अगरतला की प्रभुबाड़ी पूजा: नित्यानंद महाप्रभु के वंशजों द्वारा शुरू की गई 170 वर्ष पुरानी पूजा क्यों है विशेष और क्या है इतिहास ?
TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    संघ शताब्दी यात्रा: शाखा से समाज तक

    संघ शताब्दी यात्रा: शाखा से समाज तक

    हरियाणा BJP संगठन में कसावट लाने की तैयारी

    हरियाणा BJP संगठन में कसावट लाने की तैयारी, स्मृति ईरानी ने नेताओं को दी नसीहत, VIP कल्चर छोड़ने को कहा

    पंजाब

    पंजाब में फिर साथ आ सकते हैं BJP और अकाली दल, अमित शाह के बयान के बाद गठबंधन की चर्चा तेज

    पुलिस स्मृति दिवस पर PM मोदी ने पुलिसकर्मियों को किया याद

    पुलिस स्मृति दिवस पर PM मोदी ने पुलिसकर्मियों को किया याद, अमित शाह ने बाइक रैली को दिखाई हरी झंडी

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    What MCA Data Reveals About India’s Growing LLP and OPC Ecosystem

    What MCA Data Reveals About India’s Growing LLP and OPC Ecosystem

    H-1B पर ट्रंप का नया वार: Microsoft से Infosys-TCS तक शिकंजा, भारतीयों के लिए अमेरिका में नौकरियां खत्म ?

    H-1B पर ट्रंप का नया वार: Microsoft से Infosys-TCS तक शिकंजा, भारतीयों के लिए अमेरिका में नौकरियां खत्म ?

    India GDP Growth: World Bank ने FY27 का अनुमान 7.1% किया,महंगा तेल और El Niño से ग्रोथ पर खतरा

    India GDP Growth: World Bank ने FY27 का अनुमान 7.1% किया,महंगा तेल और El Niño से ग्रोथ पर खतरा

    India-Switzerland Deal: अमेरिका से ट्रेड डील में गतिरोध के बीच 100 अरब डॉलर का निवेश, 10 लाख नौकरियों का प्लान

    India-Switzerland Deal: अमेरिका से ट्रेड डील में गतिरोध के बीच 100 अरब डॉलर का निवेश, 10 लाख नौकरियों का प्लान

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    महिला आरक्षण के लिए फिर संसद बुलाएगी सरकार? लोकसभा सीटें बढ़ाने और परिसीमन पर विशेष सत्र की तैयारी

    महिला आरक्षण के लिए फिर संसद बुलाएगी सरकार? लोकसभा सीटें बढ़ाने और परिसीमन पर विशेष सत्र की तैयारी

    स्टारशील्ड विवाद के बीच भारत का बड़ा दांव: GSAT-7C से कैसे मजबूत होगी वायुसेना की ताकत?

    स्टारशील्ड विवाद के बीच भारत का बड़ा दांव: GSAT-7C से कैसे मजबूत होगी वायुसेना की ताकत?

    1948 में ‘जल उषा’, 2026 में FSS-1: हिंदुस्तान शिपयार्ड लिमिटेड की 78 साल की समुद्री छलांग

    1948 में ‘जल उषा’, 2026 में FSS-1: हिंदुस्तान शिपयार्ड लिमिटेड की 78 साल की समुद्री छलांग

    16 साल बाद ट्रेनर तेजस की डिलीवरी! Mk1 से Mk1A तक क्यों उलझता रहा भारत का स्वदेशी फाइटर प्रोग्राम?

    16 साल बाद ट्रेनर तेजस की डिलीवरी! Mk1 से Mk1A तक क्यों उलझता रहा भारत का स्वदेशी फाइटर प्रोग्राम?

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    अमेरिका में मौत का लाइव तमाशा! कौन हैं निदाल हसन, जिन्हें फायरिंग स्क्वाड से दी जाएगी सजा?

    अमेरिका में मौत का लाइव तमाशा! कौन हैं निदाल हसन, जिन्हें फायरिंग स्क्वाड से दी जाएगी सजा?

    भारत का JD Vance को करारा जवाब! भारतीय पेशेवरों पर टिप्पणी को बताया ‘बेहद आपत्तिजनक’, H-1B पर भी साफ की तस्वीर

    भारत का JD Vance को करारा जवाब! भारतीय पेशेवरों पर टिप्पणी को बताया ‘बेहद आपत्तिजनक’, H-1B पर भी साफ की तस्वीर

    The Moon Is Ours’! ट्रंप के दावे के बीच बड़ा सवाल- क्या कोई देश चांद पर कब्जा कर सकता है

    The Moon Is Ours’! ट्रंप के दावे के बीच बड़ा सवाल- क्या कोई देश चांद पर कब्जा कर सकता है

    BRICS 2026 में PM Modi, Putin and Xi Jinping

    BRICS Explained: क्या अमेरिकी डॉलर से दूर जा रही है दुनिया ?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    विजयादशमी: “संगठन में शक्ति” का प्रतीक

    विजयादशमी: “संगठन में शक्ति” का प्रतीक

    घर: संस्कारों की पहली पाठशाला और राष्ट्र निर्माण का आधार

    घर: संस्कारों की पहली पाठशाला और राष्ट्र निर्माण का आधार

    एस्ट्रोटॉक vs अन्य ऐप्स: कौन सा है सबसे बेस्ट राशिफल प्लेटफॉर्म?

    एस्ट्रोटॉक vs अन्य ऐप्स: कौन सा है सबसे बेस्ट राशिफल प्लेटफॉर्म?

    नील विद्रोह

    “नील क्रांति का क्रेडिट भी महात्मा गांधी को मिला” जबकि आंदोलन की वास्तविकता कुछ और ही है

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    पीएम मोदी मिलें खिलाड़ियों से

    एशियन गेम्स 2026 के पदक विजेता खिलाड़ियों से मिले PM मोदी, 85 पदकों के साथ चौथे स्थान पर रहा भारत

    भारत में हेयर रिस्टोरेशन: जल्दबाज़ी वाले समाधानों से ज़्यादा ज़रूरी है सही योजना

    भारत में हेयर रिस्टोरेशन: जल्दबाज़ी वाले समाधानों से ज़्यादा ज़रूरी है सही योजना

    The Basketball Draw Will Rewrite Every Asian Games Forecast

    The Basketball Draw Will Rewrite Every Asian Games Forecast

    Why Sports Betting Exploded Among Cricket Fans in India

    Why Sports Betting Exploded Among Cricket Fans in India

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    संघ शताब्दी यात्रा: शाखा से समाज तक

    संघ शताब्दी यात्रा: शाखा से समाज तक

    हरियाणा BJP संगठन में कसावट लाने की तैयारी

    हरियाणा BJP संगठन में कसावट लाने की तैयारी, स्मृति ईरानी ने नेताओं को दी नसीहत, VIP कल्चर छोड़ने को कहा

    पंजाब

    पंजाब में फिर साथ आ सकते हैं BJP और अकाली दल, अमित शाह के बयान के बाद गठबंधन की चर्चा तेज

    पुलिस स्मृति दिवस पर PM मोदी ने पुलिसकर्मियों को किया याद

    पुलिस स्मृति दिवस पर PM मोदी ने पुलिसकर्मियों को किया याद, अमित शाह ने बाइक रैली को दिखाई हरी झंडी

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    What MCA Data Reveals About India’s Growing LLP and OPC Ecosystem

    What MCA Data Reveals About India’s Growing LLP and OPC Ecosystem

    H-1B पर ट्रंप का नया वार: Microsoft से Infosys-TCS तक शिकंजा, भारतीयों के लिए अमेरिका में नौकरियां खत्म ?

    H-1B पर ट्रंप का नया वार: Microsoft से Infosys-TCS तक शिकंजा, भारतीयों के लिए अमेरिका में नौकरियां खत्म ?

    India GDP Growth: World Bank ने FY27 का अनुमान 7.1% किया,महंगा तेल और El Niño से ग्रोथ पर खतरा

    India GDP Growth: World Bank ने FY27 का अनुमान 7.1% किया,महंगा तेल और El Niño से ग्रोथ पर खतरा

    India-Switzerland Deal: अमेरिका से ट्रेड डील में गतिरोध के बीच 100 अरब डॉलर का निवेश, 10 लाख नौकरियों का प्लान

    India-Switzerland Deal: अमेरिका से ट्रेड डील में गतिरोध के बीच 100 अरब डॉलर का निवेश, 10 लाख नौकरियों का प्लान

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    महिला आरक्षण के लिए फिर संसद बुलाएगी सरकार? लोकसभा सीटें बढ़ाने और परिसीमन पर विशेष सत्र की तैयारी

    महिला आरक्षण के लिए फिर संसद बुलाएगी सरकार? लोकसभा सीटें बढ़ाने और परिसीमन पर विशेष सत्र की तैयारी

    स्टारशील्ड विवाद के बीच भारत का बड़ा दांव: GSAT-7C से कैसे मजबूत होगी वायुसेना की ताकत?

    स्टारशील्ड विवाद के बीच भारत का बड़ा दांव: GSAT-7C से कैसे मजबूत होगी वायुसेना की ताकत?

    1948 में ‘जल उषा’, 2026 में FSS-1: हिंदुस्तान शिपयार्ड लिमिटेड की 78 साल की समुद्री छलांग

    1948 में ‘जल उषा’, 2026 में FSS-1: हिंदुस्तान शिपयार्ड लिमिटेड की 78 साल की समुद्री छलांग

    16 साल बाद ट्रेनर तेजस की डिलीवरी! Mk1 से Mk1A तक क्यों उलझता रहा भारत का स्वदेशी फाइटर प्रोग्राम?

    16 साल बाद ट्रेनर तेजस की डिलीवरी! Mk1 से Mk1A तक क्यों उलझता रहा भारत का स्वदेशी फाइटर प्रोग्राम?

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    अमेरिका में मौत का लाइव तमाशा! कौन हैं निदाल हसन, जिन्हें फायरिंग स्क्वाड से दी जाएगी सजा?

    अमेरिका में मौत का लाइव तमाशा! कौन हैं निदाल हसन, जिन्हें फायरिंग स्क्वाड से दी जाएगी सजा?

    भारत का JD Vance को करारा जवाब! भारतीय पेशेवरों पर टिप्पणी को बताया ‘बेहद आपत्तिजनक’, H-1B पर भी साफ की तस्वीर

    भारत का JD Vance को करारा जवाब! भारतीय पेशेवरों पर टिप्पणी को बताया ‘बेहद आपत्तिजनक’, H-1B पर भी साफ की तस्वीर

    The Moon Is Ours’! ट्रंप के दावे के बीच बड़ा सवाल- क्या कोई देश चांद पर कब्जा कर सकता है

    The Moon Is Ours’! ट्रंप के दावे के बीच बड़ा सवाल- क्या कोई देश चांद पर कब्जा कर सकता है

    BRICS 2026 में PM Modi, Putin and Xi Jinping

    BRICS Explained: क्या अमेरिकी डॉलर से दूर जा रही है दुनिया ?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    विजयादशमी: “संगठन में शक्ति” का प्रतीक

    विजयादशमी: “संगठन में शक्ति” का प्रतीक

    घर: संस्कारों की पहली पाठशाला और राष्ट्र निर्माण का आधार

    घर: संस्कारों की पहली पाठशाला और राष्ट्र निर्माण का आधार

    एस्ट्रोटॉक vs अन्य ऐप्स: कौन सा है सबसे बेस्ट राशिफल प्लेटफॉर्म?

    एस्ट्रोटॉक vs अन्य ऐप्स: कौन सा है सबसे बेस्ट राशिफल प्लेटफॉर्म?

    नील विद्रोह

    “नील क्रांति का क्रेडिट भी महात्मा गांधी को मिला” जबकि आंदोलन की वास्तविकता कुछ और ही है

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    पीएम मोदी मिलें खिलाड़ियों से

    एशियन गेम्स 2026 के पदक विजेता खिलाड़ियों से मिले PM मोदी, 85 पदकों के साथ चौथे स्थान पर रहा भारत

    भारत में हेयर रिस्टोरेशन: जल्दबाज़ी वाले समाधानों से ज़्यादा ज़रूरी है सही योजना

    भारत में हेयर रिस्टोरेशन: जल्दबाज़ी वाले समाधानों से ज़्यादा ज़रूरी है सही योजना

    The Basketball Draw Will Rewrite Every Asian Games Forecast

    The Basketball Draw Will Rewrite Every Asian Games Forecast

    Why Sports Betting Exploded Among Cricket Fans in India

    Why Sports Betting Exploded Among Cricket Fans in India

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

अगरतला की प्रभुबाड़ी पूजा: नित्यानंद महाप्रभु के वंशजों द्वारा शुरू की गई 170 वर्ष पुरानी पूजा क्यों है विशेष और क्या है इतिहास ?

‘प्रभुबाड़ी’ का अर्थ है राजवंश के आध्यात्मिक गुरु (गुरु घराना) का निवास स्थान। त्रिपुरा के भारत संघ में विलय होने तक ये पूजा राजपरिवार के साथ गहराई से जुड़ी रही।

TFI Desk द्वारा TFI Desk
27 September 2025
in इतिहास, ज्ञान, धर्म, धार्मिक कथा, संस्कृति
अगरतला की प्रभुबाड़ी पूजा: नित्यानंद महाप्रभु के वंशजों द्वारा शुरू की गई 170 वर्ष पुरानी पूजा क्यों है विशेष और क्या है इतिहास ?

अब त्रिपुरा सरकार मंदिर और पूजा का पूरा खर्च उठाती है।

Share on FacebookShare on X
अगरतला की प्रभुबाड़ी पूजा
अगरतला की प्रभुबाड़ी पूजा

उन्नीसवीं शताब्दी के मध्य में शुरू हुई ‘प्रभुबाड़ी’ की दुर्गा पूजा वैष्णव परंपराओं के अनुसार संपन्न होती है और त्रिपुरा की सबसे प्राचीन धार्मिक परंपराओं में से एक मानी जाती है। इस ऐतिहासिक पूजा में अब भी त्रिपुरा के प्राचीन राजसी गौरव व इतिहास की झलक दिखाई देती है। पूजा का मौजूदा स्वरूप दर्शाता है कि त्रिपुरा के राजाओं ने गौड़ीय वैष्णव धर्म को किस प्रकार सिर्फ संरक्षण दिया, बल्कि उसके मूल स्वरूप और मूल भावना को भी जीवंत रखने में सहयोग दिया।

‘प्रभुबाड़ी’ का अर्थ है राजवंश के आध्यात्मिक गुरु (गुरु घराना) का निवास स्थान। त्रिपुरा के भारत संघ में विलय होने तक ये पूजा राजपरिवार के साथ गहराई से जुड़ी रही। पिछले लगभग 170 वर्षों से यह पूजा राजपरिवार के लिए अत्यधिक आध्यात्मिक और धार्मिक महत्व रखती है। यहाँ की दुर्गा प्रतिमा को पूरे राजकीय सम्मान के साथ विसर्जित किया जाता है, ठीक वैसे ही जैसे राजपरिवार के दुर्गाबाड़ी मंदिर की प्रतिमा का विसर्जन होता है। परंपरा के अनुसार, सबसे पहले ‘प्रभुबाड़ी’ की प्रतिमा का विसर्जन होता है, उसके बाद ‘दुर्गाबाड़ी’ की प्रतिमा और फिर सामुदायिक तथा गृह पूजा की प्रतिमाएँ विसर्जन स्थल की ओर जाती हैं।

संबंधितपोस्ट

दिल्ली में त्रिपुरा के युवक से कथित नस्लीय दुर्व्यवहार, वीडियो वायरल होने पर बढ़ा विवाद

मध्य प्रदेश, राजस्थान और त्रिपुरा की टॉप लीडरशिप के साथ बीजेपी आलाकमान की बैठकों का दौर, कामकाज की समीक्षा के साथ जवाबदेही तय करने पर जोर

अष्टलक्ष्मी की उड़ान: प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में पूर्वोत्तर से उभरती विकास, संस्कृति और आत्मगौरव की नई कहानी

और लोड करें

ऐतिहासिक विवरणों के अनुसार, ‘प्रभुबाड़ी’ की पूजा महाराजा ईशनचंद्र माणिक्य के शासनकाल में शुरू हुई थी। उन्होंने अपने आध्यात्मिक गुरु प्रभुपाद बिपिन बिहारी गोस्वामी और उनके पूरे परिवार के लिए अगरतला के लक्ष्मीनारायण बाड़ी के पास स्थायी निवास की व्यवस्था की थी।
गोस्वामी को महाराजा ने अपना प्रधानमंत्री भी नियुक्त किया क्योंकि राजा का मानना था कि शासन में न्याय और व्यवस्था के लिए संत का आध्यात्मिक मार्गदर्शन आवश्यक है।

बिपिन बिहारी गोस्वामी, नित्यानंद महाप्रभु के वंशज थे, जिनका संबंध चैतन्य महाप्रभु से भी माना जाता है। चैतन्य महाप्रभु बंगाल में भक्ति आंदोलन के प्रवर्तक थे। वैष्णव परंपरा के अनुसार, नित्यानंद महाप्रभु को ‘बलराम’ (भगवान श्रीकृष्ण के अग्रज) का अवतार माना जाता है।
माधवबांदा गोस्वामी, जो उस समय के आध्यात्मिक गुरु के वंशज हैं, बताते हैं, “प्रभु बिपिन बिहारी गोस्वामी का माणिक्य राजवंश से संबंध एक चमत्कारिक घटना के बाद जुड़ा। उस समय राजकुमार गंभीर रूप से बीमार थे। प्रभु अगरतला में अपने धार्मिक भ्रमण पर पहुँचे थे। वहाँ उन्हें राजकुमार की हालत के बारे में पता चला और उन्होंने महल जाकर उनका उपचार करने की इच्छा जताई। तीन दिनों तक उन्होंने लक्ष्मीनारायण बाड़ी में ध्यान किया और तीसरे दिन जब वे राजकुमार के पास पहुँचे, तो एक चमत्कार घटित हुआ- राजकुमार उनके सानिध्य में आते ही पूरी तरह स्वस्थ हो गए। इससे प्रभावित होकर महाराजा ईशनचंद्र माणिक्य ने उनसे ‘दीक्षा ग्रहण’ की, साथ ही उन्हें प्रधानमंत्री पद संभालने की विनती की।

शुरुआत में प्रभु ने यह कहते हुए पद स्वीकार करने से इनकार कर दिया कि उनका परिवार बंगाल में है। लेकिन राजा के आग्रह पर उनके पूरे परिवार को अगरतला लाकर बसाया गया। साथ ही प्रभु अपने साथ पूजनीय शालिग्राम शिला भी लाए जिसे राधा नीलकंठ मणि जिउ देवता मंदिर में प्रतिष्ठित किया गया।

गोस्वामी बताते हैं, “महाराजा के आदेश पर उस शिला के लिए हाथीदांत का एक सिंहासन तैयार कराया गया जो राजसिंहासन की तरह था। लेकिन उसकी ऊँचाई राजसिंहासन के कम निकली- तो इसके नीचे एक और सिंहासन लगाया गया, ताकि ईश्वर की सत्ता राजसत्ता से ऊपर रहे। वह शिला आज भी मंदिर में प्रतिष्ठित है।”

तब से परंपरा यह रही है कि दशमी के दिन राजमहल में सबसे पहले प्रभुबाड़ी की प्रतिमा को धार्मिक रीति-रिवाजों से ग्रहण किया जाता है और उसके बाद दुर्गाबाड़ी की प्रतिमा आती है। फिर दोनों को एक साथ विसर्जन स्थल ले जाया जाता है।

महाराजा ईशनचंद्र माणिक्य 1849 से 1862 तक गद्दी पर रहे। इस पूजा की विशेषता के बारे में गोस्वामी कहते हैं, “इस पूजा की सारी विधियाँ मत्स्य पुराण के अनुसार होती हैं। मत्स्य पुराण अठारह महापुराणों में से एक है और संस्कृत साहित्य की सबसे प्राचीन और संरक्षित कृतियों में इसकी गिनती होती है। ये पूरा आयोजन शुद्ध वैष्णव रीति से किया जाता है।”

माधवबांदा गोस्वामी बताते हैं कि राजशाही काल में चकला रोशनाबाद (अब बांग्लादेश में) की रियासत से वसूले जाने वाले राजस्व का एक हिस्सा पहले उनके परिवार और मंदिर के लिए तय था। परंतु राजशाही के खत्म होने के बाद ये पूजा और अन्य धार्मिक गतिविधियां निजी स्तर पर आयोजित होने लगीं। हालांकि अब त्रिपुरा सरकार मंदिर और पूजा का पूरा खर्च उठाती है।
आज भी ये पूजा न सिर्फ त्रिपुरा की सांस्कृतिक और धार्मिक गतिविधियों का प्रतीक है, बल्कि त्रिपुरा के सनातन धर्म के साथ गहन जुड़ाव को भी प्रदर्शित करती है।

ये लेख टीएफआई के लिए मृणाल कांति बानिक ने लिखा है। त्रिपुरा में रहने वाले मृणाल पूर्वोत्तर भारत के जाने-माने पत्रकार हैं, व पूर्वोत्तर भारत के इतिहास, संस्कृति और समाजिक मुद्दों पर लगातार लेखन करते हैं।

Tags: AgartalaGovernment of TripuraMaharaja Ishanchandra ManikyaNityananda MahaprabhuPrabhubari PujaTripuraअगरतलात्रिपुरात्रिपुरा सरकारनित्यानंद महाप्रभुप्रभुबाड़ी पूजामहाराजा ईशनचंद्र माणिक्य
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

घुसपैठ, बाढ़ और चार दिवाली: अररिया से अमित शाह का चुनावी गणित

अगली पोस्ट

“नमस्ते सदा वत्सले मातृभूमे”: संघ की प्रार्थना की वैश्विक ध्वनि और भारत के उदय की गाथा

संबंधित पोस्ट

विजयादशमी: “संगठन में शक्ति” का प्रतीक
मत

विजयादशमी: “संगठन में शक्ति” का प्रतीक

20 October 2026

विजयादशमी केवल एक त्यौहार नहीं, यह हमारी राष्ट्रीय चेतना का जीवंत प्रतीक है। यह दिन हमें याद दिलाता है कि जब-जब आसुरी शक्तियाँ बढ़ती हैं,...

घर: संस्कारों की पहली पाठशाला और राष्ट्र निर्माण का आधार
ज्ञान

घर: संस्कारों की पहली पाठशाला और राष्ट्र निर्माण का आधार

19 October 2026

यह हम सबने सुना है कि ‘घर’ पहली पाठशाला होती है और माता प्रथम ‘गुरु’ होती है। पर क्या कभी हमने विचार किया है कि...

एस्ट्रोटॉक vs अन्य ऐप्स: कौन सा है सबसे बेस्ट राशिफल प्लेटफॉर्म?
ज्ञान

एस्ट्रोटॉक vs अन्य ऐप्स: कौन सा है सबसे बेस्ट राशिफल प्लेटफॉर्म?

13 October 2026

एस्ट्रोटॉक भारत का लोकप्रिय ज्योतिषी प्लेटफॉर्म है, जो विशेषकर राशिफल, कुंडली, कुंडली मिलान, लव कैलकुलेटर, दोष कैलकुलेटर, पंचांग और ज्योतिष परामर्श के लिए जाना जाता...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

INS Samarthak: The Indigenous Warship Built to Do More Than One Job VO:

INS Samarthak: The Indigenous Warship Built to Do More Than One Job VO:

00:03:01

Why Is India Investing in Underwater Weapons?

00:02:10

How DRDO Is Making India's Military Communications More Secure

00:03:28

How Ice on Aircraft Wings Can Turn Deadly

00:03:19

Indian Army’s New Logistics Plan: Why Bharat Rice Matters

00:04:35
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited