TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    BPSC परीक्षा रद्द/री-एग्जाम की मांग को लेकर छात्रों के प्रदर्शन की तस्वीरें

    BPSC परीक्षा रद्द करने की मांग पर पटना में छात्रों का प्रदर्शन, बैरिकेडिंग तोड़ी, पुलिस ने किया लाठीचार्ज

    दिमागी नक्सल

    बंदूक से आगे की लड़ाई  ‘दिमागी नक्सल’ और राष्ट्र को दिग्भ्रमित करने वाले नैरेटिव का खेल

    राहुल गांधी के धरने पर जेपी नड्डा का हमला

    राहुल गांधी के धरने पर जेपी नड्डा का हमला, बोले- ‘कैमराजीवी’ बनकर कर रहे हैं सस्ती राजनीति

    बच्चे आपके, संस्कार किसके?

    बच्चे आपके, संस्कार किसके?

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    Lalithaa Jewellery Mart IPO: A Look at India’s Gold and Jewellery Retail Boom

    Lalithaa Jewellery Mart IPO: A Look at India’s Gold and Jewellery Retail Boom

    1947 to 2026 Independence Day Nehru to Modi

    Independence Day 2026: सुई बनाने से स्पेस तक, 80 साल में कितना बदला भारत?

    GOBARdhan Scheme Gas Import Bill

    GOBARdhan Scheme: ₹23,731 करोड़ की योजना से कैसे घटेगा भारत का $5 Billion गैस Import Bill?

    Bihar Liquor Ban NCAER REPORT

    Bihar Liquor Ban: बिहार को फायदा हुआ या नुकसान? NCAER रिपोर्ट ने उठाए सवाल

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    Exercise Pitch Black 2026 in Australia and Exercise Udara Shakti 2026 in Malaysia

    पिच ब्लैक से उदारा शक्ति तक: इंडो पैसेफिक में भारतीय वायु सेना का दम

    Third Aircraft Carrier Indian Navy China Threat

    भारत को क्यों चाहिए तीसरा एयरक्राफ्ट कैरियर? Explainer

    Chinese CCTV RISK

    CCTV के अंदर छिपा चीन का ‘सिक्योरिटी रिस्क’: ब्रिटेन में खुलासा, भारत में कितनी बड़ी चुनौती?

    Territorial Army AI Cyber Security and Direct Entry

    टेरिटोरियल आर्मी में अब AI और साइबर एक्सपर्ट्स की सीधी एंट्री? रक्षा मंत्रालय की नई योजना से बदल जाएगा TA का रोल

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    अमेरिका के नॉर्थ कैरोलिना में घर के अंदर अंधाधुंध फायरिंग

    अमेरिका के नॉर्थ कैरोलिना में घर के अंदर अंधाधुंध फायरिंग, कई लोगों की मौत; जांच में जुटी पुलिस

    क्या यूरोप पर 'आक्रमण' शुरू हो चुका है

    क्या यूरोप पर ‘आक्रमण’ शुरू हो चुका है? स्यूटा से उठ रहे वे सवाल जिन्हें अब यूरोप नज़रअंदाज़ नहीं कर सकता

    ट्रंप का बड़ा दावा

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    भारत पाकिस्तान का विभाजन

    15 अगस्त के बाद…80 वर्ष पहले भारत विभाजित होकर स्वतंत्र तो हो गया.. परन्तु अब आगे क्या..?

    80 वां स्वतंत्रता दिवस: दक्षिण भारत के गुमनाम स्वतंत्रता सेनानियों को सलाम

    80 वां स्वतंत्रता दिवस: दक्षिण भारत के गुमनाम स्वतंत्रता सेनानियों को सलाम

    Jawaharlal Nehru

    नेहरू की वो 3 गलतियां जिन्होंने विभाजन की विभीषिका को जन्म दिया

    ‘विभाजन की विभीषिका स्मृति दिवस’ : भारत में कई ‘मिनी पाकिस्तान’ पैदा हो चुके हैं ?

    ‘विभाजन की विभीषिका स्मृति दिवस’ : भारत में कई ‘मिनी पाकिस्तान’ पैदा हो चुके हैं ?

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य

    Mostbet Casino in the Czech Republic: What Players Actually Get

    ऑनलाइन वीडियो देखने की आदतें कैसे बदल रही हैं: स्ट्रीमिंग से ऑफलाइन एक्सेस तक

    ऑनलाइन वीडियो देखने की आदतें कैसे बदल रही हैं: स्ट्रीमिंग से ऑफलाइन एक्सेस तक

    बिना किसी ऐप के Instagram वीडियो और फोटो कैसे डाउनलोड करें

    बिना किसी ऐप के Instagram वीडियो और फोटो कैसे डाउनलोड करें

    गेमिंग और हमारे देश के नौजवानों का नया रिश्ता: मस्ती से लेकर कमाई तक का पूरा चक्कर

    गेमिंग और हमारे देश के नौजवानों का नया रिश्ता: मस्ती से लेकर कमाई तक का पूरा चक्कर

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    BPSC परीक्षा रद्द/री-एग्जाम की मांग को लेकर छात्रों के प्रदर्शन की तस्वीरें

    BPSC परीक्षा रद्द करने की मांग पर पटना में छात्रों का प्रदर्शन, बैरिकेडिंग तोड़ी, पुलिस ने किया लाठीचार्ज

    दिमागी नक्सल

    बंदूक से आगे की लड़ाई  ‘दिमागी नक्सल’ और राष्ट्र को दिग्भ्रमित करने वाले नैरेटिव का खेल

    राहुल गांधी के धरने पर जेपी नड्डा का हमला

    राहुल गांधी के धरने पर जेपी नड्डा का हमला, बोले- ‘कैमराजीवी’ बनकर कर रहे हैं सस्ती राजनीति

    बच्चे आपके, संस्कार किसके?

    बच्चे आपके, संस्कार किसके?

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    Lalithaa Jewellery Mart IPO: A Look at India’s Gold and Jewellery Retail Boom

    Lalithaa Jewellery Mart IPO: A Look at India’s Gold and Jewellery Retail Boom

    1947 to 2026 Independence Day Nehru to Modi

    Independence Day 2026: सुई बनाने से स्पेस तक, 80 साल में कितना बदला भारत?

    GOBARdhan Scheme Gas Import Bill

    GOBARdhan Scheme: ₹23,731 करोड़ की योजना से कैसे घटेगा भारत का $5 Billion गैस Import Bill?

    Bihar Liquor Ban NCAER REPORT

    Bihar Liquor Ban: बिहार को फायदा हुआ या नुकसान? NCAER रिपोर्ट ने उठाए सवाल

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    Exercise Pitch Black 2026 in Australia and Exercise Udara Shakti 2026 in Malaysia

    पिच ब्लैक से उदारा शक्ति तक: इंडो पैसेफिक में भारतीय वायु सेना का दम

    Third Aircraft Carrier Indian Navy China Threat

    भारत को क्यों चाहिए तीसरा एयरक्राफ्ट कैरियर? Explainer

    Chinese CCTV RISK

    CCTV के अंदर छिपा चीन का ‘सिक्योरिटी रिस्क’: ब्रिटेन में खुलासा, भारत में कितनी बड़ी चुनौती?

    Territorial Army AI Cyber Security and Direct Entry

    टेरिटोरियल आर्मी में अब AI और साइबर एक्सपर्ट्स की सीधी एंट्री? रक्षा मंत्रालय की नई योजना से बदल जाएगा TA का रोल

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    अमेरिका के नॉर्थ कैरोलिना में घर के अंदर अंधाधुंध फायरिंग

    अमेरिका के नॉर्थ कैरोलिना में घर के अंदर अंधाधुंध फायरिंग, कई लोगों की मौत; जांच में जुटी पुलिस

    क्या यूरोप पर 'आक्रमण' शुरू हो चुका है

    क्या यूरोप पर ‘आक्रमण’ शुरू हो चुका है? स्यूटा से उठ रहे वे सवाल जिन्हें अब यूरोप नज़रअंदाज़ नहीं कर सकता

    ट्रंप का बड़ा दावा

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    भारत पाकिस्तान का विभाजन

    15 अगस्त के बाद…80 वर्ष पहले भारत विभाजित होकर स्वतंत्र तो हो गया.. परन्तु अब आगे क्या..?

    80 वां स्वतंत्रता दिवस: दक्षिण भारत के गुमनाम स्वतंत्रता सेनानियों को सलाम

    80 वां स्वतंत्रता दिवस: दक्षिण भारत के गुमनाम स्वतंत्रता सेनानियों को सलाम

    Jawaharlal Nehru

    नेहरू की वो 3 गलतियां जिन्होंने विभाजन की विभीषिका को जन्म दिया

    ‘विभाजन की विभीषिका स्मृति दिवस’ : भारत में कई ‘मिनी पाकिस्तान’ पैदा हो चुके हैं ?

    ‘विभाजन की विभीषिका स्मृति दिवस’ : भारत में कई ‘मिनी पाकिस्तान’ पैदा हो चुके हैं ?

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य

    Mostbet Casino in the Czech Republic: What Players Actually Get

    ऑनलाइन वीडियो देखने की आदतें कैसे बदल रही हैं: स्ट्रीमिंग से ऑफलाइन एक्सेस तक

    ऑनलाइन वीडियो देखने की आदतें कैसे बदल रही हैं: स्ट्रीमिंग से ऑफलाइन एक्सेस तक

    बिना किसी ऐप के Instagram वीडियो और फोटो कैसे डाउनलोड करें

    बिना किसी ऐप के Instagram वीडियो और फोटो कैसे डाउनलोड करें

    गेमिंग और हमारे देश के नौजवानों का नया रिश्ता: मस्ती से लेकर कमाई तक का पूरा चक्कर

    गेमिंग और हमारे देश के नौजवानों का नया रिश्ता: मस्ती से लेकर कमाई तक का पूरा चक्कर

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

भूखे बाज़ की तरह चीन Middle East पर निगाहें जमाके बैठा है, फ्रांस इस बाज़ का शिकार करने वाला है

अमेरिका जा रहा है, लेकिन चीन की नाक तोड़ने अब फ्रांस आ रहा है

Abhinav Kumar द्वारा Abhinav Kumar
20 September 2020
in चर्चित
फ्रांस
Share on FacebookShare on X

भौतिक विज्ञान का एक शब्द है “वैक्युम” जिसका अर्थ होता है खालीपन। जब भी कहीं वैक्युम बनता है तो आस पास की शक्तियां उस वैक्युम को भरने के लिए दौड़ पड़ती हैं। राजनीतिशास्त्र में इसी शब्द पर बना है “पावर वैक्युम” या “पावर वोइड”। आज अगर जियोपॉलिटिक्स को देखा जाए तो ‘मिडिल ईस्ट’ कहा जाने वाला भाग, अमेरिका के जाने से इसी ‘पावर वैक्युम’ का सामना कर रहा है और इस पावर वैक्युम या खालीपन को भरने के लिए कई देश अपनी पूरी ताकत लगा रहे हैं। एक तरफ रूस और भारत भी इस रेस में हैं तो वहीं चीन पहले से कोशिश में जुटा था। परंतु जिस तरह से पिछले कुछ महीनों में फ्रांस के राष्ट्रपति मैक्रों ने शतरंजी चाल चली है और अपनी उपस्थिती बढ़ाई है उसे देखते हुए यह कहा जा सकता है कि मिडिल ईस्ट पर प्रभुत्व के इस संघर्ष में फ्रांस एक बड़ी ताकत बनकर उभर रहा है और वह चीन को पटखनी देगा।

हाल के दिनों में, फ्रांस ने चार महत्वपूर्ण मिडिल ईस्ट के विवादों का प्रबंधन करने की क्षमता दिखाई है- तुर्की द्वारा उकसाये जा रहे लीबिया युद्ध, लेबनान संकट, पूर्वी भूमध्य सागर में तुर्की की घुसपैठ और इराकी कुर्दिस्तान में तुर्की के ड्रोन हमलों पर। इससे फ्रांस का दावा कई गुना बढ़ चुका है।

संबंधितपोस्ट

कंगना-कृति राखी विवाद : मंगलसूत्र, कन्यादान, दिवाली और करवा चौथ के विज्ञापनों पर क्यों मचा बवाल?

राम मंदिर चढ़ावे के कथित विवाद पर संतों की बैठक में हंगामा, पुलिस की मौजूदगी पर नाराजगी

BPSC परीक्षा रद्द करने की मांग पर पटना में छात्रों का प्रदर्शन, बैरिकेडिंग तोड़ी, पुलिस ने किया लाठीचार्ज

और लोड करें

दरअसल, अगर मिडिल ईस्ट का इतिहास देखा जाए तो 20वीं शताब्दी की शुरुआत या यूं कहे पहले विश्व युद्ध के बाद से ही उस क्षेत्र में किसी न किसी बाहरी महाशक्ति का प्रभुत्व अधिक रहा है। 1990 में ऑपरेशन डेजर्ट स्टॉर्म के बाद से मुख्यतः अमेरिका मध्य पूर्व में प्रमुख सैन्य शक्ति रहा है। परंतु अब ट्रम्प प्रशासन लगातार अपने सैनिकों को घर बुला रहा है और मिडिल ईस्ट को छोड़ना चाहता है। चाहे वो अफगानिस्तान से अमेरिकी सैनिकों को कम करना हो, या इराक से या फिर सीरिया से, अमेरिका अब नहीं चाहता है कि वह अपने सैनिकों को किसी अन्य देश की लड़ाई में भेजे। यही कारण है कि अमेरिका के इस तरह से मिडिल ईस्ट छोड़ कर जाने से एक पावर वैक्युम की स्थिति पैदा हो चुकी है।

इसी पावर वैक्युम को भरने के लिए चीन ने अपने आर्थिक, राजनीतिक और कुछ हद तक सैन्य उपस्थिती में काफी वृद्धि की है। आज चीन इस क्षेत्र के कई देशों के लिए सबसे बड़ा व्यापार भागीदार और बाहरी निवेशक बन चुका है। मिडिल ईस्ट के साथ चीन का संबंध 2013 में शुरू की गई बेल्ट एंड रोड इनिशिएटिव (BRI) से और बढ़ी तथा वर्ष 2015 तक चीन आधिकारिक तौर पर कच्चे तेल का सबसे बड़ा वैश्विक आयातक बन गया जो मिडिल ईस्ट से आती थी।

BRI के जरीये चीन ने फिर सैन्य तथा राजनीतिक उपस्थित भी बढ़ाना शुरू किया। उदाहरण के तौर पर सीरिया और यमन के संकट में मध्यस्थता के प्रयासों में हिस्सा लेना, ईरान परमाणु समझौते पर हस्ताक्षर करने के लिए तेहरान को राजी करने में भूमिका निभाना। इसके अलावा, चीन ने जिबूती में अपने पहले विदेशी सैन्य अड्डे की स्थापना की और साथ ही पाकिस्तानी बंदरगाह ग्वादर का संभावित सैन्यीकरण कर एक  महत्वपूर्ण समुद्री chokepoints हॉरमुज़ और बाब अल-मंदब के स्ट्रेट के पास सैन्य उपस्थिति बढ़ाई। चीन कई मध्य पूर्वी देशों को हथियारों की आपूर्ति भी कर रहा है भले ही वह एक छोटे पैमाने पर हो। अब चीन ने ईरान के साथ 25 वर्षीय समझौता कर उस देश को अपने काबू में कर लिया है।

चीन ने अल्जीरिया, मिस्र, ईरान, सऊदी अरब और यूएई के साथ-साथ जिबूती, इराक, जॉर्डन, कुवैत, मोरक्को, ओमान, कतर और तुर्की के साथ व्यापक रणनीतिक साझेदारी स्थापित की है।

यानि देखा जाए तो अब तक चीन अमेरिका द्वारा छोड़े गए खालीपन को भरने का भरपूर प्रयास कर रहा था। पर अब चीन के इन मंसूबों पर पानी फिरने वाला है क्योंकि अब इस क्षेत्र में पावर वैक्युम के इस संघर्ष में मिडिल ईस्ट के पुराने खिलाड़ी फ्रांस ने अपनी धमक दे दी है।

मैक्रॉन अपने एक्शन से यह दावा कर रहे हैं कि फ्रांस मिडिल ईस्ट में शांति और स्थिरता लाने के लिए शक्ति का उपयोग करने हेतु तैयार है।

अमेरिका के जाने के बाद शी जिनपिंग ने यह सोचा भी नहीं होगा कि उन्हें फ्रांस से मिडिल ईस्ट में टक्कर मिलेगी लेकिन फ्रांस अपने ऐतिहासिक रूप से मजबूत जड़ों और तेल के खज़ानों पर दांव के कारण मैक्रों ने फ्रांस को दोबारा मिडिल ईस्ट के खेल में उतार दिया है।

पिछले डेढ़ महीने में, राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने दो बार लेबनान का दौरा किया है और एक बार ईराक का दौरा किया जिसमें वह इराक के राष्ट्रपति बरहम सालेह (Barham Salih), प्रधानमंत्री मुस्तफा अल-कदीमी और कुर्दीस्तान क्षेत्रीय सरकार के राष्ट्रपति नेतिरवन बरज़ानी के साथ बैठक कर चुके हैं।

सितंबर में मैक्रों ने अपने इराक की यात्रा, के दौरान उन्होंने इराकी संप्रभुता पर जोर दिया और कुर्दिस्तान क्षेत्र की स्वायत्तता के लिए अपना समर्थन दिया। जब किसी ने लेबनान की गंदगी में हाथ लगाने की कोशिश नहीं की तब मैक्रों वहां गए और चीन समर्थित हिजबुल्ला हो चुनौती दी।

वे तुर्की के खिलाफ खड़े हो कर पूर्वी भूमध्य सागर में साइप्रस और ग्रीक अधिकारों का समर्थन कर रहे हैं। मैक्रों ने उस क्षेत्र में फ्रांसीसी सैन्य उपस्थिति को भी बढ़ा दिया है, एक हेलिकॉप्टर वाहक सहित नौसेना इकाइयों को तैनात किया है और पूर्वी भूमध्य सागर तक फ्रिगेट तक तैनात कर दिया है। लीबिया युद्ध में पहले से ही राफेल तुर्की के खिलाफ अपनी गर्जना कर रहे हैं।

जब तुर्की की राष्ट्रपति एर्दोगन कट्टरपंथी मुस्लिम ब्रदरहुड सरकार का समर्थन करते हुए त्रिपोली को ध्वस्त कर रहे थे तब अधिकांश यूरोपीय शक्तियां फेंससीटर बनी हुई थी। उस दौरान मैक्रों ने हफ़्तेर के नेतृत्व वाली लीबियाई राष्ट्रीय सेना (LNA) को covert military मदद भेजी थी वहीं राफेल लड़ाकू विमानों ने तुर्की की कई सैन्य चौकियों को नष्ट कर दिया था।

यानि आज के दौर में देखा जाए तो मैक्रों एकमात्र पश्चिमी नेता हैं, जिन्होंने सभी मोर्चों पर उभरते चीनी सहयोगी तुर्की के खिलाफ खड़े हुए है। इसके अलावा तुर्की के खिलाफ खड़े होने से फ्रांस को प्रमुख खाड़ी शक्तियां जैसे सऊदी अरब और संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) का भी सहयोग मिलने लगा है जो फ्रांस को और अधिक राजनयिक उपस्थिती बढ़ाने में मदद करेगा।

यह भी नहीं भूलना चाहिए कि लीबिया, इराक, और लेबनान और साइप्रस के जल क्षेत्रों में फ्रांस की गहरी दिलचस्पी है। अफ्रीका में तेल का सबसे बड़ा भंडार और प्राकृतिक गैस का पांचवां सबसे बड़ा भंडार है, यही वजह है कि फ्रांसीसी ऊर्जा कंपनी टोटल लगभग सात दशकों से लीबिया में काम कर रही है। वहीं इराक की कंसोर्टियम में, इसी कंपनी की 22.5 प्रतिशत हिस्सेदारी है और जो हाफया तेल क्षेत्र को नियंत्रित करता है।

मिडिल ईस्ट के लिए मैक्रों का बड़ा संदेश यह है कि फ्रांस उस नाजुक सुरक्षा स्थिति का प्रबंधन करने के लिए तैयार है जो एक जिम्मेदार शक्ति के अभाव में आसानी से नियंत्रण से बाहर हो सकती है।

यानि आज देखा जाए तो मिडिल ईस्ट में पैदा हुए पावर वैक्युम को भरने के लिए एक तरफ चीन है जो तुर्की और ईरान जैसे Rogue nations की मदद कर रहा है और उसकी दोस्ती उसके फायदे तक सीमित है तो वहीं दूसरी तरफ फ्रांस है जो तुर्की और हिजबुल्ला जैसी ताकतों को आड़े हाथो ले रहा है। मौजूदा समय में मिडिल ईस्ट में फ्रांस के पास अधिक मित्र जैसे लेबनान, इराक, संयुक्त अरब अमीरात, सऊदी अरब, मिस्र, ग्रीस और साइप्रस हैं तथा इन देशों का राजनयिक समर्थन प्राप्त है। जबकि चीन के BRI की पोल खुलने और ऋण जाल के एक्सपोज होने के बाद बेहद कम उम्मीद है कि कोई भी देश चीन पर भरोसा करेगा। इस आधार पर यह कहना गलत नहीं होगा कि मैक्रों ने मिडिल ईस्ट में हस्तक्षेप कर चीन की महत्वाकांक्षाओं पर पानी फेर दिया है।

शेयर10ट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

“चीन को धिक्कार-ताइवान को प्यार” सेनकाकु द्वीपों के बदले ताइवान को कूटनीतिक समर्थन दे सकते हैं जापान के नए PM

अगली पोस्ट

‘अब ये बदसलूकी पर उतर आए हैं’, बिल पास होने पर पागल हुए विपक्ष ने सभी हदें की पार

संबंधित पोस्ट

BPSC परीक्षा रद्द/री-एग्जाम की मांग को लेकर छात्रों के प्रदर्शन की तस्वीरें
चर्चित

BPSC परीक्षा रद्द करने की मांग पर पटना में छात्रों का प्रदर्शन, बैरिकेडिंग तोड़ी, पुलिस ने किया लाठीचार्ज

25 August 2026

बिहार में 70वीं BPSCपरीक्षा रद्द करने की मांग को लेकर मंगलवार को पटना में छात्रों का प्रदर्शन उग्र हो गया। गांधी मैदान से राजभवन की...

‘विभाजन की विभीषिका स्मृति दिवस’ : भारत में कई ‘मिनी पाकिस्तान’ पैदा हो चुके हैं ?
इतिहास

‘विभाजन की विभीषिका स्मृति दिवस’ : भारत में कई ‘मिनी पाकिस्तान’ पैदा हो चुके हैं ?

14 August 2026

वर्ष 2021 में देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने 14 अगस्त को 'विभाजन की विभीषका स्मृति दिवस' (Partition Horrors Remembrance Day) के रूप में मनाने...

Devender Mahto Ranchi student protest
चर्चित

Jharkhand Student Protest: रांची में सड़कों पर छात्र, CBI जांच और JSSC CGL पर क्यों अटका पेंच?

10 August 2026

रांची में छात्रों और युवा अभ्यर्थियों का आक्रोश चरम पर पहुंच चुका है। 10 अगस्त को विधानसभा का घेराव करने निकले हजारों छात्रों को पुलिस...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

OP SINDOOR: HOW WOMEN PILOTS BRAHMOSED LASHKAR DEN

OP SINDOOR: HOW WOMEN PILOTS BRAHMOSED LASHKAR DEN

00:03:55

Why India Needs a Bigger Navy | More Ships, More Presence, More Maritime Power

00:05:33

India’s Fighter Force Needs More Than Jets | Here’s Why 150 Trainers Matter ? IAF | HAWK | HAL

00:04:44

RAW Chief’s Dhaka Visit: Is India Rebuilding Security Ties With Bangladesh? Reset or Routine?

00:03:30

Kargil From the Sky: Inside IAF’s Operation Safed Sagar

00:05:36
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited