TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    देहरादून में CM धामी ने देखी ‘द केरला स्टोरी 2’, UCC और धर्मांतरण कानून पर दिया बड़ा बयान

    देहरादून में CM धामी ने देखी ‘द केरला स्टोरी 2’, UCC और धर्मांतरण कानून पर दिया बड़ा बयान

    उदयनिधि स्टालिन ने द्रविड़ विचारधारा को ईसाई और इस्लाम धर्म के समान बताया

    उदयनिधि स्टालिन ने द्रविड़ विचारधारा को ईसाई और इस्लाम धर्म के समान बताया

    काबुल अस्पताल पर पाकिस्तानी हमला

    काबुल अस्पताल पर पाकिस्तानी हमला: रमज़ान में मुसलमानों की हत्या पाकिस्तान के लिए नई बात नहीं

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    The Silent Rise of India’s Comparison Economy

    The Silent Rise of India’s Comparison Economy

    देहरादून में हाई-स्टेक्स MSME समिट का आयोजन, उत्तराखंड ने औद्योगिक गति को बढ़ाने पर दिया जोर

    देहरादून में हाई-स्टेक्स MSME समिट का आयोजन, उत्तराखंड ने औद्योगिक गति को बढ़ाने पर दिया जोर

    एलपीजी गैस संकट हुआ खत्म

    एलपीजी की कीमतों में ₹60 की बढ़ोतरी, रसोई गैस महंगी होने से घरों पर पड़ेगा असर

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    बिपिन रावत

    ‘इंटीग्रेटेड थिएटर कमांड’: जनरल बिपिन रावत का सेना को लेकर देखा गया स्वप्न फ़िलहाल अधूरा ज़रूर है, लेकिन उसने सैन्य सुधार की एक मज़बूत नींव रख दी है

    Indian navy in hormuz and trump

    होर्मुज़ संकट: इधर ट्रम्प चीन से मदद मांग रहे हैं, उधर इंडियन नेवी ‘शिवालिक’ और ‘नंदा’ को साथ लेकर भारत लौट रही है

    भारत की रक्षा में महिलाओं की मजबूत भूमिका

    नारी शक्ति: भारत की रक्षा में महिलाओं की मजबूत भूमिका, सशस्त्र बलों में भी बढ़ी भागीदारी

    सुखोई-30 विमान दुर्घटना

    सुखोई-30 विमान हादसा: स्क्वाड्रन लीडर अनुज और फ्लाइट लेफ्टिनेंट पुरवेश दुरागकर शहीद

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    इजरायल का ‘धुरंधर-2’ अंदाज़ : ईरान-लेबनान के बाद सीरिया में तेज़ हमले

    इजरायल का ‘धुरंधर-2’ अंदाज़ : ईरान-लेबनान के बाद सीरिया में तेज़ हमले

    ईरान संकट के बीच ट्रंप का बड़ा कदम: क्यों हटाई 100 साल पुरानी जोन्स एक्ट की पाबंदी?

    ईरान संकट के बीच ट्रंप का बड़ा कदम: क्यों हटाई 100 साल पुरानी जोन्स एक्ट की पाबंदी?

    चीन ने ताइवान के खिलाफ एंटी-सेसेशन कानून पारित कर अलगाववाद रोकने की दी चेतावनी

    14 मार्च 2005 को चीन ने ताइवान के खिलाफ एंटी-सेसेशन कानून पारित कर अलगाववाद रोकने की दी चेतावनी

    भारत को मिली अहम ऊर्जा राहत,

    उड़ती मिसाइलों और आग उगलते ड्रोन के बीच एलपीजी लेकर आने वाले शिवालिक और नंदादेवी के क्रू की हो रही है जमकर तारीफ

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    वह भेष बदलकर अंधेरे में निकले, और फिर कभी वापस नहीं आए: दलाई लामा का तिब्बत से पलायन

    वह भेष बदलकर अंधेरे में निकले, और फिर कभी वापस नहीं आए: दलाई लामा का तिब्बत से पलायन

    हिंदू नववर्ष, हिंदू नव वर्ष का विज्ञान, चैत्र नववर्ष

    अंग्रेजी नववर्ष से कितना अलग है हिंदू नववर्ष? जानें इसके पीछे का विज्ञान।

    सारा अली खान को केदारनाथ दौरे के लिए देना होगा एफिडेविट

    सारा अली खान को केदारनाथ दौरे के लिए देना होगा एफिडेविट

    जुंदिशापुर: ईरान का वो शहर जिसने भारतीय ज्ञान परंपरा को अरब और फिर यूरोप तक पहुंचाया, कभी वराहमिहिर ने स्थापित की थी वेधशाला

    जुंदिशापुर: ईरान का वो शहर जिसने भारतीय ज्ञान परंपरा को अरब और फिर यूरोप तक पहुंचाया, कभी वराहमिहिर ने स्थापित की थी वेधशाला

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    Crazy Time Game tricks: What Really Works and What Doesn’t

    Crazy Time Game tricks: What Really Works and What Doesn’t

    Exploring Mostbet in Nepal – Making the Most of Bonuses and Taking Your Betting to the Next Level

    Exploring Mostbet in Nepal – Making the Most of Bonuses and Taking Your Betting to the Next Level

    सुनील गावस्कर का सनग्रुप से तीखा सवाल

    सुनील गावस्कर का काव्या मारन की टीम से सीधा तीखा सवाल…कहां भारतीयों के खून का पैसा बर्बाद न करें

    पाकिस्तान के जिस प्लेयर ने उड़ाया था भारतीय सेना का मज़ाक, उसे ख़रीद विवादों में घिरी सनराइजर्स की मालकिन काव्या मारन

    पाकिस्तान के जिस प्लेयर ने उड़ाया था भारतीय सेना का मज़ाक, उसे ख़रीद विवादों में घिरी सनराइजर्स की मालकिन काव्या मारन

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    देहरादून में CM धामी ने देखी ‘द केरला स्टोरी 2’, UCC और धर्मांतरण कानून पर दिया बड़ा बयान

    देहरादून में CM धामी ने देखी ‘द केरला स्टोरी 2’, UCC और धर्मांतरण कानून पर दिया बड़ा बयान

    उदयनिधि स्टालिन ने द्रविड़ विचारधारा को ईसाई और इस्लाम धर्म के समान बताया

    उदयनिधि स्टालिन ने द्रविड़ विचारधारा को ईसाई और इस्लाम धर्म के समान बताया

    काबुल अस्पताल पर पाकिस्तानी हमला

    काबुल अस्पताल पर पाकिस्तानी हमला: रमज़ान में मुसलमानों की हत्या पाकिस्तान के लिए नई बात नहीं

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    The Silent Rise of India’s Comparison Economy

    The Silent Rise of India’s Comparison Economy

    देहरादून में हाई-स्टेक्स MSME समिट का आयोजन, उत्तराखंड ने औद्योगिक गति को बढ़ाने पर दिया जोर

    देहरादून में हाई-स्टेक्स MSME समिट का आयोजन, उत्तराखंड ने औद्योगिक गति को बढ़ाने पर दिया जोर

    एलपीजी गैस संकट हुआ खत्म

    एलपीजी की कीमतों में ₹60 की बढ़ोतरी, रसोई गैस महंगी होने से घरों पर पड़ेगा असर

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    बिपिन रावत

    ‘इंटीग्रेटेड थिएटर कमांड’: जनरल बिपिन रावत का सेना को लेकर देखा गया स्वप्न फ़िलहाल अधूरा ज़रूर है, लेकिन उसने सैन्य सुधार की एक मज़बूत नींव रख दी है

    Indian navy in hormuz and trump

    होर्मुज़ संकट: इधर ट्रम्प चीन से मदद मांग रहे हैं, उधर इंडियन नेवी ‘शिवालिक’ और ‘नंदा’ को साथ लेकर भारत लौट रही है

    भारत की रक्षा में महिलाओं की मजबूत भूमिका

    नारी शक्ति: भारत की रक्षा में महिलाओं की मजबूत भूमिका, सशस्त्र बलों में भी बढ़ी भागीदारी

    सुखोई-30 विमान दुर्घटना

    सुखोई-30 विमान हादसा: स्क्वाड्रन लीडर अनुज और फ्लाइट लेफ्टिनेंट पुरवेश दुरागकर शहीद

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    इजरायल का ‘धुरंधर-2’ अंदाज़ : ईरान-लेबनान के बाद सीरिया में तेज़ हमले

    इजरायल का ‘धुरंधर-2’ अंदाज़ : ईरान-लेबनान के बाद सीरिया में तेज़ हमले

    ईरान संकट के बीच ट्रंप का बड़ा कदम: क्यों हटाई 100 साल पुरानी जोन्स एक्ट की पाबंदी?

    ईरान संकट के बीच ट्रंप का बड़ा कदम: क्यों हटाई 100 साल पुरानी जोन्स एक्ट की पाबंदी?

    चीन ने ताइवान के खिलाफ एंटी-सेसेशन कानून पारित कर अलगाववाद रोकने की दी चेतावनी

    14 मार्च 2005 को चीन ने ताइवान के खिलाफ एंटी-सेसेशन कानून पारित कर अलगाववाद रोकने की दी चेतावनी

    भारत को मिली अहम ऊर्जा राहत,

    उड़ती मिसाइलों और आग उगलते ड्रोन के बीच एलपीजी लेकर आने वाले शिवालिक और नंदादेवी के क्रू की हो रही है जमकर तारीफ

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    वह भेष बदलकर अंधेरे में निकले, और फिर कभी वापस नहीं आए: दलाई लामा का तिब्बत से पलायन

    वह भेष बदलकर अंधेरे में निकले, और फिर कभी वापस नहीं आए: दलाई लामा का तिब्बत से पलायन

    हिंदू नववर्ष, हिंदू नव वर्ष का विज्ञान, चैत्र नववर्ष

    अंग्रेजी नववर्ष से कितना अलग है हिंदू नववर्ष? जानें इसके पीछे का विज्ञान।

    सारा अली खान को केदारनाथ दौरे के लिए देना होगा एफिडेविट

    सारा अली खान को केदारनाथ दौरे के लिए देना होगा एफिडेविट

    जुंदिशापुर: ईरान का वो शहर जिसने भारतीय ज्ञान परंपरा को अरब और फिर यूरोप तक पहुंचाया, कभी वराहमिहिर ने स्थापित की थी वेधशाला

    जुंदिशापुर: ईरान का वो शहर जिसने भारतीय ज्ञान परंपरा को अरब और फिर यूरोप तक पहुंचाया, कभी वराहमिहिर ने स्थापित की थी वेधशाला

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    Crazy Time Game tricks: What Really Works and What Doesn’t

    Crazy Time Game tricks: What Really Works and What Doesn’t

    Exploring Mostbet in Nepal – Making the Most of Bonuses and Taking Your Betting to the Next Level

    Exploring Mostbet in Nepal – Making the Most of Bonuses and Taking Your Betting to the Next Level

    सुनील गावस्कर का सनग्रुप से तीखा सवाल

    सुनील गावस्कर का काव्या मारन की टीम से सीधा तीखा सवाल…कहां भारतीयों के खून का पैसा बर्बाद न करें

    पाकिस्तान के जिस प्लेयर ने उड़ाया था भारतीय सेना का मज़ाक, उसे ख़रीद विवादों में घिरी सनराइजर्स की मालकिन काव्या मारन

    पाकिस्तान के जिस प्लेयर ने उड़ाया था भारतीय सेना का मज़ाक, उसे ख़रीद विवादों में घिरी सनराइजर्स की मालकिन काव्या मारन

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

अमेरिका ने दुत्कारा तो फिर से चीन की गोद में पाकिस्तान, श्रीलंका बनेगा अगला ‘युद्ध क्षेत्र’

एक बार फिर से चीन ने पाकिस्तान की आर्थिक सहायता की बात की है तो वहीं अमेरिका ने पाकिस्तान को दुलत्ती दे दी है। वहीं, दूसरी तरफ चीन ने श्रीलंका को भी दोबारा से आर्थिक सहायता देने की बात की है। ऐसे में सवाल यह है कि क्या अब श्रीलंका 'युद्ध क्षेत्र' बनने जा रहा है?

Vaishali Shukla द्वारा Vaishali Shukla
14 November 2022
in विश्व
चीन पाकिस्तान

Source- TFI

Share on FacebookShare on X

नक़ल करने के लिए अकल का होना बहुत जरुरी है। भारत अपने पड़ोसियों के लिए हर मुश्किल परिस्थिति में खड़ा रहा है। भारत द्वारा पड़ोसियों को दिए गए रियायत और लगातार की जा रही उनकी मदद के कारण ही कई पड़ोसी देश आज भारत के साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़े रहते हैं। भारत निस्वार्थ भाव से अपने पड़ोसियों के साथ खड़ा रहता है लेकिन जब बात अमेरिका और चीन जैसे देशों की आती है, तो वे छोटे राष्ट्रों की मदद करने के बजाए उन्हें एक तरह से अपने कब्जे में रखने का स्वप्न बुनने लगते हैं। पाकिस्तान, जो पहले ही कंगाल हो चुका है और कर्ज लेकर जैसे तैसे अपनी स्थिति को सही करने का प्रयास कर रहा है, पिछले कुछ महीने में इस पर अपनी पकड़ को लेकर चीन और अमेरिका, दोनों में भिड़ंत देखने को मिल चुकी है।

पाकिस्तान तो पहले से ही चीन का पिछलग्गू रहा है लेकिन अमेरिका से उसका मोह भंग नहीं हुआ था। हाल ही में जब अमेरिका ने उसकी सहायता की तो चीन ने मुंह फुला लिया और पाकिस्तान की मदद करने से पीछे हट गया और अब, जब अमेरिका ने पाकिस्तान से मुंह मोड़ा तो चीन ने फिर से पाकिस्तान को अपनी जेब में डाल लिया। कुछ ऐसी ही स्थिति अब दक्षिण एशियाई देश श्रीलंका में भी देखने को मिल रही है। ऐसा कहा जाता है कि 20वीं सदी पश्चिमी देशों की थी और 21वीं सदी अब एशियाई देशों की है और ऐसा प्रतीत हो रहा है कि पाकिस्तान के बाद अब श्रीलंका, 21वीं सदी में टॉप वैश्विक अर्थव्यवस्थाओं के लिए अगला मोर्चा होने वाला है।

संबंधितपोस्ट

14 मार्च 2005 को चीन ने ताइवान के खिलाफ एंटी-सेसेशन कानून पारित कर अलगाववाद रोकने की दी चेतावनी

सुनील गावस्कर का काव्या मारन की टीम से सीधा तीखा सवाल…कहां भारतीयों के खून का पैसा बर्बाद न करें

LPG लेकर देश पहुँच रहे हैं भारतीय टैंकर लेकिन पाकिस्तान में ईद से पहले त्राहिमाम

और लोड करें

और पढ़ें: चीन के मंच पर उसका मुंह पकड़कर जयशंकर ने निचोड़ दिया, ‘ड्रैगन’ आह तक नहीं कर पाया

समझिए पूरा मामला

जैसा सभी जानते हैं कि पाकिस्तान मौजूदा समय में नकदी की तंगी, बाढ़ और महंगाई की मार से परेशान है। लेकिन अब ऐसा लगता है मानो एक दूसरा देश इस पर मेहरबान हो गया है, जिससे तंगी से जूझ रहे पाकिस्तान की मुश्किलों का हल होने वाला है। चीन ने अभी कुछ दिनों पहले ही अपने ‘बेस्ट फ्रेंड’ पाकिस्तान को वित्तीय सहायता देने का ऐलान किया था। ज्ञात हो कि चीन, पाकिस्तान को 9 अरब डॉलर का बेलआउट पैकेज देने के लिए राज़ी हो गया है। साथ ही यह कपटी राष्ट्र पाकिस्तान के साथ अपने भविष्य को लेकर काफी ज्यादा उत्साहित दिखाई दे रहा हैं। शी जिनपिंग ने स्वयं शहबाज शरीफ से ऐसा कहा है कि चिंता न करें क्योंकि चीन उन्हें बिलकुल भी निराश नहीं करेगा।

वहीं, चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता झाओ लिजान ने कहा, “चीन ने पाकिस्तान को उसकी वित्तीय स्थिति को स्थिर करने में सहायता करने की पूरी कोशिश की है। हम ऐसा करते रहे हैं और हम ऐसा करना जारी भी रखेंगे।” चीन से मदद मिलना जहां पाकिस्तान के लिए खुशी की बात है वही पाकिस्तान के लिए एक बुरी खबर भी है। अमेरिका और पाकिस्तान जो एक बार फिर से एक दूसरे के करीब आने लगे थे, अब ऐसा प्रतीत हो रहा है कि दोनों देशों ने एक-दूसरे से मुंह फेर लिया है। दोनों देशो के संबंधों के बीच पड़ती हुई दरार साफ नज़र आ रही है।

दरअसल, जो बाइडन के राष्ट्रपति बनने के बाद अमेरिका का पाकिस्तान के प्रति एक अलग ही झुकाव देखने को मिला था। अमेरिका ने पाकिस्तान को भिन्न-भिन्न तरीके से सहायता प्रदान कर उसे लालच में फंसाने का प्रयास किया फिर चाहे वो वित्तीय मदद हो या फिर हथियार और गोला-बारूद उपलब्ध कराना हो। लेकिन उसके पीछे का कारण भी बिल्कुल साफ था क्योंकि बाइडन के लिए एक इस्लामिक राष्ट्र का समर्थन करने से उनके मुस्लिम वोट सुरक्षित हो जाते और साथ ही अमेरिका के चीन और भारत विरोधी अभियान में साथ देने के लिए उसे एक अच्छा पार्टनर भी मिल जाता। लेकिन अब ऐसा होता नहीं दिख रहा है।

यहां हम अमेरिका के भारत विरोधी अभियान को इसलिए संदर्भित कर रहे हैं क्योंकि अमेरिका द्वारा पाकिस्तान को समर्थन देने के पीछे भारत भी एक बड़ा कारण रहा था। ज्ञात हो कि रूस-यूक्रेन युद्ध के दौरान भारत ने अमेरिका और पश्चिमी देशों की तमाम कोशिशों और धमकियों को नजरअंदाज करते हुए रूस का समर्थन किया और अमेरिका के प्रभाव में नहीं आया। अब यहीं से अमेरिका के पेट में दर्द हुआ और अमेरिका पहुंच गया पाकिस्तान का समर्थन करने और यह समर्थन देखकर चीन ने पाकिस्तान से दूरी बना ली थी। लेकिन अब चीन और पाकिस्तान में फिस से पैचअप हो गया है और इसका असर अमेरिका द्वारा लिए गए इस एक्शन में भी झलक रहा है।

क्या श्रीलंका बनेगा अगला ‘युद्ध क्षेत्र’ ? 

आपको बता दें कि अभी हाल ही में अमेरिका ने वर्ष 2022 के लिए अपने सुरक्षा सहयोगी देशों की एक लिस्ट जारी की है। लेकिन इन सुरक्षा सहयोगी देशों की लिस्ट से पाकिस्तान और सऊदी अरब का नाम गायब है। जो देश कभी एक-दूसरे का हाथ थामें दिखाई देते है थे, आज न जाने क्यों उनकी दोस्ती का ‘द एंड’ हो गया है जबकि इस सूची में आठवें नंबर पर भारत का नाम है। रिपोर्ट के मुताबिक, अमेरिका, रूस नहीं बल्कि चीन को अपनी सबसे बड़ी भू-राजनीतिक चुनौती के रूप में देखता है। अब इन सब के बीच चीन द्वारा पाकिस्तान की सहायता के लिए कदम उठाने से यह स्पष्ट हो गया है कि अमेरिका ने जैसे ही पाकिस्तान को लात मारी वैसे ही चीन नें उसे लपक कर फिर से अपनी जेब में कर लिया।

ध्यान देने वाली बात है कि पाकिस्तान को वित्तीय सहायता देकर अभी चीन का पेट नहीं भरा है। अब चीन एक बार फिर से श्रीलंका का ‘शिकार’ करने की ओर बढ़ रहा है। रिपोर्ट्स की माने तो चीन, श्रीलंका पर फिर से अपना प्रभुत्व स्थापित करने की ओर बढ़ गया है यानी यह धूर्त राष्ट्र श्रीलंका की मदद के लिए हाथ आगे बढ़ाता दिख रहा है। लेकिन आपको याद होगा कि जब श्रीलंका के हालात ठीक नहीं थे और उस मुश्किल परिस्थिति में जब कोई भी देश श्रीलंका की मदद के लिए आगे नहीं आए थे तब भारत ने श्रीलंका की काफी सहायता की थी। लेकिन अब अमेरिका भी इस बहती गंगा में अपने हाथ धोने की पूरी तैयारी में है। ज्ञात हो कि इस वर्ष सितंबर तक अमेरिका ने श्रीलंका को 240 मिलियन डॉलर से अधिक की सहायता दी है। इसके अलावा अमेरिका, श्रीलंका के साथ वित्तीय अनुबंध पर हस्ताक्षर भी कर रहा है। यह कुछ और नहीं बल्कि एक प्रकार का कर्ज-जाल ही है।

इससे एक बात तो साफ है कि भारत अपने पड़ोसियों की मदद करने से कभी पीछे नहीं हटता और बदले में उनसे कुछ ज्यादा उम्मीद भी नहीं रखता लेकिन नैतिकता तो यही है कि ‘एहसान फरामोश’ बनने की बजाए ये देश भारत के साथ खड़े रहे। श्रीलंका को लेकर भी भारत की मंशा यही है। दूसरी ओर चीन के कारण ही श्रीलंका की आज यह हालत हुई है, लेकिन अब चीन भी चाहता है कि श्रीलंका का झुकाव उसकी ओर रहे। वहीं, श्रीलंका को लेकर अमेरिका सरकार द्वारा उठाए जा रहे कदम से यह स्पष्ट हो रहा है कि अमेरिका भी यही चाहता है कि श्रीलंका उसके पाले में रहे। ऐसे में यह कहना बिल्कुल भी गलत नहीं होगा कि श्रीलंका को ये तीनों ही देश अपनी-अपनी मुट्ठी में लाने की पुरजोर कोशिश में जुटे हुए है और दूसरे देशों के लिए जो युद्धक्षेत्र कभी पाकिस्तान बनता था, आज श्रीलंका बनता दिख रहा है।

और पढ़ें: चीन-जापान में होने जा रहा है युद्ध, QUAD जापान के साथ खड़ा रहेगा

TFI का समर्थन करें:

सांस्कृतिक राष्ट्रवाद की ‘राइट’ विचारधारा को मजबूती देने के लिए TFI-STORE.COM से बेहतरीन गुणवत्ता के वस्त्र क्रय कर हमारा समर्थन करें।

Tags: अमेरिकाचीनपाकिस्तानमोदी सरकारश्रीलंका
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

CUET ने बदल दिया दिल्ली विश्वविद्यालय में प्रवेश का अंकगणित, अब बिहार और यूपी बोर्ड मार रहे हैं बाज़ी

अगली पोस्ट

“हम टीपू सुल्तान की 100 फीट ऊंची मूर्ति लगाएंगे” कर्नाटक में कांग्रेस के लिए ‘ईवीएम हैक’ होनी तय

संबंधित पोस्ट

इजरायल का ‘धुरंधर-2’ अंदाज़ : ईरान-लेबनान के बाद सीरिया में तेज़ हमले
चर्चित

इजरायल का ‘धुरंधर-2’ अंदाज़ : ईरान-लेबनान के बाद सीरिया में तेज़ हमले

20 March 2026

दुनिया के कई हिस्सों में पहले से मौजूद तनाव अब एक खतरनाक मोड़ लेता दिख रहा है। संयुक्त राज्य अमेरिका और इज़राइल द्वारा ईरान पर...

ईरान संकट के बीच ट्रंप का बड़ा कदम: क्यों हटाई 100 साल पुरानी जोन्स एक्ट की पाबंदी?
चर्चित

ईरान संकट के बीच ट्रंप का बड़ा कदम: क्यों हटाई 100 साल पुरानी जोन्स एक्ट की पाबंदी?

19 March 2026

पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और वैश्विक तेल बाजार में उथल-पुथल के बीच, डोनाल्ड ट्रंप ने अमेरिका में 100 साल पुराने जोन्स एक्ट में 60...

चीन ने ताइवान के खिलाफ एंटी-सेसेशन कानून पारित कर अलगाववाद रोकने की दी चेतावनी
विश्व

14 मार्च 2005 को चीन ने ताइवान के खिलाफ एंटी-सेसेशन कानून पारित कर अलगाववाद रोकने की दी चेतावनी

17 March 2026

14 मार्च 2005 का दिन एशिया की राजनीति में एक अहम मोड़ साबित हुआ। उस दिन चीन की संसद  नेशनल पीपल कांग्रेस ने एक अहम...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

Truth of IRIS Dena: 8 Days That Changed Narrative | War zone Reality, Not an Indian Navy Exercise

Truth of IRIS Dena: 8 Days That Changed Narrative | War zone Reality, Not an Indian Navy Exercise

00:08:02

300 Million Euros for SCALP: Strategic Necessity or Costly Dependency on France300

00:04:06

Tejas Mk1A: 19th aircraft coupled but Not Delivered: What Is Holding Back the IAF Induction?

00:07:21

Agni-3 Launch Decoded: Why Test an Active Nuclear Missile That’s Already Deployed?

00:05:05

India’s Swadesi ‘Meteor’: World’s Most Lethal BVR Missile | Gandiv| SFDR | DRDO

00:06:48
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited