TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    नितिन नबीन

    स्टूडेंट प्रोटेस्ट के बीच BJP का बड़ा प्लान: युवाओं तक पहुंचेगी पार्टी, सांसदों-विधायकों को मिला विशेष जिम्मा

    पेपर लीक, शिक्षा और रोजगार के मुद्दे पर सियासत तेज

    पेपर लीक, शिक्षा और रोजगार के मुद्दे पर सियासत तेज, पीएम मोदी ने फास्ट ट्रैक कोर्ट बनाने की कही बात

    TCS केस में अदालत की अहम टिप्पणी

    TCS धर्म परिवर्तन केस: गर्भवती निदा खान को जमानत, कोर्ट ने दिया मानवीय आधार का हवाला

    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट

    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट: हाई टाइड और तेज हवाओं की चेतावनी, 17 उड़ानें रद्द

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    भारत-जापान शिखर सम्मेलन

    भारत-जापान शिखर सम्मेलन: पीएम मोदी और जापानी पीएम सनाए ताकाइची ने आर्थिक सुरक्षा, तकनीक और रक्षा सहयोग को दी नई दिशा

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि ने मोदी सरकार के तहत भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था को दी मजबूती, सेवा क्षेत्र और निवेश बने व्यापक विकास के प्रमुख आधार

    भारत की अर्थव्यवस्था

    भारत की अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती, GDP ग्रोथ 7.7% पहुंची; अगले साल धीमी पड़ सकती है रफ्तार

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव

    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव: पहले इंटीग्रेटेड बैटल ग्रुप्स से बदलेगी युद्ध की रणनीति

    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर,

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    रूसी तेल का आयात

    रूसी तेल का आयात पहले से ज्यादा कर रहा है भारत, 41 देशों से हो रही ऊर्जा खरीद: हरदीप सिंह पुरी

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद

    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद, कर्नाटक सरकार बदलना चाहती है पुराना नियम

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद: महंत धर्मदास बोले- अयोग्य लोगों को जिम्मेदारी देने से हुई गड़बड़ी, देशवासियों से शांति बनाए रखने की अपील

    शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक

    ऑपरेशन सिंदूर: शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक, राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर हमेशा के लिए दर्ज

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    गेमिंग और हमारे देश के नौजवानों का नया रिश्ता: मस्ती से लेकर कमाई तक का पूरा चक्कर

    गेमिंग और हमारे देश के नौजवानों का नया रिश्ता: मस्ती से लेकर कमाई तक का पूरा चक्कर

    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    नितिन नबीन

    स्टूडेंट प्रोटेस्ट के बीच BJP का बड़ा प्लान: युवाओं तक पहुंचेगी पार्टी, सांसदों-विधायकों को मिला विशेष जिम्मा

    पेपर लीक, शिक्षा और रोजगार के मुद्दे पर सियासत तेज

    पेपर लीक, शिक्षा और रोजगार के मुद्दे पर सियासत तेज, पीएम मोदी ने फास्ट ट्रैक कोर्ट बनाने की कही बात

    TCS केस में अदालत की अहम टिप्पणी

    TCS धर्म परिवर्तन केस: गर्भवती निदा खान को जमानत, कोर्ट ने दिया मानवीय आधार का हवाला

    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट

    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट: हाई टाइड और तेज हवाओं की चेतावनी, 17 उड़ानें रद्द

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    भारत-जापान शिखर सम्मेलन

    भारत-जापान शिखर सम्मेलन: पीएम मोदी और जापानी पीएम सनाए ताकाइची ने आर्थिक सुरक्षा, तकनीक और रक्षा सहयोग को दी नई दिशा

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि ने मोदी सरकार के तहत भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था को दी मजबूती, सेवा क्षेत्र और निवेश बने व्यापक विकास के प्रमुख आधार

    भारत की अर्थव्यवस्था

    भारत की अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती, GDP ग्रोथ 7.7% पहुंची; अगले साल धीमी पड़ सकती है रफ्तार

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव

    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव: पहले इंटीग्रेटेड बैटल ग्रुप्स से बदलेगी युद्ध की रणनीति

    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर,

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    रूसी तेल का आयात

    रूसी तेल का आयात पहले से ज्यादा कर रहा है भारत, 41 देशों से हो रही ऊर्जा खरीद: हरदीप सिंह पुरी

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद

    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद, कर्नाटक सरकार बदलना चाहती है पुराना नियम

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद: महंत धर्मदास बोले- अयोग्य लोगों को जिम्मेदारी देने से हुई गड़बड़ी, देशवासियों से शांति बनाए रखने की अपील

    शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक

    ऑपरेशन सिंदूर: शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक, राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर हमेशा के लिए दर्ज

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    गेमिंग और हमारे देश के नौजवानों का नया रिश्ता: मस्ती से लेकर कमाई तक का पूरा चक्कर

    गेमिंग और हमारे देश के नौजवानों का नया रिश्ता: मस्ती से लेकर कमाई तक का पूरा चक्कर

    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

घरेलू हिंसा से पीड़ित पुरुषों के लिए उम्मीद की किरण जाग रही है

घरेलू हिंसा के हर मामले में पीड़ित केवल महिला नहीं होती। एक मामला ऐसा सामने आया है, जिसमें पति ने अपनी पत्नी के खिलाफ केस दर्ज कराया। यह केस दिल्ली हाईकोर्ट पहुंच गया है, जो ‘महिलाओं तक सीमित’ कानून पर चर्चा करेगा।

Vaishali Shukla द्वारा Vaishali Shukla
11 December 2022
in चर्चित, मत
There is ray of hope for male victims in marriage

Source- TFI

Share on FacebookShare on X

घरेलू हिंसा का नाम आते ही सबसे पहले अधिकतर लोग महिलाओं के ऊपर होने वाले अत्याचारों के विषय में बात करने लग जाते हैं। लेकिन क्या घरेलू हिंसा का अर्थ केवल महिलाओं पर होने वाले अत्याचार से ही है? क्या केवल पुरुषों द्वारा ही महिलाओं पर अत्याचार किये जाते हैं? नहीं ऐसा बिलकुल नहीं है। घरेलू हिंसा का अर्थ है वैवाहिक दुर्व्यवहार, घरेलू मारपीट आदि अथवा विवाह जैसे बंधनों के बाद घरेलू स्तर पर एक साथी (पति/पत्नी) का अन्य साथी के साथ मारपीट अथवा दुर्व्यवहार करने से होता है,  जोकि महिला या पुरुष दोनों पर ही लागू होता हैं।

परंतु दुर्भाग्य से हमारे देश में पुरुषों यानी पतियों के पास महिलाओं यानी अपनी पत्नी के विरुद्ध कार्रवाई करने के लिए घरेलू हिंसा के अधिनियम जैसा कोई भी कानून ही मौजूद नहीं है। इस कारण से हमेशा ही पुरुषों पर होने वाले अत्याचारों को अनदेखा कर दिया जाता है।

संबंधितपोस्ट

कोकरोच जनता पार्टी के एक्स अकाउंट को तुरंत बहाल करने से दिल्ली हाई कोर्ट ने किया इंकार

कुलदीप सिंह सेंगर को नहीं मिली राहत: सुप्रीम कोर्ट ने हाईकोर्ट को कहा ,जल्द सख्त फैसला लें

उमर खालिद-शरजील केस से फिर बेनकाब हुआ ‘रेड-लिबरल इकोसिस्टम’

और लोड करें

और पढ़ें: भारतीय महिलाओं के विरोध में कैसे कार्य कर रहा है OTT, यहां समझिए ?

पत्नी के खिलाफ दर्ज कराया मामला

अभी हाल ही में एक ऐसा मामला सामने आया है। इसी साल अक्टूबर में एक पति ने अपनी पत्नी के खिलाफ घरेलू हिंसा का मामला दर्ज करवाया था जिसके बाद दिल्ली की एक निचली अदालत ने उस पर सुनवाई की और पत्नी को इस मामले में एक समन जारी किया था। अब उसके बाद पत्नी इस दलील के साथ दिल्ली उच्च न्यायालय की चौखट पर पहुंच गयी है कि भारत का घरेलू हिंसा कानून केवल महिलाओं के मामले पर ही लागू होता है।

क्या ये तर्क देना ठीक है? ऐसे तो यह घरेलू हिंसा का कानून सिर्फ महिलाओं तक सीमित रह गया है। हालांकि अब पुरुषों को भी विवाह में अपने साथ होने वाले अत्याचारों को लेकर कानूनी अधिकार मिलने की उम्मीद जगी है। क्योंकि खबरों की मानें तो अब दिल्ली हाईकोर्ट इस पर कई संभावनाएं तलाश रहा है। जिसके बाद संभावनाएं बन रही है कि दिल्ली हाईकोर्ट पतियों को भी पत्नी के खिलाफ घरेलू हिंसा अधिनियम के तहत अधिकार दे सकती है? अगर ऐसा होता है तो पहली बार पीड़ित पुरुषों को आशा की एक नयी किरण मिल जाएगी।

ऊपर बताए गए मामले की बात करें तो दोनों पक्षों ने एक दूसरे पर दुर्व्यवहार करने का गंभीर आरोप लगाया है। वहीं इस मामले ने सबके सामने प्रश्न खड़े कर दिए हैं कि क्या भारत के घरेलू हिंसा कानून के अंतर्गत किसी महिला के खिलाफ किसी भी पुरुष द्वारा मामला दर्ज किया जा सकता है ? निचली अदालत की मानें तो ऐसा हो सकता है।

और पढ़ें: बलात्कार पीड़िता की निजता और सम्मान के विरुद्ध है ‘टू फिंगर टेस्ट’, सुप्रीम कोर्ट सख्त हुआ!

लेकिन वहीं पत्नी की वकील आशिमा मंडला ने हाईकोर्ट में अपनी दायर की गयी याचिका में ये कहा है कि ऐसा संभव नहीं है। दलील के अनुसार घरेलू हिंसा अधिनियम धारा 2(A) एक महिला के रूप में यह पीड़ित को परिभाषित करती है और इस तरह की कार्यवाही आरंभ करने के लिए पुरुष व्यक्ति के लिए कोई भी प्रावधान मौजूद नहीं है।

ऐसा दावा किया जा रहा है कि पति ने मीडिया को समन के बारे में सूचना दी है। इस याचिका के अनुसार, पति ने कर्नाटक के उच्च न्यायालय के एक फैसले पर अपना भरोसा जताया था कि पुरुष द्वारा भी घरेलू हिंसा की कार्रवाई को शुरू किया जा सकता है।

पुरुष भी होते हैं पीड़ित

वैसे देखा जाये तो ऐसा पहली बार नहीं हुआ है जब किसी पुरुष द्वारा महिला यानी अपनी पत्नी पर घरेलू हिंसा का आरोप लगाया हो। इससे पहले भी कई ऐसे मामले आ चुके है परंतु इस पर कभी किसी का भी ध्यान नहीं जाता और कोई इन मामलों को गंभीरता ने नहीं लेता। हाल ही में कर्नाटक के एक व्यक्ति ने अपनी पत्नी से सहायता और सुरक्षा की मांग करते हुए प्रधानमंत्री कार्यालय में शिकायत दर्ज़ की थी। इस शिकायत में व्यक्ति का आरोप था कि उसकी पत्नी उसे ‘नियमित रूप से पीटती है’। साथ ही उसने ये भी कहा है कि उसे पत्नी जान से मारने की धमकी भी देती है। व्यक्ति के द्वारा ट्विटर हैंडल से एक तस्वीर भी शेयर की गयी थी जिसमें उसके खून निकलता हुआ नज़र आ रहा था।

और पढ़ें: ‘स्त्री ही स्त्री की सबसे बड़ी शत्रु है’ 30 प्रतिशत से अधिक महिलाओं ने घरेलू हिंसा को सही ठहराया

https://twitter.com/yaadac/status/1586333846244507648

महिलाओं के साथ होने वाली घरेलू हिंसा के बहुत से आंकड़े अक्सर ही सामने आते रहते हैं। लेकिन भारत में ऐसा कोई भी सरकारी आकंड़ा नहीं मिला है जिससे घरेलू हिंसा में शिकार पुरुषों की जानकारी मिल सके। वर्ष 2020 में लॉकडाउन के समय सेव इंडियन फैमिली फाउंडेशन की ओर से एक टेलीफोनिक सर्वे करवाया गया था, जहां इंदौर की पौरुष संस्था और राष्ट्रीय पुरुष आयोग समन्वय समिति दिल्ली को पुरुष हेल्पलाइन पर कई सारी शिकायतें मिली थी। जिसमें पता चला था कि लॉकडाउन के दिनों में पत्नियों के द्वारा अपने पतियों को प्रताड़ित करने के मामलों में 36 फीसदी तक वृद्धि हुई थीं।

हर थोड़े समय में ऐसे घरेलू हिंसा के मामले हमारे सामने आते रहते हैं जिसमें पीड़ित एक पुरुष होता है, लेकिन दुर्भाग्य से कोई इस पर ध्यान ही नहीं देता। उदाहरण के तौर पर वर्ष 2018 में कानपुर के एक पुलिस अधीक्षक (पूर्वी) के पद पर तैनात रहे भारतीय पुलिस सेवा के अधिकारी सुरेंद्र कुमार दास की जहरीला पदार्थ खाने के कारण मौत हो गई थीं। इस मामले की जांच की गयी तो उसमें पता चला कि घरेलू कलह की वजह से आत्महत्या की बात निकलकर सामने आयी थीं।

दिल्ली हाईकोर्ट लेगा कोई फैसला?

भारत में अधिकतर घरेलू हिंसा के मामले में महिलाओं को ही पीड़ित मान लिया जाता है जिसके आधार पर हमारे देश में कई कानून भी बना दिए जाते है। कई बार घरेलू हिंसा के कानून के गलत फायदा कई ऐसी घोखेबाज़ महिलाएं भी उठा लेती हैं, जिसका खामियाजा पुरुषों को भुगतना पड़ता है क्योंकि वह एक धोखेबाज़ महिला से पीड़ित होने बाद भी उन पर केस दर्ज़ नहीं कर सकते है, जोकि सरासर गलत है। हम यहां यह नहीं कह रहे कि महिलाएं घरेलू हिंसा का शिकार नहीं होती। अवश्य अभी भी हमारे देश में कई सारी महिलाएं इसका दंश झेल रही होगीं। परंतु हर सिक्के के दो पहलू होते हैं। किसी मामले में महिला पीड़ित है, तो किसी में पुरुष भी पीड़ित हो सकते हैं लेकिन उनकी आवाज समाज और कानून दोनों को ही सुनाई नहीं पड़ती है।

और पढ़ें: ‘महिला ने उत्तेजक कपड़े पहने थे, इसलिए यौन उत्पीड़न का मामला नहीं’, केरल कोर्ट ने आरोपी को दी जमानत 

लेकिन अब समय आ गया है कि महिलाओं की तरह पुरुषों को भी अधिकार मिलें कि यदि वे पीड़ित है, तो इसके खिलाफ एक्शन ले सकें। हालांकि अब तक केवल ‘महिलाओं तक सीमित’ घरेलू हिंसा के कानून पर दिल्ली हाईकोर्ट में बहस होने वाली है, जिससे संभावनाएं हैं कि निर्णय पुरुषों के पक्ष में आ सकता है और उन्हें कोई न कोई अधिकार तो हाईकोर्ट के द्वारा दिया ही जा सकता हैं।

TFI का समर्थन करें:

सांस्कृतिक राष्ट्रवाद की ‘राइट’ विचारधारा को मजबूती देने के लिए TFI-STORE.COM से बेहतरीन गुणवत्ता के वस्त्र क्रय कर हमारा समर्थन करें।

Tags: Delhi High Courtdomestic violence against menDomestic Violence Lawघरेलू हिंसापुरुषों के साथ घरेलू हिंसा
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

भाजपा में शामिल होने की संभावनाएं तलाश रहे हैं शशि थरूर?

अगली पोस्ट

कर्नाटक में अब ‘सलाम आरती’ नहीं ‘सांध्य आरती’ होगी

संबंधित पोस्ट

नितिन नबीन
चर्चित

स्टूडेंट प्रोटेस्ट के बीच BJP का बड़ा प्लान: युवाओं तक पहुंचेगी पार्टी, सांसदों-विधायकों को मिला विशेष जिम्मा

24 July 2026

देश के कई हिस्सों में छात्र आंदोलनों और दिल्ली के जंतर-मंतर पर जारी प्रदर्शनों के बीच BJP ने अब अपनी रणनीति बदलते हुए सीधे युवाओं...

पेपर लीक, शिक्षा और रोजगार के मुद्दे पर सियासत तेज
चर्चित

पेपर लीक, शिक्षा और रोजगार के मुद्दे पर सियासत तेज, पीएम मोदी ने फास्ट ट्रैक कोर्ट बनाने की कही बात

23 July 2026

देश में इन दिनों पेपर लीक, शिक्षा व्यवस्था में भ्रष्टाचार और युवाओं के रोजगार जैसे मुद्दों को लेकर सियासी माहौल गर्म है। इन विषयों पर...

TCS केस में अदालत की अहम टिप्पणी
चर्चित

TCS धर्म परिवर्तन केस: गर्भवती निदा खान को जमानत, कोर्ट ने दिया मानवीय आधार का हवाला

10 July 2026

महाराष्ट्र के नासिक में चर्चित टीसीएस (TCS) धर्म परिवर्तन मामले में गिरफ्तार आरोपी निदा खान को बॉम्बे हाईकोर्ट से राहत मिल गई है। पांच महीने...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

A Decade After 709 Crackdown: Remembering China's Human Rights Lawyers

A Decade After 709 Crackdown: Remembering China's Human Rights Lawyers

00:04:16

China's War on Human Rights Lawyers: The Legacy of the 709 Crackdown

00:03:57

IRAN EYES RED SEA GAMBIT

00:02:34

US- IRAN CONFLICT INTENSIFIES

00:03:05

Mass Detentions and Enforced Disappearances: The Aftermath of July 5

00:03:20
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited