TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    ड्रग्स के खतरे को खत्म करने के लिए दिल्ली पुलिस की बड़ी योजना

    ड्रग्स के खतरे को खत्म करने के लिए दिल्ली पुलिस की बड़ी योजना, झुग्गी बस्तियों और युवाओं की सुरक्षा पर खास फोकस

    NCERT किताब विवाद के बीच केंद्र ने माफी मांगी

    NCERT किताब विवाद के बीच केंद्र ने मांगी माफी , CJI ने काउंसिल पर कड़ा रुख अपनाया

    पीएम कार्नी की भारत यात्रा से पहले कनाडा का संकेत

    पीएम कार्नी की भारत यात्रा से पहले संकेत—कनाडा हिंसक गतिविधियों में भारत की भूमिका नहीं

    दिल्ली पुलिस की कार्रवाई पर शिमला में हंगामा

    दिल्ली पुलिस की कार्रवाई पर शिमला में हंगामा, हिमाचल पुलिस ने लिया हिरासत में

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    सनातन दृष्टि से ए.आई.

    भारतीय सनातन दृष्टि से ए.आई. समिट की सार्थकता

    भारत में एआई की नई शुरुआत

    भारत में एआई की नई शुरुआत: अपने मॉडल्स से आत्मनिर्भर बनने की दिशा में बड़ा कदम

    पीएम मोदी

    AI IMPACT SUMMIT 2026 : भारत बना एआई नवाचार का वैश्विक केंद्र, प्रधानमंत्री मोदी ने इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट-2026 का किया उद्घाटन

    20 से ज्यादा देशों के टॉप लीडर्स होंगे शामिल

    AI समिट का तीसरा दिन Galgotias University के रोबोटिक डॉग पर उठे सवाल, स्टॉल को कराया गया खाली

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    Tejas mark -1

    वायु सेना का तीसरा तेजस लड़ाकू विमान हादसे का शिकार, पायलट सुरक्षित; हादसे की जांच जारी

    तेजस Mk1-A: बन कर तैया

    तेजस Mk1-A: बन कर तैयार हैं तो फिर Air Force को सौंपे क्यों नहीं गए ? इंजन या HAL की लेट लतीफी- क्या है देरी की असली वजह ?

    भारत में बनाएं जाएंगे स्वदेशी विमान

    फ्रांस से 114 राफेल खरीदने की ₹3.25 लाख करोड़ डील को जल्द मिल सकती है DAC की मंज़ूरी

    अग्नि-3 एक तैयार और मैच्योर मिसाइल सिस्टम है

    अग्नि -3 का एक और परीक्षण: भारत एक Active Nuclear Missile को बार-बार Test क्यों कर रहा है?

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    पीएम कार्नी की भारत यात्रा से पहले कनाडा का संकेत

    पीएम कार्नी की भारत यात्रा से पहले संकेत—कनाडा हिंसक गतिविधियों में भारत की भूमिका नहीं

    मैक्सिकों में भारतीयों को अलर्ट रहने की सलाह

    मैक्सिको में ‘ एल मेंचो ‘की हत्या के बाद भारतीय नागरिकों को सर्तक रहने की सलाह

    ट्रंप का टैरिफ विवाद

    ट्रंप के 15% टैरिफ से वैश्विक व्यापार में हलचल; भारत-चीन को बढ़त, ब्रिटेन पर दबाव, यूरोप सख्त रुख में

    ट्रंप का टैरिफ विवाद

    ट्रंप का टैरिफ ड्रामा : कोर्ट के झटके के बाद नया आदेश 10% ग्लोबल टैरिफ का किया ऐलान

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    ब्रह्मपुत्र नदी के नीचे बनेगी सबसे लंबी रेल सुरंग

    ब्रह्मपुत्र के नीचे बनेगी देश की पहली रेल-रोड सुरंग, असम और पूर्वोत्तर को मिलेगा तेज़ और सीधा संपर्क

    के एम करियाप्पा अनुशासन के प्रतीक

    फील्ड मार्शल के .एम. करियाप्पा : अनुशासन और देशभक्ति की मिसाल

    10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    इतिहास की गवाही: 10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    नेहरू अपने निजी अकाउंट में जमा कराना चाहते थे कुछ खजाना!

    नेताजी की आजाद हिंद फौज के खजाने का क्या हुआ? क्यों खजाने की लूट पर जांच से बचते रहे जवाहर लाल नेहरू ?

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    CroreBet India Review 2026: Sports Betting, Casino Games & Bonuses Explained

    CroreBet India Review 2026: Sports Betting, Casino Games & Bonuses Explained

    Top Bonus Rounds in Ice Fishing Game Review: What Indian Players Love Most

    Top Bonus Rounds in Ice Fishing Game Review: What Indian Players Love Most

    भारतीय यूट्यूबर्स की कमाई: करोड़पति बनने वाले टॉप 10 कंटेंट क्रिएटर्स

    भारतीय यूट्यूबर्स की कमाई: करोड़पति बनने वाले टॉप 10 कंटेंट क्रिएटर्स

    आतंक के खिलाफ बड़ा कदम: J&K में 5 सरकारी कर्मचारियों की सेवा समाप्त

    जम्मू कश्मीर में 5 सरकारी कर्मचारी सेवा से बर्खास्त , जानें क्यों मनोज सिन्हा ने लिया यह फैसला?

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    ड्रग्स के खतरे को खत्म करने के लिए दिल्ली पुलिस की बड़ी योजना

    ड्रग्स के खतरे को खत्म करने के लिए दिल्ली पुलिस की बड़ी योजना, झुग्गी बस्तियों और युवाओं की सुरक्षा पर खास फोकस

    NCERT किताब विवाद के बीच केंद्र ने माफी मांगी

    NCERT किताब विवाद के बीच केंद्र ने मांगी माफी , CJI ने काउंसिल पर कड़ा रुख अपनाया

    पीएम कार्नी की भारत यात्रा से पहले कनाडा का संकेत

    पीएम कार्नी की भारत यात्रा से पहले संकेत—कनाडा हिंसक गतिविधियों में भारत की भूमिका नहीं

    दिल्ली पुलिस की कार्रवाई पर शिमला में हंगामा

    दिल्ली पुलिस की कार्रवाई पर शिमला में हंगामा, हिमाचल पुलिस ने लिया हिरासत में

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    सनातन दृष्टि से ए.आई.

    भारतीय सनातन दृष्टि से ए.आई. समिट की सार्थकता

    भारत में एआई की नई शुरुआत

    भारत में एआई की नई शुरुआत: अपने मॉडल्स से आत्मनिर्भर बनने की दिशा में बड़ा कदम

    पीएम मोदी

    AI IMPACT SUMMIT 2026 : भारत बना एआई नवाचार का वैश्विक केंद्र, प्रधानमंत्री मोदी ने इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट-2026 का किया उद्घाटन

    20 से ज्यादा देशों के टॉप लीडर्स होंगे शामिल

    AI समिट का तीसरा दिन Galgotias University के रोबोटिक डॉग पर उठे सवाल, स्टॉल को कराया गया खाली

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    Tejas mark -1

    वायु सेना का तीसरा तेजस लड़ाकू विमान हादसे का शिकार, पायलट सुरक्षित; हादसे की जांच जारी

    तेजस Mk1-A: बन कर तैया

    तेजस Mk1-A: बन कर तैयार हैं तो फिर Air Force को सौंपे क्यों नहीं गए ? इंजन या HAL की लेट लतीफी- क्या है देरी की असली वजह ?

    भारत में बनाएं जाएंगे स्वदेशी विमान

    फ्रांस से 114 राफेल खरीदने की ₹3.25 लाख करोड़ डील को जल्द मिल सकती है DAC की मंज़ूरी

    अग्नि-3 एक तैयार और मैच्योर मिसाइल सिस्टम है

    अग्नि -3 का एक और परीक्षण: भारत एक Active Nuclear Missile को बार-बार Test क्यों कर रहा है?

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    पीएम कार्नी की भारत यात्रा से पहले कनाडा का संकेत

    पीएम कार्नी की भारत यात्रा से पहले संकेत—कनाडा हिंसक गतिविधियों में भारत की भूमिका नहीं

    मैक्सिकों में भारतीयों को अलर्ट रहने की सलाह

    मैक्सिको में ‘ एल मेंचो ‘की हत्या के बाद भारतीय नागरिकों को सर्तक रहने की सलाह

    ट्रंप का टैरिफ विवाद

    ट्रंप के 15% टैरिफ से वैश्विक व्यापार में हलचल; भारत-चीन को बढ़त, ब्रिटेन पर दबाव, यूरोप सख्त रुख में

    ट्रंप का टैरिफ विवाद

    ट्रंप का टैरिफ ड्रामा : कोर्ट के झटके के बाद नया आदेश 10% ग्लोबल टैरिफ का किया ऐलान

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    ब्रह्मपुत्र नदी के नीचे बनेगी सबसे लंबी रेल सुरंग

    ब्रह्मपुत्र के नीचे बनेगी देश की पहली रेल-रोड सुरंग, असम और पूर्वोत्तर को मिलेगा तेज़ और सीधा संपर्क

    के एम करियाप्पा अनुशासन के प्रतीक

    फील्ड मार्शल के .एम. करियाप्पा : अनुशासन और देशभक्ति की मिसाल

    10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    इतिहास की गवाही: 10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    नेहरू अपने निजी अकाउंट में जमा कराना चाहते थे कुछ खजाना!

    नेताजी की आजाद हिंद फौज के खजाने का क्या हुआ? क्यों खजाने की लूट पर जांच से बचते रहे जवाहर लाल नेहरू ?

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    CroreBet India Review 2026: Sports Betting, Casino Games & Bonuses Explained

    CroreBet India Review 2026: Sports Betting, Casino Games & Bonuses Explained

    Top Bonus Rounds in Ice Fishing Game Review: What Indian Players Love Most

    Top Bonus Rounds in Ice Fishing Game Review: What Indian Players Love Most

    भारतीय यूट्यूबर्स की कमाई: करोड़पति बनने वाले टॉप 10 कंटेंट क्रिएटर्स

    भारतीय यूट्यूबर्स की कमाई: करोड़पति बनने वाले टॉप 10 कंटेंट क्रिएटर्स

    आतंक के खिलाफ बड़ा कदम: J&K में 5 सरकारी कर्मचारियों की सेवा समाप्त

    जम्मू कश्मीर में 5 सरकारी कर्मचारी सेवा से बर्खास्त , जानें क्यों मनोज सिन्हा ने लिया यह फैसला?

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

60 साल पुराने हिंसक आंदोलन को फिर हवा देने की कोशिश कर रही डीएमके! जानें क्या है थ्री लैंग्वेज फॉर्मूला जिसके खिलाफ युद्ध की चेतावनी दे रहे स्टालिन

हिंदी विरोध के नाम पर सियासी रोटियां सेक रहे रहे सीएम स्टालिन

himanshumishra द्वारा himanshumishra
26 February 2025
in चर्चित, राजनीति
Tamil Nadu Hindi Controversy

Tamil Nadu Hindi Controversy

Share on FacebookShare on X

तमिलनाडु(Tamil Nadu) में राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) 2020 को लेकर एक बार फिर विवाद खड़ा हो गया है। मुख्यमंत्री और डीएमके नेता एम.के. स्टालिन इस नीति के खिलाफ खुलकर विरोध जता रहे हैं। उनका दावा है कि यह नीति तमिलनाडु पर हिंदी थोपने की साजिश है। लेकिन क्या यह सच में भाषा की लड़ाई है, या फिर डीएमके की वही पुरानी विभाजनकारी राजनीति।

तमिल अस्मिता और द्रविड़ गौरव के नाम पर डीएमके ने तमिलनाडु की जनता को दशकों तक हिंदी विरोध के ज़रिए गुमराह किया है। जब देश के बाकी हिस्से बहुभाषी शिक्षा अपनाकर युवाओं को नई संभावनाओं से जोड़ रहे हैं, तब डीएमके अब भी भाषा विवाद को हवा देकर तमिलनाडु के छात्रों को राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिस्पर्धा से दूर कर रही है।

संबंधितपोस्ट

भ्रष्टाचार की सड़ांध और चेन्नई से Wintrack Inc की विदाई: जब सरकार और अफ़सर दोनों जिम्मेदार हों

करुर भगदड़: राजनीति के मंच पर मानव जीवन की त्रासदी

भाजपा का चुनावी महायज्ञ: तमिलनाडु से बंगाल और बिहार तक हर किले पर भगवा फहराने की तैयारी

और लोड करें

2026 के विधानसभा चुनाव नज़दीक हैं, और डीएमके को फिर वही पुराना मुद्दा चाहिए – हिंदी विरोध। मुख्यमंत्री स्टालिन ने मंगलवार को इस विवाद को और हवा देते हुए इसे ‘एक और भाषा युद्ध’ करार देते हुए कहा कि 1965 में डीएमके ने “बलिदान” देकर हिंदी से तमिल की रक्षा की थी। लेकिन क्या यह वास्तव में तमिल भाषा की रक्षा का मुद्दा है, या फिर चुनावी फायदा उठाने की एक और चाल?

ऐसे में जहां तमिलनाडु की इस राजनीति ने सुर्खियां बटोर ली हैं वहां आपके मन में दो बड़े सवाल जरूर उठ रहे होंगे। पहला थ्री लैंग्वेज फॉर्मूला के खिलाफ इतना गुस्सा क्यों? डीएमके समर्थक सरकारी बोर्डों पर हिंदी मिटा रहे हैं, लेकिन क्या यह सिर्फ भाषा का मुद्दा है, या फिर इसके पीछे कोई बड़ा राजनीतिक एजेंडा छिपा है? और दूसरा भाषा विवाद का अतीत क्यों याद दिला रहे हैं स्टालिन? क्या डीएमके सच में तमिल भाषा की रक्षा कर रही है, या फिर जनता की भावनाओं को भड़काने की रणनीति अपना रही है?

थ्री लैंग्वेज फार्मूला का विरोध या डीएमके का चुनावी पैंतरा

2026 का तमिलनाडु विधानसभा चुनाव नज़दीक आते ही डीएमके ने फिर से अपना पुराना हथकंडा अपनाना शुरू कर दिया है—तमिल अस्मिता और हिंदी विरोध का ज़हर फैलाकर जनता को गुमराह करने की साज़िश। हर बार चुनाव से पहले डीएमके तमिल पहचान की रक्षा के नाम पर लोगों की भावनाओं से खेलती है, और इस बार इसका बहाना बना है राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) 2020। डीएमके इसे जबरन हिंदी थोपने की चाल बताकर पूरे राज्य में एक नया भाषा युद्ध भड़काने की कोशिश कर रही है।

तमिलनाडु में डीएमके समर्थकों ने सरकारी बोर्डों और रेलवे स्टेशनों पर हिंदी मिटाने का अभियान छेड़ दिया है। पोल्लाची रेलवे स्टेशन पर प्रदर्शनकारियों ने साइनबोर्ड से हिंदी शब्दों पर कालिख पोत दी, और सोशल मीडिया पर वायरल एक वीडियो में एक समर्थक डाक विभाग के बोर्ड पर लिखी हिंदी को मिटाते हुए देखा गया। डीएमके इसे ‘आंदोलन’ बता रही है, लेकिन असली सवाल यह है कि यह सिर्फ भाषा की लड़ाई है या इसके पीछे डीएमके का चुनावी खेल छिपा है?

क्या है थ्री लैंग्वेज फार्मूला

इसकी गहराई में जाने से पहले आइये समझते हैं कि क्या है थ्री लैंग्वेज फार्मूला। दरअसल NEP 2020 के तहत केंद्र सरकार ने तीन-भाषा नीति लागू करने का प्रस्ताव रखा है, जिसका मकसद छात्रों को बहुभाषी बनाना और उनकी वैश्विक प्रतिस्पर्धा बढ़ाना है। तीन-भाषा नीति के अनुसार—पहली भाषा छात्र की मातृभाषा या राज्य की आधिकारिक भाषा होती है (जैसे तमिलनाडु में तमिल, उत्तर प्रदेश में हिंदी), दूसरी भाषा कोई अन्य भारतीय भाषा हो सकती है (राज्य अपनी सुविधा से तय कर सकते हैं, इसमें हिंदी या कोई अन्य क्षेत्रीय भाषा शामिल हो सकती है), और तीसरी भाषा एक अंतरराष्ट्रीय भाषा होती है (जैसे अंग्रेज़ी, जर्मन, फ्रेंच आदि)। इस नीति का उद्देश्य भाषाई विविधता को बढ़ावा देना और छात्रों को एक समृद्ध भाषा ज्ञान देना है। लेकिन डीएमके इसे हिंदी थोपने की साजिश बताकर जनता को भड़काने में लगी है।

मुख्यमंत्री एम.के. स्टालिन ने इस विवाद को और बढ़ाने के लिए ऐलान कर दिया कि तमिलनाडु “एक और भाषा युद्ध” के लिए तैयार है। उन्होंने अपने कार्यकर्ताओं से कहा कि हिंदी वर्चस्व के खिलाफ संघर्ष तब तक जारी रहेगा, जब तक इसे खत्म नहीं कर दिया जाता। डीएमके बार-बार तमिल अस्मिता की रक्षा का दावा करती है, हालांकि यह तमिल को बचाने की जंग कम और सियासी पैंतरा जायदा मालूम होता है। आप जरा खुद सोच के देखिये की अगर डीएमके ने हिंदी को लागू रखा तो ऐसा करना राज्य में हिंदी की पैरोकार रही बीजेपी को तमिलनाडु में पैर पसारने का मौका देना होगा और यही कारण है कि डीएमके जैस पार्टियां हिंदी का विरोध करती आयी हैं।

6 दशक पुराने वो हिंसक दंगे

तमिलनाडु में हिंदी विरोध की जड़ें गहरी और सुनियोजित रही हैं। इसका इतिहास 1937 से जुड़ा है, जब चक्रवर्ती राजगोपालाचारी की सरकार ने मद्रास प्रांत में हिंदी को लागू करने का समर्थन किया था। इस फैसले के खिलाफ द्रविड़ कड़गम (डीके) ने उग्र विरोध शुरू कर दिया, जिसने हिंसक रूप ले लिया और दो लोगों की जान चली गई। डीके, जिसकी स्थापना पेरियार ने की थी, खुद को सामाजिक सुधार का झंडाबरदार बताता था, लेकिन इसकी राजनीति हमेशा उत्तर भारत, हिंदू धर्म और हिंदी के खिलाफ घृणा फैलाने के इर्द-गिर्द घूमती रही। इसी विचारधारा से आगे चलकर डीएमके और एआईएडीएमके जैसी पार्टियां बनीं, जिन्होंने तमिल पहचान के नाम पर हिंदी विरोध को अपनी राजनीति का हथियार बना लिया।

1965 में जब हिंदी को राष्ट्रभाषा बनाने की कोशिश हुई, तो डीएमके ने इसे “हिंदी साम्राज्यवाद” करार देकर एक बार फिर जनता को भड़काया। पार्टी के नेतृत्व में छात्रों और कार्यकर्ताओं ने हिंसक विरोध शुरू कर दिया। रेलवे स्टेशन जलाए गए, सरकारी संपत्तियों को निशाना बनाया गया, हिंदी साइनबोर्ड पर स्याही पोती गई और यहां तक कि कई लोगों ने आत्मदाह कर लिया। इस हिंसा में लगभग 70 लोगों की जान गई, जिसके बाद केंद्र सरकार को अपने कदम पीछे खींचने पड़े। 1967 में भाषा नीति में संशोधन कर अंग्रेजी को भी आधिकारिक भाषा बनाए रखने का फैसला लिया गया। डीएमके ने इसे अपनी जीत बताई, लेकिन असल में यह आंदोलन तमिल पहचान की रक्षा से ज्यादा हिंदी विरोध के नाम पर जनता को राजनीतिक रूप से भड़काने और वोट बैंक सुरक्षित करने की चाल थी—एक रणनीति, जिसे आज भी जिंदा रखा गया है।

स्रोत: तमिलनाडु , तमिलनाडु हिंदी विवाद, सीएम स्टालिन, हिंदी विरोध, थ्री लैंग्वेज फार्मूला, NEP 2020, हिंदी, द्रविड़ आंदोलन, Tamil Nadu, Tamil Nadu Hindi Controversy, CM Stalin, Anti-Hindi Sentiment, Three Language Formula, Hindi, Dravidian Movement
Tags: Anti-Hindi SentimentCM StalinDravidian MovementhindiNEP 2020Tamil NaduTamil Nadu Hindi ControversyThree Language Formulaतमिलनाडुतमिलनाडु हिंदी विवादथ्री लैंग्वेज फार्मूलाद्रविड़ आंदोलनसीएम स्टालिनहिंदीहिंदी विरोध
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

जम्मू-कश्मीर के युवाओं को समर्पित ‘राष्ट्रीय स्टार्टअप महोत्सव 2025’, जानें कैसे ‘बैंगनी क्रांति’ से लैवेंडर किसानों ने बदली घाटी की सूरत

अगली पोस्ट

पुण्यतिथि विशेष: जब पाकिस्तानी प्रधानमंत्री के लिए नेहरू सरकार ने किया था सावरकर को क़ैद

संबंधित पोस्ट

ड्रग्स के खतरे को खत्म करने के लिए दिल्ली पुलिस की बड़ी योजना
चर्चित

ड्रग्स के खतरे को खत्म करने के लिए दिल्ली पुलिस की बड़ी योजना, झुग्गी बस्तियों और युवाओं की सुरक्षा पर खास फोकस

26 February 2026

दिल्ली पुलिस ने राजधानी को नशामुक्त बनाने के लिए बड़ा अभियान शुरू किया है। पुलिस कमिश्नर सतीश गोलछा ने कहा है कि साल 2026 में...

NCERT किताब विवाद के बीच केंद्र ने माफी मांगी
चर्चित

NCERT किताब विवाद के बीच केंद्र ने मांगी माफी , CJI ने काउंसिल पर कड़ा रुख अपनाया

26 February 2026

नेशनल काउंसिल ऑफ एजुकेशनल रिसर्च एंड ट्रेनिंग (NCERT) की किताब को लेकर चल रहे विवाद के बीच, गुरुवार को केंद्र ने माफी मांगी। सॉलिसिटर जनरल...

पीएम कार्नी की भारत यात्रा से पहले कनाडा का संकेत
चर्चित

पीएम कार्नी की भारत यात्रा से पहले संकेत—कनाडा हिंसक गतिविधियों में भारत की भूमिका नहीं

26 February 2026

मार्क कार्नी की नई दिल्ली यात्रा से पहले कनाडा की ओर से एक बड़ा बयान सामने आया है। कनाडा सरकार के वरिष्ठ अधिकारियों ने कहा...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

300 Million Euros for SCALP: Strategic Necessity or Costly Dependency on France300

300 Million Euros for SCALP: Strategic Necessity or Costly Dependency on France300

00:04:06

Tejas Mk1A: 19th aircraft coupled but Not Delivered: What Is Holding Back the IAF Induction?

00:07:21

Agni-3 Launch Decoded: Why Test an Active Nuclear Missile That’s Already Deployed?

00:05:05

India’s Swadesi ‘Meteor’: World’s Most Lethal BVR Missile | Gandiv| SFDR | DRDO

00:06:48

Between Rafale and AMCA; Where Does the Su-57 Fit | IAF| HAL | Wings India

00:06:10
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited