TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    पूर्व पीएम हसीना ने अलार्म बजाया: बांग्लादेश में बढ़ती धार्मिक कट्टरता और कानून की विफलता

    पूर्व पीएम हसीना ने अलार्म बजाया: बांग्लादेश में बढ़ती धार्मिक कट्टरता और कानून की विफलता

    रेल मंत्रालय की मंथन योजना शताब्दी एक्सप्रेस की जगह वंदे भारत चेयर कार

    शताब्दी एक्सप्रेस को धीरे-धीरे बंद करने की तैयारी, वंदे भारत चेयर कार कोचों का बड़ा प्लान

    कोलकाता में IPAC प्रमुख के आवास पर ईडी की कार्रवाई के दौरान बढ़ा राजनीतिक तनाव

    IPAC प्रमुख पर ईडी की कार्रवाई से सियासी भूचाल, लोकतंत्र और संघीय ढांचे पर उठे सवाल

    पीएम मोदी बोले– विध्वंस नहीं, यह भारत की आत्मा का पुनर्जागरण

    सोमनाथ 1000 वर्ष: मोदी ने कहा– आस्था को नष्ट नहीं किया जा सकता

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    खनन क्षेत्र में बेहतरीन काम के लिए केंद्र सरकार ने धामी सरकार की तारीफ की

    खनन सुधारों में फिर नंबर वन बना उत्तराखंड, बेहतरीन काम के लिए धामी सरकार को केंद्र सरकार से मिली 100 करोड़ रुपये की प्रोत्साहन राशि

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    हमसे दुश्मनी महंगी पड़ेगी: भारत की सतर्कता और बांग्लादेश की गलती, जानें बांग्लादेश की अर्थव्यवस्था पर कैसे पड़ रही चोट

    हमसे दुश्मनी महंगी पड़ेगी: भारत की सतर्कता और बांग्लादेश की गलती, जानें बांग्लादेश की अर्थव्यवस्था पर कैसे पड़ रही चोट

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    वेनेजुएला के मामले में भारत की नपी-तुली प्रतिक्रिया रही है

    वेनेजुएला-अमेरिका संघर्ष पर भारत का संतुलित रुख क्या दर्शाता है ?

    डॉ. जयतीर्थ आर. जोशी को ब्रह्मोस एयरोस्पेस का महानिदेशक नियुक्त किया था

    ब्रह्मोस एयरोस्पेस के DG & CEO की नियुक्ति रद्द,  ट्रिब्यूनल ने DRDO की चयन प्रक्रिया को बताया मनमाना

    16 दिसंबर को पाकिस्तान के पूर्वी मोर्चे के कमांडर जनरल ए के नियाजी ने 93,000 सैनिकों के साथ सरेंडर किया था

    ढाका सरेंडर: जब पाकिस्तान ने अपने लोगों की अनदेखी की और अपने देश का आधा हिस्सा गंवा दिया

    संसद हमले की बरसी: आपको कॉन्स्टेबल कमलेश कुमारी याद हैं? 

    संसद हमले की बरसी: आपको कॉन्स्टेबल कमलेश कुमारी याद हैं? 

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    एक फोन कॉल और बढ़ती नाराज़गी—भारत को लेकर ट्रंप क्यों खफा

    एक फोन कॉल और बढ़ती नाराज़गी—भारत को लेकर ट्रंप क्यों खफा

    टैरिफ विवाद ने भारत की ऊर्जा सुरक्षा और रणनीतिक स्वायत्तता पर बहस तेज की

    ट्रंप की 500% टैरिफ चेतावनी: भारत के लिए आर्थिक और कूटनीतिक चुनौती

    वेनेजुएला के मामले में भारत की नपी-तुली प्रतिक्रिया रही है

    वेनेजुएला-अमेरिका संघर्ष पर भारत का संतुलित रुख क्या दर्शाता है ?

    अमेरिका में कानून का राज कमजोर पड़ रहा

    क्या अमेरिका में कानून का राज कमजोर पड़ रहा है? मिनियापोलिस ICE गोलीबारी से उठते सवाल

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    भारतीय संविधान और मौलिक अधिकार

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकार बाहर से नहीं आए, इनकी संकल्पना भारतीय ज्ञान परंपरा में सदियों से मौजूद है

    भारतीय संविधान

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकारों की संकल्पना हमारे लिए नई नहीं है, ये भारतीय ज्ञान परंपरा का अभिन्न हिस्सा है

    औरंगज़ेब ने जोरावर सिंह और फतेह सिंह को दीवार मे ज़िंदा चुनवाने का आदेश दिया था

    वीर बाल दिवस: क्रिसमस-नववर्ष का जश्न तो ठीक है लेकिन वीर साहिबजादों का बलिदान भी स्मरण रहे

    गुरु गोबिंद सिंह जी ने मुगल शासक औरंगज़ेब की अधीनता स्वीकार करने से इंकार कर दिया

    वीर बाल दिवस: उत्सवों के बीच साहिबज़ादों के अमर बलिदान को नमन

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    शोले फिल्म में पानी की टंकी पर चढ़े धर्मेंद्र

    बॉलीवुड का ही-मैन- जिसने रुलाया भी, हंसाया भी: धर्मेंद्र के सिने सफर की 10 नायाब फिल्में

    नीतीश कुमार

    जेडी(यू) के ख़िलाफ़ एंटी इन्कंबेसी क्यों नहीं होती? बिहार में क्यों X फैक्टर बने हुए हैं नीतीश कुमार?

    क्यों PariPesa भारत रोमांचक एविएटर क्रैश गेम्स का अनुभव लेने के लिए सबसे बेहतरीन जगह है

    क्यों PariPesa भारत रोमांचक एविएटर क्रैश गेम्स का अनुभव लेने के लिए सबसे बेहतरीन जगह है

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    पूर्व पीएम हसीना ने अलार्म बजाया: बांग्लादेश में बढ़ती धार्मिक कट्टरता और कानून की विफलता

    पूर्व पीएम हसीना ने अलार्म बजाया: बांग्लादेश में बढ़ती धार्मिक कट्टरता और कानून की विफलता

    रेल मंत्रालय की मंथन योजना शताब्दी एक्सप्रेस की जगह वंदे भारत चेयर कार

    शताब्दी एक्सप्रेस को धीरे-धीरे बंद करने की तैयारी, वंदे भारत चेयर कार कोचों का बड़ा प्लान

    कोलकाता में IPAC प्रमुख के आवास पर ईडी की कार्रवाई के दौरान बढ़ा राजनीतिक तनाव

    IPAC प्रमुख पर ईडी की कार्रवाई से सियासी भूचाल, लोकतंत्र और संघीय ढांचे पर उठे सवाल

    पीएम मोदी बोले– विध्वंस नहीं, यह भारत की आत्मा का पुनर्जागरण

    सोमनाथ 1000 वर्ष: मोदी ने कहा– आस्था को नष्ट नहीं किया जा सकता

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    खनन क्षेत्र में बेहतरीन काम के लिए केंद्र सरकार ने धामी सरकार की तारीफ की

    खनन सुधारों में फिर नंबर वन बना उत्तराखंड, बेहतरीन काम के लिए धामी सरकार को केंद्र सरकार से मिली 100 करोड़ रुपये की प्रोत्साहन राशि

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    हमसे दुश्मनी महंगी पड़ेगी: भारत की सतर्कता और बांग्लादेश की गलती, जानें बांग्लादेश की अर्थव्यवस्था पर कैसे पड़ रही चोट

    हमसे दुश्मनी महंगी पड़ेगी: भारत की सतर्कता और बांग्लादेश की गलती, जानें बांग्लादेश की अर्थव्यवस्था पर कैसे पड़ रही चोट

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    वेनेजुएला के मामले में भारत की नपी-तुली प्रतिक्रिया रही है

    वेनेजुएला-अमेरिका संघर्ष पर भारत का संतुलित रुख क्या दर्शाता है ?

    डॉ. जयतीर्थ आर. जोशी को ब्रह्मोस एयरोस्पेस का महानिदेशक नियुक्त किया था

    ब्रह्मोस एयरोस्पेस के DG & CEO की नियुक्ति रद्द,  ट्रिब्यूनल ने DRDO की चयन प्रक्रिया को बताया मनमाना

    16 दिसंबर को पाकिस्तान के पूर्वी मोर्चे के कमांडर जनरल ए के नियाजी ने 93,000 सैनिकों के साथ सरेंडर किया था

    ढाका सरेंडर: जब पाकिस्तान ने अपने लोगों की अनदेखी की और अपने देश का आधा हिस्सा गंवा दिया

    संसद हमले की बरसी: आपको कॉन्स्टेबल कमलेश कुमारी याद हैं? 

    संसद हमले की बरसी: आपको कॉन्स्टेबल कमलेश कुमारी याद हैं? 

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    एक फोन कॉल और बढ़ती नाराज़गी—भारत को लेकर ट्रंप क्यों खफा

    एक फोन कॉल और बढ़ती नाराज़गी—भारत को लेकर ट्रंप क्यों खफा

    टैरिफ विवाद ने भारत की ऊर्जा सुरक्षा और रणनीतिक स्वायत्तता पर बहस तेज की

    ट्रंप की 500% टैरिफ चेतावनी: भारत के लिए आर्थिक और कूटनीतिक चुनौती

    वेनेजुएला के मामले में भारत की नपी-तुली प्रतिक्रिया रही है

    वेनेजुएला-अमेरिका संघर्ष पर भारत का संतुलित रुख क्या दर्शाता है ?

    अमेरिका में कानून का राज कमजोर पड़ रहा

    क्या अमेरिका में कानून का राज कमजोर पड़ रहा है? मिनियापोलिस ICE गोलीबारी से उठते सवाल

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    भारतीय संविधान और मौलिक अधिकार

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकार बाहर से नहीं आए, इनकी संकल्पना भारतीय ज्ञान परंपरा में सदियों से मौजूद है

    भारतीय संविधान

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकारों की संकल्पना हमारे लिए नई नहीं है, ये भारतीय ज्ञान परंपरा का अभिन्न हिस्सा है

    औरंगज़ेब ने जोरावर सिंह और फतेह सिंह को दीवार मे ज़िंदा चुनवाने का आदेश दिया था

    वीर बाल दिवस: क्रिसमस-नववर्ष का जश्न तो ठीक है लेकिन वीर साहिबजादों का बलिदान भी स्मरण रहे

    गुरु गोबिंद सिंह जी ने मुगल शासक औरंगज़ेब की अधीनता स्वीकार करने से इंकार कर दिया

    वीर बाल दिवस: उत्सवों के बीच साहिबज़ादों के अमर बलिदान को नमन

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    शोले फिल्म में पानी की टंकी पर चढ़े धर्मेंद्र

    बॉलीवुड का ही-मैन- जिसने रुलाया भी, हंसाया भी: धर्मेंद्र के सिने सफर की 10 नायाब फिल्में

    नीतीश कुमार

    जेडी(यू) के ख़िलाफ़ एंटी इन्कंबेसी क्यों नहीं होती? बिहार में क्यों X फैक्टर बने हुए हैं नीतीश कुमार?

    क्यों PariPesa भारत रोमांचक एविएटर क्रैश गेम्स का अनुभव लेने के लिए सबसे बेहतरीन जगह है

    क्यों PariPesa भारत रोमांचक एविएटर क्रैश गेम्स का अनुभव लेने के लिए सबसे बेहतरीन जगह है

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

“सोमनाथ मंदिर को तोड़कर गजनवी ने कुछ गलत नहीं किया”, ऐसे बयानों को आप जानते हैं लेकिन ये क्यों दिए जाते हैं यह जान लीजिए

"राम मंदिर तोड़कर मस्जिद बनाएंगे", ये भी बयान दिया गया है।

TFI Desk द्वारा TFI Desk
24 January 2023
in मत
मौलाना साजिद रशीदी

Source- TFI

Share on FacebookShare on X

मौलाना साजिद रशीदी: भारत में अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता है। यहां हर कोई अपने अनुसार रह सकता हैं, जो चाहे बोल सकता हैं। परंतु इसी स्वतंत्रता का कुछ लोगों के द्वारा गलत लाभ उठाया जाता है। कुछ लोग कुछ भी बोलकर देश के माहौल को खराब करने का प्रयास करते रहते हैं। यदि आप टीवी न्यूज चैनल पर डिबेट देखते होंगे, तो आपने अवश्य कुछ मौलानाओं को देखा होगा, जो इन बहसों का हिस्सा बनते हैं। इनकी मौजूदगी का कारण है अधिकतर टीवी चैनलों पर होने वाली धार्मिक बहसें ही होता है। इस दौरान यह ऐसी कई जहीरीली बातें बोल जाते हैं, जिनका समाज पर असर पड़ सकता है। आपने मौलानाओं के इन जहीरीले बयानों को तो अक्सर सुनते होंगे परंतु इनके पीछे का असल उद्देश्य क्या होता है, यह नहीं जानते होंगे। आज हम अपने इस लेख में इन मौलानाओं के बयान को डिकोड करते हुए इसके पीछे के असल उद्देश्य के बारे में जानेंगे।

देखा जाये तो देश में कई बड़े मुद्दे बिना किसी विवाद के खड़े हुए हल हो गये। उदाहरण के लिए राम मंदिर को ही ले लीजिए। वर्ष 2019 में सुप्रीम कोर्ट के द्वारा राम मंदिर के पक्ष में ऐतिहासिक निर्णय सुनाया गया। सुप्रीम कोर्ट के इस निर्णय को हर किसी ने स्वीकार किया। परंतु अभी भी बार-बार राम मंदिर के मुद्दे को उठाकर कुछ लोग देश के शांतिपूर्ण माहौल को बिगाड़ने के प्रयास किए जाते हैं। इन मौलानाओं के बयानों को भले ही अपनी कोई गंभीरता से न लेता है, परंतु भविष्य में इसके दुष्प्रभाव देखने को मिल सकते है।

संबंधितपोस्ट

धर्मध्वजा स्थापना और राम मंदिर की पूर्णता अर्थात् – भारत के स्वत्व जागरण की पुनर्यात्रा

राम मंदिर के शिखर पर पीएम मोदी फहराएंगे 22 फीट का भगवा ध्वज, विवाह पंचमी की तैयारी पूरी

तीर्थ, संस्कृति और समृद्धि: क्यों भारत का पर्यटन है अनोखा

और लोड करें

और पढ़ें: “बस हो, ट्रेन हो, रेलवे स्टेशन हो हम तो नमाज पढ़ेंगे, दूसरे भाड़ में जाएं”, इस्लामिस्टों की धौंस है

सोमनाथ मंदिर को लेकर विवादित बयान

अब हाल ही में एक मौलाना ने सोमनाथ मंदिर को लेकर इसी तरह का विवादित बयान दे दिया है। मौलाना साजिद रशीदी ने कहा है कि सोमनाथ मंदिर को जिन अक्रांताओं ने नष्ट कर उसे बर्बाद करने के प्रयास किए थे, वह सही था। इसके अलावा इसने एक टीवी डिबेट के दौरान हिन्दू प्रतीकों के प्रति जहर उगला है जोकि किसी भी कीमत पर क्षमा के लायक नहीं हैं। यह मौलाना कोई साधारण शख्स नहीं है बल्कि अखिल भारतीय इमाम एसोसिएशन का अध्यक्ष है।

मौलाना साजिद रशीदी ने कहा है कि गुजरात के सोमनाथ मंदिर में गलत काम होता था और इस वजह से मोहम्मद गजनवी ने मंदिर को तोड़ने का काम किया था। साजिद रशीदी ने कहा कि मुगलों का धर्म से कोई लेना-देना नहीं था। इस मौलाना ने इतिहास तक को झुठलाने का काम कर दिया है। उसने कहा, “यह सच है कि मुगल एक काल था। मुगल जितने भी बादशाह हुए हैं, उनका एक दौर था, जमाना था। मुगलों का धर्म से कोई लेना-देना नहीं था। 800 सालों में जितने भी मुगल बादशाह हुए हैं या दूसरे और बादशाह रहे हो। आप अगर उनके इतिहास को पढ़ेंगे तो उनका धर्म से कोई लेना-देना नहीं था।” इसके जरिए इस मौलाना ने इस्लाम पर उठने वाले प्रश्नों को दबाने के प्रयास किए हैं।

मौलाना साजिद रशीदी ने आगे कहा है कि मुगलों ने धर्म के नाम पर किसी भी तरह का काम किया भी नहीं। इस तरह के बहुत सारे उदाहरण हैं। जैसे गजनवी के बारे में लोग कहते हैं कि उसने सोमनाथ मंदिर तोड़ा है। जबकि इतिहास ये है कि वहां के लोगों ने गजनवी को बताया कि वहां आस्था के नाम पर क्या हो रहा है। देवी-देवता के नाम पर क्या हो रहा है। कैसे वहां लड़कियों को लापता कर दिया जाता है।” मौलाना साजिद रशीदी के बारे में आपको बताएं तो ये आए दिन टीवी डिबेट्स में बेहद घटिया और तथ्यहीन बयान देकर समाज में घृणा फैलाने का काम करते हैं।

और पढ़ें: धर्मांतरण विरोधी कानून ने इस्लामिस्टों को एकदम सही जगह चोट पहुंचाईं

मौलानाओं के जहरीले बोल

इस मौलाना ने भविष्य को लेकर धमकी दी है और कहा है कि जिन कब्जाई जमीन पर इस्लामी ताकतों ने मस्जिदें बनवाई थी। उन्हें सनातन के मंदिरों में बदला जा रहा है लेकिन भविष्य में मुसलमान फिर इन्हें इस्लामिक प्रतीकों में बदल देंगे। मौलाना साजिद रशीदी ने कहा था, ”आज मुसलमान खामोश है। मेरी आने वाली नस्ल… मेरा बेटा, उसका बेटा, उसका पोता…. 50-100 साल के बाद एक इतिहास उनके सामने आएगा कि हमारी मस्जिद को तोड़कर मंदिर बना दिया गया। उस वक्त हो सकता है कि कोई मुस्लिम शासक हो, कोई मुस्लिम जज हो या मुस्लिम शासन आ जाए, कुछ नहीं कहा जा सकता है कि क्या फेरबदल हो जाए। तो क्या उस इतिहास की बुनियाद पर इस मंदिर को तोड़कर मस्जिद नहीं बनाई जाएगी? बिल्कुल बनाई जाएगी।”

ऐसा नहीं है कि पहली बार मौलाना साजिद रशीदी ने कोई आपत्तिजनक बयान दिया है बल्कि इनका पूरा एजेंडा ही नफरत की बुनियाद पर खड़ा है। राम मंदिर निर्माण को लेकर यह मौलाना कह चुका है कि आने वाले समय में राम मंदिर की जगह पर फिर मस्जिद बनाई जाएगी। यह वही मौलाना है जो सुप्रीम कोर्ट के सर्वमानीय फैसले पर सवाल उठा रहा था। इसके अलावा हिजाब से लेकर तीन तलाक जैसे मुद्दों पर भी इस मौलाना ने विवादित बयान  दिए हैं जिसके चलते इसे एंकरों ने काफी खरी-खोटी सुनाई है। यह मौलाना इतना बेइज्जती होने के बावजूद थोड़े दिनों बाद टीवी पर आता है और विवादित बयान देकर अपने लोगों के बीच स्वयं को एक क्रांतिकारी साबित करने की कोशिश में लगा रहता है।

कुछ ऐसे ही एक और मौलाना है तौकीर रजा, जो अपने विवादित बयानों के चलते सुर्खिया बटोरता  है। एक बार बुलडोजर और लाउडस्पीकर विवाद पर तौकीर रजा ने मोदी सरकार को चेतावनी दी थी कि भारत में महाभारत होने से कोई नहीं रोक सकता। देश एक बार फिर बंटवारे की तरफ जा रहा है। मौलाना ने यह तक कहा दिया था कि जिस दिन देश का मुसलमान सड़कों पर आ गया तो उन्हें सम्भालना बहुत मुश्किल हो जाएगा। इतना ही नहीं, टीवी डिबेट्स में जितने भी मौलाना, मुफ्ती आते हैं, उनका उद्देश्य किसी नए मुद्दे को उछालकर उसे चर्चा का विषय बना देना होता है जिससे अपने ही बयानों का उपयोग भविष्य में किया जा सके या अगली पीढ़ी को इन कामों को करने के लिए प्रेरित किया जा सके।

और पढ़ें: मोदी सरकार ने अल्पसंख्यक छात्रों को मिलने वाली मौलाना आजाद छात्रवृत्ति रद्द कर दी है

देश में अभी तो भाजपा की सरकार है जो भी एक सीमा के बाहर जाकर टीवी डिबेट्स में बयानबाजी करता है, सरकारें इसके खिलाफ कड़ा एक्शन लेती हैं। थोड़े दिनों तक विवादित बयान देने वाले की भाषा सुधरती है लेकिन फिर नतीजा ढाक के तीन पात ही होता है। अहम यह है कि हमेशा भाजपा की सरकार नहीं होंगी। असदुद्दीन ओवैसी जैसे नेता तो पहले ही कह चुके हैं कि जब मोदी हिमालय चले जाएंगे और योगी मठ में चले जाएंगे, तो हिन्दुओं की रक्षा कौन करेगा। यह एक हिन्दुओं के लिए किसी चेतावनी से कम नहीं है।

सभी जानते हैं भाजपा की सरकार अगले पांच, दस, 15 या अधिक से अधिक 20 साल रहेगी। इसके बाद कभी न कभी कोई ऐसी सरकार बनेगी जो कि इन इस्लामिस्टों की हितैषी होगी। ऐसे ये इस्लामिट हिन्दू विरोधी काम करने से तनिक भी पीछे नहीं हटेंगे। मौलाना और इस्लामिस्ट  आज जो टीवी डिबेट्स में बोल रहे हैं, इसके दुष्परिणाम भविष्य में देखने को मिल सकते हैं। ये मौलाना ही कहेंगे कि वे बीस तीस वर्षों से टीवी डिबेट्स में सोमनाथ को तोड़ने और राम मंदिर की जगह मस्जिद बनाने की बात कर रहे हैं, इसलिए यह होना चाहिए। ऐसे में आवश्यक है कि इन मौलानाओं के जहरीले बयानों पर अब लगाम लगायी जाये।

और पढ़ें: फरमानी नाज़ ने ‘हर-हर शंभू’ गाया तो दरक गई इस्लामिस्टों के नीचे की जमीन

TFI का समर्थन करें:

सांस्कृतिक राष्ट्रवाद की ‘राइट’ विचारधारा को मजबूती देने के लिए TFI-STORE.COM से बेहतरीन गुणवत्ता के वस्त्र क्रय कर हमारा समर्थन करें।

Tags: मौलाना अंसार रजामौलाना साजिद रशीदीराम मंदिरसोमनाथ मंदिर
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

एक बार फिर बीबीसी को भारत में प्रतिबंधित करने का वक्त आ गया है?

अगली पोस्ट

“हर दिन 4 करोड़ का घाटा झेल रहा है Zomato”, ऐसा ही चलता रहा तो जल्दी ही दिवालिया हो जाएगा जोमैटो!

संबंधित पोस्ट

बांग्लादेश
चर्चित

हिंदू दीपू दास की इस्लामी भीड़ के हाथों बर्बर हत्या उस्मान हादी हत्याकांड का ‘साइड इफेक्ट’ नहीं है, ये मजहबी कट्टरता को आत्मसात कर चुके बांग्लादेश का नया सच है

20 December 2025

बांग्लादेश इस समय गहरी अस्थिरता से गुज़र रहा है। दुर्भाग्य से ये अस्थिरता सिर्फ राजनैतिक नहीं है, ये नैतिक और सामाजिक भी है। अलग भाषाई...

ऑपरेशन सिंदूर 2:0
मत

दिल्ली धमाका और PoK के नेता का कबूलनामा: क्या भारत के लिए ‘ऑपरेशन सिंदूर 2.0’ का समय आ गया है?

21 November 2025

पाकिस्तान एक आतंकी मुल्क है और इसमें शायद ही किसी को कोई संशय हो, ख़ुद पाकिस्तान के मित्र भी न सिर्फ इसे अच्छी तरह जानते...

शशि थरूर पीएम की तारीफ कर अपनी ही पार्टी के अंदर निशाने पर आ गए हैं
चर्चित

कांग्रेस का नया नियम यही है कि चाहे कुछ भी हो जाए पीएम मोदी/बीजेपी का हर क़ीमत पर विरोध ही करना है?

21 November 2025

कांग्रेस के नेता देश ही नहीं विदेशों में भी जाकर लोकतंत्र बचाने की दुहाई देते रहते हैं। लेकिन जब बारी आंतरिक लोकतंत्र की आती है...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

Trump makes false apache deal claims, runs down India US relations

Trump makes false apache deal claims, runs down India US relations

00:05:44

Captured Turkish YIHA drone Showed by the Indian Army |Defence News| Operation Sindoor

00:00:58

A War Won From Above: The Air Campaign That Changed South Asia Forever

00:07:37

‘Mad Dog’ The EX CIA Who Took Down Pakistan’s A.Q. Khan Nuclear Mafia Reveals Shocking Details

00:06:59

Dhurandar: When a Film’s Reality Shakes the Left’s Comfortable Myths

00:06:56
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited