TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    जयशंकर बोले – भारत की प्रगति का रास्ता भारत खुद तय करेगा

    अमेरिका के बयान पर विदेश मंत्री जयशंकर की प्रतिक्रिया, कहा– भारत आगे बढ़ता रहेगा

    कल्पवृक्ष बुक क्लब

    कल्पवृक्ष बुक क्लब, उदयपुर में “अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस” पर महिला विशेष पुस्तक सत्र आयोजित

    सीमांचल को लेकर पप्पू यादव के ट्वीट पर गृह मंत्री का जवाब

    सीमांचल बनेगा केंद्र शासित प्रदेश? पप्पू यादव के ट्वीट को गृह मंत्री ने बताया सच

    भाजपा ने लोकसभा सांसदों को जारी किया व्हिप

    भाजपा ने लोकसभा सांसदों को जारी किया व्हिप, 9 और 10 मार्च को सदन में रहना अनिवार्य

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    एलपीजी की कीमतों में ₹60 की बढ़ोतरी

    एलपीजी की कीमतों में ₹60 की बढ़ोतरी, रसोई गैस महंगी होने से घरों पर पड़ेगा असर

    Visakhapatnam Port Authority को मिलेंगे नए 60 टन बीपी टग

    Visakhapatnam Port Authority को मिलेंगे नए 60 टन बीपी टग, बंदरगाह संचालन होगा और सुरक्षित व तेज

    सनातन दृष्टि से ए.आई.

    भारतीय सनातन दृष्टि से ए.आई. समिट की सार्थकता

    भारत में एआई की नई शुरुआत

    भारत में एआई की नई शुरुआत: अपने मॉडल्स से आत्मनिर्भर बनने की दिशा में बड़ा कदम

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    सुखोई-30 विमान दुर्घटना

    सुखोई-30 विमान हादसा: स्क्वाड्रन लीडर अनुज और फ्लाइट लेफ्टिनेंट पुरवेश दुरागकर शहीद

    रूस से 5 और S-400 खरीदने को वायु सेना को मिली हरी झंडी

    रूस से 5 और S-400 खरीदने को वायु सेना को मिली हरी झंडी

    Tejas mark -1

    वायु सेना का तीसरा तेजस लड़ाकू विमान हादसे का शिकार, पायलट सुरक्षित; हादसे की जांच जारी

    तेजस Mk1-A: बन कर तैया

    तेजस Mk1-A: बन कर तैयार हैं तो फिर Air Force को सौंपे क्यों नहीं गए ? इंजन या HAL की लेट लतीफी- क्या है देरी की असली वजह ?

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    आईआरआईएस डेना

    ईरानी युद्धपोत ‘IRIS देना’ पर हमला युद्ध का परिणाम, भारतीय नौसेना को इसमें घसीटना प्रोपेगेंडा से ज्यादा कुछ नहीं

    इज़राइल और ईरान

    इज़राइल और ईरान: सद्दाम के खिलाफ रणनीतिक सहयोगी से बदलते रिश्तों के कारण कट्टर प्रतिद्वंद्वी बने

    नेपाल में संसद चुनाव के लिए मतदान शुरू

    नेपाल में संसद चुनाव के लिए मतदान शुरू, महीनों की अशांति के बाद जनता ने डाले वोट

    बेटे मौजतबा को सौंपी गई देश की जिम्मेदारी

    खामनेई के निधन के बाद बेटे मौजतबा को सौंपी गई देश की जिम्मेदारी

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    ब्रह्मपुत्र नदी के नीचे बनेगी सबसे लंबी रेल सुरंग

    ब्रह्मपुत्र के नीचे बनेगी देश की पहली रेल-रोड सुरंग, असम और पूर्वोत्तर को मिलेगा तेज़ और सीधा संपर्क

    के एम करियाप्पा अनुशासन के प्रतीक

    फील्ड मार्शल के .एम. करियाप्पा : अनुशासन और देशभक्ति की मिसाल

    10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    इतिहास की गवाही: 10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    नेहरू अपने निजी अकाउंट में जमा कराना चाहते थे कुछ खजाना!

    नेताजी की आजाद हिंद फौज के खजाने का क्या हुआ? क्यों खजाने की लूट पर जांच से बचते रहे जवाहर लाल नेहरू ?

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    CroreBet India Review 2026: Sports Betting, Casino Games & Bonuses Explained

    CroreBet India Review 2026: Sports Betting, Casino Games & Bonuses Explained

    Top Bonus Rounds in Ice Fishing Game Review: What Indian Players Love Most

    Top Bonus Rounds in Ice Fishing Game Review: What Indian Players Love Most

    भारतीय यूट्यूबर्स की कमाई: करोड़पति बनने वाले टॉप 10 कंटेंट क्रिएटर्स

    भारतीय यूट्यूबर्स की कमाई: करोड़पति बनने वाले टॉप 10 कंटेंट क्रिएटर्स

    आतंक के खिलाफ बड़ा कदम: J&K में 5 सरकारी कर्मचारियों की सेवा समाप्त

    जम्मू कश्मीर में 5 सरकारी कर्मचारी सेवा से बर्खास्त , जानें क्यों मनोज सिन्हा ने लिया यह फैसला?

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    जयशंकर बोले – भारत की प्रगति का रास्ता भारत खुद तय करेगा

    अमेरिका के बयान पर विदेश मंत्री जयशंकर की प्रतिक्रिया, कहा– भारत आगे बढ़ता रहेगा

    कल्पवृक्ष बुक क्लब

    कल्पवृक्ष बुक क्लब, उदयपुर में “अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस” पर महिला विशेष पुस्तक सत्र आयोजित

    सीमांचल को लेकर पप्पू यादव के ट्वीट पर गृह मंत्री का जवाब

    सीमांचल बनेगा केंद्र शासित प्रदेश? पप्पू यादव के ट्वीट को गृह मंत्री ने बताया सच

    भाजपा ने लोकसभा सांसदों को जारी किया व्हिप

    भाजपा ने लोकसभा सांसदों को जारी किया व्हिप, 9 और 10 मार्च को सदन में रहना अनिवार्य

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    एलपीजी की कीमतों में ₹60 की बढ़ोतरी

    एलपीजी की कीमतों में ₹60 की बढ़ोतरी, रसोई गैस महंगी होने से घरों पर पड़ेगा असर

    Visakhapatnam Port Authority को मिलेंगे नए 60 टन बीपी टग

    Visakhapatnam Port Authority को मिलेंगे नए 60 टन बीपी टग, बंदरगाह संचालन होगा और सुरक्षित व तेज

    सनातन दृष्टि से ए.आई.

    भारतीय सनातन दृष्टि से ए.आई. समिट की सार्थकता

    भारत में एआई की नई शुरुआत

    भारत में एआई की नई शुरुआत: अपने मॉडल्स से आत्मनिर्भर बनने की दिशा में बड़ा कदम

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    सुखोई-30 विमान दुर्घटना

    सुखोई-30 विमान हादसा: स्क्वाड्रन लीडर अनुज और फ्लाइट लेफ्टिनेंट पुरवेश दुरागकर शहीद

    रूस से 5 और S-400 खरीदने को वायु सेना को मिली हरी झंडी

    रूस से 5 और S-400 खरीदने को वायु सेना को मिली हरी झंडी

    Tejas mark -1

    वायु सेना का तीसरा तेजस लड़ाकू विमान हादसे का शिकार, पायलट सुरक्षित; हादसे की जांच जारी

    तेजस Mk1-A: बन कर तैया

    तेजस Mk1-A: बन कर तैयार हैं तो फिर Air Force को सौंपे क्यों नहीं गए ? इंजन या HAL की लेट लतीफी- क्या है देरी की असली वजह ?

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    आईआरआईएस डेना

    ईरानी युद्धपोत ‘IRIS देना’ पर हमला युद्ध का परिणाम, भारतीय नौसेना को इसमें घसीटना प्रोपेगेंडा से ज्यादा कुछ नहीं

    इज़राइल और ईरान

    इज़राइल और ईरान: सद्दाम के खिलाफ रणनीतिक सहयोगी से बदलते रिश्तों के कारण कट्टर प्रतिद्वंद्वी बने

    नेपाल में संसद चुनाव के लिए मतदान शुरू

    नेपाल में संसद चुनाव के लिए मतदान शुरू, महीनों की अशांति के बाद जनता ने डाले वोट

    बेटे मौजतबा को सौंपी गई देश की जिम्मेदारी

    खामनेई के निधन के बाद बेटे मौजतबा को सौंपी गई देश की जिम्मेदारी

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    ब्रह्मपुत्र नदी के नीचे बनेगी सबसे लंबी रेल सुरंग

    ब्रह्मपुत्र के नीचे बनेगी देश की पहली रेल-रोड सुरंग, असम और पूर्वोत्तर को मिलेगा तेज़ और सीधा संपर्क

    के एम करियाप्पा अनुशासन के प्रतीक

    फील्ड मार्शल के .एम. करियाप्पा : अनुशासन और देशभक्ति की मिसाल

    10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    इतिहास की गवाही: 10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    नेहरू अपने निजी अकाउंट में जमा कराना चाहते थे कुछ खजाना!

    नेताजी की आजाद हिंद फौज के खजाने का क्या हुआ? क्यों खजाने की लूट पर जांच से बचते रहे जवाहर लाल नेहरू ?

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    CroreBet India Review 2026: Sports Betting, Casino Games & Bonuses Explained

    CroreBet India Review 2026: Sports Betting, Casino Games & Bonuses Explained

    Top Bonus Rounds in Ice Fishing Game Review: What Indian Players Love Most

    Top Bonus Rounds in Ice Fishing Game Review: What Indian Players Love Most

    भारतीय यूट्यूबर्स की कमाई: करोड़पति बनने वाले टॉप 10 कंटेंट क्रिएटर्स

    भारतीय यूट्यूबर्स की कमाई: करोड़पति बनने वाले टॉप 10 कंटेंट क्रिएटर्स

    आतंक के खिलाफ बड़ा कदम: J&K में 5 सरकारी कर्मचारियों की सेवा समाप्त

    जम्मू कश्मीर में 5 सरकारी कर्मचारी सेवा से बर्खास्त , जानें क्यों मनोज सिन्हा ने लिया यह फैसला?

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

अमेरिका की कुटिल चाल: चीन पर भारत के साथ रहो, पाकिस्तान पर ज्ञान दो

बिलावल भुट्टो ने पीएम मोदी को लेकर जो घटिया बयान दिया है, उस पर अमेरिका ने बड़ा ही गोल-मोल जवाब दिया है। समझिए, कैसे अब कूटनीति के समीकरण बदलेंगे?

TFI Desk द्वारा TFI Desk
21 December 2022
in विश्व
बिलावल भुट्टो

Source- TFI

Share on FacebookShare on X

बिलावल भुट्टो टिप्पणी: कथित महाशक्ति अमेरिका जो पूरी दुनिया को अपने अनुसार चलाने के प्रयास करता रहता है और हर किसी को ज्ञान बांटता नजर आता है। इसी अमेरिका का समय-समय पर दोगलापन भी सामने आता रहा है। अपने स्वार्थ के लिए किसी के साथ खड़े हो जाना, अपने मित्र को दगा देना ये सब अमेरिका की पुरानी आदत रही है‌। दो देशों को भिड़ाने में भी अमेरिका को महारथ हासिल है और ये हमें रूस-यूक्रेन युद्ध में देखने को मिल ही रहा है। अमेरिका का कुछ ऐसा ही दोगलापन भारत के खिलाफ भी देखने को मिलता है।

जब भी बात चीन की आती है और भारत-चीन के बीच विवाद की स्थिति बनती है, तो इस दौरान तुरंत ही अमेरिका, भारत के पक्ष में आकर खड़ा हो जाता है। परंतु जब बात भारत और पाकिस्तान की होती है, तो अमेरिका का रूख अलग रहता है। वो भारत और पाकिस्तान को बातचीत के जरिए समस्या का समाधान निकालने का सुझाव देता रहता है और मध्यस्थता करने तक की बात करता है। ये जानते हुए भी पाकिस्तान किस तरह का देश और भारत के साथ उसके संबंध कैसे है।

संबंधितपोस्ट

अमेरिका के बयान पर विदेश मंत्री जयशंकर की प्रतिक्रिया, कहा– भारत आगे बढ़ता रहेगा

मिसाइल युग में नौसैनिक युद्ध का नया मोड़: ईरान बनाम अमेरिका अरब सागर में आमने-सामने

ट्रंप के 15% टैरिफ से वैश्विक व्यापार में हलचल; भारत-चीन को बढ़त, ब्रिटेन पर दबाव, यूरोप सख्त रुख में

और लोड करें

और पढ़ें: “भारत एक महाशक्ति है”, अमेरिका ने रूस-यूक्रेन युद्ध पर स्वीकार कर लिया भारत का पक्ष

बिलावल भुट्टो की टिप्पणी पर अमेरिका की प्रतिक्रिया

देखा जाए तो पिछले एक दिनों में अंतरराष्ट्रीय राजनीति और कूटनीति में कुछ अहम घटनाक्रम देखने को मिले हैं। एक तरफ जहां अरुणाचल प्रदेश के तवांग में भारत और चीन के सैनिकों के बीच हिंसक झड़प में भारतीय जवानों का शौर्य दिखा। इस दौरान भारत और चीन के बीच विवाद एक बार फिर से बढ़ गया। तो वहीं दूसरी ओर के साथ भी पाकिस्तान के साथ भी भारत की अंतरराष्ट्रीय मंच पर तनातनी देखने को मिली। पहले तो संयुक्त राष्ट्र ने कश्मीर मुद्दे को उठाया, जिस पर पाकिस्तानी विदेश मंत्री बिलावल भुट्टो को एस जयशंकर ने जमकर लताड़ा। वहीं इसके बाद बिना किसी कारण बिलावल भुट्टो ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विरुद्ध विवादित और निजी हमला तक किया। अब अहम बात यह है कि इस बार फिर अमेरिका ने दोगलापन दिखाया।

सबसे पहले बात पाकिस्तान की करते हैं, जो कि सर्वाधिक चर्चा में हैं। पाकिस्तानी विदेश मंत्री बिलावल भुट्टो ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निजी रूप से अमर्यादित भाषा का प्रयोग किया। इसके बाद बिलावल भुट्टो को काफी आलोचनाओं का सामना करना पड़ा। इस मुद्दे पर किसी अन्य देश का कोई बयान नहीं आया और न ही किसी ने इस पर प्रतिक्रिया दी। परंतु अमेरिका को तो आदत है हर बात पर ज्ञान बांटने की।

दरअसल, अमेरिकी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता नेड प्राइस ने बिलावल भुट्टो के विवादित बयान पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा, “हमारी भारत के साथ वैश्विक कूटनीतिक साझेदारी है लेकिन पाकिस्तान से भी हमारे गहरे संबंध हैं। हम इन दोनों ही देशों को एक-दूसरे से इनके रिश्तों के नज़रिए से नहीं देखते हैं।” उन्होंने कहा, “दोनों देशों के साथ हमारी साझेदारी है। हम भारत और पाकिस्तान के बीच जुबानी जंग नहीं देखना चाहते हैं। हम भारत और पाकिस्तान के बीच जरूरी बातचीत देखना चाहते हैं। हमें लगता है कि यह पाकिस्तानी और भारतीय लोगों की भलाई के लिए जरूरी है। बहुत काम है जो हम द्विपक्षीय रूप से मिलकर कर सकते हैं।”

और पढ़ें: चीन का मुकाबला करने के लिए ताइवान को कुछ इस तरह तैयार कर रहा है अमेरिका

नेड प्राइस ने आगे ये भी कहा, “भारत और पाकिस्तान के बीच ऐसे मतभेद हैं, जिन्हें निश्चित रूप से संबोधित करने की ज़रूरत है। अमेरिका दोनों के लिए एक भागीदार के रूप में मदद करने के लिए तैयार है।” अब इस पूरे कथन के सार को समझें तो अमेरिका ने ज्ञान देते हुए दोनों को शांति बनाने की अपील की है। अहम यह है कि अमेरिकी प्रवक्ता ने सच-झूठ या सही-गलत को तवज्जो नहीं दी और भारत-पाकिस्तान दोनों को एक ही तराजू में तौल दिया जो कि सही नहीं है। साथ ही उन्होंने भारत और पाकिस्तान से बातचीत करने और मध्यस्थता कराने की बात कही। जबकि वो भारत की नीति को स्पष्ट तौर पर जानता हैं कि आतंकवाद और वार्ता एक साथ नहीं चल सकती।

तवांग पर दिया भारत का साथ

अब बात तवांग मुद्दे की करें तो भारत और चीन के सैनिकों के बीच हुई हिंसक झड़प के बाद अमेरिका ने भारत का साथ दिया। अमेरिका के पेंटागन प्रेस सचिव पैट राइडर ने कहा, “चीन हिंद प्रशांत क्षेत्र में अमेरिकी सहयोगियों और साझेदार देशों को जानबूझकर उकसा रहा है और हम अपने सहयोगियों की सुरक्षा करने की अपनी प्रतिबद्धता पर अड़िग हैं।” उन्होंने इस मुद्दे पर भारत का साथ देने का भी ऐलान किया है। पेंटागन ने कहा, “अमेरिकी रक्षा विभाग वास्तविक नियंत्रण रेखा (LAC) की स्थिति पर बारीकी से नजर बनाए हुए है।” अमेरिका ने LAC के पास चीन की ओर से सैन्यीकरण और सैन्य बुनियादी ढांचे के निर्माण की भी आलोचना की है। पैट राइडर ने कहा, “हम अपने सहयोगियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की अपनी प्रतिबद्धता पर तत्पर हैं। भारत की ओर से तनाव को कम करने की कोशिश का हम समर्थन करते हैं।”

तवांग मुद्दे पर अमेरिका ने भारत का साथ दिया, यह अच्छी बात है। अमेरिका अपनी प्रतिबद्धता भारत के साथ दिखा रहा है इसमें कोई दो राय नहीं हो सकती लेकिन खास बात यह है कि अमेरिका को भारत से कोई प्रेम नहीं है बल्कि उसकी समस्या चीन है। अमेरिका, चीन को दक्षिण एशिया में कमजोर करना चाहता है और इस स्वार्थ के चलते वह भारत का साथ दे रहा है जो कि कुटिलता की पराकाष्ठा है।

और पढ़ें: आतंक पर भारत को ज्ञान दे रहा था पाकिस्तानी पत्रकार, जयशंकर ने कूट दिया!

अमेरिका का दोगलापन

जब बात भारत और चीन टकराव की आती है तो अमेरिका चीन से अपनी खुन्नस निकालने के लिए भारत का समर्थन कर उसे मोहरा बनाता है। वहीं अमेरिका, भारत और पाकिस्तान के मुद्दे पर सही गलत की परिभाषा भूल शांति का ज्ञान बांटता नजर आता है और यही अमेरिका का दोगलापन है। यही कारण है कि भारतीय खुलकर कहते हैं कि रूस का विश्वास कर लो, अमेरिका का नहीं, अमेरिका धोखा देता है।

देखा जाये तो अमेरिका पाकिस्तान का शुरू से ही हितैषी रहा है। 1965 से लेकर 1971 और 1999 तक के द्विपक्षीय युद्धों में अमेरिका ने भारत का विरोध करते हुए पाकिस्तान के लिए खजाना खोल दिया। अमेरिका आर्थिक तौर पर पाकिस्तान की सहायता करता रहा है। हालांकि जब डोनाल्ड ट्रंप अमेरिका के राष्ट्रपति बने थे, तब अमेरिका की इस नीति में कुछ बदलाव देखने को मिला था। उस दौरान ही भारत और अमेरिका के कूटनीतिक संबंध अच्छे भी हुए थे। पाकिस्तान पर आर्थिक प्रतिबंधों से लेकर अमेरिकी दान तक बंद हो गया। आतंकवाद के मुद्दे पर तो ट्रंप ने पाकिस्तान को पानी पिला दिया लेकिन ट्रंप गए तो फिर वही अमेरिकी नीति  शुरू हो गई। सारी मदद पाकिस्तान के लिए खोल दी गईं। F-16 तक की मेंटनेंस के लिए अमेरिका एक बार फिर पाकिस्तान की सहायता करने लगा। अमेरिका जैसा मूर्ख देश कोई नहीं होगा कि वो उस पाकिस्तान की मदद कर रहा है जो कि अमेरिका के दुश्मन चीन के सामने नतमस्तक है।

और पढ़ें: सऊदी को कर दिया लेकिन अमेरिका ने भारत को नहीं किया ब्लैक लिस्ट, वजह जयशंकर हैं

खैर यहां अमेरिका को ये समझने की आवश्यकता है कि यदि चीन के विरुद्ध भारत का साथ चाहिए, तो उसे पाकिस्तान के प्रति अपना प्रेम दिखाना बंद करना होगा। क्योंकि भारत के लिए चीन और पाकिस्तान दोनों ही दुश्मन की तरह है। अमेरिका का ये दोगलापन नहीं चलेगा। यदि अमेरिका को दक्षिण एशिया में चीन को कमजोर करने के लिए भारत की मदद चाहिए, तो निश्चित ही पहले उसे पाकिस्तान के मुद्दे पर भी भारत के साथ खड़ा होना होगा और पाकिस्तान को दी जाने वाली खैरातों पर रोक लगानी होगी।

TFI का समर्थन करें:

सांस्कृतिक राष्ट्रवाद की ‘राइट’ विचारधारा को मजबूती देने के लिए TFI-STORE.COM से बेहतरीन गुणवत्ता के वस्त्र क्रय कर हमारा समर्थन करें।

Tags: Bilawal Bhutto Statement on PM Modiअमेरिकाजो बाइडेनडोनाल्ड ट्रंपतवांग में भारत-चीन के बीच झड़प
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

Junk Food in Hindi : Disadvantages and Types

अगली पोस्ट

Subordinate meaning in hindi : vilom paryayvachi and examples –

संबंधित पोस्ट

आईआरआईएस डेना
विश्व

ईरानी युद्धपोत ‘IRIS देना’ पर हमला युद्ध का परिणाम, भारतीय नौसेना को इसमें घसीटना प्रोपेगेंडा से ज्यादा कुछ नहीं

6 March 2026

ईरान के युद्धपोत IRIS Dena के डूबने की घटना को सिर्फ किसी नौसैनिक अभ्यास में शामिल देशों की सूची देखकर नहीं समझा जा सकता। असली...

इज़राइल और ईरान
विश्व

इज़राइल और ईरान: सद्दाम के खिलाफ रणनीतिक सहयोगी से बदलते रिश्तों के कारण कट्टर प्रतिद्वंद्वी बने

5 March 2026

आज के समय में इज़राइल और ईरान के बीच की दुश्मनी साफ देखी जा रही है, लेकिन इतिहास बताता है कि दोनों देशों का रिश्ता...

नेपाल में संसद चुनाव के लिए मतदान शुरू
विश्व

नेपाल में संसद चुनाव के लिए मतदान शुरू, महीनों की अशांति के बाद जनता ने डाले वोट

5 March 2026

गुरुवार सुबह नेपाल भर में मतदान शुरू हो गया। लोग नई संसद चुनने के लिए मतदान केंद्रों पर पहुंच रहे हैं। यह हाल के वर्षों...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

Truth of IRIS Dena: 8 Days That Changed Narrative | War zone Reality, Not an Indian Navy Exercise

Truth of IRIS Dena: 8 Days That Changed Narrative | War zone Reality, Not an Indian Navy Exercise

00:08:02

300 Million Euros for SCALP: Strategic Necessity or Costly Dependency on France300

00:04:06

Tejas Mk1A: 19th aircraft coupled but Not Delivered: What Is Holding Back the IAF Induction?

00:07:21

Agni-3 Launch Decoded: Why Test an Active Nuclear Missile That’s Already Deployed?

00:05:05

India’s Swadesi ‘Meteor’: World’s Most Lethal BVR Missile | Gandiv| SFDR | DRDO

00:06:48
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited