TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    दिल्ली में लापता महिलाओं की बढ़ती संख्या

    2026 की शुरुआत में दिल्ली में लापता मामलों में तेज़ उछाल, महिलाओं की संख्या सबसे अधिक

    बुद्ध ग्रां प्री की वापसी की संभावनाएं

    भारत में फ़ॉर्मूला 1 की वापसी की उम्मीदें तेज़, बुद्ध सर्किट पर फिर दौड़ सकती हैं रेस कारें

    मेट्रो में शालीनता, सड़कों पर अव्यवस्था

    मेट्रो में लाइन, बसों में धक्का-मुक्की: आर्थिक सर्वेक्षण ने बताई वजह

    मणिपुर विधानसभा

    मणिपुर को आज मिल सकता है नया मुख्यमंत्री, संभावित सरकार गठन को लेकर बीजेपी मुख्यालय में विधायक दल की बैठक

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    युवाओॆ का बजट

    युवा चेतना को लेकर क्या कहता है 2026–27 का यूनियन बजट ?

    भारत-यूरोपीय संघ समझौता वैश्विक व्यापार के लिए बड़ा अवसर

    पीएम मोदी-ट्रम्प के बीच बातचीत के बाद भारत पर अमेरिकी टैरिफ घट कर हुआ 18%

    वित्त मंत्री ने देश का रक्षा बजट ₹6.81 लाख करोड़ से बढ़ाकर ₹7.85 लाख करोड़ कर दिया है

    रक्षा और इंफ्रास्ट्रक्चर पर बड़ा फोकस: बजट 2026–27 की रणनीति

    भारत में डेटा सेंटर इस्तेमाल करने वाली विदेशी कंपनियों को 20 साल तक टैक्स में राहत

    भारत में डेटा सेंटर इस्तेमाल करने वाली विदेशी कंपनियों को 20 साल तक टैक्स में राहत

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    डिंगातारा सिंगापुर के साथ मिलकर करेगा उपग्रहों की सुरक्षा

    अंतरिक्ष मलबे से निपटने के लिए भारतीय स्टार्टअप डिंगातारा और सिंगापुर की साझेदारी

    भारत-जर्मनी की मेगा सबमरीन डील

    भारत-जर्मनी की मेगा सबमरीन डील जल्द! समुद्र में बढ़ेगी भारत की ताकत

    MSME और ड्रोन उद्योग पर राहुल गांधी के बयान, BJP ने किया खंडन

    मेक इन इंडिया पर राहुल गांधी की आलोचना, भाजपा का पलटवार

    ravikota

    एलसीए मैन’ रवि कोटा संभालेंगे एयरोनॉटिक्स लिमिटेड की जिम्मेदारी, उत्पादन और सुधार पर रहेगा फोक्स

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    भारत–EU सहयोग को नई गति

    समुद्री निगरानी को मजबूत करता भारत, यूरोपीय संघ को दी IFC-IOR तक पहुंच

    एलन मस्क को भारत से बड़ा झटका

    एलन मस्क को झटका : भारत ने स्टारलिंक के GEN-2 सैटेलाइट सिस्टम को किया खारिज

    तिब्बत में चीनी नियंत्रण के दावों की समीक्षा

    तिब्बत का इतिहास और चीन का दावा: “प्राचीन शासन” मिथक पर सवाल

    भारत तीसरा एशियाई देश बना

    भारत तीसरा एशियाई देश बना जिसने यूरोपीय संघ के साथ सुरक्षा और रक्षा साझेदारी पक्की की

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    के एम करियाप्पा अनुशासन के प्रतीक

    फील्ड मार्शल के .एम. करियाप्पा : अनुशासन और देशभक्ति की मिसाल

    10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    इतिहास की गवाही: 10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    नेहरू अपने निजी अकाउंट में जमा कराना चाहते थे कुछ खजाना!

    नेताजी की आजाद हिंद फौज के खजाने का क्या हुआ? क्यों खजाने की लूट पर जांच से बचते रहे जवाहर लाल नेहरू ?

    भारतीय संविधान और मौलिक अधिकार

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकार बाहर से नहीं आए, इनकी संकल्पना भारतीय ज्ञान परंपरा में सदियों से मौजूद है

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    आतंक के खिलाफ बड़ा कदम: J&K में 5 सरकारी कर्मचारियों की सेवा समाप्त

    जम्मू कश्मीर में 5 सरकारी कर्मचारी सेवा से बर्खास्त , जानें क्यों मनोज सिन्हा ने लिया यह फैसला?

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    शोले फिल्म में पानी की टंकी पर चढ़े धर्मेंद्र

    बॉलीवुड का ही-मैन- जिसने रुलाया भी, हंसाया भी: धर्मेंद्र के सिने सफर की 10 नायाब फिल्में

    नीतीश कुमार

    जेडी(यू) के ख़िलाफ़ एंटी इन्कंबेसी क्यों नहीं होती? बिहार में क्यों X फैक्टर बने हुए हैं नीतीश कुमार?

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    दिल्ली में लापता महिलाओं की बढ़ती संख्या

    2026 की शुरुआत में दिल्ली में लापता मामलों में तेज़ उछाल, महिलाओं की संख्या सबसे अधिक

    बुद्ध ग्रां प्री की वापसी की संभावनाएं

    भारत में फ़ॉर्मूला 1 की वापसी की उम्मीदें तेज़, बुद्ध सर्किट पर फिर दौड़ सकती हैं रेस कारें

    मेट्रो में शालीनता, सड़कों पर अव्यवस्था

    मेट्रो में लाइन, बसों में धक्का-मुक्की: आर्थिक सर्वेक्षण ने बताई वजह

    मणिपुर विधानसभा

    मणिपुर को आज मिल सकता है नया मुख्यमंत्री, संभावित सरकार गठन को लेकर बीजेपी मुख्यालय में विधायक दल की बैठक

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    युवाओॆ का बजट

    युवा चेतना को लेकर क्या कहता है 2026–27 का यूनियन बजट ?

    भारत-यूरोपीय संघ समझौता वैश्विक व्यापार के लिए बड़ा अवसर

    पीएम मोदी-ट्रम्प के बीच बातचीत के बाद भारत पर अमेरिकी टैरिफ घट कर हुआ 18%

    वित्त मंत्री ने देश का रक्षा बजट ₹6.81 लाख करोड़ से बढ़ाकर ₹7.85 लाख करोड़ कर दिया है

    रक्षा और इंफ्रास्ट्रक्चर पर बड़ा फोकस: बजट 2026–27 की रणनीति

    भारत में डेटा सेंटर इस्तेमाल करने वाली विदेशी कंपनियों को 20 साल तक टैक्स में राहत

    भारत में डेटा सेंटर इस्तेमाल करने वाली विदेशी कंपनियों को 20 साल तक टैक्स में राहत

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    डिंगातारा सिंगापुर के साथ मिलकर करेगा उपग्रहों की सुरक्षा

    अंतरिक्ष मलबे से निपटने के लिए भारतीय स्टार्टअप डिंगातारा और सिंगापुर की साझेदारी

    भारत-जर्मनी की मेगा सबमरीन डील

    भारत-जर्मनी की मेगा सबमरीन डील जल्द! समुद्र में बढ़ेगी भारत की ताकत

    MSME और ड्रोन उद्योग पर राहुल गांधी के बयान, BJP ने किया खंडन

    मेक इन इंडिया पर राहुल गांधी की आलोचना, भाजपा का पलटवार

    ravikota

    एलसीए मैन’ रवि कोटा संभालेंगे एयरोनॉटिक्स लिमिटेड की जिम्मेदारी, उत्पादन और सुधार पर रहेगा फोक्स

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    भारत–EU सहयोग को नई गति

    समुद्री निगरानी को मजबूत करता भारत, यूरोपीय संघ को दी IFC-IOR तक पहुंच

    एलन मस्क को भारत से बड़ा झटका

    एलन मस्क को झटका : भारत ने स्टारलिंक के GEN-2 सैटेलाइट सिस्टम को किया खारिज

    तिब्बत में चीनी नियंत्रण के दावों की समीक्षा

    तिब्बत का इतिहास और चीन का दावा: “प्राचीन शासन” मिथक पर सवाल

    भारत तीसरा एशियाई देश बना

    भारत तीसरा एशियाई देश बना जिसने यूरोपीय संघ के साथ सुरक्षा और रक्षा साझेदारी पक्की की

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    के एम करियाप्पा अनुशासन के प्रतीक

    फील्ड मार्शल के .एम. करियाप्पा : अनुशासन और देशभक्ति की मिसाल

    10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    इतिहास की गवाही: 10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    नेहरू अपने निजी अकाउंट में जमा कराना चाहते थे कुछ खजाना!

    नेताजी की आजाद हिंद फौज के खजाने का क्या हुआ? क्यों खजाने की लूट पर जांच से बचते रहे जवाहर लाल नेहरू ?

    भारतीय संविधान और मौलिक अधिकार

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकार बाहर से नहीं आए, इनकी संकल्पना भारतीय ज्ञान परंपरा में सदियों से मौजूद है

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    आतंक के खिलाफ बड़ा कदम: J&K में 5 सरकारी कर्मचारियों की सेवा समाप्त

    जम्मू कश्मीर में 5 सरकारी कर्मचारी सेवा से बर्खास्त , जानें क्यों मनोज सिन्हा ने लिया यह फैसला?

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    शोले फिल्म में पानी की टंकी पर चढ़े धर्मेंद्र

    बॉलीवुड का ही-मैन- जिसने रुलाया भी, हंसाया भी: धर्मेंद्र के सिने सफर की 10 नायाब फिल्में

    नीतीश कुमार

    जेडी(यू) के ख़िलाफ़ एंटी इन्कंबेसी क्यों नहीं होती? बिहार में क्यों X फैक्टर बने हुए हैं नीतीश कुमार?

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

शक्तिकांत दास: वो व्यक्ति जिनके बारे में कोई बात नहीं करता लेकिन वो प्रशंसा के योग्य हैं

शक्तिकांत दास पर किसी को भरोसा नहीं था, उन्होंने सबको गलत साबित कर दिया!

TFI Desk द्वारा TFI Desk
6 August 2022
in चर्चित
RBI Governor Shaktikanta Das
Share on FacebookShare on X

हाल के समय में भारत की अर्थव्यवस्था को लेकर खूब टीका टिप्पणी की जाती रही है, विशेषकर कुछ बुद्धिजीवी वामपंथी बंधु तो राग अलापते थकते नहीं कि देश की अर्थव्यवस्था औंधे मुंह है और देश त्राहिमाम कर रहा है। लेकिन अब जो भारत की अर्थव्यवस्था को लेकर शुभ समाचार आया है उसके बारे में अवश्य जानना चाहिए।

दरअसल, भारत की अर्थव्यवस्था के संदर्भ में बात करें तो चार सप्ताह की गिरावट के बाद विदेशी मुद्रा व्यापार बढ़ा हैं। 29 जुलाई के अंतिम सप्ताह के दौरान देश के विदेशी मुद्रा भंडार में 2.4 अरब डॉलर की वृद्धि हुई जिसमें लगातार चार हफ्तों तक गिरावट आयी। क्योंकि विदेशी पोर्टफोलियो निवेशक शुद्ध निवेशकों के रूप में भारतीय बाजारों में वापस लौट आए हैं जो एक राहत देने वाली बात हैं। बता दें, आरबीआई ने संकेत दिया है कि परिणामी गिरावट के बाद भी भारत का विदेशी मुद्रा भंडार विश्व स्तर पर चौथा सबसे बड़ा भंडार है। इसके अलावा जहां तक बाहरी क्षेत्र की ताकत की बात है तो भारत उभरती बाजार अर्थव्यवस्थाओं की तुलना में वर्तमान में काफी बेहतर स्थिति में है। भारत की इस बड़ी उपलब्धि के पीछे आरबीआई गवर्नर शक्तिकांत दास की अहम भूमिका हैं।

संबंधितपोस्ट

भारत और यूएई का करीब आना, भविष्य में चीन के लिए है घातक

कुछ ही दिनों में आप ट्विटर का खर्च भी नहीं उठा पाएंगे

अब भारत और रूस होंगे डॉलर मुक्त! यह है पूरी प्लानिंग

और लोड करें

और पढ़ें- दुनिया में मंदी, भारत में बूम, मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर ने कर दिया कमाल

आरबीआई गवर्नर शक्तिकांत दास ने दी सूचना

आरबीआई गवर्नर शक्तिकांत दास ने शुक्रवार को कुछ महत्वपूर्ण बातें कहीं। उन्होंने कहा कि “भारत का विदेशी मुद्रा भंडार 29 जुलाई, 2022 तक 573.9 अरब डॉलर पर रखा गया था।” रिजर्व बैंक ने विनिमय दर में अस्थिरता को रोकने के लिए वर्षों से संचित अपने विदेशी मुद्रा भंडार का उपयोग किया है। नवीनतम भंडार स्तरों ने लगातार चार सप्ताह तक कमी की प्रवृत्ति को उलट दिया है। यह 24 जून को 593 अरब डॉलर से गिरकर 22 जुलाई तक 571.5 अरब डॉलर हो गया है। विदेशी पोर्टफोलियो निवेशक, जिन्हें वैश्विक केंद्रीय बैंकों के रूप में भारतीय बाजारों से बाहर निकलते देखा गया था। विशेष रूप से संयुक्त राज्य अमेरिका में इन अर्थव्यवस्थाओं में मुद्रास्फीति शुरू होने के साथ ही दरों को कसना शुरू कर दिया है। कई एशियाई केंद्रीय बैंकों ने अपनी संबंधित मुद्राओं की रक्षा के लिए विदेशी मुद्रा भंडार का उपयोग किया है। ब्लूमबर्ग न्यूज की तजा रिपोर्ट के मुताबिक भारत, थाईलैंड और कोरिया ने इस साल अपने भंडार में 115 अरब डॉलर की गिरावट देखी है क्योंकि उन्होंने मुद्रा में गिरावट को रोकने के लिए डॉलर बेचे हैं।

अगर कोरोना काल 2020 से लेकर अभी तक की बात करें तो चीन और अमरीका जैसे विकसित देशों की अर्थव्यवस्था में कुछ खासा उछाल देखने को नहीं मिल रहा है, उल्टा इन दोनों देशों की अर्थव्यवस्था में गिरावट ही देखने को मिली हैं। पाकिस्तान, बांग्लादेश, श्रीलंका, अफगानिस्तान की चरमराई अर्थव्यवस्था के क्या ही कहने, इन देशों की खस्ता हालत के चर्चे तो पूरे विश्व में हैं। आर्थिक तंगी से जूझते ये देश भोजन तक के लिए संघर्ष कर रहे हैं।

वहीं विकासशील देश भारत ने कोरोना जैसी वैशिवक महामारी के दो साल के सबसे बुरे दौर में भी अपनी अर्थव्यवस्था को डगमगाने नहीं दिया। बड़ी चुनौतियों के बीच अच्छी स्वास्थ्य सेवा उपल्ब्ध करवाना, कोरोना वैक्सीन की करोड़ों डोज उपल्ब्ध करवाना, घर-घर राशन उपलब्ध करवाना जैसे काम भारत में पूरी जिम्मेदारी के साथ पूर्ण किए गए। फिलहाल भारत की आर्थिक विकास दर 2022-23 में 8 से 8.5 प्रतिशत होने का अनुमान हैं जो कि एक शुभ संकेत हैं। देखा जाएं तो आने वाले कुछ वर्षों में भारत सिर्फ एशिया महाद्वीप में नहीं बल्कि विश्व के बड़ी अर्थव्यवस्था वाले देशों में से एक होगा।

2014 में जब मोदी सरकार सत्ता में आयी तब केंद्रीय बैंक आरबीआई के गवर्नर लंदन बिजनेस स्कूल से डॉक्टरेट की उपाधि लेने वाले रघुराम राजन थे। इनका कार्यकाल 2016 में पूरा होने वाला था तो वहीं बड़े-बड़े वामपंथियों का कहना था कि रघुराम राजन को फिर से आरबीआई का गवर्नर बनाया जाना चाहिए क्योंकि इनकी मैनेजमेंट क्षमता काफी बेहतर हैं और इन्होनें अपने कार्यकाल में बहुत सराहनीय कार्य किया हैं।

लेकिन देश तो परिवर्तन चाह रहा था, वहीं रघुराम राजन का कहना था कि वे खुद ही दोबारा आरबीआई के गवर्नर नहीं बनना चाहते हैं। वहीं कुछ पहलुओं पर सरकार और रघुराम राजन के बीच तब मनमुटाव की भी बात सामने आ रहीं थी। इसके बाद विपक्ष ने उर्जित पटेल को आरबीआई गवर्नर बनाए जाने पर भी खूब महौल बनाया। विपक्षियों का कहना था कि उर्जित पटेल देश के बड़े उद्द्योगपति मुकेश अंबानी के करीबी हैं, जिस वजह से पटेल की आरबीआई के गवर्नर के रूप में पैराशूट लैंडिंग करायी गयी है और बेहतरीन काम करने के बाद भी रघुराम राजन को दरकिनार कर दिया गया।

दरअसल ऐसी अफवाह फैली थी तब कि उर्जित पटेल की पत्नी मुकेश अंबानी की पत्नी नीतू अंबानी की बहन हैं। हालांकि बाद में ये अफवाहें गलत साबित हुईं। इधर उर्जित पटेल आरबीआई के 24 वें गवर्नर के रूप में काम तो कर रहे थे लेकिन फिर सबको चौंकाते हुए 10 दिसंबर, 2018 को दो साल के भीतर ही उन्होंने निजी कारणों का हवाला देते हुए अपने पद से इस्तीफा दे दिया। हालांकि खबरें थीं कि आरबीआई को लेकर उर्जित पटेल और सरकार के बीच कई मुद्दों पर तनातनी थी।

फिर आए शक्तिकांत दास

मोदी सरकार ने उर्जित पटेल के इस्तीफे के बाद तमिलनाडु कैडर के आईएएस अधिकारी को 25 वां आरबीआई गवर्नर नियुक्त किया। इस पर भी विपक्ष ने सरकार पर हमला बोला। विपक्ष का कहना था कि शक्तिकांत दास के पास वो काबिलियत नहीं है जिसके दम पर उन्हें आरबीआई का गवर्नर बनाया जा सकें। उनके पास मैनेजमेंट का उतना अनुभव भी नहीं है, वो इससे पहले आरबीआई के अंदर किसी बड़े पद पर कार्यरत भी नहीं रहे हैं।

ऐसा लग रहा था विपक्ष सीधा-सीधा शक्तिकांत दास की क्षमताओं पर प्रश्न चिह्न लगा रहा था। शक्तिकांत दास ने तो विदेशों की बड़ी यूनिवर्सिटी से पढाई भी नहीं की हैं, इस बात को लेकर भी शक्तिकांत दास का मजाक बनाया गया। यहां तक कहा गया कि बीजेपी ने फिर से अपने पसंदीदा व्यक्ति को आरबीआई के गवर्नर का पद दे दिया। लेकिन शक्तिकांत दास ने अपने ऊपर हो रहें इन सभी प्रहारों को बेझिझक लेते हुए सभी को गलत साबित कर दिया और दिखा दिया कि केंद्र सरकार ने उनको आरबीआई का गवर्नर ऐसे ही नहीं बना दिया। और तो और दास का कार्यकाल भी बढ़ा दिया गया।

और पढ़ें- भारतीय रुपये में आयात-निर्यात का निपटारा वैश्विक व्यवस्था को बदलकर रख देगा

दरअसल, जब शक्तिकांत दास ने उर्जित पटेल के बाद गवर्नर का पद संभाला तब आरबीआई उधार देने और अर्थव्यवस्था में विकास को बढ़ावा देने वाली अन्य नीतियों के संबंध में बेहद रूढ़िवादी था। यह समय की मांग थी क्योंकि उनके पूर्ववर्ती एनपीए संकट के लिए बुरा प्रदर्शन नहीं करना चाहते थे।

अपने पहले कार्यकाल में दास ने विकास पर ध्यान केंद्रित किया और अर्थव्यवस्था में पैसा बढ़ाने के लिए ब्याज दरों में कमी की। दो साल के भीतर आरबीआई ने रेपो रेट में 135 बेसिस प्वाइंट की कटौती की। दर में कटौती उदार रूख के अनुरूप थी जिसका उद्देश्य देश में व्यावसायिक संभावनाओं और नौकरियों को बढ़ावा देना है। लेकिन तब भी दास के पूर्ववर्तियों द्वारा पेश किए गए कड़े मानदंडों के कारण बैंक उधार देने से डरते थे।

इस तथ्य को देखते हुए कि मोदी सरकार एमएसएमई क्षेत्र के उत्थान की ओर केंद्रित थी। उधार देने के संबंध में सेंट्रल बैंक की नीति में बदलाव समय की आवश्यकता थी। क्योंकि बैंकों से उधार लिए बिना एमएसएमई नहीं चल सकता। दास ने एमएसएमई के लिए 25 करोड़ रुपये तक के ऋण के साथ ‘एनपीए घोषणा’ नियमों में ढील दी। आपूर्ति पक्ष पर दास ने उधार देने के संबंध में तत्काल कार्रवाई व्यवस्था को उदार बनाया। आरबीआई ने 11 सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों को पीसीए के तहत रखा और उन्हें तब तक उधार देना बंद करने को कहा, ‘जब तक कि उनकी बैलेंस शीट स्वस्थ न हो जाए। इन बैंकों का ऋण खत्म हो गया। बैंकों ने अपनी बैलेंस शीट में सुधार किया।

शक्तिकांत दास ने नोटबंदी के दौरान सरकार का बचाव करते हुए न केवल आर्थिक गतिविधियों को आगे बढ़ाने में अहम भूमिका निभाई बल्कि अर्थव्यवस्था में 500 और 2,000 रुपये का नया नोट जारी करने और इसकी आपूर्ति बढ़ाने में भी अग्रणी भूमिका निभाई थी। नवंबर 2016 में नोटबंदी की घोषणा के समय ज्यादातर समय मीडिया के सामने शक्तिकांत दास ही आते थे। वित्त मंत्रालय में वह पहली बार 2008 में संयुक्त सचिव के तौर पर आए थे, जब देश के वित्त मंत्री पी. चिदंबरम थे।

कौन हैं शक्तिकांत दास

65 साल के शक्तिकांत दास 1980 बैच के तमिलनाडु कैडर के आईएएस अधिकारी हैं। इनका जन्म 26 फरवरी 1957 को हुआ था। दास ने दिल्ली विश्वविद्यालय के कॉलेज सेंट स्टीफेंस से इतिहास विषय से बीए और एमए किया है। एडवांस फाइनेंशियल मैनेजमेंट कोर्स की पढ़ाई आईआईएम बैंगलुरू से की है। शक्तिकांत दास ने एनआईबीएम से एडवांस बैंकिंग और इंस्टीट्यूशन में एक कोर्स भी किया है। दास ने आईआईएम कोलकाता से एक मिड लेवल का कोर्स किया है। दास वित्त मंत्रालय के डिपार्टमेंट ऑफ इकोनॉमिक अफेयर्स में जॉइंट सेक्रेटरी बजट, तमिलनाडु सरकार के राजस्व विभाग में कमिश्नर और स्पेशल कमिश्नर, तमिलनाडु के इंडस्ट्रीज डिपार्टमेंट में सेक्रेटरी और अन्य विभिन्न पदों पर रह चुके हैं। आईएएस सर्विस कोड के एक रूल के तरह महिंद्रा कंपनी में भी कुछ दिनों तक दास ने काम किया है। दास के देश के ऐसे पहले आरबीआई गवर्नर हैं, जिनका कार्यकाल समाप्त होने के बाद दोबारा बढ़ाया गया है।

TFI का समर्थन करें:

सांस्कृतिक राष्ट्रवाद की ‘राइट’ विचारधारा को मजबूती देने के लिए TFI-STORE.COM से बेहतरीन गुणवत्ता के वस्त्र क्रय कर हमारा समर्थन करें।

Tags: आरबीआई गवर्नरडॉलरविदेशी मुद्रा भंडारशक्तिकांत
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

हिंदू राष्ट्र में आपका स्वागत है

अगली पोस्ट

भारत ने OIC को बता दिया कि वास्तव में उसकी औकात क्या है?

संबंधित पोस्ट

मणिपुर विधानसभा
चर्चित

मणिपुर को आज मिल सकता है नया मुख्यमंत्री, संभावित सरकार गठन को लेकर बीजेपी मुख्यालय में विधायक दल की बैठक

3 February 2026

लंबे वक्त से राजनीतिक अस्थिरता से जूझ रहे मणिपुर को आज नया मुख्यमंत्री मिल सकता है। संभावित सरकार गठन को लेकर भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी)...

केरल के कम्युनिस्ट नेता वी.एस अच्युतानंदन को पद्म विभूषण देगी मोदी सरकार; धर्मेंद्र, शिबू सोरेन, अलका याज्ञनिक, रोहित शर्मा, पीयूष पांडे को भी पद्म सम्मान
चर्चित

केरल के कम्युनिस्ट नेता वी.एस अच्युतानंदन को पद्म विभूषण देगी मोदी सरकार; धर्मेंद्र, शिबू सोरेन, अलका याज्ञनिक, रोहित शर्मा, पीयूष पांडे को भी पद्म सम्मान

25 January 2026

गणतंत्र दिवस 2026 के मौके पर केंद्र सरकार ने देश के सर्वोच्च नागरिक सम्मानों में से एक पद्म पुरस्कारों का ऐलान कर दिया है। इस...

तानाशाही मॉडल अब केवल चीन की सीमाओं तक सीमित नहीं रहा है
चर्चित

डिजिटल तानाशाही का मॉडल: चीन और खामोश होती दुनिया

23 January 2026

किसी मनुष्य का आग में जल जाना ऐसा दृश्य है जिसकी आँच इतनी भयावह और तीव्र होती है कि वह सरकार की सबसे सख्त सेंसरशिप...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

Between Rafale and AMCA; Where Does the Su-57 Fit | IAF| HAL | Wings India

Between Rafale and AMCA; Where Does the Su-57 Fit | IAF| HAL | Wings India

00:06:10

Pakistan’s Rafale Narrative Ends at Kartavya Path| Sindoor Formation Exposes the BS022 Claim | IAF

00:09:35

If US Says NO, F-35 Can’t Fly: The Hidden Cost of Imports | Make In India

00:06:15

Republic Day Shock: India’s Hypersonic Warning to the World| DRDO | HGV | Indian Army

00:05:24

French Media Exposes Pakistan and China on the Rafale lost

00:04:36
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited