26 मई 2014 के बाद से देश कि आबो हवा इतने तेजी से राष्ट्रवादी हो रही है की जिन लोगो को 60 सालों...
‘ऐसा पहली बार हुआ है 17 – 18 सालों में……………….’ - अगर आपने ये गाना सुना है, तो इन शब्दों की भावनाओं को...
ऐसे समय में जहां सोच को बदलते पलक भी नहीं झपकती, वहाँ पर एक अनिल कुंबले का इस्तीफा, जो भारतीय क्रिकेट को प्रगति...
भाई, हमें भी पता है कितने सैकड़ों लेख छापे जा चुके हैं भारत की आईसीसी चैम्पियन्स ट्रॉफी फ़ाइनल में पाकिस्तान के हाथों 180...
ज़्यादा वक़्त पहले की बात नहीं है, जब एक लड़का हुआ करता था, जो अपने स्कूल के हर क्रिकेट मैच में धुआंधार पारियाँ...
जब भी हॉलीवुड ‘ए ब्यूटीफूल माइंड’, या ‘द मैन हू न्यु इन्फ़िनिटि” जैसे यादगार फिल्म बनाते हैं, हमारे मन में एक सवाल आता...
स्वतंत्र सिनेमा बॉलीवुड के लिए कोई नई बात नहीं है। उस समय से लेकर, जब कभी वामपंथ से प्रेरित चेतन आनंद की फिल्म...
ऐसा कैसे हो सकता है जिस टीम के आगे अच्छे से अच्छे धुरंधर टीमें ढेर हो गयी वो ऐसे हार जाए? ऐसा कैसे...
" इंदु सरकार " और " हसीना द क्वीन ऑफ़ मुंबई " दो फिल्में, दोनों ही महिलाप्रधान, दोनों फिल्मो के ट्रेलर से ये...
कुछ लोग होते है सरे आम पिटने के बाद उठकर कहते है दम है तो अबकी बार मार के दिखा फिर पिटते है...
बचपन से सिखाया जाता है गाली देना बुरी बात है, गाली नहीं देनी चाहिए। पर पता है लिबरल भारत की सोच कुछ अलग...
भारत में कुछ नया कैसे हो सकता है। नई शुरुआत और भारत? मियां दिन में भांग खाए लिए हो क्या? समझते नहीं क्या...


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