TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    कॉमेडी के नाम पर अश्लीलता

    कॉमेडी के नाम पर अश्लीलता : आखिर कब तक?

    फ्रांस से 114 राफेल खरीदने की ₹3.25 लाख करोड़ डील को जल्द मिल सकती है DAC की मंज़ूरी

    आखिर क्यों IAF का एक औपचारिक दस्तावेज पाकिस्तान के पूरे प्रोपेगेंडा पर भारी पड़ गया ?

    संभल जिले में पुलिस के डॉग स्क्वॉड की सदस्य मैरी ने एक ब्लाइंड रेप केस सुलझाने में अहम भूमिका निभाई

    संभल में डॉग मैरी ने सुलझाया ब्लाइंड रेप केस, गमछा सूंघकर आरोपी के घर तक पहुंची

    श्यामा प्रसाद मुखर्जी के ऐतिहासिक भाषणों की प्रासंगिकता,

    बलिदान दिवस विशेष: डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के ऐतिहासिक भाषणों की प्रासंगिकता

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि ने मोदी सरकार के तहत भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था को दी मजबूती, सेवा क्षेत्र और निवेश बने व्यापक विकास के प्रमुख आधार

    भारत की अर्थव्यवस्था

    भारत की अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती, GDP ग्रोथ 7.7% पहुंची; अगले साल धीमी पड़ सकती है रफ्तार

    UPI का अंतरराष्ट्रीय विस्तार भी तेजी से बढ़ रहा

    UPI ने मई में 29.9 लाख करोड़ रुपये के लेनदेन के साथ बनाया नया रिकॉर्ड, भारत में डिजिटल भुगतान व्यवस्था हुई और मजबूत

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    एनडीए के कई पूर्व छात्र देश के बड़े सैन्य

    एनडीए की 150वीं पासिंग आउट परेड आज, 77 साल के इतिहास का खास पल

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर,

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    रूसी तेल का आयात

    रूसी तेल का आयात पहले से ज्यादा कर रहा है भारत, 41 देशों से हो रही ऊर्जा खरीद: हरदीप सिंह पुरी

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक

    ऑपरेशन सिंदूर: शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक, राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर हमेशा के लिए दर्ज

    महाभारत से जुड़े प्रमुख दृश्य

    महाभारत: श्रीकृष्ण ने पांडवों के लिए मांगे थे ये 5 गांव, आज इन नामों से जाने जाते हैं शहर

    अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा मामले की जांच

    अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा मामले की जांच SIT के हाथों में, 200 करोड़ रुपये से अधिक की कथित गड़बड़ी की आशंका

    लेफ्टिनेंट शशांक तिवारी के माता-पिता

    लेफ्टिनेंट शशांक तिवारी को मरणोपरांत कीर्ति चक्र से सम्मानित किया गया

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज शिप

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज पर नोरोवायरस का हमला: 3116 यात्रियों वाले क्रूज शिप पर 115 लोग बीमार

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    कॉमेडी के नाम पर अश्लीलता

    कॉमेडी के नाम पर अश्लीलता : आखिर कब तक?

    फ्रांस से 114 राफेल खरीदने की ₹3.25 लाख करोड़ डील को जल्द मिल सकती है DAC की मंज़ूरी

    आखिर क्यों IAF का एक औपचारिक दस्तावेज पाकिस्तान के पूरे प्रोपेगेंडा पर भारी पड़ गया ?

    संभल जिले में पुलिस के डॉग स्क्वॉड की सदस्य मैरी ने एक ब्लाइंड रेप केस सुलझाने में अहम भूमिका निभाई

    संभल में डॉग मैरी ने सुलझाया ब्लाइंड रेप केस, गमछा सूंघकर आरोपी के घर तक पहुंची

    श्यामा प्रसाद मुखर्जी के ऐतिहासिक भाषणों की प्रासंगिकता,

    बलिदान दिवस विशेष: डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के ऐतिहासिक भाषणों की प्रासंगिकता

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि ने मोदी सरकार के तहत भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था को दी मजबूती, सेवा क्षेत्र और निवेश बने व्यापक विकास के प्रमुख आधार

    भारत की अर्थव्यवस्था

    भारत की अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती, GDP ग्रोथ 7.7% पहुंची; अगले साल धीमी पड़ सकती है रफ्तार

    UPI का अंतरराष्ट्रीय विस्तार भी तेजी से बढ़ रहा

    UPI ने मई में 29.9 लाख करोड़ रुपये के लेनदेन के साथ बनाया नया रिकॉर्ड, भारत में डिजिटल भुगतान व्यवस्था हुई और मजबूत

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    एनडीए के कई पूर्व छात्र देश के बड़े सैन्य

    एनडीए की 150वीं पासिंग आउट परेड आज, 77 साल के इतिहास का खास पल

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर,

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    रूसी तेल का आयात

    रूसी तेल का आयात पहले से ज्यादा कर रहा है भारत, 41 देशों से हो रही ऊर्जा खरीद: हरदीप सिंह पुरी

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक

    ऑपरेशन सिंदूर: शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक, राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर हमेशा के लिए दर्ज

    महाभारत से जुड़े प्रमुख दृश्य

    महाभारत: श्रीकृष्ण ने पांडवों के लिए मांगे थे ये 5 गांव, आज इन नामों से जाने जाते हैं शहर

    अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा मामले की जांच

    अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा मामले की जांच SIT के हाथों में, 200 करोड़ रुपये से अधिक की कथित गड़बड़ी की आशंका

    लेफ्टिनेंट शशांक तिवारी के माता-पिता

    लेफ्टिनेंट शशांक तिवारी को मरणोपरांत कीर्ति चक्र से सम्मानित किया गया

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज शिप

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज पर नोरोवायरस का हमला: 3116 यात्रियों वाले क्रूज शिप पर 115 लोग बीमार

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

बीजेपी को बैकफुट पर लाने के लिए राम मंदिर मामले पर शिवसेना की बड़ी रणनीति

Mahima Pandey द्वारा Mahima Pandey
24 November 2018
in समीक्षा
शिवसेना उद्ध्य ठाकरे राम मंदिर

PC:लल्लूराम

Share on FacebookShare on X

इसी साल 29 अक्टूबर को सुप्रीम कोर्ट ने राम मंदिर की सुनवाई टालते हुए जनवरी में सुनवाई का फैसला सुनाया था। कोर्ट के फैसले के बाद से चारों तरफ से अध्यादेश लाने की मांग तेज हो गयी जबकि कुछ लोग ऐसे भी हैं जो सुप्रीम कोर्ट के फैसले का इंतजार कर रहे हैं लेकिन यहां शिव सेना जिस तरह से राम मंदिर को लेकर अचानक से मुखर हो गयी है उसपर कई सवाल खड़े होते हैं। सवाल ये कि अचानक से शिवसेना को राम मंदिर मुद्दा इतना क्यों भा रहा है? क्या इस मुद्दे के पीछे है कोई बड़ी रणनीति? क्या वो इस मुद्दे के जरिये महाराष्ट्र में बीजेपी को बैकफूट पर लाना चाहती है? सवाल कई हैं और इनके जवाब भी हैं लेकिन उससे पहले हमें 1992 के बाबरी विध्वंस और आज के हालातों की गहराई में जाना होगा।  

6 दिसंबर 1992 को हजारों की संख्या में अयोध्या पहुंचे करसेवकों ने बाबरी मस्जिद को ढाह दिया था तब शिव सेना प्रमुख बल ठाकरे ने आगे आ कर इसकी जिम्मेदारी ली थी। उस समय बीजेपी और शिवसेना साथ थे लेकिन आज हालात ऐसे हैं कि शिवसेना बीजेपी पर हमला करने का एक अवसर नहीं छोड़ती है। दोनों कहने के लिए तो साथ लेकिन जिस तरह शिवसेना के मुखपत्र सामना में दिए अपने एक साक्षात्कार में भारतीय जनता पार्टी को घेरने का प्रयास किया था वो उद्धव ठाकरे की बड़ी रणनीति का खुलासा करता है।  

संबंधितपोस्ट

राम मंदिर दान जांच: मंदिर की चढ़ावा व्यवस्था में कथित सिस्टमगत अनियमितताओं के बीच आठ लोगों के खिलाफ FIR दर्ज

अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामला: SIT की जांच तेज, कई कर्मचारियों और बैंक अधिकारियों पर कार्रवाई की तैयारी

राम मंदिर के चंदे को लेकर विवाद, अखिलेश यादव के आरोपों पर ट्रस्ट ने दिया जवाब

और लोड करें

Humne 17 minute mein Babri tod di, to kanoon banane mein kitna time lagta hai?Rashtrapati Bhawan se lekar UP tak BJP ki sarkar hai. Rajya Sabha mein aise bahot sansad hai jo Ram mandir ke saath khade rahenge,jo virodh karega uska desh mai ghumna mushkil hoga:Sanjay Raut,Shiv Sena pic.twitter.com/62zlo0eZJ5

— ANI (@ANI) November 23, 2018

यही नहीं शिवसेना सांसद संजय राउत भी राम मंदिर के लिए कानून बनाने की मांग करते हुए बीजेपी को घेरने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने अपने एक बयान में कहा, “हमने 17 मिनट में बाबरी तोड़ दी, तो कानून बनाने में कितना समय लगता है? राष्ट्रपति भवन से लेकर यूपी तक बीजेपी की सरकार है। राज्यसभा में ऐसे बहुत सांसद हैं, जो राम मंदिर के साथ खड़े रहेंगे। जो विरोध करेगा, उसका देश में घूमना मुश्किल होगा।” उनका ये बयान भी तब आया है जब शिवसेना ने राम मंदिर निर्माण के लिए अपनी मुहीम तेज कर दी है। इससे पहले शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे ने भारतीय जनता पार्टी पर निशाना साधते हुए कहा था कि, “हर किसी के खाते में 15 लाख रुपये देने की तरह ही क्या राम मंदिर भी बीजेपी का एक चुनावी जुमला है?”

यदि हम साल 1992 और आज की बात करें तो मोदी लहर और फडणवीस के कार्यों की वजह से महाराष्ट्र में बीजेपी की पकड़ शिवसेना के मुकाबले काफी मजबूत हुई है जो शिवसेना को बिलकुल रास नहीं आ रहा है। यहां तक कि वो कई बार ये तक दिखाने का प्रयास करती है कि वो दोनों साथ में चुनाव नहीं लड़ेगे और महाराष्ट्र में भी उनका गठबंधन टूट जायेगा। हालांकि, वो ऐसा करते नहीं है क्योंकि वर्ष 2015 में हुए महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव में शिवसेना और बीजेपी दोनों ही पार्टियों ने अकेले चुनाव लड़ा था तब बीजेपी सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी थी लेकिन राज्य में सत्ता कायम करने के लिए दोनों पार्टियां एक बार फिर से एक साथ आयी थीं। इन नतीजों से शिव सेना को ये बात समझ आ गयी कि बीजेपी पहले की तरह कमजोर नहीं रही ऐसे में अकेले चुनाव लड़ने पर उसकी पकड़ और कमजोर हो जाएगी। यही वजह है शिवसेना भारतीय जनता पार्टी के खिलाफ जहर तो उगलती है लेकिन साथ नहीं छोड़ती है।  

शिवसेना के मन में भारतीय जनता पार्टी के लिए कड़वाहट भर चुकी है क्योंकि राज्य में बीजेपी का सीएम पद का उम्मीदवार ही मुख्यमंत्री पद पर विराजमान है जोकि शिवसेना को रास नहीं आ रहा। ऐसे में वो अब राम मंदिर मामले में अचानक से सक्रीय हो गयी है।

राजनीतिक विश्लेषकों की मानें तो राम मंदिर पर अचानक से सालों बाद शिवसेना की सक्रियता के पीछे कई कारण हो सकते हैं। लोकसभा चुनाव पास आ रहे हैं और इस मुद्दे को भुना कर शिवसेना बीजेपी को बैकफुट पर लाना चाहती है ताकि भारतीय जनता पार्टी राज्य में सीटों के साथ समझौता करने के लिए तैयार हो जाये। गौर करें तो समझ आयेगा कि जिस तरह से साल 2014 में कांग्रेस राम मंदिर के मुद्दे और सत्ता विरोधी लहर की वजह से सत्ता से बाहर हुई थी अब ऐसा ही कुछ शिवसेना भी करने का प्रयास कर रही है या यूं कहें कि वो बीजेपी पार्टी से राम मंदिर मुद्दा ही छीन लेना चाहती है। आज जिस तरह से शिवसेना इस मुद्दे को लेकर मुखर है उससे तो यही लगता है कि अब ये मुद्दा शिव सेना का बन गया है।  

Shiv Sena chief Uddhav Thackeray reaches Ayodhya today for a two-day visit. Shiv Sena will hold an event in the city tomorrow over the matter of #RamTemple. pic.twitter.com/C8G28fbgNH

— ANI UP/Uttarakhand (@ANINewsUP) November 24, 2018

आज अयोध्या में उद्धव ठाकरे अपनी पत्नी और बेटे के साथ पहुंचे हैं। अयोध्या में शिवसेना के कार्यकर्ता मंदिर निर्माण को लेकर ‘पहले मंदिर फिर सरकार’ जैसे नारे लगा रहे हैं। अयोध्या के बाद वो वाराणसी भी जायेंगे जो पीएम मोदी का संसदीय क्षेत्र भी है। अगर उनकी ये यात्रा सफल होती है और उन्हें जनता से अच्छा रेस्पॉन्स मिलता है तो वो उत्तर प्रदेश में भी सीटों के लिए अपना दांव पेश कर सकते हैं। इससे साफ़ है कि उद्धव ठाकरे की कोशिश लोकसभा चुनाव से पहले हिंदुत्‍व का कार्ड खेलकर बीजेपी से उसके हिंदू मतदाता आधार छिनना ।

वास्तव में राम मंदिर का मुद्दा शिव सेना प्रमुख उद्धव ठाकरे का सिर्फ राजनीति में खुद को एक बार फिर से मजबूती के साथ स्थापित करना है । वास्तव में वो इस बात को आसानी से पचा नहीं पा रहे कि गठबंधन की सरकार में उनका प्रभाव अब पहले की तरह नहीं रहा इसलिए वो बार-बार एक बड़े सहयोगी की तरह राज्य में गठबंधन सरकार में हावी होने की पूरी कोशिश की है। वो बालासाहेब की तरह ही महाराष्ट्र की राजनीति में हावी होने की पूरी कोशिश करते रहे हैं लेकिन ऐसा करने में वो असफल रहे हैं क्योंकि बालासाहेब सिद्धांतों के पक्के थे वहीं, उद्धव ठाकरे पार्टी के मूल सिद्धांत से भटक गए हैं।  इसका उदाहरण मराठा आन्दोलन के दौरान भी देखा गया था।  उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली शिवसेना पार्टी जो कट्टर हिंदुत्ववादी पार्टी के रूप में जानी जाती है अपनी तुष्टिकरण की राजनीति के तहत अब मुसलमानों के 5 फीसदी आरक्षण की मांग की थी। ये दुखद है कि अपने लाभ के लिए तुष्टिकरण की राजनीति के बाद शिव सेना राम मंदिर मामले पर राजनीति कर रही है।  

Tags: अयोध्याराम मंदिरशिव सेना
शेयर633ट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

आरएसएस और विहिप बड़ी रैलियों से राम मंदिर निर्माण के लिए भरेंगे हुंकार

अगली पोस्ट

अटल जी के परिवार ने PMO को चिट्ठी लिखकर किया सरकारी सुविधाएं लेने से इंकार

संबंधित पोस्ट

CJP पर बड़ा खुलासा: क्या केजरीवाल की पार्टी चला रही है कॉकरोच जनता पार्टी? पूर्व IAS ने खोला मोर्चा!
चर्चित

CJP पर बड़ा खुलासा: क्या केजरीवाल की पार्टी चला रही है कॉकरोच जनता पार्टी? पूर्व IAS ने खोला मोर्चा!

22 May 2026

पिछले कुछ दिनों से भारतीय सोशल मीडिया स्पेस, खासकर इंस्टाग्राम पर 'कॉकरोच जनता पार्टी' (CJP) नामक एक डिजिटल अभियान ने तहलका मचा रखा है। मीम्स,...

गवर्नर ने मांगा समर्थन का सबूत: क्या तमिलनाडु में विजय के साथ हो रहा है अन्याय?
चर्चित

गवर्नर ने मांगा समर्थन का सबूत: क्या तमिलनाडु में विजय के साथ हो रहा है अन्याय?

7 May 2026

तमिलनाडु की राजनीति आज एक ऐसे चौराहे पर खड़ी है जहाँ लोकतंत्र की परिभाषा और राज्यपाल के अधिकारों के बीच सीधी जंग छिड़ गई है।...

Modi in BJP Head Office
चर्चित

आखिर कैसे आए ये चुनाव परिणाम ?

6 May 2026

पांच राज्यों के चुनाव परिणामों पर कोई एक सुसंबद्ध टिप्पणी संपूर्ण स्थितियों का विश्लेषण नहीं कर सकता। सारे राज्यों के राजनीतिक समीकरण और स्थानीय मुद्दे...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

THE DRONE GENERAL'S LEGACY: HOW GEN DWIVEDI TRANSFORMED THE INDIAN ARMY | UAV

THE DRONE GENERAL'S LEGACY: HOW GEN DWIVEDI TRANSFORMED THE INDIAN ARMY | UAV

00:04:51

Nepal's Natural Ally: Why India, Not China ? Indo-Nepal

00:04:05

Pakistan’s Investment Rescue Plan or Another Economic Promise? Munir | Sharif

00:03:41

Gilgit Baltistan's Youth Rising: The Fight for Dignity, Rights and Self Governance

00:03:08

Doklam’s Legacy: How the 2017 Standoff Reshaped Himalayan Security and Border Tensions। Indo china

00:03:11
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited