TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    डेनमार्क की पीएम से मुलाकात

    ओस्लो में पीएम मोदी की डेनमार्क, फिनलैंड और आइसलैंड नेताओं से मुलाकात, हरित ऊर्जा और तकनीकी सहयोग पर जोर

    सुवेंदु सरकार ने इमाम-मुअज्जिन भत्ते खत्म किए, बंगाल ने ममता के ‘तुष्टिकरण मॉडल’ को दफनाया

    सुवेंदु सरकार ने इमाम-मुअज्जिन भत्ते खत्म किए, बंगाल ने ममता के ‘तुष्टिकरण मॉडल’ को दफनाया

    ‘पुष्पा झुकेगा नहीं’ कहने वाले TMC के जहांगीर खान चुनाव से पहले झुके? फाल्टा री-पोलिंग से पहले वापस लिया नामांकन!

    ‘पुष्पा झुकेगा नहीं’ कहने वाले TMC के जहांगीर खान चुनाव से पहले झुके? फाल्टा री-पोलिंग से पहले वापस लिया नामांकन!

    जितने मुस्लिम हैं, पहले सब हिंदू थे’: राजा भैया के बयान से यूपी की सियासत गरमाई

    जितने मुस्लिम हैं, पहले सब हिंदू थे’: राजा भैया के बयान से यूपी की सियासत गरमाई

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    सोने-चांदी के भाव धड़ाम: क्या वाकई फूट गया चांदी का बुलबुला? रिकॉर्ड स्तर से ₹1.92 लाख तक टूटी कीमतें

    सोने-चांदी के भाव धड़ाम: क्या वाकई फूट गया चांदी का बुलबुला? रिकॉर्ड स्तर से ₹1.92 लाख तक टूटी कीमतें

    संजीव सान्याल

    संजीव सान्याल: क्या बंगाल को मिलने वाला है अपना ‘टेक्नोक्रेट’ वित्त मंत्री?

    ‘संकटमोचक’ बना दोस्त UAE, भारत के रणनीतिक तेल भंडारों के लिए भरी झोली, जंग के बीच मोदी की बड़ी कूटनीतिक जीत

    ‘संकटमोचक’ बना दोस्त UAE, भारत के रणनीतिक तेल भंडारों के लिए भरी झोली, जंग के बीच मोदी की बड़ी कूटनीतिक जीत

    पीयूष गोयल ने तेज किया GeM का कायाकल्प: AI टूल्स और व्यापक पहुंच के साथ सरकारी खरीद प्रणाली में बड़े सुधार की तैयारी

    पीयूष गोयल ने तेज किया GeM का कायाकल्प: AI टूल्स और व्यापक पहुंच के साथ सरकारी खरीद प्रणाली में बड़े सुधार की तैयारी

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    ऑपरेशन सिंदूर ने पाकिस्तान को सीजफायर के लिए कैसे मजबूर किया

    ऑपरेशन सिंदूर ने पाकिस्तान को युद्धविराम के लिए कैसे मजबूर किया ?

    भारत का सैन्य पुनर्गठन: सुब्रमण्यम होंगे नए CDS और स्वामीनाथन बनेंगे नौसेना प्रमुख, रक्षा क्षेत्र में एक रणनीतिक बदलाव

    भारत का सैन्य पुनर्गठन: सुब्रमण्यम होंगे नए CDS और स्वामीनाथन बनेंगे नौसेना प्रमुख, रक्षा क्षेत्र में एक रणनीतिक बदलाव

    डार्क ईगल का उदय: क्या 15 मिलियन डॉलर की हाइपरसोनिक मिसाइल ईरान के साथ जारी गतिरोध को खत्म कर पाएगी?

    डार्क ईगल का उदय: क्या 15 मिलियन डॉलर की हाइपरसोनिक मिसाइल ईरान के साथ जारी गतिरोध को खत्म कर पाएगी?

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    एक फोन कॉल और बढ़ती नाराज़गी—भारत को लेकर ट्रंप क्यों खफा

    अमेरिकी प्रतिबंधों के बावजूद रूस से तेल आयात जारी रखेगा भारत, ऊर्जा सुरक्षा पर सरकार का सख्त रुख

    सैन डिएगो मस्जिद में अंधाधुंध गोलीबारी

    सैन डिएगो मस्जिद में अंधाधुंध गोलीबारी, हमले के बाद दोनों हमलावरों ने की आत्महत्या

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    भारत के मोस्ट वांटेड आतंकवादी पर पाकिस्तान में बड़ा हमला: लश्कर आतंकी अमीर हमजा को मारी गई गोली

    भारत के मोस्ट वांटेड आतंकवादी पर पाकिस्तान में बड़ा हमला: लश्कर आतंकी अमीर हमजा को मारी गई गोली

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    Keral Muslim Leauge

    मुस्लिम लीग, केरलम् और बहुत कुछ…

    भोजशाला

    भोजशाला: इतिहास, आस्था और साक्ष्यों के बीच उभरता सत्य

    कोर्ट ने भोजशाला को 'वाग्देवी मंदिर' माना है और हिंदू पक्ष को वहां पूजा-अर्चना का पूरा अधिकार देने की बात कही।

    भोजशाला: इतिहास, संघर्ष और “विजेता भाव” की अनकही कहानी

    भोजशाला पर हिंदुओं की बड़ी जीत

    धार की भोजशाला को इंदौर हाईकोर्ट ने माना वाग्देवी मंदिर माना, मुस्लिमों के नमाज़ के अधिकार का दावा ख़ारिज

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज शिप

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज पर नोरोवायरस का हमला: 3116 यात्रियों वाले क्रूज शिप पर 115 लोग बीमार

    यशस्वी जायसवाल और शेफाली वर्मा की बढ़ी मुश्किलें: NADA ने थमाया नोटिस, डोपिंग नियमों के उल्लंघन का खतरा!

    यशस्वी जायसवाल और शेफाली वर्मा की बढ़ी मुश्किलें: NADA ने थमाया नोटिस, डोपिंग नियमों के उल्लंघन का खतरा!

    आईपीएल 2026: चेन्नई सुपर किंग्स की दमदार वापसी, कोलकाता नाइट राइडर्स को जीत का इंतजार जारी

    आईपीएल 2026: चेन्नई सुपर किंग्स की दमदार वापसी, कोलकाता नाइट राइडर्स को जीत का इंतजार जारी

    अंतरिक्ष का ‘बरमूडा ट्रायंगल’: 480 किमी ऊपर सैटेलाइट्स को निगल रहा रहस्यमयी ज़ोन, वैज्ञानिक भी सतर्क

    अंतरिक्ष का ‘बरमूडा ट्रायंगल’: 480 किमी ऊपर सैटेलाइट्स को निगल रहा रहस्यमयी ज़ोन, वैज्ञानिक भी सतर्क

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    डेनमार्क की पीएम से मुलाकात

    ओस्लो में पीएम मोदी की डेनमार्क, फिनलैंड और आइसलैंड नेताओं से मुलाकात, हरित ऊर्जा और तकनीकी सहयोग पर जोर

    सुवेंदु सरकार ने इमाम-मुअज्जिन भत्ते खत्म किए, बंगाल ने ममता के ‘तुष्टिकरण मॉडल’ को दफनाया

    सुवेंदु सरकार ने इमाम-मुअज्जिन भत्ते खत्म किए, बंगाल ने ममता के ‘तुष्टिकरण मॉडल’ को दफनाया

    ‘पुष्पा झुकेगा नहीं’ कहने वाले TMC के जहांगीर खान चुनाव से पहले झुके? फाल्टा री-पोलिंग से पहले वापस लिया नामांकन!

    ‘पुष्पा झुकेगा नहीं’ कहने वाले TMC के जहांगीर खान चुनाव से पहले झुके? फाल्टा री-पोलिंग से पहले वापस लिया नामांकन!

    जितने मुस्लिम हैं, पहले सब हिंदू थे’: राजा भैया के बयान से यूपी की सियासत गरमाई

    जितने मुस्लिम हैं, पहले सब हिंदू थे’: राजा भैया के बयान से यूपी की सियासत गरमाई

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    सोने-चांदी के भाव धड़ाम: क्या वाकई फूट गया चांदी का बुलबुला? रिकॉर्ड स्तर से ₹1.92 लाख तक टूटी कीमतें

    सोने-चांदी के भाव धड़ाम: क्या वाकई फूट गया चांदी का बुलबुला? रिकॉर्ड स्तर से ₹1.92 लाख तक टूटी कीमतें

    संजीव सान्याल

    संजीव सान्याल: क्या बंगाल को मिलने वाला है अपना ‘टेक्नोक्रेट’ वित्त मंत्री?

    ‘संकटमोचक’ बना दोस्त UAE, भारत के रणनीतिक तेल भंडारों के लिए भरी झोली, जंग के बीच मोदी की बड़ी कूटनीतिक जीत

    ‘संकटमोचक’ बना दोस्त UAE, भारत के रणनीतिक तेल भंडारों के लिए भरी झोली, जंग के बीच मोदी की बड़ी कूटनीतिक जीत

    पीयूष गोयल ने तेज किया GeM का कायाकल्प: AI टूल्स और व्यापक पहुंच के साथ सरकारी खरीद प्रणाली में बड़े सुधार की तैयारी

    पीयूष गोयल ने तेज किया GeM का कायाकल्प: AI टूल्स और व्यापक पहुंच के साथ सरकारी खरीद प्रणाली में बड़े सुधार की तैयारी

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    ऑपरेशन सिंदूर ने पाकिस्तान को सीजफायर के लिए कैसे मजबूर किया

    ऑपरेशन सिंदूर ने पाकिस्तान को युद्धविराम के लिए कैसे मजबूर किया ?

    भारत का सैन्य पुनर्गठन: सुब्रमण्यम होंगे नए CDS और स्वामीनाथन बनेंगे नौसेना प्रमुख, रक्षा क्षेत्र में एक रणनीतिक बदलाव

    भारत का सैन्य पुनर्गठन: सुब्रमण्यम होंगे नए CDS और स्वामीनाथन बनेंगे नौसेना प्रमुख, रक्षा क्षेत्र में एक रणनीतिक बदलाव

    डार्क ईगल का उदय: क्या 15 मिलियन डॉलर की हाइपरसोनिक मिसाइल ईरान के साथ जारी गतिरोध को खत्म कर पाएगी?

    डार्क ईगल का उदय: क्या 15 मिलियन डॉलर की हाइपरसोनिक मिसाइल ईरान के साथ जारी गतिरोध को खत्म कर पाएगी?

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    एक फोन कॉल और बढ़ती नाराज़गी—भारत को लेकर ट्रंप क्यों खफा

    अमेरिकी प्रतिबंधों के बावजूद रूस से तेल आयात जारी रखेगा भारत, ऊर्जा सुरक्षा पर सरकार का सख्त रुख

    सैन डिएगो मस्जिद में अंधाधुंध गोलीबारी

    सैन डिएगो मस्जिद में अंधाधुंध गोलीबारी, हमले के बाद दोनों हमलावरों ने की आत्महत्या

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    भारत के मोस्ट वांटेड आतंकवादी पर पाकिस्तान में बड़ा हमला: लश्कर आतंकी अमीर हमजा को मारी गई गोली

    भारत के मोस्ट वांटेड आतंकवादी पर पाकिस्तान में बड़ा हमला: लश्कर आतंकी अमीर हमजा को मारी गई गोली

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    Keral Muslim Leauge

    मुस्लिम लीग, केरलम् और बहुत कुछ…

    भोजशाला

    भोजशाला: इतिहास, आस्था और साक्ष्यों के बीच उभरता सत्य

    कोर्ट ने भोजशाला को 'वाग्देवी मंदिर' माना है और हिंदू पक्ष को वहां पूजा-अर्चना का पूरा अधिकार देने की बात कही।

    भोजशाला: इतिहास, संघर्ष और “विजेता भाव” की अनकही कहानी

    भोजशाला पर हिंदुओं की बड़ी जीत

    धार की भोजशाला को इंदौर हाईकोर्ट ने माना वाग्देवी मंदिर माना, मुस्लिमों के नमाज़ के अधिकार का दावा ख़ारिज

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज शिप

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज पर नोरोवायरस का हमला: 3116 यात्रियों वाले क्रूज शिप पर 115 लोग बीमार

    यशस्वी जायसवाल और शेफाली वर्मा की बढ़ी मुश्किलें: NADA ने थमाया नोटिस, डोपिंग नियमों के उल्लंघन का खतरा!

    यशस्वी जायसवाल और शेफाली वर्मा की बढ़ी मुश्किलें: NADA ने थमाया नोटिस, डोपिंग नियमों के उल्लंघन का खतरा!

    आईपीएल 2026: चेन्नई सुपर किंग्स की दमदार वापसी, कोलकाता नाइट राइडर्स को जीत का इंतजार जारी

    आईपीएल 2026: चेन्नई सुपर किंग्स की दमदार वापसी, कोलकाता नाइट राइडर्स को जीत का इंतजार जारी

    अंतरिक्ष का ‘बरमूडा ट्रायंगल’: 480 किमी ऊपर सैटेलाइट्स को निगल रहा रहस्यमयी ज़ोन, वैज्ञानिक भी सतर्क

    अंतरिक्ष का ‘बरमूडा ट्रायंगल’: 480 किमी ऊपर सैटेलाइट्स को निगल रहा रहस्यमयी ज़ोन, वैज्ञानिक भी सतर्क

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

भारत के आंतरिक मामलों में क्यों दखल दे रहा अमेरिका?

अमेरिका की विदेश नीति हमेशा दूसरे देशों के निजी मामलों में हस्तक्षेप करने की रही है। वह जिस किसी भी देश से दोस्ती का स्वांग रचाता है, उसमें भी अमेरिका अपना ही फायदा देखता है।

Akash Gaur द्वारा Akash Gaur
29 March 2024
in भू-राजनीति, राजनीति
अमेरिका, भारत, अरविंद केजरीवाल, अमेरिका की दखलअंदाजी, प्रधानमंत्री मोदी
Share on FacebookShare on X

अमेरिका की विदेश नीति हमेशा दूसरे देशों के निजी मामलों में हस्तक्षेप करने की रही है। वह जिस किसी भी देश से दोस्ती का स्वांग रचाता है, उसमें भी अमेरिका अपना ही फायदा देखता है। मौजूदा वक्त में अमेरिका भारत का रणनीतिक साझेदार है, इसके बावजूद वह दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की शराब नीति घोटाला मामले में हुई गिरफ्तारी पर हस्तक्षेप कर रहा है। जबकि यह भारत का आंतरिक मामला है। 

भारत ने इस बाबत जब अमेरिकी राजदूत को तलब करके ऐसा नहीं करने की चेतावनी दी तो उनका विदेश मंत्रालय सकते में पड़ गया। लिहाजा अपनी सुप्रीमेसी दिखाने के लिए अमेरिकी विदेश मंत्रालय ने कहा कि, केजरीवाल समेत कांग्रेस का अकाउंट फ्रीज होने और चुनाव के समय में विपक्ष के खिलाफ हो रही ऐसी अन्य कार्रवाइयों पर बारीकी से नजर रखना जारी रखेगा। 

संबंधितपोस्ट

अमेरिकी प्रतिबंधों के बावजूद रूस से तेल आयात जारी रखेगा भारत, ऊर्जा सुरक्षा पर सरकार का सख्त रुख

सैन डिएगो मस्जिद में अंधाधुंध गोलीबारी, हमले के बाद दोनों हमलावरों ने की आत्महत्या

पाकिस्तान की राजनीति में अमेरिकी दखल के आरोप तेज, इमरान खान सरकार गिराने वाले Cipher से मचा बवाल

और लोड करें

अमेरिकी विदेश मंत्रालय ने कहा कि उसके ऐसा करने पर किसी को आपत्ति नहीं होना चाहिए। मगर अमेरिका की इस कूटनीति के पीछे की असली वजह क्या है, उसे समझने के लिए आपको कई बातों पर गहराई से गौर करना होगा। तो आइये आपको बताते हैं कि अमेरिका किस डर से ऐसा कर रहा है?

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में और विदेश मंत्री एस जयशंकर की बेबाकी से भारत की विदेश नीति और कूटनीति अपने सर्वोत्तम दौर में चल रही है। भारत ने अपनी इस नई कूटनीति से यूरोप से लेकर एशिया तक और अरब से लेकर अफ्रीकी देशों तक को साध रखा है। भारत की साख दुनिया के सभी देशों में बढ़ी है। इससे वैश्विक शक्तियों की ओर से नजरअंदाज किए गए देश भी भारत पर भरोसा करने लगे हैं। 

ग्लोबल साउथ इसका ताजा उदाहरण है। जी-20 की अध्यक्षता के दौरान भारत ने ग्लोबल साउथ की आवाज बनकर अमेरिका समेत तमाम सुपर शक्तियों के सामने बड़ी चुनौती पेश कर दी है। साथ ही वह दुनिया की 5वीं बड़ी अर्थव्यवस्था बन चुका है। अब अगले कुछ ही वर्षों में भारत दुनिया की तीसरी बड़ी आर्थिक महाशक्ति बनने की राह पर है।

इतना ही नहीं भारत ने रक्षा के क्षेत्र में भी खुद को आत्मनिर्भर कर लिया है। अब भारत दुनिया के टॉप-10 डिफेंस सप्लायर की सूची में आ गया है। जबकि भारत पहले सबसे बड़ा रक्षा उत्पादों का खरीददार था। अंतरिक्ष से लेकर समुद्र तक अनुसंधान के क्षेत्र में भी भारत ने या तो दुनिया की बराबरी कर ली है या फिर कुछ मायनों में उन्हें पीछे छोड़ दिया है। ऐसे में उभरते भारत से अमेरिका को कई तरह के खतरे सता रहे हैं। 

क्या कहते हैं विदेश मामलों के जानकार

जवाहर लाल नेहरू यूनिवर्सिटी (जेएनयू) में डिप्लोमेसी स्कूल ऑफ इंटरनेशनल स्टडीज के असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. अभिषेक श्रीवास्तव कहते हैं कि अमेरिका भले ही भारत का रणनीतिक साझेदार है, मगर वह कभी दोस्ती का फर्ज निभाता नहीं दिखता। जब खालिस्तानी कनाडा और अमेरिका में भारत की संप्रभुता के खिलाफ साजिश रचते हैं तो अमेरिका उसे अभिव्यक्ति की आजादी का नाम देकर उन्हें ऐसा करने से नहीं रोकता। 

इसी तरह वह आतंकवाद के खिलाफ होने की बात तो करता है, लेकिन पाकिस्तान के आतंकवाद पर कभी सख्त नहीं होता। यह सब अमेरिका के दोहरे मापदंड को दर्शाता है। अब दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की गिरफ्तार के मामले में हस्तक्षेप करके अमेरिका ने भारत के आंतरिक मामलों में बेवजह दखल का प्रयास किया है। 

अमेरिका कहता है कि वह दुनिया का सबसे बड़ा लोकतांत्रिक देश और कानून का शासन होने के चलते ऐसा कर रहा है, लेकिन आज दुनिया देख रही है कि पूर्व राष्ट्रपति डोनॉल्ड ट्रंप के साथ वहां क्या-क्या हो रहा है। लोकतंत्र का सबसे बड़ा द्योतक होने की बात करने वाला अमेरिका ट्रंप को 2024 का राष्ट्रपति चुनाव लड़ने से रोकने के लिए हर हथकंडे अपना रहा है। 

बाइडेन प्रशासन का अपने विपक्षी नेता के साथ अपनाया जाने वाला ये रवैया क्या ठीक है? डॉ. अभिषेक ने कहा कि मैं तो कहता हूं कि जिस तरह अमेरिका भारत के निजी मामलों में हस्तक्षेप कर रहा है, उसी तरह भारत को भी उसके लोकतंत्र में ये सब क्या हो रहा है, उसकी याद दिलाकर पुरजोर विरोध करना चाहिए। क्योंकि हमारे देश के आंतरिक मामलों में हस्तक्षेप का अधिकार किसी देश को नहीं है।

भारत से अमेरिका को हैं क्या-क्या खतरे

प्रोफेसर अभिषेक कहते हैं कि रूस-यूक्रेन युद्ध मामले में अमेरिका ने भारत का रुख देख लिया है कि तमाम दबावों के बावजूद हमारी विदेश नीति कहीं झुकी नहीं। जब अमेरिका ने रूस से तेल नहीं लेने का दबाव डाला तो भारत ने साफ कह दिया है कि यह हमारा निजी मामला है। किससे तेल लें और किससे नहीं, हम अपनी ऊर्जा जरूरतों और जनता की सहूलियतों को ध्यान में रखकर फैसले लेते हैं। कोई देश हमें इसके लिए बाध्य नहीं कर सकता। 

इसके साथ ही भारत ने रूस के साथ अपने पारंपरिक संबंधों को मजबूत बनाए रखा है। रूसी राष्ट्रपति पुतिन और पीएम मोदी आपस में अच्छे दोस्त हैं। मगर अमेरिका नहीं चाहता कि भारत का झुकाव रूस की तरफ ज्यादा रहे। इसलिए भी ऐसे वह पिन प्वाइंट ढूंढ़ता रहता है। अमेरिका की एक ताकतवर लॉबी नहीं चाहती कि नरेंद्र मोदी जैसा प्रभावशाली व्यक्ति भारत का लंबे समय तक नेतृत्व करे।

इसके अलावा अमेरिका में एक बड़ी लॉबी पीएम मोदी के खिलाफ काम करती है। कभी वह मानवाधिकारों के नाम पर तो कभी धर्म और अभिव्यक्ति की आजादी के नाम पर भारत पर हमले और निंदा का मौका ढूंढ़ते रहते हैं। 

अमेरिका का केजरीवाल मामले में हस्तक्षेप भी उसी का ताजा उदाहरण है। इसके अलावा भारत रुपये को अंतरराष्ट्रीय मुद्रा बनाने में लगा है। दर्जन भर से ज्यादा देशों के साथ रुपये में लेन-देन को लेकर भारत करार कर चुका है। यह सिलसिला आगे बढ़ रहा है। भारतीय रुपये का अंतरराष्ट्रीयकरण होने से भी अमेरिका को दिक्कत है। भारत तेजी से अपने इंफ्रास्ट्रक्चर को बढ़ा रहा है।

अमेरिका में काम कर रही एंटी मोदी लॉबी

विदेश मामलों के एक्सपर्ट मनीष चांद ने कहा कि यह अमेरिका की सुपर फॉरेन पॉलिसी है कि वह मानवाधिकार और नागरिक अधिकारों के नाम पर लोकतंत्र और पारदर्शिता के नाम पर किसी भी देश में इस तरह के हस्तक्षेप करता हैं। जहां तक भारत की बात है तो अमेरिका में एक बहुत बड़ी एंटी मोदी लॉबी काम करती है। 

इस वक्त देश में इलेक्शन है, उससे पहले विपक्षी नेता और मुख्यमंत्री को अरेस्ट किया गया है तो इससे अमेरिका को एक मौका मिल गया है। क्योंकि अमेरिका इस तरह के मामले को अपनी फॉरेन पॉलिसी के उसी नजरिये से देखता है। अमेरिका में जो ह्यूमन राइट्स लॉबी है, वह मोदी के खिलाफ एक्टिव है। वह पीएम मोदी को लेकर पॉजिटिव नहीं हैं। 

खालिस्तानी पन्नू वाले मामले में भी यही हुआ। उन्हें लगता है कि वह भले खालिस्तानी है, लेकिन उसका भी नागरिक अधिकार है। मानवाधिकारों और नागरिक अधिकारों को ढाल बनाकर अमेरिका ऐसा कर रहा है। ऐसा करके अमेरिका को दूसरे देशों को अपने सुपर पॉवर होने का एहसास कराने के लिए भी है। ताकि उसका प्रभाव बना रहे। इसलिए वह भारत के साथ अन्य देशों पर भी ऐसा कोई मौका मिलने पर प्रेशर बनाते हैं। अमेरिका चाहता है कि हर देश किसी तरह उसके प्रभाव में रहे। 

और पढ़ें:– क्या मुख्यमंत्री पद से हटेंगे केजरीवाल? दिल्ली LG के बायन के बाद उठने लगे सवाल।

Tags: AmericaAmerica's interferenceArvind KejriwalIndiaPrime Minister Modiअमेरिकाअमेरिका की दखल अंदाजीअरविंद केजरीवालप्रधानमंत्री मोदीभारत
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

क्या मुख्यमंत्री पद से हटेंगे केजरीवाल? दिल्ली LG के बयान के बाद उठने लगे सवाल।

अगली पोस्ट

वित्त वर्ष 2024 में निफ्टी ने निवेशकों को दिया सबसे ज्यादा रिटर्न।

संबंधित पोस्ट

डेनमार्क की पीएम से मुलाकात
चर्चित

ओस्लो में पीएम मोदी की डेनमार्क, फिनलैंड और आइसलैंड नेताओं से मुलाकात, हरित ऊर्जा और तकनीकी सहयोग पर जोर

19 May 2026

पीएम मोदी मंगलवार को नॉर्वे की राजधानी ओस्लो  में कई बड़े नेताओं से मिले। इस दौरान उन्होंने भारत और नॉर्डिक देशों के बीच रिश्तों को...

सुवेंदु सरकार ने इमाम-मुअज्जिन भत्ते खत्म किए, बंगाल ने ममता के ‘तुष्टिकरण मॉडल’ को दफनाया
राजनीति

सुवेंदु सरकार ने इमाम-मुअज्जिन भत्ते खत्म किए, बंगाल ने ममता के ‘तुष्टिकरण मॉडल’ को दफनाया

19 May 2026

पश्चिम बंगाल में नई बनी भारतीय जनता पार्टी सरकार ने ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली पूर्व तृणमूल कांग्रेस सरकार द्वारा शुरू की गई धर्म-आधारित सरकारी...

‘पुष्पा झुकेगा नहीं’ कहने वाले TMC के जहांगीर खान चुनाव से पहले झुके? फाल्टा री-पोलिंग से पहले वापस लिया नामांकन!
चर्चित

‘पुष्पा झुकेगा नहीं’ कहने वाले TMC के जहांगीर खान चुनाव से पहले झुके? फाल्टा री-पोलिंग से पहले वापस लिया नामांकन!

19 May 2026

पश्चिम बंगाल की राजनीति में उस समय एक बहुत बड़ा और अप्रत्याशित यू-टर्न देखने को मिला, जब दक्षिण 24 परगना जिले की हाई-प्रोफाइल फाल्टा विधानसभा...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

From Runways to Warships: India’s Firefighting Warrior Built for Bases & Battles| IAF | VayuShakti

From Runways to Warships: India’s Firefighting Warrior Built for Bases & Battles| IAF | VayuShakti

00:05:40

Ethanol, EVs and Solar- How India’s Energy Game Is Changing | Modi on LPG & Crude Oil | war| Hormuz

00:05:21

Truth of IRIS Dena: 8 Days That Changed Narrative | War zone Reality, Not an Indian Navy Exercise

00:08:02

300 Million Euros for SCALP: Strategic Necessity or Costly Dependency on France300

00:04:06

Tejas Mk1A: 19th aircraft coupled but Not Delivered: What Is Holding Back the IAF Induction?

00:07:21
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited