TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    TCS केस में अदालत की अहम टिप्पणी

    TCS धर्म परिवर्तन केस: गर्भवती निदा खान को जमानत, कोर्ट ने दिया मानवीय आधार का हवाला

    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट

    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट: हाई टाइड और तेज हवाओं की चेतावनी, 17 उड़ानें रद्द

    डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती

    डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती: पश्चिम बंगाल में स्कूलों और विश्वविद्यालयों के पाठ्यक्रम में पढ़ाया जाएगा उनका जीवन और विचार

    यूपी केबिनेट के अहम फैसले

    यूपी कैबिनेट के बड़े फैसले: शाहजहांपुर के जलालाबाद का नाम बदला, स्टार्टअप नीति को मंजूरी, पशुओं का होगा बीमा

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    भारत-जापान शिखर सम्मेलन

    भारत-जापान शिखर सम्मेलन: पीएम मोदी और जापानी पीएम सनाए ताकाइची ने आर्थिक सुरक्षा, तकनीक और रक्षा सहयोग को दी नई दिशा

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि ने मोदी सरकार के तहत भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था को दी मजबूती, सेवा क्षेत्र और निवेश बने व्यापक विकास के प्रमुख आधार

    भारत की अर्थव्यवस्था

    भारत की अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती, GDP ग्रोथ 7.7% पहुंची; अगले साल धीमी पड़ सकती है रफ्तार

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव

    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव: पहले इंटीग्रेटेड बैटल ग्रुप्स से बदलेगी युद्ध की रणनीति

    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर,

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    रूसी तेल का आयात

    रूसी तेल का आयात पहले से ज्यादा कर रहा है भारत, 41 देशों से हो रही ऊर्जा खरीद: हरदीप सिंह पुरी

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद

    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद, कर्नाटक सरकार बदलना चाहती है पुराना नियम

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद: महंत धर्मदास बोले- अयोग्य लोगों को जिम्मेदारी देने से हुई गड़बड़ी, देशवासियों से शांति बनाए रखने की अपील

    शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक

    ऑपरेशन सिंदूर: शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक, राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर हमेशा के लिए दर्ज

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    TCS केस में अदालत की अहम टिप्पणी

    TCS धर्म परिवर्तन केस: गर्भवती निदा खान को जमानत, कोर्ट ने दिया मानवीय आधार का हवाला

    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट

    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट: हाई टाइड और तेज हवाओं की चेतावनी, 17 उड़ानें रद्द

    डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती

    डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती: पश्चिम बंगाल में स्कूलों और विश्वविद्यालयों के पाठ्यक्रम में पढ़ाया जाएगा उनका जीवन और विचार

    यूपी केबिनेट के अहम फैसले

    यूपी कैबिनेट के बड़े फैसले: शाहजहांपुर के जलालाबाद का नाम बदला, स्टार्टअप नीति को मंजूरी, पशुओं का होगा बीमा

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    भारत-जापान शिखर सम्मेलन

    भारत-जापान शिखर सम्मेलन: पीएम मोदी और जापानी पीएम सनाए ताकाइची ने आर्थिक सुरक्षा, तकनीक और रक्षा सहयोग को दी नई दिशा

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि ने मोदी सरकार के तहत भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था को दी मजबूती, सेवा क्षेत्र और निवेश बने व्यापक विकास के प्रमुख आधार

    भारत की अर्थव्यवस्था

    भारत की अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती, GDP ग्रोथ 7.7% पहुंची; अगले साल धीमी पड़ सकती है रफ्तार

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव

    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव: पहले इंटीग्रेटेड बैटल ग्रुप्स से बदलेगी युद्ध की रणनीति

    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर,

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    रूसी तेल का आयात

    रूसी तेल का आयात पहले से ज्यादा कर रहा है भारत, 41 देशों से हो रही ऊर्जा खरीद: हरदीप सिंह पुरी

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद

    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद, कर्नाटक सरकार बदलना चाहती है पुराना नियम

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद: महंत धर्मदास बोले- अयोग्य लोगों को जिम्मेदारी देने से हुई गड़बड़ी, देशवासियों से शांति बनाए रखने की अपील

    शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक

    ऑपरेशन सिंदूर: शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक, राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर हमेशा के लिए दर्ज

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

मिलिए पूर्वांचल के ‘बाहुबलियों’ से, जो आगामी चुनाव के बाद बन सकते हैं इतिहास

कभी 'फायर' थे अब 'कायर' हो गए हैं!

Ankit Kunwar द्वारा Ankit Kunwar
20 January 2022
in राजनीति
पूर्वांचल बाहुबली
Share on FacebookShare on X
मुख्य बिंदु
  • ये हैं पूर्वांचल के पांच बाहुबली
  • आतंक और अपराध के सहारे राजनीति में रखा कदम
  • उत्तर प्रदेश में योगी सरकार के आने बाद इन बाहुबलियों का खत्म हो गया वर्चस्व

उत्तर प्रदेश का पूर्वांचल क्षेत्र वाराणसी, प्रयागराज जैसी धर्म नगरियों, श्री काशी विश्वनाथ धाम, श्री गोरखनाथ धाम, संगम जैसे तीर्थ, BHU इलाहाबाद विश्वविद्यालय जैसे शिक्षण संस्थानों के अतिरिक्त अपने बाहुबलियों के लिए प्रसिद्ध हुआ करता था। 1980 के दशक में रेलवे के ठेके से लेकर जमीन कब्जाने तक बाहुबलियों ने पूर्वांचल के हर छोटे बड़े आर्थिक संसाधन पर कब्जा कर रखा था। गोरखपुर में हरिशंकर तिवारी और बलवंत सिंह की शत्रुता से शुरू हुई कहानी में एक के बाद एक वीरेंद्र शाही और श्रीप्रकाश शुक्ला जैसे कई बाहुबली गैंगस्टर जुड़ते गए।

लेकिन पूर्वांचल में बाहुबली संस्कृति को संस्थागत ढांचा दिया मुख्तार अंसारी और अफजाल अंसारी एवं उनके शत्रु गुट त्रिभुवन सिंह और बृजेश सिंह ने। वर्ष 2017 के पूर्व उत्तर प्रदेश में छोटे बड़े गिरोह किसी ने किसी राजनीतिक दल का हिस्सा थे और उन्हें राजनीतिक संरक्षण प्राप्त था। बदले में इन राजनीतिक दलों को चुनावी लाभ से लेकर फंडिंग तक यह बाहुबली मुहैया कराते थे।

संबंधितपोस्ट

व्यक्ति निर्माण से राष्ट्र निर्माण तक: राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की प्रभावशाली यात्रा

कांग्रेस ने फिर दिखाया भारत का गलत नक्शा, भाजपा ने बताया राष्ट्रविरोधी कदम

पूर्वांचलियों का अपमान और फर्जी वादों की नौटंकी : केजरीवाल के बयान ने मचाई सियासी हलचल

और लोड करें

और पढ़ें: पूर्वांचल को भ्रष्ट नेताओं ने दशकों तक रखा गरीब, PM मोदी ने इसे दिया भारत का सबसे बेहतरीन हाईवे

1. मुख़्तार अंसारी 

उत्तर प्रदेश के पूर्वांचल का पहला बाहुबली नेता है मुख्तार अंसारी। अंसारी का जन्म यूपी के गाजीपुर जिले में हुआ था। वह किशोरवस्था से ही निडर और दबंग रहने के कारण राजनीति में सक्रीय रहा। पूर्वांचल में विकास को जमीन कब्जाने की बात आई तब मुख्तार अंसारी और साहिब सिंह गैंग के ब्रजेश सिंह के बीच खटपट हुई। थोड़े दिन बाद मुख्तार ने ब्रजेश सिंह के साथ दुश्मनी मोल ली। अंसारी ने छात्र राजनीति के बलबुते पर अपराध की दुनिया में कदम रखा। पूर्वांचल के मऊ, गाजीपुर, वाराणसी और जौनपुर में अंसारी की पैंठ कायम होने लगी।

ब्रजेश सिंह को पटखनी देकर बाहुबली मुख्तार अंसारी पूर्वांचल का अकेला गैंग लीडर बना फिर उत्तर प्रदेश की राजीनीति में आने के बाद मुख्तार कई विधायक रहा किन्तु 2017 के बाद योगी राज में मुख्तार अंसारी के मार्केटिंग कॉम्प्लेक्स को जब्त कर लिया गया। इसके अतिरिक्त लखनऊ में अवैध मकान गिराया गया और संपत्ति जब्त की गई। वाराणसी जोन में 140 करोड़ की संपत्ति पर सरकार ने कब्जा कर लिया। अंसारी को अलग अलग कार्रवाई में अब तक 350 करोड़ का नुकसान हुआ है। साथ ही मुख्तार अंसारी के प्रमुख गुर्गे, हनुमान पांडेय, शार्प शूटर अलीशेर उर्फ डॉक्टर सहित कई अन्य लोग मारे गए। इसी दौरान मुन्ना बजरंगी और मेराज खान की जेल में हत्या हो गई, हालांकि सरकार का इससे कोई लेना देना नहीं था।

2. अतीक अहमद

पूर्वांचल का दूसरा बाहुबली है अतीक अहमद। अतीक का जन्म 10 अगस्त 1962 को हुआ था। बचपन से पढ़ाई में कमजोर होने कारण अतीक ने राजनीति में एंट्री के लिए आतंक का रास्ता चुना। महज 17 साल की उम्र में अतीक पर हत्या का आरोप लगा किन्तु वह इस आरोप से डरे बिना आतंक के रास्ते पर चलता रहा। वर्ष 1992 में इलाहाबाद पुलिस ने अतीक के बुरे कामों की फेहरिस्त जारी कर बताया कि अतीक सिर्फ उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों में अपितु बिहार में भी कई हत्याएँ और जबरन वसूली की। इस बाहुबली पर कुल 96 मामले दर्ज थे।

अतीक ने समाजवादी पार्टी से अपने राजनीतिक सफर की शुरुआत की फिर अपना दल का दामन थाम लिया। अतीक पर दर्ज मामलों में किसी में अब तक ठोस कार्रवाई नहीं हुई। मुख्तार अंसारी की तरह ही अतीक अहमद के सभी करीबी लोगों की लाइसेंसी बंदूक के लाइसेंस रद्द कर दिये गए। अतीक की गिरफ़्तारी पर पुलिस ने ईनामी घोषणा कर दी फिर क्या था अतीक अहमद की 8 करोड़ की संपत्ति जप्त करने के साथ ही प्रयाग और दिल्ली के खाते सीज कर दिए गए। इसके अतिरिक्त कुल मिलाकर अब तक 200 करोड़ की संपत्ति जब्त की गई है।

3. धनंजय  सिंह 

पूर्वांचल के तीसरे बाहुबली हैं पूर्व सांसद और जौनपुर के माफिया धनंजय सिंह। सिंह का जौनपुर पर एकछत्र राज था। अतीक अहमद की तरह ही 1990 में धनंजय सिंह पर हाई स्कूल में पढ़ाई के दौरान पूर्व शिक्षक के हत्या का आरोप लगा। हालांकि, पुलिस अभी तक इस मामले की जाँच कर रही है। वहीं, लखनऊ यूनिवर्सिटी से पढाई पूरी करने के बजाये धनंजय सिंह ने ठेकेदारी का काम करना शुरू किया और इस ठेकेदारी के बलबूते पर राजनीति में कदम रखा।

धनंजय सिंह ने लोक जनशक्ति पार्टी से वर्ष 2002 में जौनपुर चुनाव लड़ा और विधायक बने। वर्त्तमान में, इस बाहुबली की स्तिथि यह है कि उसके बेटे स्वयं योगी आदित्यनाथ से पिता को बचाने की गुहार लगा रहे हैं क्योंकि उन्हें भय है कि पुलिस उनका एनकाउंटर कर देगी। कानपुर के विकास दुबे एनकाउंटर से सभी परिचित हैं। योगी सरकार में ना केवल विकास दुबे का एनकाउंटर हुआ बल्कि उसके पूरे साम्राज्य का अंत किया गया।

4. बृजेश सिंह

पूर्वांचल के चौथे बाहुबली हैं बृजेश सिंह। इनका जन्म वाराणसी में हुआ था। वो बचपन से ही पढ़ाई लिखाई में काफी होनहार रहा। बृजेश ने यूपी कॉलेज से बीएससी की पढाई की। बृजेश की किस्मत को कुछ और ही मंजूर था। 27 अगस्त 1984 को बृजेश के पिता रविन्द्र सिंह की हत्या कर दी गई। इस हत्या को उसके विरोधी हरिहर सिंह और पांचू सिंह के साथियों ने मिलकर अंजाम दिया था।

सत्ता पाने और बाहुबली बने रहने की लड़ाई में पिता की मौत ने बृजेश सिंह के मन में बदले की भावना को उत्पन्न किया। बृजेश जो कभी होनहार लड़का हुआ करता था, उसने जाने अनजाने में अपराध की दुनिया में कदम रख दिया। बदले की आग से व्याकुल बृजेश ने अपने पिता के पांच हत्यारों को मार डाला। उसके इस बाहुबली अंदाज ने मुख्तार अंसारी से दुश्मनी मोल ली, जिसके चलते बृजेश सिंह के चचेरे भाई सतीश सिंह की दिन दहाड़े हत्या कर दी गई।

5. हरिशंकर तिवारी

पूर्वांचल के पांचवें बाहुबली हैं हरिशंकर तिवारी। भारत की राजनीत में गोरखपुर ने उत्तर प्रदेश को ना केवल योगी आदित्यनाथ जैसा कर्मठ और स्वच्छ व्यक्तित्व का नेता दिया अपितु गोरखपुर से राजनीति का अपराधीकरण भी शुरू हुआ था। यहां के बाहुबली हरिशंकर तिवारी थे, जो इसके सबसे बड़े अगुवा थे। एक समय था जब पूर्वांचल की राजनीति में तिवारी की तूती बोलती थी। रेलवे से लेकर पीडब्लूडी की ठेकेदारी में हरिशंकर का कब्जा था। उसके दम पर तिवारी ने एक बहुत बड़ी मिल्कियत खड़ी कर दी। तिवारी पूर्वांचल के पहले ऐसे नेता थे, जिन्होंने जेल में रहकर चुनाव जीता।

और पढ़ें: अतीक अहमद और मुख्तार अंसारी जैसे बाहुबलियों से योगी सरकार ने वसूले 11.28 अरब रुपये

यूँ तो इस सूची में पूर्वांचल के दिग्गज बाहुबलियों का नाम है किन्तु आज उत्तर प्रदेश के ये बाहुबली अपना वर्चस्व खो चुके हैं। जब उत्तर प्रदेश में योगी सरकार की एंट्री हुई तो सबकुछ बदल गया। योगी सरकार ने एक के बाद एक बाहुबलियों पर इस प्रकार कार्यवाही की कि इस पूरे नेक्सस की नींव हिल गई। अंसारी और सिंह की अदावत में मुख्तार सबसे बड़े बाहुबली के रूप में उभरा।

बृजेश सिंह ने उत्तर प्रदेश छोड़ दिया और जब 2008 में वापस आया तब तक अंसारी परिवार, उत्तर प्रदेश की राजनीति में पूरी तरह से हावी हो चुका था। किन्तु 2017 के बाद सभी गिरोहों को अपनी गतिविधियों पर रोक लगानी पड़ी। इस बीच जो अब भी सक्रिय रहे, विशेष रूप से जो सबसे ताकतवर परिवार है, उसपर योगी सरकार की कार्रवाई होती रही। ऐसे में, यह कहा जा सकता है कि आगामी उत्तर प्रदेश चुनाव में अगर भाजपा सत्ता में आती है तो इन बाहुबलियों का बचा-खुचा प्रभाव भी खत्म हो जायेगाा और इन बाहुबलियों की कथा इतिहास के पन्नों में लिप्त हो जाएगी।

Tags: उत्तर प्रदेश चुनावपूर्वांचलबाहुबलीभारतीय राजनीति
शेयर45ट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

PM मोदी पर विवादित टिप्पणी करने वाले कांग्रेस नेता ‘नाना पटोले’ को होनी चाहिए जेल

अगली पोस्ट

आखिर क्यों अफ्रीकी देश चीन को डंप कर भारत को गले लगा रहे हैं? ये रहें कई बड़े कारण

संबंधित पोस्ट

TCS केस में अदालत की अहम टिप्पणी
चर्चित

TCS धर्म परिवर्तन केस: गर्भवती निदा खान को जमानत, कोर्ट ने दिया मानवीय आधार का हवाला

10 July 2026

महाराष्ट्र के नासिक में चर्चित टीसीएस (TCS) धर्म परिवर्तन मामले में गिरफ्तार आरोपी निदा खान को बॉम्बे हाईकोर्ट से राहत मिल गई है। पांच महीने...

मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट
चर्चित

मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट: हाई टाइड और तेज हवाओं की चेतावनी, 17 उड़ानें रद्द

6 July 2026

महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने सोमवार को मंत्रालय के डिजास्टर कंट्रोल रूम में अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। बैठक में आपदा राहत मंत्री...

डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती
चर्चित

डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती: पश्चिम बंगाल में स्कूलों और विश्वविद्यालयों के पाठ्यक्रम में पढ़ाया जाएगा उनका जीवन और विचार

6 July 2026

डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती पर सोमवार को पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने बड़ा ऐलान किया। उन्होंने कहा कि अगले शैक्षणिक...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

A Decade After 709 Crackdown: Remembering China's Human Rights Lawyers

A Decade After 709 Crackdown: Remembering China's Human Rights Lawyers

00:04:16

China's War on Human Rights Lawyers: The Legacy of the 709 Crackdown

00:03:57

IRAN EYES RED SEA GAMBIT

00:02:34

US- IRAN CONFLICT INTENSIFIES

00:03:05

Mass Detentions and Enforced Disappearances: The Aftermath of July 5

00:03:20
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited