TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    BL Santosh BJP Punjab Mission 120 Days ahead of Punjab Assembly Election 2027पंजाब विधानसभा चुनाव 2027 से पहले BJP ने संगठन विस्तार के लिए 120 दिनों की रणनीति पर काम तेज किया है।

    पंजाब में BJP का ‘मिशन 120 दिन’: हर सीट पर 5 हजार कार्यकर्ताओं का टारगेट, युवा-किसान मोर्चे को मिला बड़ा टास्क

    भगत सिंह की जयंती पर देशभर में श्रद्धांजलि

    भगत सिंह की जयंती पर देशभर में श्रद्धांजलि, पीएम मोदी और ओम बिरला ने किया नमन

    मनमोहन सिंह और पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी

    ‘गांधी परिवार’ बार-बार नीचा ना दिखाता तो ‘इतिहास’ ही नहीं ‘वर्तमान’ भी करता मनमोहन सिंह का उदार मूल्यांकन

    टाटा सन्स में फिर बड़ा फैसला: 5 साल और चेयरमैन रहेंगे एन. चंद्रशेखरन, अब Tata Group में क्या बदलेगा?

    Tata Sons Row: चंद्रशेखरन परिवार का TVS Motor से क्या कनेक्शन? ₹60 करोड़ के लोन से उठे हितों के टकराव के सवाल

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    Make in India के 12 साल: अब भारत का अगला मैन्युफैक्चरिंग मिशन क्या है? सेमीकंडक्टर से ग्लोबल सप्लाई चेन तक नजर

    Make in India के 12 साल: अब भारत का अगला मैन्युफैक्चरिंग मिशन क्या है? सेमीकंडक्टर से ग्लोबल सप्लाई चेन तक नजर

    टाटा सन्स में फिर बड़ा फैसला: 5 साल और चेयरमैन रहेंगे एन. चंद्रशेखरन, अब Tata Group में क्या बदलेगा?

    टाटा सन्स में फिर बड़ा फैसला: 5 साल और चेयरमैन रहेंगे एन. चंद्रशेखरन, अब Tata Group में क्या बदलेगा?

    BRICS 2026 में PM Modi, Putin and Xi Jinping

    BRICS Explained: क्या अमेरिकी डॉलर से दूर जा रही है दुनिया ?

    BRICS VS G7

    BRICS बनाम G7: क्या दुनिया की आर्थिक ताकत का संतुलन बदल चुका है?

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    16 साल बाद ट्रेनर तेजस की डिलीवरी! Mk1 से Mk1A तक क्यों उलझता रहा भारत का स्वदेशी फाइटर प्रोग्राम?

    16 साल बाद ट्रेनर तेजस की डिलीवरी! Mk1 से Mk1A तक क्यों उलझता रहा भारत का स्वदेशी फाइटर प्रोग्राम?

    BRICS 2026 में PM Modi, Putin and Xi Jinping

    BRICS Explained: क्या अमेरिकी डॉलर से दूर जा रही है दुनिया ?

    SU 57 India Russia

    भारत को Su-57 की जरूरत कितनी? क्या रूस का 5th Gen Fighter भर पाएगा AMCA का गैप?

    Exercise Pitch Black 2026 in Australia and Exercise Udara Shakti 2026 in Malaysia

    पिच ब्लैक से उदारा शक्ति तक: इंडो पैसेफिक में भारतीय वायु सेना का दम

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    The Moon Is Ours’! ट्रंप के दावे के बीच बड़ा सवाल- क्या कोई देश चांद पर कब्जा कर सकता है

    The Moon Is Ours’! ट्रंप के दावे के बीच बड़ा सवाल- क्या कोई देश चांद पर कब्जा कर सकता है

    BRICS 2026 में PM Modi, Putin and Xi Jinping

    BRICS Explained: क्या अमेरिकी डॉलर से दूर जा रही है दुनिया ?

    मोहन भागवत ने न्यू यॉर्क के मेडिसिन स्क्वॉयर गार्डन में संबोधित करते हुए हिंदुत्व और हिंदुस्तान की व्यापक अवधारणा को सामने रखा था

    हिंदुत्व का स्पंदन: मोहन भागवत का वैश्विक संदेश

    अमेरिका के नॉर्थ कैरोलिना में घर के अंदर अंधाधुंध फायरिंग

    अमेरिका के नॉर्थ कैरोलिना में घर के अंदर अंधाधुंध फायरिंग, कई लोगों की मौत; जांच में जुटी पुलिस

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    नील विद्रोह

    “नील क्रांति का क्रेडिट भी महात्मा गांधी को मिला” जबकि आंदोलन की वास्तविकता कुछ और ही है

    जब नेहरू वाली गलती दोहराने वाले थे लालबहादुर शास्त्री….

    जब नेहरू वाली गलती दोहराने वाले थे लालबहादुर शास्त्री….

    22 मार्च को भगत सिंह ने अपने साथियों को पत्र लिखा था

    ‘मैं एक शर्त पर ज़िंदा रह सकता हूं…’: अपने आखिरी पत्र में भगत सिंह ने साथियों से क्या कहा?

    Pandit Deendayal Upadhyaya Integral Humanism Antyodaya Jana Sangh

    पश्चिमी मॉडल से अलग भारत का रास्ता: क्या था दीनदयाल उपाध्याय का ‘एकात्म मानववाद’?

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    भारत में हेयर रिस्टोरेशन: जल्दबाज़ी वाले समाधानों से ज़्यादा ज़रूरी है सही योजना

    भारत में हेयर रिस्टोरेशन: जल्दबाज़ी वाले समाधानों से ज़्यादा ज़रूरी है सही योजना

    The Basketball Draw Will Rewrite Every Asian Games Forecast

    The Basketball Draw Will Rewrite Every Asian Games Forecast

    Why Sports Betting Exploded Among Cricket Fans in India

    Why Sports Betting Exploded Among Cricket Fans in India

    Mostbet Casino in the Czech Republic: What Players Actually Get

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    BL Santosh BJP Punjab Mission 120 Days ahead of Punjab Assembly Election 2027पंजाब विधानसभा चुनाव 2027 से पहले BJP ने संगठन विस्तार के लिए 120 दिनों की रणनीति पर काम तेज किया है।

    पंजाब में BJP का ‘मिशन 120 दिन’: हर सीट पर 5 हजार कार्यकर्ताओं का टारगेट, युवा-किसान मोर्चे को मिला बड़ा टास्क

    भगत सिंह की जयंती पर देशभर में श्रद्धांजलि

    भगत सिंह की जयंती पर देशभर में श्रद्धांजलि, पीएम मोदी और ओम बिरला ने किया नमन

    मनमोहन सिंह और पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी

    ‘गांधी परिवार’ बार-बार नीचा ना दिखाता तो ‘इतिहास’ ही नहीं ‘वर्तमान’ भी करता मनमोहन सिंह का उदार मूल्यांकन

    टाटा सन्स में फिर बड़ा फैसला: 5 साल और चेयरमैन रहेंगे एन. चंद्रशेखरन, अब Tata Group में क्या बदलेगा?

    Tata Sons Row: चंद्रशेखरन परिवार का TVS Motor से क्या कनेक्शन? ₹60 करोड़ के लोन से उठे हितों के टकराव के सवाल

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    Make in India के 12 साल: अब भारत का अगला मैन्युफैक्चरिंग मिशन क्या है? सेमीकंडक्टर से ग्लोबल सप्लाई चेन तक नजर

    Make in India के 12 साल: अब भारत का अगला मैन्युफैक्चरिंग मिशन क्या है? सेमीकंडक्टर से ग्लोबल सप्लाई चेन तक नजर

    टाटा सन्स में फिर बड़ा फैसला: 5 साल और चेयरमैन रहेंगे एन. चंद्रशेखरन, अब Tata Group में क्या बदलेगा?

    टाटा सन्स में फिर बड़ा फैसला: 5 साल और चेयरमैन रहेंगे एन. चंद्रशेखरन, अब Tata Group में क्या बदलेगा?

    BRICS 2026 में PM Modi, Putin and Xi Jinping

    BRICS Explained: क्या अमेरिकी डॉलर से दूर जा रही है दुनिया ?

    BRICS VS G7

    BRICS बनाम G7: क्या दुनिया की आर्थिक ताकत का संतुलन बदल चुका है?

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    16 साल बाद ट्रेनर तेजस की डिलीवरी! Mk1 से Mk1A तक क्यों उलझता रहा भारत का स्वदेशी फाइटर प्रोग्राम?

    16 साल बाद ट्रेनर तेजस की डिलीवरी! Mk1 से Mk1A तक क्यों उलझता रहा भारत का स्वदेशी फाइटर प्रोग्राम?

    BRICS 2026 में PM Modi, Putin and Xi Jinping

    BRICS Explained: क्या अमेरिकी डॉलर से दूर जा रही है दुनिया ?

    SU 57 India Russia

    भारत को Su-57 की जरूरत कितनी? क्या रूस का 5th Gen Fighter भर पाएगा AMCA का गैप?

    Exercise Pitch Black 2026 in Australia and Exercise Udara Shakti 2026 in Malaysia

    पिच ब्लैक से उदारा शक्ति तक: इंडो पैसेफिक में भारतीय वायु सेना का दम

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    The Moon Is Ours’! ट्रंप के दावे के बीच बड़ा सवाल- क्या कोई देश चांद पर कब्जा कर सकता है

    The Moon Is Ours’! ट्रंप के दावे के बीच बड़ा सवाल- क्या कोई देश चांद पर कब्जा कर सकता है

    BRICS 2026 में PM Modi, Putin and Xi Jinping

    BRICS Explained: क्या अमेरिकी डॉलर से दूर जा रही है दुनिया ?

    मोहन भागवत ने न्यू यॉर्क के मेडिसिन स्क्वॉयर गार्डन में संबोधित करते हुए हिंदुत्व और हिंदुस्तान की व्यापक अवधारणा को सामने रखा था

    हिंदुत्व का स्पंदन: मोहन भागवत का वैश्विक संदेश

    अमेरिका के नॉर्थ कैरोलिना में घर के अंदर अंधाधुंध फायरिंग

    अमेरिका के नॉर्थ कैरोलिना में घर के अंदर अंधाधुंध फायरिंग, कई लोगों की मौत; जांच में जुटी पुलिस

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    नील विद्रोह

    “नील क्रांति का क्रेडिट भी महात्मा गांधी को मिला” जबकि आंदोलन की वास्तविकता कुछ और ही है

    जब नेहरू वाली गलती दोहराने वाले थे लालबहादुर शास्त्री….

    जब नेहरू वाली गलती दोहराने वाले थे लालबहादुर शास्त्री….

    22 मार्च को भगत सिंह ने अपने साथियों को पत्र लिखा था

    ‘मैं एक शर्त पर ज़िंदा रह सकता हूं…’: अपने आखिरी पत्र में भगत सिंह ने साथियों से क्या कहा?

    Pandit Deendayal Upadhyaya Integral Humanism Antyodaya Jana Sangh

    पश्चिमी मॉडल से अलग भारत का रास्ता: क्या था दीनदयाल उपाध्याय का ‘एकात्म मानववाद’?

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    भारत में हेयर रिस्टोरेशन: जल्दबाज़ी वाले समाधानों से ज़्यादा ज़रूरी है सही योजना

    भारत में हेयर रिस्टोरेशन: जल्दबाज़ी वाले समाधानों से ज़्यादा ज़रूरी है सही योजना

    The Basketball Draw Will Rewrite Every Asian Games Forecast

    The Basketball Draw Will Rewrite Every Asian Games Forecast

    Why Sports Betting Exploded Among Cricket Fans in India

    Why Sports Betting Exploded Among Cricket Fans in India

    Mostbet Casino in the Czech Republic: What Players Actually Get

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

ब्रह्मचर्य के साथ मोहनदास करमचंद गांधी के प्रयोग: सुशीला नैयर, आभा गांधी और प्रभावती देवी की कहानी

गांधी के जीवन का सबसे विवादास्पद पहलू!

Utkarsh Upadhyay द्वारा Utkarsh Upadhyay
11 September 2022
in मत
majburi ka naam mahatma gandhi
Share on FacebookShare on X

देख तेरे संसार की हालत क्या हो गयी भगवान, कितना बदल गया इंसान। अगर आज मोहनदास करमचंद गांधी जीवित होते तो उक्त कथन उन पर सटीक बैठता। जब किसी को दिशा प्रदान करने वाला मान लेते हैं तो उसके प्रति जो भावना होती है वो आस्था से कम नहीं होती। सामान्यतः महात्मा गांधी को भारत के महान स्वतंत्रता सेनानी और अहिंसा की प्रतिमूर्ति के रूप में प्रस्तुत किया जाता है, पर क्या सत्य यहीं तक सीमित है? नहीं! मोहनदास करमचंद गांधी के जीवन से जुड़े अन्य कई अध्याय हैं जिनके बारे में कम बात की जाती है पर उनकी वास्तविकता और सत्यता उतनी ही है जितनी यह कि महात्मा गांधी भारत के राष्ट्रपिता हैं।

गांधी के जीवन के विवादास्पद अध्याय

यूं तो हर किसी के जीवन के कई पहलू होते हैं, उसी तरह महात्मा गांधी के जीवन में भी कुछ ऐसा ही था। लेकिन उनके जीवन के विवादास्पद अध्याय की चर्चा मात्र इसलिए न हो क्योंकि उन्हें स्वतंत्रता उपरांत स्वतंत्रता का सबसे बड़ा नायक पाया गया था तो यह अन्याय कहलाएगा। बात हो रही है महात्मा गांधी के जीवन के विवादास्पद अध्याय की, इनमें सबसे विवादास्पद है उनके ‘ब्रह्मचर्य के साथ प्रयोग’। हां, सत्य के साथ मेरे प्रयोग- My experiments with truth, भी महात्मा गांधी की चर्चित रचना में से एक है पर उससे मिलती जुलती एक और रचना है ‘ब्रह्मचर्य के साथ प्रयोग’।

संबंधितपोस्ट

नेहरू-गांधी गाते थे जिनके गाने, इलाज के अभाव में हो गई थी उनकी मौत: कहानी ‘विजयी विश्व तिरंगा प्यारा’ लिखने वाले ‘पार्षद जी’ की

और लोड करें

2 अक्टूबर 1869 को जन्मे गांधी का विवाह मई 1883 में 13 वर्ष की आयु में हुआ था। स्कूली शिक्षा के दौरान, उनकी शादी 14 वर्षीय कस्तूरबाई माखनजी कपाड़िया से हुई थी। शादीशुदा होने के बावजूद दोनों को दूर रखा गया। उन्होंने अपनी आत्मकथा में लिखा है कि “हमारे विवाहित जीवन के पहले पांच वर्षों (13 से 18 वर्ष की आयु से) के दौरान, हम तीन साल की कुल अवधि से अधिक समय तक एक साथ नहीं रह सकते थे। हमने मुश्किल से छह महीने एक साथ बिताए होंगे। उन अवधियों और अपनी युवा विवाहिता के प्रति अपनी कामुक भावनाओं के बारे में उन्होंने लिखा, “स्कूल में भी मैं उसके बारे में सोचता था और रात होने का विचार और हमारी बाद की मुलाकात मुझे हमेशा सताती थी।”

और पढ़ें- South Africa में अब महात्मा गांधी की परपोती को हुई जेल, आंदोलन के लिए नहीं बल्कि fraud के लिए

गांधी ने अपनी पुस्तक ‘यरवदा मंदिर’ में भारतीयों को जीवन में 11 कृत्यों का पालन करने के लिए कहा है। वो 11 कृत्य निम्न प्रकार से हैं- अहिंसा, सत्य, अस्तेय (चोरी न करना), ब्रह्मचर्य (आत्म-अनुशासन), आसनग्रह (अपरिग्रह), शरिरश्रम (रोटी श्रम), अश्वदा (तालु पर नियंत्रण), सर्वत्र भयवर्जन (निडरता), सर्व धर्म सामंत (सभी धर्मों की समानता), स्वदेशी (स्थानीय रूप से निर्मित वस्तुओं का प्रयोग करें), स्पर्शभावन (अस्पृश्यता दूर करें)। इनमें ब्रह्मचर्य सबसे विवादास्पद है। इस ब्रह्मचर्य का प्रयोग उन्होंने कई महिलाओं के साथ किया।

यही नहीं ब्रह्मचर्य के साथ प्रयोग के लिए क्या-क्या तरीके अमल में लाए गए उनको बताते हुए भारतीय मूल के अमेरिकी लेखक वेद मेहता की किताब Mahatma Gandhi and his Apostles में सबकुछ बताया गया है। वेद मेहता ने अपनी किताब की पृष्ठ संख्या 211 पर लिखा, “69 साल के महात्मा गांधी, 24 साल की सुशीला नैयर के साथ नग्न अवस्था में स्नान किया करते थे। इसी प्रयोग की वजह से सन् 1938 में उनके सेवाग्राम आश्रम में बगावत हो गयी थी। इस पर सफाई देते हुए गांधी ने एक गुप्त पत्र लिखकर कहा था कि जब मैं नहा रहा होता हूं उसी समय सुशीला को भी नहाने देता हूं। नहाते समय मैं अपने शरीर को उसकी साड़ी से ढक लेता हूं। सुशीला हमाम  (जिसमें गांधी नहाते थे) के पीछे नहाती है जब वह नहा रही होती है तो उस समय मैं अपनी आंखें दूर से बंद कर लेता हूं। मैं आवाज से बस यह अनुमान लगा पाता हूं कि वो साबुन का इस्तेमाल कर रही है।”

और पढ़ें- ‘गांधी के कहने पर सावरकर ने अंग्रेजों के सामने डाली थी दया याचिका’, राजनाथ सिंह के बयान ने लिबरल वाटिका में आग लगा दी है

इन तथ्यों की पुष्टि स्वयं गांधी भी करते हैं

इस बात पर असहमति हो सकती है कि यह तो वेद मेहता ने लिखा है पर इसकी पुष्टि स्वयं गांधी करते थे। अगर कोई संशय है तो लोगों को गांधी की उन बातों को पढ़ना चाहिए जिसमें उन्होंने स्वयं स्वीकार किया था कि सुशीला उनके साथ स्नान करती थीं।

यह ब्रह्मचर्य के साथ प्रयोग यहीं तक सीमित नहीं हैं। इसकी श्रृंखला में अगला नाम है आभा गांधी का। आभा, महात्मा गांधी के भतीजे के बेटे कनूलाल गांधी की पत्नी थीं अर्थात वो करीबी रिश्ते से उनकी बहु थीं। आभा ने स्वयं इस बात का उल्लेख करते हुए लेखक वेद मेहता को बताया था कि जब वो मात्र 16 वर्ष की थीं तो उन्हें  महात्मा गांधी के साथ सोने के आदेश दिए गए थे।

कम आयु की आभा को उस समय जितनी समझ थी उसके अनुसार उन्हें यह लगा था कि चूंकि महात्मा गांधी को ठिठुरन लग रही थी इसलिए उन्हें गर्माहट प्रदान करने के लिए उनके साथ सोने के आदेश दिए थे। लेखक वेद मेहता के सवालों के जवाब में आभा ने एक-एक बात बतायी थी। वेद मेहता का प्रश्न था कि, “क्या आप उस समय कपड़े पहने रहती थीं?” इस पर आभा का जवाब था कि “वह मुझसे कपड़े उतार देने के लिए ज़रूर कहते थे लेकिन जहां तक मुझे याद है कि मैं पेटिकोट और चोली पहने रहती थी।” वेद मेहता पूछते हैं कि “तब गांधी जी क्या पहने रहते थे?” इस पर आभा बेन का जवाब था कि “मुझे याद नहीं कि वह कोई कपड़ा पहने रहते थे या नहीं उसके बारे में मुझे सोचना अच्छा नहीं लगता।” इसका उल्लेख Mahatma Gandhi and his Apostles की पृष्ठ संख्या 211 पर किया गया है।

इसका तथ्य भी आधारभूत है। स्वयं महात्मा गांधी ने अपने एक विश्वस्त मुन्नालाल शाह को लिखे पत्र में इसका उल्लेख किया था कि कैसे आभा गांधी ने बाद में उनके साथ सोने के लिए इनकार कर दिया था। यह पत्र 6 मार्च 1945 को लिखा गया था और संपूर्ण गांधी वांग्मय में प्रकाशित भी है। इसकी विश्वसनीयता पर भी सवाल उठाने से पूर्व कोई भी वह पत्र इसके माध्यम से पढ सकता है।

इस ब्रह्मचर्य के साथ प्रयोग की अगली पात्र बहुत नामी समाजवादी नेता रहे, उनकी पत्नी हैं। जी हां, बात हो रही है जयप्रकाश नारायण की जिन्हें जेपी के नाम से भी जाना जाता था। इन्हीं जेपी की पत्नी प्रभावती देवी इस ब्रह्मचर्य के साथ प्रयोग की एक पात्र थीं। यह महात्मा गांधी का ही असर था जो प्रभावती देवी ने अपनी शादी के तत्काल बाद ब्रह्मचर्य अपना लिया था।

परिणामस्वरूप जयप्रकाश नारायण को भी इस निर्णय के समक्ष झुकना पड़ा पर जेपी ने इस बात के लिए कभी महात्मा गांधी को माफ़ भी नहीं किया। उन्हें बच्चों से लगाव था पर प्रभावती देवी ने ब्रह्मचर्य अपना लिया था इस वजह से जेपी कभी पिता नहीं बन पाए। अपने और प्रभावती देवी के संबंध के बारे में बताते हुए मुन्नालाल शाह को 6 मार्च 1945 को लिखे पत्र में महात्मा गांधी ने कहा था कि “प्रभावती अनेक बार मुझे गर्मी पहुंचाने के लिए मेरे साथ सोई है। जब वो थर-थर कांपती हुई मेरे लिए जमीन पर पड़ी होती थी तो मैं उसे अपने में समेट लेता था। यह पुरानी-बहुत पुरानी बात है।” इस बात का उल्लेख संपूर्ण गांधी वांग्मय में खंड 79, पृष्ठ संख्या 229 में किया गया है।

और पढ़ें- अध्याय 2: भारतीय स्वतंत्रता की वास्तविक कहानी: मोहनदास करमचंद गांधी वास्तव में भारत क्यों लौटे?

वह महिला जो ब्रह्मचर्य के साथ प्रयोग की पात्र बनीं

यह कहानी यहीं नहीं थमती, ऐसी अनेक पात्र हैं जो ब्रह्मचर्य के साथ प्रयोग की पात्र बनीं। वहीं ब्रह्मचर्य के साथ प्रयोग के ऐसे विवादित प्रसंगों पर जब सवाल उठे तो स्वयं महात्मा गांधी ने ब्रह्मचर्य की अपनी परिभाषा के बारे में बताया। ब्रह्मचर्य की यह परिभाषा महात्मा गांधी ने राजनकुमार अमृतकौर को बताते हुआ कहा था कि जो मनुष्य कामवासना से हमेशा दूर हो, जो सदा ईश्वर की भक्ति करते हुए, सुंदर से सुंदर नग्न स्त्री के साथ नग्न अवस्था में लेटे और उसके बाद भी उसे रत्ती भर भी यौन उत्तेजना न हो उसे ब्रह्मचारी कहते हैं।” इस परिभाषा का उल्लेख महात्मा गांधी पूर्णाहुति खंड 2 (प्यारेलाल) पेज नंबर 315 में किया गया है।

न जाने यह कौन सा ब्रह्मचर्य था जिसका पालन, जिसका प्रयोग मोहनदास करमचंद गांधी अपने जीवित रहते हुए कर रहे थे। अगर कोई ब्रह्मचारी है तो उसे नग्न स्त्री के साथ नग्न अवस्था में लेटना ही क्यों है? यह परिभाषा भी महात्मा गांधी के जीवन के विवादास्पद अध्याय की तरह विवादास्पद है क्योंकि आज अगर यह कहा जाए कि कोई ब्रह्मचर्य का पालन करने का मन बना चुका है या वो ब्रह्मचर्य जीवन आत्मसात कर रहा है तो उसका अर्थ होता है कि परमात्मा मे विचरना, सदा उसी का ध्यान करना ही ब्रह्मचर्य कहलाता है। लेकिन महात्मा गांधी का ब्रह्मचर्य के साथ प्रयोग एक अलग ही मोड़ पर था।

TFI का समर्थन करें:

सांस्कृतिक राष्ट्रवाद की ‘राइट’ विचारधारा को मजबूती देने के लिए TFI-STORE.COM से बेहतरीन गुणवत्ता के वस्त्र क्रय कर हमारा समर्थन करें।

Tags: ब्रह्मचर्यमाहात्मा गांधीमोहन दास करमचंद गांधी
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

‘अर्बन नक्सल’ स्वरा भास्कर की कतार में जल्द ही खड़ी दिखेंगी महुआ मोइत्रा

अगली पोस्ट

‘ब्रह्मास्त्र ने पहले दिन कमाए 75 करोड़’, भक्क! जनता को उल्लू बनाना कोई इनसे सीखे

संबंधित पोस्ट

वैश्विक ‘जरासंध’ का छल-बल और ‘केशव’ का संघ
मत

वैश्विक ‘जरासंध’ का छल-बल और ‘केशव’ का संघ

4 September 2026

आज श्रीकृष्ण जन्माष्टमी है। आज के दिन हम प्रायः श्रीकृष्ण के बालरूप को याद करते हैं। माखन चुराने वाले नटखट कान्हा, मुरली बजाने वाले गोप...

हिन्दू समाज के संगठन, सेवा और समरसता की यात्रा: विश्व हिन्दू परिषद्
ज्ञान

हिन्दू समाज के संगठन, सेवा और समरसता की यात्रा: विश्व हिन्दू परिषद्

4 September 2026

हिन्दवः सोदराः सर्वे, न हिन्दूः पतितो भवेत् मम दीक्षा हिन्दू रक्षा, मम मन्त्रः समानता यही वह भाव है, जिसके साथ विश्व हिन्दू परिषद् की स्थापना...

मोहन भागवत ने न्यू यॉर्क के मेडिसिन स्क्वॉयर गार्डन में संबोधित करते हुए हिंदुत्व और हिंदुस्तान की व्यापक अवधारणा को सामने रखा था
मत

हिंदुत्व का स्पंदन: मोहन भागवत का वैश्विक संदेश

3 September 2026

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के शताब्दी वर्ष के वैश्विक संपर्क अभियान के तहत सरसंघचालक मोहन भागवत वैश्विक प्रवास पर हैं। इस अभियान के तहत उन्होंने अमेरिका...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

Hanuman Chalisa Kept Me Going': Flydubai Hero Smit

Hanuman Chalisa Kept Me Going': Flydubai Hero Smit

00:10:03

How Pakistan-Linked Drug Networks Are Targeting India | Coast Guard Deals a ₹3,000 Crore Blow

00:03:28

How SkyStriker Hunts Its Target: Inside India’s Loitering Munition

00:03:49

F-35 vs Rafale? Inside India’s Biggest Air Exercise

00:05:54

China and the Philippines Are Fighting a War With Maps, Not Missiles

00:05:55
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited