Autobiography of a Tree in Hindi | वृक्ष की आत्मकथा हिंदी में
एक वृक्ष की आत्मकथा देखे मौसम , देखी सदियां मूलों से ही जुड़ा रहा.......... सबकों मैंने सांसे बांटी पर मेरी सांसो का मोल कहां था. जया पाण्डे ‘ अन्जानी’ द्वारा रचित यह काव्य रचना वृक्षों की आत्मकथा...

























