TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    TCS केस में अदालत की अहम टिप्पणी

    TCS धर्म परिवर्तन केस: गर्भवती निदा खान को जमानत, कोर्ट ने दिया मानवीय आधार का हवाला

    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट

    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट: हाई टाइड और तेज हवाओं की चेतावनी, 17 उड़ानें रद्द

    डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती

    डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती: पश्चिम बंगाल में स्कूलों और विश्वविद्यालयों के पाठ्यक्रम में पढ़ाया जाएगा उनका जीवन और विचार

    यूपी केबिनेट के अहम फैसले

    यूपी कैबिनेट के बड़े फैसले: शाहजहांपुर के जलालाबाद का नाम बदला, स्टार्टअप नीति को मंजूरी, पशुओं का होगा बीमा

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    भारत-जापान शिखर सम्मेलन

    भारत-जापान शिखर सम्मेलन: पीएम मोदी और जापानी पीएम सनाए ताकाइची ने आर्थिक सुरक्षा, तकनीक और रक्षा सहयोग को दी नई दिशा

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि ने मोदी सरकार के तहत भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था को दी मजबूती, सेवा क्षेत्र और निवेश बने व्यापक विकास के प्रमुख आधार

    भारत की अर्थव्यवस्था

    भारत की अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती, GDP ग्रोथ 7.7% पहुंची; अगले साल धीमी पड़ सकती है रफ्तार

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव

    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव: पहले इंटीग्रेटेड बैटल ग्रुप्स से बदलेगी युद्ध की रणनीति

    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर,

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    रूसी तेल का आयात

    रूसी तेल का आयात पहले से ज्यादा कर रहा है भारत, 41 देशों से हो रही ऊर्जा खरीद: हरदीप सिंह पुरी

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद

    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद, कर्नाटक सरकार बदलना चाहती है पुराना नियम

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद: महंत धर्मदास बोले- अयोग्य लोगों को जिम्मेदारी देने से हुई गड़बड़ी, देशवासियों से शांति बनाए रखने की अपील

    शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक

    ऑपरेशन सिंदूर: शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक, राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर हमेशा के लिए दर्ज

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    TCS केस में अदालत की अहम टिप्पणी

    TCS धर्म परिवर्तन केस: गर्भवती निदा खान को जमानत, कोर्ट ने दिया मानवीय आधार का हवाला

    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट

    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट: हाई टाइड और तेज हवाओं की चेतावनी, 17 उड़ानें रद्द

    डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती

    डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती: पश्चिम बंगाल में स्कूलों और विश्वविद्यालयों के पाठ्यक्रम में पढ़ाया जाएगा उनका जीवन और विचार

    यूपी केबिनेट के अहम फैसले

    यूपी कैबिनेट के बड़े फैसले: शाहजहांपुर के जलालाबाद का नाम बदला, स्टार्टअप नीति को मंजूरी, पशुओं का होगा बीमा

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    भारत-जापान शिखर सम्मेलन

    भारत-जापान शिखर सम्मेलन: पीएम मोदी और जापानी पीएम सनाए ताकाइची ने आर्थिक सुरक्षा, तकनीक और रक्षा सहयोग को दी नई दिशा

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि ने मोदी सरकार के तहत भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था को दी मजबूती, सेवा क्षेत्र और निवेश बने व्यापक विकास के प्रमुख आधार

    भारत की अर्थव्यवस्था

    भारत की अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती, GDP ग्रोथ 7.7% पहुंची; अगले साल धीमी पड़ सकती है रफ्तार

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव

    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव: पहले इंटीग्रेटेड बैटल ग्रुप्स से बदलेगी युद्ध की रणनीति

    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर,

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    रूसी तेल का आयात

    रूसी तेल का आयात पहले से ज्यादा कर रहा है भारत, 41 देशों से हो रही ऊर्जा खरीद: हरदीप सिंह पुरी

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद

    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद, कर्नाटक सरकार बदलना चाहती है पुराना नियम

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद: महंत धर्मदास बोले- अयोग्य लोगों को जिम्मेदारी देने से हुई गड़बड़ी, देशवासियों से शांति बनाए रखने की अपील

    शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक

    ऑपरेशन सिंदूर: शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक, राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर हमेशा के लिए दर्ज

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

‘मुझ पर भारतीय मूल के लोगों को काम पर नहीं रखने का दबाव डाला जा रहा था’, Infosys के HR ने धमाका कर दिया

भारत का खाया, भारत में कमाया और अब भारतीयों को ही नौकरी नहीं!

Chaman Kumar Mishra द्वारा Chaman Kumar Mishra
12 October 2022
in व्यवसाय
infosys
Share on FacebookShare on X

7 भारतीयों ने मिलकर एक कंपनी की शुरुआत की, इन सभी भारतीयों ने इसी देश का नमक खाया और इसी देश में अपनी कंपनी को बड़ा बनाया, इसी देश की शिक्षण संस्थाओं से शिक्षा प्राप्त की, इसी देश में रहकर नाम और दाम कमाया। इस देश ने यानी भारत ने ही इन्हें सबकुछ दिया लेकिन जब वही कंपनी भारतीयों को नौकरी देने से इनकार करने लगे, तो लगता है कि कुछ तो है जो उन्हें प्रभावित कर रहा है। जो भी इस मिट्टी में पलेगा-बढ़ेगा, जो भी इस मिट्टी में रहेगा- वो कैसे अपने ही देश के दूसरे लोगों को नौकरी देने के बजाय विदेशियों को नौकरी देने को प्राथमिकता दे सकता है। यह यकीन करना मुश्किल है लेकिन ऐसा हुआ है और ये देश की दूसरी सबसे बड़ी आईटी कंपनी ने किया है।

और पढ़े: टॉप-10 अमीरों को चपत, मस्क ने गंवाए 10 अरब डॉलर, अडानी का भी बुरा हाल

संबंधितपोस्ट

वैश्विक शक्ति संतुलन की बिसात पर भारत: अमेरिका-रूस-यूक्रेन सभी की निगाहें मोदी पर

’50 करोड़ यूरोपियन 30 करोड़ अमेरिकियों से क्यों मदद मांग रहे’- NATO मेंबर पोलैंड के पीएम के इस बयान के असल मायने क्या?

क्या तीसरा विश्व युद्ध होगा? क्या है न्यूक्लियर बंकर और दुनिया में क्यों बढ़ रही है डिमांड

और लोड करें

इस लेख में जानेंगे कि कैसे इन्फोसिस ने भारतीयों के साथ गद्दारी की है।

Infosys की काली सच्चाई 

इन्फोसिस, इस नाम से आज कौन परिचित नहीं है, भारत की दूसरी सबसे बड़ी आईटी कंपनी और दुनिया की बड़ी आईटी कंपनियों में से एक इन्फोसिस भारतीय कंपनी ही है जिसका मुख्यालय बैंगलोर में है। इन्फोसिस की कई कहानियां आपने सुनी होंगी, यूट्यूब पर भी कई वीडियो देखी होंगी, गूगल पर कई आर्टिकल पढ़े होंगे। हर जगह आपको उनकी तरक्की की, उनकी सफलता की, उनके संघर्ष की कथा, उनके बुरे दिनों की कहानी मिल जाएगी। लेकिन क्या आपको इससे इतर कहीं कुछ और देखने को या पढ़ने को मिलता है, यकीनन नहीं मिलता होगा क्योंकि कंपनी अपने विरुद्ध कुछ भी बर्दाश्त नहीं कर पाती है। इसलिए उनकी पीआर टीम हर वक्त इसी काम में लगी रहती है कि कंपनी के विरुद्ध कोई भी स्टोरी न हो, लेकिन आज हम आपको इन्फोसिस के बारे में जो बताने जा रहे हैं वो शायद ही आप जानते होंगे।

एन.आर नारायणमूर्ति ने अपनी पत्नी से 10 हजार रुपये लेकर कंपनी की शुरुआत की थी। ऐसी कहानियां मीडिया में बेचने वाली इन्फोसिस को इसका जवाब देना चाहिए कि आखिरकार अमेरिका में वो भारतीयों को नौकरी क्यों नहीं दे रहे थे? क्यों इन्फोसिस ने अपने HR को यह निर्देश दिया था कि भारतीयों को भर्ती नहीं करना है? क्या भारतीयों में टैलेंट की कमी थी? क्या भारतीय इन्फोसिस में काम करने लायक नहीं हैं? भारतीयों से एनआर नारायणमूर्ति को इतनी दिक्कत क्या है? यह बात हम यूं ही नहीं कह रहे हैं बल्कि हाल ही में इन्फोसिस की अमेरिकी यूनिट के टेलेंट एक्विजिशन की पूर्व उपाध्यक्ष जिल प्रेजीन ने अमेरिकी अदालत में यह जानकारी दी है। उन्होंने कोर्ट को बताया है कि इन्फोसिस की तरफ से उन्हें निर्देश दिए गए थे कि अमेरिका स्थित अपने ऑफिस में भारतीय मूल के लोगों, घर पर बच्चों वाली महिलाओं और 50 या उससे अधिक उम्र के उम्मीदवारों को काम पर रखने से बचें।

और पढ़े: हजारों अमेरिकियों को ‘कुछ नहीं’ करने के लिए मोटी सैलरी दे रही है भारतीय कंपनी Infosys

महिलाओं से भी इन्फोसिस को दिक्कत है

भारत में तो इस पर चर्चा हो रही है बल्कि अब तो दुनियाभर में इस बात पर चर्चा हो रही है कि आखिरकार इन्फोसिस में होता क्या है? बच्चों वाली महिलाओं से भी इन्फोसिस को दिक्कत है, क्यों भई? बच्चों वाली महिलाएं काम नहीं कर सकती क्या? उनका दिमाग कुंद हो जाता है क्या? यह क्या सोच है कि जिस महिला ने बच्चे को जन्म दे दिया उसे नौकरी मत दो, कोई अगर भारतीय है तो उसे नौकरी मत दो, यह भेदभाव आखिरकार क्यों?

रिपोर्ट के अनुसार प्रेजीन ने कोर्ट में दिए अपने बयान में कहा है कि मैं कंपनी की तरफ से मिले लिंग, उम्र और राष्ट्रीयता के आधार पर भेदभाव करने की सलाह को सुनकर हैरान रह गई थी। उन्होंने आगे कहा, 2018 में इस कंपनी को ज्वॉइन करने के बाद शुरुआती दो महीनों में मैंने इस कल्चर को बदलने की कोशिश भी की थी, लेकिन उस दौरान मुझे मेरे ही सहयोगी की नाराजगी का सामना करना पड़ा था।

प्रेजीन के खिलाफ इंफोसिस ने भी कोर्ट में एक प्रस्ताव देते हुए मुकदमे को खारिज करने की मांग की थी लेकिन कोर्ट ने इंफोसिस की इस मांग को खारिज करते हुए कंपनी से 21 दिन के भीतर लगाए गए आरोपों पर जवाब देने को कहा है

ऐसे में समझना आसान है कि कैसे इन्फोसिस अमेरिका में भारतीयों के साथ भेदभाव कर रही है, योग्य होते हुए भी कंपनी उन्हें भर्ती नहीं कर रही है। ध्यान यह भी देना होगा कि यह कंपनी इसी भारतवर्ष में बनी है, आज भी इसका मुख्यालय इसी भारतवर्ष में है। तो चलिए अब इसी भारतवर्ष में बनी इस कंपनी का इतिहास और थोड़ा-सा देख लेते हैं। पिछले वर्ष यानी 2021 में एक रिपोर्ट सामने आई थी, द वर्ज ने अपनी रिपोर्ट में खुलासा किया था कि आईटी कंपनी इन्फोसिस ने अमेरिकी युवाओं की खूब भर्ती की।

हालांकि, उनमें से अधिकतर युवाओं का मानना है कि उन्हें मोटी सैलरी मिली, लेकिन उनका काम कुछ नहीं था। द वर्ज की रिपोर्ट के अनुसार, जब Infosys के पास अपने ग्राहकों के लिए जरूरत से ज्यादा कर्मचारी होते हैं, तो उनके अतिरिक्त कर्मचारी “बेंच” पर रहते हैं, जहां उन्हें कुछ भी नहीं करने के लिए भुगतान किया जाता है। द वर्ज ने ऐसे कई लोगों के उदाहरण दिए हैं, ऐसे ही ‘बेंच’ पर रहने वाले युवाओं में Josh नामक युवा भी था, जिसने महामारी के कारण वर्क फ्रॉम होम काम किया था। उन्होंने बताया, “मैंने बहुत सारे वीडियो गेम खेल कर समाप्त कर दिया।” हालांकि, उसे कई बार इस तरह फ्री के पैसे पर बुरा भी लगा, लेकिन वे बिल्कुल वैसे ही थे जैसे आपको कुछ भी नहीं करने के लिए भुगतान मिल रहा है, यह बुरा कैसे हो सकता है? यह एक सपने की नौकरी की तरह लगता है।“ इस रिपोर्ट के अर्थ को मोटा-मोटी अगर हम समझें तो कह सकते हैं कि इन्फोसिस अमेरिकी युवाओं की भर्ती जरूरत और काम न होते हुए भी कर रही थी जबकि अब भारतीयों के साथ भर्ती में भेदभाव की रिपोर्ट सामने आई है।

और पढ़े: ‘भारतीयों के विदेश जाने में कुछ भी गलत नहीं है’, नारायणमूर्ति ने Infosys की सार्वजानिक बेइज्ज़ती की

इन्फोसिस को समन

चलिए अब और आगे बढ़ते हैं, आपको याद ही होगा कि कैसे वित्त मंत्रालय ने सार्जवनिक तौर पर इन्फोसिस को समन किया था, इसके पीछे की वजह एकदम स्पष्ट थी कि इनकम टैक्स के ई-फाइलिंग पोर्टल के लॉन्च होने के ढाई महीने बाद भी उसकी कमियां ठीक नहीं हुईं थी। जबकि सरकार कंपनी को 165 करोड़ रुपये का भुगतान कर चुकी थी यानी कंपनी ने पैसा रख लिया लेकिन देश का सिस्टम ठीक से काम कर रहा है या नहीं इससे उन्हें कोई लेना-देना नहीं। चलिए, अब और आगे बढ़ते हैं, जब रूस-यूक्रेन के बीच में युद्ध हुआ तो भारत ने इस पर देशहित को ध्यान में रखते हुए एक तरह से न्यूट्रल रहने का निर्णय लिया भारतीय कंपनियां भी भारत सरकार के अनुसार न्यूट्रल रहीं और वो रूस में काम करती रहीं, जबकि पश्चिमी देशों की कंपनियों ने रूस से अपना कारोबार समेटना शुरू कर दिया।

पश्चिमी देशों की कंपनियों का ऐसा करना समझ भी आता है क्योंकि पश्चिमी देश भी रूस के विरुद्ध खड़े हैं लेकिन एक भारतीय ने भी रूस में अपना कारोबार बंद दिया था और यह कोई और नहीं बल्कि इन्फोसिस ही थी। उस वक्त इन्फोसिस के मैनेजिंग डायरेक्टर सलिल पारेख ने कहा था, “जो कुछ भी हो रहा है उस क्षेत्र में, उसे ध्यान में रखते हुए हमने रूस में स्थित अपने सभी केंद्र रूस से बाहर निकालने का निर्णय लिया है। आज न तो हमारे पास कोई रूसी ग्राहक है और न ही भविष्य में हमारे पास किसी रूसी ग्राहक के साथ काम करने का इरादा है।”

इन सभी घटनाओं को देखें- इनको समझें और अब जो ख़बर सामने आई है कि इन्फोसिस ने भारतीयों को नौकरी देने से इनकार किया था तो समझ आता है कि इन्फोसिस ने भारत और भारतीयों के हित से ज्यादा सदैव अपने निजी एजेंडे को फॉलो किया है।

TFI का समर्थन करें:

सांस्कृतिक राष्ट्रवाद की ‘राइट’ विचारधारा को मजबूती देने के लिए TFI-STORE.COM से बेहतरीन गुणवत्ता के वस्त्र क्रय कर हमारा समर्थन करें।

Tags: infosysइन्फोसिस में नौकरीपश्चिमी देशरूस-यूक्रेन युद्ध
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

Pola festival Reason, Puja Method, Importance in Hindi

अगली पोस्ट

15 Plus मीरा के पद हिंदी अर्थ सहित हिंदी में

संबंधित पोस्ट

India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens
व्यवसाय

India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

13 June 2026

Introduction India is experiencing one of the most significant infrastructure transformations in its modern history. Across the country, new highways, airports, metro networks, industrial corridors,...

$40 अरब का ऐतिहासिक निवेश, सेमीकंडक्टर और एआई: पीएम मोदी की 5 देशों की यात्रा से भारत को क्या हासिल हुआ?
अर्थव्यवस्था

$40 अरब का ऐतिहासिक निवेश, सेमीकंडक्टर और एआई: पीएम मोदी की 5 देशों की यात्रा से भारत को क्या हासिल हुआ?

21 May 2026

दुनिया की बड़ी अर्थव्यवस्थाओं के बीच इस समय भारत सिर्फ एक विशाल बाजार नहीं, बल्कि एक भरोसेमंद आर्थिक और रणनीतिक महाशक्ति बनकर उभर रहा है।...

‘संकटमोचक’ बना दोस्त UAE, भारत के रणनीतिक तेल भंडारों के लिए भरी झोली, जंग के बीच मोदी की बड़ी कूटनीतिक जीत
अर्थव्यवस्था

‘संकटमोचक’ बना दोस्त UAE, भारत के रणनीतिक तेल भंडारों के लिए भरी झोली, जंग के बीच मोदी की बड़ी कूटनीतिक जीत

15 May 2026

दुनिया जब ईरान-इजराइल संघर्ष और वैश्विक ऊर्जा संकट (Energy Crisis) के मुहाने पर खड़ी है, तब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भारत की ऊर्जा सुरक्षा और आर्थिक...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

What's Really Behind Xinjiang's Global Supply Chains?

What's Really Behind Xinjiang's Global Supply Chains?

00:03:26

IRAN HITS UAE OIL TANKERS

00:03:28

THE CAMPS AFTER URUMQI

00:03:51

BANGKOK PUB FIRE HORROR

00:04:07

Vietnam Speedboat Tragedy: How 15 Indian Tourists Lost Their Lives

00:03:35
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited