TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    मॉनसून: दिल्ली-एनसीआर में झमाझम बारिश

    मॉनसून: दिल्ली-एनसीआर में झमाझम बारिश, उत्तर भारत के कई राज्यों में 6 जुलाई तक बारिश का अलर्ट

    रामपुर में गरजे सीएम

    रामपुर में गरजे सीएम योगी, सपा-कांग्रेस पर साधा निशाना; बोले- पहले विरासत का होता था अपमान, अब विकास और आस्था साथ-साथ

    कॉमेडी के नाम पर अश्लीलता

    कॉमेडी के नाम पर अश्लीलता : आखिर कब तक?

    फ्रांस से 114 राफेल खरीदने की ₹3.25 लाख करोड़ डील को जल्द मिल सकती है DAC की मंज़ूरी

    आखिर क्यों IAF का एक औपचारिक दस्तावेज पाकिस्तान के पूरे प्रोपेगेंडा पर भारी पड़ गया ?

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि ने मोदी सरकार के तहत भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था को दी मजबूती, सेवा क्षेत्र और निवेश बने व्यापक विकास के प्रमुख आधार

    भारत की अर्थव्यवस्था

    भारत की अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती, GDP ग्रोथ 7.7% पहुंची; अगले साल धीमी पड़ सकती है रफ्तार

    UPI का अंतरराष्ट्रीय विस्तार भी तेजी से बढ़ रहा

    UPI ने मई में 29.9 लाख करोड़ रुपये के लेनदेन के साथ बनाया नया रिकॉर्ड, भारत में डिजिटल भुगतान व्यवस्था हुई और मजबूत

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव

    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव: पहले इंटीग्रेटेड बैटल ग्रुप्स से बदलेगी युद्ध की रणनीति

    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर,

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    रूसी तेल का आयात

    रूसी तेल का आयात पहले से ज्यादा कर रहा है भारत, 41 देशों से हो रही ऊर्जा खरीद: हरदीप सिंह पुरी

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    राम मंदिर चढ़ावा विवाद

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद: महंत धर्मदास बोले- अयोग्य लोगों को जिम्मेदारी देने से हुई गड़बड़ी, देशवासियों से शांति बनाए रखने की अपील

    शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक

    ऑपरेशन सिंदूर: शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक, राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर हमेशा के लिए दर्ज

    महाभारत से जुड़े प्रमुख दृश्य

    महाभारत: श्रीकृष्ण ने पांडवों के लिए मांगे थे ये 5 गांव, आज इन नामों से जाने जाते हैं शहर

    अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा मामले की जांच

    अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा मामले की जांच SIT के हाथों में, 200 करोड़ रुपये से अधिक की कथित गड़बड़ी की आशंका

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज शिप

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज पर नोरोवायरस का हमला: 3116 यात्रियों वाले क्रूज शिप पर 115 लोग बीमार

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    मॉनसून: दिल्ली-एनसीआर में झमाझम बारिश

    मॉनसून: दिल्ली-एनसीआर में झमाझम बारिश, उत्तर भारत के कई राज्यों में 6 जुलाई तक बारिश का अलर्ट

    रामपुर में गरजे सीएम

    रामपुर में गरजे सीएम योगी, सपा-कांग्रेस पर साधा निशाना; बोले- पहले विरासत का होता था अपमान, अब विकास और आस्था साथ-साथ

    कॉमेडी के नाम पर अश्लीलता

    कॉमेडी के नाम पर अश्लीलता : आखिर कब तक?

    फ्रांस से 114 राफेल खरीदने की ₹3.25 लाख करोड़ डील को जल्द मिल सकती है DAC की मंज़ूरी

    आखिर क्यों IAF का एक औपचारिक दस्तावेज पाकिस्तान के पूरे प्रोपेगेंडा पर भारी पड़ गया ?

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि ने मोदी सरकार के तहत भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था को दी मजबूती, सेवा क्षेत्र और निवेश बने व्यापक विकास के प्रमुख आधार

    भारत की अर्थव्यवस्था

    भारत की अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती, GDP ग्रोथ 7.7% पहुंची; अगले साल धीमी पड़ सकती है रफ्तार

    UPI का अंतरराष्ट्रीय विस्तार भी तेजी से बढ़ रहा

    UPI ने मई में 29.9 लाख करोड़ रुपये के लेनदेन के साथ बनाया नया रिकॉर्ड, भारत में डिजिटल भुगतान व्यवस्था हुई और मजबूत

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव

    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव: पहले इंटीग्रेटेड बैटल ग्रुप्स से बदलेगी युद्ध की रणनीति

    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर,

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    रूसी तेल का आयात

    रूसी तेल का आयात पहले से ज्यादा कर रहा है भारत, 41 देशों से हो रही ऊर्जा खरीद: हरदीप सिंह पुरी

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    राम मंदिर चढ़ावा विवाद

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद: महंत धर्मदास बोले- अयोग्य लोगों को जिम्मेदारी देने से हुई गड़बड़ी, देशवासियों से शांति बनाए रखने की अपील

    शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक

    ऑपरेशन सिंदूर: शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक, राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर हमेशा के लिए दर्ज

    महाभारत से जुड़े प्रमुख दृश्य

    महाभारत: श्रीकृष्ण ने पांडवों के लिए मांगे थे ये 5 गांव, आज इन नामों से जाने जाते हैं शहर

    अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा मामले की जांच

    अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा मामले की जांच SIT के हाथों में, 200 करोड़ रुपये से अधिक की कथित गड़बड़ी की आशंका

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज शिप

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज पर नोरोवायरस का हमला: 3116 यात्रियों वाले क्रूज शिप पर 115 लोग बीमार

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

चीन के चक्कर में यूरोप ने अपना बड़ा गर्क किया है, वहीं भारत और ऑस्ट्रेलिया वैश्विक ताकत बन रहे हैं

Abhinav Kumar द्वारा Abhinav Kumar
10 July 2020
in विश्व
यूरोप
Share on FacebookShare on X

आज कोरोना के कारण चीन अमेरिका का सबसे बड़ा सिर दर्द बना हुआ है। चीन की गुंडागर्दी के कारण विश्व का ध्यान Indo-Pacific पर केन्द्रित है। अमेरिका, भारत, ऑस्ट्रेलिया और ताइवान जैसे देश खुलकर सामने आये हैं और चीन से किसी भी मामले में टक्कर के लिए तैयार दिखाई दे रहे हैं। वहीं, यूरोपियन यूनियन चीन से अपनी दोस्ती निभाने के कारण आज भी एक पक्ष चुनने में असमर्थ है और EU के इसी  status quo  के कारण पूरा का पूरा यूरोप अपनी प्रासंगिकता खो रहा है।

वर्ष 1945 में द्वितीय विश्व युद्ध की समाप्ती के कुछ वर्षों बाद पूरा विश्व दो धड़ो में बंट गया था। एक धड़ा अमेरिका के साथ था तो एक धड़ा सोवियत यूनियन के साथ। इन दोनों महाशक्तियों के बीच वर्चस्व की लड़ाई 1990 तक चली और सोवियत यूनियन के टूटने तक लगातार चलती रही थी। इन दोनों वैश्विक पावर के बीच चल रहे शीत युद्ध में अगर किसी को सबसे अधिक फायदा और नुकसान हुआ तो वो यूरोप का हुआ। दोनों महाशक्तियों ने अपनी अपनी पैठ जमाने के लिए यूरोप के कई देशों में भारी मात्रा में निवेश किया। दशकों चले इस शीत युद्ध में पूरे यूरोप की प्रासंगिकता बनी रही थी। परंतु 21 वीं सदी में यूरोप कहीं नजर नहीं आ रहा है और अपनी प्रासंगिकता को अपनी निष्क्रियता और अनिर्णयाक नेतृत्व के कारण खो रहा है।

संबंधितपोस्ट

वेनेज़ुएला में विनाशकारी भूकंप: राजधानी काराकास में भारी तबाही, 32 की मौत, हजारों लोगों के मलबे में दबे होने की आशंका

पीएम मोदी : भारत अब केवल दुनिया का हिस्सा नहीं, बल्कि दुनिया की पहली पसंद बन रहा है

अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

और लोड करें

पिछली सदी में अमेरिका, यूरोप और सोवियत का उदाहरण देखें तो एक बात स्पष्ट हो जाती है कि दो महाशक्तियों के बीच शीत युद्ध में सबसे अधिक फायदा उस क्षेत्र को होता है जहां दोनों महाशक्तियों का ध्यान केन्द्रित होता है। विश्व युद्ध के तुरंत बाद ही अमेरिका ने यूरोप में अपनी पकड़ बनाने के लिए Marshall Plan के तहत यूरोप को मदद पहुंचाने की योजना बनाई थी। इस योजना के तहत अमेरिका ने उस दौरान 21 बिलियन अमेरिकी डॉलर हस्तांतरित किया था जिसकी आज के समय में कीमत 129 बिलियन अमेरिकी डॉलर है। कहने को तो यह मदद युद्ध से उबरने के लिए थी लेकिन वास्तविक कारण इन देशों में कम्युनिस्ट पार्टियों के दबदबे को कम करना था जिससे वे सोवियत यूनियन के पाले में न जा सके।

इसके जवाब में USSR ने Molotov Plan की शुरुआत की जिससे वो पूर्वी यूरोप में उन देशों को सहायता प्रदान कर सके जो राजनीतिक और आर्थिक रूप से सोवियत संघ से जुड़े थे। इन दोनों ही महाशक्तियों की आर्थिक मदद से यूरोप में विकास की गति कई गुना बढ़ गयी और 1990 आते आते पूरा यूरोप एक आर्थिक महाशक्ति के रूप में स्थापित हो चुका था। एक बात ध्यान देने वाली थी कि वो ये कि तब पश्चिमी यूरोप के अधिकतर देश अमेरिका के साथ थे तो पूर्वी यूरोप के अधिकतर देश USSR के साथ। यानि सभी देश किसी न किसी महाशक्ति के साथ थे।

आज 21वीं सदी में USSR नहीं, बल्कि चीन सबसे बड़ा सिर दर्द है और चीन से निपटने के लिए पूरा Indo-Pacific क्षेत्र विश्व के  केंद्र में है यानि पिछली सदी में जो भूमिका यूरोप निभा रहा था, आज वही भूमिका Indo-Pacific क्षेत्र के देश जैसे भारत, ऑस्ट्रेलिया तथा South-East एशिया के देश निभा रहे हैं। यही कारण है कि कोरोना के बाद से ही इन क्षेत्र की प्रासंगिकता बढ़ चुकी है। एक तरफ चीन अपना दबदबा बढ़ाने के लिए कई देशों को डराने-धमकाने से लेकर उन्हें कर्ज के जाल में डूबा कर अपने पक्ष में कर रहा है। वहीं अमेरिका भी भारत और ऑस्ट्रेलिया की मदद कर अपना दबदबा कम नहीं होने देना चाहता है, इसलिए और अधिक से अधिक निवेश कर रहा है। Indo-Pacific क्षेत्र की प्रासंगिकता बढ़ने से इस क्षेत्र के सभी देशों को पिछली सदी में यूरोप की भांति ही फायदा होगा जिससे विकास की गति कई गुना बढ़ सकती है। अमेरिका चीन को टक्कर देने के लिए अमेरिका और भारत की खुल कर बड़ाई कर रहा है। पिछले दिनों ही अमेरिका के विदेश मंत्री माइक पोम्पियो ने कहा था कि चीन की ‘आक्रामक कार्रवाई’ का जवाब भारत ने सर्वश्रेष्ठ तरीके से दिया है। यही नहीं चीन को मुंहतोड़ जवाब देने के लिए अमेरिका Quad संगठन को और भी व्यापक बना सकता है, जैसे पिछली सदी में अमेरिका ने USSR को रोकने के लिए NATO की स्थापना की थी। यानि कुल मिला कर आज विश्व के केंद्र में Indo-Pacific क्षेत्र हैं और इसमें यूरोप कहीं भी दिखाई नहीं दे रहा है।

आज सभी की नजरें यूरोप से हट कर भारत और ऑस्ट्रेलिया की ओर हो चुकी हैं। आज भी एक संगठन के तौर पर EU ने किसी पक्ष का चुनाव नहीं किया है और वह दोनों नावों में पैर रख कर सवारी करना चाह रहा है। एक तरफ EU चीन से व्यापार बचाने के लिए उसके साथ खड़ा दिखाई दे रहा है, तो वहीं अमेरिका से दोस्ती भी बचाना चाह रहा है। यही status-quo यूरोपियन यूनियन की प्रासंगिकता पर सवालिया निशान लगा रहे हैं। अमेरिका ने भी अपना ध्यान अब यूरोप से Indo-Pacific की ओर कर लिया है। जब USSR से खतरा था तो यूरोप ने अमेरिका का साथ चुना था और उसके कई देश NATO जैसे संगठन में शामिल हुए थे। आज चीन से खतरा है तो इसमें यूरोप कोई भी पक्ष नहीं चुन पाया है, जबकि भारत और ऑस्ट्रेलिया ने चीन को मुंहतोड़ जवाब दे कर अपना पक्ष चुन लिया है जिससे वे विश्व के केंद्र में आ चुके हैं। यह यूरोपियन यूनियन की अक्षमता ही है जिसने इस बेहतरीन मौके पर भी यूरोप को अप्रासंगिक बना दिया है।

Tags: अमेरिकाऑस्ट्रेलियाचीनताइवानभारत
शेयर65ट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

‘जब जागो तब सवेरा ओली के मामले में बस अँधेरा’, नेपाल ने भारतीय मीडिया पर बैन लगाने में देर कर दी

अगली पोस्ट

Quad ग्रुप ने चीन को समुद्र के रास्ते घेरने की तैयारी कर ली है, भारत अमेरिका, जापान और ऑस्ट्रेलिया के साथ करेगा युद्धाभ्यास

संबंधित पोस्ट

डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर,
AMERIKA

डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

27 June 2026

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप जल्द भारत का दौरा करेंगे। अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने इसकी पुष्टि की है। रुबियो ने एक इंटरव्यू में...

अमेरिका-ईरान समझौते का दावा
AMERIKA

अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

16 June 2026

पश्चिम एशिया की राजनीति में बड़ा बदलाव देखने को मिला है। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि अमेरिका और ईरान के...

रूसी तेल का आयात
चर्चित

रूसी तेल का आयात पहले से ज्यादा कर रहा है भारत, 41 देशों से हो रही ऊर्जा खरीद: हरदीप सिंह पुरी

9 June 2026

केंद्रीय पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने कहा है कि भारत पहले की तुलना में अधिक मात्रा में रूस से कच्चे तेल...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

THE DRONE GENERAL'S LEGACY: HOW GEN DWIVEDI TRANSFORMED THE INDIAN ARMY | UAV

THE DRONE GENERAL'S LEGACY: HOW GEN DWIVEDI TRANSFORMED THE INDIAN ARMY | UAV

00:04:51

Nepal's Natural Ally: Why India, Not China ? Indo-Nepal

00:04:05

Pakistan’s Investment Rescue Plan or Another Economic Promise? Munir | Sharif

00:03:41

Gilgit Baltistan's Youth Rising: The Fight for Dignity, Rights and Self Governance

00:03:08

Doklam’s Legacy: How the 2017 Standoff Reshaped Himalayan Security and Border Tensions। Indo china

00:03:11
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited