़ाई में अब तक हुए इतने खर्चें

    ईरान युद्ध में अमेरिका का खर्चा भारी, 13 दिनों में लगभग 26 अरब डॉलर खर्च

    हॉर्मुज स्ट्रेट बहाल करवाने में ट्रम्प की नाकामी ने खाड़ी देशों के उन पर भरोसे को लगभग खत्म कर दिया

    ईरानी मिसाइलों का असर: हमले के लिए US को अपनी ज़मीन और हवाई क्षेत्र नहीं देगा UAE, लेकिन अब ट्रम्प क्या करेंगे ?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    तालिबान द्वारा मूर्तियों के विनाश के समय

    आज से ही के दिन तालिबान ने तोड़ी थीं बुद्ध की 2 हजार वर्ष पुरानी प्रतिमाएं, लेकिन भीम-मीम एकता के अनुयायी इस कृत्य पर 25 वर्ष बाद भी कुछ लिख बोल नहीं सकते

    मुंबई धमाकों ने शहर की सुरक्षा को चुनौती दी

    मार्च 1993 के मुंबई धमाकों ने शहर की सुरक्षा को चुनौती दी और नई व्यवस्थाएँ तैयार कीं

    4 मई को गांधी को उनकी कुटिया से सोते समय गिरफ्तार कर लिया गया था

    दांडी मार्च और वायसराय लॉर्ड इरविन को लिखा गया गांधी का वो ऐतिहासिक पत्र

    पाश्चात्य सभ्यता में महिलाओं को कमतर आँकने के विचार को एक सिद्धान्त ने और पुष्ट किया कि उनमें आत्मा नहीं पायी जाती है।

    अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस: नारी सशक्तिकरण और पाश्चात्य Vs वैदिक दर्शन, क्या वैदिक काल में महिलाओं को प्राप्त अधिकारों का स्तर हासिल कर सके हैं पश्चिमी देश?

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    पाकिस्तान के जिस प्लेयर ने उड़ाया था भारतीय सेना का मज़ाक, उसे ख़रीद विवादों में घिरी सनराइजर्स की मालकिन काव्या मारन

    पाकिस्तान के जिस प्लेयर ने उड़ाया था भारतीय सेना का मज़ाक, उसे ख़रीद विवादों में घिरी सनराइजर्स की मालकिन काव्या मारन

    How India’s Growing Internet User Base Is Driving New Digital Entertainment Platforms

    How India’s Growing Internet User Base Is Driving New Digital Entertainment Platforms

    CroreBet India Review 2026: Sports Betting, Casino Games & Bonuses Explained

    CroreBet India Review 2026: Sports Betting, Casino Games & Bonuses Explained

    Top Bonus Rounds in Ice Fishing Game Review: What Indian Players Love Most

    Top Bonus Rounds in Ice Fishing Game Review: What Indian Players Love Most

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    ‘जाति’ कार्ड खेलने में माहिर हो चुके राहुल गांधी

    DU एंट्रेंस में कांग्रेस का ‘जाति’ कार्ड और बिहार में ‘राजपूत’ लड़की की गैंगरेप के बाद हत्या: क्या राहुल सारण में मृतका के घर जा कर इंसाफ़ मांगेंगे?

    पीएम किसान योजना

    पीएम किसान योजना: आज जारी होगी 22वीं किस्त, किसानों के खाते में ₹18,640 करोड़ ट्रांसफर

    सीएम योगी का ईधन पर बयान

    सीएम योगी का बयान- यूपी में नहीं है ईधन की कमी अफवाहों पर ना दें ध्यान

    नूंह में एटीएम लुटेरे को छुड़ाने की कोशिश

    नूंह में एटीएम लुटेरे को छुड़ाने की कोशिश, भीड़ और पुलिस में हिंसक झड़प

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    एलपीजी की कीमतों में ₹60 की बढ़ोतरी

    एलपीजी की कीमतों में ₹60 की बढ़ोतरी, रसोई गैस महंगी होने से घरों पर पड़ेगा असर

    Visakhapatnam Port Authority को मिलेंगे नए 60 टन बीपी टग

    Visakhapatnam Port Authority को मिलेंगे नए 60 टन बीपी टग, बंदरगाह संचालन होगा और सुरक्षित व तेज

    सनातन दृष्टि से ए.आई.

    भारतीय सनातन दृष्टि से ए.आई. समिट की सार्थकता

    भारत में एआई की नई शुरुआत

    भारत में एआई की नई शुरुआत: अपने मॉडल्स से आत्मनिर्भर बनने की दिशा में बड़ा कदम

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    भारत की रक्षा में महिलाओं की मजबूत भूमिका

    नारी शक्ति: भारत की रक्षा में महिलाओं की मजबूत भूमिका, सशस्त्र बलों में भी बढ़ी भागीदारी

    सुखोई-30 विमान दुर्घटना

    सुखोई-30 विमान हादसा: स्क्वाड्रन लीडर अनुज और फ्लाइट लेफ्टिनेंट पुरवेश दुरागकर शहीद

    रूस से 5 और S-400 खरीदने को वायु सेना को मिली हरी झंडी

    रूस से 5 और S-400 खरीदने को वायु सेना को मिली हरी झंडी

    Tejas mark -1

    वायु सेना का तीसरा तेजस लड़ाकू विमान हादसे का शिकार, पायलट सुरक्षित; हादसे की जांच जारी

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    भारत को मिली अहम ऊर्जा राहत,

    ईरान ने होरमुज़ जलडमरूमध्य से LPG और तेल टैंकरों को दी अनुमति, भारत को मिली अहम ऊर्जा राहत

    रूसी तेल पर अमेरिका की नीति पर ईरान का हमला

    रूसी तेल पर अमेरिका की नीति पर ईरान का हमला: प्रतिबंधों और छूट में दिखा दोहरा रवैया

    ईरान और अमेरिका के लड़ाई में अब तक हुए इतने खर्चें

    ईरान युद्ध में अमेरिका का खर्चा भारी, 13 दिनों में लगभग 26 अरब डॉलर खर्च

    हॉर्मुज स्ट्रेट बहाल करवाने में ट्रम्प की नाकामी ने खाड़ी देशों के उन पर भरोसे को लगभग खत्म कर दिया

    ईरानी मिसाइलों का असर: हमले के लिए US को अपनी ज़मीन और हवाई क्षेत्र नहीं देगा UAE, लेकिन अब ट्रम्प क्या करेंगे ?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    तालिबान द्वारा मूर्तियों के विनाश के समय

    आज से ही के दिन तालिबान ने तोड़ी थीं बुद्ध की 2 हजार वर्ष पुरानी प्रतिमाएं, लेकिन भीम-मीम एकता के अनुयायी इस कृत्य पर 25 वर्ष बाद भी कुछ लिख बोल नहीं सकते

    मुंबई धमाकों ने शहर की सुरक्षा को चुनौती दी

    मार्च 1993 के मुंबई धमाकों ने शहर की सुरक्षा को चुनौती दी और नई व्यवस्थाएँ तैयार कीं

    4 मई को गांधी को उनकी कुटिया से सोते समय गिरफ्तार कर लिया गया था

    दांडी मार्च और वायसराय लॉर्ड इरविन को लिखा गया गांधी का वो ऐतिहासिक पत्र

    पाश्चात्य सभ्यता में महिलाओं को कमतर आँकने के विचार को एक सिद्धान्त ने और पुष्ट किया कि उनमें आत्मा नहीं पायी जाती है।

    अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस: नारी सशक्तिकरण और पाश्चात्य Vs वैदिक दर्शन, क्या वैदिक काल में महिलाओं को प्राप्त अधिकारों का स्तर हासिल कर सके हैं पश्चिमी देश?

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    पाकिस्तान के जिस प्लेयर ने उड़ाया था भारतीय सेना का मज़ाक, उसे ख़रीद विवादों में घिरी सनराइजर्स की मालकिन काव्या मारन

    पाकिस्तान के जिस प्लेयर ने उड़ाया था भारतीय सेना का मज़ाक, उसे ख़रीद विवादों में घिरी सनराइजर्स की मालकिन काव्या मारन

    How India’s Growing Internet User Base Is Driving New Digital Entertainment Platforms

    How India’s Growing Internet User Base Is Driving New Digital Entertainment Platforms

    CroreBet India Review 2026: Sports Betting, Casino Games & Bonuses Explained

    CroreBet India Review 2026: Sports Betting, Casino Games & Bonuses Explained

    Top Bonus Rounds in Ice Fishing Game Review: What Indian Players Love Most

    Top Bonus Rounds in Ice Fishing Game Review: What Indian Players Love Most

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

अशोक कोई ‘महान’ नहीं बल्कि विशाल मौर्य वंश का बेड़ा गर्क करने वाले शासक थे

अशोक अपने पिता बिंदुसार और दादा चंद्रगुप्त मौर्य से विरासत में मिले साम्राज्य को संभालने में पूरी तरह से विफल रहे थे। इस लेख में समझिए कैसे उन्होंने मौर्य वंश को गर्त में पहुंचाया।

Devesh Sharma द्वारा Devesh Sharma
16 November 2022
in इतिहास
सम्राट अशोक, मौर्य वंश

Source- TFI

Share on FacebookShare on X

भारतीय इतिहास में चंद्रगुप्त मौर्य को तो सभी लोग जानते ही हैं कि उन्होंने किस प्रकार नंद वंश के घमंडी शासक घनानंद का अंत कर 322 ईसा पूर्व में मौर्य वंश की स्थापना की और मौर्य वंश को आगे बढ़ाया। चंद्रगुप्त मौर्य के बाद उनके बेटे बिंदुसार का आगमन होता है और बिंदुसार, मौर्य वंश के साम्राज्य को अपने पिता से भी अधिक ऊंचाईयों पर लेकर जाते हैं। परन्तु इतिहास में इन दोनों शासकों के बाद मौर्य वंश की गद्दी को संभालने वाले अशोक को ही हमेशा ‘महान’ क्यों बताया जाता है? ये सोचा है कभी आपने कि मौर्य वंश की स्थापना तो चंद्रगुप्त मौर्य ने की थी और बिंदुसार ने उसे आगे बढ़ाया फिर ‘अशोका द ग्रेट’ क्यों? चंद्रगुप्त या बिंदुसार ग्रेट क्यों नहीं? अशोक ने मौर्य साम्राज्य के विस्तार से लिए लगभग कुछ नहीं किया, उल्टे बने बनाए मौर्य साम्राज्य को भी संभाल नहीं सके और इसके बावजूद उन्हें ‘महान’ क्यों बताया जाता है, चलिए समझते हैं।

और पढ़ें: भारत को विश्व गुरु बनाने के लिए पीएम मोदी कर रहे हैं आचार्य चाणक्य का अनुसरण

संबंधितपोस्ट

सम्राट बिंदुसार की वो कहानी जो आपको कभी बताई नहीं गई

और लोड करें

मौर्य साम्राज्य को संभाल नहीं सके अशोक

दरअसल, 345-322 ईसा पूर्व के बीच मगध में नंदवंश के राजा घनानंद का शासन हुआ करता था। घनानंद एक घमंडी और क्रूर शासक था। जनता उसके राज्य में अनावश्यक लगाए गए टैक्स से बुरी तरह परेशान हो चुकी थी। इसी बीच धीरे-धीरे योजना बद्ध तरीके से आचार्य चाणक्य की सहायता द्वारा चंद्रगुप्त मौर्य ने घनानंद के शासन को समाप्त कर 322 ईसा पूर्व में मौर्य वंश की स्थापना की और उसका विस्तार करते रहे। उस समय मौर्यवंश की राजधानी पाटलिपुत्र हुआ करती थी, जिसे आज के समय में पटना के नाम से जाना जाता है। चंद्रगुप्त मौर्य के बाद बिंदुसार ने शासन किया और क्या खूब शासन किया कि उत्तर भारत से लेकर दक्षिण भारत तक उन्होंने अपनी सीमाओं का विस्तार कर मौर्य साम्राज्य के ध्वज को फहराया।

इसके बाद कहानी में कुछ ऐसा होता है कि बिंदुसार के शासन के दौरान तक्षशिला में कुछ लोगों ने विद्रोह कर दिया, वहां ग्रीक और यूनानियों की संख्या अधिक थी और बिंदुसार के बड़े बेटे सुसीम के अकुशल प्रशासन के कारण वहां विद्रोह पनप उठा। जिसे दबाने के लिए बिंदुसार ने अशोक को वहां पर भेजा और अशोक ने अपने सूझबूझ और वीरता से विद्रोह को दबा दिया। उसके बाद उन्हें वहां का वायसराय भी बना दिया गया। इसके अलावा अवंति समेत कई जगहों से सम्राट बनने से पूर्व अशोक की वीरता के किस्से जुड़े हैं। बिंदुसार की मृत्यु के बाद अशोक की वीरता के कारण ही उन्हें राजगद्दी सौंपी गई थी और लोगों को यह उम्मीद थी कि वो मौर्य वंश का विस्तार करेंगे। लेकिन लोगों को यह बिल्कुल भी उम्मीद नहीं थी कि सम्राट बनने के बाद अशोक ही मौर्य वंश के लिए काल बन जाएंगे।

ज्ञात हो कि बिंदुसार के बाद अशोक को शासक के रूप में एक बहुत बड़ा और समृद्ध साम्राज्य मिलता है, जिसे चंद्रगुप्त मौर्य और बिंदुसार ने अपनी ताकत के बलबूते पर खड़ा किया था। हालांकि, अशोक ने भी मौर्य साम्राज्य की सीमाओं का विस्तार कर अपने कर्तव्य का निर्वहन किया था परन्तु यह विस्तार काफी कम था। जहां एक ओर बिंदुसार ने हिंदूकुश पर्वत से लेकर दक्षिण के उत्तरी तमिलनाडु तक युद्ध लड़ा और अपनी सीमाओं का विस्तार किया वहीं, अशोक ने 260-61 ईसा पूर्व में सिर्फ कलिंग पर ही विजय प्राप्त की थी। कलिंग युद्ध की बात की जाए तो इसमें लगभग 1 लाख लोगों की मृत्यु हुई थी, 1.5 लाख लोगों को विस्थापन का सामना करना पड़ा था और लगभग 3.5 लाख से ज्यादा लोग घायल हुए थे।

पहले से ही बौद्ध धर्म के करीब थे

ऐसा कहा जाता है कि कलिंग की घटना के बाद ही बौद्ध धर्म की ओर अशोक का रूझान बढ़ा था, जबकि ऐसा था नहीं। मेगस्थनीज की इंडिका बताती है सम्राट बनने से पूर्व ही वो बौद्ध धर्म के करीब थे लेकिन कलिंग युद्ध ने उन्हें कारण दे दिया। अशोक का शासनकाल 269 ईसा पूर्व से 232 ईसा पूर्व तक रहा और अपने शासन के शुरुआती दौर में ही उन्होंने कलिंग पर विजय प्राप्त की थी और कलिंग युद्ध के तुरंत बाद हिंदू धर्म को त्यागकर बौद्ध धर्म अपना लिया था। हालांकि, अशोक ने बौद्ध धर्म कब और किसकी सलाह पर अपनाया इसके बारें में अधिक जानकारी नहीं मिलती परन्तु श्रीलंका की एक किताब दीपाम्सा में यह कहा गया है कि अशोक कलिंग युद्ध से पहले ही बुद्ध धर्म के बारे में जानते थे। कलिंग युद्ध के बाद निगरोधा ने उन्हें बौद्ध धर्म अपनाने के लिए प्रेरित किया था और अंत में बौद्ध भिक्षु मोगलीपुत्ता ने उन्हें बौद्ध धर्म की दीक्षा दी थी।

बौद्ध धर्म अपनाने के बाद अशोक सम्राट बने रहे लेकिन मौर्यवंश का जो स्वर्णकाल था, वह अशोक के बौद्ध बनते ही खत्म होने की ओर अग्रसर हो चुका था। मौर्य वंश की सेना काफी विशाल थी, अशोक के बौद्ध बनने के बाद भी सेना रही लेकिन उनसे कोई काम नहीं लिया जाता था और हर महीने उनका वेतन भी दिया जाता था। राजकोष पर इसका बोझ लगातार बढ़ता जा रहा था। इसके अलावा बौद्ध धर्म अपनाने के बाद अशोक का ध्यान राज्य के विस्तार से हटकर बौद्ध धर्म के प्रचार में लग गया था। उन्होंने अपने शासन को सुदृढ़ करने की बजाय बौद्ध धर्म के विस्तार पर ज्यादा ध्यान दिया और इसी का परिणाम रहा कि अशोक के बाद मौर्य वंश को एक भी बेहतर उत्तराधिकारी नहीं मिल पाया। अशोक ने इसके लिए कोई बड़ा कदम भी नहीं उठाया।

और पढ़ें: सम्राट बिंदुसार की वो कहानी जो आपको कभी बताई नहीं गई

अशोक और मौर्य वंश

कहा जाता है कि अशोक का बेटा कुणाल जांबाज था लेकिन उसकी सौतेली मां ने उसे अंधा कर दिया था, इसलिए वो राजा नहीं बन सका। इसके अलावा उनके बड़े बेटे ने बौद्ध धर्म अपना लिया था, जिन्हें हम महेंद्र के नाम से जानते हैं। मंझले बेटे तिवारा की मौत अशोक के सामने हो गई थी और उनका सबसे छोटा बेटा तालुका किसी अनचाही वजह से राजा नहीं बन सका। अशोक के बाद लगभग आधी सदी तक (242 ईसा पूर्व से 185 ईसा पूर्व) मौर्य वंश का शासन रहा और इस दौरान मौर्य वंश के कुल 6 शासक हुए। अब आप समझ सकते कि जिस वंश के शुरूआती 3 राजाओं ने लगभग 90 वर्षों तक शासन किया, अशोक के बाद मात्र 50 वर्षों में 6 राजा हो गए। इनमें से कोई भी राजा ऐसा नहीं हुआ, जो मौर्य वंश को फिर से उसकी ऊंचाईयों पर ले जा सके।

यानी कि वो अशोक ही थे, जो मौर्य वंश के पतन का कारण बने। अगर अपने पिता या दादा की तरह उन्होंने भी साम्राज्य पर ध्यान दिया होता, तो मौर्य वंश का सूरज इतनी जल्दी अस्त नहीं होता लेकिन उन्होंने अपने साम्राज्य पर ध्यान देने से इतर वो सबकुछ किया, जिससे मौर्य वंश की जड़ें कमजोर हुई। हालांकि, बौद्ध ग्रंथों में अशोक को काफी महान बताया गया है, उनका जमकर गुणगान किया गया है। जबकि सच्चाई आपके सामने है। ऐसे में अशोक को महान क्यों बताया जाता है यह बड़ा सवाल है। निष्कर्ष के रूप में हम यहां पर यही कहना चाहेंगे कि पूरे मौर्य साम्राज्य के शासकों में ग्रेट अगर कोई था तो वो बिंदुसार थे जिन्होंने अपने पिता चंद्रगुप्त मौर्य के बाद राज्य का विस्तार किया और कई कीर्तिमान स्थापित किए थे। लेकिन ‘हिंदू’ होने के कारण इतिहास में उन्हें सीमित कर दिया गया।

TFI का समर्थन करें:

सांस्कृतिक राष्ट्रवाद की ‘राइट’ विचारधारा को मजबूती देने के लिए TFI-STORE.COM से बेहतरीन गुणवत्ता के वस्त्र क्रय कर हमारा समर्थन करें.

Tags: अशोकबिंदुसारमौर्य वंशमौर्य साम्राज्य
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

Initial meaning in hindi : vilom paryayvachi and examples –

अगली पोस्ट

देवी-देवताओं, स्वतंत्रता सेनानियों से लेकर बॉलीवुड तक, आज के समय में पूरी तरह से बदल चुकी है हीरो की परिभाषा

संबंधित पोस्ट

तालिबान द्वारा मूर्तियों के विनाश के समय
इतिहास

आज से ही के दिन तालिबान ने तोड़ी थीं बुद्ध की 2 हजार वर्ष पुरानी प्रतिमाएं, लेकिन भीम-मीम एकता के अनुयायी इस कृत्य पर 25 वर्ष बाद भी कुछ लिख बोल नहीं सकते

12 March 2026

अफ़ग़ानिस्तान की शांत बामियान घाटी में इस दिन बंदूक की गोली और मोर्टार विस्फोट की आवाज़ें गूंज उठीं थीं। तालिबान के लंबी दाढ़ी वाले सैनिक,...

मुंबई धमाकों ने शहर की सुरक्षा को चुनौती दी
इतिहास

मार्च 1993 के मुंबई धमाकों ने शहर की सुरक्षा को चुनौती दी और नई व्यवस्थाएँ तैयार कीं

12 March 2026

मार्च 1993 में मुंबई पर हमले ने शहर की सुरक्षा की तस्वीर बदल दी मार्च 1993 की एक सुबह मुंबई की पहचान बदल गई, जब...

4 मई को गांधी को उनकी कुटिया से सोते समय गिरफ्तार कर लिया गया था
इतिहास

दांडी मार्च और वायसराय लॉर्ड इरविन को लिखा गया गांधी का वो ऐतिहासिक पत्र

12 March 2026

12 मार्च 1930 की सुबह मोहनदास करमचंद गांधी गुजरात के अहमदाबाद स्थित साबरमती आश्रम के अपने कमरे से 6 बजकर 10 मिनट पर बाहर आ...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

Truth of IRIS Dena: 8 Days That Changed Narrative | War zone Reality, Not an Indian Navy Exercise

Truth of IRIS Dena: 8 Days That Changed Narrative | War zone Reality, Not an Indian Navy Exercise

00:08:02

300 Million Euros for SCALP: Strategic Necessity or Costly Dependency on France300

00:04:06

Tejas Mk1A: 19th aircraft coupled but Not Delivered: What Is Holding Back the IAF Induction?

00:07:21

Agni-3 Launch Decoded: Why Test an Active Nuclear Missile That’s Already Deployed?

00:05:05

India’s Swadesi ‘Meteor’: World’s Most Lethal BVR Missile | Gandiv| SFDR | DRDO

00:06:48
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited