TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    सुनील गावस्कर का सनग्रुप से तीखा सवाल

    सुनील गावस्कर का काव्या मारन की टीम से सीधा तीखा सवाल…कहां भारतीयों के खून का पैसा बर्बाद न करें

    वैष्णा रॉय पर उठी आलोचना

    वैष्णा रॉय पर उठी आलोचना: फ्रंटलाइन की रिपोर्ट ने भारतीय मीडिया में गरमागरम बहस को जन्म दिया

    भारतीय जहाजों को रास्ता देने के बदले ईरान से कोई सौदा नहीं

    एस.जयशंकर का बयान- ईरान के साथ है हमारे अच्छे संबंध , भारतीय झंडे वाले जहाजों को रास्ता देने के बदले ईरान की कोई डिमांड नहीं

    ‘जाति’ कार्ड खेलने में माहिर हो चुके राहुल गांधी

    DU एंट्रेंस में कांग्रेस का ‘जाति’ कार्ड और बिहार में ‘राजपूत’ लड़की की गैंगरेप के बाद हत्या: क्या राहुल सारण में मृतका के घर जा कर इंसाफ़ मांगेंगे?

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    एलपीजी गैस संकट हुआ खत्म

    एलपीजी की कीमतों में ₹60 की बढ़ोतरी, रसोई गैस महंगी होने से घरों पर पड़ेगा असर

    Visakhapatnam Port Authority को मिलेंगे नए 60 टन बीपी टग

    Visakhapatnam Port Authority को मिलेंगे नए 60 टन बीपी टग, बंदरगाह संचालन होगा और सुरक्षित व तेज

    सनातन दृष्टि से ए.आई.

    भारतीय सनातन दृष्टि से ए.आई. समिट की सार्थकता

    भारत में एआई की नई शुरुआत

    भारत में एआई की नई शुरुआत: अपने मॉडल्स से आत्मनिर्भर बनने की दिशा में बड़ा कदम

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    बिपिन रावत

    ‘इंटीग्रेटेड थिएटर कमांड’: जनरल बिपिन रावत का सेना को लेकर देखा गया स्वप्न फ़िलहाल अधूरा ज़रूर है, लेकिन उसने सैन्य सुधार की एक मज़बूत नींव रख दी है

    Indian navy in hormuz and trump

    होर्मुज़ संकट: इधर ट्रम्प चीन से मदद मांग रहे हैं, उधर इंडियन नेवी ‘शिवालिक’ और ‘नंदा’ को साथ लेकर भारत लौट रही है

    भारत की रक्षा में महिलाओं की मजबूत भूमिका

    नारी शक्ति: भारत की रक्षा में महिलाओं की मजबूत भूमिका, सशस्त्र बलों में भी बढ़ी भागीदारी

    सुखोई-30 विमान दुर्घटना

    सुखोई-30 विमान हादसा: स्क्वाड्रन लीडर अनुज और फ्लाइट लेफ्टिनेंट पुरवेश दुरागकर शहीद

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    जुंदिशापुर: ईरान का वो शहर जिसने भारतीय ज्ञान परंपरा को अरब और फिर यूरोप तक पहुंचाया, कभी वराहमिहिर ने स्थापित की थी वेधशाला

    जुंदिशापुर: ईरान का वो शहर जिसने भारतीय ज्ञान परंपरा को अरब और फिर यूरोप तक पहुंचाया, कभी वराहमिहिर ने स्थापित की थी वेधशाला

    तीसरा भारतीय टैंकर पहले ही सुरक्षित रूप से होर्मुज पार कर चुका है

    ‘यूक्रेन’ के बाद ‘होर्मुज’ में भी दिखी तिरंगे की ताकत, हजारों टन LPG लेकर मुंद्रा पोर्ट पहुंचा शिवालिक, रास्ते में हैं Nanda Devi समेत भारतीय झंडे वाले दो टैंकर

    क्या मीनाब में ईरानी बच्चियों की सामूहिक कब्रें एक बार फिर अमेरिकी नागरिकों की चेतना झकझोर सकेंगी?

    ‘माई लाई’ नरसंहार की बरसी और मीनाब की स्कूली बच्चियों की सामूहिक कब्रें: क्या नागरिक चेतना में धुंधलाते जा रहे हैं युद्ध अपराधों के सबक?

    शिवालिक और नन्दा देवी लेकिन पाकिस्तान में ईद से पहले त्राहिमाम

    LPG लेकर देश पहुँच रहे हैं भारतीय टैंकर लेकिन पाकिस्तान में ईद से पहले त्राहिमाम

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    जुंदिशापुर: ईरान का वो शहर जिसने भारतीय ज्ञान परंपरा को अरब और फिर यूरोप तक पहुंचाया, कभी वराहमिहिर ने स्थापित की थी वेधशाला

    जुंदिशापुर: ईरान का वो शहर जिसने भारतीय ज्ञान परंपरा को अरब और फिर यूरोप तक पहुंचाया, कभी वराहमिहिर ने स्थापित की थी वेधशाला

    खानवा का वो युद्ध: अगर राणा सांगा बाबर के विरुद्ध विजयी होते, तो?

    खानवा का वो युद्ध: अगर राणा सांगा बाबर के विरुद्ध विजयी होते, तो?

    तालिबान द्वारा मूर्तियों के विनाश के समय

    आज से ही के दिन तालिबान ने तोड़ी थीं बुद्ध की 2 हजार वर्ष पुरानी प्रतिमाएं, लेकिन भीम-मीम एकता के अनुयायी इस कृत्य पर 25 वर्ष बाद भी कुछ लिख बोल नहीं सकते

    मुंबई धमाकों ने शहर की सुरक्षा को चुनौती दी

    मार्च 1993 के मुंबई धमाकों ने शहर की सुरक्षा को चुनौती दी और नई व्यवस्थाएँ तैयार कीं

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    सुनील गावस्कर का सनग्रुप से तीखा सवाल

    सुनील गावस्कर का काव्या मारन की टीम से सीधा तीखा सवाल…कहां भारतीयों के खून का पैसा बर्बाद न करें

    पाकिस्तान के जिस प्लेयर ने उड़ाया था भारतीय सेना का मज़ाक, उसे ख़रीद विवादों में घिरी सनराइजर्स की मालकिन काव्या मारन

    पाकिस्तान के जिस प्लेयर ने उड़ाया था भारतीय सेना का मज़ाक, उसे ख़रीद विवादों में घिरी सनराइजर्स की मालकिन काव्या मारन

    How India’s Growing Internet User Base Is Driving New Digital Entertainment Platforms

    How India’s Growing Internet User Base Is Driving New Digital Entertainment Platforms

    CroreBet India Review 2026: Sports Betting, Casino Games & Bonuses Explained

    CroreBet India Review 2026: Sports Betting, Casino Games & Bonuses Explained

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    सुनील गावस्कर का सनग्रुप से तीखा सवाल

    सुनील गावस्कर का काव्या मारन की टीम से सीधा तीखा सवाल…कहां भारतीयों के खून का पैसा बर्बाद न करें

    वैष्णा रॉय पर उठी आलोचना

    वैष्णा रॉय पर उठी आलोचना: फ्रंटलाइन की रिपोर्ट ने भारतीय मीडिया में गरमागरम बहस को जन्म दिया

    भारतीय जहाजों को रास्ता देने के बदले ईरान से कोई सौदा नहीं

    एस.जयशंकर का बयान- ईरान के साथ है हमारे अच्छे संबंध , भारतीय झंडे वाले जहाजों को रास्ता देने के बदले ईरान की कोई डिमांड नहीं

    ‘जाति’ कार्ड खेलने में माहिर हो चुके राहुल गांधी

    DU एंट्रेंस में कांग्रेस का ‘जाति’ कार्ड और बिहार में ‘राजपूत’ लड़की की गैंगरेप के बाद हत्या: क्या राहुल सारण में मृतका के घर जा कर इंसाफ़ मांगेंगे?

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    एलपीजी गैस संकट हुआ खत्म

    एलपीजी की कीमतों में ₹60 की बढ़ोतरी, रसोई गैस महंगी होने से घरों पर पड़ेगा असर

    Visakhapatnam Port Authority को मिलेंगे नए 60 टन बीपी टग

    Visakhapatnam Port Authority को मिलेंगे नए 60 टन बीपी टग, बंदरगाह संचालन होगा और सुरक्षित व तेज

    सनातन दृष्टि से ए.आई.

    भारतीय सनातन दृष्टि से ए.आई. समिट की सार्थकता

    भारत में एआई की नई शुरुआत

    भारत में एआई की नई शुरुआत: अपने मॉडल्स से आत्मनिर्भर बनने की दिशा में बड़ा कदम

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    बिपिन रावत

    ‘इंटीग्रेटेड थिएटर कमांड’: जनरल बिपिन रावत का सेना को लेकर देखा गया स्वप्न फ़िलहाल अधूरा ज़रूर है, लेकिन उसने सैन्य सुधार की एक मज़बूत नींव रख दी है

    Indian navy in hormuz and trump

    होर्मुज़ संकट: इधर ट्रम्प चीन से मदद मांग रहे हैं, उधर इंडियन नेवी ‘शिवालिक’ और ‘नंदा’ को साथ लेकर भारत लौट रही है

    भारत की रक्षा में महिलाओं की मजबूत भूमिका

    नारी शक्ति: भारत की रक्षा में महिलाओं की मजबूत भूमिका, सशस्त्र बलों में भी बढ़ी भागीदारी

    सुखोई-30 विमान दुर्घटना

    सुखोई-30 विमान हादसा: स्क्वाड्रन लीडर अनुज और फ्लाइट लेफ्टिनेंट पुरवेश दुरागकर शहीद

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    जुंदिशापुर: ईरान का वो शहर जिसने भारतीय ज्ञान परंपरा को अरब और फिर यूरोप तक पहुंचाया, कभी वराहमिहिर ने स्थापित की थी वेधशाला

    जुंदिशापुर: ईरान का वो शहर जिसने भारतीय ज्ञान परंपरा को अरब और फिर यूरोप तक पहुंचाया, कभी वराहमिहिर ने स्थापित की थी वेधशाला

    तीसरा भारतीय टैंकर पहले ही सुरक्षित रूप से होर्मुज पार कर चुका है

    ‘यूक्रेन’ के बाद ‘होर्मुज’ में भी दिखी तिरंगे की ताकत, हजारों टन LPG लेकर मुंद्रा पोर्ट पहुंचा शिवालिक, रास्ते में हैं Nanda Devi समेत भारतीय झंडे वाले दो टैंकर

    क्या मीनाब में ईरानी बच्चियों की सामूहिक कब्रें एक बार फिर अमेरिकी नागरिकों की चेतना झकझोर सकेंगी?

    ‘माई लाई’ नरसंहार की बरसी और मीनाब की स्कूली बच्चियों की सामूहिक कब्रें: क्या नागरिक चेतना में धुंधलाते जा रहे हैं युद्ध अपराधों के सबक?

    शिवालिक और नन्दा देवी लेकिन पाकिस्तान में ईद से पहले त्राहिमाम

    LPG लेकर देश पहुँच रहे हैं भारतीय टैंकर लेकिन पाकिस्तान में ईद से पहले त्राहिमाम

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    जुंदिशापुर: ईरान का वो शहर जिसने भारतीय ज्ञान परंपरा को अरब और फिर यूरोप तक पहुंचाया, कभी वराहमिहिर ने स्थापित की थी वेधशाला

    जुंदिशापुर: ईरान का वो शहर जिसने भारतीय ज्ञान परंपरा को अरब और फिर यूरोप तक पहुंचाया, कभी वराहमिहिर ने स्थापित की थी वेधशाला

    खानवा का वो युद्ध: अगर राणा सांगा बाबर के विरुद्ध विजयी होते, तो?

    खानवा का वो युद्ध: अगर राणा सांगा बाबर के विरुद्ध विजयी होते, तो?

    तालिबान द्वारा मूर्तियों के विनाश के समय

    आज से ही के दिन तालिबान ने तोड़ी थीं बुद्ध की 2 हजार वर्ष पुरानी प्रतिमाएं, लेकिन भीम-मीम एकता के अनुयायी इस कृत्य पर 25 वर्ष बाद भी कुछ लिख बोल नहीं सकते

    मुंबई धमाकों ने शहर की सुरक्षा को चुनौती दी

    मार्च 1993 के मुंबई धमाकों ने शहर की सुरक्षा को चुनौती दी और नई व्यवस्थाएँ तैयार कीं

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    सुनील गावस्कर का सनग्रुप से तीखा सवाल

    सुनील गावस्कर का काव्या मारन की टीम से सीधा तीखा सवाल…कहां भारतीयों के खून का पैसा बर्बाद न करें

    पाकिस्तान के जिस प्लेयर ने उड़ाया था भारतीय सेना का मज़ाक, उसे ख़रीद विवादों में घिरी सनराइजर्स की मालकिन काव्या मारन

    पाकिस्तान के जिस प्लेयर ने उड़ाया था भारतीय सेना का मज़ाक, उसे ख़रीद विवादों में घिरी सनराइजर्स की मालकिन काव्या मारन

    How India’s Growing Internet User Base Is Driving New Digital Entertainment Platforms

    How India’s Growing Internet User Base Is Driving New Digital Entertainment Platforms

    CroreBet India Review 2026: Sports Betting, Casino Games & Bonuses Explained

    CroreBet India Review 2026: Sports Betting, Casino Games & Bonuses Explained

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

सिंधुदुर्ग किला: मराठा साम्राज्य का अभेद्य गढ़, जहां परिंदा भी पर नहीं मार सकता था

सिंधुदुर्ग किला एक ऐतिहासिक किला है, जिसे छत्रपति शिवाजी महाराज ने बनवाया था। किले का बाहरी दरवाजा इस प्रकार बनाया गया है जहां सुई तक अंदर नहीं जा सकती। कैसे कहीं न कहीं इसने आधुनिक भारतीय नौसेना की भी नींव रखी?

Animesh Pandey द्वारा Animesh Pandey
20 November 2022
in प्रीमियम
सिंधुदुर्ग किला, Sindhudurg Fort – A crucial naval asset that also laid base for the modern Indian Navy

Source- TFI

Share on FacebookShare on X

आचार्य चाणक्य की नीति से कौन परिचित नहीं? एक समय कुछ लोग उनसे मिलने जब आए, तो उन्होंने अपने मार्ग का विवरण करते हुए बताया, “आपके पास पहुंचने में हम लोगों को बहुत कष्ट हुआ। आप महाराज से कहकर यहां की जमीन को चमड़े से ढकवाने की व्यवस्था करा दें। इससे लोगों को आराम होगा”। उनकी बात सुनकर आचार्य मुस्कराते हुए बोले, “वत्स, कंटीले व पथरीले पथ तो इस विश्व में अनगिनत हैं। ऐसे में पूरे विश्व में चमड़ा बिछवाना तो असंभव है। हां, आप लोग चमड़े द्वारा अपने पैरों को सुरक्षित कर लें तो अवश्य ही पथरीले पथ व कंटीली झाड़ियों के प्रकोप से बच सकते हैं”। वह व्यक्ति उनका आशय अविलंब समझ गया और कहीं न कहीं ये नीति सिंधुदुर्ग के अद्वितीय गढ़ के निर्माण में झलकती भी है। टीएफआई प्रीमियम में आपका स्वागत हैं। इस लेख में हम जानेंगे कि कैसे सिंधुदुर्ग किला मराठा साम्राज्य के सूझबूझ का अद्वितीय उदाहरण है और कैसे कहीं न कहीं इसने आधुनिक भारतीय नौसेना की भी नींव रखी?

“हे हिंदवी स्वराज्य श्री हरिची इच्छा” अर्थात भारत में स्वराज्य ही हरी की इच्छा हो। ऐसे स्पष्ट विचार जिस योद्धा के हो, तो सोचिए किस उद्देश्य के अंतर्गत छत्रपति शिवाजी महाराज और उनके मावड़े लड़े होंगे। इसी का एक प्रतिबिंब है सिंधुदुर्ग का गढ़।

संबंधितपोस्ट

छत्रपति शिवाजी महाराज का ऐतिहासिक ‘वाघ नख’ UK से भारत लाया गया वापस।

जगदंब तलवार: इन वस्तुओं को अविलंब ब्रिटेन के “चोर बाज़ार” से वापस लाना है

मराठा के मोहिते जिन्होंने औरंगजेब को कई बार धराशाही किया

और लोड करें

और पढ़े:  महान विजयनगर साम्राज्य की अद्भुत कहानी, जिसे दरबारी इतिहासकारों ने इतिहास में जगह ही नहीं दी

सिंधुदुर्ग किला और वीर शिवाजी

कभी पांडवों और चालुक्य वंश का प्रतीक रहा सिंधुदुर्ग एक खंडहर बन चुका था, परंतु इसे एक नौसेना के गढ़ के रूप में पुनः स्थापित करने में मराठा योद्धाओं ने एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। वर्तमान महाराष्ट्र के सिंधुदुर्ग जिले के मालवण तहसील में स्थित सिंधुदुर्ग किला मराठा और भारतीय नौसेनिक इतिहास में एक महत्वपूर्ण स्थान रखता है।

ये छत्रपति शिवाजी महाराज द्वारा बनवाया गया प्रथम समुद्री क़िला था और इसके निर्माण में उन्होंने निजी तौर पर भी हिस्सा लिया था। ‘ए हिस्ट्री ऑफ़ मराठा नेवी एंड मर्चेंटशिप्स (1973)’ में डॉ. बी.के.आप्टे बताते हैं कि 48 एकड़ ज़मीन में फैले इस क़िले में 32 अर्ध-गोलाकार मीनारों से सजे 53 बुर्ज हैं, जिन्हें गोलाबारी के लिए इस्तेमाल किया जाता था। इसके उत्तर-पूर्वी दिशा से आवाजाही होती थी। दीवारें 12 फ़ुट चौड़ी और 30 फ़ुट ऊंची रखी गईं थीं, ताकि दुश्मनों और अरब सागर की लहरों से भी बचाव हो सके। कुल मिलाकर रणनीतिक एवं सामरिक रूप से ये एक कुशल और भव्य दुर्ग था। इसके अलावा यहां पर महादेव और जरिमई आदि मंदिर भी मौजूद हैं।

और पढ़े: अघोरियों की रहस्यमयी और अज्ञात दुनिया

परंतु मराठा साम्राज्य का इस स्थान से क्या नाता? उन्हें इसकी आवश्यकता क्यों पड़ी?

सत्रहवीं शताब्दी के मध्य तक आते-आते एक तरफ़ भारतीय उपमहाद्वीप में पुर्तगालियों के अलावा अनेक यूरोपीय ताक़तें अपने प्रभाव को बढ़ाने के लिए आपस में लड़ रही थीं, तो दूसरी तरफ़ दक्खन के पठारों में छत्रपति शिवाजी महाराज के नेतृत्व में मराठों का उदय भी हो रहा था। ये उनका ही कमाल था कि आदिल शाही और यहां तक कि मुग़ल इस क्षेत्र में कमज़ोर होते जा रहे थे।

इस दौरान शिवाजी महाराज ने विदेशी ताक़तों के ख़तरे को भांपते हुए अपनी एक सशक्त नौसेना का गठन करने का अभियान भी प्रारंभ कर दिया, जिसके अंतर्गत उन्होंने न केवल कई समुद्री क़िलों पर कब्जा किया, बल्कि कुछ का निर्माण भी करवाया। उन्हीं क़िलों में सबसे पहला क़िला सिंधुदुर्ग था। ये दो नामों को जोड़कर बनाया गया है: सिन्धु (समुद्र) और दुर्ग (क़िला)।

इसी परिप्रेक्ष्य में केस्टॉड पैरासाईट्स ऑफ़ मरीन फ़िशेस ऑफ़ सिंधुदुर्ग रीजन (2019)’ में डॉ.समीर भीमराव पाटिल ने प्रकाश डालते हुए बताया हैं कि कैसे क़िले के निर्माण हेतु शिवाजी को ‘कुरते बेत’ (मराठी में द्वीप) पसंद आया था जो विदेशी ताक़तों और मुरुड-जंजीरा के सिद्दी लड़ाकों पर निगरानी रखने के लिए उपयुक्त स्थान था।

और पढ़े: चित्रकूट से चित्तौड़ बने नगर में बप्पा रावल ने कैसे भरी शक्ति, जानिए इसके पीछे का इतिहास

कान्होजी आंग्रे ने किया नेतृत्व

शाही वास्तुकार हिरोजी इंदुलकर के सुझाव के अनुसार 25 नवंबर 1664 को सिंधुदुर्ग किला पर कार्य प्रारंभ हुआ और उन्होंने क़िले के निर्माण के लिए गोवा से पुर्तगाली इंजीनियर बुलवाए थे। स्वयं शिवाजी महाराज ने भी इसमें बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया था और शायद यही कारण है कि यहांं दो अलग-अलग जगहों में इनके हाथ और पांव की छाप आज भी देखी जा सकती है। क़िले के क़रीब ही पांडवगढ़ एक चौकी की तरह था। वहां शिवाजी के जहाज़ों का निर्माण और मरम्मत का काम हुआ करता था। मतलब यूरोपीय शिल्पकारों और उन्हीं से कार्य करवाकर उन्हीं के अत्याचारों के विरुद्ध शिवाजी राजे ने एक कुशल नौसेना तैयार की, जिसका बाद में सारखेल कान्होजी आंग्रे जैसे महानायकों ने नेतृत्व किया था।

अब ये कौन बंधु हैं? ये मत पूछिए, ये पूछिए कि ये क्या करते और कहां कहां उत्पात मचाते।

कान्होजी ने 18वीं शताब्दी के दौरान भारत के तटों पर ब्रिटिश, डच और पुर्तगाली नौसेनाओं के विरुद्ध अनेक युद्ध लड़े और विजयी भी रहे। वे आयुपर्यंत अपराजित रहे। परंतु वे इतने तक सीमित नहीं रहे, आंग्रे भाऊ तो उनके जहाज़ों को जब मन चाहे तब उठवा लेते थे, मानो सुबह का नाश्ता कर रहे हो। हम मज़ाक नहीं कर रहे। कान्होजी आंग्रे यूरोपीय आक्रांताओं, विशेषकर अंग्रेजों को चिढ़ाने के लिए यह अनोखी रणनीति भी अपनाते थे, जिसके लिए उन्हें समुद्री दस्यु यानी पाइरेट तक कहा जाने लगा। प्रारंभ में ये रणनीति उन्हें प्रिय नहीं थी, परंतु अंत में उन्हें स्मरण हुआ- साम दाम, दंड, भेद – अर्थात युद्ध में सब उचित है।

उदाहरण के लिए कान्होजी ने भारत के पश्चिमी तट पर ग्रेट ब्रिटेन और पुर्तगाल जैसी नौसेना शक्तियों पर हमले तेज कर दिए। 4 नवंबर 1712 को उनकी नौसेना ने अप्रत्याशित सफलता प्राप्त करते हुए बॉम्बे के ब्रिटिश गवर्नर विलियम एस्लाबी के सशस्त्र नौका अल्जाइन पर नियंत्रण प्राप्त किया एवं उनके करवार कारखाने के प्रमुख थॉमस चाउन को मार डाला और उनकी पत्नी को कैदी बना लिया। वो महिला 13 फरवरी 1713 तक 30,000 रुपये की फिरौती मिलने तक बंदी बनी रही। महिला की रिहाई पहले से ब्रिटिश द्वारा अवैध नियंत्रण वाली भारतीय भूमि की वापसी सुनिश्चित सहित कराई गई। उन्होंने गोवा के पास ईस्ट इंडियन, सोमरस और ग्रन्थम को जब्त कर लिया क्योंकि ये जहाज इंग्लैंड से बॉम्बे तक जाते थे।

अब यहां सिंधुदुर्ग से अब एक सुई भी घुस जाता, तो मराठा साम्राज्य के लिए आश्चर्य की बात होती और इसी रणनीतिक निर्णय ने आगे चलकर आधुनिक भारतीय सेना की नींव रखी, जिसके लिए वर्तमान भारतीय प्रशासन उसे उसका उचित श्रेय भी देती है।

TFI का समर्थन करें:

सांस्कृतिक राष्ट्रवाद की ‘राइट’ विचारधारा को मजबूती देने के लिए TFI-STORE.COM से बेहतरीन गुणवत्ता के वस्त्र क्रय कर हमारा समर्थन करें.

Tags: Sindhudurg Fortकान्होजी आंग्रेछत्रपति शिवाजी महाराजसिंधुदुर्ग किला
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

मधुबाला के प्यार में सबकुछ लुटा दिया फिर भी खरी-खोटी सुनी, किशोर कुमार की अनसुनी कहानी

अगली पोस्ट

दिल्ली MCD का चुनाव बहुत ही रोमांचक मोड़ लेता जा रहा है

संबंधित पोस्ट

भारत का अंतरिक्ष धमाका 2026: ISRO के गगनयान मिशन से टूटेगा अमेरिका का घमंड, पाकिस्तान और चीन रहेंगे स्तब्ध
चर्चित

भारत का अंतरिक्ष धमाका 2026: ISRO के गगनयान मिशन से टूटेगा अमेरिका का घमंड, पाकिस्तान और चीन रहेंगे स्तब्ध

3 November 2025

भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन, ISRO, ने एक बार फिर साबित कर दिया कि विज्ञान और तकनीक में भारत किसी से पीछे नहीं है। मार्च 2026...

क्या नेताजी सचमुच 1945 में मारे गए थे? मुथुरामलिंगा थेवर और गुमनामी बाबा ने खोला रहस्य
इतिहास

क्या नेताजी का निधन सचमुच 1945 विमान हादसे में हुआ था? मुथुरामलिंगा थेवर और गुमनामी बाबा ने खोला रहस्य

31 October 2025

रहस्य जो आज भी जीवित है जब इतिहास की किताबों में लिखा गया कि नेताजी सुभाष चंद्र बोस 1945 में विमान हादसे में मरे, तो...

कांग्रेस की संघ से डर नीति पर अदालत की चोट: जनता के अधिकार कुचलने की कोशिश पर कर्नाटक हाईकोर्ट ने लगाया ब्रेक
चर्चित

कांग्रेस की संघ से डर नीति पर अदालत की चोट: जनता के अधिकार कुचलने की कोशिश पर कर्नाटक हाईकोर्ट ने लगाया ब्रेक

29 October 2025

कर्नाटक की सिद्धारमैया सरकार के लिए यह क्षण किसी राजनीतिक झटके से कम नहीं है। राज्य की धारवाड़ बेंच ने सरकार के उस विवादास्पद सरकारी...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

Truth of IRIS Dena: 8 Days That Changed Narrative | War zone Reality, Not an Indian Navy Exercise

Truth of IRIS Dena: 8 Days That Changed Narrative | War zone Reality, Not an Indian Navy Exercise

00:08:02

300 Million Euros for SCALP: Strategic Necessity or Costly Dependency on France300

00:04:06

Tejas Mk1A: 19th aircraft coupled but Not Delivered: What Is Holding Back the IAF Induction?

00:07:21

Agni-3 Launch Decoded: Why Test an Active Nuclear Missile That’s Already Deployed?

00:05:05

India’s Swadesi ‘Meteor’: World’s Most Lethal BVR Missile | Gandiv| SFDR | DRDO

00:06:48
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited