TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    देहरादून में CM धामी ने देखी ‘द केरला स्टोरी 2’, UCC और धर्मांतरण कानून पर दिया बड़ा बयान

    देहरादून में CM धामी ने देखी ‘द केरला स्टोरी 2’, UCC और धर्मांतरण कानून पर दिया बड़ा बयान

    उदयनिधि स्टालिन ने द्रविड़ विचारधारा को ईसाई और इस्लाम धर्म के समान बताया

    उदयनिधि स्टालिन ने द्रविड़ विचारधारा को ईसाई और इस्लाम धर्म के समान बताया

    काबुल अस्पताल पर पाकिस्तानी हमला

    काबुल अस्पताल पर पाकिस्तानी हमला: रमज़ान में मुसलमानों की हत्या पाकिस्तान के लिए नई बात नहीं

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    The Silent Rise of India’s Comparison Economy

    The Silent Rise of India’s Comparison Economy

    देहरादून में हाई-स्टेक्स MSME समिट का आयोजन, उत्तराखंड ने औद्योगिक गति को बढ़ाने पर दिया जोर

    देहरादून में हाई-स्टेक्स MSME समिट का आयोजन, उत्तराखंड ने औद्योगिक गति को बढ़ाने पर दिया जोर

    एलपीजी गैस संकट हुआ खत्म

    एलपीजी की कीमतों में ₹60 की बढ़ोतरी, रसोई गैस महंगी होने से घरों पर पड़ेगा असर

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    “ईरान-अमेरिका तनाव के बीच भारत अलर्ट, दो ‘ब्रह्मास्त्र’ तैनात, मिसाइल और ड्रोन के लिए बनेंगे काल”

    “ईरान-अमेरिका तनाव के बीच भारत अलर्ट, दो ‘ब्रह्मास्त्र’ तैनात, मिसाइल और ड्रोन के लिए बनेंगे काल”

    बिपिन रावत

    ‘इंटीग्रेटेड थिएटर कमांड’: जनरल बिपिन रावत का सेना को लेकर देखा गया स्वप्न फ़िलहाल अधूरा ज़रूर है, लेकिन उसने सैन्य सुधार की एक मज़बूत नींव रख दी है

    Indian navy in hormuz and trump

    होर्मुज़ संकट: इधर ट्रम्प चीन से मदद मांग रहे हैं, उधर इंडियन नेवी ‘शिवालिक’ और ‘नंदा’ को साथ लेकर भारत लौट रही है

    भारत की रक्षा में महिलाओं की मजबूत भूमिका

    नारी शक्ति: भारत की रक्षा में महिलाओं की मजबूत भूमिका, सशस्त्र बलों में भी बढ़ी भागीदारी

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    एक गलती और अमेरिकी फिटनेस ऐप ने फ्रांसीसी विमानवाहक पोत की लोकेशन उजागर कर दी।

    एक गलती और अमेरिकी फिटनेस ऐप ने फ्रांसीसी विमानवाहक पोत की लोकेशन उजागर कर दी।

    इजरायल का ‘धुरंधर-2’ अंदाज़ : ईरान-लेबनान के बाद सीरिया में तेज़ हमले

    इजरायल का ‘धुरंधर-2’ अंदाज़ : ईरान-लेबनान के बाद सीरिया में तेज़ हमले

    ईरान संकट के बीच ट्रंप का बड़ा कदम: क्यों हटाई 100 साल पुरानी जोन्स एक्ट की पाबंदी?

    ईरान संकट के बीच ट्रंप का बड़ा कदम: क्यों हटाई 100 साल पुरानी जोन्स एक्ट की पाबंदी?

    चीन ने ताइवान के खिलाफ एंटी-सेसेशन कानून पारित कर अलगाववाद रोकने की दी चेतावनी

    14 मार्च 2005 को चीन ने ताइवान के खिलाफ एंटी-सेसेशन कानून पारित कर अलगाववाद रोकने की दी चेतावनी

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    इंक़लाब भगत सिंह

    क्रांति की अपनी एक अलग परिभाषा थी भगत सिंह की

    Shahidi Diwas

    भगत सिंह के जीवन के अंतिम 12 घंटों की वो कहानी, जो रोंगटे खड़े कर देती है

    22 मार्च को भगत सिंह ने अपने साथियों को पत्र लिखा था

    ‘मैं एक शर्त पर ज़िंदा रह सकता हूं…’: अपने आखिरी पत्र में भगत सिंह ने साथियों से क्या कहा?

    21 मार्च: हिटलर को मारने की नाकाम आत्मघाती साज़िश, सिर्फ 2 मिनट का अंतर और पाँच करोड़ लोगों की जिन्दगियों का खात्मा

    21 मार्च: हिटलर को मारने की नाकाम आत्मघाती साज़िश, सिर्फ 2 मिनट का अंतर और पाँच करोड़ लोगों की जिन्दगियों का खात्मा

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    Crazy Time Game tricks: What Really Works and What Doesn’t

    Crazy Time Game tricks: What Really Works and What Doesn’t

    Exploring Mostbet in Nepal – Making the Most of Bonuses and Taking Your Betting to the Next Level

    Exploring Mostbet in Nepal – Making the Most of Bonuses and Taking Your Betting to the Next Level

    सुनील गावस्कर का सनग्रुप से तीखा सवाल

    सुनील गावस्कर का काव्या मारन की टीम से सीधा तीखा सवाल…कहां भारतीयों के खून का पैसा बर्बाद न करें

    पाकिस्तान के जिस प्लेयर ने उड़ाया था भारतीय सेना का मज़ाक, उसे ख़रीद विवादों में घिरी सनराइजर्स की मालकिन काव्या मारन

    पाकिस्तान के जिस प्लेयर ने उड़ाया था भारतीय सेना का मज़ाक, उसे ख़रीद विवादों में घिरी सनराइजर्स की मालकिन काव्या मारन

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    देहरादून में CM धामी ने देखी ‘द केरला स्टोरी 2’, UCC और धर्मांतरण कानून पर दिया बड़ा बयान

    देहरादून में CM धामी ने देखी ‘द केरला स्टोरी 2’, UCC और धर्मांतरण कानून पर दिया बड़ा बयान

    उदयनिधि स्टालिन ने द्रविड़ विचारधारा को ईसाई और इस्लाम धर्म के समान बताया

    उदयनिधि स्टालिन ने द्रविड़ विचारधारा को ईसाई और इस्लाम धर्म के समान बताया

    काबुल अस्पताल पर पाकिस्तानी हमला

    काबुल अस्पताल पर पाकिस्तानी हमला: रमज़ान में मुसलमानों की हत्या पाकिस्तान के लिए नई बात नहीं

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    मिडिल ईस्ट जंग: मोदी ने फिर साबित किया है कि ‘डिप्लोमेसी’ के मामले में वो क्यों हैं मिस्टर भरोसेमंद ?

    The Silent Rise of India’s Comparison Economy

    The Silent Rise of India’s Comparison Economy

    देहरादून में हाई-स्टेक्स MSME समिट का आयोजन, उत्तराखंड ने औद्योगिक गति को बढ़ाने पर दिया जोर

    देहरादून में हाई-स्टेक्स MSME समिट का आयोजन, उत्तराखंड ने औद्योगिक गति को बढ़ाने पर दिया जोर

    एलपीजी गैस संकट हुआ खत्म

    एलपीजी की कीमतों में ₹60 की बढ़ोतरी, रसोई गैस महंगी होने से घरों पर पड़ेगा असर

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    “ईरान-अमेरिका तनाव के बीच भारत अलर्ट, दो ‘ब्रह्मास्त्र’ तैनात, मिसाइल और ड्रोन के लिए बनेंगे काल”

    “ईरान-अमेरिका तनाव के बीच भारत अलर्ट, दो ‘ब्रह्मास्त्र’ तैनात, मिसाइल और ड्रोन के लिए बनेंगे काल”

    बिपिन रावत

    ‘इंटीग्रेटेड थिएटर कमांड’: जनरल बिपिन रावत का सेना को लेकर देखा गया स्वप्न फ़िलहाल अधूरा ज़रूर है, लेकिन उसने सैन्य सुधार की एक मज़बूत नींव रख दी है

    Indian navy in hormuz and trump

    होर्मुज़ संकट: इधर ट्रम्प चीन से मदद मांग रहे हैं, उधर इंडियन नेवी ‘शिवालिक’ और ‘नंदा’ को साथ लेकर भारत लौट रही है

    भारत की रक्षा में महिलाओं की मजबूत भूमिका

    नारी शक्ति: भारत की रक्षा में महिलाओं की मजबूत भूमिका, सशस्त्र बलों में भी बढ़ी भागीदारी

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    एक गलती और अमेरिकी फिटनेस ऐप ने फ्रांसीसी विमानवाहक पोत की लोकेशन उजागर कर दी।

    एक गलती और अमेरिकी फिटनेस ऐप ने फ्रांसीसी विमानवाहक पोत की लोकेशन उजागर कर दी।

    इजरायल का ‘धुरंधर-2’ अंदाज़ : ईरान-लेबनान के बाद सीरिया में तेज़ हमले

    इजरायल का ‘धुरंधर-2’ अंदाज़ : ईरान-लेबनान के बाद सीरिया में तेज़ हमले

    ईरान संकट के बीच ट्रंप का बड़ा कदम: क्यों हटाई 100 साल पुरानी जोन्स एक्ट की पाबंदी?

    ईरान संकट के बीच ट्रंप का बड़ा कदम: क्यों हटाई 100 साल पुरानी जोन्स एक्ट की पाबंदी?

    चीन ने ताइवान के खिलाफ एंटी-सेसेशन कानून पारित कर अलगाववाद रोकने की दी चेतावनी

    14 मार्च 2005 को चीन ने ताइवान के खिलाफ एंटी-सेसेशन कानून पारित कर अलगाववाद रोकने की दी चेतावनी

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    इंक़लाब भगत सिंह

    क्रांति की अपनी एक अलग परिभाषा थी भगत सिंह की

    Shahidi Diwas

    भगत सिंह के जीवन के अंतिम 12 घंटों की वो कहानी, जो रोंगटे खड़े कर देती है

    22 मार्च को भगत सिंह ने अपने साथियों को पत्र लिखा था

    ‘मैं एक शर्त पर ज़िंदा रह सकता हूं…’: अपने आखिरी पत्र में भगत सिंह ने साथियों से क्या कहा?

    21 मार्च: हिटलर को मारने की नाकाम आत्मघाती साज़िश, सिर्फ 2 मिनट का अंतर और पाँच करोड़ लोगों की जिन्दगियों का खात्मा

    21 मार्च: हिटलर को मारने की नाकाम आत्मघाती साज़िश, सिर्फ 2 मिनट का अंतर और पाँच करोड़ लोगों की जिन्दगियों का खात्मा

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    Crazy Time Game tricks: What Really Works and What Doesn’t

    Crazy Time Game tricks: What Really Works and What Doesn’t

    Exploring Mostbet in Nepal – Making the Most of Bonuses and Taking Your Betting to the Next Level

    Exploring Mostbet in Nepal – Making the Most of Bonuses and Taking Your Betting to the Next Level

    सुनील गावस्कर का सनग्रुप से तीखा सवाल

    सुनील गावस्कर का काव्या मारन की टीम से सीधा तीखा सवाल…कहां भारतीयों के खून का पैसा बर्बाद न करें

    पाकिस्तान के जिस प्लेयर ने उड़ाया था भारतीय सेना का मज़ाक, उसे ख़रीद विवादों में घिरी सनराइजर्स की मालकिन काव्या मारन

    पाकिस्तान के जिस प्लेयर ने उड़ाया था भारतीय सेना का मज़ाक, उसे ख़रीद विवादों में घिरी सनराइजर्स की मालकिन काव्या मारन

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

“मुस्लिम तुम्हें कितना भी पीटें, तुम पलटवार मत करो” आइए, हिंदुत्व पर गांधी के ‘योगदान’ को समझें

इस दौर में जब हिंदुत्व पर चौतरफा हमले हो रहे हैं, ऐसे में हिंदुत्व पर गांधी के विचारों को आपको अवश्य जानना चाहिए। इससे आप समझेंगे कि वास्तव में गांधी कैसे सोचते थे?

TFI Desk द्वारा TFI Desk
12 December 2022
in प्रीमियम
गांधी अहिंसा

SOURCE TFI

Share on FacebookShare on X

गांधी अहिंसा: भारत हो या भारत के बाहर, मोहनदास करमचंद गांधी का सम्मान हमेशा ही होता रहा है। उन्हें महान कहा जाता रहा है लेकिन आवश्यक नहीं है कि गांंधीजी के सभी विचारों को महान मान लिया जाए। गांधीजी के बहुत से ऐसे विचार हैं जिनको लेकर समय-समय पर विवाद खड़े होते रहते हैं। उन्हीं में से एक है हिंदुओं को लेकर गांधीजी के विचार। आज के इस लेख में हम आपको मोहनदास करमचंद गांधी के उन विचारों से अवगत करवाएंगे जिनको लेकर कहा जाता है कि गांधीजी हिंदुओं को बलहीन बनाना चाहते थे।

महाभारत के दर्शन की उपेक्षा

ये तो सब जानते हैं कि गांधी अहिंसा के बड़े पक्षधर थे। उन्होंने जनता के बीच ‘अहिंसा परमॊ धर्मः सर्वप्राणभृतां समृतः’ की अवधारणा का खूब प्रचार- प्रसार किया यानी अहिंसा को सर्वोच्च गुण के रूप में अपनाने के लिए कहा। गांधी के हिंदुओं को लेकर विचारों की चर्चा होती रहती है। गांधी का मानना था कि हिंदू धर्म सबसे सहिष्णु और समावेशी धर्म है। वैसे तो गांधी की इस मान्यता को कहीं से भी गलत नहीं ठहराया जा सकता है। लेकिन उन्होंने हिंदू दर्शन के उस पूरे सच का कभी समर्थन नहीं किया जो ये कहता है कि कानून और व्यवस्था बनाए रखने के लिए और घोर अन्याय के विरुद्ध हिंसा का सहारा लिया जा सकता है। कहा जा सकता है कि गांधी ने जानबूझकर महाभारत के दर्शन की उपेक्षा की, जहां भगवान कृष्ण स्पष्ट रूप से कहते हैं कि अहिंसा, सभी के लिए सर्वोच्च धर्म नहीं माना जाता है और विशेष रूप से घोर अन्याय के विरुद्ध।

संबंधितपोस्ट

दांडी मार्च और वायसराय लॉर्ड इरविन को लिखा गया गांधी का वो ऐतिहासिक पत्र

सयाली सुर्वे ने पति से छुटकारा पाकर दोबारा अपनाया हिंदू धर्म, दर्ज करवाई शिकायत

धर्मध्वजा स्थापना और राम मंदिर की पूर्णता अर्थात् – भारत के स्वत्व जागरण की पुनर्यात्रा

और लोड करें

गांधी पर आरोप ये लगते हैं कि उन्होंने ‘अपनी सुविधा के लिए हिंदू दर्शन का चुनाव किया। उन्होंने हिंदुओं के लिए ये प्रस्ताव रखा कि भले ही मुस्लिम हम सभी को मारना चाहते हैं, लेकिन हमें मौत का बहादुरी से सामना करना चाहिए। यदि उन्होंने हिन्दुओं को मारकर अपना शासन स्थापित किया तो हम अपने प्राणों की आहुति देकर एक नई दुनिया का सूत्रपात कर रहे होंगे।

और पढ़ें-  इंदिरा गांधी के संरक्षण में संजय गांधी ने जमकर मचाया था ‘उत्पात’

विरोध के बजाय मरने का विकल्प

अहिंसा के दूत माने जाने वाले गांधी के पास हिंदुओं के विरुद्ध हिंसा को युक्तिसंगत बनाने के कई मायने थे और उनसे अन्याय के विरुद्ध विरोध के बजाये मरने का विकल्प चुनने का अनुरोध किया। यानी हिंदूओं से अपने ऊपर अत्याचारों को सहने की सलाह दी मतलब एक तरह से हिंदुओं को बलहीन बनाना चाहा। इसलिए यह कहा जा सकता है कि गांधी जो खुद एक बैरिस्टर रह चुके थे, उनको हिंदुओं के सामने अन्याय का ऐसा अस्पष्ट विचार पेश करने के लिए भोला नहीं कहा जा सकता है। हालांकि, अभी गांधी के इन विचारों के पीछे की प्रेरणा को इतिहासकारों द्वारा उजागर किया जाना बाकी है।

गांधी के धर्म को लेकर पक्षपात भरे रूप पर वर्तमान पीढ़ी के विचारक सवाल खड़े करते रहते हैं। वो आरोप लगाते हैं कि हिंदुओं पर हुए अत्याचार पर वो अक्सर चुप रहते थे। अगर महात्मा गांधी के हिंदू धर्म में योगदान की बात करें तो उनका एकमात्र योगदान ‘रघुपति राघव राजा राम’ का पाठ करना हो सकता है। इसके अलावा, उनके आलोचक उन पर ‘राजा राम’ का राजनीतिकरण करने का आरोप लगाते हैं और मानते हैं कि महात्मा गांधी ने ‘भगवान राम’ के नाम का इस्तेमाल अपने अभियानों के लिए समर्थन जुटाने के लिए राजनीतिक प्रवचन में किया था।

गांधी की राजनीतिक ताकत पर कोई भी संदेह करना ठीक नहीं होगा। क्योंकि जमीनी स्तर पर राजनीतिक स्थिति के बारे में उनकी समझ एकदम सही थी। लेकिन हिंदुओं पर हो रहे अत्याचारों पर उनके चुप रहने को कतई भी उचित नहीं माना जा सकता। हालांकि गांधी खुद के एक सनातनी हिंदू होने का दावा करते थे। उन्होंने गाय की पूजा का प्रचार किया था। गांधी ने प्रस्तावित किया था कि हिंदुओं को तपस्या, आत्म-शुद्धि और आत्मबलिदान द्वारा गाय की रक्षा करनी चाहिए। उन्होंने वेदों, उपनिषदों, पुराणों, शास्त्रों, अवतार (अवतार) और पुनर्जन्म में भी शिक्षाओं की वकालत की।

और पढ़ें- अरे राहुल गांधी! जय सियाराम और जय श्रीराम का अर्थ एक ही है, थोड़ा हिंदुत्व को पढ़ लो ना भाई

प्रसिद्ध भजन में संशोधन

अपनी आधुनिक शिक्षा के कारण उन्होंने ‘रघुपति राघव राजा राम’ के प्रसिद्ध भजन में संशोधन किया और ‘अल्लाह’ और ‘ईश्वर’ जैसे शब्दों को भजन में शामिल किया। इसे उनके उदार विचारों के रूप में देखा जा सकता है लेकिन यूनाइटेड किंगडम में उनकी उदार शिक्षा के कारण उन पर अक्सर बहुसंख्यकवादी संस्कृति के खिलाफ पक्षपात करने का आरोप लगाया जाता है।

गांधी भारत के विभिन्न हिस्सों में हिंदुओं की निर्मम हत्या पर चुप्पी साधे हुए थे और उन्होंने हिंदुओं को प्रोत्साहित किया कि वे अपने स्नेह से मुसलमानों पर विजय प्राप्त करें, लेकिन वहीं दूसरी तरफ उन्होंने मुसलमानों से समान व्यवहार करने के लिए कभी प्रोत्साहित नहीं किया।

गांधी का मानना था कि जिसने अहिंसा, सत्य, ब्रह्मचर्य  और त्याग में सिद्धि प्राप्त नहीं की है, वो शास्त्रों को सही अर्थों में नहीं समझेगा, उनका मानना था कि दर्शन शास्त्र विभिन्न हिंदूओं के विपरीत है। गांधी द्वारा किए गए ब्रह्माचर्य के अभ्यास के सबसे बड़े आलोचक सरदार वल्लभभाई पटेल थे, जो अक्सर उन्हें इस तरह की अभ्यास को छोड़ने के लिए लिखते थे।

और पढ़ें- वीर दास के “दो भारत” और “आर्यन आक्रमण सिद्धांत”, बस यहीं तक सीमित है राहुल गांधी की राजनीति

गांधी का हिंदू दर्शन पक्षपातपूर्ण था क्योंकि सहिष्णुता का सिद्धांत केवल हिंदू संस्कृति के लिए ही था। उन्होंने हिंदू धर्म को दूसरे धर्म पर दया करने का सिद्धांत दिया चाहे दूसरा समुदाय कितना भी अत्याचार कर रहा हो। यानी ये हिंदुओं को सीधे-सीधे विकलांग बनाने जैसा था। इसलिए समय-समय पर गांधी के इन विचारों की आलोचना होती रहती है।

TFI का समर्थन करें:

सांस्कृतिक राष्ट्रवाद की ‘राइट’ विचारधारा को मजबूती देने के लिए TFI-STORE.COM से बेहतरीन गुणवत्ता के वस्त्र क्रय कर हमारा समर्थन करें.

Tags: Bhagwan RamGandhian PhilosophyHindu PhilosphyHinduismMahatma Gandhiअहिंसागाँधीगांधीवादी दर्शनभगवान राममहात्मा गाँधीहिंदू दर्शनहिंदू धर्म
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

भगवान राम ना आए होते तो कभी भी परशुराम को परास्त ना कर पाते भीष्म पितामह

अगली पोस्ट

पान सिंह तोमर: एक फिल्म जिसने छोटी बजट की फिल्मों का गणित ही बदल दिया

संबंधित पोस्ट

भारत का अंतरिक्ष धमाका 2026: ISRO के गगनयान मिशन से टूटेगा अमेरिका का घमंड, पाकिस्तान और चीन रहेंगे स्तब्ध
चर्चित

भारत का अंतरिक्ष धमाका 2026: ISRO के गगनयान मिशन से टूटेगा अमेरिका का घमंड, पाकिस्तान और चीन रहेंगे स्तब्ध

3 November 2025

भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन, ISRO, ने एक बार फिर साबित कर दिया कि विज्ञान और तकनीक में भारत किसी से पीछे नहीं है। मार्च 2026...

क्या नेताजी सचमुच 1945 में मारे गए थे? मुथुरामलिंगा थेवर और गुमनामी बाबा ने खोला रहस्य
इतिहास

क्या नेताजी का निधन सचमुच 1945 विमान हादसे में हुआ था? मुथुरामलिंगा थेवर और गुमनामी बाबा ने खोला रहस्य

31 October 2025

रहस्य जो आज भी जीवित है जब इतिहास की किताबों में लिखा गया कि नेताजी सुभाष चंद्र बोस 1945 में विमान हादसे में मरे, तो...

कांग्रेस की संघ से डर नीति पर अदालत की चोट: जनता के अधिकार कुचलने की कोशिश पर कर्नाटक हाईकोर्ट ने लगाया ब्रेक
चर्चित

कांग्रेस की संघ से डर नीति पर अदालत की चोट: जनता के अधिकार कुचलने की कोशिश पर कर्नाटक हाईकोर्ट ने लगाया ब्रेक

29 October 2025

कर्नाटक की सिद्धारमैया सरकार के लिए यह क्षण किसी राजनीतिक झटके से कम नहीं है। राज्य की धारवाड़ बेंच ने सरकार के उस विवादास्पद सरकारी...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

Ethanol, EVs and Solar- How India’s Energy Game Is Changing | Modi on LPG & Crude Oil | war| Hormuz

Ethanol, EVs and Solar- How India’s Energy Game Is Changing | Modi on LPG & Crude Oil | war| Hormuz

00:05:21

Truth of IRIS Dena: 8 Days That Changed Narrative | War zone Reality, Not an Indian Navy Exercise

00:08:02

300 Million Euros for SCALP: Strategic Necessity or Costly Dependency on France300

00:04:06

Tejas Mk1A: 19th aircraft coupled but Not Delivered: What Is Holding Back the IAF Induction?

00:07:21

Agni-3 Launch Decoded: Why Test an Active Nuclear Missile That’s Already Deployed?

00:05:05
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited